राजस्थान
सड़क दुर्घटना में दो किसानों की जान गई, गांव में मातम
27 May, 2026 03:29 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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हिसार: जिला मुख्यालय के नजदीक चौधरीवास के पास पनिहार चौक पर बुधवार सुबह एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में दो सगे भाइयों की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों मृतक किसान थे और नलवा गांव के रहने वाले थे। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए हिसार के नागरिक अस्पताल भेज दिया है। इस दुखद घटना के बाद से पीड़ित परिवार और नलवा गांव में शोक का माहौल है। पुलिस मृतकों के परिजनों के बयान दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई में जुट गई है। शोक सभा में शामिल होने जा रहे थे दोनों भाई, रास्ते में काल बनी कार पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, नलवा निवासी 68 वर्षीय राजपाल और उनके छोटे भाई 56 वर्षीय जिलेसिंह सुबह करीब साढ़े दस बजे बाइक पर सवार होकर एक रिश्तेदारी में शोक प्रकट करने रावलवास कलां गांव जा रहे थे। जैसे ही उनकी बाइक पनिहार चौक के समीप पहुँची, तभी हिसार से खाटूश्याम की तरफ जा रही एक तेज रफ्तार कार ने उनकी मोटरसाइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों भाइयों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। कार चला रही युवती परिजनों संग ऑटो से फरार, मामला दर्ज करने की तैयारी हादसे के बाद घटना स्थल पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त कार को एक युवती चला रही थी और गाड़ी में उसके परिवार के लोग भी सवार थे। बाइक से आमने-सामने की भीषण भिड़ंत होने के तुरंत बाद युवती और उसके परिजन अपनी कार को मौके पर ही छोड़कर एक ऑटोरिक्शा में सवार होकर वापस हिसार की तरफ भाग निकले। मृतकों के तीसरे भाई सुरेश ने पुलिस को दिए बयान में पूरी घटना की जानकारी दी है, जिसके आधार पर पुलिस आरोपी कार चालक के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने की कार्रवाई कर रही है। नौतपे का तीसरा दिन: हरियाणा में गर्मी का सितम जारी, पारा 47 डिग्री पहुँचने के आसार इस दुखद हादसे के बीच पूरे राज्य में भीषण गर्मी और लू (Heatwave) का प्रकोप भी चरम पर है। नौतपे के तीसरे दिन हरियाणा के कई हिस्सों में सूर्यदेव की तपिश से आम जनजीवन बेहाल रहा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आने वाले दिनों में राज्य का अधिकतम तापमान 47 डिग्री सेल्सियस के पार जाने की आशंका है। चिलचिलाती धूप और गर्म हवाओं के चलते सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है और युवतियां व आम लोग चेहरों को ढककर ही बाहर निकल रहे हैं। मौसम विभाग ने 29 मई तक जारी किया ऑरेंज अलर्ट मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य में पड़ रही रिकॉर्ड तोड़ गर्मी को देखते हुए आगामी 29 मई तक पूरे हरियाणा में 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है। विभाग ने नागरिकों को दोपहर के समय बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलने और लगातार ओआरएस या पानी पीते रहने की सलाह दी है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि फिलहाल अगले कुछ दिनों तक लू के थपेड़ों से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है।
हरियाणा शिक्षा बोर्ड को मिला नया नेतृत्व, शंकर धुप्पड़ ने संभाली जिम्मेदारी
27 May, 2026 01:28 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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भिवानी: हरियाणा के शिक्षा विभाग से एक बड़ी खबर सामने आई है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता शंकर लाल धुप्पड़ को हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (BSEH) का नया चेयरमैन (अध्यक्ष) नियुक्त किया गया है। मंगलवार देर शाम सरकार द्वारा जारी आधिकारिक आदेशों के तहत, तत्कालीन बोर्ड अध्यक्ष डॉ. पवन कुमार शर्मा को तुरंत प्रभाव से उनके पद से कार्यमुक्त (रिलीव) कर दिया गया है। शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव ने जारी किए कड़े आदेश हरियाणा शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव विजय सिंह दहिया की ओर से इस संबंध में दो अलग-अलग आधिकारिक पत्र जारी किए गए हैं। पहले पत्र में डॉ. पवन कुमार शर्मा को तत्काल प्रभाव से पद से हटाने के निर्देश दिए गए हैं, जबकि दूसरे पत्र के माध्यम से शंकर लाल धुप्पड़ को बोर्ड की कमान सौंपते हुए नए अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी गई है। इस प्रशासनिक फेरबदल को राज्य की शिक्षा व्यवस्था के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा है। संगठन में लंबा अनुभव, भिवानी के मूल निवासी हैं धुप्पड़ हरियाणा शिक्षा बोर्ड के नवनियुक्त अध्यक्ष शंकर लाल धुप्पड़ भारतीय जनता पार्टी के एक कद्दावर और अनुभवी नेता हैं। उन्होंने लंबे समय तक भाजपा के जिला अध्यक्ष के रूप में अपनी सेवाएं दी हैं और संगठन को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। वे मूल रूप से भिवानी शहर के ही रहने वाले हैं, जिसके कारण स्थानीय स्तर पर उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है। भिवानी वासियों में जश्न का माहौल, स्थानीय लोगों ने जताई खुशी हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड का मुख्यालय भिवानी में ही स्थित है। ऐसे में एक स्थानीय और वरिष्ठ नेता को बोर्ड के सर्वोच्च पद की जिम्मेदारी मिलने से भिवानी के निवासियों और भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह है। नियुक्ति की खबर मिलते ही स्थानीय लोगों ने खुशी जाहिर की है और उम्मीद जताई है कि उनके नेतृत्व में बोर्ड के कामकाज और छात्र हितों की नीतियों में और अधिक सुधार देखने को मिलेगा।
