पंजाब
87% काम के बाद भी ठप पड़ा प्रोजेक्ट, जानिए क्यों अधूरी रह गई रेल कड़ी
5 Aug, 2025 01:36 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब में नांगल डैम से तलवाड़ा तक बन रही रेलवे लाइन पूरे देश में चर्चित है। यह इसलिए क्योंकि यह भारत में रेलवे का वह प्रोजेक्ट है, जो सबसे लंबे समय से पेंडिंग है। इसे पूरा करने में कई परेशानियां हैं। 62 साल के जतिंदरपाल सिंह ने कहा कि वह हर समय सोचते हैं कि यहां ट्रेन कब आएगी? उनकी आवाज़ में निराशा झलकती है, क्योंकि इसका जवाब किसी के पास नहीं है। जतिंदरपाल का गांव ब्रिंगली है। ब्रिंगली तलवाड़ा में ब्यास नदी के किनारे पर है। यह इलाका चंडीगढ़ से लगभग 200 किमी दूर है। इस गांव में रेल लाइन बिछाने की योजना रेलवे ने लगभग 40 साल पहले बनाई थी।
1985 में शुरू हुआ काम
रेलवे के इस प्रोजेक्ट पर केंद्र ने 1981-82 में काम शुरू किया। 1985 की गर्मियों में इस पर धरातल पर काम शुरू हुआ। यह रेलवे लाइन नांगल डैम से मुकेरियां होते हुए तलवाड़ा तक जानी थी। इस दौरान एक नई ब्रॉड-गेज रेलवे लाइन बिछाई जानी थी। इस प्रोजेक्ट पर लगभग 2000 करोड़ रुपये खर्च हुए। प्रोजेक्ट का उद्देश्य पंजाब और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में बिना रुकावट रेल सर्विस देना था।
87 फीसदी हुआ काम
नांगल डैम से तलवाड़ा रेलवे लाइन का काम शुरू हुआ लेकिन 87 फीसदी काम होने के बाद यह अटक गया। पंजाब में ज़मीन लेने, पर्यावरण की मंजूरी लेने और बिजली-पानी की लाइनों को हटाने जैसी दिक्कतों के चलते काम रुक गया। आज 40 साल बाद भी यह प्रोजेक्ट फिर शुरू नहीं हो पाया है। हालांकि अब इस प्रोजेक्ट में फिर से जान डालने की कोशिश की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद इस प्रोजेक्ट की समीक्षा की है और आगे और देरी न करने का आदेश दिया है। फिलहाल, मुकेरियां-तलवाड़ा के बीच खुदाई की इजाज़त न मिलने की वजह से काम रुका हुआ है।
प्रोजेक्ट में क्या अड़चनें
इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए पंजाब को लगभग 72 हेक्टेयर जमीन चाहिए। इसके अलावा रेलवे, पंजाब सरकार और पर्यावरण मंत्रालय को राज्य में खुदाई लिए वन विभाग से मंज़ूरी चाहिए। रेलवे मंत्रालय ने यह मुद्दा पर्यावरण मंत्रालय में उठाया है। कागज़ी कार्रवाई जारी है। प्रोजेक्ट इतना धीमा चल रहा है कि एक और पीढ़ी बड़ी हो गई है। लोगों ने यहां अब यह तक कहना शुरू कर दिया है कि यहां अब कभी ट्रेन नहीं आएगी।
बचपन में शुरू हुआ प्रोजेक्ट, बूढ़े हो गए पर पूरा नहीं
जतिंदरपाल ने बताया कि उनका परिवार 300 सालों से ब्रिंगली में रह रहा है। 1976 में जब हिमाचल प्रदेश के दौलतपुर चौक से तलवाड़ा तक एलिवेटेड रेल कॉरिडोर बनाने के लिए जमीन का सर्वे किया गया था तो यहां के लोग बहुत खुश थी। जतिंदरपाल ने बताया कि वह तब बहुत छोटे थे लेकिन सबकी बातें सुनकर यह समझते थे कि गांव में कुछ बहुत अच्छा होने वाला है। गांव में प्रोजेक्ट की टीम आती थी तो आधे से ज्यादा गांव उनके साथ सीमांकन रेखाओं के काम पर जाता था।
कितना हुआ काम और कहां अटका?
जतिंदर ने बताया कि उस समय जमीन की मार्किंग करने के बाद पिलर लगाए गए थे। 1981 में प्रोजेक्ट का नोटिफिकेशन औपचारिक रूप से हुआ। 1985 में प्रोजेक्ट पर काम शुरू हुआ। कुछ निर्माण भी शुरू हुआ लेकिन फिर यह अटक गया। नांगल डैम की ओर से सिर्फ 60 किमी का सेक्शन पूरा हुआ है। यह लाइन दौलतपुर चौक तक चालू है। दौलतपुर चौक और तलवाड़ा के बीच बचा हुआ 23.7 किमी एलिवेटेड कॉरिडोर का काम लगभग 50 फीसदी पूरा हो चुका है। रेलवे मंत्रालय की मानें तो तलवाड़ा के पास 2.5 किमी से 3 किमी का हिस्सा महत्वपूर्ण है, यहां अब भी जमीन अधिग्रहण बाकी है।
मुआवजे पर फंसा पेच
जमीन के मुआवज़े को लेकर लोगों में नाराज़गी है। कई लोगों का आरोप है कि उन्हें उनकी जमीन का कम रेट दिया गया। एक शख्स ने कहा कि हिमाचल में जमीन 1 लाख रुपये प्रति मरला (25.3 वर्ग मीटर) के रेट पर ली गई। वहीं पंजाब में हमें केवल 8500 रुपये प्रति मरला ही दिया जा रहा है। निवासियों ने यह मुआवज़ा लेने से इनकार कर दिया है। मामला कोर्ट में पेंडिंग है। एक किसान ने कहा कि हम प्रोजेक्ट के खिलाफ नहीं हैं लेकिन हमारे साथ न्याय हो। हमें जमीन के बदले जमीन मिले या फिर सही भुगतान।
कौन कर रहा रेल लिंक का निर्माण
रेल लिंक का निर्माण तीन बड़ी कंस्ट्रक्शन कंपनियां एनपी जैन कंस्ट्रक्शन कंपनी, आरकेसी कंपनी और एचएमएम इंफ्रास्ट्रक्चर कर रही है। देरी और विवादों के बावजूद अफसरों का दावा है कि रेलवे लाइन 31 दिसंबर 2027 तक पूरी हो जाएगी। वहीं पीएम मोदी के हस्तक्षेप के बाद लोगों की उम्मीद बढ़ गई है कि अब काम जल्द ही पूरा होगा।
दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा एक्सप्रेसवे का सपना अधूरा, कब मिलेगा सफर में आराम?
