बिहार-झारखण्ड
छपरा चुनाव : खेसारी लाल यादव की चुनौती, क्या जला पाएंगे लालटेन? रुझानों में चल रहे पीछे
14 Nov, 2025 11:39 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Chhapra Election Results 2025: बिहार की हाई प्रोफाइल छपरा विधानसभा सीट पर भोजपुरी स्टार और RJD प्रत्याशी खेसारी लाल यादव और BJP प्रत्याशी छोटी कुमारी के बीच मुकाबला है. इस सीट के लिए जारी काउंटिंग के रुझान सामने आने लगे हैं, जिसमें खेसारी लाल याजव पीछे चल रहे हैं.
बिहार चुनाव : एनडीए की आंधी, तेजस्वी यादव की लालटेन बुझी...महागठबंधन के सीएम फेस तेजस्वी यादव पीछे , जानिए ताजा रुझान
14 Nov, 2025 11:22 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Election Results 2025: बिहार से आ रहे शुरुआती रुझान में एनडीए बढ़त बनाती हुई नजर आ रही है और महागठबंधन से कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है. वहीं, अगर पार्टी की बात की जाए तो सूबे में नीतीश का जलवा कामय होता दिख रहा है. अब तक के रुझानों के मुताबिक, नीतीश की पार्टी जेडीयू सूबे की सबसे बड़ी पार्टी के तौर पर काउंटिंग में आगे चल रही है.
बिहार चुनाव : एनडीए की बढ़त, नीतीश-मोदी की जोड़ी ने बनाया दबदबा, तेज प्रताप चौथे नंबर पर...जानिए ताजा रुझान
14 Nov, 2025 11:04 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजों की गिनती जारी है और शुरुआती रुझानों में एक बार फिर नीतीश कुमार की सरकार बनती नजर आ रही है। राज्य की 243 सीटों में से NDA 182 सीटों पर आगे चल रहा है, जबकि महागठबंधन मात्र 57 सीटों पर सिमटता दिख रहा है। इस बार के रुझानों की सबसे बड़ी बात यह है कि JDU 73 सीटों पर लीड कर रही है और राज्य की सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरती दिख रही है।
मतगणना के बीच प्रशांत किशोर की पार्टी जनसुराज किसी भी सीट पर बढ़त नहीं बना पाई है। वहीं निर्दलीय और अन्य उम्मीदवार कुल 4 सीटों पर आगे हैं। राघोपुर सीट से तेजस्वी यादव NDA उम्मीदवार सतीश यादव पर बढ़त बनाए हुए हैं, जबकि उनके बड़े भाई तेजप्रताप यादव महुआ से पीछे चल रहे हैं। दूसरी ओर, सम्राट चौधरी तारापुर सीट से अच्छी बढ़त बनाए हुए हैं और रघुनाथपुर में पूर्व सांसद शहाबुद्दीन के बेटे ओसामा अहमद भी लीड कर रहे हैं।
चुनाव के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखा गया है। मोतिहारी के काउंटिंग सेंटर के बाहर वाटर कैनन तैनात किए गए हैं, जबकि पटना में सीएम हाउस की सुरक्षा बढ़ाई गई है। सभी मतगणना केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा लागू है।
बिहार चुनाव 2025 : एनडीए की सरकार तय...बीजेपी-जेडीयू में कौन बनेगा सबसे बड़ी पार्टी? जानिए ताजा रुझान
14 Nov, 2025 10:42 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Election Result 2025 में शुरुआती रुझानों ने राजनीतिक हलचल तेज कर दी है। अब तक मिली जानकारी के अनुसार, एनडीए बड़ी बढ़त बनाए हुए है और कुल 152 सीटों पर आगे चल रहा है। दूसरी ओर, विपक्षी महागठबंधन 75 सीटों पर ही बढ़त हासिल कर पाया है। शुरुआती आंकड़े बताते हैं कि भाजपा और जेडीयू एक बार फिर सत्ता में वापसी की मजबूत स्थिति में दिखाई दे रहे हैं।
पार्टी-वार रुझानों की बात करें तो, भाजपा 78 सीटों पर आगे है, जबकि जनता दल यूनाइटेड 64 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) 7 सीटों, और हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (से.) 1 सीट पर आगे है। चुनाव आयोग के आधिकारिक रुझानों में जेडीयू 64, भाजपा 64, और आरजेडी 34 सीटों पर आगे चल रही है। लोजपा (रामविलास) को 15, कांग्रेस को 11, हमस को 4, CPI(ML) को 2, जबकि अन्य व निर्दलीय उम्मीदवारों को 6 सीटों पर बढ़त मिली है। कुल 192 सीटों के रुझान उपलब्ध हो चुके हैं।