बीटेक छात्र पर जानलेवा हमला, अस्पताल में भर्ती
27 May, 2026 11:18 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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करनाल: राष्ट्रीय राजमार्ग-709ए पर स्थित प्योंत टोल प्लाजा पर टोल कर्मियों की दबंगई का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। यहाँ उपलाना गांव के रहने वाले बीटेक के एक छात्र योगराज पर करीब 10 टोल कर्मचारियों ने मिलकर जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने छात्र को घेरकर ईंटों, लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से बुरी तरह पीटा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। छात्र को लहूलुहान हालत में पहले करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहाँ उसकी नाजुक हालत को देखते हुए देर रात पीजीआई (PGI) चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। टोल छूट वाले वाहन को लेकर शुरू हुआ था विवाद मिली जानकारी के अनुसार, योगराज 26 मई की रात करीब 9 बजे अपने परिचित अशोक (निवासी कत्लाहेड़ी) के साथ कार से करनाल-असंध मार्ग से गुजर रहे थे। बताया जा रहा है कि उनकी गाड़ी स्थानीय नियमों के तहत टोल टैक्स छूट (एक्सेम्प्टेड) श्रेणी में आती थी। आरोप है कि टोल नाके पर तैनात कर्मियों ने गाड़ी निकालने को लेकर बेवजह बहस शुरू कर दी। देखते ही देखते यह मामूली कहासुनी एक खूनी झड़प में तब्दील हो गई और टोल कर्मियों ने छात्र को कार से खींचकर जमीन पर गिरा दिया और थप्पड़-मुक्कों, सरियों व ईंटों से बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया। बिना वर्दी और नेम प्लेट के 'बाउंसरों' का आतंक, दो आरोपी गिरफ्तार पीड़ित परिवार और प्रत्यक्षदर्शियों का आरोप है कि घटना के वक्त टोल नाके पर तैनात कर्मचारी बिना किसी आधिकारिक वर्दी (यूनिफॉर्म) या नेम प्लेट के खड़े थे, जिससे उनकी पहचान कर पाना नामुमकिन था। मामूली विवाद पर कर्मचारियों को अचानक इस तरह आक्रामक होते देख मौके पर अफरा-तफरी मच गई। राहगीरों ने बीच-बचाव कर जैसे-तैसे छात्र की जान बचाई। सूचना मिलते ही 'डायल 112' पुलिस टीम मौके पर पहुँची। स्थानीय लोगों ने मुस्तैदी दिखाते हुए दो हमलावर कर्मचारियों को दबोचकर पुलिस के हवाले कर दिया, जबकि बाकी आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। आसपास के गांवों को है टोल से मुक्ति, सीसीटीवी फुटेज आई सामने स्थानीय ग्रामीणों (शुभम, राममेहर व अन्य) ने बताया कि प्योंत, कत्लाहेड़ी, उपलाना और गुल्लरपुर सहित आसपास के कई गांवों के वाहनों को इस टोल प्लाजा से मुफ्त गुजरने की श्रेणी में रखा गया है। इसके बावजूद स्थानीय लोगों के साथ अक्सर अभद्रता की जाती है। इस पूरी वारदात की एक सीसीटीवी (CCTV) फुटेज भी सामने आने का दावा किया जा रहा है, जिसमें साफ तौर पर कई कर्मचारी लाठी-डंडों के साथ गाड़ी की तरफ हिंसक रूप से दौड़ते हुए दिखाई दे रहे हैं। ग्रामीणों में भारी आक्रोश, टोल कंपनी का टेंडर रद्द करने की मांग इस घटना के बाद से पूरे इलाके के ग्रामीणों और राहगीरों में गहरा गुस्सा है। लोगों का कहना है कि इस टोल प्लाजा पर वाहन चालकों से बदसलूकी और मारपीट की शिकायतें पहले भी कई बार आ चुकी हैं, लेकिन प्रशासन द्वारा कोई ठोस कार्रवाई न किए जाने से इन कर्मियों के हौसले बुलंद हैं। पीड़ित परिवार और ग्रामीणों ने जिला प्रशासन, पुलिस और नेशनल हाईवे अथॉरिटी (NHAI) से निष्पक्ष जांच कर सभी दोषियों को तुरंत गिरफ्तार करने तथा दोषी टोल कंपनी का टेंडर तुरंत प्रभाव से निरस्त करने की पुरजोर मांग की है।
सीसीटीवी की कड़ी निगरानी में होगी HTET परीक्षा, डेट हुई जारी
26 May, 2026 02:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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भिवानी: हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड (BSEH) आगामी 13 और 14 जून 2026 को प्रदेशभर में 'हरियाणा अध्यापक पात्रता परीक्षा' (HTET) का आयोजन करने जा रहा है। परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी और नकलविहीन बनाने के लिए बोर्ड ने अपनी तैयारियां मुकम्मल कर ली हैं। इस बार पूरे राज्य में 820 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां लगभग 2.45 लाख अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा के दौरान सुरक्षा और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों से कड़ी निगरानी रखी जाएगी। दो दिनों में तीन लेवल पर होगी परीक्षा, समय का रखें ध्यान अभ्यर्थियों की सहूलियत और बेहतर प्रबंधन के लिए इस परीक्षा को दो दिनों में तीन अलग-अलग सत्रों (लेवल-1, 2 और 3) में बांटा गया है। बोर्ड के अनुसार, सुबह के सत्र की परीक्षा का समय 10:00 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक तय किया गया है। वहीं, शाम के सत्र की परीक्षा दोपहर 3:00 बजे से शुरू होकर शाम 5:30 बजे तक संचालित की जाएगी। लीक रोकने का फॉर्मूला: प्रश्नपत्रों पर होंगे क्यूआर कोड और हिडन फीचर पेपर लीक और किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए बोर्ड इस बार बेहद आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर रहा है। परीक्षा के प्रश्नपत्रों पर विशेष क्यूआर कोड (QR Code), अल्फा न्यूमेरिक कोड और कुछ हिडन (छिपे हुए) फीचर्स दिए जाएंगे, जिससे प्रश्नपत्र की सुरक्षा अभेद्य रहेगी। इसके अलावा, जिन शिक्षकों की ड्यूटी इस समय जनगणना कार्य में लगी हुई है, उन्हें चुनाव और परीक्षा के इस काम से राहत देते हुए एचटेट की ड्यूटी से अलग रखा गया है। ओएमआर शीट में 20 से अधिक प्रश्न खाली छोड़ने पर परीक्षा होगी रद्द बोर्ड अध्यक्ष ने एक कड़ा नियम साझा करते हुए बताया कि यदि कोई भी परीक्षार्थी परीक्षा के दौरान अपनी ओएमआर (OMR) शीट