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अमेरिकी कंपनियों पर अब टैक्स नहीं लगाएगा कनाडा
1 Jul, 2025 09:30 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ओटावा/वॉशिंगटन। कनाडा ने देर रात अमेरिकी टेक्नोलॉजी कंपनियों पर डिजिटल सर्विस टैक्स लगाने का अपना फैसला वापस ले लिया है। कनाडाई सरकार 30 जून से अमेरिकी कंपनियों पर डिजिटल सर्विस टैक्स लगाने वाली थी। कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने रविवार को एक बयान में कहा कि वह और ट्रम्प अब व्यापार वार्ता फिर से शुरू करने पर राजी हो गए हैं। कनाडाई वित्त मंत्रालय के मुताबिक, कार्नी और ट्रम्प के बीच 21 जुलाई तक व्यापार समझौते पर फिर से बातचीत शुरू हो सकती है। ट्रम्प ने 27 जून को कनाडा को धमकी दी थी कि अगर उसने अमेरिकी कंपनियों पर टैक्स लगाया, तो वे कनाडा पर जल्द नया टैरिफ लगा देंगे। ट्रम्प ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा कि हम कनाडा को अगले 7 दिनों में बता देंगे कि उसे अमेरिका के साथ बिजनेस करने के लिए कितना टैरिफ देना होगा।
पिछले साल पास हुआ था डिजिटल सर्विस टैक्स
कनाडा की संसद में डिजिटल सर्विसेज टैक्स एक्ट पिछले साल 20 जून, 2024 को पास हुआ था। हालांकि, यह टैक्स एक साल बाद 30 जून, 2025 से लागू होना था। लागू होने से कुछ घंटे पहले ही कनाडा सरकार ने इस पर यू टर्न ले लिया। ट्रम्प के टैरिफ को लेकर बातचीत से पीछे हटने के बाद कनाडा के पीएम मार्क कार्नी ने कहा था कि वह कनाडा की जनता के हित में अमेरिका के साथ बातचीत जारी रखना चाहते हैं। वहीं, अमेरिका के ट्रेजरी सचिव यानी कि वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने कहा कि उन्हें पहले से इस टैक्स के लगाए जाने की आशंका थी। हालांकि, अमेरिका और कनाडा के बीच टैरिफ को लेकर बातचीत चल रही थी, इसलिए उन्हें उम्मीद थी कि कार्नी प्रशासन इसे लागू नहीं करेगा।
सार्क को रिप्लेस करने के लिए पाकिस्तान, चीन और बांग्लादेश के बीच एक त्रिपक्षीय बैठक
1 Jul, 2025 08:30 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। दक्षिण एशिया के राजनीतिक परिदृश्य में चीन और पाकिस्तान नया कूटनीतिक खेल करने की तैयारी में हैं। रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान और चीन एक ऐसे प्रस्ताव पर काम कर रहे हैं जिसका उद्देश्य नया क्षेत्रीय संगठन बनाना है। ये नया संगठन दक्षिण एशियाई देशों के संगठन सार्क को बेदखल कर स्वयं उसकी जगह ले सकता है। इस प्रोजेक्ट के पीछे चीन का दिमाग काम कर रहा है। पाकिस्तान इस प्रोजेक्ट को सपोर्ट कर रहा है।
गौरतलब है कि चीन में हाल ही में पाकिस्तान, बांग्लादेश और चीन के प्रतिनिधियों की एक बैठक हुई थी। इस घटनाक्रम से परिचित राजनयिक सूत्रों के हवाले से पाकिस्तान के अखबार एक्सप्रेस ट्रिब्यून अखबार ने खबर दी है कि इस्लामाबाद और बीजिंग के बीच वार्ता अब अग्रिम चरण में है। दोनों पक्ष इस बात पर सहमत हैं कि क्षेत्रीय एकीकरण और संपर्क के लिए एक नया संगठन आवश्यक है। यह नया संगठन संभावित रूप से क्षेत्रीय ब्लॉक सार्क का स्थान ले सकता है। बता दें कि सार्क में भारत, अफगानिस्तान, बांग्लादेश, भूटान, मालदीव, नेपाल, पाकिस्तान और श्रीलंका शामिल हैं। चीन सार्क का सदस्य नहीं है। लेकिन अब नया संगठन बनाकर चीन दक्षिण एशिया के देशों पर कूटनीतिक और सामरिक प्रभाव हासिल करना चाहता है। सार्क के सभी देशों से चीन के गहरे आर्थिक और सामरिक संबंध हैं।
2016 से नहीं हुई है सार्क की मीटिंग
बता दें कि कभी दक्षिण एशियाई देशों का शक्तिशाली संगठन रहा सार्क आज नाम मात्र का संगठन रह गया है। 2014 में काठमांडू में हुए अंतिम शिखर सम्मेलन के बाद से इसका द्विवार्षिक शिखर सम्मेलन नहीं हुआ है। 2016 का सार्क शिखर सम्मेलन इस्लामाबाद में होना था। लेकिन उस वर्ष 18 सितंबर को जम्मू-कश्मीर के उरी में भारतीय सेना के शिविर पर हुए आतंकवादी हमले के बाद भारत ने मौजूदा परिस्थितियों का हवाला देते हुए शिखर सम्मेलन में भाग लेने में असमर्थता व्यक्त की। भारत द्वारा इस सम्मेलन में शिरकत करने से इनकार के बाद बांग्लादेश, भूटान और अफगानिस्तान द्वारा भी इस्लामाबाद में आयोजित होने वाले इस सम्मेलन में आने से इनकार कर दिए। इसके बाद पाकिस्तान को आखिरकार ये सम्मेलन रद्द करना पड़ा।