4 Aug, 2025 12:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब में 20 हाईवे परियोजनाओं का काम अधर में है जिसमें दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा एक्सप्रेस व ग्रीनफील्ड हाईवे भी शामिल हैं। साथ ही अमृतसर आईआईएम कैंपस का काम भी पूरा नहीं हुआ है जबकि फिरोजपुर-पत्ती रेलवे परियोजना का काम शुरू नहीं हो पाया है। इनमें से अधिकतर परियोजनाओं के लिए नई डेडलाइन तय की गई है, बावजूद इसके ये पूरी नहीं हो रही हैं। सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय की रिपोर्ट में इसका खुलासा हुआ है। प्रदेश में इस समय कुल 39 परियोजनाएं चल रही हैं और इनकी कुल निर्माण लागत 899 करोड़ रुपये बढ़ गई है। पंजाब में भूमि संबंधित विवादों के चलते हाईवे परियोजनाएं पूरी नहीं हो पा रही हैं, जबकि बाकी परियोजनाएं भी विभागीय मंजूरी व अन्य कारणों के चलते अधर में हैं।
दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा एक्सप्रेस-वे लुधियाना मालेरकोटला रोड की मंजूरी दिसंबर 2020 में मिली थी। इस परियोजना की डेडलाइन जनवरी 2024 तय की गई थी, लेकिन धीमी गति से काम आगे बढ़ने के चलते अब मार्च 2025 नई डेडलाइन तय की गई थी। परियोजना का अभी सिर्फ 31 प्रतिशत काम ही पूरा हुआ है। इसी तरह दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा एक्सप्रेस-वे फेज-1 पैकेज-12 को फरवरी 2021 में मंजूरी मिली थी जिसे अप्रैल 2024 तक पूरा किया जाना था। अब परियोजना की नई डेडलाइन 1 दिसंबर 2025 तय की गई है। इस परियोजना का भी सिर्फ 20.65 प्रतिशत काम पूरा हुआ है। उच्च शिक्षा विभाग की अमृतसर में इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (आईआईएम) का स्थायी कैंपस बनाने की परियोजना को अक्तूबर 2019 में मंजूरी मिली थी। इसकी मई 2022 डेडलाइन तय की गई थी, लेकिन अभी तक परियोजना का 91.2 प्रतिशत कम पूरा हुआ है।
केंद्र सरकार ने रद्द कर दी थीं परियोजनाएं
केंद्र सरकार की तरफ से भूमि संबंधित विवादों के चलते चार परियोजनाओं को रद्द भी किया चुका है। इनमें खरड़ तक बनने वाला लुधियाना-रूपनगर हाईवे, सदर्न लुधियाना बाईपास, अमृतसर-घोमान टांडा पैकेज-2 और दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा फेज-1 स्पर-2 शामिल हैं। 134.03 किलोमीटर लंबाई की ये चार परियोजनाओं को 4712.46 करोड़ रुपये में पूरा किया जाना था। केंद्र सरकार चेतावनी दे चुका है कि अगर आगे भी किसी तरह के विवाद सामने आए तो और परियोजनाओं को रद्द किया जा सकता है।
इन परियोजनाओं की भी बदली डेडलाइन
इसके अलावा जिन परियोजनाओं की डेडलाइन बदली है, उनमें दिल्ली-अमृतसर-कटड़ा एक्सप्रेस (डीएके) लुधियाना-मोगा रोड, डीएके लुधियाना-मालेरकोटला रोड, डीएके मेन एक्सप्रेस व अमृतसर, डीएके फेज-1 पैकेज-12, ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे फेज-1 पैकेज-5, सिक्स लेन ग्रीनफील्ड लुधियाना-रूपनगर हाईवे, ग्रीनफील्ड मलोट बाईपास, मोगा से बाजाखाना लम्बावाली फोर लेन, डीएके फेज-1 स्पर-3, फोरलेन अमृतसर बाईपास, अमृतसर एयरपोर्ट जंक्शन रामदास, जोधपुर रोमाणा (बठिंडा) मंडी डबवाली, अमृतसर-बठिंडा ग्रीनफील्ड भगत भाई का भदौड़ रोड पास है। इसके अलावा लुधियाना-बठिंडा ग्रीनफील्ड हाईवे, अमृतसर-बठिंडा ग्रीनफील्ड सेक्शन एनएच-754ए, अंबाला-चंडीगढ़ ग्रीनफील्ड, बाबा बकाला-डेरा बाबा नानक सेक्शन, फोर लेन ब्यास-मेहता-बटाला-डेरा बाबा नानक, डीएके एक्सप्रेस-वे फेज-1 स्पर-1 और जालंधर-होशियरपुर सेक्शन एनएच-70 भी शामिल हैं।
अमृतपाल सिंह ने दी खुली चुनौती, कहा – असम जेल में हूं, टेस्ट करना है तो आओ
2 Aug, 2025 02:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: वारिस पंजाब दे के प्रमुख और खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह एनएसए के तहत डिब्रूगढ़ जेल में बंद हैं। अमृतपाल ने डोप टेस्ट करवाने की बात कही है। अमृतपाल के वकील ने बताया कि यह बयान उन आरोपों के जवाब में आया है जो उनके अपने साथियों ने लगाए थे। पंजाब पुलिस ने पिछले महीने अजनाला कोर्ट में एक चार्जशीट दाखिल की थी, जिसमें इन आरोपों का जिक्र था। अमृतपाल पर ड्रग्स लेने के आरोप लगे हैं। उनके वकील ने कहा कि वे डोप टेस्ट कराने के लिए तैयार हैं। अमृतपाल ने यह भी कहा कि जो नेता उन पर आरोप लगा रहे हैं, उनका भी डोप टेस्ट होना चाहिए।
अकाली दल वारिस पंजाब दे के कानूनी सलाहकार और मुख्य प्रवक्ता एडवोकेट इमान सिंह खारा ने हाल ही में डिब्रूगढ़ जेल में अमृतपाल से मुलाकात की थी। उन्होंने बताया कि भाई साहब ( अमृतपाल सिंह ) ने कहा है कि झूठे आरोप लगाने के बजाय, पंजाब पुलिस उनका डोप टेस्ट करवा सकती है। उन्होंने कहा है कि अगर पंजाब पुलिस चाहे तो टेस्ट करवाने के लिए डिब्रूगढ़ आ सकती है। खारा ने आगे कहा कि अमृतपाल ने मांग की है कि एक बार जब वह डोप टेस्ट करवा लेते हैं, तो उन राजनीतिक नेताओं को भी टेस्ट करवाना चाहिए जो उन पर ड्रग्स लेने का आरोप लगा रहे हैं।
पुलिस चार्जशीट में क्या
