ख़बर
शीत्सांग की नई पहल, विकास और आधुनिकता की ओर बढ़ता कदम
14 Mar, 2026 06:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
शीत्सांग। पिछले कुछ वर्षों में शीत्सांग (तिब्बत) स्वायत्त प्रदेश ने विकास और परिवर्तन की एक उल्लेखनीय यात्रा तय की है। कभी दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों और सीमित संसाधनों के कारण पिछड़े माने जाने वाले इस क्षेत्र ने आज आर्थिक प्रगति, सामाजिक स्थिरता, तकनीकी नवाचार और जनकल्याण के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हासिल की हैं। 2023 से 2026 तक की अवधि में क्षेत्र ने अभूतपूर्व प्रगति दर्ज की है, जो केंद्र सरकार की नीतियों का परिणाम है। शीत्सांग की जीडीपी में लगातार वृद्धि हुई है। 2023 में 9.5% की दर से बढ़कर 2024 के पहले नौ महीनों में 6.2% वृद्धि दर्ज की गई, जो पूरे देश में सबसे ऊपर रही। 2025 में जीडीपी 303 अरब युआन को पार कर 7% बढ़ी, जबकि 2026 के लिए 7% से अधिक का लक्ष्य रखा गया है। ऑनलाइन खुदरा बिक्री में 75% से अधिक की वृद्धि ने अर्थव्यवस्था को नई गति दी। इस आर्थिक उछाल का केंद्र रहा है बुनियादी ढांचे का विस्तार। सरकार ने ‘प्रमुख परियोजना अभियान’ के तहत भारी निवेश किया है। सछ्वान -शीत्सांग रेलवे जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं, जो इस क्षेत्र को बाकी देश से जोड़ने में मील का पत्थर साबित होंगी । वहीं, राजमार्गों के उन्नयन और जल विद्युत परियोजनाओं ने भी गति पकड़ी है। उदाहरण के लिए, त्संगपो नदी पर बन रहा विशाल जलविद्युत बांध न केवल ऊर्जा सुरक्षा को बढ़ावा देगा, बल्कि यह पर्यावरण के अनुकूल विकास का भी प्रतीक है ।
शीत्सांग अब केवल पारंपरिक अर्थव्यवस्था पर ही निर्भर नहीं है, बल्कि वह तकनीक के क्षेत्र में भी बड़ी छलांग लगा रहा है। वर्ष 2025 में क्षेत्र की डिजिटल अर्थव्यवस्था का मूल्य 20 अरब युआन को पार कर गया । सरकार ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और कंप्यूटिंग बुनियादी ढांचे पर विशेष जोर दिया है। एक उल्लेखनीय उपलब्धि ‘दीपज़ांग’(DeepZang) नामक तिब्बती भाषा के पहले लार्ज लैंग्वेज मॉडल (एआई मॉडल) का विकास है । यह तकनीक न केवल तिब्बती भाषा और संस्कृति के डिजिटल संरक्षण में सहायक होगी, बल्कि स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा और पारिस्थितिकी संरक्षण जैसे क्षेत्रों में भी क्रांतिकारी बदलाव लाएगी। इसके अलावा, शांगहाई जियाओतोंग विश्वविद्यालय ने शीत्सांग में ‘हाई-एल्टीट्यूड टेक्नोलॉजी रिसर्च सेंटर’की स्थापना की है, जो उच्च ऊंचाई वाले स्वास्थ्य, हरित खनिज, स्वच्छ ऊर्जा और तिब्बती चिकित्सा जैसे क्षेत्रों में अनुसंधान को बढ़ावा देगा । अब तक, शीत्सांग में 200 से अधिक राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त उच्च तकनीक उद्यम हैं । आर्थिक और तकनीकी प्रगति के साथ-साथ, सामाजिक स्थिरता और सांस्कृतिक पुनरुत्थान ने भी शीत्सांग की पहचान को मजबूत किया है। शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश की स्थापना की 60वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित समारोहों ने इस क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत और जातीय एकता को प्रदर्शित किया । यहाँ के लोग पारंपरिक परिधानों में सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेते हैं, जो सांस्कृतिक गौरव और सामाजिक सौहार्द का प्रतीक है। शीत्सांग में पर्यटन उद्योग ने भी शानदार प्रदर्शन किया है। वर्ष 2025 में पर्यटकों की संख्या में 10.7% की वृद्धि हुई, जिससे सांस्कृतिक उद्योग का मूल्य 15 अरब युआन से अधिक हो गया । यह दर्शाता है कि दुनिया शीत्सांग की समृद्ध संस्कृति और प्राकृतिक सुंदरता को देखने के लिए उत्सुक है। शीत्सांग सरकार के लिए लोगों की भलाई सर्वोपरि है। ‘14वीं पंचवर्षीय योजना’ के दौरान, जन कल्याण पर खर्च कुल बजट का 80% से अधिक रहा, जो 1 ट्रिलियन युआन (करीब 12 लाख करोड़ रुपये) से भी अधिक है । इस धनराशि का उपयोग शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, रोजगार और आवास जैसी बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए किया गया। शिक्षा और स्वास्थ्य: सरकारी स्कूलों में ‘तीन सुरक्षा’(भोजन, आवास और ट्यूशन) भत्ता बढ़ाकर 5,700 युआन प्रति छात्र प्रति वर्ष कर दिया गया है । स्वास्थ्य के क्षेत्र में, एक व्यापक चिकित्सा सेवा नेटवर्क स्थापित किया गया है, जिसमें पैकेज्ड रोग (हाइडेटिड रोग) और बड़ी हड्डी रोग (काशिन-बेक रोग) जैसी स्थानिक बीमारियों का मुफ्त इलाज शामिल है । जीवन स्तर में सुधार: छोटी-छोटी चीजें भी लोगों के जीवन में बड़ा बदलाव ला रही हैं। उच्च ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ‘ऑक्सीजन युक्त खाना पकाने के बर्तन’ (हाई-लैंड प्रेशर कुकर) का उत्पादन और वितरण सुनिश्चित किया गया है, जिससे परिवारों की रसोई आसान हुई है । साथ ही, गांव स्तर पर रसोई और स्नानघरों के नवीनीकरण की परियोजनाओं से ग्रामीणों के जीवन की गुणवत्ता में सुधार हुआ है । ठंडे इलाकों में हीटिंग की सुविधा विस्तारित की गई है, जिससे लोग सर्दियों में भी गर्म और आरामदायक रहते हैं।
