मध्य प्रदेश
चंचल शेखर ने संभाला मध्य प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन के अध्यक्ष पद का दायित्व
11 Jul, 2025 02:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। मध्य प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन के अध्यक्ष अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, विशेष सशस्त्र बल चंचल शेखर होंगे. निवर्तमान अध्यक्ष रविकुमार गुप्ता ने गुरुवार को कार्यभार चंचल शेखर को सौंपा। आईपीएस एसोसिएशन के अध्यक्ष का कार्यकाल दो वर्ष का होता है.एडीजी रवि गुप्ता का कार्यकाल पूरा होने पर हुए चुनाव में चंचल शेखर को नया अध्यक्ष चुना गया। उन्हें बेहतरीन पुलिसिंग के अलावा कुशल प्रशासक में शुमार किया जाता है। इसके साथ ही आईपीएस एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष रवि कुमार गुप्ता ने एसोसिएशन के नवनिर्वाचित अध्यक्ष चंचल शेखर को पुष्पगुच्छ भेंट कर बधाई दी।
इन अधिकारियों को एसोसिएशन में मिली जगह
उप पुलिस महानिरीक्षक रेल मोनिका शुक्ला, राहुल लोढ़ा पुलिस अधीक्षक रेल, अखिल पटेल डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस क्राइम ब्रांच भोपाल और अमित सिंह डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस इंदौर हैं। इन सभी को नई जिम्मेदारी मिलने पर 7वीं बटालियन कमांडेंट हितेष चौधरी सहित एसोसिएशन के पूर्व सदस्य आईजी ग्वालियर अरविंद सक्सेना, डीसीपी रियाज इकबाल, यांगचेन डोलकर भूटिया अन्य आईपीएस अधिकारियों ने बधाई दी है।
IPS संगठन जल्द करेगी मुख्य सचिव से मुलाकात
मध्य प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन की कई मांगे हैं. पिछले कई सालों से लगातार सरकार से चर्चा हो रही है लेकिन इसके बाद भी निराकरण नहीं हुआ है। आईपीएस एसोसिएशन ने तय किया है कि आने वाले दिनों में मुख्य सचिव से मुलाकात करेंगे। खास तौर पर आईएएस अधिकारियों द्वारा आईपीएस अधिकारियों की गोपनीय चरित्रावली लिखे जाने को लेकर मामला काफी लंबे समय से चर्चा में है। इस विषय को फिर से मुख्य सचिव के सामने ले जाने की जिम्मेदारी चंचल शेखर की होगी।1995 बैच के आईपीएस अधिकारी और वर्तमान में एडीजी, एसएएफ, मध्य प्रदेश पुलिस, चंचल शेखर ने मध्य प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन के अध्यक्ष का पदभार ग्रहण किया। उनके साथ, आईपीएस एसोसिएशन के नवगठित निकाय के अन्य पदाधिकारियों ने भी अपने-अपने दायित्व ग्रहण किए।
अन्य पदाधिकारी
अमित सिंह
मोनिका शुक्ला
राहुल लोढ़ा
अखिल पटेल
रवि गुप्ता ने पुष्पगुच्छ भेंट कर चंचल शेखर का अभिनंदन किया। पदभार ग्रहण करने के बाद, आईपीएस एसोसिएशन के नवनिर्वाचित निकाय ने प्रस्तावित आईपीएस मीट और अन्य सांस्कृतिक गतिविधियों पर विचार-विमर्श किया।
कुबेरेश्वर धाम में उमड़ेगे शिवभक्त, सीवन नदी से जल लेकर निकली कांवड़ यात्रा
11 Jul, 2025 01:54 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सीहोर। सीवन नदी से कुबेरेश्वरधाम कांवड़ लेकर जाने शिवभक्तों का सिलसिला भोर होने के साथ ही शुरू हो गया। कांवड़ मेला एक माह आगामी 8 अगस्त तक चलेगा। इसी के साथ 6 अगस्त को शहर के सीवनघाट से सुबह नौ बजे भव्य कांवड़ यात्रा निकाली जाएगी। इसमें स्वयं कुबेरेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित प्रदीप मिश्रा शामिल होंगे। यह यात्रा सीवन नदी से करीब 11 किलोमीटर पैदल चलकर धाम पर पहुंचेगी, जहां पर भव्य आरती की जाएगी और बाबा को जल अर्पित किया जाएगा।
कुबेरेश्वर धाम का कांवड़ मेला हर साल भक्तों के लिए एक विशेष अवसर होता है। इस मेले में भक्तगण श्रद्धा और भक्ति के साथ कांवड़ लेकर चलते हैं और भगवान शिव को जल अर्पित करते हैं। यह मेला न केवल धार्मिक भावना को प्रकट करता है, बल्कि समाज को एकजुट करने का भी कार्य करता है। कांवड़ यात्रा में शामिल होने वाले भक्त, शहर की जीवनदायनी मां सीवन से जल भरकर 11 किलोमीटर की पैदल यात्रा करते हैं, जो उनकी भक्ति को दर्शाता है। इस यात्रा में कठिनाइयों का सामना करते हुए भी लोग अपने श्रद्धा भाव के साथ आगे बढ़ते हैं। कुबेर भंडारी की कांवड़ विशेष रूप से कष्टों के निवारण के लिए मानी जाती है और भक्तगण इसे लेकर अत्यधिक श्रद्धा रखते हैं। कांवड़ मेला सावन मास के साथ ही शुरू हो गया है और आगामी 8 अगस्त तक चलेगा।
पंडित प्रदीप मिश्रा भी कांवड़ यात्रा में चलेंगे कांवड़ लेकर
शिव भक्त सीहोर से मां सीवन के जल लेकर बाबा कुबेर भंडारी को चड़ाते हैं एवं कंकर शंकर पूजन करते हैं। सर्व कार्य सिद्ध करने वाली कांवड़ पूज्य गुरुदेव प्रदोष के दिन समर्पित करते हैं। पंडित प्रदीप मिश्रा के साथ जो भक्त कांवड़ चड़ाने आते हैं वो मन में जो कामना लेकर आते हैं बाबा प्रदोष की कांवड़ का जल लेकर उस भक्त की कामना पूरी करते हैं। इस वर्ष की कांवड़ प्रदोष की पूज्य गुरुदेव के साथ 6 अगस्त सुबह 9 बजे सीहोर शहर के सीवन घाट से भरा कर 11 किलोमीटर दूर बाबा धाम जाएगी। बाबा पर प्रदोष के दिन कांवड़ जल गुरुजी के साथ चढ़ाया जाएगा। विठलेश सेवा समिति के समीर शुक्ला ने बताया कि एक माह का कांवड़ मेला सावन मास क आगाज के साथ ही शुरू हो गया है। सभी शिव भक्त बाबा को कांवड़ जल चढ़ाकर अपने जीवन को सफल करें।
पन्ना की धरती से निकलीं अति प्राचीन मूर्तियां, ASI की टीम ने संभाली कमान
11 Jul, 2025 12:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पन्ना: देवेंद्र नगर तहसील के अंतर्गत ग्राम पंचायत फुलवारी के ग्राम फूलदारी में खेत के समतलीकरण के दौरान खुदाई में कुछ अति प्राचीन मूर्तियां मिली हैं. जिसकी जांच करने के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग टीम मौके पर पहुंची. टीम ने अति प्राचीन मूर्तियों का अवलोकन किया और फोटोग्राफ और वीडियो लिए. इसके साथ ही सभी मूर्तियों की विस्तृत जांच की गई.