पुलिस चार्जशीट के अनुसार, अमृतपाल के दो साथियों भगवंत सिंह उर्फ और वरिंदर सिंह फौजी ने पुलिस के सामने दिए अपने बयानों में दावा किया कि अमृतपाल पंजाब में ड्रग्स के आदी थे। असम की डिब्रूगढ़ जेल में भी उनका सेवन करते थे। अमृतपाल के वकीलों ने इन बयानों को खारिज कर दिया है। उन्होंने पुलिस पर अमृतपाल को बदनाम" करने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। खारा ने आरोप लगाया कि पुलिस ने खाली कागजों पर हस्ताक्षर करवा लिए। अमृतसर की एक अदालत में पेशी के दौरान भगवंत सिंह 'प्रधान मंत्री बाजेके' ने कहा था कि उन्होंने अमृतपाल के ड्रग्स लेने के बारे में कोई बयान नहीं दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें पीटा गया और हजारों कागजों पर साइन करवाए गए। 2023 के अजनाला पुलिस स्टेशन पर हमले के मामले में उन्हें अदालत में लाया गया था। बाजेके ने मीडिया से कहा किहमें पीटा गया और हमसे हजारों कागजों पर साइन करवाए गए और वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई.।
वकील ने की थी मुलाकात
खारा ने कहा कि उन्होंने 24 जुलाई को डिब्रूगढ़ जेल में अमृतपाल से मुलाकात की। यह मुलाकात एक रिट याचिका के सिलसिले में थी जिसे हम NSA को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट में दायर करेंगे। अमृतपाल को NSA के तहत डिब्रूगढ़ जेल में लगातार तीसरे साल हिरासत में रखा गया है। खारा ने कहा कि मुझे डिब्रूगढ़ जेल से लगभग 25 किलो के दो सूटकेस भरकर दस्तावेज लाने पड़े। इन दस्तावेजों से सुप्रीम कोर्ट में NSA को चुनौती देने के लिए आधार तैयार किया जाएगा।
खालिस्तान समर्थक अमृतपाल की मां की धमाकेदार बहस, पुलिस अफसर को सुनाई खरी-खरी
1 Aug, 2025 08:33 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब के अमृतसर जिला अदालत परिसर में उस समय गहमागहमी का मौहाल बन गया जब पुलिस अधिकारी और खालिस्तानी समर्थक व सांसद अमृतपाल सिंह की मां के बीच तीखी बहस हुई। दोनों के बीच हुई बहस का एक वीडियो वायरल हो रहा है। घटना एक दिन पहले यानी वीरवार की है।
अमृतसर कचहरी परिसर में वीरवार की शाम खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह की मां और एडीसीपी हरपाल सिंह के बीच काफी बहस हुई। एडीसीपी भरी सुरक्षा के बीच अजनाला थाने पर हुए हमले के 41 आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के लिए लाए थे। इस बीच उक्त आरोपियों में से कइयों के परिजन उनसे मुलाकात करने पहुंचे हुए थे। हालांकि आरोपियों और उनके परिजनों की मुलाकात न्यायिक हिरासत या पुलिस हिरासत में नहीं हो सकती थी। कचहरी परिसर में खालिस्तान समर्थक व खडूर साहिब से सांसद डिब्रूगढ़ जेल में बंद अमृतपाल सिंह की माता बलविंदर कौर भी पहुंची थी। जैसे ही एडीसीपी हरपाल सिंह रास्ते से निकल रहे थे तो अमृतपाल सिंह की मां ने उन्हें रोक लिया।
हरपाल सिंह ने अमृतपाल सिंह के चाचा हरजीत सिंह से गैर कानूनी ढग से आरोपियों के साथ मुलाकात कराने से इनकार कर दिया। इसको लेकर अमृतपाल की मां बलविंदर कौर ने एडीसीपी हरपाल सिंह के साथ बहस भी की जिस पर एडीसीपी ने कहा कि तेरे बेटे ने सारे पंजाब नू अग्ग लगा दित्ती। इसके बाद दोनों तरफ से बहस शुरू हो गई। अमृतपाल की मां कहती है कि आपका मतलब नहीं है, मुझे इस तरह की बात करने का। महिला कहती है क्या कर दिया मेरे बेटे ने। एडीसीपी कहते हैं पटियाला जाकर मुलाकात करो। इसके बाद एडीसीपी बात खत्म करते हुए कहते हैं श्री गुरु रामदास जी सब देख रहे हैं। अमृपाल की माता बलविंदर कौर धमकी भरे अंदाज में कहती है कभी तुम्हारी आई है तो कभी हमारी बारी भी आएगी। यह वीडियो सोशल मीडिया पर शुक्रवार को वायरल हो गया जिसके बाद लोगों में इस मुद्दे को लेकर काफी चर्चा रहती है।
बता दें कि अजनाला पुलिस थाने पर हमले के ढाई साल बाद इस केस को अमृतसर जिला अदालत शिफ्ट किया गया है। इसके बाद वीरवार को खालिस्तानी समर्थक व वारिस पंजाब दे के मुखिया अमृतपाल सिंह के सभी 9 साथियों सहित कुल 41 आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया है। अब इन सभी आरोपियों के खिलाफ अजनाला कोर्ट के बजाए अमृतसर की जिला सेशन कोर्ट में सुनवाई शुरू हो गई है।
थार की रफ्तार बनी काल, सरपंच के इकलौते बेटे समेत दो युवकों की मौत
1 Aug, 2025 08:24 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब के होशियारपुर में भयानक हादसा हुआ है। यहां थार दो युवकों के लिए मौत साबित हुई। वीरवार रात माहिलपुर-फगवाड़ा रोड पर गांव पालदी के पास एक थार हादसे का शिकार हो गई। थार में 17 और 18 साल के दो युवक सवार थे और दोनों की ही मौत हो गई। मृतकों में गांव ढाडा खुर्द के सरपंच के इकलौते बेटे समेत दो युवक शामिल हैं। हादसा इतना भयानक था कि थार के परखच्चे उड़ गए। इस घटना के बाद इलाके में मातम छाया हुआ है। मृतकों में गांव ढाडा खुर्द के सरपंच हरदीप सिंह का बेटा हर्षवीर सिंह मान और गांव मुक्खोमजारा निवासी हरसिमरन सिंह है। बताया जा रहा है कि 17-18 साल के ये दोनों युवक माहिलपुर के एक निजी स्कूल में 12वीं कक्षा के छात्र थे। थाना माहिलपुर की पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