आपदा प्रबंधन और पुनर्वास: जनवरी 2025 में आए 6.8 तीव्रता के भूकंप ने भारी तबाही मचाई, लेकिन सरकार की त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया ने एक मिसाल कायम की। ‘उसी वर्ष आपदा, उसी वर्ष पुनर्निर्माण, उसी वर्ष आवास’ के लक्ष्य को हासिल करते हुए, 22,000 से अधिक क्षतिग्रस्त घरों का पुनर्निर्माण किया गया। इन सभी पहलों का अंतिम लक्ष्य आम नागरिकों के जीवन को बेहतर बनाना है। आज शीत्सांग के अनेक ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक घर, बेहतर शिक्षा सुविधाएँ और स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध हैं। युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं, जिससे वे नए अवसरों का लाभ उठा सकें।शीत्सांग की बर्फीली चोटियों और शांत घाटियों के बीच अब विकास की नई रोशनी दिखाई देती है। आर्थिक सशक्तिकरण, सामाजिक स्थिरता और तकनीकी प्रगति के साथ यह क्षेत्र एक संतुलित और समावेशी विकास मॉडल प्रस्तुत कर रहा है। वर्तमान दौर में शीत्सांग न केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए, बल्कि विकास और परिवर्तन की इस सकारात्मक कहानी के लिए भी जाना जा रहा है। यह परिवर्तन इस बात का संकेत है कि दूरस्थ और चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों वाले क्षेत्र भी सही नीतियों और निरंतर प्रयासों से समृद्धि और स्थिरता की नई ऊँचाइयों को छू सकते हैं।
पाकिस्तानी सोशल मीडिया स्टार दानिया शाह के पति ने 5वीं शादी रचा हड़कंप
14 Mar, 2026 05:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
कराची। में अक्सर कई मशहूर हस्तियां अपनी कई शादियां करने को लेकर सुर्खियों में रहती हैं. एक ऐसा ही मामला अब फिर सामने आया है. पाकिस्तान की मशहूर सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर दानिया शाह के पति हकीम शहजाद ने 5वीं शादी कर ली है. हैरत की बात ये है कि उन्होंने इस बार नाबालिग लड़की से शादी की है. हकीम की नई दुल्हन अभी 9वीं क्लास की स्टूडेंट है।
सोशल मीडिया पर हकीम शहजाद हुए ट्रोल
दानिया शाह पाकिस्तान की मशहूर टिक टॉकर हैं. पाकिस्तान में उनके फैंस भी खूब हैं. दानिया शाह और हकीम शहजाद की शादी करने के बाद से ही दोनों काफी सुर्खियों में हैं. दानिया शाह हकीम की चौथी पत्नी हैं. वहीं जब हकीम शहजाद की पांचवाीं शादी की खबर सामने आई तो सोशल मीडिया पर लोगों की कड़ी प्रतिक्रिया आ रही है. सोशल मीडिया पर लोग हकीम शहजाद को काफी ट्रोल कर रहे हैं. इसका कारण बताया जा रहा है कि हकीम शहजाद ने 9वीं क्लास की स्टूडेंट से 5वीं शादी कर ली है, जो कि हकीम शहजाद की बेटी की उम्र की है।
हकीम शहजाद ने साधी चुप्पी
हकीम शहजाद सोशल टिक टॉकर दानिया शाह से शादी करने के बाद अक्सर सुर्खियों में रहते हैं. वे कई शादियां कर चुके हैं. इस बीच उनकी पांचवीं शादी की खबर भी सोशल मीडिया पर आई है. हकीम की एक लड़की के साथ एक फोटो वायरल हो रही है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि ये हकीम शहजाद की पांचवीं पत्नी है और 9वीं क्लास में पढ़ाई कर रही है. हालांकि अभी तक हकीम शहजाद ने इसको लेकर कोई भी प्रतिक्रिया नहीं दी है।
‘दानिया शाह से प्यार नहीं, पहले से तीन पत्नियां हैं’
कुछ दिन पहले हकीम शहजाद का एक इंटरव्यू काफी चर्चा में रहा था. इस इंटरव्यू के दौरान हकीम शहजाद ने दानिया शाह के साथ रिश्तों को लेकर बात की थी. हकीम शहजाद ने कहा था कि मेरे अंदर दानिया शाह के लिए कभी भी रोमांटिक फीलिंग्स नहीं रहीं. मेरे मन में दानिया शाह के लिए प्यार नहीं है. मेरे पहले से 3 बीवियां हैं। हालांकि हकीम शहजाद टिक टॉकर दानिया शाह से शादी करने के बाद ही सुर्खियों में आए थे. वहीं दानिया शाह ने अपने पहले पति आमिर लियाकत की मौत के बाद हकीम शहजाद से दूसरी शादी की थी. हकीम शहजाद टीवी होस्ट थे।
जींद सड़क हादसा: बस पलटने से 40 यात्री घायल, चालक संदीप को पीजीआई रोहतक भेजा