में 20 या उससे ज्यादा प्रश्नों के विकल्प को खाली छोड़ देता है, तो उसकी परीक्षा को तुरंत प्रभाव से निरस्त (रद्द) मान लिया जाएगा। इसके साथ ही, सभी अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से ठीक डेढ़ घंटा पहले केंद्र पर रिपोर्ट करना होगा, ताकि मुख्य द्वार पर मेटल डिटेक्टर से चेकिंग, बायोमेट्रिक हाजिरी और अंगूठे के निशान लेने की जरूरी प्रक्रियाएं समय से पूरी हो सकें। भीषण गर्मी और लू से बचाव के पुख्ता इंतजाम, शुगर मरीजों को विशेष छूट जून महीने की चिलचिलाती धूप, अत्यधिक गर्मी और लू के थपेड़ों को देखते हुए बोर्ड ने परीक्षा केंद्रों पर ठंडे पानी और अन्य पुख्ता प्रबंध करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा, एक मानवीय पहल के तहत परीक्षा के दौरान मधुमेह (डायबिटीज) से पीड़ित परीक्षार्थियों की सेहत का ध्यान रखते हुए उनके लिए परीक्षा केंद्रों पर फलों (फ्रूट्स) की विशेष व्यवस्था की जाएगी।
रिसर्च और प्रोफेशनल कोर्सों में एडमिशन ओपन, 15 जून अंतिम तारीख
26 May, 2026 11:48 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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हिसार। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU) में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए स्नातक (UG), स्नातकोत्तर (PG) और पीएचडी (PhD) पाठ्यक्रमों में प्रवेश की प्रक्रिया आधिकारिक तौर पर शुरू हो गई है। एडमिशन के इच्छुक छात्र विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर जाकर 15 जून तक ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने बताया कि बीटेक (एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग) और बीटेक-एलईईटी (LEET) कोर्स में दाखिले हरियाणा राज्य काउंसलिंग सोसायटी द्वारा जेईई (JEE Main 2026) और एलईईटी-2026 की मेरिट के आधार पर किए जाएंगे। आवेदन शुल्क सामान्य श्रेणी के लिए 1500 रुपये और एससी, बीसी, ईडब्ल्यूएस व दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए 375 रुपये तय किया गया है। स्नातक (UG) कोर्सेज में प्रवेश के लिए नियम विश्वविद्यालय के अलग-अलग अंडरग्रेजुएट कोर्सेज में दाखिले के लिए योग्यता और प्रवेश परीक्षाएं अलग-अलग तय की गई हैं। 2+4 साल के बीएससी (ऑनर्स) एग्रीकल्चर कोर्स में प्रवेश 10वीं कक्षा के बाद होने वाले 'एग्रीकल्चर एप्टीट्यूड टेस्ट' के जरिए होगा। इसके अलावा, 12वीं पास कर चुके छात्रों के लिए 4 वर्षीय बीएससी (ऑनर्स) एग्रीकल्चर, बीएफएससी, बीएससी (ऑनर्स) कम्युनिटी साइंस, एग्रीबिजनेस मैनेजमेंट, फिजिकल साइंसेज, लाइफ साइंसेज और बीटेक बायोटेक्नोलॉजी जैसे पाठ्यक्रमों में दाखिला यूनिवर्सिटी द्वारा आयोजित एंट्रेंस एग्जाम की मेरिट पर दिया जाएगा। पीजी और पीएचडी के लिए इन विषयों में मिलेगा मौका पोस्ट ग्रेजुएट (PG) कोर्सेज में एडमिशन के लिए छात्रों को 'कॉमन एंट्रेंस टेस्ट' पास करना होगा। इस बार यूनिवर्सिटी के विभिन्न कॉलेजों जैसे कृषि महाविद्यालय, मौलिक एवं मानविकी महाविद्यालय, सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय, कृषि अभियांत्रिकी, बायोटेक्नोलॉजी और फिशरीज साइंस कॉलेज में ढेरों विषय उपलब्ध हैं। इनमें मुख्य रूप से एग्रोनॉमी, हॉर्टिकल्चर, माइक्रोबायोलॉजी, फूड साइंस, मॉलिक्यूलर बायोलॉजी और एक्वाकल्चर जैसे विषय शामिल हैं। कुलपति ने स्पष्ट किया कि सीएसआईआर-यूजीसी-जेआरएफ (CSIR-UGC-JRF) और आईसीएआर (ICAR) क्वालिफाइड छात्रों के पीएचडी दाखिले इसी सेमेस्टर में होंगे, जबकि हरियाणा के मूल निवासी छात्रों के लिए पीएचडी प्रवेश परीक्षा दूसरे सेमेस्टर में कराई जाएगी। एमबीए और पीजी डिप्लोमा के विकल्प भी मौजूद कृषि और तकनीकी विषयों के साथ-साथ विश्वविद्यालय व्यावसायिक पाठ्यक्रमों का संचालन भी कर रहा है। गुरुग्राम स्थित 'इंस्टीट्यूट ऑफ बिजनेस मैनेजमेंट एंड एग्रीप्रेन्योरशिप' में छात्र एमबीए एग्रीबिजनेस, एमबीए जनरल, मास्टर्स इन रूरल मैनेजमेंट और रूरल मैनेजमेंट में पीएचडी के लिए आवेदन कर सकते हैं। विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. पवन कुमार ने बताया कि इसके अलावा रिमोट सेंसिंग, जीआईएस एप्लीकेशन, ह्यूमन न्यूट्रिशन एंड डाइटेटिक्स और स्पोर्ट्स न्यूट्रिशन जैसे रोजगारपरक पीजी डिप्लोमा कोर्स भी युवाओं के लिए उपलब्ध हैं। केवल हरियाणा के मूल निवासियों को मिलेगा लाभ कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने साफ किया है कि इन सभी सीटों पर आवेदन करने के लिए उम्मीदवार के पास हरियाणा का स्थायी निवासी प्रमाणपत्र (डोमिसाइल) होना अनिवार्य है। प्रवेश से जुड़ी तमाम जानकारियां, जैसे कुल सीटों की संख्या, जरूरी योग्यता और महत्वपूर्ण तारीखों का विस्तृत विवरण विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट hau.ac.in और admissions.hau.ac.in पर जारी प्रोस्पेक्टस में देखा जा सकता है।
16वीं बार जेल से बाहर आया राम रहीम, 30 दिन की फरलो मंजूर
