पंजाब
जालंधर में सीवरेज बना संकट, घरों में घुसा गंदा पानी, लोग बेचने लगे मकान
25 Jul, 2025 12:48 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जालंधर (पंजाब)। महानगर जालंधर के गाजी गुल्ला, प्रभात नगर के निवासी कई वर्षों से सीवरेज जाम और गंदे पानी की समस्या से जूझ रहे हैं। अब मोहल्ले के हालात यह हो गए हैं कि लोगों के घरों के अंदर रसोई घर में सीवरेज का गंदा पानी भरने लगा है। इससे लोगों को घरों में खाना बनाना भी मुश्किल हो गया। नलों से गंदे पानी की सप्लाई आ रही है।
इसके अलावा लोगों को बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। चमड़ी रोग फैलने लगा है। गंदा पानी पीने से मोहल्ले में डायरिया, पीलिया और चमड़ी रोग के मरीज बढ़ रहे हैं। इलाके की कई लोग अपने घर छोड़कर जा चुके हैं। तकरीबन 50 से 60 घर ऐसे हैं जिनके फर्श ऊंचे किए गए हैं। अब तो न कोई अपना पुराना घर बेच पा रहा है और न ही कोई बाहर से आकर नई जगह खरीद रहा। इलाका निवासी कई बार मेयर के पास भी जा, चुके कमिश्नर से भी मिल चुके हैं पर इस गंदे पानी और सीवरेज जाम की समस्या से कोई हल नहीं मिला।
मोहल्ला निवासी केवल कृष्ण, ओम प्रकाश शर्मा, राकेश कुमार, चन्नी, पिंटू, बॉबी, नंदलाल, राम प्रकाश, हरीश कुमार, संजय पंडित, आदित्य पंडित, रूबी, राज कुमारी, मेषा, रितु, रानी, ने बताया कि कुछ दिन पहले सभी लोग इकट्ठा होकर आम आदमी पार्टी के काउंसलर हर सिमरन कौर वार्ड नंबर 69 के घर गए तो पार्षद के पति दविंदर सिंह रोनी कहते हैं कि मेरे घर इकट्ठे होकर आने की कोई जरूरत नहीं। मोहल्ले की समस्या वहीं सुनी जाएगी दोबारा यहां इकट्ठे होकर नहीं आना।
मोहल्ला निवासियों का कहना है कि अगर हमारा जिताया हुआ पार्षद ही नहीं हमारी सुनता तो अब हमारे पास संघर्ष के अलावा और कोई रास्ता नहीं बचा। बुधवार तक इसका पक्का हल नहीं हुआ तो गाजी गुल्ला चौक और चंदन नगर अंडर ब्रिज बंद कर धरना प्रदर्शन करेंगे।
कार में छिपाकर ला रहा था 15 किलो चिट्टा, फिरोजपुर पुलिस ने दबोचा
25 Jul, 2025 12:40 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब के फिरोजपुर में पुलिस ने नशे की बड़े खेप पकड़ी है। पुलिस ने कार सवार नशा तस्कर को 15 किलो चिट्टे के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर जांच की जा रही है।
फिरोजपुर के थाना घल्लखुर्द पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर तस्कर को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान रमेश कुमार वासी गांव मोहकम खां वाला के तौर पर हुई है। हाल में गोल्डन एन्क्लेव फिरोजपुर में रहता है। आरोपी के पास से 15 किलो 7 ग्राम हेरोइन बरामद की गई है। नशे की यह खेप अलग-अलग पैकेट में पैक की गई थी। आरोपी से कुल 15 पैकेट मिले हैं, जिन्हें पीले रंग के लिफाफों और लाल टेप से बांधा गया था।
घल्लखुर्द थाना की पुलिस पार्टी गश्त कर रही थी। इस दौरान पुलिस को सूचना मिली की तस्कर रमेश कुमार वह बाहरी राज्यों से हेरोइन की खेप मंगवाकर आगे सप्लाई करता है। सफेद रंग की स्विफ्ट कार सवार नशा तस्कर गांव भंबा लंडा की दाना मंडी में खड़ा है और ग्राहक का इंतजार कर रहा है। पुलिस ने बताई हुई जगह पर दबिश देकर आरोपी को काबू किया और तलाशी लेने पर उसके पास से 15 किलो 7 ग्राम हेरोइन बरामद हुई है। थाना घल्लखुर्द पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
कुपोषण का खतरा: पंजाब में छोटे बच्चों में दुबलापन बढ़ा, सरकारी रिपोर्ट ने खोली पोल
25 Jul, 2025 12:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब में पांच साल तक की उम्र के बच्चे कुपोषण का शिकार होते जा रहा हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के पोषण ट्रैकर डाटा-जून 2025 के अनुसार पंजाब में 0-5 साल की उम्र के बीच के 17.14 फीसदी बच्चों की लंबाई उनकी उम्र के अनुरूप नहीं है। इसी उम्र के 2.95 फीसदी बच्चे दुबले-पतले और 5.12 फीसदी बच्चों का वजन नहीं बढ़ रहा है। राज्य में बच्चे कुपोषण का शिकार होते जा रहे हैं। इसके पीछे स्वास्थ्य मंत्रालय ने दो अहम वजह बताई है, जिसमें बच्चों के खानपान से पौष्टिक आहार जैसे दूध, दही, दालें, सब्जियों व फल जैसे आहार दूर होते जा रहे हैं। दूसरा अभिभावक अपने बच्चों को फास्ट व जंक फूड की लत डालते जा रहे हैं।
कुपोषण के कारण एक हजार पर 12 बच्चों की 28 दिन में मौत
रिपोर्ट में एक चिंताजनक बात सामने आई है कि पंजाब में कई महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान पर्याप्त मात्रा में पौष्टिक आहार नहीं मिल पाता है, जिसके कारण डिलीवरी के बाद कुपोषण के कारण नवजात बच्चों की मौत भी हो रही है। राज्य में हर एक हजार नवजात बच्चों में 12 की महज 28 दिनों में कुपोषण के कारण मौत हो जाती है।