14 Mar, 2026 04:08 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जींद। नरवाना से जींद की ओर आ रही किलोमीटर स्कीम के तहत चलने वाली एक निजी बस शुक्रवार को रास्ते में ऑटो से टकराने के बाद पलट गई। हादसे में बस में सवार करीब 40 यात्री घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास के लोगों ने तुरंत राहत कार्य शुरू कर दिया।हादसे की सूचना मिलते ही एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायलों को उपचार के लिए नागरिक अस्पताल जींद पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद बस चालक संदीप की हालत गंभीर होने के कारण उसे पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस नरवाना से जींद की तरफ आ रही थी। इसी दौरान रास्ते में एक ऑटो से उसकी टक्कर हो गई। टक्कर के बाद बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। हादसे के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और स्थिति का जायजा लिया। नागरिक अस्पताल में घायलों का उपचार जारी है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
झज्जर में तेज रफ्तार का कहर, बस और स्कूटी की टक्कर से SPO की मौत
14 Mar, 2026 04:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
झज्जर। के बेरी-दुजाना रोड पर आज एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसमें हरियाणा पुलिस के विशेष पुलिस अधिकारी विजयभान की मौके पर ही मौत हो गई। टक्कर रोडवेज बस और स्कूटी के बीच हुई। मृतक विजयभान बहादुरगढ़ डीसीपी कार्यालय में तैनात थे। वे दुजाना से अपने गांव शेरिया जा रहे थे, जब रोडवेज बस ने उनकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में स्कूटी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और विजयभान गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही दम तोड़ दिया।पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है, जिसमें बस चालक की लापरवाही, ओवर स्पीडिंग या अन्य कारक शामिल हो सकते हैं। राहगीरों और स्थानीय लोगों ने बताया कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि स्कूटी सवार को बस के नीचे आने से बचना मुश्किल हो गया।
हरविंद्र कल्याण की मां मति प्रेम कौर पंचतत्व में विलीन, अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब
14 Mar, 2026 03:53 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
घरौंडा। हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण ने आज अपनी माता मति प्रेम कौर कल्याण के अंतिम दर्शन करते हुए गहरी भावुकता व्यक्त की। अंतिम संस्कार के दौरान स्पीकर हरविंद्र कल्याण ने स्वयं मां के शव को कंधा दिया और शव यात्रा में शामिल हुए। मति प्रेम कौर का अंतिम संस्कार शनिवार दोपहर उनके पैतृक गांव कुटेल की शिव पूरी में विधि-विधान से संपन्न हुआ। शव यात्रा में हजारों की संख्या में स्थानीय निवासी, राजनीतिक कार्यकर्ता, विधायक, पूर्व विधायक, सरकारी अधिकारी और आम जनता शामिल हुई। सभी ने मति प्रेम कौर को श्रद्धांजलि अर्पित की और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।अंतिम दर्शन के दौरान हरविंद्र कल्याण कई बार भावुक हो गए। उन्होंने मां के चरणों में पुष्पांजलि अर्पित करते हुए लंबे समय तक नमन किया। परिवार के सदस्यों और मौजूद लोगों ने बताया कि मति प्रेम कौर ने पूरे जीवन में सादगी, धैर्य और परिवार के प्रति समर्पण का उदाहरण प्रस्तुत किया था।हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने लिखा कि हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष माननीय हरविंद्र कल्याण की माता प्रेम कौर जी के निधन का दुखद समाचार प्राप्त हुआ। ईश्वर दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहने की शक्ति दें। ओम शांति।”बता दें कि मति प्रेम कौर (85 वर्ष) का निधन शुक्रवार रात लगभग 12 बजे उनके निवास स्थान पर हुआ था। वे लंबे समय से अस्वस्थ चल रही थीं। उनके पति स्वर्गीय चौधरी देवी सिंह कल्याण हरियाणा एग्रो कॉर्पोरेशन के चेयरमैन रह चुके थे।
तुर्की में 5.5 तीव्रता का भूकंप: घरों से बाहर निकले लोग, कम गहराई ने बढ़ाई कंपन की तीव्रता
14 Mar, 2026 12:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
निक्सा। मध्य तुर्की में शुक्रवार तड़के भूकंप के तेज झटकों ने एक बार फिर लोगों को खौफजदा कर दिया है। तुर्की की डिजास्टर एंड इमरजेंसी मैनेजमेंट एजेंसी के अनुसार, रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 5.5 मापी गई। भूकंप उस समय आया जब लोग गहरी नींद में थे, जिससे निक्सार और आसपास के इलाकों में अफरा-तफरी मच गई। दहशत के कारण बड़ी संख्या में लोग अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों की ओर भागने लगे।