वैशाली की राघोपुर सीट पर दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल रहा है। पहले राउंड में आरजेडी नेता तेजस्वी यादव को 4,463 वोट, जबकि भाजपा के सतीश राय को 3,570 वोट मिले हैं। यहां तेजस्वी यादव 893 वोटों से आगे चल रहे हैं।
रुझानों के बीच राजनीतिक बयानबाज़ी भी तेज हो गई है। राजद प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने दावा किया कि मुकाबला कड़ा होने के बावजूद कई सीटों पर महागठबंधन आगे है और अगले कुछ घंटों में तस्वीर बदल सकती है। वहीं जेडीयू नेता राजीव रंजन ने कहा कि रुझानों से साफ है कि एनडीए जबरदस्त जीत की ओर बढ़ रहा है।
Bihar Election Result : आरजेडी नेता का दावा - कांटे की टक्कर, जानिए ताजा रुझान"
14 Nov, 2025 10:18 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चुनाव नतीजों के शुरुआती रुझानों पर बयान देते हुए, राजद प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने कहा कि कांटे की टक्कर दिख रही है, फिर भी कई जगहों पर आरजेडी के नेतृत्व वाला महागठबंधन आगे चल रहा है.
उन्होंने कहा, "हमें पूरी उम्मीद और यकीन है कि एक-दो घंटे में यह साफ हो जाएगा कि बिहार में महागठबंधन सरकार बना रहा है."
बिहार चुनाव 2025: एनडीए की बढ़त, महागठबंधन की चुनौती, जानिए ताजा रुझान और संभावनाएं
14 Nov, 2025 09:25 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Vidhan Sabha Chunav Parinam: रुझानों में एनडीए को बहुमत मिल गया है. वो 126 सीटों पर आगे है. बहुमत का आंकड़ा 122 है. बीजेपी 58, जेडीयू 54 सीटों पर आगे चल रही है. महागठबंधन 103 सीटों पर आगे है. बिहार विधानसभा चुनाव की सभी 243 सीटों के अलावा पंजाब, ओडिशा, राजस्थान, झारखंड, तेलंगाना, मिजोरम और जम्मू कश्मीर की आठ विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए वोटों की गिनती जारी है. बिहार के शुरुआती रुझानों में एनडीए को बढ़त मिलती दिख रही है.
बिहार चुनाव 2025: शुरुआती रुझानों में एनडीए की बढ़त, जानिए क्या है ताजा स्थिति...पोस्टल बैलेट में पिछड़ रहा महागठबंधन
14 Nov, 2025 08:54 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Election Counting Live: बिहार विधानसभा चुनाव की वोटों की गिनती शुरू हो चुकी है और शुरुआती रुझान भी सामने आने लगे हैं। सुबह 8 बजे से शुरू हुई मतगणना के साथ ही यह स्पष्ट होने लगा है कि इस बार बिहार की जनता ने किस दल और किस उम्मीदवार पर भरोसा जताया है। कुल 243 विधानसभा सीटों के परिणाम सामने लाने के लिए राज्यभर में 46 मतगणना केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां कड़ी सुरक्षा के बीच सभी चरणों की गिनती चल रही है।
मतगणना की प्रक्रिया डाक मतपत्रों की गिनती से शुरू हुई, जिसके जरिए शुरुआती संकेत देखने को मिल रहे हैं। इसके बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) से आए वोटों की गिनती जारी है, जिनके आने के साथ ही तस्वीर धीरे-धीरे और साफ होती जा रही है। चुनाव आयोग के अनुसार, हर मतगणना केंद्र पर पर्याप्त संख्या में टेबल लगाई गई हैं ताकि समय पर सभी राउंड पूरे किए जा सकें।
इस बार के चुनाव में मतदान प्रतिशत और चुनावी माहौल को देखते हुए सभी राजनीतिक दलों की नजरें मतगणना पर टिकी हुई हैं। जनता किस पार्टी को मौका दे रही है और कौन पीछे हो रहा है, यह कुछ ही समय में स्पष्ट होने लगेगा। शुरुआती रुझान जहां बड़ी तस्वीर का संकेत देते हैं, वहीं अंतिम परिणाम शाम तक आने की उम्मीद है।
बिहार चुनाव 2025: तेजस्वी, खेसारी और अनंत सिंह की साख दांव पर, जानिए कौन-किस सीट से लड़ रहे हैं?