समतलीकरण के दौरान मिली मूर्तियां
राजेंद्र प्रसाद तिवारी का खेत उबड़ खाबड़ था. उन्होंने खेत के समतलीकरण के लिए खुदाई का काम चालू किया था. जिसमें कुछ ही दिनों की खुदाई में समतलीकरण के दौरान खेत में अति प्राचीन मूर्तियां दिखाई दीं. जिसमें मूर्तियों की संख्या 10 से अधिक पाई गई है. इसकी सूचना उन्होंने तहसील कार्यालय देवेंद्र नगर में दी. इसके बाद प्रशासन ने इन मूर्तियों के जांच के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग जबलपुर को पत्र लिखा. जिसके बाद भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण टीम फूलदारी गांव मौके पर पहुंची और मूर्तियों का अवलोकन किया.
मूर्तियों के बारे में जुटाई कई जानकारियां
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग के पुरातत्वविद डॉ. शिवाकांत वाजपेयी के मार्गदर्शन में डॉ. रितेश सिंह अपनी टीम के साथ पन्ना पहुंचे. उन्होंने ग्राम पंचायत फुलवारी के फुलदारी पहुंचकर अति प्राचीन मूर्तियों के संबंध में विधिवत कई जानकारियां जुटाई. भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की टीम में फोटोग्राफर और अन्य जांचकर्ता अधिकारी मौजूद थे. टीम ने देवेंद्रनगर तहसीलदार ज्योति सिंह राजपूत और पुलिस विभाग की मौजूदगी में मूर्तियों का अवलोकन किया.
नाचना कुठार जैसी प्रतीत होती है मूर्तियां
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की पुरातत्वविद डॉ. शिवाकांत वाजपेयी ने बताया कि "हमारी टीम 8 जुलाई को डॉ. रितेश सिंह के नेतृत्व में गांव में मूर्तियों का अवलोकन करने गई थी. जिसमें मूर्तियां प्रथम दृष्टि नाचना कुठार जैसी प्रतीत होती हैं. बता दें कि नाचना कुठार की मूर्तियां गुप्तकालीन हैं."
पुरातत्वविद डॉ. रितेश सिंह ने बताया कि "मूर्तियों से सम्बन्धित समस्त जानकारी एकत्रित कर ली गई है. इनके अध्यन हेतु पुरातत्वविद डॉ. शिवकांत बाजपेयी सर के साथ चर्चा कर कार्बन डेटिंग सहित एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट पन्ना कलेक्टर को सौंपी जायेगी."
कलेक्टर को सौंपी जाएगी रिपोर्ट
देवेंद्रनगर तहसीलदार ज्योति सिंह राजपूत ने बताया कि "भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग जबलपुर की टीम आई थी. उन्होंने मूर्तियों का अवलोकन किया और फोटोग्राफ खींचे. वे अपनी रिपोर्ट बना कर ले गए हैं और कहा है कि 1 सप्ताह के अंदर पूरी रिपोर्ट पन्ना कलेक्टर सुरेश कुमार को प्रस्तुत किया जाएगा. मौके पर मैं भी गई थी और पुलिस विभाग के कुछ अधिकारी भी मौजूद थे. इसके साथ ही आर्कियोलॉजिस्ट विभाग की पूरी टीम वहां पहुंची थी."