थाना प्रभारी सुखविंदर सिंह ने बताया कि हर्षवीर सिंह मान अपने दोस्त हरसिमरन सिंह के साथ थार गाड़ी (पीबी 08 एफसी 0079) पर सवार होकर माहिलपुर से अपने गांव ढाडा खुर्द जा रहा था। जब वे गांव पालदी के पास पहुंचे तो उनकी गाड़ी अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई, जिससे दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। लोगों की मदद से दोनों घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। हर्षवीर सिंह मान को सिविल अस्पताल होशियारपुर लाया गया जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं घायल हरसिमरन सिंह को सिविल अस्पताल माहिलपुर लाया गया। उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे होशियारपुर के एक निजी अस्पताल रेफर किया गया। वहां से उसे लुधियाना के डीएससी अस्पताल रेफर कर दिया गया, वहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई।
डर का साया फिर गहराया: गोल्डन टेंपल को बम से उड़ाने की धमकी, जांच तेज
1 Aug, 2025 02:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमृतसर। श्री हरि मंदिर साहिब (गोल्डन टेंपल) को एक बार फिर आरडीएक्स लगाकर उड़ाने की धमकी दी गई है। इस धमकी को ई-मेल के जरिए भेजा गया था, जिसके पीछे डार्क नेट का इस्तेमाल किया गया है। अब तक इस मामले में 19 दिन बीत चुके हैं लेकिन स्टेट साइबर सेल आरोपी की पहचान तक नहीं कर सकी है।
पुलिस का दावा है कि आरोपी जल्द गिरफ्त में होंगे, लेकिन डार्क नेट की वजह से जांच को खासा पेचीदा बना दिया गया है। सूत्रों के अनुसार आरोपित को ट्रैक करने में कम से कम एक महीने का वक्त लग सकता है। बावजूद इसके, श्री हरि मंदिर साहिब परिसर और आसपास सुरक्षा के व्यापक बंदोबस्त किए गए हैं। पुलिस लगातार तकनीकी स्तर पर जांच में जुटी हुई है और दावा कर रही है कि जल्द ही धमकी देने वाले तक पहुंच बना ली जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था और बढ़ाई गई
धमकी के बाद से अमृतसर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों ने हरमंदिर साहिब क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है और निगरानी ड्रोन से की जा रही है।
डार्क नेट बनी बड़ी चुनौती
डार्क नेट के जरिए भेजे गए ई-मेल ने जांच एजेंसियों के सामने तकनीकी मुश्किलें खड़ी कर दी हैं। पुलिस अधिकारी का कहना है कि इस तरह के मामलों में डिजिटल ट्रैकिंग जटिल और समय लेने वाली होती है लेकिन हर एंगल से छानबीन की जा रही है।
फिलहाल श्रद्धालुओं से अपील की जा रही है कि अफवाहों से बचें और प्रशासन का सहयोग करें।
पंजाब की 'आप' सरकार का बड़ा कदम, SYL को लेकर हरियाणा पर लगाया पानी का बकाया
31 Jul, 2025 04:47 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: भाखड़ा जल विवाद पर करीब एक महीने तक भिड़ने के बाद अब हरियाणा और पंजाब फिर से आमने सामने होने जा रहे हैं। पंजाब सरकार ने बुधवार को हरियाणा को भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड में अन्य भागीदार राज्यों द्वारा लंबे समय से बकाया राशि की वसूली की कार्रवाई शुरू करते हुए हरियाणा को 113.24 करोड़ रुपये का बिल भेज दिया है।
क्या बोले पंजाब के वित्त मंत्री
पंजाब ने यह कार्रवाई केंद्र सरकार की ओर से भाखड़ा पर सीआईएसएफ जवानों की तैनाती करने के बाद की है। बुधवार को चंडीगढ़ में पत्रकारों से बातचीत में पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल चीमा ने कहा कि पंजाब सरकार ने जिन राज्यों पर बकाया है, उनके समक्ष ये गंभीर मुद्दे उठाए हैं। उन्होंने बताया कि बीबीएमबी से संबंधित पंजाब की जो देनदारी लंबे समय से लंबित थी, वह कुल 113.24 करोड़ रुपये है और अब इसे आधिकारिक रूप से निपटारे के लिए हरियाणा सरकार को भेज दिया गया है।
प्रस्ताव पारित किया
वित्त मंत्री ने कहा कि संबंधित पंजाब अधिकारियों द्वारा की गई समीक्षा प्रक्रिया में इन बकाया राशियों की पुष्टि हुई है। उन्होंने बताया कि इस बकाया राशि में एक्सईएन बीएमएल नहर डिवीजन, पटियाला को 103.92 करोड़ रुपये और मानसा कनाल डिवीजन, जवाहरके को 9.32 करोड़ रुपये की राशि शामिल है, जो भाखड़ा प्रणाली की साझी कैरियर चैनलों के संचालन और रखरखाव पर हुए वास्तविक खर्चों की अदायगी से संबंधित हैं। बीबीएमबी की संपत्तियों की सुरक्षा हेतु केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की तैनाती के लिए बीबीएमबी द्वारा की गई मांग संबंधी वित्त मंत्री ने दोहराया कि पंजाब विधानसभा, जो राज्य के तीन करोड़ लोगों का प्रतिनि
गाने में 'पर्चे' असल जिंदगी में FIR! पंजाबी सिंगर जिम में पिस्तौल लहराते गिरफ्तार