2024 में पंजाब के गांवों में की गई थी स्टडी
अगस्त 2024 में पंजाब के गांवों में कुपोषण को लेकर एक स्टडी की गई थी। इसमें गांव के बच्चे बड़ी संख्या में कुपोषित पाए गए थे। दो से तीन साल की उम्र के 16 फीसदी बच्चों का औसत वजन कम पाया गया था, जबकि 20.4 फीसती बच्चों की लंबाई उनकी उम्र के अनुरूप नहीं थी। इसी तरह 4.8 फीसदी बच्चे ओवर वेट थे।
पंजाब सरकार बनाएगी एक हजार आंगनबाड़ी केंद्र
पंजाब सरकार का राज्य में एक हजार आधुनिक आंगनवाड़ी केंद्र बनाने का लक्ष्य है। इन केंद्रों के लिए सरकार ने 100 करोड़ रुपये का बजट रखा है। इसको लेकर बीते मार्च में महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने घोषणा की थी। इन आंगनवाड़ी केंद्रों पर बच्चों के समग्र विकास के लिए सरकार ने प्लान तैयार किया था। सरकार का दावा है कि अब तक राज्य में ऐसे 111 आधुनिक आंगनवाड़ी केंद्र बनाए जा चुके हैं। सरकार इन आंगनवाड़ी केंद्रों के जरिए बाल देखभाल व विकास में सुधार के प्रयास में जुटी है।
पांच साल की उम्र तक के बच्चों का वजन और लंबाई के तय मानक
0 से 5 साल के बच्चों का वजन उनकी उम्र और लिंग के अनुसार अलग-अलग होता है। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार 1 साल के लड़के का वजन लगभग 10.2 किलो और लड़की का 9.5 किलो होना चाहिए। 2 से 5 साल के बच्चों के लिए लड़कों का वजन 12.3 किलो से 16 किलो और लड़कियों का 12 किलो से 15 किलो तक हो सकता है। 3 से 5 साल के बच्चों में लड़कों का वजन 14 से 17 किलो और लड़कियों का 14 से 16 किलो तक होना चाहिए। इसी तरह 0 से 5 साल के बच्चों की लंबाई उनकी उम्र, लिंग और आनुवंशिकता के आधार पर अलग-अलग होती है। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा बच्चों के विकास के लिए कुछ सामान्य दिशानिर्देश दिए गए हैं। एक नवजात शिशु की औसत लंबाई 46-55 सेमी (18-22 इंच) होती है। 1 साल की उम्र तक लंबाई 72-76 सेमी (28-30 इंच) तक बढ़ जाती है। 2 साल की उम्र में यह 82-91 सेमी (32-36 इंच) तक हो सकती है। 5 साल की उम्र तक लंबाई 100-110 सेमी (39-43 इंच) तक होनी चाहिए।
यूट्यूबर की ग्लैमरस लाइफ से सेवा तक: पायल मलिक मंदिर में करती दिखीं श्रमदान
24 Jul, 2025 05:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: हरियाणा के चर्चित यूट्यूबर अरमान मलिक की पत्नी पायल मलिक इन दिनों सुर्खियों में हैं। उनके कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में एक मंदिर में अपने पति के साथ बर्तन धोते हुए दिखाई दे रही है। इसके साथ ही वो मंदिर में माफी मांगती हुई भी दिखाई दे रही हैं। वहीं वो मंदिर में साफ सफाई भी कर रही है। बता दें कि ये वीडियो पंजाब के मोहाली का है। दरअसल मोहाली की काली माता मंदिर समिति ने पायल मलिक को सजा सुनाई है। ये सुजा क्यों सुनाई गई उसके पीछे का कारण हम आपको बताने जा रहे हैं...
दरअसल पायल मलिक पर आरोप है कि उन्होंने अश्लील कपड़े पहनकर मां भद्रकाली का रूप धारण किया। इस बाद उन्होंने इसका वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया, जिससे लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हुईं। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मोहाली के काली माता मंदिर समिति ने पायल मलिक को धार्मिक सजा सुनाई है। इस सजा के तहत पायल मलिक को सात दिनों तक मंदिर की साफ-सफाई का कार्य करना होगा और आठवें दिन वे मंदिर में कंजक पूजन करेंगी।
पायल ने मांगी माफी
पायल मलिक ने इस वीडियो के लिए माफी भी मांगी है। उन्होंने कहा कि इस वीडियो के लिए मैं खुद भी शर्मिंदा हूं। मैं अपनी उस वीडियो के लिए हाथ जोड़कर सभी लोगों से माफी मांगती हूं। पायल का कहना है कि उनकी बेटी मां काली की भक्त है और इसलिए मैंने अपनी बेटी के लिए काली मां का लुक बनाया था। उन्होंने कहा कि मुझसे बहुत बड़ी गलती हो गई। पायल ने कहा कि मुझे जो सजा दी गई है मैं उसके लिए पूरी तरह से तैयार हूं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि आप कभी ऐसी गलती न करें। मैं आप सभी से हाथ जोड़कर माफी मांगती हूं।
कौन हैं पायल मलिक
पायल हरियाणा के फेमस यूट्यूबर अरमान मलिक की पहली पत्नी है। अरमान मलिक अपनी दोनों की पत्नियों के साथ रहते हैं। तीनों पति-पत्नी बिग बॉस ओटीटी में भी एक साथ शामिल हुए थे। ये तीनों सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव रहते हैं। पत्नियों और अपने बच्चों के साथ अरमान मलिक व्लॉग्स बनाते हैं। सोशल मीडिया पर उनके काफी फॉलोअर्स हैं। उनका यू-ट्यूबर चैनल का नाम मलिक व्लॉग्स है। इनके यूट्यूब चैनल पर 8 मिलियन से ज्याद सब्सक्राइबर्स हैं।