हरियाणा: बिजली की बढ़ी दरों के खिलाफ आयोग में याचिका, पूर्व वित्त मंत्री ने टैरिफ को दी चुनौती
30 Jun, 2025 10:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़। हरियाणा में बिजली की दरों में बढ़ोतरी को पूर्व वित्त मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रो. संपत सिंह ने चुनौती दी है। उन्होंने बिजली के टैरिफ को चुनौती देते हुए हरियाणा राज्य बिजली विनियामक आयोग (एचईआरसी) में रिव्यू (समीक्षा) याचिका दाखिल की है। अगर आयोग ने इस मामले में सुनवाई नहीं की तो वे ट्रिब्यूनल में जाएंगे। सोमवार को आयोग में याचिका दाखिल करने के बाद चंडीगढ़ स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से बातचीत में प्रो. संपत सिंह ने कहा कि फिक्स्ड चार्ज की वजह से उपभोक्ताओं पर अधिक बोझ पड़ा है। यहां तक कि कामर्शियल उपभोक्ता को भी एलटी एंड एचटी आपूर्ति शुल्क के साथ मिलाकर भी झटका दिया है। फिक्सड चार्ज भी 165 रुपये प्रति किलोवाट से बढ़ाकर 290 रुपये प्रति केवीए कर दिए है। दरें भी 6.65 रुपये प्रति यूनिट से 6.95 प्रति यूनिट की हैं। जिन औद्योगिक उपभोक्ताओं के पास 50 किलोवाट से अधिक लोड है, उनकी 6.55 रुपये प्रति यूनिट की दरो को बढ़ाकर 7.25 रुपये प्रति यूनिट किया है।
प्रो. संपत सिंह ने कहा कि बिजली कंपनियां 7964.28 करोड़ यूनिट की विभिन्न बिजली उत्पादन इकाइयों से बिजली 3.12 रुपये प्रति यूनिट के दर खरीद रही हैं। वे उपभोक्ताओं को 7 रुपये 29 पैसे प्रति यूनिट की दर से बेच रही हैं। कुल खरीदी गई बिजली में से उपभोक्ता को केवल 6916 करोड़ यूनिट दी जानी हैं। रास्ते में नुकसान 22 प्रतिशत से अधिक है। इसलिए उपभोक्ता को उस ऊर्जा के लिए 22 प्रतिशत अधिक भुगतान करना होगा, जो उन्हें दी ही नहीं है। पूर्व वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार ने ‘उदय’ योजना का बड़ा बखान किया। 34 हजार करोड़ रुपये से अधिक का बिजली निगमों का कर्जा सरकार ने अपने सिर लिया। 2021 में दावा किया गया कि उदय अपनाने के लिए 800 करोड़ का मुनाफा हुआ है।
वहीं 2023 में 400 करोड़ रुपये के करीब का घाटा हुआ। इससे साफ है कि बिजली कंपनियों का प्रबंधन अच्छा नहीं है। इसी वजह से उदय योजना अपनाने के बाद भी घाटा बढ़ा है। इनेलो आज पंचकूला में शक्ति भवन के सामने करेगा प्रदर्शन बिजली की दरों में बढ़ाेतरी के विरोध में इनेलो मंगलवार को पंचकूला स्थित शक्ति भवन के सामने प्रदर्शन करेगा।
पूरे प्रदेश से पार्टी नेता और कार्यकर्ता सुबह 10 बजे सेक्टर छह स्थित जाट भवन में एकत्रित होंगे और वहां से शक्ति भवन की तरफ कूच करेंगे। इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला की अगुवाई में होने वाले प्रदर्शन में पार्टी प्रदेशाध्यक्ष रामपाल माजरा, वरिष्ठ राष्ट्रीय उपप्रधान आरएस चौधरी, प्रधान महासचिव प्रकाश भारती, विधायक आदित्य देवीलाल, संगठन सचिव उमेद लोहान और महिला प्रदेश प्रभारी सुनैना चौटाला सहित राज्य कार्यकारिणी के सभी पदाधिकारी शामिल होंगे।
बच्चों ने छुट्टियों में होमवर्क किया या शरारतें... अभिभावक-शिक्षक में होगा संवाद
30 Jun, 2025 08:34 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
करनाल। मंगलवार से सभी स्कूल खुलने जा रहे हैं। एक महीने की गर्मियों की छुट्टियों के बाद विद्यार्थियों की पढ़ाई फिर शुरू होने जा रही है। ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान विद्यार्थियों को स्कूल की ओर से गृहकार्य दिया गया था। उन्होंने किसी प्रकार से वह कार्य किया है। अपने माता पिता को परेशान किया है, इन सभी बातों को जानने के लिए जिला शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार जिले के 484 राजकीय प्राथमिक स्कूलों में पीटीएम यानि अभिभावक-शिक्षक संवाद कार्यक्रम पांच जुलाई को होने जा रहा है।