प्रशासनिक आंकड़ों के मुताबिक, भूकंप सुबह ठीक 3:35 बजे महसूस किया गया। इसका केंद्र टोकाट प्रांत का निक्सार कस्बा था। भूकंप की सबसे चिंताजनक बात इसकी गहराई रही, जो जमीन से मात्र 6.4 किलोमीटर नीचे दर्ज की गई। विशेषज्ञों का कहना है कि केंद्र की गहराई कम होने के कारण ही झटके इतने शक्तिशाली और व्यापक महसूस किए गए। कंपन इतना तेज था कि टोकाट के अलावा आसपास के कई अन्य प्रांतों में भी इसे स्पष्ट रूप से महसूस किया गया। राहत की बात यह है कि प्राथमिक जांच और आपदा प्रबंधन टीमों की शुरुआती रिपोर्टों में अभी तक किसी भी जान-माल के नुकसान या बड़ी इमारतों के गिरने की सूचना नहीं मिली है। आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया है कि फिलहाल कोई प्रतिकूल घटना सामने नहीं आई है, लेकिन आपातकालीन टीमें पूरी तरह अलर्ट पर हैं और ग्रामीण इलाकों में स्थिति का सर्वे कर रही हैं। भले ही प्रशासन सुरक्षा का भरोसा दे रहा है, लेकिन स्थानीय आबादी में भारी डर का माहौल है। कड़ाके की ठंड और शून्य से नीचे गिरते तापमान के बावजूद, निक्सार और टोकाट के निवासी अपने घरों में लौटने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर अलाव जलाकर या अपनी कारों के भीतर बैठकर सुबह होने का इंतजार करते देखे गए। उन्हें डर है कि मुख्य झटके के बाद आने वाले आफ्टरशॉक्स (भूकंप के बाद के छोटे झटके) उनकी इमारतों को नुकसान पहुंचा सकते हैं।
शुक्रवार के इस भूकंप ने तुर्की के लोगों के मन में फरवरी 2023 की उस भयावह त्रासदी की यादें ताजा कर दी हैं, जब 7.8 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप ने देश के दक्षिणी और दक्षिण-पूर्वी हिस्सों में तबाही मचाई थी। उस समय 53,000 से ज्यादा लोगों की जान गई थी। तुर्की की भौगोलिक स्थिति प्रमुख फॉल्ट लाइन्स के ऊपर होने के कारण यहाँ अक्सर भूकंप आते रहते हैं, जिससे सुरक्षा और आपदा प्रबंधन हमेशा एक बड़ी चुनौती बनी रहती है। फिलहाल स्थानीय प्रशासन सड़कों पर मौजूद लोगों के लिए सहायता और गर्म कपड़ों का इंतजाम करने में जुटा है।
राष्ट्रपति ट्रंप का दावा बोले- हमले में घायल ईरान के नए सुप्रीम लीडर कोमा में गए, पैर भी कटा
14 Mar, 2026 11:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
वॉशिंगटन। ईरान में सत्ता परिवर्तन और जारी संघर्ष के बीच नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई के स्वास्थ्य को लेकर वैश्विक स्तर पर कयासों का बाजार गर्म है। हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक इंटरव्यू के दौरान संकेत दिया है कि मोजतबा खामेनेई जीवित तो हो सकते हैं, लेकिन वे गंभीर रूप से घायल हैं। अंतरराष्ट्रीय रिपोर्टों के अनुसार, मोजतबा खामेनेई की हालत अत्यंत चिंताजनक है और वे वर्तमान में कोमा में हो सकते हैं। दावों के मुताबिक, उस हमले में उन्होंने अपना एक पैर खो दिया है और उनके आंतरिक अंगों, विशेषकर पेट या लीवर को भी गंभीर क्षति पहुंची है। अपुष्ट खबरों के अनुसार, तेहरान के सीना यूनिवर्सिटी अस्पताल को एक अभेद्य किले में तब्दील कर दिया गया है, जहां भारी सुरक्षा के बीच उनका उपचार चल रहा है।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब मोजतबा ने पद संभालने के बाद से अब तक एक बार भी सार्वजनिक रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं कराई है। राष्ट्रपति ट्रंप ने अंतरराष्ट्रीय मीडिया को दिए साक्षात्कार में मोजतबा की स्थिति पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें लगता है कि ईरानी नेता शायद जीवित हैं, लेकिन किसी न किसी रूप में गंभीर चोटों से जूझ रहे हैं। ट्रंप की यह टिप्पणी उन खुफिया रिपोर्टों को बल देती है जिनमें दावा किया गया था कि 28 फरवरी को हुए उस हवाई हमले में, जिसमें आयतुल्ला अली खामेनेई मारे गए थे, मोजतबा भी बुरी तरह प्रभावित हुए थे।
इस रहस्यमयी चुप्पी के बीच ईरान के सरकारी टेलीविजन पर मोजतबा खामेनेई की ओर से एक आधिकारिक बयान जारी किया गया। हालांकि, इस संबोधन की खास बात यह रही कि इसे स्वयं सर्वोच्च नेता ने नहीं पढ़ा, बल्कि एंकर द्वारा पढ़कर सुनाया गया। इस संदेश में अमेरिका को सीधी और कड़ी चेतावनी दी गई है। बयान में मांग की गई है कि क्षेत्र में मौजूद सभी अमेरिकी सैन्य ठिकानों को तत्काल प्रभाव से बंद किया जाए, अन्यथा उन पर भीषण हमले किए जाएंगे। मोजतबा के नाम से जारी इस संदेश में यह भी कहा गया कि ईरान इस थोपे गए युद्ध के लिए दुश्मन से हर्जाना वसूल करेगा। यदि उनकी शर्तें नहीं मानी गईं, तो ईरान विरोधी पक्षों की संपत्तियों को जब्त करने या उसी मूल्य की संपत्तियों को नष्ट करने से पीछे नहीं हटेगा। फिलहाल, सर्वोच्च नेता का सार्वजनिक रूप से सामने न आना ईरान के भीतर और बाहर कई बड़े सुरक्षा और राजनीतिक सवाल खड़े कर रहा है।