31 Jul, 2025 04:37 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मोहाली: पंजाब के मोहाली में जिम के अंदर पिस्तौल लहराने वाल पंजाबी गायक गिल माणुके को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी गायक के खिलाफ मोहाली के सोहाना थाने की पुलिस ने पिस्तौल की नोक पर डराने-धमकाने की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पंजाब सिंगर की जिम में मशीन चलाने को लेकर किसी युवक के साथ कहासुनी हो गई थी। इस दौरान पंजाबी सिंगर ने उस पर पिस्तौल तान दी थी, जिसके बाद पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत आरोपी सिंगर पर केस दर्ज किया था। गायक गिल माणुके के साथ पुलिस ने उसके भाई को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों को मोहाली की अदालत में पेश किया गया। जहां से कोर्ट ने आरोपी को एक दिन के पुलिस रिमांड पर भेजने के आदेश दिए।
आरोपी से हथियार बरामद
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से पिस्तौल भी बरामद की है। डीएसपी सिटी-2 हरसिमरन सिंह बल ने बताया कि पंजाबी सिंगर ने जिम में मशीन चलाने को पिस्तौल लहराई, इसलिए आर्म्स एक्ट में केस दर्ज किया गया। इस सारे मामले की एक सीसीटीवी फुटेज अभी सामने आई जिसमें पंजाबी सिंगर जिम में पिस्तौल दिखाकर हंगामा कर रहा है। बता दें कि पंजाबी गायक गिल माणुके के पर्चों का क्या, पर्चे तो मरदा ते ही पैंदे हैं गाना काफी मशहूर है। पर्चे पर गाना गाने वाले इस सिंगर पर अब खुद पर्चा हो गया है।
सीएम भगवंत मान ने 942 कर्मचारियों को दी स्थायी नौकरी की सौगात, मजीठिया पर भी साधा निशाना
30 Jul, 2025 03:06 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़ : मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया पर हमला बोला है। मान ने कहा कि यह लोग पंजाब की जवानी खा गए। मान बुधवार को वन विभाग के 942 कर्मचारियों को नियमित करने के समारोह को संबोधित कर रहे थे। मान ने कहा कि मजीठिया पर कार्रवाई के बाद यह साफ हो गया कि यह सभी आपस में मिले हुए हैं। पहले विपक्षी नेता कहते थे कि बड़े तस्करों को नहीं पकड़ रहे हैं। अब जब हमने पकड़ लिया तो इसका विरोध करना शुरू कर दिया है। इस दौरान हाउसिंग व शहरी विकास के 6 कर्मचारियों को भी पक्का किया गया है। मान ने कहा कि लोग अब इनकी जमानतें जब्त करवा रहे हैं और यह मुझे बिना मतलब के कोसते रहते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले इन कर्मचारियों की सुध नहीं ली गई। सरकारों का काम लोगों के हितों की रक्षा करना है, जिसमें स्वास्थ और शिक्षा देना, रोजगार देना और विकास कार्यों का पूरा करना शामिल हैं। पिछली सरकारों ने इन हितों की तरफ ध्यान नहीं दिया। उन सरकारों की प्राथमिकताएं ही कुछ और थी। अपने परिवारों के हित साधने में लगे रहे हैं, जिसमें बड़ी कंपनियां स्थापित करना शामिल है। जिस देश का राजा ही व्यापार करने लग जाएगा, वहां कभी लोगों भला नहीं हो सकता है।
मान ने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि मैंने यह कुर्सी लेनी ही नहीं थी। अपनों ने इस कुर्सी के साथ इंसाफ नहीं किया, इसलिए लोगों ने हमें चुन लिया। पिछली सरकारों की प्राथमिकता सिर्फ सत्ता और पैसा था। लोगों के हितों की तरफ उनका कोई ध्यान नहीं था। मान ने कहा कि साढ़े तीन साल हो गए तो हमने सीएम आवास के पास नाके हटा दिया, क्योंकि उनकी कोई जरूरत नहीं है। 10 से 20 साल से कर्मचारी डेलीवेज काम कर रहे थे। इसमें अनुबंध पर भी तैनात थे। इन कर्मचारियों के हमने सभी के केस चेक किए और अदालतों में भी कर्मचारियों का प्रमुखता से पक्ष रखा। इसी के तहत इन कर्मचारियों को पक्का करने की प्रकिया पूरी की है। 942 कर्मचारियों को पक्का किया गया है, जिनको पहले यह नहीं पता था कि कल उनकी नौकरी रहेगी या नहीं।
मान ने कहा कि पूरे देश में जलवायु परिवर्तन हो रहा है, क्योंकि प्राकृति के साथ छेड़छाड़ हो रही है। ऐसे में पर्यावरण विभाग के इन कर्मचारियों का महत्व और भी बढ़ जाता है। मान ने कहा कि पेड़ तो लगा दिए हैं, लेकिन उनकी संभाल नहीं हो रही है। यही कारण है कि इन पेड़ों का कुछ अता पता नहीं चलता है। वन विभाग के जो गेस्ट हाउस है, उनकी हालत सुधारने के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं, जिससे पर्यटन को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। परमात्मा ने एक कमी रख दी पंजाब के लिए बस कि सबसे अधिक लुटेरे भी पंजाब को दे दिए हैं। सबसे पहले जेल की यात्रा आपके नाभा के मंत्री ने ही की थी। अभी भी एक नाभा में बैठा है। वित्त मंत्री नौ साल यह कहता रहा कि खजाना खाली है तो युवाओं ने प्रदेश से पलायन करना शुरू कर दिया है। कर्मचारियों को नियमित करने की प्रक्रिया बहुत साल पहले हो जानी चाहिए थे, लेकिन पिछली सरकारों की नाकामी के कारण यह देरी से हुआ है।
गोलियों की बारिश: गुरदासपुर में यात्रा एजेंट के घर पर बदमाशों का हमला, परिवार सकुशल
30 Jul, 2025 02:59 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़ : पंजाब के गुरदासपुर में नकाबपोश बदमाशों ने एक घर पर दनादन फायरिंग की। जिस घर पर गोलाबारी की घटना हुई है वह एक ट्रैवल एजेंट का घर है। हालांकि बदमाश फायरिंग कर मौके से फरार हो गए। इस घटना में घर पर मौजूद परिवार के लोग बाल-बाल बच गए।