नशे के खिलाफ सिस्टम फेल? पंजाब में ओवरडोज से दो की मौत, सवाल खड़े
24 Jul, 2025 04:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अबोहर(पंजाब)। पंजाब के खडूर साहिब और अबोहर में दो युवकों की नशे की ओवरडोज से मौत हो गई। खडूर साहिब के गांव तुड़ में 25 वर्षीय युवक चमकौर सिंह की नशे के इंजेक्शन लगाने से मौत हो गई। पुलिस इस मामले में कुछ भी कहने को तैयार नहीं है। परिजनों ने पुलिस और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और कहा कि गांव में खुलेआम नशा बिक रहा है। पुलिस हाथ पर हाथ रखकर बैठी है।
खडूर साहिब विधानसभा क्षेत्र के गांव तुड़ निवासी कुलवंत सिंह ने बताया कि उनका पोता चमकौर सिंह पिछले कुछ समय से बुरी संगत का शिकार था। उसे नशा छुड़ाने के लिए कई बार नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया गया, लेकिन बुरी संगत ने उसका पीछा नहीं छोड़ा। चमकौर सिंह के भाई जसविंदर सिंह और पूर्व सरपंच सुलखन सिंह तुड़ ने बताया कि मंगलवार शाम को चमकौर सिंह को किसी का फोन आया, जिसके बाद वह घर से निकल गया। शाम को घर आते ही उसने खुद को नशे के इंजेक्शन लगाया। चमकौर सिंह की तबीयत बिगड़ गई और देखते ही देखते उसकी मौत हो गई।
पूर्व सरपंच सुलखन सिंह तुड़ ने कहा कि नशा मुक्ति अभियान को लेकर सरकार के दावे पूरी तरह से झूठे साबित हो रहे हैं। करीब एक साल पहले वे खडूर साहिब के विधायक मनजिंदर सिंह लालपुरा को नशे के संबंध में ज्ञापन देने जाते रहे, लेकिन हर बार विधायक अपने कार्यालय में नहीं मिले। इसके बाद ज्ञापन की एक प्रति कार्यालय में चस्पा दी गई। मृतक के दादा कुलवंत सिंह ने बताया कि नशे ने उनके घर का चिराग बुझा दिया है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। मृतक का शाम को गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया गया। डीएसपी अतुल सोनी का कहना है कि नशे से मौत बाबत किसी ने भी पुलिस में शिकायत नहीं की, फिर भी अपने स्तर पर जांच करवाई जाएगी।
सार्वजनिक शौचालय में मृत मिला युवक
अबोहर में एक युवक सार्वजनिक शौचालय में संदिग्ध अवस्था में मृत मिला। मौत के कारण स्पष्ट नहीं हैं। आशंका जताई जा रही है कि युवक की नशे के ओवरडोज से मौत हुई है। जानकारी के अनुसार नेहरू पार्क के बाहर बने नगर निगम के सार्वजनिक शौचालय में करीब 35 वर्षीय युवक पेशाब करने के लिए गया। करीब आधे घंटे तक जब वह बाहर नहीं निकला तो बाहर ड्यूटी पर मौजूद कर्मी ने शौचालय का गेट तोड़कर देखा तो युवक बेसुध पड़ा था। सूचना मिलने पर नर सेवा नारायण सेवा की टीम और पुलिस मौके पर पहुंची और उसे अस्पताल ले जाया गया। जहां डॉक्टर ने युवक को मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत का सही कारण पोस्टमार्टम की रिपोर्ट से ही पता चलेगा। अंदेशा है कि युवक ने नशे का टीका लगाया होगा। युवक नई आबादी का निवासी बताया जा रहा है।
नहर में हादसा, मदद में इंसानियत की मिसाल: पुलिसकर्मी ने दिखाई बहादुरी
24 Jul, 2025 03:55 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मोगा/बठिंडा: मुसीबत के समय मदद के लिए आगे आना पंजाबियों की पहचान है। भले ही इसके लिए अपनी जान ही दांव में क्यों न लगानी पड़े। मोगा और बठिंडा में ऐसे ही दो मामलों में यह मिसाल देखने को मिली। मोगा में बारिश में सड़क का हिस्सा बह गया तो दो युवकों ने पानी में बैठकर अपनी पीठ पर 30 स्कूली बच्चों को पार कराया। वहीं, बठिंडा में एक कार नहर में गिर गई, इस पर एक पुलिसकर्मी ने अपनी जान की परवाह किए गए बिना नहर में छलांग लगा दी और 11 लोगों को बचा लिया।
पीठ को बनाया पुल पार कराए 30 स्कूली बच्चे
मोगा जिले के कस्बा निहाल सिंह वाला में बारिश ने भारी तबाही मचाई। गांव मल्लेयाना को जाने वाली मुख्य सड़क का एक हिस्सा पानी में बह गया। जगरांव स्कूल से लौट रहे गांव के करीब 30 बच्चे वहां फंस गए। गांव को जोड़ने वाली इकलौती सड़क के बीच से कट जाने के कारण तेज बहाव को पार करना मुश्किल था। ऐसे में गांव के दो युवकों गगनदीप सिंह और सुखविंदर सिंह ग्रामीणों की मदद से बच्चों को सड़क पार कराने लगे। दोनों कटे हुए हिस्से में तेज बहाव के बीच घुटनों के बल बैठ गए और एक-एक करके तीन बच्चों व स्कूल के स्टाफ को अपनी पीठ के ऊपर से पार कराया। दोनों युवकों की उम्र 30-35 साल के बीच है। ग्रामीणों ने सरकार से मांग की है कि गांव की सड़क को तुरंत बहाल किया जाए। बच्चाें के अभिभावकों ने युवकों की सराहना की और कहा कि उनको सम्मानित किया जाए।