हवा में ईंधन भर रहा था अमेरिकी फाइटर विमान, तभी हो गया हादसे का शिकार, ईरान पर शक
14 Mar, 2026 10:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
वॉशिंगटन। मध्य पूर्व में जारी भीषण सैन्य संघर्ष और ईरान के खिलाफ बढ़ते आक्रामक अभियानों के बीच अमेरिकी वायुसेना को एक बड़ा झटका लगा है। पश्चिमी इराक के हवाई क्षेत्र में अमेरिकी सेना का एक केसी-135 स्ट्रेटोटैंकर (ईंधन भरने वाला) विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। यह हादसा उस समय हुआ जब विमान हवा में ही दूसरे लड़ाकू विमानों की रिफ्यूलिंग कर रहा था। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने इस घटना की आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया है कि दुर्घटना के तुरंत बाद बड़े पैमाने पर बचाव और खोज अभियान शुरू कर दिया गया है। वहीं इस हादसे के लिए ईरान को शक की नजर देखा जा रहा है।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड के बयान के मुताबिक, इस मिशन में दो केसी-135 टैंकर विमान शामिल थे। ये विमान ईरान के खिलाफ जारी ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के तहत लंबी दूरी के मिशन पर निकले लड़ाकू विमानों को ईंधन आपूर्ति करने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे थे। मिशन के दौरान एक विमान तो सुरक्षित रूप से उतरने में सफल रहा, लेकिन दूसरा विमान पश्चिमी इराक के फ्रेंडली एयरस्पेस (मित्र क्षेत्र) में हादसे का शिकार हो गया। शुरुआती जांच और सैन्य अधिकारियों के बयानों के अनुसार, विमान के गिरने के पीछे किसी दुश्मन की गोलाबारी या अपनी ही सेना की गलती (फ्रेंडली फायर) का कोई संकेत नहीं मिला है। फिलहाल इस दुर्घटना का प्राथमिक कारण तकनीकी खराबी को माना जा रहा है। हालांकि, सेंट्रल कमांड ने अभी तक विमान में सवार चालक दल के सदस्यों की सही संख्या या उनकी वर्तमान स्थिति के बारे में कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है, जिससे सस्पेंस बना हुआ है।
केसी-135 स्ट्रेटोटैंकर अमेरिकी वायुसेना के लिए एक लाइफलाइन की तरह काम करता है। इसकी विशेषता यह है कि यह लड़ाकू विमानों को बिना जमीन पर उतरे हवा में ही ईंधन उपलब्ध कराता है, जिससे वे लंबी दूरी तक हमला करने में सक्षम होते हैं। ईरान जैसे व्यापक भौगोलिक क्षेत्र में जारी युद्ध के लिए इन विमानों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद से पूरा क्षेत्र युद्ध की आग में झुलस रहा है। इस निरंतर जारी संघर्ष में अमेरिकी सेना को लगातार जान-माल का नुकसान उठाना पड़ रहा है। आंकड़ों के अनुसार, मौजूदा संघर्ष शुरू होने के बाद से अब तक 7 अमेरिकी सैनिक अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि लगभग 150 सैनिक अलग-अलग घटनाओं में घायल हुए हैं। ताजा विमान हादसा इस तनावपूर्ण माहौल में अमेरिकी सैन्य अभियानों के लिए एक बड़ी चुनौती बनकर उभरा है।
सुरक्षित मार्ग: भारतीय जहाजों के लिए हो सकता है होर्मुज स्ट्रेट खुला
14 Mar, 2026 10:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ईरान। मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के चलते भारत भी तेल-गैस के संकट से जूझ रहा है. देश के कई शहरों में गैस सिलेंडर के लिए लंबी लाइनें लगाई जा रही हैं. कई बार बुकिंग करने के बाद भी समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा. इसी बीच खबर है कि जल्द ही भारत को इस किल्लत से राहत मिल सकती है. भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली ने शुक्रवार को कहा कि जल्द ही भारतीय समुद्री जहाजों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर सुरक्षित रास्ता मिल सकता है।
भारत और ईरान के रिश्ते पर जोर
इस बातचीत के दौरान उन्होंने भारत और ईरान के रिश्ते पर जोर दिया. विशेषज्ञों के अनुसार, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है. ईरान के सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही का कहना है कि इस संबंध में चर्चा चल रही है और जल्द ही तेल-गैस और अन्य उर्जा संसाधनों में भारत को राहत मिलने की उम्मीद हैं. उन्होंने ये भी कहा कि इस क्षेत्र में युद्ध को रोकने के लिए दुनिया के नेताओं को मिलकर कूटनीतिक प्रयास करने होंगे।
क्या चाहता है अमेरिका ?
