नारी विशेष
गर्मियों में त्वचा की सूखापन से बचने के लिए अपनाएं ये 4 आसान उपाय
3 Apr, 2025 04:23 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गर्मियों के मौसम में स्किन से जुड़ी दिक्कतें होने का खतरा ज्यादा रहता है. तेज धूप, प्रदूषण और उमस त्वचा की नमी को छीन लेते हैं. इसके चलते त्वचा पर सनबर्न और ड्राईनेस हो सकती है. जिन लोगों की स्किन ऑयली है, तेज धूप के संपर्क में आने के चलते पिंपल्स की परेशानी हो सकती है.
वहीं, ड्राई स्किन वाले लोगों की स्किन खिंची-खिंची रहती है. ऐसे में गर्मियों में स्किन से जुड़ी किसी भी दिक्कत से बचने के लिए एक्सट्रा केयर की जरूरत होती है. इस बार गर्मियों में आप स्किन को ग्लोइंग बनाने और इससे जुड़ी दूसरी दिक्कतों से बचने के लिए कुछ नेचुरल रेमेडीज़ को फॉलो कर सकते हैं.
दही है कमाल
दही में लैक्टिक एसिड और प्रोटीन होते हैं, जो त्वचा की नमी को बनाए रखते हैं. दही को त्वचा पर लगाने से न केवल ड्राईनेस दूर होती है, बल्कि यह सनबर्न के कारण हुई जलन को भी शांत करता है. आप दही को चेहरे पर कम से कम 15 मिनट तक लगाकर रखें. आप चेहरे पर हल्के हाथों से मसाज भी कर सकते हैं. गर्मियों में ये स्किन केयर रुटीन बड़े काम का है.
कोकोनट ऑयल
नारियल तेल में एंटीऑक्सीडेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं- जो त्वचा को नमी देते हैं. यह त्वचा के सेल्स को रिपेयर करता है और सनबर्न से राहत दिलाता है. आप रात के समय त्वचा पर हल्के हाथों से नारियल तेल की मसाज कर सकते हैं. सनबर्न को ठीक करने में भी यह काफी फायदेमंद है.
एलोवेरा
एलोवेरा त्वचा के लिए किसी औषधि से कम नहीं है. इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो सनबर्न के कारण हुई जलन और सूजन को कम करने में मदद करते हैं. एलोवेरा त्वचा को गहरी नमी प्रदान करता है, जिससे ड्राईनेस दूर होती है. एलोवेरा जेल को चेहरे पर लगाकर कुछ समय के लिए छोड़ दें. इसके बाद पानी से धो लें. इससे स्किन में नमी लॉक हो जाती है.
इसके अलावा, आप गर्मियों में गुलाब जल को भी चेहरे पर इस्तेमाल कर सकते हैं. गुलाब जल त्वचा को ठंडक पहुंचाता है और इसे हाइड्रेट भी रखता है.
मीठा पसंद है लेकिन चीनी से बचना है? मखाना खीर है आपके लिए परफेक्ट ऑप्शन
3 Apr, 2025 04:18 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
खीर का नाम सुनते ही मुंह में मिठास घुल जाती है. ये एक ऐसी ट्रेडिशनल डिश है, जो हर घर में त्योहारों, खास मौकों और व्रत में बनाई जाती है. लेकिन अगर आप हेल्थ को ध्यान में रखते हुए बिना चीनी वाली हेल्दी खीर खाना चाहते हैं, तो मखाने की खीर आपके लिए एक बेहतरीन ऑप्शन हो सकती है. खास बात ये है कि इसमें भरपूर फाइबर, प्रोटीन, कैल्शियम और एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो इसे न केवल स्वादिष्ट बल्कि सेहत के लिए भी फायदेमंद बनाते हैं. मखाना खीर वेट लॉस और पाचन के लिए फायदेमंद होती है. अगर इसे बिना चीनी के बनाया जाए, तो ये डायबिटिक पेशेंट्स, हेल्थ कॉन्शियस लोगों और व्रत में उपवास करने वालों के लिए एक परफेक्ट डेजर्ट बन सकती है. चलिए, जानते हैं बिना चीनी की हेल्दी मखाना खीर बनाने का तरीका और इसके जबरदस्त फायदे.
मखाना खीर बनाने की रेसिपी (बिना चीनी के)
एक पैन में 1 चम्मच घी डालें और उसमें मखाने को 5-7 मिनट तक धीमी आंच पर भून लें. मखाने जब कुरकुरे हो जाएं, तो उन्हें थोड़ा ठंडा होने दें और फिर दरदरा पीस लें. इसके बाद खजूर को 15 मिनट के लिए गुनगुने पानी में भिगो दें और फिर मिक्सी में पीसकर पेस्ट बना लें. एक पैन में दूध डालकर धीमी आंच पर 10 मिनट तक उबालें, ताकि वह थोड़ा गाढ़ा हो जाए. अब दूध में पिसे हुए मखाने डालें और 5 मिनट तक पकने दें. अब इसमें नेचुरल मिठास के लिए खजूर का पेस्ट डालें और अच्छी तरह मिलाएं. फिर इसमें बादाम, काजू, पिस्ता और इलायची पाउडर डालें. इसके बाद 2 मिनट पकाएं और सर्व करें .
मखाना खीर के गजब के फायदे
1. फाइबर से भरपूर पाचन को मजबूत बनाए
मखाने में भरपूर फाइबर होता है, जो पाचन को सुधारने और कब्ज की समस्या को दूर करने में मदद करता है. अगर आप रोजाना मखाना खीर खाते हैं, तो ये गट हेल्थ (आंतों की सेहत) को मजबूत बनाता है.
2. डायबिटीज और वजन कम करने में फायदेमंद
इसमें चीनी की जगह खजूर का इस्तेमाल किया जाता है, जो नेचुरल मिठास देता है और ब्लड शुगर को कंट्रोल करने में मदद करता है. मखाने में लो कैलोरी और हाई फाइबर होता है, जिससे ये वेट लॉस डाइट के लिए बेहतरीन ऑप्शन बन जाता है.
3. हड्डियों को बनाए मजबूत
मखाने में कैल्शियम भरपूर पाया जाता है, जिससे हड्डियां मजबूत होती हैं. बढ़ती उम्र में जोड़ों के दर्द और ऑस्टियोपोरोसिस की समस्या से बचने के लिए इसे डाइट में जरूर शामिल करें.
4. हार्ट के लिए फायदेमंद
मखाने में एंटीऑक्सीडेंट और मैग्नीशियम होता है, जो दिल की सेहत को सुधारता है और हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करता है. ये कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करता है, जिससे दिल का दौरा और अन्य हार्ट डिजीज का खतरा कम हो जाता है.