नहर में गिरी कार, पुलिसकर्मी ने कूद कर बचाई 11 लोगों जान, इनमें बच्चे भी शामिल
बठिंडा के बहमन पुल के पास बुधवार सुबह कार में सवार एक होंडा अमेज कार बेकाबू होकर नहर में गिर गई। इसमें एक ही परिवार के 11 सदस्य थे जिनमें छह बच्चे और पांच अन्य शामिल थे। उन्हें बचाने के लिए पंजाब पुलिस के जवान जसवंत सिंह ने नहर में छलांग लगा दी और एक-एक कर सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। जसवंत सिंह ने बताया कि उन्हें अच्छी तरह तैरना भी नहीं आता था। लोग बचाओ-बचाओ चिल्ला रहे थे। डूबते हुए बच्चों में मुझे मेरी बेटी दिखाई दी। मैंने बिना कुछ सोचे-समझे नहर में छलांग लगा दी। मेरे दिमाग में चल रहा था कि किसी भी तरह बच्चों को बचाना है। आज ही मेरा जन्मदिन भी था। जन्मदिन पर इससे बड़ा और क्या काम हो सकता है। मुझे वाहेगुरु ने लोगों ने जान बचाने के लिए चुना।
पुलिसकर्मी को सम्मानित करेंगे: एसएसपी
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस, नौजवान वेलफेयर सोसायटी के स्वयंसेवक व स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंवे। बाद में क्रेन की मदद से कार को बाहर निकाला गया। बचाए गए लोगों में एक बच्ची की हालत गंभीर बताई जा रही है। उसे सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। परिवार बस्ती नंबर-6, गांव बीड़ तालाब का रहने वाला है। सभी लोग किसी पारिवारिक कार्यक्रम से लौट रहे थे। एसएसपी अमनीत कौंडल ने बताया कि पुलिसकर्मी जसवंत सिंह काे विशेष तौर पर सम्मानित किया जाएगा।
खन्ना में बड़ा हादसा: टिप्पर की टक्कर से पलटी बस, 15 से ज्यादा महिलाएं घायल
24 Jul, 2025 03:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
खन्ना (पंजाब)। खन्ना नेशनल हाईवे पर बीजा के पास बजरी से भरे टिप्पर ने धागा फैक्टरी की महिला कर्मियों से भरी बस को टक्कर मार दी। टक्कर से बस पलट गई और मौके पर अफरातफरी मच गई। हादसे में 15 से ज्यादा महिलाएं घायल हो गई है, जिनमें से दो की हालत गंभीर है। घायल महिलाएं खन्ना के आसपास के इलाकों, मंडी गोबिंदगढ़ और उसके आसपास के इलाकों की बताई जा रही हैं।
सभी घायलों को खन्ना के सिविल अस्पताल लाया गया है, जहां उनका इलाज किया जा रहा है। घायल महिला सुनीता, निक्की, बीना देवी, कंचन ने बताया कि वह गोबिंदगढ़ से दोराहा में कौर सेन धागा फैक्टरी में काम के लिए जा रही थी। जैसे ही उनकी बस बीजा के पास पहुंची तो बजरी से भरे टिप्पर ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भयंकर थी कि बस बीच रोड पर पलट गई। बस में करीब 20 से 25 महिलाएं सवार थी, जिनमें से ज्यादातर को चोट आई है।
पुलिस के अनुसार सूचना मिली थी कि बीजा चौक के पास हादसा हुआ है। तुरंत एसएसएफ टीम मौके पर पहुंची। मौके पर एक एम्बुलेंस को बुला उन्हें सिविल अस्पताल खन्ना में भेजा गया है। हादसे के बाद टिप्पर चालक मौके से फरार हो गया। चौकी कोट के प्रभारी एएसआई सुखविंदर सिंह ने मौके पर पहुंच दोनों वाहनों को साइड पर करवा रास्ता सुचारू करवाया। पुलिस मामले में कानूनी कार्रवाई कर रही है। धागा फैक्टरी कौर सेन कंपनी के सुपरवाइजर अजय सिंह ने बताया कि उनके मुलाजिमों की खड़ी बस को टिप्पर ने टक्कर मारी, जिसमें 20 से 20 महिलाएं घायल हुई है। दो सीरियस है, उनको चंडीगढ़ भेजा गया है।
तापमान-वर्षा में बदलाव से बिगड़ा संतुलन, सब्जी उत्पादन पर संकट
24 Jul, 2025 12:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जलवायु परिवर्तन के कारण हिमाचल प्रदेश में सब्जी उत्पादन प्रभावित हो रहा है। सब्जियों की पैदावार करने वाले हिमाचल प्रदेश के सदर जैसे कुछ ब्लॉक तापमान और वर्षा में बदलाव की वजह से उच्च जोखिम में हैं। यह खुलासा डॉ. वाईएस परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी और पंजाब कृषि विश्वविद्यालय के संयुक्त अध्ययन में हुआ है। इस अध्ययन में डॉ. वाईएस परमार बागवानी एवं वानिकी विश्वविद्यालय नौणी के सामाजिक विज्ञान विभाग में कार्यरत डॉ. प्रदीप सिंह, इसी विश्वविद्यालय के सामाजिक विज्ञान विभाग के डॉ. मनोज कुमार वैद्य, पंजाब कृषि विश्वविद्यालय के अर्थशास्त्र एवं समाज शास्त्र विभाग के डॉ. अमित गुलेरिया, डॉ. प्रदीप कुमार अढ़ाले समेत कई विद्वानों ने भाग लिया।