दूसरी तरफ मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ से गुजरने वाले कमर्शियल जहाजों को नौसैनिक सुरक्षा (एस्कॉर्ट) देने के लिए पूरी तरह तैयार है. संभावनाएं हैं कि इससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर बड़ा असर पड़ सकता है. व्हाइट हाउस की डिप्टी प्रेस सेक्रेटरी अन्ना केली ने न्यूज एजेंसी आईएएनएस को बताया है कि ‘राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अगर जरूरी लगा, तो होर्मुज से अमेरिकी नौसेना के एस्कॉर्ट उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।’
कंधार में पाकिस्तान ने की एयरस्ट्राइक, फ्यूल डिपो और रिहाइशी इलाकों में मचा दी तबाही
14 Mar, 2026 09:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
काबुल। अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच सीमा पर जारी तनाव अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। हालिया घटनाक्रम में पाकिस्तानी वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने कंधार हवाई अड्डे के पास स्थित निजी एयरलाइन काम एयर के फ्यूल डिपो और रिहाइशी इलाकों को निशाना बनाया है। यह डिपो न केवल नागरिक उड़ानों के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि संयुक्त राष्ट्र के विमानों को भी ईंधन की आपूर्ति करता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह हमला अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तेल संकट के बीच अफगानिस्तान की रसद व्यवस्था को चोट पहुँचाने की कोशिश है।
अफगान अधिकारियों द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, पाकिस्तानी विमानों ने न केवल रणनीतिक ठिकानों बल्कि रिहाइशी इलाकों को भी अपना निशाना बनाया है। इस बमबारी में कई नागरिक आवास पूरी तरह ध्वस्त हो गए हैं। स्थानीय प्रशासन का दावा है कि इन हमलों में महिलाओं और बच्चों सहित कई बेगुनाह लोगों की जान गई है। हालांकि, कुछ क्षेत्रों में बमबारी खाली रेगिस्तानी और निर्जन इलाकों में भी की गई है। तालिबान सरकार ने इस सैन्य कार्रवाई पर कड़ा रुख अपनाते हुए इसे क्रूर आक्रामकता करार दिया है। बयान में कहा गया है कि रमजान के पवित्र महीने के अंतिम दस दिनों और ईद जैसे बड़े त्योहार के मुहाने पर इस तरह का हमला करना पाकिस्तानी शासन की नैतिक शून्यता को दर्शाता है। अफगान प्रवक्ता ने इसे एक घिनौना अपराध बताते हुए चेतावनी दी है कि इस क्रूरता का जवाब दिए बिना नहीं रहा जाएगा और पाकिस्तान को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।
दोनों देशों के बीच पिछले कुछ समय से आर-पार की जंग जैसे हालात बने हुए हैं। इससे पहले जब पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के विभिन्न शहरों में हवाई हमले किए थे, तब उसने दावा किया था कि निशाने पर तालिबान सरकार के सैन्य ठिकाने थे।इसके उलट, अफगान सरकार ने दावा किया है कि उन्होंने पिछली एयरस्ट्राइक का मुंहतोड़ जवाब दिया था। अफगान सेना के आंकड़ों के अनुसार, उनकी जवाबी कार्रवाई में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और उन्होंने सीमा पर स्थित 19 सैन्य चौकियों पर कब्जा कर लिया है। वर्तमान स्थिति को देखते हुए सीमावर्ती इलाकों में भारी तनाव है और दोनों सेनाएं युद्ध के स्तर पर तैनात हैं।
10 साल सत्ता में रहने पर भी मोदी ने खुद को सत्ता के अहंकार से दूर रखा
14 Mar, 2026 08:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सिडनी। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व पीएम टोनी एबॉट ने पीएम नरेंद्र मोदी की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि 10 साल से ज्यादा समय तक सत्ता में रहने के बावजूद, पीएम मोदी ने खुद को सत्ता के अहंकार से दूर रखा है। भारत ने हाल ही में रायसीना डायलॉग 2026 के 11वें संस्करण का आयोजन किया था। इसको लेकर एबॉट ने यह बात कही। रणनीतिक फोरम की बढ़ती वैश्विक अहमियत, इसकी शुरुआत और भारत की विदेश नीति में नेतृत्व की भूमिका पर बात करते हुए एबॉट ने कहा कि 2016 से हर मार्च में दिल्ली में रायसीना डायलॉग होता आ रहा है। दूसरे ग्लोबल जमावड़ों की तरह, यह राजनीतिक नेताओं, वरिष्ठ सैन्य कमांडर्स, जाने-माने बिजनेसमैन, पत्रकारों और थिंक टैंक प्रमुखों को जरूरी मुद्दों पर बात करने के लिए एक साथ लाता है; लेकिन यह दावोस से बेहतर है क्योंकि यह असल में मेजबानी करने वाली सरकार की सराहना करने का अभियान नहीं है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक एबॉट ने पीएम मोदी के नेतृत्व की स्टाइल और आज दुनिया के सबसे असरदार नेताओं में से एक होने के बावजूद ग्लोबल आवाजों को सुनने की उनकी इच्छा की सराहना की। एबॉट ने कहा कि अब तक हर डायलॉग में पीएम मोदी ने ओपनिंग सेशन में आकर, मुख्य मेहमान को सुनकर मिसाल कायम की है, पिछले साल न्यूजीलैंड के पीएम और इस साल फिनलैंड के राष्ट्रपति, लेकिन खुद नहीं बोले। एबॉट ने कहा कि पीएम मोदी आज दुनिया के तीसरे सबसे ताकतवर नेता हैं। अमेरिका और चीन के राष्ट्रपति के बाद, वह शायद दुनिया के सबसे ताकतवर इंसान हैं, फिर भी वह नेतृत्व करने का घमंड नहीं करते और दूसरों को सुनने की कला भी रखते हैं।