5. एनर्जी बूस्टर और एंटी-एजिंग गुणों से भरपूर
मखाना खीर एनर्जी देने वाला फूड है, जो दिनभर एक्टिव रहने में मदद करता है. इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट और फ्लेवोनॉयड्स स्किन को ग्लोइंग बनाते हैं और एंटी-एजिंग गुण प्रदान करते हैं.
क्या आप रोज लिपस्टिक लगाते हैं? जानिए इससे जुड़ी सेहत की 5 समस्याएं
3 Apr, 2025 04:10 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
लिपस्टिक लगाना आज हर महिला की मेकअप रूटीन का अहम हिस्सा बन चुका है। चाहे ऑफिस जाना हो, कोई पार्टी अटेंड करनी हो या सिर्फ अपने लुक को निखारना हो- लिपस्टिक चेहरे की खूबसूरती में चार चांद लगा देती है, लेकिन क्या आप जानती हैं कि रोज लिपस्टिक लगाने की आदत धीरे-धीरे आपकी सेहत को नुकसान पहुंचा सकती है? जी हां! चटकीली और चमकदार लिपस्टिक में कई हानिकारक केमिकल होते हैं, जो न सिर्फ आपके होंठों बल्कि पूरे शरीर पर बुरा असर डाल सकते हैं। आइए जानते हैं रोज लिपस्टिक लगाने के 5 गंभीर नुकसान , जिनसे आपको सतर्क रहने की जरूरत है।
लिपस्टिक में मौजूद लेड
ज्यादातर लिपस्टिक में लेड नामक हानिकारक धातु होती है, जो धीरे-धीरे शरीर में जमा होकर हॉर्मोनल इंबैलेंस, प्रजनन संबंधी समस्याएं और दिमागी विकास में बाधा डाल सकती है। बार-बार लिपस्टिक लगाने से यह केमिकल शरीर में जाने लगता है, जिससे सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है।
होंठ हो सकते हैं काले और रूखे
लिपस्टिक में मौजूद केमिकल और प्रिजर्वेटिव्स होंठों की नमी छीन सकते हैं, जिससे होंठ धीरे-धीरे रूखे, फटे और काले पड़ने लगते हैं। अगर आप रोजाना लिपस्टिक लगाती हैं, तो समय के साथ आपके होंठ नेचुरल गुलाबीपन खो सकते हैं।
शरीर में जमा हो सकते हैं टॉक्सिन्स
लिपस्टिक में कई तरह के केमिकल्स होते हैं, जैसे पैराबेन्स, कैडमियम और क्रोमियम, जो शरीर में धीमा जहर घोल सकते हैं। ये तत्व कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों को जन्म देने की क्षमता रखते हैं। लगातार लिपस्टिक के संपर्क में आने से ये टॉक्सिन्स शरीर में जमा हो सकते हैं।
एलर्जी और स्किन इन्फेक्शन का खतरा
कुछ लोगों को लिपस्टिक में मौजूद केमिकल्स से एलर्जी, खुजली और होंठों पर जलन की समस्या हो सकती है। खासतौर पर अगर आप सस्ती या लोकल लिपस्टिक का इस्तेमाल कर रही हैं, तो यह स्किन इन्फेक्शन का कारण भी बन सकती है।
डाइजेशन पर पड़ सकता है बुरा असर
आपने कभी सोचा है कि जब आप लिपस्टिक लगाती हैं, तो दिनभर में यह धीरे-धीरे आपके शरीर के अंदर भी जाती है? खाने-पीने के दौरान लिपस्टिक के हानिकारक केमिकल्स शरीर में पहुंचकर लिवर और पेट को नुकसान पहुंचा सकते हैं, जिससे पाचन तंत्र कमजोर हो सकता है।
कैसे करें साइड इफेक्ट्स से बचाव?
ऑर्गेनिक और हर्बल लिपस्टिक का इस्तेमाल करें।
लिपस्टिक लगाने से पहले होंठों पर लिप बाम या कोकोनट ऑयल लगाएं।
सोने से पहले लिपस्टिक पूरी तरह साफ करें ताकि केमिकल्स होंठों पर न रहें।
रोज लिपस्टिक लगाने से बचें और कभी-कभी नेचुरल लुक अपनाएं।
गर्मियों में मॉइस्चराइजर लगाना चाहिए या नहीं? जानिए सही जवाब
2 Apr, 2025 04:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गर्मियों का मौसम आते ही ज्यादातर लोग स्किन केयर में बदलाव करने लगते हैं. गर्मियों के मौसम में स्किन की देखभाल और जरूरी हो जाती है, जिसकी वजह लोग मौसम बदलते ही अपनी स्किन पर कई चीजें लगाना छोड़ देते हैं, जिसमें से एक है मॉइस्चराइजर. लोगों को लगता है कि गर्मियों में स्किन को मॉइस्चराइज करने की जरूरत नहीं पड़ती है. ऐसा माना जाता है कि गर्मी में त्वचा को पहले से ही प्रॉपर नमी मिल जाती है, इसलिए मॉइस्चराइजर लगाने की जरूरत नहीं होती. लेकिन क्या ये सच है? क्या गर्मियों में मॉइस्चराइजर लगाने से स्किन ऑयली हो जाती है, या फिर ये एक जरूरी स्किन केयर स्टेप है जिसे हर मौसम में फॉलो करना चाहिए? चलिए आज इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि गर्मियों में मॉइस्चराइजर लगाना सही है या गलत. साथ ही मॉइस्चराइजर के फायदे क्या और नुकसान क्या है.
गर्मियों में मॉइस्चराइजर लगाना चाहिए?
जी हां, गर्मियों में भी स्किन को मॉइस्चराइज की जरूरत होती है. दरअसल, मॉइस्चराइजर हमारी त्वचा को हाइड्रेटेड रखने और बाहरी हानिकारक तत्वों से बचाने का काम करता है. भले ही गर्मियों में त्वचा पर पसीना ज्यादा आता हो, लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि उसे मॉइस्चराइजर की जरूरत नहीं होती. ऐसी कई वजह हैं जो गर्मी में भी स्किन को ड्राई कर सकती हैं. जान लेते हैं आखिर क्यों गर्म मौसम में भी मॉश्चराइजर लगाना चाहिए.
गर्मियों में त्वचा को मॉइस्चराइजर की जरूरत क्यों होती है?
पसीना स्किन को ड्राई कर सकता है जब शरीर से पसीना निकलता है, तो ये त्वचा की नमी को भी साथ ले जाता है, जिससे स्किन रूखी और बेजान हो सकती है. वहीं, मॉइस्चराइजर लगाने से स्किन का हाइड्रेशन बना रहता है.
तेज धूप से बचाव गर्मी में तेज धूप और यूवी किरणों का असर स्किन पर ज्यादा पड़ता है, जिससे त्वचा का नेचुरल ऑयल बैलेंस बिगड़ सकता है. सही मॉइस्चराइजर स्किन की सुरक्षा में मदद करता है.