इस अध्ययन में हिमाचल प्रदेश के ऐसे क्षेत्रों के 51 ब्लॉक शामिल किए गए हैं, जो कुल 8.91 लाख हेक्टेयर फसल क्षेत्र को कवर करते हैं। समुद्र स्तर से इन क्षेत्रों की ऊंचाई 651 से 1500 मीटर है। इन ब्लॉकों में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में क्रमवार 0.04 और 0.16 प्रतिशत की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर के साथ बढ़ोतरी का रुझान देखा गया। बारिश में भी 2.89 प्रतिशत की वृद्धि दर के साथ बढ़ोतरी का रुझान पाया गया। इस क्षेत्र में औसत वार्षिक तापमान 15 से 25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहता है। बल्ह, बमसन, भोरंज, बिझड़ी, बिलासपुर सदर जैसे कुछ ब्लॉकों ने तापमान और वर्षा में बदलाव जैसे बाहरी पर्यावरणीय कारकों के कारण उच्च जोखिम संवेदनशीलता को दर्शाया।
बाहरी पर्यावरणीय कारकों के प्रति कम संवेदनशीलता की वजह से चच्योट, सुंदरनगर, द्रंग धर्मपुर, कंडाघाट, कुनिहार, नाहन, पच्छाद, राजगढ़, संगड़ाह, शिलाई और सोलन जैसे ब्लॉक कम जोखिम वाले पाए गए। घुमारवीं और मंडी सदर ने तो उच्च अनुकूलन क्षमता दिखाई, जिसकी वजह संसाधनों की प्रचुरता और यहां की पारिस्थितिकी का लचीलापन है। किसानों ने जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से बचने को विभिन्न अनुकूलन रणनीतियों को अपनाया है। इनमें फसल विविधीकरण 76.11 प्रतिशत, पोषक तत्व प्रबंधन 71.11 प्रतिशत, किस्म परिवर्तन 65.56 प्रतिशत, और जल संरक्षण 65.56 प्रतिशत तक अपनाए गए। फूलगोभी को छोड़कर अधिकांश सब्जियों पर नकारात्मक असर फूलगोभी को छोड़कर अधिकांश सब्जियों पर वर्षा का नकारात्मक असर पड़ा, जबकि उच्च तापमान ने मटर को छोड़कर सभी सब्जियों को लाभ पहुंचाया। न्यूनतम तापमान का सब्जी की फसलों से होने वाली आय के साथ सकारात्मक संबंध देखा गया।
देशभक्ति का सम्मान: पंजाब की इस सड़क को मिला शहीद ऊधम सिंह का नाम
24 Jul, 2025 12:13 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
संगरूर/सुनाम। पंजाब सरकार ने देश के महान स्वतंत्रता सेनानी शहीद सरदार ऊधम सिंह को श्रद्धांजलि देते हुए भवानीगढ़-सुनाम-कोट कश्मीर सड़क का नाम बदलकर ‘शहीद ऊधम सिंह मार्ग’ रख दिया है। इस ऐतिहासिक निर्णय की जानकारी पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने दी। अमन अरोड़ा ने बताया कि यह निर्णय देशभक्ति की भावना और शहीदों के सम्मान को समर्पित है। उन्होंने कहा कि यह मांग वह स्वयं लंबे समय से पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के समक्ष रखते आ रहे थे, जिसे अब मंजूरी मिल गई है। उन्होंने आगे बताया कि यह न केवल उनके लिए व्यक्तिगत संतोष की बात है, बल्कि सुनाम क्षेत्र के लोगों, शहीद ऊधम सिंह के परिजनों और कंबोज भाईचारे के लिए भी गर्व का विषय है, जो वर्षों से इस मार्ग का नाम बदलने की मांग कर रहे थे।
अमन अरोड़ा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल का आभार जताते हुए कहा, “सरकार का यह निर्णय शहीद ऊधम सिंह को सच्ची श्रद्धांजलि है और युवाओं को उनके बलिदान से प्रेरणा लेने का अवसर देगा।” शहीद ऊधम सिंह, जिन्होंने जलियांवाला बाग हत्याकांड का बदला लेने के लिए लंदन में जनरल डायर के समर्थन में काम कर रहे माइकल ओ'डायर को गोली मारी थी, देश के सबसे सम्मानित स्वतंत्रता सेनानियों में गिने जाते हैं। ऐसे वीर सपूत के नाम पर सड़क का नामकरण भवानीगढ़, सुनाम और कोट कश्मीर जैसे क्षेत्रों को भी गौरवांवित करता है।
भक्ति की आड़ में जहर: नकली देसी घी बनाने वाली फैक्टरी पकड़ी गई
24 Jul, 2025 12:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमृतसर (पंजाब)। अमृतसर में कान्हा जी के नाम पर नकली देसी घी बनाकर बेचने का मामला सामने आया है। फूड सेफ्टी विभाग और पंजाब पुलिस ने बुधवार देर रात गांव गिलवाली में जीके फूड ट्रेडिंग कंपनी में दबिश दी। कार्रवाई के दौरान कंपनी मालिक बिक्रमजीत सिंह फरार हो गया। लेकिन मौके पर कंपनी के कर्मचारी पंकज कुमार को थाना चाटीविंड पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
फूड सेफ्टी विभाग के सहायक कमिश्नर राजिंदर पाल सिंह ने बताया कि संयुक्त कार्रवाई के दौरान 368 किलोग्राम नकली घी, 330 किलो वनस्पति, रिफाइंड तेल और पांच किलो देसी घी का फ्लेवर बरामद किया। उन्होंने बताया कि पिछले 10 बरसों से गांव में नकली घी बनाने का कारोबार चल रहा था और शहर में हर रोज मिलावटी घी सप्लाई होता था। वनस्पति घी में केमिकल डालकर महज 5 से 15 मिनट में देसी घी तैयार किया जाता था।
राजिंदर पाल ने बताया कि चेकिंग के दौरान फैक्टरी से नकली देसी घी के अलावा गैस सिलेंडर, कांटा, टब और पेकिंग के लिए इस्तेमाल होने वाली प्लास्टिक डिब्बी बरामद की हैं। राजिंदर पाल सिंह ने बताया कि फैक्टरी से देसी घी के दो, रिफाइंड तेल का 1 और वनस्पति का 1 सैंपल लेकर खरड़ लैब में भेज दिया है। नकली घी बनाने के लिए कौन-कौन से केमिकल का इस्तेमाल होता था, इसका पता रिपोर्ट आने के बाद लगेगा। उन्होंने कहा कि फिलहाल फैक्टरी को सील कर दिया गया है।