सभी स्कूल मुखिया को इसका रिकॉर्ड भी रखना होगा, क्योंकि इसकी रिपोर्ट शिक्षा निदेशालय भेजी जा सकती है। राजकीय प्राथमिक विद्यालय के मुखिया को अपने क्लस्टर मुखिया को एक रिपोर्ट बनाकर भेजनी होगी, वहीं, कलस्टर को ब्लाक कार्यालयों को यह रिपोर्ट भेजनी होगी। मुख्यालय से प्राप्त पत्र मिलने के बाद शिक्षा विभाग के अधिकारी पीटीएम की तैयारियों में जुट गए हैं। राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में बाल वाटिका एक से कक्षा 5वीं तक के विद्यार्थियों के लिए पीटीएम बैठक के सिलसिले में विभाग के अधिकारियों ने संबंधित अधिकारियों को पत्र लिखा है। इसमें कहा गया है कि सभी प्राथमिक विद्यालयों में निपुण हरियाणा और एनसीएफएफएस पर आधारित रचनात्मक और व्यावहारिक ग्रीष्मकालीन गृहकार्य प्रदान किया गया था। जिससे विद्यार्थी को अपने परिवार के सदस्यों के सहयोग से पूरा करना था, ताकि अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी को विद्यार्थियों की शिक्षा में बढ़ावा दिया जा सके।
अभिभावकों से करेंगे विद्यार्थियों को लेकर चर्चा
जिला निपुण कोआर्डिनेटर विपिन कुमार ने बताया कि आने वाली पांच जुलाई को जिले के स्कूलों में पीटीएम रखी गई है। इसमें अभिभावकों से विद्यार्थियों के विषय में चर्चा की जाएगी। बच्चों की रुचि पर चर्चा होगी।
स्कूल मुखिया भेजेंगे रिपोर्ट
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी ने बताया कि पीटीएम के लिए सभी स्कूलों में तैयारी की जा रही है। पांच जुलाई को अभिभावक-शिक्षक संवाद बैठक होगी। जिसमें, विद्यार्थियों की शिक्षा से संबंधित विषयों पर चर्चा होगी। अभिभावक अपनी समस्या स्कूल में बताएंगें।
अभिभावकों का किया जाएगा स्वागत
पीटीएम के दौरान अभिभावकों का स्वागत किया जाएगा। इसके बाद मटका दौड़, नीबू दौड़, तोल-पैर दौड, रस्साकशी प्रतियोगिताएं आयोजित होगी। अभिभावकों से उनके बच्चों के ग्रीष्मकालीन अवकाश के बारे में पूछा जाएगा। अभिभावकों को यह बताया जाएगा कि बच्चों के विकास में स्कूल किस प्रकार कार्य कर रहा है।वहीं, अभिभावकों की प्रतिक्रिया को शिक्षकों को समझना होगा। बच्चों के प्रदर्शन पर बात की जाएगी।
पानीपत में हैवानियत की हदें पार, प्रेमी ने प्रेमिका और उसकी बेटी से किया दुष्कर्म
30 Jun, 2025 08:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पानीपत। मॉडल टाउन में प्रेमी ने प्रेमिका की नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म किया। प्रेमिका को इस बारे में पता चला तो उसने इसकी शिकायत मॉडल टाउन थाना पुलिस से की है। पुलिस ने किशोरी का जिला नागरिक अस्पताल में मेडिकल कराने के बाद सीडब्ल्यूसी में काउंसलिंग कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपित के खिलाफ केस दर्ज कर धरपकड़ के प्रयास तेज कर दिए हैं।
पुलिस को दी शिकायत में मॉडल टाउन क्षेत्र की कालोनी निवासी महिला ने बताया कि वह तीन बच्चों की मां है। इनमें दो बेटियां व एक बेटा है। घर पर फिरोज नाम का लड़का आता था, फिरोज ने उसे कहा कि वह उसे किराए के लिए अच्छा घर दिलवा देगा।
इस बहाने से उसका घर पर लगातार आने-जाने लगा। दोनों में नजदीकियां बढ़ी। फिरोज ने उसे कहा कि वह उसके साथ शादी करेगा और उसके बच्चों को भी अपनाएगा। वह उसकी बातों में आ गई। फिरोज ने शादी का झांसा देकर उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। अब वह अंबाला में नौकरी करने लगी थी। फिरोज पीछे से उसके घर आने लगा। उसने उसकी 16 साल की बेटी के साथ भी दुष्कर्म किया। उसकी बेटी ने उसे आपबीती बताई। उसने फिरोज से इस बारे में बात की तो उसने कहा कि अगर वह पुलिस को शिकायत देगी तो वह उसकी बेटी को जान से मार देगा। इसके बाद उसने इसकी शिकायत पुलिस को दी। मॉडल टाउन थाना प्रभारी जग महेंद्र ने बताया कि किशोरी का मेडिकल कराया गया है। महिला की शिकायत पर आरोपित पर केस दर्ज हो चुका है, जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
हरियाणा में नए जिले, तहसील और उपतहसील बनाने का रास्ता साफ
30 Jun, 2025 05:06 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़। हरियाणा में नए जिले, उपमंडल, तहसील और उप तहसील बनाने के लिए रास्ता साफ हो गया है। भारत के महारजिस्ट्रार और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने प्रशासनिक इकाइयों की सीमाओं में बदलाव के लिए 31 दिसंबर तक समय बढ़ा दिया है। मुख्य सचिव को लिखे पत्र के मुताबिक अगले साल फरवरी में जनगणना का काम शुरू हो जाएगा जिसके चलते पहली जनवरी 2026 से 31 मार्च 2027 तक प्रशासनिक इकाइयों की सीमाओं में कोई परिवर्तन नहीं किया जा सकेगा।