शिक्षा ढांचे को मजबूती: सिंधिया ने लिया जर्जर स्कूल का संज्ञान
11 Jul, 2025 12:04 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गुना। गुना जिले के बमोरी विकासखंड के ग्राम सांगई स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय, मारकी महू में लंबे समय से टपरे के नीचे कक्षाएं संचालित हो रही थीं। जैसे ही इस विद्यालय की जर्जर हालत और बच्चों की दयनीय पढ़ाई व्यवस्था की जानकारी केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री तथा गुना सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया को मिली, उन्होंने इस गंभीर विषय पर तुरंत संज्ञान लिया और आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। बताया गया कि केंद्रीय मंत्री सिंधिया उस समय बेंगलुरु प्रवास पर थे। लेकिन जैसे ही उन्हें विद्यालय की बदहाल स्थिति और बच्चों की कठिन परिस्थितियों में पढ़ाई किए जाने की सूचना मिली, उन्होंने स्थान और समय की परवाह किए बिना गुना कलेक्टर को फोन कर विद्यालय भवन निर्माण कार्य को प्राथमिकता पर लेकर शीघ्र शुरू करने के निर्देश दिए।
गुना कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने केंद्रीय मंत्री सिंधिया को आश्वस्त किया कि विद्यालय भवन का निर्माण कार्य अगले एक-दो दिनों में प्रारंभ कर दिया जाएगा। प्रशासन ने स्थल का निरीक्षण कर जरूरी तैयारियाँ भी शुरू कर दी हैं। यह विद्यालय पिछले तीन वर्षों से अत्यंत जर्जर स्थिति में था। बरसात के दिनों में छत से पानी टपकने और प्लास्टर झड़ने के कारण बच्चों को अस्थायी टपरे के नीचे बैठकर पढ़ाई करनी पड़ती थी। टिन-तिरपाल से बने इस अस्थायी ढांचे में पढ़ाई का वातावरण न तो सुरक्षित था और न ही सम्मानजनक। केंद्रीय मंत्री सिंधिया की इस त्वरित पहल ने न केवल प्रशासनिक कार्यशैली को सक्रिय किया, बल्कि यह भी साबित किया कि वे अपने संसदीय क्षेत्र की समस्याओं को लेकर हमेशा सजग और संवेदनशील रहते हैं।
हादसा या लापरवाही? आटा चक्की में फंसा युवक, शरीर हुआ टुकड़ों में विभाजित
11 Jul, 2025 11:45 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रीवा : मऊगंज जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. यहां एक महिला की आटा चक्की के बेल्ट में फंसकर दर्दनाक मौत हो गई. महिला की साड़ी का पल्लू अचानक आटा चक्की के बेल्ट मे फंस गया, जिससे कुछ ही सेकंड़ में उसका सिर धड़ से अलग होकर क्षत से टकराया और उसके शरीर के 12 टुकड़े हो गए.
हादसे के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने तत्काल मेन स्विच गिराया, जिसके बाद आटा चक्की बंद हुई. इसके बाद तत्काल घटना की सूचना स्थानीय पुलिस को दी गई.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, मन को विचलित कर देने वाला यह मामला मऊगंज जिले के नइगढ़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत सेंगरवार कुर्मीयान गांव का है. यहां पर रहने वाले नारायण पटेल तेल मिल के साथ आटा चक्की की दुकान संचालित करते हैं. इस कार्य मे उनकी 42 वर्षीय पत्नि रामरती पटेल भी उनका काफी सहयोग करती थी. बुधवार शाम रामरती अपने पति के साथ मिल मे मौजूद थी और दुकान मे कुछ ग्राहक भी मौजूद थे. इसी दौरान रामरती ग्राहक को तेल देने के लिए आटा चक्की के बेल्ट के पास से गुजरी तभी उसका पल्लू आटा चक्की की बेल्ट मे फंस और उसकी दर्दनाक मौत हो गई.
सिर धड़ से अलग होकर छत से टकराया
आस पास मौजूद महिला के पति और ग्राहक कुछ समझ पाते तब तक महिला की दर्दनाक मौत हो चुकी थी. तेज आवाज के साथ महिला का सिर कटकर घर की छत से जा टकराया और उसके शरीर के 12 टुकड़े हो गए. हादसे के बाद तत्काल मेन स्विच को गिराया गया, जिसके बाद मशीन बंद हुई. हादसे के बाद महिला का पति बदहवास हो गया औऱ चीख पुकार सुनकर लोग घटना स्थल की तरफ दौड़े.
पोटली में भरकर भेजा गया शव
सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस पहुंची और पंचनामा कार्रवाई करते हुए शव के टुकड़ों को एकत्रित किया गया. बताया गया कि क्षतविक्षत होने के कारण महिला के शव को पोटली में भरकर पोस्टमार्टम के लिए नई गढ़ी सामुदायिक स्वास्थ केंद्र ले जाया गया. मृतिका रामरती पटेल के देवर पुष्पराज पटेल के मुताबिक, '' भाभी किसी काम से चक्की की बेल्ट की तरफ गई थी तभी उनकी साड़ी का पल्लू बेल्ट मे फंस गया और वह हादसे का शिकार हो गई.''
एडिशनल एसपी ने दी जानकारी
घटना को लेकर मऊगंज एडिशनल एसपी विक्रम सिंह बताया, '' नइगढ़ी थाना क्षेत्र मे एक दुखद घटना हुई थी. सूचना मिलते ही पुलिस की टीम घटना स्थल पर पहुंची थी. मृतिका रामराती पटेल और उनके पति खुद की आटा संचालित करते है. मशीन चल रही थी, इसी दौरान वह उसके करीब गई और उनकी साड़ी का पल्लू बेल्ट मे फंस गया, जिससे उनकी दर्दनाक मौत हो गई. मर्ग कायम कर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए समुदाइयिक स्वास्थ केंद्र भेजा गया. आगे की कार्रवाई जारी है.