14 Nov, 2025 08:46 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Election Results: बिहार विधानसभा चुनाव में नतीजों का कुछ ही देर बाद रुझान आने लगे हैं. मंत्रियों, बाहुबलियों, उनके परिवारों और भोजपुरी सितारों से लेकर कई दिग्गज चुनावी मैदान में हैं. सभी की निगाहें उनकी सीटों पर टिकी हुई हैं. आज मतगणना के बाद यह तय हो जाएगा कि जनता ने इस बार किसे सत्ता की कुर्सी सौंपी है. इस चुनाव में नीतीश सरकार के 29 मंत्री भी चुनावी मैदान में हैं.
तारापुर- सम्राट चौधरी (डिप्टी सीएम, बीजेपी)
राघोपुर- तेजस्वी यादव (राजद)
महुआ- तेज प्रताप यादव (जेजेडी)
अलीपुर- मैथिली ठाकुर (बीजेपी)
मोकामा- अनंत सिंह (जेडीयू)
धमदाहा- लेशी सिंह, मंत्री
कटिहार- तारकिशोर प्रसाद, पूर्व डिप्टी सीएम
सिकंदरा- उदय नारायण चौधरी, पूर्व स्पीकर
कटिहार- शकील अहमद, कांग्रेस विधायक दल नेता
कुटुंबा-राजेश राम, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष
चनपटिया- मनीष कश्यप (जन सुराज पार्टी)
छपरा- खेसारीलाल यादव (RJD)
बिहार में NDA क्यों है बेचैन? एग्जिट पोल की खुशखबरी पर भारी पड़ा यह संकेत
13 Nov, 2025 07:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली
बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे 14 नवंबर को आने वाले हैं। उससे पहले आए ज्यादातर एग्जिट पोल्स में एनडीए की वापसी का अनुमान जताया गया है। इन सर्वे में बताया गया है कि एनडीए को 150 से 170 सीटें हासिल हो सकती हैं, जबकि महागठबंधन के 100 से नीचे ही रह जाने का अनुमान है। ऐसे दो ही सर्वे हैं, जिनमें टाइट फाइट की बात कही गई है। फिर भी एनडीए के लिए एक आंकड़ा चिंता की वजह है। यह आंकड़ा बिहार में बढ़े हुए मतदान का है। बिहार में इस बार के मतदान ने सभी को चौंका दिया है। 1952 के बाद से अब तक का सबसे ज्यादा मतदान इस बार बिहार में हुआ है।
कुल मिलाकर 66.91 फीसदी वोटिंग हुई है। 2020 के मुकाबले यह मतदान 9 फीसदी ज्यादा है। 2020 में 57.29% वोटिंग ही हुई थी। यही आंकड़ा एनडीए के लिए चिंता की भी बात है। ऐसा इसलिए क्योंकि बिहार के चुनावी इतिहास में जब भी वोटिंग में इजाफा हुआ है तो परिवर्तन हुआ है। इसीलिए विपक्ष के लोग बढ़े हुए मतदान को परिवर्तन के लिए पड़ा वोट बता रहे हैं। बीते चुनाव का डेटा देखें तो तीन बार सरकार बदली है, जब मतदान 5 फीसदी अधिक बढ़ा है। 1967 के चुनाव में 1962 की तुलना में 7 फीसदी वोट बढ़ा था और नतीजा आया कि कांग्रेस की सरकार बदल गई। यहीं से बिहार में गैर-कांग्रेसी सरकारों के गठन की शुरुआत हुई।
एग्जिट पोल्स के बाद भी क्यों बढ़ी है धुकधुकी
इसके बाद 1980 के चुनाव का एक उदाहरण है। तब 57.3 फीसदी वोट हुआ था, जबकि 1977 में 50.5 पर्सेंट ही वोटिंग हुई थी। इस तरह करीब 7 फीसदी वोट बढ़ा और नतीजा था कि सत्ता बदल गई। ऐसी ही स्थिति 1990 में भी दोहराई गई। तब मतदान में 5.7 पर्सेंट का इजाफा हुआ और कांग्रेस की सरकार चली गई। जनता दल की वापसी हुई। ऐसे में इस आंकड़े को लेकर धुकधुकी बढ़ी हुई है। कहा जा रहा है कि बिहार में कहीं फिर से सत्ता ना बदल जाए। हालांकि एनडीए को बढ़े हुए मतदान से अपनी जीत की उम्मीद इसलिए है क्योंकि महिलाओं ने बढ़-चढ़कर मतदान किया है।