ऑस्ट्रेलिया के पूर्व पीएम एबॉट ने कुछ इंटरनेशनल ऑब्जर्वर की इस आलोचना को खारिज कर दिया कि बीजेपी सरकार के तहत भारत कम लोकतांत्रिक हो गया है। उन्होंने कहा कि जहां तक इस सोच की बात है कि बीजेपी के राज में भारत किसी तरह एक तानाशाही देश बन गया है, यह पूरी तरह से बकवास है, जिस देश में आजाद और निष्पक्ष चुनाव, पूरी तरह से आजाद मीडिया और मजबूती से आजाद न्यायपालिका हो, वहां तानाशाही का गंभीर खतरा नहीं है और कोई भी तानाशाही ऐसी ग्लोबल कॉन्फ्रेंस नहीं करेगी जहां कुछ भी मना न हो और किसी को चुप न कराया जाए। आखिरकार, इस साल की बातचीत में इजरायली विदेश मंत्री और ईरान के डिप्टी विदेश मंत्री दोनों ने हिस्सा लिया था।
सिर पर वार कर की गई थी हत्या, फतेहाबाद पुलिस ने सुलझाया केस
13 Mar, 2026 05:40 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
फतेहाबाद। शहर के सेक्टर 11 में निर्माणधीन अस्पताल के पास कैंटर चालक जयवीर की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोप दोस्त मनोज उर्फ वकील निवासी गांव मानावाली को को गिरफ्तार किया है। आरोपी को पुलिस कोर्ट में पेश करके रिमांड पर लेगी। थाना शहर प्रभारी निरीक्षक सुरेंद्रा ने बताया कि 11 मार्च 2026 को पुलिस को सूचना मिली थी कि सेक्टर-11 स्थित निर्माणाधीन सरकारी अस्पताल के पास सड़क किनारे एक व्यक्ति का शव पड़ा है। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव की पहचान जयवीर पुत्र खेताराम, निवासी भोडिया खेड़ा के रूप में की। मृतक के मामा श्रवण ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि जयवीर अपना टाटा कैंटर स्वयं चलाता था और यूपी से सामान लोड कर बीकानेर (राजस्थान) जा रहा था।10 मार्च की शाम जयवीर ने फतेहाबाद पहुंचने की बात कही थी, लेकिन अगले दिन उसका शव उसके कैंटर के पास ही संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। शव के सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए, जिससे हत्या की आशंका जताई गई। सूचना मिलते ही थाना शहर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा सीन ऑफ क्राइम टीम को बुलाकर वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए।शिकायत के आधार पर थाना शहर में प्राथमिकी दर्ज करके जांच शुरू की गई थी। जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण व खुफिया सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी मनोज कुमार उर्फ वकील को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस द्वारा आरोपी से पूछताछ की जा रही है, ताकि हत्या के पीछे के कारणों और वारदात में प्रयुक्त हथियार के बारे में जानकारी प्राप्त की जा सके।
अंबाला में भैंस चोरी करने आए आरोपियों ने व्यक्ति की जान ली
13 Mar, 2026 01:57 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अंबाला। के गांव कालपी में वीरवार रात भैंस चोरों ने खूनी खेल खेला। पशु चोरी करने आए नकाबपोश बदमाशों ने विरोध करने पर पशुपालक की गंडासियों से वार कर बेरहमी से हत्या कर दी, जबकि बीच-बचाव करने आए एक अन्य बुजुर्ग पर भी हमला कर उसे घायल कर दिया। वारदात के बाद भाग रहे बदमाशों की गाड़ी भी अनियंत्रित होकर नेशनल हाईवे पर पलट गई, लेकिन अंधेरे का फायदा उठाकर आरोपी मौके से भागने में सफल रहे। इस घटना के बाद इलाके में दशहत का माहौल है।
गंडासियों से किया ताबड़तोड़ हमला
वीरवार रात 12.30 पर कालपी गांव निवासी जय दयाल (52) रात को अपने पशुओं की रखवाली कर रहे थे। तभी पिकअप गाड़ी में सवार होकर आए बदमाशों ने उनके पशुधन को चोरी करने का प्रयास किया। आहट होने पर जब जय दयाल ने शोर मचाया और बदमाशों को रोकने की कोशिश की तो हमलावरों ने उन पर गंडासियों से हमला कर दिया। चीख-पुकार सुनकर पास ही मौजूद रामरत्न (65) भी मौके पर पहुंचे, जिन्हें भी बदमाशों ने लहूलुहान कर दिया। अत्यधिक खून बह जाने के कारण जय दयाल की मौके पर ही मौत हो गई।
बदमाशों की गाड़ी पलटी, सुराग हाथ लगे
वारदात को अंजाम देकर भाग रहे बदमाशों की गाड़ी ब्राह्मण माजरा मोड़ के पास हाईवे पर अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। राहगीरों और पुलिस के पहुंचने से पहले ही घायल बदमाश वाहन छोड़कर खेतों के रास्ते फरार हो गए। पुलिस ने मौके से गाड़ी को कब्जे में ले लिया है, जिससे बदमाशों के गिरोह का सुराग मिलने की उम्मीद है। सूचना मिलते ही पुलिस की फॉरेंसिक टीम और डीएसपी बराड़ा सुरेश शर्मा ने घटनास्थल का मुआयना किया। शव को पोस्टमार्टम के लिए कैंट के नागरिक अस्पताल भेजा गया है।