कमाई के लिए लोगों की सेहत से कर रहे खिलवाड़
राजिंदरपाल ने बताया कि मिलावटी घी बनाने में 60 से 100 रुपये खर्च आता है और यह होलसेल में 180 से 200 रुपये तक में बिकता है। इसे दुकानदार 250 से 350 तक में बेचते हैं। यहां तक कि ब्रांडेड डिब्बा बंद देसी घी की बात करें तो यह 350 से 400 रुपये में मिलता है। वहीं, डेयरी वालों से शुद्ध देसी घी 600 से 750 रुपये प्रति किलो मिलता है। उन्होंने बताया कि रक्षाबंधन को लेकर बाजार में तैयारियां भी शुरू हो चुकी हैं। इसलिए दुकानदार ज्यादा कमाई के लालच में आकर मिलावटी चीजों का इस्तेमाल कर लोगों की सेहत से खिलवाड़ कर रहे है।
नशे से मुक्ति की राह: खेलों के जरिए युवाओं को नया जीवन देने की पहल
24 Jul, 2025 11:43 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब की धरती आज बदलाव के सबसे निर्णायक दौर से गुजर रही है। और इसका श्रेय जाता है पंजाब की आम आदमी पार्टी की सरकार को। एक समय था जब गांवों में युवाओं का भविष्य नशे की गिरफ्त में फंसा नजर आता था, लेकिन अब भगवंत मान सरकार ने ऐसा माहौल खड़ा कर दिया है जहां युवा अब नशे से नहीं, खेलों से पहचान बनाने की तैयारी कर रहा है। आम आदमी पार्टी की सरकार ने जो किया है वो केवल नीतियों तक सीमित नहीं है, बल्कि गांव-गांव में खेल स्टेडियम की शक्ल में दिखाई दे रहा है। यह सरकार पंजाब के युवाओं को मैदान दे रही है, दिशा दे रही है और सबसे अहम नशे से मुक्ति की ठोस जमीन भी दे रही है। जहां पर सूबे का युवा अब खेलों में उड़ान भरने के लिए तैयारी कर रहा है।
तीन हजार स्टेडियम का काम शुरू
पूरे पंजाब में मान सरकार ने 10,000 लो-कॉस्ट खेल मैदान और 3,000 हाई-वैल्यू वर्ल्ड क्लास खेल स्टेडियम बनाने का ऐलान किया है, जिनमें से पहले चरण में 3,000 हाई-वैल्यू वर्ल्ड क्लास स्टेडियम का काम शुरू हो चुका है। पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने 1184 करोड़ रुपये का भव्य बजट तय किया है। 966 करोड़ रुपये खेल विभाग के सिविल वर्क्स पर, 126 करोड़ रुपये मनरेगा के तहत ग्रासिंग, वॉकिंग ट्रैक और पौधारोपण पर और 102 करोड़ रुपये स्पोर्ट्स इन्फ्रास्ट्रक्चर जैसे कि गोल पोस्ट, नेट, झूले और बच्चों के लिए प्ले एरिया पर खर्च होंगे। ये मैदान अब गांवों की नई पहचान बनेंगे। फेंसिंग से सुरक्षित, हरी घास से ढंके, हाई मास्ट लाइटों से रोशन, शुद्ध पानी, साफ-सुथरे टॉयलेट्स और तमाम खेल सुविधाओं से लैस होंगे।
3083 गांवों में जमीन चिन्हित
पंजाब के 3083 गांवों में इन हाई-वैल्यू वर्ल्ड क्लास स्टेडियम के लिए जमीन चिन्हित हो चुकी है और निर्माण की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। सरकार की योजना इतनी पारदर्शी और तेज है कि सभी टेंडर प्रक्रिया महज दो-तीन दिनों में ही पूरी की जा रही है। अब गांवों के युवा सिर्फ टीवी पर क्रिकेट, हॉकी, कबड्डी या कुश्ती नहीं देखेंगे, बल्कि खुद मैदान में उतरेंगे। जो युवा कभी खाली समय में गलत संगत और नशे की लत का शिकार हो जाते थे, वे अब फिटनेस, अनुशासन और खेल भावना की ओर बढ़ रहे हैं। यह योजना केवल युवाओं को सेहतमंद और खेलों में आगे बढ़ने के लिए नहीं है, बल्कि ये एक सामाजिक क्रांति भी है। नशे से जूझते समाज को खेल के माध्यम से पुनर्जीवित करना किसी प्रशासनिक आदेश से नहीं, एक मजबूत इच्छाशक्ति से ही संभव होता है, और वह इच्छाशक्ति आम आदमी पार्टी की सरकार में साफ़ झलकती है।
पंजाब अब बदलेगा, क्योंकि उसका युवा बदल चुका है। वह मैदान चाहता है, मंच चाहता है और अपने दम पर आगे बढ़ने का मौका चाहता है और भगवंत मान की सरकार ने उसे यह सब देना शुरू कर दिया है। आज मैदानों में हंसी है, दौड़ है, मुकाबला है, और सबसे बड़ी बात, अब वहां नशे की कोई जगह नहीं है। ये मैदान उम्मीदों की नई बुनियाद हैं, जहां पंजाब का युवा अब हार नहीं, जीत की आदत डाल रहा है। इसलिए पंजाब अब आगे बढ़ता जा रहा है। और पूरे देश का भी खेलों में मार्गदर्शन कर रहा है।
लैंड पूलिंग पर जनता को दिया भरोसा, CM मान बोले- विकास को नहीं रोकने देंगे
23 Jul, 2025 11:44 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर अपनी सियासी जमीन मजबूत करने और वोटरों के बीच पैठ बढ़ाने के इरादे से विभिन्न विपक्षी दल जुट गए हैं। इस कड़ी में विरोधी सरकार की कुछ नीतियों के खिलाफ लोगों के बीच मुखर हो रहे हैं। विरोधियों की घेराबंदी तोड़ने के लिए सूबे के अब सीएम भगवंत सिंह मान और उनके मंत्रियों ने कमान संभाल ली है।