महिलाओं का वोट पुरुषों से 9 फीसदी ज्यादा पड़ा
चुनाव आयोग का कहना है कि महिलाओं ने पुरुषों की तुलना में ज्यादा वोट किया है। बिहार में यदि कुल मतदान 66.9 फीसदी है तो वहीं पुरुषों का आंकड़ा 62.8 पर्सेंट ही है। वहीं महिलाओं का मतदान प्रतिशत 71.6% है। महिलाओं को नीतीश कुमार का समर्थक वर्ग माना जाता है। इसलिए एनडीए को उम्मीद है कि शायद बढ़े वोट का उन्हें फायदा मिले। फिर भी नतीजे आने तक चिंता तो बनी ही हुई है।
बिहार चुनाव 2025 : सीमा पर सट्टेबाजी का खेल: हार-जीत में उड़ रहे लाखों रुपये
13 Nov, 2025 07:22 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
फारबिसगंज : भारत-नेपाल सीमावर्ती क्षेत्र में जनादेश से पहले धनादेश का खेल शुरू हो गया है । बिहार की राजनीति न सिर्फ अब मतदान के मैदान में बल्कि सट्टे के बाजार में भी अपनी किस्मत आजमा रही है। बिहार विधानसभा चुनाव के मतदान संपन्न हो चुके हैं और मतपेटियों में अब तक का सबसे बड़ा जनादेश कैद हो चुका है। जहां जनता का फैसला 14 नवंबर को खुलेगा, वहीं फारबिसगंज सहित सीमांचल से लेकर नेपाल और बंगाल की सीमा तक सट्टे का खेल अपने चरम पर है। सीमा पार नेपाल के विराटनगर और पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी सहित फारबिसगंज, अररिया, पूर्णिया से लेकर कटिहार तक सट्टा बाजार खूब गर्म है। सटोरिए न सिर्फ हार-जीत पर बल्कि उम्मीदवारों के वोटों के अंतर पर भी लाखों का दांव लगा रहे हैं।
दिलचस्प बात यह है कि पहले आईपीएल और क्रिकेट मैचों पर दांव लगाते थे मगर अब खासकर व्यापार से जुड़े लोग चुनावी सट्टे के नए बाजार में सक्रिय हो गए हैं। मोबाइल एप्स और ऑनलाइन ग्रुप्स के ज़रिए युवा वर्ग भी इस का हिस्सा बन चुका है। फारबिसगंज और विराटनगर में सैकड़ों युवाओं के मोबाइल फोन पर यह राजनीतिक ट्रेडिंग चल रही है।
सीमावर्ती इलाकों में प्रशासन की निगरानी बढ़ाई गई है, परंतु सट्टा कारोबार पूरी तरह भूमिगत नेटवर्क से संचालित हो रहा है। नेपाल की खुली सीमा और बंगाल की नज़दीकी के कारण एजेंसियों के लिए इसे रोक पाना मुश्किल साबित हो रहा है।
सत्ता के लिए सट्टा—जनादेश से पहले धनादेश का खेल
जनता का फैसला अभी ईवीएम में बंद है, पर सत्ता के सौदागर पहले ही अपने-अपने हिसाब से हार-जीत तय कर रहे हैं।बिहार की राजनीति अब न सिर्फ मतदान के मैदान में, बल्कि सट्टे के बाजार में भी अपनी किस्मत आज़मा रही है । जहां हर वोट की कीमत लाखों में आंकी जा रही है।
एनडीए की 200 पार पर ‘ठंडा’ बाजार, इंडिया गठबंधन पर हलचल तेज