भोपाल आरपीएफ की मानवीय पहल, तीन नाबालिगों को सुरक्षित घर पहुँचाने की दिशा में कदम
10 Jul, 2025 09:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मंडल रेल प्रबंधक श्री देवाशीष त्रिपाठी के मार्गदर्शन में चलाए जा रहे "ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते" के अंतर्गत आरपीएफ भोपाल द्वारा 03 नाबालिग बालिकाओं को सुरक्षित रेस्क्यू कर गौरवी सखी सेंटर के सुपुर्द किया गया।
भोपाल : दिनांक 09 जुलाई 2025 को प्लेटफॉर्म क्रमांक 01, भोपाल स्टेशन पर सहायक उप निरीक्षक श्री राघवेंद्र सिंह नियमित गश्त के दौरान ड्यूटी पर तैनात थे। इस दौरान उन्होंने तीन नाबालिग बालिकाओं को डरी-सहमी अवस्था में बैठे हुए पाया। तत्क्षण उन्होंने महिला आरक्षक उमा पटेल को बुलाकर बालिकाओं को सांत्वना दी और बातचीत का प्रयास किया।
स्थानीय यात्रियों से पूछताछ के बावजूद बालिकाओं के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी प्राप्त नहीं हो सकी। इसके पश्चात तीनों बालिकाओं को महिला आरक्षक उमा पटेल द्वारा सुरक्षित रूप से आरपीएफ पोस्ट भोपाल लाया गया। पूछताछ में बालिकाओं ने बताया कि वे दिल्ली में अपने माता-पिता की डांट से नाराज होकर बिना किसी को बताए किसी अज्ञात ट्रेन में सवार होकर भोपाल आ पहुँची थीं।
बालिकाओं द्वारा दिए गए मोबाइल नंबर पर उनके परिजनों से संपर्क किया गया तथा संपूर्ण स्थिति से अवगत कराया गया। आगे की कार्रवाई के अंतर्गत महिला आरक्षक उमा पटेल एवं प्रभारी आरक्षक राकेश कुमार द्वारा तीनों बालिकाओं का सामान्य चिकित्सकीय परीक्षण कराकर उन्हें गौरवी सखी सेंटर को सुपुर्द किया गया। परिजनों को इसकी सूचना दे दी गई है।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि रेलवे परिसर में गश्त, सतर्कता और यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए नाबालिगों की सहायता हेतु ‘ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते’ लगातार सक्रिय रूप से संचालित किया जा रहा है। यात्रियों से अनुरोध है कि वे रेलवे परिसर में किसी भी संदिग्ध या असहाय बच्चे को देखकर तुरंत आरपीएफ को सूचित करें।
मशीन विजन आधारित निरीक्षण प्रणाली (एमवीआईएस) ट्रेन सुरक्षा को बढ़ावा देगी, मैनुअल निरीक्षण को कम करेगी और सेवा व्यवधान को रोकेगी
10 Jul, 2025 08:53 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : सेवा दक्षता में सुधार करने और रोलिंग स्टॉक के रखरखाव को स्वचालित करने के लिए अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों को अपनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के अंतर्गत भारतीय रेलवे ने रोलिंग स्टॉक के स्वास्थ्य की निगरानी के लिए मशीन विजन आधारित निरीक्षण प्रणाली (एमवीआईएस) की स्थापना के लिए समर्पित माल ढुलाई कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (डीएफसीसीआईएल) के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं।
एमवीआईएस एक आधुनिक, एआई/एमएल-आधारित प्रौद्योगिकी समाधान है जो चलती ट्रेनों के अंडर-गियर के उच्च-रिज़ॉल्यूशन छवियों को कैप्चर करता है और स्वचालित रूप से किसी भी हैंगिंग, ढीले या लापता घटकों का पता लगाता है। विसंगतियों का पता लगाने पर, सिस्टम त्वरित प्रतिक्रिया और कार्रवाई के लिए वास्तविक समय के अलर्ट चेतावनी देता है।
समझौता ज्ञापन पर औपचारिक रूप से रेलवे बोर्ड के निदेशक (परियोजना एवं विकास) श्री सुमित कुमार और डीएफसीसीआईएल के जीजीएम (मैकेनिकल) श्री जवाहर लाल ने रेल भवन नई दिल्ली में हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर सदस्य (ट्रैक्शन एवं रोलिंग स्टॉक) श्री बी.एम. अग्रवाल, डीएफसीसीआईएल के प्रबंध निदेशक श्री प्रवीण कुमार और रेलवे बोर्ड तथा डीएफसीसीआईएल के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।
एमओयू की शर्तों के अंतर्गत डीएफसीसीआईएल चार एमवीआई इकाइयों की खरीद, आपूर्ति, स्थापना, परीक्षण और कमीशन के लिए जिम्मेदार होगा। यह प्रणाली भारतीय रेलवे में पहली है। प्रौद्योगिकी से ट्रेन संचालन की सुरक्षा को बढ़ाने, मैनुअल निरीक्षण प्रयासों को कम करने और संभावित दुर्घटनाओं/सेवा व्यवधानों से बचने में मदद करने की उम्मीद है।
यह पहल रेलवे इकोसिस्टम के लिए आधुनिक, बुद्धिमान प्रणालियों को पेश करने के आईआर के व्यापक उद्देश्य के साथ भी संरेखित करती है। इस एमओयू पर हस्ताक्षर भविष्य के लिए तैयार रेल बुनियादी ढांचे के निर्माण में रेल सुरक्षा में डिजिटल परिवर्तन के लिए नई राह खोलेगी।
भोपाल मंडल की सख्ती: टिकट चेकिंग अभियान में 59 यात्रियों से ₹30,650 की वसूली
10 Jul, 2025 08:25 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
संत हिरदाराम नगर : मंडल रेल प्रबंधक श्री देवाशीष त्रिपाठी के कुशल मार्गदर्शन एवं वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया के निर्देशन में भोपाल मंडल द्वारा अधिकृत यात्रियों को सुविधाजनक सेवाएं प्रदान करने एवं अनियमित यात्राओं पर रोक लगाने के उद्देश्य से विभिन्न स्टेशनों पर नियमित रूप से विशेष टिकट जांच अभियान चलाए जा रहे हैं।
इसी क्रम में संत हिरदाराम नगर स्टेशन पर प्रातः 06:00 बजे से दोपहर 02:00 बजे तक 'किलाबंदी' टिकट चेकिंग अभियान का संचालन किया गया। इस अभियान का नेतृत्व श्री शैलेन्द्र सिंह, मुख्य टिकट निरीक्षक, भोपाल ने किया तथा इसमें वाणिज्य विभाग के 16 टिकट चेकिंग स्टाफ ने सहभागिता की। जांच के दौरान स्टेशन के बाहर जाने वाले मार्गों की घेराबंदी की गई ताकि कोई भी यात्री बिना जांच के बाहर न निकल सके।
इस विशेष अभियान के अंतर्गत कुल 8 ट्रेनों के यात्रियों के टिकटों की जांच की गई। जांच के दौरान 85 यात्री बिना टिकट यात्रा करते हुए पाए गए, जिनसे ₹42,175/- की वसूली की गई। वहीं, 59 यात्री अनुचित टिकट के साथ यात्रा करते हुए पकड़े गए, जिनसे ₹30,650/- की राशि वसूल की गई। इसके अतिरिक्त 7 मामलों में बिना बुकिंग सामान ले जाने अथवा स्टेशन पर गंदगी फैलाने के लिए ₹1,400/- का जुर्माना वसूला गया।
इस प्रकार इस ‘किलाबंदी’ टिकट चेकिंग अभियान के दौरान कुल 151 मामलों से ₹74,225/- का रेल राजस्व प्राप्त हुआ।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि ऐसे विशेष चेकिंग अभियान यात्रियों को नियमों के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ अनियमित यात्राओं पर प्रभावी अंकुश लगाने में सहायक होते हैं। उन्होंने यात्रियों से अपील की कि वे सदैव वैध टिकट लेकर ही यात्रा करें। प्रतीक्षा सूची ई-टिकट एवं प्लेटफॉर्म टिकट पर यात्रा करना मान्य नहीं है। यात्री टिकट बुकिंग हेतु IRCTC की वेबसाइट, मोबाइल ऐप अथवा UTS ऐप का उपयोग कर सकते हैं।
राशन दुकानों पर लगेगा टेक्नोलॉजी का ताला, AI करेगा हर गड़बड़ी पर नजर
10 Jul, 2025 05:31 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल: मध्य प्रदेश में गरीबों को बांटे जाने वाले अनाज के एक-एक दाने का हिसाब रखने के लिए विभाग ने एक नया प्लान तैयार किया है. इससे जहां अनाज वितरण में गड़बड़ी रुकेगी, वहीं विभाग के पास यह रिकॉर्ड भी तैयार होगा कि दुकानों से कितना अनाज सही तरीके से बांटा गया.