26 May, 2026 07:34 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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रोहतक। हरियाणा की रोहतक स्थित सुनारिया जेल में विभिन्न मामलों में सजा काट रहा डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम मंगलवार सुबह एक बार फिर जेल से बाहर आ गया है। इस बार उसे प्रदेश सरकार की ओर से 30 दिनों की फरलो (Furlough) दी गई है। जेल से रिहा होने के बाद सुबह ठीक 6 बजकर 32 मिनट पर राम रहीम अपनी करीबी हनीप्रीत और अन्य सहयोगियों के साथ लैंड क्रूजर और फॉर्च्यूनर गाड़ियों के काफिले में सिरसा डेरे के लिए रवाना हो गया। सुरक्षा के मद्देनजर इस काफिले के साथ पुलिस की गाड़ियां भी तैनात रहीं। इससे पहले इसी साल जनवरी महीने में उसे 40 दिनों की पैरोल मिली थी। हनीप्रीत खुद पहुंची लेने, आधे घंटे में पूरी हुई कागजी प्रक्रिया राम रहीम को जेल से सुरक्षित ले जाने के लिए मंगलवार सुबह करीब छह बजे ही सिरसा डेरे से दो लग्जरी गाड़ियां सुनारिया जेल के बाहर पहुंच चुकी थीं। डेरा प्रमुख को रिसीव करने के लिए हनीप्रीत खुद आई थी, जिसके साथ उनके वकील और निजी ड्राइवर भी मौजूद थे। जेल प्रशासन द्वारा तकरीबन आधे घंटे के भीतर सभी जरूरी कानूनी और कागजी औपचारिकताएं पूरी कर ली गईं, जिसके तुरंत बाद गाड़ियों का काफिला राम रहीम को लेकर सिरसा के लिए रवाना हो गया। सुरक्षा के कड़े इंतजाम, बाईपास पर तैनात रहा भारी पुलिस बल राम रहीम की जेल से रिहाई और मूवमेंट को देखते हुए स्थानीय पुलिस और प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर नजर आया। सुरक्षा व्यवस्था में कोई चूक न हो, इसके लिए आउटर हिसार बाईपास पर स्थित जेल मोड़ के पास भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। राम रहीम अपनी इस 30 दिनों की फरलो की पूरी अवधि सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा मुख्यालय में ही बिताएगा, जहां सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं। 2017 से जेल में बंद है डेरा प्रमुख, अब तक 16वीं बार मिली राहत उल्लेखनीय है कि पंचकूला की विशेष सीबीआई (CBI) अदालत ने साल 2017 में साध्वी यौन उत्पीड़न मामले में गुरमीत राम रहीम को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई थी। इसके बाद से ही वह रोहतक की सुनारिया जेल में अपनी सजा काट रहा है। जेल जाने के बाद से लेकर अब तक यह 16वां मौका है जब राम रहीम को पैरोल या फरलो के जरिए अस्थायी रूप से जेल से बाहर आने की अनुमति मिली है।
सनसनीखेज खुलासा! मकान की नींव में दबाकर रखी थी महिला की लाश
25 May, 2026 04:21 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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गोहाना। गोहाना के नई सब्जी मंडी क्षेत्र में रविवार की देर रात एक रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ वन विभाग वाली गली के पास एक निर्माणाधीन मकान की नींव में कट्टे (बोरे) में बंद एक महिला का शव बरामद हुआ है। शव मिलने की खबर फैलते ही पूरे इलाके में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन के आला अधिकारी दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर तफ्तीश शुरू की। शुरुआती जांच और पारिवारिक पृष्ठभूमि के आधार पर मृतका के पति पर ही हत्या कर साक्ष्य छुपाने का संगीन आरोप लगा है। प्लॉट की नींव में छुपाया था शव, डीएसपी सहित भारी पुलिस बल मौके पर घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए डीएसपी गोहाना, थाना शहर गोहाना के एसएचओ और कोर्ट कॉम्प्लेक्स चौकी प्रभारी पुलिस टीम के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने सबसे पहले पूरे इलाके को सील कर दिया। जांच में मृतका की पहचान प्रियंका उर्फ सीमा के रूप में हुई है, जो मूल रूप से गांव घड़वाल की रहने वाली थी और वर्तमान में गोहाना की वन विभाग वाली गली में रह रही थी। प्रियंका का शव नई सब्जी मंडी के पीछे एक खाली प्लॉट में चल रहे निर्माण कार्य की नींव में दबाया गया था। घरेलू विवाद में वारदात को अंजाम देकर आरोपी पति फरार, सबूत जुटाने पहुंची FSL टीम पुलिस की प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि प्रियंका का अपने पति संदीप के साथ किसी बात को लेकर गंभीर घरेलू विवाद चल रहा था। आरोप है कि इसी विवाद के चलते पति संदीप ने तैश में आकर अपनी पत्नी की बेरहमी से हत्या कर दी। इसके बाद कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए उसने शव को एक बड़े कट्टे में बंद किया और पड़ोस के निर्माणाधीन मकान की नींव में फेंक दिया। इस खौफनाक वारदात को अंजाम देने के बाद से ही आरोपी पति मौके से फरार है। पुलिस ने मौके पर फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम को भी बुलाया है, ताकि घटनास्थल से फिंगरप्रिंट और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए जा सकें। पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव, आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू पुलिस ने मृतका के शव का पंचनामा भरकर उसे नागरिक अस्पताल के शवगृह में पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है, ताकि मौत के सही कारणों और समय का सटीक पता चल सके। गोहाना पुलिस के अनुसार, पीड़ित परिवार के बयानों के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की अलग-अलग टीमें आरोपी पति संदीप के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं और दावा किया जा रहा है कि उसे जल्द ही सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।
गला दबाकर बच्ची की हत्या, फिर शव नाले में फेंका; पत्नी ने बताई दर्दनाक कहानी
25 May, 2026 04:10 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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करनाल। हरियाणा के करनाल शहर के चार चमन इलाके से दिल को झकझोर देने वाली एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ एक कलयुगी पिता ने घरेलू विवाद के चलते अपनी ही 3 महीने की मासूम दुधमुंही बच्ची की बेरहमी से हत्या कर दी। आरोप है कि शराब के नशे में धुत पिता ने पहले बच्ची का गला दबाया और फिर उसे मुगल कनाल के गहरे नाले में फेंक दिया। वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नाले से बच्ची का शव बरामद कर लिया है और आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। पति-पत्नी के विवाद के कारण मायके में रह रही थी मां पुलिस को दी गई शिकायत में मृतक बच्ची की बदहवास मां अनीता ने बताया कि उसका अपने पति सोनू के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी पारिवारिक कलह और रोज-रोज के झगड़ों से तंग आकर वह