सट्टा बाजार के रुझानों के अनुसार बिहार में एनडीए को 125 से 135 सीटें, जबकि इंडिया गठबंधन को 100 से 120 सीटें मिलती दिख रही हैं। हालांकि एनडीए के 200 पार के नारे पर सट्टा बाजार में खास उत्साह नहीं है। एक सटोरिए ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि एनडीए की जीत पर तो भाव अच्छा चल रहा है, लेकिन 200 पार की बात पर कोई पैसा लगाने को तैयार नहीं। बाजार इसे अव्यावहारिक मान रहा है। इसके विपरीत, तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव की जीत-हार पर सट्टा बाजार में जबरदस्त दांव लग रहे हैं। दोनों भाइयों की सीटों को हॉट सीट घोषित किया गया है, जहाँ मतों के अंतर पर लाखों रुपये का सट्टा लग चुका है।
नेपाल के विराटनगर और बंगाल के सिलीगुड़ी बने सट्टे के अड्डे
फारबिसगंज में भाजपा और कांग्रेस के बीच, अररिया में कांग्रेस-जदयू के बीच, नरपतगंज में भाजपा-राजद के बीच और धमदाहा में जदयू की लेसी सिंह और राजद प्रत्याशी पर भारी सट्टा चल रहा है। सहरसा, मधेपुरा और कटिहार की सीटों पर भी जीत-हार के अंतर पर हाई वैल्यू दांव लगाए जा रहे हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी
फारबिसगंज एसडीपीओ मुकेश कुमार साहा ने कहा कि इस तरह के धंधे पर प्रशासन की सख्त नजर है। सीमा पर भी पुलिस सक्रिय है। ऐसे सटोरियों की खैर नहीं है। जो इस तरह के धंधे को अंजाम दे रहे हैं ,पकड़े जाने पर उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जानकार बताते हैं कि सीमा पार नेपाल के विराटनगर स्थित मारवाड़ी अतिथि सदन के पास मंगलवार की शाम से ही सटोरियों की भीड़ जुट रही है। सूत्रों के अनुसार मतदान खत्म होते ही यहां राजनीतिक सट्टे की बड़ी मंडी सज गई। वहीं सिलीगुड़ी के एक होटल में भी करोड़ों रुपये के दांव खेले जा रहे हैं। राजस्थान से आए कुछ कारोबारी इस अवैध धंधे के प्रमुख संचालक बताए जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, कई भारतीय व्यापारी जो नेपाल में कारोबार करते हैं, वे भी इस राजनीतिक सट्टे में खास दिलचस्पी ले रहे हैं।
रांची स्कूल विवाद: बच्चों की पिटाई पर बवाल, 4 पर एफआईआर, जानिए क्या है पूरा मामला?
13 Nov, 2025 07:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रांची (RANCHI) : राजधानी रांची के एक स्कूल में बच्चों की पिटाई से माहौल गरमाया हुआ है. इस मामले को लेकर स्कूल के चार शिक्षकों पर मारपीट का आरोप लगा है. इतना ही नहीं इन चारों शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज किया गया है. छात्रों का आरोप है कि उन्हें डंडे और स्टील की पाइप से बुरी तरह पीटा गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए.
जानिए क्या है पूरा मामला
दरअसल रांची के सेंट जॉन स्कूल में बुधवार को उस समय बड़ा हंगामा हुआ, जब छात्रों के परिजनों ने शिक्षकों पर बच्चों की बेरहमी से पिटाई करने का आरोप लगाया. छात्रों का कहना है कि उन्हें डंडे और स्टील की पाइप से बुरी तरह पीटा गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए. पीड़ित छात्रों ने आरोप लगाया है कि शिक्षक प्रवीण एक्का, नेलसन लकड़ा, आलोक दा और अभिजीत ने मिलकर उनकी पिटाई की. घटना की जानकारी मिलते ही परिजन स्कूल पहुंचे और परिसर में जमकर विरोध प्रदर्शन किया. आक्रोशित परिजन आरोपित शिक्षकों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे थे.