एयर कंडीशनर स्किन को ड्राई करता है अगर आप दिनभर AC में रहते हैं, तो आपकी त्वचा धीरे-धीरे रूखी हो सकती है।. मॉइस्चराइजर लगाने से स्किन में नमी बनी रहती है और वो हेल्दी रहती है.
ऑयली स्किन के लिए भी जरूरी है मॉइस्चराइजर बहुत से लोग सोचते हैं कि अगर उनकी स्किन ऑयली है तो उन्हें मॉइस्चराइजर की जरूरत नहीं है. लेकिन सच ये है कि ऑयली स्किन पर भी मॉइस्चराइजर लगाना जरूरी होता है, ताकि त्वचा में ऑयल बैलेंस बना रहे और ज्यादा सीबम प्रोडक्शन न हो.
गर्मियों के लिए सही मॉइस्चराइजर कैसा होना चाहिए?
गर्मियों के लिए वॉटर-बेस्ड या जेल-बेस्ड मॉइस्चराइजर बेस्ट होते हैं. ये हल्के होते हैं और स्किन पर ज्यादा ऑयली या चिपचिपे नहीं लगते. इसके अलावा ऑयल-फ्री और नॉन-कॉमेडोजेनिक मॉइस्चराइजर का भी यूज कर सकते हैं. ये यह स्किन के पोर्स को बंद नहीं करते और मुंहासे नहीं होने देते.
दही के पराठे से लेकर दही भल्ला तक, गर्मियों में ये डिशेज हैं जरूर करें ट्राई
2 Apr, 2025 03:58 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गर्मियों के मौसम में अक्सर दही सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है। यह शरीर को हाइड्रेट रखने के साथ ही शरीर को ठंडक भी पहुंचाता है। इस मौसम गर्मी से बचने के लिए हमारे शरीर को ज्यादा पोषण और इम्युनिटी बढ़ाने वाले फूड्स की भी खास जरूरत होती है। ऐसे में प्रोटीन, कैल्शियम और प्रोबायोटिक्स से भरपूर दही बेहद फायदेमंद होता है। इसका सेवन डाइजेशन को बेहतर बनाता है और गर्मियों में शरीर को अंदर से हेल्दी और मजबूत बनाए रखता। ऐसे में आइए जानते हैं, गर्मियों के लिए कुछ बेहतरीन दही से बनी डिशेज के बारे में, जो आपके खाने का स्वाद और सेहत दोनों बढ़ा देंगे।
दही के पराठे
आटे में दही, मसालों और बारीक कटी हुई हरी धनिया डालकर सॉफ्ट आटा तैयार करें और घी में सेंककर सफेद मक्खन या आचार के साथ सर्व करें। यह गर्मियों की सुबह के लिए परफेक्ट नाश्ता है।
कढ़ी पकौड़ा
दही और बेसन से बनी कढ़ी में तले हुए प्याज या पालक के पकोड़े डालकर तैयार की जाती है। गरमागरम कढ़ी चावल के साथ खाने का आनंद अलग ही होता है।
दही भल्ला
दही उत्तर भारत की पसंदीदा डिश है। नरम भल्ले को दही, इमली की चटनी और मसालों के साथ सजाकर सर्व किया जाता है। यह हल्की और पाचन में सहायक डिश त्योहारों में बहुत पसंद की जाती है।
दही आलू
मसालेदार दही में पकाए गए आलू, टेस्ट और पोषण का बेहतरीन मेल हैं। इसे रोटी या पराठे के साथ सर्व करें। यह एक झटपट बनने वाला बेस्ट डिश है।
दही बैंगन
इसे तैयार करने के लिए काटकर तले हुए बैंगन को मसालेदार दही के साथ पकाया जाता है। ये डिश खासतौर पर कश्मीर और दक्षिण भारत में लोकप्रिय है और गर्मियों में खाने के लिए बेस्ट है।
मसाला दही चावल
दक्षिण भारत की एक बहुत ही फेमस और पसंदीदा डिश है मसाला दही चावल, जो दही और मसालेदार चावल का अनूठा मिश्रण है। इसमें सरसों और कढ़ी पत्ते का तड़का लगाकर इसे और स्वादिष्ट बनाया जाता है।
दही बेसन चिल्ला
बेसन और दही से बना यह प्रोटीन युक्त नाश्ता सुबह या शाम के लिए बढ़िया विकल्प है। इसमें कुछ मनपसंद सब्जियां डालकर इसे और पौष्टिक बनाया जा सकता है।
गुलाब के फूल से पाएं ताजगी और नमी, गर्मियों में स्किन को दें नया ग्लो
2 Apr, 2025 03:46 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गुलाब का फूल कई तरह से फायदेमंद होता है. आप इसका उपयोग कई तरह से कर सकते हैं. कई लोग इसका शरबत, गुलकंद या खाने की कई तरह की चीजों को बनाने के लिए करते हैं. वहीं स्किन केयर के लिए भी इसका उपयोग किया जाता है. रोज वाटर या फिर इसे बनी क्रीम और कई चीजें स्किन के लिए भी फायदेमंद होती हैं.
गर्मियों में स्किन को ग्लोइंग और फ्रेश बनाए रखने में भी गुलाब का फूल बहुत फायदेमंद हो सकता है. गुलाब के फूलों और गुलाब जल में ऐसे कई गुण होते हैं जो आपकी स्किन को नमी, सुकून और ताजगी प्रदान करते हैं. आइए जानते हैं स्किन को ग्लोइंग बनाने के लिए आप किस तरह के गुलाब के फूल का उपयोग कर सकते हैं.
गुलाब जल
गुलाब जल त्वचा के लिए एक नेचुरल टोनर की तरह काम करता है. यह त्वचा को ठंडक और नमी देता है, जिससे गर्मियों में स्किन सॉफ्ट और ग्लोइंग रहती है. आप दिन में दो से तीन बार गुलाब जल का उपयोग टोनर की तरह कर सकते हैं. गुलाब जल में एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो त्वचा में रैशेज और जलन को शांत करने में भी मदद कर सकते हैं.
फेस पैक
गुलाब की पंखुड़ियों को पानी से साफ कर, इसे पानी में 3 से 4 घंटे के लिए भिगोकर रख दें. इसके बाद इस पीस लें और इसमें 2 चम्मच शहद और एक चम्मच गुलाब जल मिलाकर पेस्ट बनाएं. इसे चेहरे पर 20 से 25 मिनट तक लगाए रखने के बाद पानी से चेहरे को धो लें. इसका उपयोग हफ्ते में दो बार करा जा सकता है. इससे स्किन को ग्लोइंग बनाए रखने में मदद मिल सकती है.