थाना काहनूवान के अधीन गांव सठियाली में मंगलवार की देर रात बाइक सवार अज्ञात युवकों ने ट्रैवल एजेंट सूरज मसीह के घर पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई। परिवार के लोग तो बच गए, लेकिन इस घटना से पूरा परिवार सहमा हुआ है। गांव में भी दहशत का माहौल बना हुआ है। उधर घटना की जानकारी मिलने के बाद थाना प्रभारी काहनूवान कुलविंदर सिंह पुलिस पार्टी सहित मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू कर दी है।
सूरज मसीह की पत्नी शिवानी ने बताया कि उसका पति ट्रैवल एजेंट का काम करता है। घर में वह अपनी छोटी बच्ची और कुछ परिवारिक सदस्यों के साथ थी। वह परिवार के साथ बातें कर रह रहे थे कि रात करीब 11 बजे अचानक से गोलियां चलने की आवाज सुनकर वह बाहर आई तो देखा कि एक मोटरसाइकिल पर तीन युवक सवार थे, जिन्होंने मुंह बंधे हुए थे। गोलियां चलाने के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। शिवानी ने बताया कि उनकी किसी के साथ कोई दुश्मनी नहीं है। कुछ दिन पहले भी ऐसे ही उनके घर के पास फायरिंग होने की घटना हुई थी।
उधर गांव के सरपंच बिक्रमजीत सिंह और गांव के रमेश कुमार ने बताया कि घटना के बाद उनके साथियों ने अपनी कार पर इन हमलावरों का श्रीहरगोबिंदपुर रोड पर पीछा किया, लेकिन हमलावर आदर्श स्कूल कोट धंदल की ओर से होते हुए सूए के किनारे कादियां की तरफ फरार हो गए। पीछा करने वाले युवकों ने बताया कि उन्होंने आदर्श स्कूल के पास इनमें गाड़ी मारने का भी प्रयास किया तो हमलावरों ने उन पर भी फायरिंग की। इसके बाद वह वापस गांव लौट आए। उधर थाना प्रभारी काहनूवान कुलविंदर सिंह ने बताया कि सूर्ज इमिग्रेशन का काम करता है, हो सकता है कि उसके साथ किसी ने कोई दुश्मनी निकाली होगी। फिलहाल मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
BBMB सचिव की नियुक्ति पर पंजाब-केंद्र आमने-सामने, जल संसाधन विभाग को पत्र भेजा
29 Jul, 2025 03:58 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़ : भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड और पंजाब सरकार के बीच एक बार फिर टकराव की स्थिति बन गई है। विवाद की वजह बनी है बीबीएमबी में सचिव की नियुक्ति। राजस्थान के बलवीर सिंह सिंहमार की पदोन्नति के बाद यह पद खाली हो गया है। हाल ही में बीबीएमबी ने पंजाब के जल संसाधन विभाग को एक पत्र भेजकर सचिव पद की नियुक्ति के लिए नए मानदंडों के बारे में जानकारी दी थी। पंजाब सरकार ने इन मानदंडों पर सख्त ऐतराज जताते हुए कहा है कि यह प्रक्रिया पक्षपातपूर्ण है और इससे पंजाब को उसका हक नहीं मिल पाएगा।
हरियाणा के अधिकारी को दी जा सकती है तैनाती
बीबीएमबी द्वारा सचिव पद के लिए नए मानदंड तैयार किए गए हैं ताकि हरियाणा के एक अधिकारी को इस पद पर नियुक्त किया जा सके। पंजाब सरकार ने पहले भी बीबीएमबी की भूमिका पर सवाल उठाए हैं, खासकर हरियाणा को अतिरिक्त पानी देने के मामलों में दोनों राज्यों के बीच टकराव हो चुका है। नए बनाए गए नियमों के अनुसार, अब बीबीएमबी सचिव पद के लिए न्यूनतम 20 साल का अनुभव जरूरी कर दिया गया है। साथ ही, केवल सुपरिंटेंडिंग इंजीनियर या एग्जीक्यूटिव इंजीनियर को ही इस पद पर नियुक्त किया जा सकेगा। इन शर्तों के चलते पंजाब के अधिकारी रेस से बाहर हो सकते हैं।
पंजाब का विरोध और मांग
पंजाब सरकार ने आज बीबीएमबी के चेयरमैन को पत्र लिखकर इन नए मानदंडों पर कड़ी आपत्ति जताई है। पत्र में कहा गया है कि कोई भी नया मानदंड तैयार करने से पहले बोर्ड की स्वीकृति आवश्यक होती है, न कि चेयरमैन द्वारा एकतरफा फैसला। इसके अलावा, 20 साल के अनुभव की शर्त को भी पंजाब ने अनुचित बताया है। पंजाब के जल संसाधन विभाग का कहना है कि राज्य में युवा अधिकारी सुपरिंटेंडिंग या एग्जीक्यूटिव इंजीनियर के पदों पर तैनात हैं, ऐसे में पंजाब को सचिव पद पर प्रतिनिधित्व नहीं मिल पाएगा। पंजाब ने सुझाव दिया है कि यह अनुभव सीमा घटाकर 5 साल की जाए।
हरियाणा को लगातार फायदा, पंजाब वंचित
पंजाब सरकार का आरोप है कि दशकों से सचिव पद पर हरियाणा का कब्जा है, जबकि बीबीएमबी में पंजाब सबसे बड़ा हिस्सेदार है। इसके बावजूद पंजाब को इसका प्रतिनिधित्व नहीं मिल पा रहा है। पंजाब ने मांग की है कि सचिव पद के लिए बनाए गए नियम पहले बोर्ड से मंजूर किए जाएं ताकि सभी साझेदार राज्यों के बीच संतुलन बना रहे। सूत्रों के अनुसार बीबीएमबी एक खास अधिकारी को सचिव बनाने की तैयारी में है, जिसे पहले पंजाब के विरोध के चलते हटा दिया गया था। बताया जा रहा है कि उस अधिकारी की केंद्रीय ऊर्जा मंत्री तक सीधी पहुंच है, जिससे मामला और भी संवेदनशील हो गया है।
दो शूटर गिरफ्तार, पांच पिस्तौल और हेरोइन जब्त; फतेह ग्रुप से जुड़े होने का खुलासा