इसके लिए विभाग अब प्रदेश की सभी राशन दुकानों की तुलाई मशीनों को ई-पॉश मशीनों से जोड़ रहा है. इससे उपभोक्ता को कितना राशन दिया गया, इसकी जानकारी विभाग तक सीधे पहुंचेगी. वहीं उंगलियां और अंगूठा स्कैन न होने से राशन न मिलने की समस्या को दूर करने के लिए भी विभाग ने नया रास्ता निकाल लिया है. अब ऐसे उपभोक्ताओं को बिना राशन के नहीं लौटना होगा.
'ई-पॉश मशीन से जुड़ेंगे तराजू'
खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग के कमिश्नर कर्मवीर शर्मा मानते हैं कि "वास्तविकता में उपभोक्ता को कितना अनाज बांटा गया, इसकी विभाग के पास जानकारी ही नहीं आती, लेकिन अब इसका भी रास्ता निकाल लिया गया है. प्रदेश की सभी पीडीएस दुकानों के तराजू को ई-पॉश मशीन से जोड़ा जा रहा है. इससे तुलाई मशीन से जैसे ही उपभोक्ता को अनाज तौलकर दिया जाएगा, उसकी जानकारी विभाग के सर्वर पर अपने-आप पहुंच जाएगी. अनाज तौलने से पहले ई पॉश मशीन में उपभोक्ता के फिंगर प्रिंट से उसकी पहचान की जाती है, इसलिए अनाज की जानकारी के साथ यह भी पता होगा कि किस उपभोक्ता को कितना अनाज दिया गया."
एआई की मदद से पकड़ी जाएगी चोरी
तुलाई मशीन से पॉश मशीनों को जोड़े जाने के बाद प्रदेश भर से इसका डाटा विभाग के पास पहुंचेगा. इस डाटा के साथ सर्वर पर खाद्यान का बाकी डाटा भी अपलोड होगा. एआई की मदद से इस डाटा का एनालिसिस होगा और जहां भी निर्धारित मात्रा से कम अनाज दिया जाएगा तो इससे जुड़ी एनफॉरर्मेशन अपने आप जनरेट होगी.
फिंगरप्रिंट मिसमैच तो चेहरे से होगी पहचान
आमतौर पर यह शिकायत होती है कि उपभोक्ता के फिंगर प्रिंट पॉश मशीनों में रीड नहीं हो रहे या हाथों की लकीरें मिट चुकी हैं. कमिश्नर कर्मवीर शर्मा कहते हैं कि "इस तरह की शिकायतों को देखते हुए अब इसका भी रास्ता निकाला गया है. ऐसी स्थिति में आंखों की पुतलियों और फेस रिकग्निशन से भी पहचान स्थापित कर राशन दिया जाएगा. इसके लिए व्यवस्था की जा रही है."
गोडाउन से लेकर गाड़ियों तक की मॉनिटरिंग
गोडाउन से लेकर पीडीएस की दुकानों तक पहुंचने के दौरान अनाज में किसी तरह की गड़बडी को रोकने के लिए अब परिवहन कार्य में लगे सभी 900 माल वाहक वाहनों को जीपीएस से जोड़ा गया है, जिससे अनाज लेकर निकलने वाले वाहनों की लगातार ऑनलाइन मॉनिटरिंग आसान हुई है. वहीं प्रदेश के सभी 250 वेयर हाउस पर भी अब सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं.
गड़बड़ी के कई मामले आए सामने
मार्च 2025 में भोपाल में शिकायत के बाद खाद्य विभाग की टीम ने संत हिरदाराम नगर की अनाज मंडी की एक दुकान की जांच की तो यहां 28 टीन फोर्टिफाइड चावल मिला. यह चावल राशन की दुकानों से गरीबों को बांटा जाना था लेकिन पीडीएस दुकान संचालक और सेल्समैन की मिलीभगत से इसे व्यापारी को बेच दिया गया. इस तरह की गड़बड़ियां प्रदेश भर में चल रही है.
मां ने दो मासूमों संग तोड़ा दम, शिवपुरी में घरेलू विवाद ने ली तीन जानें
10 Jul, 2025 04:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
शिवपुरी: जिंदगी की जद्दोजहद, रिश्तों की उलझन और मन की टीस कभी-कभी इंसान को ऐसी राह पर ले जाती है, जहां से लौटना नामुमकिन हो जाता है. शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के जौराई गांव में गुरुवार की सुबह एक ऐसी ही दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया. एक मां ने अपने मासूम बेटे और बेटी के साथ आत्महत्या कर ली.
