चैटजीपीटी को सब्सक्राइबर बढ़ने से घाटा?
नई दिल्ली । आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एआईचैटवाट के सब्सक्राइबर तेजी के साथ बढ़ रहे हैं। उसी तेजी के साथ कंपनी का घाटा भी बढ़ रहा है। कंपनी के सह संस्थापक सैम आलटमैन का कहना है। सब्सक्राइबर बढ़ाने के कारण कंपनी को नुकसान हो रहा है। चैट जीटीपी का सालाना सब्सक्राइबर शुल्क भारत में करीब 17000 रुपए प्रति वर्ष है। भारत में तेजी के साथ सब्सक्राइबर बढ़ रहे हैं। जिसके कारण चैट जीपीटी कंपनी की लागत बढ़ती चली जा रही है। ग्राहकों को प्रीमियम सुविधा देने के लिए ओपन एआई की कंप्यूटिंग लागत पर कंपनी को ज्यादा खर्च करना पड़ रहा है। कंपनी के इस बयान के बाद ऐसा लग रहा है कि कंपनी भारत में अपना शुल्क बढ़ाने की तैयारी कर रही है। भविष्य में सालाना सब्सक्रिप्शन और भी महंगा हो सकता है।

5 लाख परिवारों को आर्थिक सहारा, सरकार का बड़ा कदम
एक अप्रैल को होगी रामावतार जग्गी केस की फाइनल सुनवाई
शाकिब की वापसी से BCB में नई हलचल, फैंस में उत्साह
भाजपा पर निशाना साधते हुए ममता बोलीं- जनता के साथ अन्याय नहीं होने दूंगी
उदयपुर में चेन स्नैचिंग केस सुलझा, ऋषभदेव के जंगल से आरोपी पकड़े गए
हाईकोर्ट ने फेक कंटेंट पर तुरंत कार्रवाई का आदेश दिया
सरकारी खजाने में अनियमितताओं पर पंचायत मंत्री का सख्त रुख
पूर्व ACS समेत 4 अधिकारियों को 2 महीने की सजा
मुंबई में भ्रष्टाचार पर वार, GST इंस्पेक्टर रिश्वत लेते गिरफ्तार