स्क्रब
इसका स्क्रब भी बनाया जा सकता है. इसके लिए गुलाब की पंखुड़ियों को धो लें. इसमें 4 चम्मच बेस और जरूरत के मुताबिक दूध मिलाकर पेस्ट बना लें. इस पेस्ट को चेहरे पर मलें और 3 से 4 मिनट के बाद पानी से साफ कर लें. आप चाहें तो इस फेस पैक की तरह भी लगा सकते हैं. इससे डेड स्किन सेल्स को हटाने और स्किन को ग्लोइंग बनाने में मदद मिल सकती है.
गुलाब का तेल
गुलाब का तेल भी स्किन के लिए बहुत फायदेमंद होता है.यह त्वचा को मॉइस्चराइज करने और नमी बनाए रखने में मदद करता है.साथ ही स्किन को सॉफ्ट बनाने और दाग-धब्बों को कम करने में मदद कर सकता है.इसे 15 से 20 मिनट तक चेहरे पर लगाकर धो लें, इससे त्वचा पर ग्लो आएगा.
एलोवेरा के जादू से पाएं चमकदार त्वचा और घने, लंबे बाल
31 Mar, 2025 05:36 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
एलोवेरा एक ऐसा इनग्रेडिएंट है जो मार्केट में किफायती दरों पर मिल जाता है तो वहीं घरों में भी फ्री में उपलब्ध है. ये सेहत से लेकर त्वचा तक के लिए बेहद फायदेमंद होता है. एलोवेरा जूस का सेवन करने से लेकर इसे गुम चोट, घावों पर लगाने से लेकर हेल्दी स्किन और बालों के लिए भी इस्तेमाल किया जा सकता है. एलोवेरा कई शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेट्स से भरपूर होता है. आयुर्वेद में एलोवेरा का इस्तेमाल कई दवाओं को बनाने में किया जाता है. आप भी इसका इस्तेमाल अलग-अलग तरीकों से कर सकते हैं. आज के इस आर्टिकल में जानेंगे एलोवेरा से जुड़ी ऐसी ही रेमेडीज के बारे में जो आपके बालों और त्वचा से जुड़ी समस्याओं से छुटकारा दिला सकती हैं.
नेचुरल चीजों का इस्तेमाल आपकी सेहत से लेकर त्वचा, बालों तक के लिए ज्यादा फायदेमंद माना जाता है. भले ही ऑर्गेनिक चीजें धीरे-धीरे असर करती हैं, लेकिन बेहतरीन रिजल्ट मिलता है और नुकसान होने की संभावना भी बहुत कम होती है, इसलिए दादी-नानी देसी नुस्खों का इस्तेमाल खूब किया करती थीं. जान लेते हैं त्वचा और बालों के लिए एलोवेरा की रेमेडीज.
चेहरे पर बढ़ेगा नेचुरल ग्लो
त्वचा में नेचुरल ग्लो तो हर कोई चाहता है. इसके लिए आप एलोवेरा को विटामिन ई के कैप्सूल के साथ मिलाकर चेहरे से गर्दन तक अप्लाई करें और 20 से 25 मिनट बाद फेस क्लीन कर लें. इस पैक को हफ्ते में दो से तीन बार यूज करने से कुछ ही दिनों में चेहरे के दाग-धब्बे, पिंपल्स कम होने लगते हैं और स्किन क्लियर हो जाती है. इससे स्किन में कसाव भी आता है.
बाल बनेंगे सिल्की-शाइनी
एलोवेरा में हाइड्रेटिंग गुण होते हैं, जो त्वचा के साथ ही बालों को भी नमी प्रदान करते हैं. फायदे को बढ़ाने के लिए दही और अंडा के साथ एलोवेरा मिलाकर बालों में लगाना चाहिए. इस हेयर पैक को लगाने के बाद आपको पहली ही बार में बेहतरीन रिजल्ट मिलेगा.
ड्राई स्किन होगी मुलायम
जिन लोगों की त्वचा में ड्राईनेस ज्यादा रहती है. उनके लिए भी एलोवेरा बेहतरीन इनग्रेडिएंट है. इसके लिए एलोवेरा जेल में शहद, गुलाबजल और दो से तीन बूंद नारियल का तेल मिलाकर अप्लाई करना चाहिए. इससे त्वचा मुलायम बनती है और ड्राईनेस कम होने लगती है.
डैंड्रफ दूर करे एलोवेरा
बालों के झड़ने की बहुत बड़ी वजह डैंड्रफ भी होता है. इससे छुटकारा पाने के लिए एलोवेरा को दही और नींबू के साथ मिलाकर लगाया जा सकता है. इसके अलावा एलोवेरा जेल में थोड़ा सा कोई भी जेंटल स्क्रब मिलाकर स्कैल्प पर मसाज करके बाल धो देना चाहिए. इससे भी डैंड्रफ कम होती है. हफ्ते में एक बार ऐसा करने से जल्दी ही डैंड्रफ से छुटकारा मिल जाता है.