29 Jul, 2025 03:48 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जालंधर : गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान करणप्रीत सिंह उर्फ ज्ञानी उर्फ फतेह पुत्र जसपाल सिंह (निवासी बैंक एन्क्लेव, खुरला किंगरा, जालंधर) और अमन उर्फ अमना पुत्र त्रसेम लाल (निवासी बाबा काहन दास नगर, बस्ती बावा खेल, जालंधर) के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके कब्जे से 4 अवैध पिस्तौल (.32 बोर) और 8 जिंदा कारतूस, एक अवैध पिस्तौल (.45 बोर) और 2 जिंदा कारतूस, कुल 5 अवैध पिस्तौल और 10 जिंदा कारतूस और 50 ग्राम हेरोइन बरामद की है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि करणप्रीत सिंह उर्फ फतेह के खिलाफ पहले से ही 16 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जबकि अमन उर्फ अमना पर 11 मामले लंबित हैं। दोनों को 27 जुलाई को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। पूछताछ के दौरान और भी खुलासे होने की उम्मीद है। कमिश्नरेट पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से शहर में सक्रिय गैंगों और अपराधियों के हौसले पस्त हुए हैं और आगे भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी।
भगवंत मान सरकार का ऐलान, मोहल्ला क्लीनिक में डॉग बाइट का फ्री ट्रीटमेंट
28 Jul, 2025 07:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: पंजाब में आम जनता की सेहत को लेकर मान सरकार ने एक और बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। अब कुत्ते के काटने जैसी आपात स्थिति में भी लोगों को इलाज के लिए निजी अस्पतालों में महंगी फीस नहीं चुकानी पड़ेगी और न ही बड़े सरकारी अस्पतालों के चक्कर लगाने पड़ेंगे। राज्यभर के मोहल्ला क्लीनिकों में अब एंटी-रेबीज इंजेक्शन पूरी तरह मुफ्त लगाया जाएगा। ये सिर्फ एक नई सेवा नहीं, बल्कि सरकार के उस वचन का हिस्सा है जिसमें कहा गया था कि इलाज अब हर नागरिक का हक है, जिम्मेदारी सरकार की होगी। अब तक यह सुविधा केवल जिला या उपमंडल स्तर के अस्पतालों में सीमित थी, लेकिन अब मोहल्ला क्लीनिकों को इस स्तर तक मजबूत किया गया है कि वहां इमरजेंसी हालात का भी इलाज संभव हो सके।
मोहल्ला क्लीनिक में फ्री इलाज
राज्य सरकार के अनुसार निजी अस्पतालों में यही एंटी-रेबीज इंजेक्शन 350 से 800 रुपये में डोज में मिलता है। ऐसे में टीकाकरण का पूरा कोर्स 2000 से 4000 रुपये तक का हो जाता है। अब यह पूरा इलाज मोहल्ला क्लीनिक में एक रुपया खर्च किए बिना मिलेगा। यही नहीं, आम आदमी पार्टी की सरकार पूरे प्रदेश में एक चरणबद्ध फ्री टीकाकरण अभियान भी शुरू कर रही है, ताकि कोई भी व्यक्ति समय पर इलाज से वंचित न रह जाए। राज्यभर में इस समय 880 से अधिक आम आदमी क्लीनिक काम कर रहे हैं, जिनमें से 565 गांवों में और 316 शहरों में खोले जा चुके हैं। इनका दायरा लगातार तेजी से बढ़ाया जा रहा है। अब तक 1.3 करोड़ से अधिक लोग इन क्लीनिकों से लाभ उठा चुके हैं, और 3.7 करोड़ से ज़्यादा बार लोग ओपीडी सेवाओं का इस्तेमाल कर चुके हैं। पिछली सरकार के समय सालाना OPD लगभग 34 लाख थी, जो अब बढ़कर 177 लाख हो चुकी है, यानि 4.5 गुना बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है।
मोहल्ला क्लीनिक में तमाम टेस्ट हैं उपलब्ध
अब इन क्लीनिकों में पहले से ही मुफ्त डॉक्टर परामर्श, 107 अधिक आवश्यक दवाइयां और 100 से ज्यादा टेस्ट उपलब्ध हैं। इनमें डायग्नोस्टिक, टाइफाइड, एचबीए1सी, हेपेटाइटिस, डेंगू, एचआईवी, प्रेगनेंसी टेस्ट और सभी प्रकार के अल्ट्रासाउंड निशुल्क उपलब्ध हैं। अब जीवन रक्षक इंजेक्शन भी इस नेटवर्क का हिस्सा होंगे। इलाज पाने वालों में 56% महिलाएं, 44% पुरुष हैं। 25% बुजुर्ग और 18% बच्चे शामिल हैं। अब तक 1.5 करोड़ से अधिक डायग्नोस्टिक टेस्ट मुफ्त में किए जा चुके हैं, जिससे हजारों करोड़ रुपये की जेब खर्च से आम जनता को राहत मिली है। पंजाब देश का पहला राज्य बन चुका है जिसने अपने हर नागरिक को 10 लाख रुपये तक का मुफ्त स्वास्थ्य बीमा देने का फैसला किया है। अब कोई गरीब, किसान, मजदूर या मिडिल क्लास व्यक्ति अस्पताल में इलाज के लिए कर्ज नहीं लेगा, उसका सारा खर्च सरकार उठाएगी।
सरकार भर रही है खुद ही प्रीमियम
ये बीमा योजना प्राइवेट कंपनियों जैसी नहीं, जिसमें शर्तों और कागजों में मरीज उलझ जाए। ये जनता का बीमा है, जिसका प्रीमियम खुद सरकार भर रही है। अब पंजाब में इलाज बोझ नहीं, हक बन गया है, और इस हक की जिम्मेदारी खुद मान सरकार उठा रही है। यह सिर्फ सेहत का फैसला नहीं, एक साफ नीयत का एलान है कि हर पंजाबी को इलाज मिलेगा, चाहे वो शहर में हो या गांव में, अमीर हो या गरीब। मान सरकार ने दिखा दिया है कि सरकारें अगर चाहें तो इलाज दवाइयों तक ही सीमित नहीं होता, बल्कि सम्मान और भरोसे की भी दवा बन सकता है। पंजाब अब देश के लिए एक मिसाल बन चुका है, जहां सरकार सिर्फ फाइलों में नहीं, असली ज़िंदगी में लोगों के साथ खड़ी है। ये है असली सेवा, यही है नया पंजाब।
ICU में ऑक्सीजन रोकने से 3 मरीजों की जान गई, सरकार ने दिए जांच के आदेश