सूचना मिलने पर लोअर बाजार थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया. इसके बाद परिजनों और छात्रों को थाने लाया गया. छात्रों के बयान के आधार पर चारों शिक्षकों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है. थाना प्रभारी रणविजय शर्मा ने बताया कि छात्रों ने शिक्षकों पर मारपीट का आरोप लगाया है. एफआईआर दर्ज होने के बाद अब पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
छात्रों के मुताबिक, स्कूल में विवाद होने के बाद शिक्षकों ने उन्हें एनसीसी रूम में बुलाया और वहां डंडों से पीटना शुरू किया. जब डंडा टूट गया तो शिक्षकों ने स्टील की पाइप से मारना शुरू कर दिया. पिटाई से घायल छात्र किसी तरह वहां से भागकर स्कूल से बाहर निकले और अपने परिजनों को जानकारी दी. छात्रों ने बताया कि जिन विद्यार्थियों से उनका विवाद हुआ था, उन्हें तो कक्षा में भेज दिया गया, जबकि उन्हें और तीन अन्य छात्रों को एनसीसी रूम व स्टाफ रूम में ले जाकर पीटा गया. फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और स्कूल प्रशासन से भी जवाब मांगा गया है.
अब सवाल यह उठता है कि गलती शिक्षक की है, जो नियंत्रण खो बैठा, या फिर अभिभावकों की, जो बच्चों को स्कूल में अनुशासन का महत्व नहीं सिखा पा रहे? इस मामले में फिलहाल पुलिस ने अभिभावकों की शिकायत पर शिक्षक से पूछताछ शुरू कर दी है.
झारखंड स्थापना दिवस : प्रभारी मंत्रियों की सूची में दो बड़े नाम गायब, जानिए क्यों? सियासी गलियारों में हलचल
13 Nov, 2025 07:08 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रांची (RANCHI) : झारखंड स्थापना दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालयों में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों के लिए प्रभारी मंत्रियों की घोषणा कर दी गई है. इसका आदेश मंत्रिमंडल सचिवालय एवं निगरानी विभाग ने जारी किया है. हालांकि, जारी सूची में कांग्रेस कोटे से वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर और राजद कोटे से श्रम व उद्योग मंत्री संजय यादव का नाम शामिल नहीं है. इन दोनों मंत्रियों का नाम नहीं होने से सियासी हलकों में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है और इसके कई राजनीतिक अर्थ निकाले जा रहे हैं.
इन मंत्रियों को बनाया गया है प्रभारी मंत्री
दीपक बिरूवा-पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा)
चमरा लिंडा-गुमला
इरफान अंसारी-जामताड़ा
हफीजूल हसन- देवघर
दीपिका पांडेय सिंह- गोड्डा
योगेन्द्र प्रसाद- बोकारो
सुदिव्य कुमार-गिरिडीह
शिल्पी नेहा तिर्की-लोहरदगा
झारखंड के 25वें स्थापना दिवस पर भव्य जश्न, ड्रोन शो से गूंजेगी रांची...जानिए क्या है खास?"
13 Nov, 2025 07:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रांची / झारखंड स्थापना दिवस पर मोरहाबादी मैदान में दो दिवसीय भव्य महोत्सव का आयोजन किया जाएगा. इस मौके पर झारखंड राज्य अपने गठन के 25 वर्ष पूरे करने जा रहा है. रांची के मोरहाबादी मैदान में 15 और 16 नवंबर को आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम को लेकर पूरे राज्य में उत्साह का माहौल है.
रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने बताया कि 15 नवंबर को राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे. कार्यक्रम की शुरुआत दोपहर 2 बजे से होगी. वहीं, 16 नवंबर को पहली बार राज्य में ‘जतरा’ का आयोजन किया जाएगा, जो डोरंडा से शुरू होकर कचहरी चौक होते हुए जेल पार्क में समाप्त होगी. इस जतरा में करीब 4000 कलाकार भाग लेंगे.