प्रदेश में नए जिले, मंडल, तहसील और उपतहसील बनाने को लेकर प्रदेश सरकार ने विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार की अध्यक्षता में कमेटी गठित कर रखी है। इसमें राजस्व एवं निकाय मंत्री विपुल गोयल, संसदीय कार्य मामले मंत्री महीपाल सिंह ढांडा और कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा शामिल हैं। पिछले साल चार दिसंबर को गठित कमेटी का कार्यकाल चार मार्च को पूरा हो गया था, जिसके बाद कमेटी का कार्यकाल 30 जून तक बढ़ा दिया गया। प्रशासनिक सीमाओं में बदलाव के लिए कई बैठकें कर चुकी कमेटी का यह कार्यकाल भी सोमवार को पूरा हो गया। सरकार की ओर से जल्द ही इस कमेटी को फिर से 31 दिसंबर तक के लिए एक्सटेंशन देने की तैयारी है।
कैबिनेट सब कमेटी के पास पांच नए जिले बनाने की मांग आई हुई है। इनमें हिसार का हांसी, सिरसा का डबवाली, करनाल का असंध, जींद का सफीदों और सोनीपत का गोहाना शामिल है। हालांकि मानेसर को भी नया जिला बनाने की मांग उठ रही है, लेकिन कैबिनेट सब कमेटी के पास लिखित में ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं आया है। उपायुक्तों की सिफारिश पर ही नए जिले, उपमंडल, उप तहसील और नई तहसीलें बनाई जाएंगी। ब्लाक समिति के लिए संबंधित विधानसभा क्षेत्र के विधायक, नगर पालिका या नगर निगम का प्रस्ताव अनिवार्य है। पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने संकेत दिए हैं कि यदि प्रस्ताव आया तो राज्य में नए मंडल भी बनाए जा सकते हैं।
मुठभेड़ में दबोचा गया कुख्यात बदमाश, बृजेश हत्याकांड का राज उगलवाएगी पुलिस
30 Jun, 2025 04:43 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
खरखौदा। कुख्यात बदमाश बरोणा के रहने वाले रवि उर्फ लांबा को खरखौदा पुलिस ने रविवार को न्यायालय में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया है। रवि उर्फ लांबा को शनिवार की अल सुबह तीन बजे मुठभेड़ के बाद पकड़ा गया था। बरोणा गांव के ही रहने वाले बृजेश की हत्या मामले में खरखौदा पुलिस को हत्यारोपित रवि उर्फ लांबा की बीते वर्ष से ही तलाश थी, जिस पर हरियाणा पुलिस की तरफ से 20 हजार रुपये का इनाम भी रखा गया था। रवि उर्फ लांबा की तलाश में जुटी सोनीपत पुलिस को उस समय कामयाबी मिली जब स्पेशल एंटी गैंग्सटर यूनिट, सोनीपत की टीम ने शनिवार की अल सुबह तीन बजे रवि उर्फ लांबा का बरोणा गांव में आने का इनपुट मिलने पर उसे खरखौदा के बाईपास से पकड़ लिया।
इस दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग करने पर हुई जवाबी कार्रवाई में रवि के पैर में गोली लगी थी, जिससे वह घायल हो गया था। उसे इलाज के लिए पीजीआइ, रोहतक ले जाया गया था। जहां से उसे छुट्टी मिलने पर खरखौदा पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी डाली थी। अब रविवार को आरोपित को न्यायालय में पेश किया गया।
इस दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग करने पर हुई जवाबी कार्रवाई में रवि के पैर में गोली लगी थी, जिससे वह घायल हो गया था। उसे इलाज के लिए पीजीआइ, रोहतक ले जाया गया था। जहां से उसे छुट्टी मिलने पर खरखौदा पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी डाली थी। अब रविवार को आरोपित को न्यायालय में पेश किया गया।
फरीदाबाद में महिला की लाश सूटकेस में मिली, 100 CCTV कैमरे भी नहीं दे पाए सुराग
30 Jun, 2025 04:33 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
फरीदाबाद। मवई गांव की झाड़ियों में सूटकेस में मिले शव के मामले को लेकर दो माह बाद भी क्राइम ब्रांच को कोई सफलता नहीं मिल पाई है। पुलिस के सामने मामले में सबसे बड़ा सवाल शव की पहचान काे लेकर है। जिसके लिए पुलिस ने न केवल 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरोंं को चेक किया। बल्कि दिल्ली एनसीआर की 200 से अधिक गुमशुदा महिलाओं की कुंडली भी खंगाल ली।
यहां तक की पुलिस ने शव की शिनाख्त को लेकर दिल्ली और नोएडा के सारे थानों से भी संपर्क कर लिया। अब पुलिस को अंदेशा है कि शव दिल्ली एनसीआर के बाहर से लाकर यहां पर डाला गया है। इसके लिए अन्य राज्यों की पुलिस से संपर्क साधा जा रहा है। तीन साल पहले पाली रोड और सूरजकुंड रोड पर सूटकेस में मिले शव के केस में भी क्राइम ब्रांच को कोई सफलता नहीं मिली थी।