घर पर बनाएं सुपर सॉफ्ट और टेस्टी पैनकेक, बच्चों के नाश्ते के लिए परफेक्ट रेसिपी
31 Mar, 2025 05:31 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सोचिए, सुबह का समय है और किचन से एक भीनी-भीनी मीठी खुशबू आ रही है। बच्चे अपने बिस्तर से भागते हुए आते हैं और चिल्लाते हैं – "मम्मा, आज फिर वही मजेदार पैनकेक बना रहे हो?" उनके चेहरे की खुशी देखकर आपका दिल खुश हो जाता है। पैनकेक सिर्फ एक नाश्ता नहीं, बल्कि प्यार से भरा एक मैजिकल ट्रीट है, जिसे बच्चे हमेशा चाव से खाते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि बाजार वाले फूले-फूले, स्पंजी और सॉफ्ट पैनकेक घर पर भी बनाए जा सकते हैं? जी हां! आज हम आपके लिए लेकर आए हैं एक सीक्रेट रेसिपी, जिससे आपके पैनकेक इतने मुलायम और टेस्टी बनेंगे कि बच्चे हर दिन यही मांगेंगे। इस रेसिपी की खास बात यह है कि यह सिर्फ स्वादिष्ट ही नहीं, बल्कि हेल्दी भी है। तो चलिए, बिना समय गंवाए जानते हैं कि कैसे बनाएं यह सुपर सॉफ्ट और फ्लफी पैनकेक, जो आपके बच्चों का फेवरेट बन जाएगा।
सुपर सॉफ्ट और टेस्टी पैनकेक की सीक्रेट रेसिपी
सामग्री:
1 कप मैदा
1 टेबलस्पून चीनी
1 टीस्पून बेकिंग पाउडर
½ टीस्पून बेकिंग सोडा
1 कप दूध
1 अंडा (अगर आप वेजिटेरियन हैं तो इसकी जगह 2 टेबलस्पून दही डाल सकते हैं)
1 टीस्पून वैनिला एसेंस
2 टेबलस्पून मक्खन (पिघला हुआ)
एक चुटकी नमक
बनाने की विधि:
एक बड़े बाउल में मैदा, चीनी, बेकिंग पाउडर, बेकिंग सोडा और नमक को मिलाएं।
अब दूसरे बाउल में दूध, अंडा (या दही), वैनिला एसेंस और मक्खन डालकर अच्छे से फेंटें।
अब धीरे-धीरे सूखी सामग्रियों को गीले मिश्रण में मिलाएं और हल्के हाथ से फेंटें।
बैटर को 5-10 मिनट के लिए छोड़ दें।
एक नॉन-स्टिक तवा गरम करें और हल्का सा मक्खन लगाएं।
अब एक करछी बैटर डालें और गोल आकार में फैलने दें।
जब पैनकेक के ऊपर छोटे-छोटे बुलबुले आने लगें, तो इसे पलट दें और दूसरी तरफ से भी गोल्डन ब्राउन होने तक पकाएं।
गरमा-गरम पैनकेक को शहद, मेपल सिरप, चॉकलेट सॉस या ताजे फलों के साथ सर्व करें।
सीक्रेट टिप्स
बैटर को ज्यादा ना फेंटें: पैनकेक का बैटर हल्का और झागदार होना चाहिए। इसे ज्यादा फेंटने से पैनकेक हार्ड हो सकता है।
बेकिंग पाउडर और बेकिंग सोडा सही मात्रा में डालें: यही पैनकेक को सुपर सॉफ्ट और फ्लफी बनाते हैं।
बैटर को 5-10 मिनट रेस्ट दें: इससे मिश्रण अच्छी तरह से फूल जाएगा और पैनकेक ज्यादा नरम बनेंगे।
मीडियम आंच पर पकाएं: तेज आंच पर पैनकेक जल सकता है और धीमी आंच पर ज्यादा टाईम लगेगा, इसलिए मध्यम आंच सबसे सही है।
बच्चों के लिए स्पेशल ट्विस्ट
अगर आपका बच्चा चॉकलेट लवर है, तो बैटर में 2 टेबलस्पून कोको पाउडर डालकर चॉकलेट पैनकेक बना सकते हैं।
केला, स्ट्रॉबेरी या ब्लूबेरी काटकर बैटर में मिलाएं, जिससे पैनकेक ज्यादा हेल्दी और टेस्टी बन जाएं।
छोटे बच्चों के लिए पैनकेक को अलग-अलग शेप (तारों, दिल, या स्माइली) में बनाएं, ताकि वे और भी खुश होकर इसे खाएं।
ग्लोइंग स्किन का आसान नुस्खा: विटामिन-E कैप्सूल और गुलाब जल से दूर करें डार्क स्पॉट्स
31 Mar, 2025 05:23 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चेहरे की त्वचा को स्वस्थ और चमकदार बनाए रखने के लिए रात का स्किन केयर रूटीन बहुत जरूरी होता है। रात को हमारी स्किन रिजुविनेट करती है, यानी सेल्स की मरम्मत होती है। इसलिए रात के समय स्किन केयर में ऐसी चीजों को शामिल करना चाहिए, जो स्किन की इस प्रक्रिया में मदद कर सकें गुलाब जल और विटामिन-ई कैप्सूल दोनों ही स्किन के लिए काफी फायदेमंद माने जाते हैं। यह न केवल त्वचा को पोषण देता है, बल्कि कई समस्याओं जैसे रूखापन, झुर्रियां, मुंहासे और डार्क स्पॉट्स को दूर करने में भी मदद करता है आइए जानते हैं कि रात को सोने से पहले गुलाब जल में विटामिन-ई कैप्सूल मिलाकर लगाने के क्या फायदे हैं।
गुलाब जल और विटामिन-ई कैप्सूल लगाने के फायदे
त्वचा को गहराई से मॉइश्चराइज करता है
गुलाब जल एक नेचुरल टोनर है, जो त्वचा के पीएच लेवल को बैलेंस करता है, जबकि विटामिन-ई एक बेहतरीन मॉइश्चराइज है। दोनों को मिलाकर लगाने से त्वचा में नमी बरकरार रहती है और रूखेपन की समस्या दूर होती है। यह खासकर से सर्दियों में या ड्राई स्किन वालों के लिए बहुत फायदेमंद है।
एंटी-एजिंग प्रभाव
विटामिन-ई में एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं, जो फ्री रेडिकल्स से लड़कर त्वचा की उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करते हैं। गुलाब जल के साथ मिलाकर लगाने से यह झुर्रियों, फाइन लाइन्स और डलनेस को कम करता है, जिससे त्वचा जवां और ग्लोइंग दिखती है।
डार्क सर्कल्स और पिगमेंटेशन को कम करता है
गुलाब जल त्वचा को शांत करता है और ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाता है, जबकि विटामिन-ई स्किन सेल्स को रिपेयर करता है। नियमित इस्तेमाल से आंखों के नीचे के डार्क सर्कल्स और चेहरे के दाग-धब्बे हल्के होते हैं, जिससे त्वचा का टोन समान होता है।
मुंहासों और बैक्टीरिया से बचाव
गुलाब जल में एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीसेप्टिक गुण होते हैं, जो एक्ने पैदा करने वाले बैक्टीरिया को खत्म करते हैं। विटामिन-ई त्वचा को हील करने में मदद करता है और मुंहासों के निशान को कम करता है।
त्वचा में निखार लाता है
यह कॉम्बिनेशन स्किन के डेड सेल्स को हटाकर नए सेल्स के निर्माण में मदद करता है। नियमित इस्तेमाल से त्वचा में प्राकृतिक चमक आती है और यह स्वस्थ दिखती है।
सन डैमेज से बचाव
अगर त्वचा धूप से डैमेज हो गई है, तो गुलाब जल और विटामिन-ई स्किन को रिपेयर करने में मदद करता है। यह सनबर्न और टैनिंग को कम करता है।
कैसे इस्तेमाल करें?