दूसरे दिन शाम को मोरहाबादी मैदान में भव्य ड्रोन शो का आयोजन होगा, जिसमें भगवान बिरसा मुंडा की जीवनी और झारखंड की सांस्कृतिक धरोहर को रोशनी के आकर्षक दृश्यों के माध्यम से दिखाया जाएगा. साथ ही, सभी सरकारी विभागों के स्टॉल लगाए जाएंगे, जहां आम जनता को सरकारी योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी दी जाएगी.
कार्यक्रम में भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती और दिशोम गुरु शिबू सोरेन के जीवन पर आधारित प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी. इसमें झारखंड के संघर्ष, आंदोलन और गौरवशाली इतिहास को जीवंत रूप में दिखाया जाएगा. इसके अलावा, एक इमर्सिव जोन भी बनाया जा रहा है, जहां लोग झारखंड की संस्कृति, विकास और परंपरा पर इंटरएक्टिव फिल्में देख सकेंगे.
डीसी भजंत्री ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर रांची जिला प्रशासन ने विशेष योजना बनाई है. करीब 8000 पुलिस बलों की तैनाती की जाएगी, जिनमें 2000 महिला और 6000 पुरुष कर्मी होंगे. ट्रैफिक डायवर्जन, पार्किंग और प्रवेश मार्गों की भी नई व्यवस्था तैयार की गई है ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो.
शहर के प्रमुख स्थानों को सजाया जा रहा है और वाल पेंटिंग के माध्यम से झारखंड की संस्कृति और वीरता को प्रदर्शित किया जा रहा है. यह आयोजन झारखंड के गौरव, परंपरा और प्रगति का प्रतीक बनेगा.
बिहार में मतगणना पर सियासी तनाव: RJD नेता सुनील सिंह ने दी नेपाल जैसा नजारा होने की धमकी, FIR दर्ज
13 Nov, 2025 06:48 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Bihar Election Result: बिहार में कल यानी 14 नवंबर को विधानसभा चुनाव के रिजल्ट आने वाले हैं. इसके पहले नेताओं की बयानबाजी से बिहार में माहौल गर्म है. इस बीच आरजेडी नेता सुनील कुमार सिंह का विवादित बयान सामने आया है. सुनील कुमार सिंह ने कहा है कि अगर मतगणना में गड़बड़ी हुई तो सड़कों पर नेपाल जैसा नजारा दिखाई देगा.
‘या तो उम्मीदवार बाहर आएगा या फिर रिटर्निंग ऑफिसर’
आरजेडी नेता सुनील कुमार सिंह ने कहा, ‘2020 में इन्होंने जो काम किया वो सभी नहीं देखा था. उस समय 4 घंटे तक मतगणना रुकी थी. मैं आपको चेतावनी दे रहा हूं. इस बार महागठबंधन ही नहीं पूरी जनता रोड पर उतर जाएगी. जो कुकृत्य आपने 2020 में किया था, वो काम अगर इस बार हुआ तो या तो रिटर्निंग ऑफिसर बाहर आएगा या फिर प्रत्याशी बाहर आएगा. इस बार तेजस्वी यादव की सरकार बनने जा रही है.’
‘सड़कों पर बिहार जैसा हाल देखने को मिलेगा‘
सुनील कुमार सिंह ने चुनाव आयोग की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा, ‘पूरी जनता को शक है कि ये बेइमान लोग हैं. चुनाव आयोग की शाख पर बट्टा लग चुका है. सभी को पता है कि किस तरह रिटर्निंग ऑफिसर्स की तैनाती की गई है. अगर आप इस बार बेइमानी करिएगा तो पूरी जनता सड़क पर आ जाएगी. इस बार सड़कों पर नेपाल का नजारा देखने को मिलेगा. मैं आपको चेतावनी दे रहा हूं.’
‘हार की हताशा में ऐसी बयानबाजी कर रहे’
वहीं आरजेडी नेता के बयान पर एनडीए ने पलटवार किया है. एनडीए नेताओं का कहना है कि हार की हताशा में आरजेडी नेता ऐसी बयानबाजी कर रहे हैं. एग्जिट पोल देखने के बाद उन्हें अंदाजा लग गया है कि बिहार में एक बार फिर एनडीए की सरकार बनने जा रही है. इसलिए कुछ भी बयानबाजी करके भ्रम की स्थिति पैदा कर रहे हैं.