घटनास्थल पर छाया मातम, पसरा सन्नाटा
गांव की फिजा गुरुवार की सुबह अचानक चीख-पुकार और सन्नाटे में बदल गई, जब तड़के करीब 3:30 बजे मृतका की सास ने कुएं में तीनों के शव देख लिए. मां पिंकी (पत्नी रामनिवास बघेल), उसकी नन्ही सी 4 साल की बेटी रुचिका और सिर्फ 8 माह के बेटे आनंद की लाशें एक साथ कुएं में मिलीं. उस पल मां की ममता, बच्चों की मासूम मुस्कान और परिवार की खुशियां सब कुछ हमेशा के लिए कुएं की गहराई में डूब गई.
चीख-पुकार सुनकर गांव के लोग दौड़े. वहीं, परिजन बदहवास हो गए. सूचना मिलते ही बैराड़ तहसीलदार दृगपाल सिंह वैस और थाना प्रभारी रवि शंकर कौशल पुलिस टीम के साथ पहुंचे. तीनों शवों को कुएं से बाहर निकाला गया. मातम का आलम ऐसा था कि हर आंख नम थी, हर चेहरा सवालों से भरा हुआ. आखिर ऐसा क्या हो गया कि एक मां को अपने 2 मासूमों के साथ खौफनाक कदम उठाना पड़ा.
अधूरी कहानी, टूटे सपने और छूटती सांसें
बताया जाता है कि घटना के वक्त पिंकी का पति रामनिवास बघेल गिरिराज जी की परिक्रमा से लौटने के बाद अपनी ससुराल शिवपुरी में रुका हुआ था. घर पर सिर्फ सास और बाकी परिवार के सदस्य थे. हालांकि, पुलिस को अभी तक कोई आत्महत्या नोट या ठोस वजह नहीं मिली है लेकिन प्राथमिक तौर पर यह मामला पारिवारिक कलह का बताया जा रहा है. पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है. मृतका के परिजनों के बयान लिए जा रहे हैं ताकि आत्महत्या की असली वजह सामने आ सके.
गांव में पसरा मातम, आंखों में बसी है मासूमों की तस्वीर
गांव में हर किसी की आंखें नम हैं. लोग पिंकी और उसके मासूम बच्चों की यादों में डूबे हैं. उनकी छोटी-छोटी शरारतें, मासूम हंसी और ममतामयी मां की गोद अब बस यादों का हिस्सा बनकर रह गई है. परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जिसने सब कुछ छीन लिया.
इस घटना ने एक बार फिर समाज के सामने सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या आज भी हम पारिवारिक समस्याओं और मानसिक तनाव से जूझ रहे लोगों को समय रहते सहारा दे पा रहे हैं? या फिर हर घर के कुएं में कोई न कोई दर्द आज भी गहराई में दबा हुआ है? यह खबर सिर्फ तीन मौतों की नहीं, बल्कि टूटते सपनों, अधूरी उम्मीदों और समाज की अनसुनी पीड़ा की दास्तान है, जो सभी को सोचने के लिए मजबूर कर देती है.
धार्मिक यात्रा से लौटा पति, घर पहुंचा तो कुएं में मिली पूरे परिवार की लाशें
10 Jul, 2025 02:46 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
शिवपुरी: मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के जोराई गांव में एक दुखद घटना सामने आई है। गुरुवार को एक कुएं में एक मां और उसके दो बच्चों के शव मिले। मृतकों की पहचान पिंकी बघेल (28), उनकी बेटी रुचिका (4) और बेटे आनंद (8 माह) के रूप में हुई है। महिला का पति रामनिवास बघेल गांव से बाहर गोवर्धन की परिक्रमा करने गया था। पुलिस मामले की जांच कर रही है। फोरेंसिक जांच के बाद ही मौत के कारणों का पता चल पाएगा।
यह घटना शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना इलाके के जोराई गांव की है। गुरुवार की सुबह ग्रामीणों ने कुएं में तीन शव देखे। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तीनों शवों को कुएं से बाहर निकाला। शवों को पोस्टमार्टम के लिए शिवपुरी जिला अस्पताल भेजा गया है।
पति बोला- किसी से नहीं था विवाद
मृतक महिला पिंकी बघेल के पति रामनिवास बघेल ने बताया कि वह अपने साले और साढू के साथ गोवर्धन की परिक्रमा करने उत्तर प्रदेश के मथुरा गए थे। उन्होंने बताया कि बुधवार रात को लौटने के बाद वह अपने साले के घर ही रुक गए थे। सुबह उन्हें इस घटना की सूचना मिली, जिसके बाद वह तुरंत गांव पहुंचे। रामनिवास ने कहा कि पत्नी पिंकी का न तो घर में, न बाहर किसी से कोई विवाद था। समझ नहीं आ रहा कि यह कैसे और क्यों हुआ?