एक चम्मच गुलाब जल में एक विटामिन-ई कैप्सूल का तेल मिलाएं।
इन्हें रात को सोने से पहले साफ चेहरे पर लगाएं।
हल्के हाथों से मसाज करें और इसे 20-30 मिनट तक लगा रहने दें।
अगर स्किन ज्यादा ड्राई है, तो इसे रातभर लगा रहने दें और सुबह धो लें।
नवरात्र के नौ दिनों के रंगों का गाइड: स्टाइलिश और शुभ लुक के लिए परफेक्ट टिप्स
29 Mar, 2025 07:11 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चैत्र नवरात्र की शुरूआत 30 मार्च से हो रही है। नवरात्र एक ऐसा त्योहार है जो पूरे नौ दिनों तक चलता है। पूरे नौ दिनों तक मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा की जाती है। भक्तगण माता दुर्गा की पूजा-उपासना के साथ ही पूरे नौ दिनों का व्रत भी रखते हैं। ऐसा माना जाता है कि इससे देवी मां प्रसन्न होती हैं। पूजा, व्रत के अलावा नवरात्र में एक और चीज़ का बहुत महत्व होता है वो है रंगों का। नवरात्र में हर दिन का एक अलग रंग होता है। जिसे खासतौर से पूजा और पहनावे में इस्तेमाल किया जाता है। रंग जिंदगी में खुशहाली भरने का काम करते हैं। मान्यता है कि ऐसा करने से मां दुर्गा के सभी 9 रूपों का आशीर्वाद प्राप्त होता है और कृपा मिलती है। इससे आप खूबसूरत (भी लगेंगी। ऐसे में आइए जानते हैं कि नवरात्र के नौ दिनों तक किस-किस रंग के कपड़े पहनने चाहिए। अगर आपके पास इन रंगों के कपड़े नहीं हैं तो आप उन्हें खरीद कर अपने वार्डरोब में रख सकते हैं।
पहले दिन पहनें सफेद रंग के कपड़े
पहला दिन माता शैलपुत्री का होता है। माता शैलपुत्री को हिमालयराज की पुत्री माना जाता है। माता को पीला और सफेद रंग बहुत प्रिय है। ऐसे में आपको पीले और सफेद रंग के कपड़े पहनने चाहिए। आप साड़ी, सूट या इंडो वेस्टर्न ट्राई कर सकती हैं। वहीं पुरुष भी शेरवानी पहन सकते हैं।
दूसरा दिन- सफेद और सिल्वर
दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की पूजा होती है। इन्हें सफेद रंग बेहद प्रिय हैं। सभी को सफेद रंग के कपड़े पहनने चाहिए। सफेद रंग शुद्धता और शांति का प्रतीक माना जाता है।
तीसरा दिन- लाल रंग
तीसरे दिन मां चंद्रघण्टा की पूजा होती है। लाल रंग माता काे बेहद प्रिय है। पूजा में उन्हें खासतौर से लाल रंग की ही चुनरी चढ़ाई जाती है। त्योहार के मौके पर लाल रंग पहनना शुभ भी माना जाता है। ऐसे में पूजा-पाठ के मौके पर ट्रेडिशनल कपड़े ही पहने जाते हैं। इस मौके पर लाल रंग की साड़ी और शेरवानी पहनना बेस्ट ऑप्शन रहेगा।
चौथा दिन- रॉयल ब्लू
चौथे दिन कूष्मांडा देवी की पूजा की जाती है। माता का पसंदीदा रंग नीला है। इस दिन आप नीले रंग का सूट सा साड़ी पहन सकती हैं।
पांचवा दिन- पीला
पांचवे दिन देवी स्कंदमाता की पूजा की जाती है। ऐसे में आप पीले रंग के वस्त्र पहन सकती हैं। क्योंकि माता को पीला रंग बेहद पसंद आता है। इससे आप पर माता की कृपा बनी रहेगी।
छठवां दिन- ग्रीन
ये दिन माता कात्यायनी देवी को समर्पित है। ऐसी मान्यता है कि अगर इस दिन कुंवारी कन्याएं हरे रंग के वस्त्र पहनकर मां दुर्गा की पूजा करती हैं तो उन्हें शीघ्र ही अच्छे वर की प्राप्ति होती है।
सातवां दिन- ग्रे
सातवां दिन मां कालरात्रि को समर्पित है। इस दिन ग्रे रंग के कपड़े पहनने चाहिए। इस रंग को आप किसी भी तरह के आउटफिट्स में ट्राई कर सकती हैं। आपका लुक निखर कर आएगा।
आठवां दिन- सफेद और बैंगनी
आठवें दिन महागौरी माता की पूजा की जाती है। माता का पसंदीदा रंग सफेद और बैंगनी है। ये रंग फी अट्रैक्टिव और सौम्य होता है। इस रंग की साड़ी हो या सूट, या फिर लहंगा हर किसी पर बहुत खिलता है।
नवां दिन- गाढ़ा हरा
नवां और आखिरी दिन मां सिद्धिदात्रि का होता है। इस दिन गाढ़े रंग का हरा कपड़ा पहना जाता है। इस रंग के साथ भी आप कई तरह के एक्सपेरिमेंट कर सकती हैं।
नवरात्र व्रत में ट्राई करें साबूदाना चिवड़ा, पांच मिनट में तैयार होने वाली आसान रेसिपी
29 Mar, 2025 07:04 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नवरात्री के समय कई लोग 9 दिन उपवास रखते हैं और उनके लिए रोज़-रोज़ एक ही जैसा खाना बोरिंग हो जाता है। साबूदाना की वैसे तो बहुत सी रेसिपी बनती हैं, लेकिन अगर आप अपने लिए कुछ नया ट्राई करना चाहती हैं तो साबूदाना चिवड़ा ट्राई करें। ये बनाने में आसान है और साथ ही झटपट तैयार भी हो जाती है। तो बस इस आसान सी रेसिपी को ट्राई करें क्योंकि ये रेसिपी आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। इसमें कैलोरी उसी हिसाब से ज्यादा होगी जिस हिसाब से आप सामान इस्तेमाल करेंगे। यानी ये हेल्दी बनने के साथ-साथ पेट भरने के लिए हेवी स्नैक भी हो सकता है।
सामग्री :
1 कप साबूदाना
2 टेबलस्पून मूंगफली
1 टेबलस्पून काजू (कटा हुआ)
1 टेबलस्पून किशमिश
1-2 हरी मिर्च (बारीक कटी हुई)
8-10 करी पत्ते
1/2 छोटा चम्मच जीरा
1/2 छोटा चम्मच सेंधा नमक
1/2 छोटा चम्मच काली मिर्च पाउडर
2 टेबलस्पून नारियल (कद्दूकस किया हुआ)
2 टेबलस्पून देसी घी या तेल
विधि :
सबसे पहले साबूदाना को अच्छे से धोकर छान लें और 2-3 घंटे के लिए सूखने दें ताकि वह कुरकुरा बने।