मवई गांव की झाड़ियों में लाल रंग का सूटकेस मिला एक अप्रैल को खेड़ीपुल थाना क्षेत्र में मवई गांव की झाड़ियों में लाल रंग का सूटकेस मिला था। ग्रामीणों ने सूटकेस में से बदबू आने पर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने सूटकेस खोला तो अंदर महिला का बगैर कपड़ों का धड़ था। सिर और पैरों का हिस्सा नहीं था। फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया गया। फोरेंसिंक टीम के अनुसार मृतक महिला की उम्र 40 साल के आसपास थी।
पहले मामले की जांच खेड़ीपुल थाना कर रहा था। फिर केस डीएलएफ क्राइम ब्रांच को सौंप दिया। क्राइम ब्रांच ने जांच को लेकर पहले आसपास के सीसीटीवी कैमरों को चेक किया। करीब 100 से अधिक कैमरों को चेक करने के बाद भी सफलता नहीं मिली। आसपास के गांवों में पांच से छह टीमों ने लोगाें से पूछताछ की। दिल्ली एनसीआर के थानों से गुमशुदा महिलाओं का रिकार्ड खंगाला गया। लेकिन कोई भी गुमशुदा महिला ऐसी नहीं थी। जिससे शव के बारे में कुछ जानकारी हासिल हो सके। अब पुलिस मामले को लेकर दूसरे राज्यों के थानों से संपर्क में लगी है। मवई गांव की झाड़ियों में सूटकेस में मिले शव की शिनाख्त को लेकर प्रयास किया जा रहा है। शिनाख्त होते ही केस भी खुल जाएगा। क्राइम ब्रांच की टीम मामले को लेकर दूसरे राज्यों से भी संपर्क कर रही है। - अमन यादव, एसीपी क्राइम
पहले मामले की जांच खेड़ीपुल थाना कर रहा था। फिर केस डीएलएफ क्राइम ब्रांच को सौंप दिया। क्राइम ब्रांच ने जांच को लेकर पहले आसपास के सीसीटीवी कैमरों को चेक किया। करीब 100 से अधिक कैमरों को चेक करने के बाद भी सफलता नहीं मिली। आसपास के गांवों में पांच से छह टीमों ने लोगाें से पूछताछ की।दिल्ली एनसीआर के थानों से गुमशुदा महिलाओं का रिकार्ड खंगाला गया। लेकिन कोई भी गुमशुदा महिला ऐसी नहीं थी। जिससे शव के बारे में कुछ जानकारी हासिल हो सके। अब पुलिस मामले को लेकर दूसरे राज्यों के थानों से संपर्क में लगी है।
गुरुग्राम में इंटरनेशनल दिल्ली पब्लिक स्कूल ने तोड़ी सील तो दर्ज की गई एफआईआर
30 Jun, 2025 04:28 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गुरुग्राम : नगर निगम की गुरुग्राम ने सोमवार को एक बार फिर बसई एंकलेव स्थित इंटरनेशनल दिल्ली पब्लिक स्कूल (आईडीपीएस) के भवन को सील कर दिया है। यह कार्रवाई नगर निगम के सहायक अभियंता आरके मोंगिया के नेतृत्व में कनिष्ठ अभियंता हरिओम की टीम द्वारा पुलिस बल की मौजूदगी में की गई। इससे पहले 18 जून को भी इस स्कूल भवन को सील किया गया था, लेकिन भवन मालिकों ने नियमों की अवहेलना करते हुए सील तोड़ दी थी। इसके बाद नगर निगम ने भवन मालिकों के विरुद्ध थाने में एफआईआर दर्ज कराई और दोबारा सीलिंग की प्रक्रिया शुरू की।
नगर निगम के अधिकारियों ने बताया कि उक्त भवन का निर्माण नगर निगम से स्वीकृति के बिना किया गया था। बार-बार नोटिस जारी किए जाने के बावजूद भवन मालिकों ने कोई जवाब नहीं दिया।
इसके अलावा, भवन के निर्माण के लिए जरूरी अनुमतियां भी प्राप्त नहीं की गई थीं, जिससे नगर निगम ने सीलिंग की यह कार्रवाई की है।
निगम ने बार-बार भवन मालिकों को नियमों का पालन करने की चेतावनी दी थी, लेकिन उन्होंने अनदेखा किया। अब टीम ने पुलिस के सहयोग से सीलिंग की कार्रवाई की है, और भविष्य में इस तरह की अनियमितताओं को लेकर सख्त कदम उठाए जाएंगे। अधिकारियों का कहना है कि अगर भविष्य में इस प्रकार के उल्लंघन की पुनरावृत्ति होती है, तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही, नगर निगम ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे शहर में निर्माण कार्यों की सख्ती से निगरानी करें ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।
फिर भड़के पाक आर्मी चीफ आसिम मुनीर, कश्मीर में आतंक का खुला समर्थन
30 Jun, 2025 11:26 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
इस्लामाबाद, पाकिस्तान के फील्ड मार्शल जनरल आसिम मुनीर ने भारत के खिलाफ एक बार फिर जहर उगला है। आसिम मुनीर ने आतंकवाद को संघर्ष बताते हुए उसको समर्थन देने की बात कही। पाक आर्मी चीफ ने कहा कि आतंकवाद के लिए राजनीतिक-कूटनीतिक-मोरल समर्थन जारी रखेंगे। हम कश्मीरी लोगों के अधिकार और लंबे समय से चले आ रहे विवाद के समाधान के लिए उनके साथ मजबूती से खड़े हैं। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव और कश्मीर के लोगों की आकांक्षा के अनुसार, भारत जिसे आतंकवाद कहता है, वह वास्तव में वैध संघर्ष है।