पटना की दीवारों पर पोस्टर पॉलिटिक्स: कहीं ‘नरेंद्र-नीतीश भाई-भाई’, तो कहीं ‘अलविदा चाचा’
13 Nov, 2025 05:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पटना। बिहार में विधानसभा चुनाव के परिणाम कल 14 नवंबर को आएंगे। इससे पहले ही पोस्टर वॉर शुरू हो गए हैं। गुरुवार सुबह जहां सीएम नीतीश कुमार को लेकर ‘टाइगर अभी जिंदा है’ के पोस्टर लगे तो वहीं अब महागठबंधन ने ‘अलविदा चाचा’ के पोस्टर लगवाए हैं। इस पोस्टर में तेजस्वी और अखिलेश यादव नजर आ रहे हैं। अब भाजपा ने भी पटना कार्यालय पर नरेंद्र-नीतीश भाई-भाई के पोस्टर लगाए हैं। महागठबंधन ने जो सीएम नीतीश कुमार को लेकर पोस्टर लगाए हैं, उसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी जिक्र किया गया है। पोस्टर को समाजवादी पार्टी (सपा) के युवा अध्यक्ष धर्मवीर यादव ने लगवाया है, जिसमें एसआईआर का भी जिक्र किया है। वहीं पोस्टर में यूपी के पूर्व सीएम सपा नेता अखिलेश यादव भी नजर आ रहे हैं,पोस्टर के ऊपर मुलायम सिंह और लालू यादव की फोटो लगाई गई है। इसके अलावा पोस्टर में जो लिखा गया है, उसकी काफी चर्चा हो रही है।
पोस्टर में क्या लिखा?
महागठबंधन के पोस्टर में लिखा “अलविदा चाचा! जनता जब हुंकार भरे तो महलों की नींद उखड़ती है, सांसों के बल पर ताज हवा में उड़ती है। जनमत की रोके राह ‘शाह’ में तांव कहां, वह जिधर चाहती काल उधर ही मुड़ता है। सिंहासन खाली करो, की ‘तेजस्वी सरकार’ आती है। ”
‘टाइगर अभी जिंदा है’ बनाम ‘अलविदा चाचा’
दरअसल, एग्जिट पोल के आंकड़ों में एनडीए को बहुमत दिखाया गया है। जिसके बाद एनडीए समर्थक काफी उत्साहित होकर पोस्टर लगाना शुरू कर दिया। एनडीए समर्थकों ने पोस्टर में लिखा- टाइगर अभी जिंदा है। नीतीश कुमार के नेतृव्य में एनडीए सरकार बनने का जिक्र किया। फिर क्या महागठबंधन दल ने भी अलविदा चाचा का पोस्टर लगाकर पलटवार किया है।
नरेंद्र-नीतीश भाई-भाई के लगे पोस्टर
वहीं महागठबंधन के बाद एक बार फिर एनडीए दल की प्रमुख पार्टी भाजपा ने अपने कार्यालय पर नीतीश-नरेंद्र भाई भाई के पोस्टर लगा दिए। इतना ही नहीं उसमें लालू यादव के जंगलराज का भी जिक्र किया है। अब देखना यह होगा कि अगला पोस्टर कौन किसके खिलाफ लगाता है और कल चुनाव परिणाम में किसे जीत मिलती है। परिणाम को लेकर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।
विश्व धरोहर दिवस पर रायपुर में सजी विरासत की अनोखी झलक, संरक्षण पर विशेषज्ञों का मंथन
बंदूक से विकास की ओर: सुकमा के तुंगल इको-पर्यटन केंद्र की प्रेरक कहानी
उमरिया जिले की पूजा सिंह ने रची आत्मनिर्भरता की प्रेरक कहानी
हमने सीवर सफाई के काम को चुनौती के रुप में स्वीकार किया है और हम बदलाव लाकर दिखाएंगे : ऊर्जा मंत्री तोमर
दिशा दर्शन भ्रमण आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर मिले दो प्रतिष्ठित पुरस्कार
राज्यमंत्री गौर का सख्त रुख: लापरवाही पर एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने के निर्देश
महतारी वंदन योजना से संवर रही पहाड़ी कोरवा परिवारों की तकदीर