अब इसके बाद एक कड़ाही में घी या तेल गरम करें, फिर उसमें मूंगफली और काजू को हल्का सुनहरा होने तक भून लें।
अब इसमें हरी मिर्च, करी पत्ते और जीरा डालकर भूनें।
इसके बाद, सूखा हुआ साबूदाना डालें और धीमी आंच पर कुरकुरा होने तक सेंक लें।
अब इसमें सेंधा नमक, चीनी, काली मिर्च पाउडर और किशमिश डालकर अच्छे से मिला लें।
अंत में, कद्दूकस किया हुआ नारियल डालें और हल्का सा भून लें।
आपका साबूदाना चिवड़ा तैयार है। इसे ठंडा होने दें और फिर एयरटाइट डिब्बे में स्टोर करें।
यह उपवास में खाने के लिए हल्का और कुरकुरा नाश्ता है।
चैत्र नवरात्रि के लिए ट्रेंडिंग मेहंदी डिज़ाइन: सुहागनों और कुवांरी लड़कियों के लिए परफेक्ट
29 Mar, 2025 06:58 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चैत्र नवरात्रि हिंदू धर्म में एक पवित्र त्योहार है, जो नए साल और वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक है। इस दौरान मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है और कई लोग व्रत भी रखते हैं। नवरात्रि के मौके पर महिलाएं और लड़कियां मेहंदी लगाना बहुत पसंद करती हैं। मेहंदी न केवल सौंदर्य बढ़ाती है, बल्कि इसे शुभता और समृद्धि का प्रतीक भी माना जाता है।
मेहंदी को सोलह शृंगार का अहम हिस्सा है। इसलिए सुहागन महिलाएं नवरात्रि पर खासतौर से मेहंदी लगाती हैं। अगर आप भी इस चैत्र नवरात्रि पर मेहंदी लगाना चाहती हैं, तो हम यहां कुछ खास मेहंदी डिजाइन बता रहे हैं, जो इस खास मौके के लिए बिल्कुल परफेक्ट हैं।
देवी दुर्गा, स्वास्तिक और कलश डिजाइन
नवरात्रि के पावन अवसर पर देवी दुर्गा से जुड़े प्रतीकों वाली मेहंदी लगाना बहुत शुभ माना जाता है। आप अपने हाथों पर स्वास्तिक, कलश, त्रिशूल या दुर्गा मां की आकृति बना सकती हैं। इन डिजाइन्स को हथेली के बीचों-बीच या उंगलियों पर उकेरा जा सकता है।
फूल-पत्तियों वाली ट्रेडिशनल मेहंदी
पारंपरिक भारतीय मेहंदी में फूल, पत्तियां और जालीदार पैटर्न बहुत लोकप्रिय हैं। चैत्र नवरात्रि पर आप गुलाब, कमल या मोगरे के फूलों की डिजाइन चुन सकती हैं। इन्हें हाथों और पैरों पर बेहद खूबसूरती से उकेरा जा सकता है।
मांडला पैटर्न
अगर आप मॉडर्न और यूनिक मेहंदी पसंद करती हैं, तो मांडला डिजाइन ट्राई कर सकती हैं। ये डिजाइन हाथों पर बेहद खूबसूरत और आकर्षक दिखाई देते हैं।
पंखुड़ियों वाली मेहंदी
चैत्र नवरात्रि वसंत ऋतु में मनाई जाती है, इसलिए फूलों और पंखुड़ियों से जुड़ी मेहंदी डिजाइन बिल्कुल सही रहेगी। आप अपनी उंगलियों पर छोटी-छोटी पंखुड़ियां बनवा सकती हैं या हथेली पर एक बड़ा फूल डिजाइन करवा सकती हैं।
ओम और मंत्रों वाली मेहंदी
धार्मिक महत्व वाली मेहंदी में आप "ओम नमः शिवाय", "दुर्गा माता की जय" या अन्य मंत्रों को शामिल कर सकती हैं। इन्हें सुंदर कैलिग्राफी के साथ हाथों पर उकेरा जा सकता है।
पीकॉक (मोर) डिजाइन
मोर भारतीय संस्कृति में सौंदर्य और अनुग्रह का प्रतीक है। नवरात्रि पर मोर की आकृति वाली मेहंदी लगाना बहुत लकी माना जाता है। आप मोर के पंखों को हथेली या हाथ के पिछले हिस्से पर बनवा सकती हैं।
मिनिमलिस्टिक मेहंदी
अगर आप साधारण पर स्टाइलिश मेहंदी पसंद करती हैं, तो मिनिमल डिजाइन चुन सकती हैं। इसमें छोटे-छोटे फूल, बेल-बूटे या डॉट्स शामिल हो सकते हैं। यह डिजाइन कामकाजी महिलाओं के लिए भी बिल्कुल सही है।
स्टाइलिश दिखने के लिए ट्राई करें ये आउटफिट
28 Mar, 2025 04:34 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पैंट स्टाइल साड़ी – साड़ियां तो ट्रेडिशनल वेयर्स की लिस्ट में टॉप पर रहती हैं लेकिन वही नॉर्मल साड़ी में अलग नजर आना थोड़ा मुश्किल है, तो इसके लिए आपको साड़ी कैरी करने के स्टाइल के साथ एक्सपेरिमेंट करना पड़ेगा। जिसमें पैंट स्टाइल साड़ी चला सकती है अपना मैजिक। इस स्टाइल को आप नॉर्मल साड़ी के साथ पहन सकती हैं।
स्कर्ट- टॉप/ शर्ट – शिल्पा शेट्टी के इस लुक को भी आप अपने नवरात्र के आउटफिट में शामिल कर सकती हैं। स्कर्ट के साथ आप टॉप या शर्ट को टीमअप करें। क्योंकि मौसम में हल्की ठंडक होने लगी है तो कंफर्ट और स्टाइल दोनों ही लिहाज से बेस्ट रहेंगे फुल स्लीव या 3/4 स्लीव वाले शर्ट या टॉप।
प्लाजो-टॉप के साथ जैकेट – इंडो-वेस्टर्न इस लुक में आप नजर आएंगी सबसे अलग और स्टाइलिश। आप चाहे तो ब्लाउज़ और प्लाजो मैचिंग भी चुन सकती हैं या फिर कॉन्ट्रास्ट में भी। बस ध्यान रखें जैकेट आपके टॉप या बॉटम से मैच करता हुआ होना चाहिए वरना लुक थोड़ा अजीब लगेगा। एक्सेसरीज़ में चोकर या फिर लॉन्ग ईयररिंग्स कैरी कर अपने लुक को पूरा करें।
कुर्ती-प्लाजो – बेशक ये कुछ नया ऑप्शन नहीं है लेकिन आप प्रिंट और फैब्रिक में एक्सपेरिमेंट कर जरूर इससे अलग लुक पा सकती हैं। कॉलर वाली शिफॉन या जॉर्जेट पेप्लम स्टाइल कुर्ती को प्लाजो के साथ पेयर करें और फिर देखें जलवा। लुक को थोड़ा और स्टाइलिश बनाने के लिए आप कुर्ती पर बेल्ट भी लगा सकती हैं।