पिछले दो महीनों से अपने बच्चों के साथ मायके (पीहर) में रह रही थी। अनीता के दो बच्चे हैं, जिनमें तीन साल का एक बेटा और महज तीन महीने की मासूम बेटी दिव्यांशी शामिल थी, जिसे पिता की क्रूरता ने हमेशा के लिए दुनिया से छीन लिया। नशे में मायके पहुंचा आरोपी, मां की गोद से मासूम को छीनकर भागा अनीता के अनुसार, मंगलवार की रात उसका पति सोनू अत्यधिक शराब के नशे में धुत होकर अचानक उसके मायके आ धमका। वहां आते ही उसने अनीता और उसके परिवार के साथ गाली-गलौज और झगड़ा करना शुरू कर दिया। विवाद इतना बढ़ गया कि सोनू ने तैश में आकर अनीता की गोद में सो रही तीन महीने की दिव्यांशी को जबरन छीन लिया। परिवार वाले कुछ समझ पाते, इससे पहले ही वह मासूम को लेकर अंधेरे में घर से बाहर भाग निकला। लौटकर खुद कबूला गुनाह— "सब्जी मंडी के पीछे नाले में फेंक दिया" कुछ समय बाद जब सोनू वापस लौटा, तो उसके हाथ खाली थे और बच्ची उसके साथ नहीं थी। जब बदहवास मां और परिजनों ने बच्ची के बारे में कड़ाई से पूछा, तो सोनू ने बिना किसी खौफ के बेहद बेरहमी से कहा कि उसने बच्ची को ठिकाने लगा दिया है और सब्जी मंडी के पीछे स्थित मुख्य नाले में फेंक आया है। यह सुनते ही परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई और उन्होंने तुरंत इस खौफनाक घटना की जानकारी पुलिस को दी। सर्च ऑपरेशन चलाकर निकाला गया शव, आरोपी पिता सलाखों के पीछे जघन्य अपराध की सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस दलबल के साथ तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस टीम ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से मुगल कनाल के नाले में देर रात ही सघन सर्च अभियान चलाया और काफी मशक्कत के बाद मासूम दिव्यांशी के शव को कीचड़ और पानी से बाहर निकाला। थाना प्रभारी रामलाल ने बताया कि पीड़ित मां अनीता की शिकायत के आधार पर आरोपी पति सोनू के खिलाफ हत्या और साक्ष्य मिटाने की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की गहन जांच जारी है।
घर के बाथरूम में मिला शव, मुंह में कपड़ा ठूंसे होने से हत्या की आशंका
25 May, 2026 10:16 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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सोनीपत। सोनीपत शहर से सटे गांव जटवाड़ा में रविवार रात उस समय सनसनी फैल गई, जब एक 65 वर्षीय बुजुर्ग महिला का शव उनके घर के बाथरूम से बेहद संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ। मृतका के हाथ-पैर चुन्नी से बंधे हुए थे और चिल्लाने से रोकने के लिए मुंह में कपड़ा ठूंसा गया था। घटनास्थल के हालात को देखते हुए पुलिस इसे लूट के इरादे से की गई क्रूर हत्या मानकर चल रही है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए स्थानीय पुलिस के साथ ही फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। 12 साल से अकेली रह रही थीं संतोष, पड़ोसियों को हुआ शक मृतका की पहचान जटवाड़ा स्थित राजकीय स्कूल के सामने वाली गली की रहने वाली संतोष (65) के रूप में हुई है। उनके पति का करीब 12 वर्ष पहले ही निधन हो चुका था, जिसके बाद से वह घर में अकेली ही रहती थीं। उन्होंने अपने परिवार की एक बेटी को गोद लिया था, जिसकी शादी हो चुकी है। रविवार को दिनभर जब संतोष के घर में कोई हलचल दिखाई नहीं दी, तो पड़ोसियों को किसी अनहोनी का शक हुआ। लोग जब उनका हालचाल जानने घर पहुंचे, तो मुख्य दरवाजा खुला हुआ था। बाथरूम में रोंगटे खड़े करने वाला मंजर, शरीर से गहने गायब पड़ोसी जब घर के अंदर दाखिल हुए तो बाथरूम में संतोष का शव देखकर उनके होश उड़ गए। मृतका के गले पर भी गहरे निशान पाए गए हैं, जिससे गला घोंटकर हत्या किए जाने का अंदेशा है। इसके साथ ही, ग्रामीणों ने बताया कि संतोष रोजाना जो सोने-चांदी के गहने पहना करती थीं, वे उनके शरीर पर मौजूद नहीं थे। इससे साफ अंदाजा लगाया जा रहा है कि बदमाशों ने लूटपाट का विरोध करने पर इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया। पुलिस और FSL टीम ने संभाला मोर्चा, साक्ष्य जुटाए वारदात की सूचना मिलते ही डीसीपी वेस्ट कुशलपाल सिंह, डीसीपी क्राइम नरेंद्र कादियान और सिविल लाइन थाना प्रभारी रविंद्र सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने तुरंत पूरे घर को सील कर फॉरेंसिक (FSL) टीम को बुलाया, जिसने घटनास्थल से उंगलियों के निशान (फिंगरप्रिंट्स) और अन्य महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस इस बात का भी पता लगा रही है कि अलमारी या लॉकर से और क्या-क्या कीमती सामान गायब हुआ है। CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया गया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों और समय की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी। फिलहाल पुलिस ने अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। आरोपियों सुराग लगाने के लिए गांव और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है, साथ ही पड़ोसियों और रिश्तेदारों से भी पूछताछ जारी है।
सद्भावना यात्रा के समापन पर समर्थकों की भारी भीड़ उमड़ी