दुनिया को यह समझना होगा कि कश्मीर मुद्दे के न्यायोचित और शांतिपूर्ण समाधान के बिना, क्षेत्रीय शांति सदैव अप्राप्य बनी रहेगी और दक्षिण एशिया में हमेशा खतरा बना रहेगा। मैं उन लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं, जो जम्मू-कश्मीर में आत्मनिर्णय के अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे हैं, उनकी दृढ़ता कभी कम नहीं होगी।
रूसी हमलों का कहर: F-16 मार गिराया, 477 ड्रोन और 60 मिसाइलों से दहला यूक्रेन
30 Jun, 2025 10:30 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मास्को: रूस ने यूके्रन पर तबाही बरसाई। एक ही रात में 477 आत्मघाती ड्रोन और 60 मिसाइलों से हमला किया गया। इस हमले में यूके्रन का तीसरा एफ-16 लड़ाकू विमान भी मार गिराया। पायलट की भी मौत हो गई है। यूके्रनी सेना ने इस हमले को हाल के सप्ताहों का सबसे बड़ा और सबसे भयानक हवाई हमला करार दिया है। हमलों के बाद जेलेंस्की ने अमरीका समेत दुनियाभर के देशों से भावुक अपील भी की है। यूके्रनी वायुसेना ने बताया कि पायलट ने आखिरी पल तक दुश्मन से लोहा लिया और विमान को आबादी वाले इलाके से दूर ले जाकर बड़ा नुकसान टालने की कोशिश की, लेकिन खुद को नहीं बचा सका। यूके्रनी सेना ने 211 ड्रोन और 38 मिसाइलें मार गिराने का दावा किया, लेकिन बाकी हमलों ने कई इलाकों को हिला दिया।
ल्विल, पोल्टावा, मायको लाइव, निप्रोपेत्रोव्स्क, चेरकासी और इवानो-फ्रैंकिव्स्क जैसे प्रमुख क्षेत्रों में धमाके हुए। चेरकासी में बहुमंजिला इमारतों और एक कॉलेज पर हमले में छह लोग घायल हो गए, जिनमें एक बच्चा भी शामिल है। इवानो-फ्रैंकिव्स्क में एक महिला, जबकि मायकोलाइव व निप्रो में औद्योगिक ठिकाने निशाना बने। घरों की खिड़कियां चकनाचूर हो गईं, कई इमारतें जमींदोंज हो गईं और राहतकर्मी पूरी रात बचाव कार्य में जुटे रहे।
जेलेंस्की की भावुक अपील, युद्ध खत्म होना चाहिए
यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की ने हमले के बाद एक्स पर भावुक अपील भी की है। उन्होंने कहा कि यह युद्ध अब खत्म होना चाहिए। इसके लिए ‘आक्रामक पर दबाव और हमारे लिए सुरक्षा’ दोनों जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि सिर्फ इसी सप्ताह रूस ने 1,270 ड्रोन, 114 मिसाइलें और करीब 1,100 ग्लाइड बम दागे हैं। जेलेंस्की ने अमरीका और उसके सहयोगियों से तुरंत पेट्रोयट मिसाइल सिस्टम भेजने की अपील की और कहा कि ‘राजनीतिक इच्छाशक्ति और नेतृत्व’ की सबसे ज्यादा जरूरत इस समय है। हेग में हुई एक अहम बैठक में उन्होंने अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से भी इस मसले पर सीधी मदद मांगी थी।
यूके्रन की हवाई सुरक्षा पर संकट
एफ-16 लड़ाकू विमानों को यूके्रन की रक्षा प्रणाली की रीढ़ माना जा रहा है, लेकिन अब तक वह तीन विमान युद्ध में खो चुका है। यह साफ नहीं है कि कुल कितने विमान फिलहाल यूके्रनी वायुसेना के पास हैं। सेना के अनुसार, इस हमले में भेजे गए 225 ड्रोन सिर्फ भ्रम फैलाने के लिए भेजे गए थे, जिनमें विस्फोटक नहीं थे यानी रूस अब ‘भीड़ के बल पर हमला’ रणनीति अपना रहा है।
‘सब कुछ तबाह’ वाले ट्रंप बयान के बाद IAEA का अलर्ट
30 Jun, 2025 09:23 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
तेहरान
अमरीका और इजरायल के हमलों के बावजूद ईरान का परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। यह बड़ा खुलासा संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी संस्था आईएईए के प्रमुख राफेल ग्रोसी ने किया है। उनका कहना है कि ईरान कुछ ही महीनों में यूरेनियम संवद्र्धन फिर से शुरू कर सकता है, यानी परमाणु बम बनाने के बहुत करीब है। उनका दावा है कि ईरान की तकनीकी और औद्योगिक क्षमताएं अब भी सलामत हैं। बता दें कि इजरायल से सीजफायर के तुरंत बाद ईरान ने अपनी संसद में प्रस्ताव पास करके आईएईए से संपर्क तोड़ दिया था। यह बयान सीधे तौर पर ट्रंप के उस दावे को चुनौती देता है, जिसमें उन्होंने कहा था कि अमरीका ने ईरान के परमाणु ठिकानों को पूरी तरह तबाह कर दिया और देश को दशकों पीछे धकेल दिया है।
आईएईए की चेतावनी अहम
आईएईए प्रमुख ग्रोसी ने कहा कि कुछ ठिकानों को नुकसान हुआ है, लेकिन पूरा ढांचा अब भी खड़ा है। अगर ईरान चाहे, तो कुछ ही महीनों में सेंट्रीफ्यूज दोबारा शुरू कर सकता है और संवद्र्धित यूरेनियम का उत्पादन कर सकता है। उन्होंने आगे कहा कि ईरान एक अत्यधिक विकसित परमाणु तकनीकी वाला देश है। न सिर्फ सुविधाएं, बल्कि ज्ञान और औद्योगिक ढांचा भी उसके पास मौजूद है।