कॉफ्तान – बांधनी या लहरिया प्रिंट कॉफ्तान को भी आप अपने नवरात्र आउटफिट में काउंट कर सकती हैं। बेल्ट के साथ इन्हें पहनें जो आपके लुक को और ज्यादा स्टाइलिश और ग्लैमरस बनाएंगे।
लहंगा ब्लाउज़ – नवरात्र सेलिब्रेशन में आप लहंगा-ब्लाउज़ भी कैरी कर सकती हैं। हॉल्टर, पेप्लम, ऑफ शोल्डर, वन शोल्डर या बोट नेक वाली चोली के साथ लहंगा पहनें। इसके साथ दुपट्टा कैरी करें ।
शरारा – स्टालिश आउटफिट में शरारा भी बेहतरीन ऑप्शन है कैरी करने के लिए। जो स्टाइलिश ही नहीं, कंफर्ट के मामले में भी है बेस्ट। शॉर्ट या लॉन्ग दोनों ही तरह की कुर्ती को आप शरारा के साथ कैरी कर सकती हैं ।
गाउन – गाउन भी इंडो-वेस्टर्न ड्रेस है,इसे भी अपनी लिस्ट में शामिल कर सकती हैं।
वन शोल्डर टॉप विद वाइड लेग पैंट्स – वाइड लेग पैंट्स के साथ इस तरह का लूज वन शोल्डर टॉप कैरी करके भी आप सेलिब्रेशन पार्टी में नजर आ सकती हैं।
व्रत में बनाएं मखाने की खीर
28 Mar, 2025 04:29 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सामग्री – मखाना,दूध,शक्कर,इलायची पाउडर,घी
खीर बनाने की तैयारी – मखाना की खीर बनाने के सिए एक पैन में 2 से 3 चम्मच घी गर्म करें। अब 1 कप फूल मखाना और 10 से 12 काजू डालें। मखाने को धीमी से मध्यम आंच पर घी में तब तक भूनें जब तक कि मखाना कुरकुरे न हो जाएं। काजू भी सुनहरे हो जायेंगे।फिर इन्हें एक प्लेट में निकाल कर एक तरफ रख दें।
ऐसे बनाएं – अब एक मोटे तले वाले पैन में 2 कप दूध गरम करें। आंच को मीडियम रखें और बीच-बीच में चलाते रहें ताकि दूध नीचे से न जले। दूध में उबाल आने दें। फिर जब तक दूध गर्म हो रहा हो, कप मखाना को सुरक्षित रख लें और बचा हुआ भुना हुआ मखाना ग्राइंडर या ब्लेंडर जार में डाल दें। ध्यान रहे एक ही थाली में रखे भुने हुए काजू को मखाने के साथ ना डालें। फिर 4 हरी इलायची के दाने और एक चुटकी केसर के दाने भी मिला दें |
हेल्दी और ग्लोइंग स्किन के लिए डाइट में शामिल करे इस तरह के जूस
28 Mar, 2025 04:27 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
1. संतरे और अदरक का जूस : सिटरस फल स्वस्थ त्वचा के लिए फायदेमंद होते हैं।सिटरस में एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो यूवी रेडिएशन से बचाते हैं और विटामिन-सी से भरपूर होते हैं। अदरक, जिसका स्वाद मीठा और हल्का तेज़ होता है, लेकिन त्वचा की जलन में मदद करता है।
2. टमाटर का जूस : त्वचा की सेहत के लिए विटामिन-सी काफी फायदेमंद होता है।विटामिन-सी त्वचा के सेहत के लिए ज़रूरी है, क्योंकि इसके एंटीऑक्सीडेंट्स कोलाजन बनाने में अहम रोल अदा करते हैं, हालांकि, सिटरस फल ही विटामिन-सी के स्त्रोत नहीं होते। टमाटर भी विटामिन-सी से भरपूर होता है, जो त्वचा को यूवी किरणों से बचाता है।
3. चुकंदर और बादाम का जूस : विटामिन-ए की तरह विटामिन-ई भी हमारी त्वचा में जलन को कम करता है। यहां तक कि, कई अध्ययनों से पता चला है कि यह यूवी एक्सपोजर से होने वाली क्षति को कम कर सकता है। चुकंदर और बादाम दोनों पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं।
4. पत्तेदार हरी सब्ज़ियों का जूस : हरी पत्तेदार सब्ज़ियां कैरोटीनॉयड का एक उत्कृष्ट स्रोत होती हैं। सिर्फ एक कप केल में कैरोटेनॉयड्स की मात्रा एक दिन में आपकी ज़रूरत से दस गुना ज्यादा होती है। विटामिन-ए या कैरोटेनॉयड्स का ज़रूरत से ज़्यादा सेवन नुकसान भी नहीं करता है। इस जूस को बनाने के लिए एक कप केल और पालक को ब्लेंड कर लें। फिर इसमें कुछ पुदीना के पत्ते डालें और अपनी पसंद का फल डालकर जूस निकाल लें।
5. गाजर का जूस : गाजर में त्वचा को बेहतर बनाने वाले विटामिन और खनीज होते हैं, जिसमें बायोटिन और विटामिन-ए दोनों शामिल हैं। आप जूस के फायदों को बढ़ाने के लिए इसमें हल्दी भी मिला सकते हैं।हल्दी एक शक्तिशाली एंटी-इफ्लामेटरी और एंटीऑक्सीडेंट है, जिसमें पूरे शरीर के लिए चिकित्सीय गुण होते हैं।
6. सेब और पुदीने का जूस : सेब में कुछ पत्तियां पुदीने की डालकर इस जूस को तैयार किया जा सकता है। सेब का स्वाद मीठा और अच्छा होता है, जो एंटी-इंफ्लामेटरी भी होते हैं। इनमें पेक्टीन भी होता है, जो आंत के बैक्टीरिया को बढ़ाने में मददगार साबित होता है। पुदीना के पत्ते त्वचा के पोर्स को साफ करते हैं और स्किन को मुलायम और हाइड्रेट बनाते हैं। इसके अलावा स्किन में ब्लड फ्लो को बेहतर बनाते हैं और झुर्रियों को दूर करते हैं।
पंजाब में ED का शिकंजा, पूर्व DIG हरचरण सिंह भुल्लर पर बड़ी कार्रवाई
परिवार संग बिताया खास समय, फैंस के साथ शेयर की खुशी
ड्रग्स के खिलाफ अमेरिका की कड़ी कार्रवाई, मिसाइल हमले में 3 लोगों की मौत
कहा—सिनेमा में रंगभेद की सोच अब भी मौजूद
बड़ा राजनीतिक फेरबदल: राघव चड्ढा-संदीप पाठक सहित सात नेता अब भाजपा के राज्यसभा सदस्य
भीषण सड़क हादसा: बस और ट्रक की टक्कर, एक की जान गई
मेट्रो यात्रियों के लिए खुशखबरी, भोपाल-इंदौर में ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन सिस्टम लागू
सोशल मीडिया और मीडिया मैनेजमेंट का बड़ा रोल