जांच में जुटी पुलिस
बैराड़ थाना प्रभारी रविशंकर कौशल ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आत्महत्या, हादसा या हत्या, तीनों पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस परिजन के बयानों के साथ-साथ मोबाइल कॉल डिटेल भी खंगाल रही है। थाना प्रभारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के आधार पर पूरे मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि मौत की वजह क्या है।
‘जब तक सड़कें रहेंगी, गड्ढे होते रहेंगे’ – PWD मंत्री राकेश सिंह का विवादित बयान
10 Jul, 2025 01:49 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल: लोक निर्माण विभाग मंत्री राकेश सिंह ने मध्य प्रदेश की सड़कों की हालत पर बात की। उन्होंने कहा कि ऐसी कोई तकनीक नहीं है जिससे गड्ढे न हों। उन्होंने यह भी कहा कि अगर 6 महीने में सड़कें खराब होती हैं तो कार्रवाई होगी। मंत्री ने बिटुमिन की खरीद में पारदर्शिता लाने और सड़कों की गुणवत्ता सुधारने के लिए कई कदम उठाने की बात कही। उन्होंने निर्माणाधीन पुलों की रिपोर्ट भी मांगी है और कहा कि गड्ढों की समस्या का समाधान किया जाएगा।
सड़कें रहेंगी तो गड्ढे होते रहेंगे
PWD मंत्री राकेश सिंह ने प्रदेश की खराब सड़कों पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि जब तक सड़कें रहेंगी, गड्ढे होते रहेंगे। उनके अनुसार, ऐसी कोई तकनीक नहीं है जिससे सड़कों पर गड्ढे न हों। उन्होंने यह भी कहा कि अगर कोई सड़क 6 महीने में ही खराब हो जाती है, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने सड़कों की गुणवत्ता सुधारने के लिए कई कदम उठाने की बात कही है।
ऐसी कोई तकनीक नहीं जिससे गड्ढा नहीं होगा
मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि अभी तक ऐसी कोई तकनीक नहीं आई है जिससे यह कहा जा सके कि सड़क पर कभी गड्ढा नहीं होगा। उन्होंने कहा कि जब तक सड़कें रहेंगी तब तक गड्ढे होते रहेंगे। राकेश सिंह ने आगे कहा कि वे सड़कों को बेहतर बनाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। उनके अनुसार, दुनिया में ऐसी कोई सड़क नहीं है जिसमें गड्ढा न हो।
6 महीने में खराब होती है तो गलत बात
मंत्री राकेश सिंह ने यह भी कहा कि अगर कोई सड़क 4 साल तक खराब नहीं होनी चाहिए और वह 6 महीने में ही खराब हो जाती है, तो यह गलत है। ऐसे मामलों में कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सड़कों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाली जमीन को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं।
बिटुमिन खरीद पर भी कही बात
मंत्री सिंह ने कहा कि वे वर्क कल्चर को बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब बिटुमिन स्थानीय स्तर पर नहीं खरीदा जा सकेगा। इसे केवल भारत पेट्रोलियम या हिंदुस्तान पेट्रोलियम से ही खरीदा जाएगा। उन्होंने कहा कि हमने उसे कंडीशन में डाल दिया है। जब बिटुमिन निकलेगा तो डिजिटल लॉक के साथ निकलेगा। जिस क्षेत्र के लिए बिटुमिन जाएगा वहां के सब इंजीनियर के मोबाइल पर OTP आएगा और OTP डालने के बाद ही डिजिटल लॉक खुलेगा और बिटुमिन अनलोड किया जा सकेगा।
रिचार्ज बोर बनाए जाएंगे
मंत्री सिंह ने कहा कि सड़कों से पानी निकालने के लिए एक से दो किलोमीटर की दूरी पर रिचार्ज बोर बनाए जाएंगे। लोक कल्याण सरोवर भी बनाने का काम किया जाएगा। सभी चीफ इंजीनियर 10-10 लोक कल्याण सरोवर का निरीक्षण करेंगे और वे खुद भी 20 स्थानों पर जाकर निरीक्षण करेंगे।
निर्माणाधीन पुलों की रिपोर्ट मंगवाई
मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि वे निर्माणाधीन पुलों की रिपोर्ट मंगवा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भोपाल के ऐशबाग पुल में 90 डिग्री की जगह 119 डिग्री का टर्न है। इसमें सेफ्टी मेजर का पालन नहीं हुआ है, इसलिए कार्रवाई भी हुई है। उन्होंने कहा कि इससे राजस्व का नुकसान हुआ है और इसके पहले कभी इतनी बड़ी कार्रवाई नहीं हुई थी।
इंदौर को लेकर भी कही बात
उन्होंने कहा कि इंदौर में जिस पुल को लेकर मीडिया में बात आई है, वह 114 डिग्री का है, लेकिन टर्निंग रेडियस 15 मीटर की बजाय 20 मीटर है, जो ठीक है और यहां कोई राजस्व नुकसान नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि वे प्रदेश भर के निर्माणाधीन पुलों की रिपोर्ट बुला रहे हैं। एक एक्सपर्ट कमेटी का गठन किया जा रहा है ताकि कहीं से कोई बात आए तो उसका समाधान हो सके। हर महीने में दो बार लोक निर्माण विभाग की सड़कों का औचक निरीक्षण होता है। उन्हें पता नहीं होता है कि कहां निरीक्षण के लिए जाना है।
डंपर और कंक्रीट लेकर पहुंच जाएं
सीधी की सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर लीला साहू की खराब सड़कों को लेकर की गई पोस्ट पर मंत्री सिंह ने कहा कि क्या PWD का बजट इतना होता है कि किसी ने पोस्ट डाल दी तो हम सड़क बनाने के लिए डंपर और सीमेंट कांक्रीट का प्लांट लेकर पहुंच जाएंगे। उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं होता है, इसकी एक प्रक्रिया होती है। PWD कौन सी सड़क बनाएगा और कौन सी नहीं बनाएगा, इसकी व्यवस्था तय है। इसके लिए विभाग की सीमाएं होती हैं। बजट में कमी नहीं है, धीरे-धीरे काम कर रहे हैं।
मध्यप्रदेश BJP में नई शुरुआत: प्रदेश अध्यक्ष बनाएंगे नई टीम