सीएम सूबे के विभिन्न हिस्सों में जाकर अलग-अलग मंचों से लोगों को सरकारी नीतियों और मुद्दों पर सकारात्मक पहलुओं को समझाने की कोशिश कर रहे हैं। आप सरकार के सभी मंत्री, विधायक और नेता भी लोगों को बताने की कोशिश रहे हैं कि सरकारी नीतियां उन्हें कैसे लाभ पहुंचाएंगी। इस वक्त विपक्षी दल मुख्य रूप से लैंड पूलिंग नीति और सहकारी बैंकों की ओर से कर्ज की राशि काटकर फसल का भुगतान करने के मुद्दे पर पंजाब सरकार को घेरने में जुटे हैं। इनके अलावा भी अन्य मसलों पर सरकार पर निशाना साधा जा रहा है। ऐसे में जिलों में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों के मंचों से सीएम लोगों को बता रहे हैं कि कुछ विरोधियों ने यह अफवाह फैला दी है कि सरकार के अधीनस्थ कॉरपोरेट बैंक पहले कर्ज की रकम काटेंगे और उसके बाद किसानों की फसल का रुपया उनके खाते में ट्रांसफर करेंगे।
सीएम ने लोगों को स्पष्ट किया है कि ऐसा बिल्कुल नहीं हो सकता, क्योंकि किसानों को दिया जाने वाला कर्ज सीसीएल यानी कैश क्रेडिट लोन है। सरकार इसमें से एक रुपया नहीं काट सकती। रही बात कर्जे की तो इस पर सीएम का कहना है कि कर्जा अदायगी के केस हम किसानों के साथ बैठकर निबेड़ लेंगे। ब्याज छोड़ना है तो वो भी छोड़कर मूल-मूल ले लेंगे, लेकिन किसानों को दी जाने वाली फसलों की पेमेंट में से कुछ नहीं काटा जाएगा। इसी तरह सीएम मान सरकार की लैंड पूलिंग पाॅलिसी के बारे में भी लोगों को विस्तार से समझा रहे हैं कि कैसे यह नीति किसानों के लिए फायदेमंद साबित होगी। इसमें किसी से जोर-जबरदस्ती नहीं होगी।
रंगले पंजाब दे दिखाई देण लगे रंग
हमने रंगले पंजाब का सपना देखा है। इसके रंग अब दिखने लगे हैं। पहले पंजाब नशे में नंबर और लीडरां दे लूटन मामलों में नंबर हुआ करता था मगर अब हम अच्छी बातों में भी नंबर वन की ओर बढ़े हैं। पंजाब के सरकारी स्कूलों के 800 से ज्यादा बच्चों ने नीट, 256 बच्चों ने जेईई व 44 बच्चों ने जेईई एडवांस क्लीयर कर लिया है। इसमें पंजाब नाॅर्थ इंडिया में पहले स्थान पर आया है। सरपंच अपने पिंडों को, डीसी जिलों को, एमएलए हलकों को व एमपी संसदीय क्षेत्र को नंबर वन बनाने में जुट हुए हैं। यही तरक्की विरोधियों को रास नहीं आ रही है। हम पारदर्शिता से काम करेंगे। न हमने रेत में, न ठेकों में और न ही ढाबों में हिस्सा पाना है। हमने पंजाब के साढ़े तीन करोड़ लोगों के सुख-दुख में हिस्सा पाना है।
कपूरथला हादसा: देर रात धराशायी हुई पुरानी इमारत, मची अफरा-तफरी
23 Jul, 2025 11:36 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
कपूरथला (पंजाब)। कपूरथला की पुरानी सब्जी मंडी क्षेत्र में मंगलवार देर रात को एक खस्ताहाल इमारत भरभरा कर गिर गई। इमारत के सामने से गुजर रही बिजली की तारों पर मलबा गिरने से तार और आसपास लगे बिजली के खंभे टूट गए। पूरे क्षेत्र की बिजली व्यवस्था ठप्प हो गई। हालांकि इस घटना में कोई जानी नुकसान नहीं हुआ है।
सब्जी मंडी में दिन के समय काफी भीड़ होती है। अगर दिन के समय यह हादसा होता तो बड़ा नुकसान हो सकता था। सब्जी मंडी के दुकानदारों से मिली जानकारी के अनुसार यह खस्ताहाल इमारत पिछले 8-9 साल से बंद पड़ी थी। यह इमारत लगभग 100 वर्ष पुरानी बताई जा रही है। इसमें किसी समय बाली समोसे वाले की दुकान हुआ करती थी जिसके देहांत के बाद से यह इमारत बंद पड़ी थी।
मंगलवार से कपूरथला में हो रही मूसलाधार बारिश के बाद देर रात लगभग 2:30 बजे इमारत अचानक गिर गई। आवाज सुनकर क्षेत्र के लोग बाहर निकल आए। हालांकि इस घटना में कोई जानी नुकसान नहीं हुआ है। लेकिन पूरे क्षेत्र की बिजली व्यवस्था पूरी तरह से ठप्प हो गई है। इमारत का मलबा बिजली के तारों पर गिरने से आसपास लगे कई बिजली के खंभे टूट गए हैं। पॉवरकॉम विभाग को सूचना दे दी गई है। घटना स्थल पर इमारत के मलबे को हटाने का काम जारी है।
जाह्नवी का जलवा: स्केटिंग में बनाए पांच वर्ल्ड रिकॉर्ड, चंडीगढ़ का नाम रोशन
23 Jul, 2025 11:27 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़। चंडीगढ़ की स्केटिंग खिलाड़ी जाह्नवी जिंदल (17) स्केटिंग के फ्री स्टाइल इवेंट में पांच गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकाॅर्ड में नाम दर्ज करवाने वाली देश की पहली खिलाड़ी बनी हैं।
स्केट पहनकर भंगड़ा भी कर सकती हैं जाह्नवी