23 May, 2026 05:36 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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रोहतक। पूर्व केंद्रीय मंत्री बीरेंद्र सिंह डूमरखां के बेटे और पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह की प्रदेश स्तरीय 'सद्भावना यात्रा' शनिवार शाम को रोहतक में आकर पूरी हो गई। इस यात्रा का भव्य समापन समारोह दिल्ली बाईपास पर आयोजित किया गया। इस खास मौके पर कार्यक्रम स्थल पर करीब 300 लोग मौजूद रहे। दिग्गज कांग्रेस नेताओं को भेजा गया न्यौता इस समापन समारोह को बड़ा रूप देने के लिए पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह ने कांग्रेस के आठ पूर्व प्रदेश अध्यक्षों और चार पूर्व कार्यकारी अध्यक्षों को विशेष रूप से आमंत्रित किया है। आमंत्रित मेहमानों की सूची में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा, सांसद कुमारी सैलजा, रणदीप सुरजेवाला, सूरजभान, फूलचंद मौलाना और धर्मपाल मलिक जैसे बड़े नाम शामिल हैं। समारोह में शामिल होने पहुंचे ये प्रमुख चेहरे सद्भावना यात्रा के समापन पर कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। कार्यक्रम में पहुँचने वाले नेताओं में असंध के पूर्व विधायक शमशेर गोगी, रघबीर रंगा (बवानी खेड़ा), रघबीर संधू (पानीपत), अशिम (मेवात), जगदेव मलिक (पानीपत), ओमप्रकाश (कुरुक्षेत्र), सत्ते पहलवान (गुरुग्राम), अनिल शर्मा (करनाल), सुनीता रानी (करनाल), कांग्रेस नेत्री लवली यादव और अंबाला के एमसी हीरालाल सहित कई अन्य पदाधिकारी शामिल हैं। स्थानीय कांग्रेसी विधायकों और सांसद ने बनाई दूरी! इस पूरे आयोजन में सबसे ज़्यादा चर्चा स्थानीय नेताओं की गैर-मौजूदगी की है। रोहतक जिले में कांग्रेस के मौजूदा सांसद दीपेंद्र हुड्डा के अलावा चार विधायक—भूपेंद्र सिंह हुड्डा, भारत भूषण बतरा, बलराम दांगी और शकुंतला खटक हैं। लेकिन हैरान करने वाली बात यह रही कि कार्यक्रम की शुरुआत और प्रगति के दौरान इनमें से कोई भी स्थानीय बड़ा नेता मंच या कार्यक्रम स्थल पर नज़र नहीं आया।
DFSC की जांच में खुलासा, करनाल में दो राइस मिलों से 10.19 करोड़ का घोटाला
23 May, 2026 12:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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करनाल: जिले में दो राइस मिलों द्वारा सरकार को अरबों का चूना लगाने का एक बड़ा मामला सामने आया है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग (DFSC) के जिला नियंत्रक मुकेश कुमार द्वारा किए गए औचक भौतिक सत्यापन (फिजिकल वेरिफिकेशन) में करीब 10.19 करोड़ रुपये का धान घोटाला उजागर हुआ है। जांच के दौरान दोनों मिलों के स्टॉक से 36 हजार क्विंटल धान गायब मिला। इस महाघोटाले में तरावड़ी थाना पुलिस ने दो मिल संचालकों, विभाग के दो निरीक्षकों और एक सहायक निरीक्षक समेत कई लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बिना चालू मशीनों के चल रहा था खेल, दो मिलों से धान गायब अधिकारियों ने जब तरावड़ी की 'बालाजी राइस मिल' और 'विश्वकर्मा राइस मिल' पर छापा मारा, तो वहाँ की स्थिति देखकर वे दंग रह गए। दोनों ही मिलों में धान से चावल बनाने वाली मशीनें चालू हालत में नहीं थीं। इसके बावजूद कागजों पर उन्हें धान अलॉट किया गया था। जांच में सामने आया कि बालाजी राइस मिल से 10 हजार क्विंटल और विश्वकर्मा राइस मिल से 26 हजार क्विंटल धान गायब था। इस लापरवाही और हेराफेरी से सरकार को कुल $10,19,52,000$ रुपये का सीधा वित्तीय नुकसान हुआ है। अधिकारियों की मिलीभगत और फर्जीवाड़े की खुली पोल जांच में यह बात साफ हो गई है कि मिल मालिकों ने विभाग के अधिकारियों के साथ सांठगांठ कर इस फर्जीवाड़े को अंजाम दिया। 'बालाजी राइस मिल' की देखरेख का जिम्मा संभाल रहे निरीक्षक देवेंद्र (जो अब निलंबित हैं) और सहायक निरीक्षक रामफल (बर्खास्त) अपनी जिम्मेदारी निभाने में नाकाम रहे। वहीं 'विश्वकर्मा राइस मिल' में तो चावल बनाने की मशीन तक मौजूद नहीं थी, फिर भी विभाग के निरीक्षक हिमांशु और सहायक निरीक्षक रामफल के हस्ताक्षरों से उसे धान अलॉट कर दिया गया। पकड़े जाने के डर से आरोपी मिल मालिक बाद में फैक्ट्रियों में कबाड़ और नई मशीनें फिट करने की कोशिश कर रहे थे। सरकार को नहीं लौटाया चावल का एक भी दाना इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब 'विश्वकर्मा राइस मिल' की तरफ से सरकार को अलॉटेड धान के बदले चावल का एक भी दाना वापस नहीं किया गया। वहीं दूसरी ओर, 'बालाजी राइस मिल' ने भी नाममात्र का चावल ही जमा कराया था। इस संदिग्ध गतिविधि पर जब डीएफएससी विभाग को शक हुआ, तो उन्होंने औचक निरीक्षण की योजना बनाई, जिससे इस पूरे सिंडिकेट का भंडाफोड़ हो गया। आरोपियों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज, पुलिस करेगी पड़ताल तरावड़ी थाना प्रभारी राजपाल ने बताया कि डीएफएससी मुकेश कुमार की शिकायत के आधार पर मिल मालिकों (मोहित, सुरेंद्र, अरुण और महेंद्र जांगड़ा) तथा विभागीय अधिकारियों के खिलाफ जालसाजी और धोखाधड़ी की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब इस बात की गहराई से तफ्तीश करेगी कि क्या मिलों में कभी धान आया ही नहीं था और सिर्फ कागजी हेराफेरी की गई, या फिर अफसरों की शह पर मिल मालिकों ने करोड़ों का धान खुले बाजार में बेच दिया।
रिश्तों पर काला साया: जायदाद के झगड़े में पोते ने लाठी-डंडों से मारा दादा
23 May, 2026 10:06 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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हांसी (कुंभा): कुंभा गाँव से रिश्तों को कलंकित कर देने वाली एक बेहद सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहाँ एक कलयुगी पोते ने जमीन के लालच में अपने ही 80 वर्षीय सगे दादा बरखा राम की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मृतक बुजुर्ग की बेटी की शिकायत पर आरोपी भतीजे के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपी पोते को हिरासत में ले लिया है और उससे गहन पूछताछ की जा रही है। देर रात वारदात को दिया अंजाम, अस्पताल में तोड़ा दम यह खौफनाक घटना गुरुवार रात करीब 10 बजे की है। वारदात के बाद लहूलुहान हालत में बुजुर्ग को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें देखते ही मृत घोषित कर दिया। मृतक बरखा राम के बारे में बताया गया है कि वे अमूमन अपनी बेटियों के पास रहते थे और करीब 15 दिन पहले ही गाँव लौटे थे। वारदात की खबर मिलते ही रोते-बिलखते परिजन मौके पर पहुँचे। मकान अपने नाम कराने