10 Jul, 2025 01:17 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। मध्यप्रदेश भाजपा में संगठनात्मक फेरबदल की प्रक्रिया तेज हो गई है। हाल ही में प्रदेशाध्यक्ष नियुक्त किए गए हेमंत खंडेलवाल को पार्टी नेतृत्व ने अपनी नई कार्यकारिणी गठित करने की पूरी अनुमति दे दी है। वे प्रदेशभर से अनुभवी और समर्पित कार्यकर्ताओं को शामिल कर एक नई टीम तैयार करेंगे। जानकारी के अनुसार पार्टी की नीति "एक व्यक्ति, एक पद" के तहत वर्तमान कार्यकारिणी में शामिल सांसदों, मंत्रियों और विधायकों को संगठनात्मक दायित्वों से मुक्त किया जाएगा। इस समय पार्टी की प्रदेश इकाई में सात सांसद, एक कैबिनेट मंत्री और छह विधायक विभिन्न पदों पर कार्यरत हैं।
नई टीम में नए चेहरों को मिलेगा मौका
पार्टी की रणनीति है कि संगठन के कार्यों को पूर्णकालिक रूप से निभाने वाले ऐसे कार्यकर्ताओं को आगे लाया जाए, जिनकी जमीनी पकड़ मजबूत है और जो संगठनात्मक कामकाज में सक्रिय हैं। इसी के तहत अब नए और कम चर्चित लेकिन प्रभावी चेहरों को प्रदेश टीम में स्थान मिल सकता है। भाजपा सूत्रों का कहना है कि नई कार्यकारिणी में युवाओं, महिलाओं और सामाजिक दृष्टि से विविध प्रतिनिधित्व पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
मोर्चा संगठनों में भी होंगे बदलाव
भाजपा के सात मोर्चा संगठनों में से तीन की कमान वर्तमान में सांसदों के पास है और एक मोर्चा कैबिनेट मंत्री के जिम्मे है। सांसद बनने के बाद इन नेताओं की व्यस्तता बढ़ गई है, जिससे मोर्चों के कामकाज पर असर पड़ा है। महिला मोर्चा की अध्यक्ष माया नारोलिया राज्यसभा सांसद बनने के बाद से सीमित सक्रियता में हैं। किसान मोर्चा के दर्शन चौधरी सांसद बन चुके हैं और ओबीसी मोर्चा के प्रमुख अब प्रदेश सरकार में मंत्री हैं। खुद मंत्री नारायण सिंह कुशवाह ने मोर्चे की जिम्मेदारी से मुक्त करने का अनुरोध पार्टी से कर दिया है।
दिल्ली में केंद्रीय नेतृत्व से हुई चर्चा
प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल हाल ही में दिल्ली में पार्टी के शीर्ष नेताओं से मुलाकात कर चुके हैं। इसमें उन्हें नई कार्यकारिणी के गठन को लेकर पूरी सहमति मिल गई है। अब माना जा रहा है कि एक महीने के भीतर भाजपा प्रदेश संगठन की नई टीम की घोषणा कर दी जाएगी, जिसमें अनुभवी और युवा कार्यकर्ताओं का संतुलन होगा।
धसान नदी का रौद्र रूप, गांवों में बाढ़ का खतरा, जिला प्रशासन सतर्क
10 Jul, 2025 12:49 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
टीकमगढ़। लगातार बारिश के चलते टीकमगढ़ जिले की धसान नदी का जलस्तर बढ़ गया है। नदी में अधिक मात्रा में पानी आने से बानसूजारा बांध में पानी का भराव अधिक हो गया है। इसके चलते सात गेट खोल दिए गए हैं। प्रशासन ने नीचे रहने वाले लोगों से अपील की है कि वह नदी के आसपास न जाएं।
बानसूजारा बांध के अनुविभागीय अधिकारी आरएस सेजवार ने गुरुवार की सुबह बताया बांध के ऊपर धसान नदी में पानी की आवक बढ़ने से बांध के निर्धारित जलस्तर में लगातार वृद्धि हो रही है। अतः बांध की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए बांध के 7 गेट बीती रात्रि 10:00 बजे खोल दिए गए हैं, जिससे निचले स्तर पर पानी का जल स्तर करीब 8 से 10 फुट तक बढ़ जाएगा। उन्होंने बताया कि बांध से 540 घन मीटर प्रति सेकंड पानी सुरक्षित रूप से छोड़ा जा रहा है। इससे बांध के नीचे रह रहे ग्रामीण अंचलों में लोगों को सूचित किया गया है कि वह सतर्क और सुरक्षित रहें। इसके साथ ही प्रशासन को सूचना दी गई है। उन्होंने बताया कि करीब 8 से 10 फुट जलस्तर बढ़ने के कारण टीकमगढ़ छतरपुर मार्ग भी बंद हो सकता है।
मुरैना में रिश्ता हुआ शर्मसार, पिता ने 9 साल की बेटी को बनाया हवस का शिकार
10 Jul, 2025 11:45 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मुरैना: मुरैना जिले में रिश्तों को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है. यहां पर एक सौतेले पिता ने 9 साल की मासूम बेटी को हवस का शिकार बना लिया. घटना जिले के बानमोर थाना क्षेत्र की है. मासूम बच्ची अपनी मां ओर नाना-नानी को साथ पुलिस थाने पहुंची. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है.
मुरैना जिले के बानमोर थाना क्षेत्र में रहने वाली एक महिला फैक्ट्री में मजदूरी का काम करती है. कुछ साल पहले सर्प दंश से उसके पति की मौत हो गई थी. पति की मौत के बाद महिला ने फैक्ट्री में काम करने वाले एक साथी मजदूर से शादी कर ली. शादी के बाद महिला अपनी 9 साल की बेटी के साथ किराए के मकान में दूसरे पति के साथ रहने लगी.
रात को नशे की हालत में नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म कर रहा था सौतेला पिता
बीते सोमवार-मंगलवार की रात को खाना खाने के बाद मां-बेटी कमरे में सो रही थीं. पास में ही महिला का पति भी सो रहा था. आधी रात के बाद सौतेला पिता नशे की हालत में मासूम बेटी के साथ दुष्कर्म कर रहा था, तभी बेटी की आवाज सुनकर मां की आंख खुल गई. पत्नी के जागते ही आरोपी वहां से भाग गया. महिला अपने माता पिता के साथ बेटी को लेकर थाने पहुंची.
पुलिस की पूछताछ के दौरान बच्ची ने बताया कि मां जब घर से बाहर चली जाती थी, तो पिता नशे की हालत के उसके साथ गंदा काम करता था. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है. मामले में ASP सुरेंद्र पाल सिंह डावर ने बताया "ऐसा मामला संज्ञान में आया, जिसके बाद पुलिस ने आरोपी सौतेले पिता के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है. बच्ची को न्यायलय में पेश कर उसके बयान कराये गए है. बयान के आधार पर वैधानिक कार्यवाही की जाएगी.
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