हमलों से पहले 400 किलो यूरेनियम भी गायब
आईएईए ने कुछ दिन पहले यह भी आशंका जताई थी कि ईरान ने अमरीकी हमलों से पहले अपने पास मौजूद 408.6 किलो (करीब 900 पाउंड) संवद्र्धित यूरेनियम को कहीं और स्थानांतरित कर दिया हो सकता है। यह यूरेनियम 60 फीसदी तक संवद्र्धित है, जो कि हथियार बनाने के स्तर से कुछ ही नीचे है, लेकिन इससे 9 से अधिक परमाणु बम बनाए जा सकते हैं।
ईरान की गुप्त गतिविधियों से बढ़ी परमाणु संकट की आशंका
30 Jun, 2025 08:23 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
तेहरान। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा (आईएईए) के एक पूर्व अधिकारी ने कहा है कि ईरान की हालिया गतिविधियों से इजरायल और ईरान के बीच युद्ध विराम टूट सकता है जिससे परमाणु समस्या की आशंका बढ़ जाएगी। पूर्व अधिकारी ने कहा,“ जिन परमाणु स्थलों इजरायल की ओर से बमबारी की गई थी, वहां पर ईरान की हालिया गतिविधियां दोनों देशों के बीच नाजुक युद्धविराम को तोड़ सकती हैं और आगे के हमलों को भी आमंत्रित कर सकती हैं, जिससे संभावित रूप से परमाणु समस्या की संभावना बढ़ सकती है।”
अमरीका के वाशिंगटन डीसी में विज्ञान और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा संस्थान के अध्यक्ष डेविड अलब्राइट ने ईरान इंटरनेशनल से कहा,“यह एक युद्धविराम समझौता है। यह हथियार नियंत्रण नहीं है। युद्ध किसी भी समय शुरू हो सकता है। कल मीडिया या ‘एक्स’ पर रिपोर्टें थीं कि ईरान इस्फ़हान पर्वत परिसर में फिर से खुदाई कर रहा है जहां समृद्ध यूरेनियम संग्रहीत किया जा सकता है। यह हमलों को आमंत्रित कर रहा है।”
सूत्रों के अनुसार ईरान की परमाणु सुविधाओं के खिलाफ इजरायल और अमरीकी हवाई हमलों के बाद, लगभग 400 किलोग्राम अत्यधिक समृद्ध यूरेनियम जिसकी शुद्धता 60 प्रतिशत तक पहुंच गई है, का मौजूदा समय में ठिकाना अज्ञात है। इज़रायल, अमरीका और यूरोप की प्रारंभिक खुफिया रिपोर्ट भी विफल साबित हुई हैं। कुछ आकलनों में कहा गया है कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम को कई वर्षों के लिए पीछे धकेल दिया गया है, लेकिन इसे नष्ट नहीं किया गया है। दूसरी ओर ईरान ने कहा है कि अधिकांश अमेरिकी और इज़रायली हमलों ने सतही क्षति पहुंचाई है, केवल कुछ महीनों के लिए कार्यक्रम को पटरी से उतार दिया है।
अलब्राइट ने चेतावनी दी कि ईरान के अत्यधिक समृद्ध यूरेनियम भंडार बहुत खतरनाक बने हुए हैं यदि कुछ गैस सेंट्रीफ्यूज बचे हैं जिन्हें सक्रिय किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि ईरान का सेंट्रीफ्यूज कार्यक्रम मूलतः नष्ट हो चुका है, समृद्ध यूरेनियम के ये शेष भंडार हैं और इनमें से 60 प्रतिशत समृद्ध , 20 प्रतिशत समृद्ध हैं, और पांच प्रतिशत समृद्ध हैं। अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने पहले कहा था कि ईरान के लिए हमले से पहले अपने परमाणु भंडार को स्थानांतरित करना ‘असंभव’ है, क्योंकि उसका वजन और क्षेत्र की निरंतर निगरानी दोनों ही बहुत ज़्यादा है।
ट्रंप ने कहा, “उन्होंने कुछ भी नहीं हिलाया। आप जानते हैं, उन्होंने खुद को हिलाया। वे सभी जीवित रहने की कोशिश कर रहे हैं।उन यूरेनियम भंडारों को हिलाना ‘बहुत भारी, बहुत, बहुत भारी’ और ‘बहुत खतरनाक’ है।” आईएईए के पूर्व अधिकारी ने ट्रंप के बयान का समर्थन करते हुए कहा, “मौजूदा माहौल में इन चीजों के साथ आगे बढ़ना ईरान के लिए बहुत जोखिम भरा होगा।” उन्होंने हालांकि ईरान के परमाणु विकल्प को खारिज नहीं किया है।
उन्होंने कहा कि इजरायल-अमेरिका के हमलों में ईरान के सेंट्रीफ्यूज कार्यक्रम और परमाणु हथियारों के बुनियादी ढांचे को काफी हद तक नुकसान पहुंचा है, लेकिन इस्लामिक गणराज्य संभवतः एक बहुत ही छोटे संवर्धन कार्यक्रम को फिर से शुरू कर सकता है, जो उसके पास मौजूद यूरेनियम का एक अंश है। यह उसे बम के लिए हथियार ग्रेड यूरेनियम देने के लिए पर्याप्त हो सकता है। उन्होंने कहा,“वे अपने संवर्धन कार्यक्रम को समाप्त कर देंगे और सत्यापन योग्य तरीके से अपने संवर्धित यूरेनियम के भंडार को छोड़ देंगे। यही उम्मीद है।”