पांच रिकाॅर्ड्स बनाने पर जाह्नवी के माता-पिता बेहद खुश हैं। सेक्टर-22 की रहने वाली जाह्नवी गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-16 में 12वीं की छात्रा हैं। जाह्नवी देश और विश्व की पहली ऐसी स्केटर हैं, जिनको स्केट पहनकर भंगड़ा डालने में महारत हासिल है। उपलब्धि पर खुशी जताते हुए जाह्नवी ने कहा कि रिकॉर्ड बनने के बाद उन्होंने अप्लाई किया था। उन्हें दो महीने पहले अवॉर्ड की कन्फर्मेशन हुई। चार दिन पहले बुक ऑफ वर्ल्ड रिकाॅर्ड से सर्टिफिकेट मिले हैं।
बिना कोच के किया अभ्यास
खास बात यह है कि उन्होंने बिना कोच के अभ्यास करते हुए रिकॉर्ड अपने नाम किए हैं। जाह्नवी स्केटिंग में इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स के साथ लिम्का बुक ऑफ रिकार्ड्स में पहले से अपना नाम दर्ज करवा चुकी हैं। जाह्नवी के पिता मुनीश जिंदल जनरल इंश्योरेंस में कार्यरत और मां दिव्या जिंदल सरकारी स्कूल में हिंदी की टीचर हैं।
जानिए...कब-बन बने रिकॉर्ड
1. 30 सेकेंड में इनलाइन इवेंट में स्केट पर सबसे ज्यादा 360 डिग्री घुमाव करते हुए 27 बार घूमने का रिकॉर्ड (28 जुलाई 2024)
2. दो पहियों पर इनलाइन इवेंट में स्केट पर सबसे तेज स्लैम (20 कोन)- 8.85 सेकंड में। (15 सितंबर, 2024)
3. 30 सेकेंड में सबसे ज्यादा एक-पहिया 360-डिग्री पर 42 घुमाव। (15 सितंबर 2024)
4. एक मिनट में सबसे ज्यादा एक पहिया 360-डिग्री पर 72 बार घुमाव। (15 सितंबर, 2024)
5. लगातार सबसे ज्यादा एक पहिया पर 360 डिग्री पर 22 बार घूमने का रिकॉर्ड। (15 सितंबर, 2024)
युवराज सिंह बना चुके हैं दो रिकॉर्ड
चंडीगढ़ के रहने वाले टीम इंडिया के पूर्व ऑलराउंडर युवराज सिंह क्रिकेट में दो रिकाॅर्ड बना चुके है। इनमें 2007 टी-20 विश्व कप में 12 गेंदों में अर्धशतक और एक ओवर में 6 छक्के लगाने का रिकॉर्ड शामिल है।
ऐसे चढ़ी सफलता की सीढ़ी
जाह्नवी के पिता मुनीष ने बताया कि वे भी एडवेंचर को शौक रखते हैं। बेटी को भी कई बार साथ लेकर गए। एडवेंचर में रीवर क्रॉसिंग, ऊंचाई से जंप लगाने के दौरान जाह्नवी की एडवेंचर में रुचि बढ़ती गई। एडवेंचर स्केटिंग के तहत वह घर की सीढ़ियों, पार्क, मार्केट के शोरूमों के रैंप और वहां बनी सीढ़ियों पर स्केटिंग का अभ्यास करने लगी। इसके बाद बेटी ने फ्री स्टाइल स्केटर बनाने के लिए यू ट्यूब और इंटरनेट का सहारा लिया।
जाह्नवी बोलीं- बच्चे इंटरनेट से काफी कुछ सीख सकते हैं
स्केटिंग खिलाड़ी ने जाह्नवी ने बच्चों को संदेश देते हुए कहा कि इंटरनेट का सही इस्तेमाल कर काफी कुछ सीखा जा सकता है। कड़ी मेहनत करें और एक दिन आप भी जरूर सफल हो जाएंगे।
बेटी को बनाया हवस का शिकार, हाईकोर्ट ने घटाई सजा: फांसी से 30 साल तक पहुंची सजा
23 Jul, 2025 11:06 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़(पंजाब)। अपनी 17 वर्षीय नाबालिग बेटी का यौन शोषण करने वाले व्यक्ति की माैत की सजा को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 30 वर्ष के कठोर कारावास में बदल दिया है। कोर्ट ने पिता को दोषी तो माना लेकिन इस मामले को दुर्लभतम में दुर्लभ मानने से इन्कार कर दिया। कोर्ट ने कहा कि मौत की सजा के लिए यह उपयुक्त मामला नहीं है।
2020 में पीड़िता ने अपने दादा-दादी के साथ पुलिस में शिकायत दर्ज की थी कि उसकी मां की मृत्यु के बाद उसके पिता ने वर्षों तक उसका यौन शोषण किया जिसके परिणामस्वरूप वह गर्भवती हो गई। आरोपी को तीन अक्तूबर 2020 को गिरफ्तार किया गया और उसने अपना अपराध कबूल किया था। पीड़िता ने बाद में एक बच्चे को जन्म दिया।
पलवल जिला कोर्ट ने 2023 में आरोपी को दोषी ठहराते हुए फांसी की सजा सुनाई थी। इसके बाद मामला हाईकोर्ट में पहुंचा, जहां दोषी ने दावा किया कि उसे फंसाया गया और पीड़िता से पैदा हुए बच्चे का पिता वह नहीं बल्कि पीड़िता का प्रेमी है। हाईकोर्ट ने अभियोजन पक्ष के चिकित्सीय साक्ष्यों और पीड़िता के बयान को मजबूत मानते हुए दोषी की अपील खारिज कर दी।
पीड़िता ने गवाही में स्पष्ट रूप से कहा कि उसके पिता ने चार वर्षों तक उसका यौन शोषण किया। डीएनए साक्ष्य ने भी पुष्टि की कि पीड़िता की सलवार पर मिला वीर्य और बच्चे का डीएनए दोषी से मेल खाता है। हाईकोर्ट ने यौन अपराधों से बालकों का संरक्षण (पोक्सो) अधिनियम की धारा छह और भारतीय दंड संहिता (आइपीसी) की धारा 506 (II) के तहत दोषी की सजा को बरकरार रखा। हालांकि, मृत्युदंड को 30 वर्ष के कठोर कारावास में बदल दिया गया, जिसमें दोषी को समयपूर्व रिहाई का कोई लाभ नहीं मिलेगा। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि अभियुक्त ने अपनी नाबालिग बेटी के साथ बार-बार यौन शोषण कर गंभीर अपराध किया, जिसके लिए सजा में किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी।
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