के लिए अक्सर करता था प्रताड़ित हिसार निवासी मृतक की बेटी कमलेश ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि वे दो भाई और तीन बहनें हैं। उनके पिता गाँव में अपने बेटे रामफल के परिवार के साथ रहते थे। कमलेश के अनुसार, उनके पिता ने पहले भी रोते हुए बताया था कि उनका पोता अंकित मकान को अपने नाम लिखवाने के लिए उन्हें लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करता था। वह बुजुर्ग को समय पर खाना तक नहीं देता था और आए दिन घर से निकालने की धमकियां देता रहता था। जमीन के टुकड़े के लिए पूरे परिवार ने किया दुर्व्यवहार परिजनों और ग्रामीणों के मुताबिक, बुजुर्ग बरखा राम को अपने दैनिक काम करने से भी रोका जाता था और उनके साथ अक्सर गाली-गलौज की जाती थी। गुरुवार की रात को भी जमीन और मकान के विवाद को लेकर दादा, पोते, बेटे और बहू के बीच तीखी बहस हुई थी। विवाद इतना बढ़ गया कि पोते अंकित ने आपा खो दिया और बुजुर्ग दादा पर डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। सिर पर गंभीर चोट लगने की वजह से बुजुर्ग की जान चली गई। पुलिस ने शव सौंपकर शुरू की कानूनी कार्रवाई सदर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सदानंद ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि गंभीर रूप से घायल बुजुर्ग को नागरिक अस्पताल लाया गया था, जहाँ उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाकर उसे अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया है। पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है और आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जा रहे हैं।
बहादुरगढ़ के केमिकल फैक्टरी में विस्फोट, इमारत ध्वस्त, कर्मचारियों के दबने की आशंका
22 May, 2026 03:33 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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बहादुरगढ़। हरियाणा के बहादुरगढ़ में स्थित मॉडर्न इंडस्ट्रियल एस्टेट (एमआईई) पार्ट-बी के प्लॉट नंबर 2224 में शुक्रवार दोपहर एक भीषण औद्योगिक दुर्घटना सामने आई है। यहाँ संचालित क्लासिक कोल प्राइवेट लिमिटेड नामक फैक्ट्री में दोपहर करीब 12:30 बजे अचानक एक बॉयलर जोरदार धमाके के साथ फट गया। बॉयलर ब्लास्ट इतना भयानक था कि इसके तुरंत बाद पूरी फैक्ट्री में भीषण आग लग गई। धमाके की गूंज से पूरा औद्योगिक क्षेत्र दहल उठा और आस-पास की अन्य फैक्ट्रियों में भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, इस कारखाने में मुख्य रूप से फेविकोल (लोशन) बनाने का काम होता था। ब्लास्ट के प्रभाव से ढहा लेंटर; कारखाने के अंदर मचा हाहाकार धमाका इतना शक्तिशाली था कि फैक्ट्री की इमारत का लेंटर (छत) ताश के पत्तों की तरह भरभरा कर नीचे गिर गया। छत गिरते ही अंदर काम कर रहे श्रमिकों के बीच जान बचाने के लिए चीख-पुकार मच गई। शुरुआती रिपोर्ट्स के अनुसार, हादसे के वक्त फैक्ट्री के भीतर लगभग 10 से 12 मजदूर ड्यूटी पर तैनात थे। इसके अलावा, फैक्ट्री के ठीक बाहर काम कर रहे करीब 7 से 8 अन्य लोग भी इस ब्लास्ट की चपेट में आकर गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं। मलबे में दबे होने की आशंका; नागरिक अस्पताल में घायल भर्ती दुर्घटना की भयावहता को देखते हुए मलबे के नीचे अभी भी कम से कम दो लोगों के फंसे होने की गंभीर आशंका जताई जा रही है। वहीं, फैक्ट्री के बाहर घायल हुए सभी 7 से 8 व्यक्तियों को आनन-फानन में एम्बुलेंस की मदद से नागरिक अस्पताल बहादुरगढ़ ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज जारी है। मलबे को हटाने और फंसे हुए लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। दमकल की 6 गाड़ियां मौके पर; आग पर काबू पाने की जद्दोजहद जारी घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए दमकल विभाग (फायर ब्रिगेड) की 6 गाड़ियों को तुरंत घटना स्थल के लिए रवाना किया गया। दमकल कर्मी लगातार पानी और फोम की बौछार कर फैक्ट्री में धधक रही आग को शांत करने के प्रयास में जुटे हुए हैं। केमिकल और फेविकोल होने के कारण आग पर काबू पाने में फायर फाइटर्स को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। पुलिस और प्रशासन ने संभाला मोर्चा; जांच के आदेश जारी हादसे का संदेश मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों का दस्ता भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गया। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने पूरे प्रभावित क्षेत्र की घेराबंदी (कॉर्डन ऑफ) कर दी है ताकि राहत कार्य में कोई बाधा न आए। प्रशासनिक टीमों द्वारा फिलहाल प्राथमिकता के आधार पर बचाव कार्य चलाया जा रहा है और इसके साथ ही हादसे के वास्तविक तकनीकी कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस और गुलेल गैंग के बीच महेंद्रगढ़ में मुठभेड़, 2 घायल, 7 गिरफ्तार
22 May, 2026 01:21 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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महेंद्रगढ़। हरियाणा के महेंद्रगढ़ में पुलिस की मुस्तैदी से एक बड़ी वारदात टल गई। रात के करीब 3 बजे सीआईए (CIA) टीम और कुख्यात कच्छाधारी गुलेल गैंग के अपराधियों के बीच आमने-सामने की मुठभेड़ हो गई। दोनों ओर से हुई कई राउंड की भीषण गोलीबारी में दो बदमाश पैर में गोली लगने से घायल हो गए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद नागरिक अस्पताल से हायर मेडिकल सेंटर रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने घेराबंदी करते हुए इस गिरोह के कुल सात सदस्यों को रंगे हाथों दबोच लिया है। ट्रेन से उतरे थे पारदी गैंग के सदस्य, कॉलोनी में घुसते ही पुलिस ने घेरा पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि मध्य प्रदेश का बदनाम पारदी गुलेल गैंग किसी