सर्वे करने पहुंची आयकर टीम की गाड़ियों पर हमला, ड्राइवर घायल
13 Mar, 2026 01:44 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
साहा (अंबाला) | साहा स्थित न्यूट्रिशन फैक्टरी में सर्वे करने गई आयकर विभाग की टीम पर फैक्टरी कर्मचारियों द्वारा जानलेवा हमला करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। भीड़ ने न केवल टीम की गाड़ियों पर पथराव किया, बल्कि एक ड्राइवर के साथ मारपीट कर उसके कपड़े तक फाड़ दिए। पुलिस ने इस मामले में सरकारी काम में बाधा डालने और हिंसा की विभिन्न धाराओं के तहत साहा थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
आग की सूचना के बाद बिगड़े हालात
आयकर विभाग करनाल की अधिकारी कविता बतरा के नेतृत्व में एक टीम न्यूट्रीवेल लेबोरेटरीज एब्सोल्यूट न्यूट्रिशन प्राइवेट लिमिटेड' में सर्वे के लिए पहुंची थी। दोपहर करीब 1:40 बजे फैक्ट्री के डायरेक्टर राहुल डावर भी मौके पर मौजूद थे। इसी बीच अचानक शोर मचा कि फैक्ट्री के नीचे आग लग गई है। सुरक्षा की दृष्टि से पूरी टीम बाहर निकलकर सड़क की दूसरी तरफ खड़ी होकर फायर ब्रिगेड का इंतजार करने लगी।
टीम को घेरकर किया पथराव
आरोप है कि करीब 45 मिनट बाद फैक्टरी के कुछ वर्कर, जिनका नेतृत्व वर्क हाउस मैनेजर पारस कर रहा था, ने अचानक आयकर टीम पर हमला बोल दिया। टीम के सदस्य जब अपनी जान बचाने के लिए गाड़ियों में बैठे, तो आरोपियों ने उन्हें बाहर खींचने की कोशिश की।गाड़ियों को नुकसान: टीम की अर्टिगा गाड़ी पर भारी पथराव किया गया, जिससे उसके शीशे टूट गए। हमले में ड्राइवर जगदीप को गंभीर चोटें आई हैं। उपद्रवियों ने एक अन्य हुंडई वर्ना गाड़ी के हैंडल तोड़ दिए और ड्राइवर के साथ हाथापाई कर उसके कपड़े फाड़ दिए।
सरकारी दस्तावेज और मुहर फैक्ट्री में छूटे
हमले के दौरान अफरातफरी का माहौल ऐसा था कि टीम को जान बचाकर भागना पड़ा। इस दौरान आयकर अधिकारी अमरजीत की कुछ किताबें, आधिकारिक मुहर और मोबाइल चार्जर फैक्टरी परिसर में ही छूट गए। मौके पर मौजूद एएसआई तेजपाल ने किसी तरह टीम को सुरक्षित बाहर निकाला, जिसके बाद जॉइंट कमिश्नर शक्ति सिंह भी मौके पर पहुंचे।
रोहतक में ट्राले की डीजल टैंक फटी, आसपास के इलाके में अफरा-तफरी
13 Mar, 2026 01:37 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रोहतक। दिल्ली रोड पर शुक्रवार सुबह करीब आठ बजे ट्राले के डीजल टैंक में धमाका होने से न केवल आग लग गई, बल्कि सड़क किनारे सोलर प्लेट का शोरूम भी चपेट में आ गया। फायर ब्रिगेड की गाड़ी ने दो घंटे की जद्दोजहद के बाद आग पर काबू पाया।घटनास्थल पर मौजूद युवक ने बताया कि खरावड़ बाईपास की तरफ से एक ट्रक राजीव चौक की तरफ जा रहा था। चालक ने ट्रक रोक दिया। नीचे उतरकर वह सिगरेट पी रहा था। उसके पास एक तेल की टंकी भी थी। अचानक उस टंकी में आग लगी फैलकर केबिन में लग गई। इसके बाद पूरे ट्राले को चपेट में ले लिया।देखते ही देखते ट्रक के डीजल टैंक ने आग पकड़ ली। तभी जोरदार धमाका हुआ। चिंगारी गिरने से नजदीक के सोलर प्लेट के शोरूम में आग लग गई। पूरा गोदाम धूं-धूं कर जलने लगा। सूचना पाकर फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंचे और सात गाड़ियों की मदद से एक घंटे में आग पर काबू पाया जा सका। शोरूम मालिक नरेंद्र का कहना है कि उसका लाखों रुपये का नुकसान हो गया।
राशिफल 27 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
सीएम हेल्पलाइन की शिकायत का त्वरित समाधान
सपनों को मिला कलेक्टर का साथ, द कलेक्टर्स-15 से शुरू हुई बदलाव की नई इबारत
मध्यप्रदेश पुलिस के अधिकारी राकेश कुमार कुशवाह ने ओपन इंडिया प्री-स्टेट शूटिंग प्रतियोगिता में जीता स्वर्ण पदक
प्रधानमंत्री मोदी ने सीधी जिले में बने 1500 तालाबों और नरसिंहपुर के अमृत सरोवरों का मन की बात में किया उल्लेख
युवाओं के नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को मिलेगा नया आयाम : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
जैविक खेती से एरिन भगत बनीं आत्मनिर्भर, प्राकृतिक कृषि से घटी खेती की लागत
अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस में भोपाल में "रन फॉर टाइगर का भव्य आयोजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवाड़ी के नवीन संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन का किया लोकार्पण
बिहान योजना से मिली नई पहचान, पोषण सखी बन महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य की बनीं संरक्षक