टेस्ला कार फैक्ट्री से बिना ड्राइवर मालिक के घर पहुंची, ऐसा दुनिया में पहली बार हुआ
29 Jun, 2025 10:15 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
टेक्सास, दुनिया में पहली बार एक ऐसी कार ने इतिहास रचा है, जो बिना किसी इनसानी हस्तक्षेप के (न ड्राइवर, न रिमोट ऑपरेटर) के फैक्टरी से ग्राहक के घर तक पहुंची। यह उपलब्धि हासिल की है टेस्ला की नई फुली ऑटोनॉमस कार मॉडल वाई ने, जिसकी डिलीवरी स्वयं कंपनी के सीईओ और दुनिया के सबसे चर्चित उद्यमी एलन मस्क ने अपने जन्मदिन के मौके पर करवाई। टेस्ला ने इस उपलब्धि का वीडियो अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा किया, जिसमें कार को ट्रैफिक सिग्नलों, पैदल यात्रियों और अन्य वाहनों के बीच आत्मविश्वास के साथ नेविगेट करते देखा जा सकता है।
कंपनी के अनुसार, यह डिलीवरी अमरीका के टेक्सास शहर में की गई, जहां मॉडल वाई ने कुल 72 मील (लगभग 116 किलोमीटर प्रति घंटा) की टॉप स्पीड दर्ज की। टेस्ला के एआई और ऑटोनॉमस सिस्टम हैड अशोक एलुस्वामी ने बताया कि यह कोई डेमो या ट्रायल नहीं था, बल्कि रियल-वल्र्ड कंडीशन में किया गया एक ऑपरेशनल डिलीवरी मिशन था, बिना किसी सुरक्षा चालक के। बताते चलें टेस्ला मॉडल वाई को पहले मार्च, 2019 में लांच किया गया था। इसका नया संस्करण फुली ऑटोनॉमस ड्राइविंग (एफएसडी) फीचर के साथ अपडेट किया गया है। इस इलेक्ट्रिक एसयूवी की शुरुआती कीमत 40,000
डॉलर (लगभग 34 लाख) से शुरू होती है।
अमरीका में टेस्ला की रोबोटैक्सी सर्विस शुरू
इस ऐतिहासिक डिलीवरी से कुछ दिन पहले ही 22 जून को टेस्ला ने अपनी सीमित रोबोटैक्सी सेवा की शुरुआत की थी, जिसमें कार अपने आप तो चल रही थी, लेकिन इसमें सेफ्टी के नजरिए से कंपनी का एक एक्सपर्ट बैठकर नजर रख रहा था। वर्तमान में यह सेवा अमरीका के ऑस्टिन शहर के एक छोटे से क्षेत्र में सुबह छह बजे से रात 12 बजे तक संचालित हो रही है। एक राइड की कीमत 4.20 डॉलर यानी करीब 364 रुपए रखी है।
मैंने खामेनेई को अपमानजनक मौत से बचाया, ट्रंप के बयान से ईरान में मच सकती है खलबली
29 Jun, 2025 09:15 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
वाशिंगटन, अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई पर तीखा हमला करते हुए कहा कि वह हकीकत से मुंह मोड़ रहे हैं। साथ ही कहा कि उन्हें बुरी तरह हराया गया है। ट्रंप की यह प्रतिक्रिया खामेनेई के उस बयान के बाद आई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान ने अमरीका और इजरायल को करारा जवाब दिया है और इस युद्ध में जीत हासिल की है। रिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर कहा कि 12 दिन के इजरायली और अमरीकी हमले ने ईरान के तीन प्रमुख परमाणु ठिकानों को गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया है। ट्रंप ने कहा कि आप (खामेनेई) एक धार्मिक और देश में सम्मानित व्यक्ति हैं। आपको सच बोलना होगा। ट्रंप ने खामेनेई को लेकर कहा कि अब आप नरक में पहुंच गए हैं। अमरीकी राष्ट्रपति ने यह बात उस समय कही, जब खामेनेई ने जोर देकर कहा कि तेहरान ने कतर में अमरीकी एयरबेस पर हमला करके अमरीका के मुंह पर तमाचा मारा है और ईरान पर अमरीका या इजरायल द्वारा आगे और हमले करने के खिलाफ चेतावनी दी है।
टैरिफ पर ट्रंप बोले, जो मन होगा, वहीं करेंगे
अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि आयात पर फिर से लगाए जाने वाले व्यापक टैरिफ की समयसीमा को आगे-पीछे किया जा सकता है। फिलहाल यह समयसीमा नौ जुलाई तक निर्धारित है। ट्रंप का कहना है कि जो उनका मन होगा, वही करेंगे। व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि यह तारीख अंतिम नहीं है और यह इस बात पर निर्भर करेगा कि व्यापार वार्ताएं कितनी तेजी से आगे बढ़ती हैं।
अपमानजनक मौत से बचाया, धन्यवाद न कहें
ट्रंप ने बड़ा खुलासा करते हुए यह भी कहा कि युद्ध के शुरुआती दिनों में इजरायल ने एक प्लान बनाया था, जिसमें खामेनेई को मारने की बात थी, लेकिन मैंने खुद उस योजना को वीटो कर दिया, क्योंकि मैं जानता था खामेनेई कहां छिपे हुए हैं। मैंने जानबूझकर उन्हें नहीं मरने दिया। मैंने उन्हें एक बेहद भयानक और अपमानजनक मौत से बचाया, इसके लिए उन्हें मुझसे ‘धन्यवाद’ कहने की ज़रूरत नहीं है।
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