बड़ी डकैती या चोरी की नियत से ट्रेन के जरिए महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पहुंचा है। स्टेशन से निकलकर बदमाश जैसे ही छाजूपुरम कॉलोनी की तरफ बढ़े, वैसे ही सीआईए महेंद्रगढ़, नारनौल और सिटी थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने मोर्चा संभाल लिया। पुलिस को अपने पीछे आता देख बदमाश हुड्डा सेक्टर के खाली इलाके की तरफ भागने लगे और खुद को घिरता देख उन्होंने पुलिस बल पर सीधे गोलियां चलानी शुरू कर दीं। दोनों तरफ से चलीं ताबड़तोड़ गोलियां, दबोचे गए शातिर अपराधी बदमाशों की ओर से अचानक हुए हमले के बाद पुलिस ने भी आत्मरक्षा में पोजिशन ली और जवाबी फायरिंग की। शुरुआती इनपुट्स के मुताबिक, इस मुठभेड़ के दौरान पुलिस की तरफ से 8 राउंड और बदमाशों की ओर से 4 राउंड गोलियां चलीं। इसी क्रॉस फायरिंग में दो डकैतों को गोली लगी और वे जमीन पर गिर पड़े। पुलिस ने बिना वक्त गंवाए मौके से सभी सात आरोपियों को धर-दबोचा। इनके पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार, जिंदा कारतूस और गुलेल जैसे घातक उपकरण बरामद किए गए हैं। पकड़े गए बदमाशों में मध्य प्रदेश के दो इनामी अपराधी भी शामिल गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों की पहचान सुनील, वीरेंद्र, अभय, चांद, मनीराम, विजय और अर्जुन के रूप में हुई है, जो मूल रूप से मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पकड़े गए अपराधियों में से विजय (पुत्र दुर्गा) पर 15 हजार रुपये और चांद (पुत्र आकाश) पर 5 हजार रुपये का नकद इनाम पहले से घोषित था। ये दोनों कई राज्यों की पुलिस के लिए सिरदर्द बने हुए थे। इलाके में फैला रखी थी दहशत, पूछताछ में बड़े खुलासों की उम्मीद स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस कच्छाधारी गुलेल गिरोह ने पिछले कुछ समय से महेंद्रगढ़ और आस-पास के सीमावर्ती इलाकों में चोरी और जानलेवा हमलों की वारदातों को अंजाम देकर भारी दहशत पैदा कर रखी थी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इन सभी आरोपियों को रिमांड पर लेकर कड़ाई से पूछताछ की जा रही है, जिससे क्षेत्र में हुई पिछली कई अनसुलझी वारदातों का खुलासा होने की पूरी संभावना है।
सीवर सफाई के दौरान हुई मौत, 1 करोड़ मुआवजे की मांग को लेकर अस्पताल में पंचायत
22 May, 2026 01:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
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बहादुरगढ़। शहर में सीवर की सफाई के दौरान एक प्लंबर की दर्दनाक मृत्यु के बाद से स्थानीय प्रशासन और परिजनों के बीच गतिरोध गहरा गया है। मृतक के परिवार को इंसाफ दिलाने और उचित आर्थिक मदद की मांग को लेकर स्थानीय नागरिक अस्पताल परिसर में एक विशाल महापंचायत का आयोजन किया गया है। दलाल खाप 84 के अध्यक्ष भूप सिंह की अगुवाई में चल रही इस पंचायत में ग्रामीण इलाकों से आए सैकड़ों पुरुषों और महिलाओं ने हिस्सा लिया। आंदोलनकारियों ने साफ कर दिया है कि जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं, वे अपना प्रदर्शन खत्म नहीं करेंगे। फिलहाल मृतक का शव अस्पताल में ही रखा हुआ है। दलाल खाप के नेतृत्व में उमड़ी भीड़, मांगों पर अड़े परिजन घटना के विरोध में बुलाई गई इस पंचायत में खाप नेताओं ने प्रशासनिक ढिलाई और सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर कड़ा रोष व्यक्त किया है। दलाल खाप के प्रधान भूप सिंह ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि गरीब कामगारों की जान की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पंचायत ने एकजुटता दिखाते हुए निर्णय लिया है कि वे पीड़ित परिवार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं और किसी भी सूरत में अपने कदम पीछे नहीं खींचेंगे। पीड़ित परिवार के पुनर्वास के लिए प्रशासन के सामने रखीं 3 बड़ी शर्तें महापंचायत और शोकाकुल परिजनों ने मिलकर स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग के अधिकारियों के सामने त्वरित राहत और दीर्घकालिक सुरक्षा के लिए तीन प्रमुख मांगें रखी हैं, जो निम्नलिखित हैं: आर्थिक सहायता: पीड़ित परिवार को भरण-पोषण के लिए तुरंत एक करोड़ रुपये की अनुग्रह राशि (मुआवजा) दी जाए। पेंशन व्यवस्था: मृतक की पत्नी के भविष्य और सुरक्षित जीवन-यापन को सुनिश्चित करने के लिए हर महीने एक निश्चित पेंशन योजना लागू की जाए। मुफ्त चिकित्सा सुविधा: अनाथ हुए बच्चे की उचित देखरेख के लिए भविष्य में उसके इलाज और पूरी मेडिकल सुविधाओं का खर्च सरकार उठाए। मांगें पूरी होने तक पोस्टमार्टम और शव उठाने से साफ इनकार हालात को देखते हुए अस्पताल परिसर में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। इस बीच, खाप और परिजनों ने दोटूक शब्दों में चेतावनी दी है कि जब तक प्रशासन के आला अधिकारी मौके पर आकर उनकी इन तीनों शर्तों को लिखित रूप में मंजूर नहीं कर लेते, तब तक वे शव का पोस्टमार्टम नहीं होने देंगे। पंचायत ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर लिखित सहमति बनने के बाद ही शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाने की अनुमति दी जाएगी। सुरक्षा उपकरणों की कमी पर उठे गंभीर सवाल स्थानीय लोगों और साथी कर्मचारियों का आरोप है कि सीवर की सफाई के दौरान प्लंबर को आवश्यक सुरक्षा उपकरण (जैसे मास्क, ऑक्सीजन सिलेंडर और सेफ्टी बेल्ट) उपलब्ध नहीं कराए गए थे। जहरीली गैस के रिसाव के कारण यह हादसा हुआ, जो सीधे तौर पर ठेकेदार और संबंधित एजेंसी की लापरवाही को दर्शाता है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि पीड़ित परिवार को राहत देने के साथ-साथ दोषी अधिकारियों और ठेकेदार के खिलाफ गैर-जमानती धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाए।
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