28 Jul, 2025 01:59 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जालंधर : पंजाब के जालंधर से एक दर्दनाक खबर सामने आई है। यहां के सिविल अस्पताल के ट्रॉमा वार्ड में तीन मरीजों की मौत हो गई। आरोप है कि ऑक्सिजन का दबाव अचानक कम हो गया, जिससे मरीजों को सांस लेने में दिक्कत हुई और उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद अस्पताल में हड़कंप मच गया। मरीजों के रिश्तेदारों ने हंगामा किया। विवाद बढ़ने पर जांच के आदेश दिए गए हैं। यह घटना रात करीब 8 बजे हुई। बताया जा रहा है कि ऑक्सिजन सप्लाई बदली जा रही थी। इसी समय तकनीकी खराबी आ गई थी। इसी वजह से ऑक्सिजन का दबाव कम हो गया।
पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री मौके पर पहुंचे
सूचना मिलने पर पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह तुरंत अस्पताल पहुंचे। उन्होंने कहा कि इस मामले की पूरी जांच की जाएगी। बलबीर सिंह ने कहा कि जिन मरीजों की मौत हुई है, वे ICU में थे और उनकी हालत पहले ही गंभीर थी... ऑक्सिजन की सप्लाई थोड़ी देर के लिए बंद हो गई थी, लेकिन इसे तुरंत चालू कर दिया गया था... बस थोड़ी देर के लिए प्रेशर कम हुआ था।
मंत्री ने किया दावा ऑक्सिजन की कमी से नहीं हुई मरीजों की मौत
मंत्री ने दावा किया कि शायद 1-2 मिनट के लिए ऑक्सिजन बाधित हुआ था। यह घटना रात करीब 8 बजे हुई.... मौतें एक साथ नहीं हुईं। वे एक के बाद एक, 10-15 मिनट के अंतराल पर हुईं। मंत्री ने कहा कि जिन मरीजों की मौत हुई है, उनमें से एक के फेफड़े ब्लॉक थे। दूसरा मल्टीपल ऑर्गन फेलियर का मरीज था और तीसरा ड्रग एडिक्ट था... तीनों ही गंभीर हालत में थे।
48 घंटे में जांच रिपोर्ट
स्वास्थ्य मंत्री ने जांच का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ से डॉक्टरों की एक टीम जांच के लिए आएगी। हम विस्तृत जांच करेंगे, क्योंकि इस मामले में कई लोग शामिल हैं.... मंत्री ने घटना पर रिपोर्ट आअगले 48 घंटे के अंदर जारी करने का भी दावा किया है।
अस्पताल प्रशासन ने भी दी सफाई
सिविल सर्जन और CMO डॉ. विनय कुमार ने बताया कि तकनीकी खराबी के कारण ऑक्सिजन की सप्लाई कम हो गई थी। बैकअप सिलेंडर तुरंत चालू कर दिए गए। तकनीकी खराबी को भी तुरंत ठीक कर लिया गया। यह सब पांच से दस मिनट के भीतर हो गया। जिन तीन मरीजों की मौत हुई, वे गंभीर हालत में थे, और उनकी मौतें इस मामले के बाद अलग-अलग कारणों से हुई हैं। उपायुक्त डॉ. हिमांशु अग्रवाल भी मौके पर मौजूद थे। उन्होंने बताया कि जांच कमेटी बना दी गई है। उन्होंने कहा कि सिविल सर्जन ने बताया कि यहां तीन मौतें हुई हैं। एक जांच कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी की रिपोर्ट से सही कारण पता चलेगा। हम वास्तविक कारण जानने की कोशिश कर रहे हैं और यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि ऐसी घटना दोबारा न हो। अगर मौतें किसी की गलती से हुईं, तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मोटरसाइकिल केस में बरामदगी के दौरान आरोपी ने चलाई गोली, पुलिस ने किया घायल
28 Jul, 2025 01:44 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
फरीदकोट (पंजाब)। फरीदकोट के गांव बीड़ सिखांवाला के पास पुलिस पर फायरिंग का मामला सामने आया है। हत्या की वारदात में प्रयोग मोटरसाइकिल बरामदगी के दौरान विदेश में बैठे गैंगस्टर लक्की पटियाल के गुर्गे ने पुलिस पर फायरिंग कर फरार होने का प्रयास किया। पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी को गोली लगी और उसे काबू कर लिया गया।
आरोपी जैतो निवासी चिंकी को एक दिन पहले ही फरीदकोट पुलिस ने हरियाणा के सिरसा से गिरफ्तार किया था। चिंकी ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर 22 जुलाई को सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में क्लीनचिट हासिल करने वाले जीवनजोत सिंह चहल उर्फ जुगनू के ड्राइवर यादविंदर सिंह की कोटकपूरा के गांव ब्राह्मण वाला में गोलियां मारकर हत्या कर दी थी। इस हत्याकांड की जिम्मेदारी विदेश में बैठे बंबीहा गैंग के गैंगस्टर लक्की पटियाल ने ली थी। उसने कहा था कि पुलिस से क्लीनचिट हासिल करने वालों को उन्होंने क्लीनचिट नहीं दी है।
सोमवार सुबह थाना सिटी कोटकपूरा पुलिस द्वारा एसपी(डी) संदीप वढेरा व डीएसपी कोटकपूरा जतिंदर सिंह की निगरानी में शूटर चिंकी को वारदात में प्रयोग मोटरसाइकिल बरामद करने के लिए गांव बीड़ सिखांवाला ले जाया गया। वहां आरोपी ने मोटरसाइकिल के साथ छिपाए 32 बोर के पिस्टल से पुलिस पर तीन फायर कर दिए। एक गोली पुलिस की गाड़ी पर लगी जबकि दो फायर में पुलिस अधिकारी बाल-बाल बचे। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने आरोपी को काबू कर लिया। मौके से मोटरसाइकिल समेत एक पिस्टल 32 बोर व 2 कारतूस बरामद किए गए।
एसएसपी डॉ. प्रज्ञा जैन ने बताया कि यादविंदर हत्याकांड में जिला पुलिस द्वारा एजीटीएफ व काउंटर इंटेलीजेंस के साथ मिलकर जांच की गई है। गिरफ्तार किए गए मुख्य आरोपी चिंकी के अलावा बाकी आरोपियों की भी शिनाख्त कर ली गई है। उन्होंने कहा कि शेष आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जापान में आया 7.4 तीव्रता का भीषण भूकंप..............पूरे देश को हिला दिया
नक्सल मुक्त क्षेत्र में विकास की सौगात : साहेबिन कछार में गिरधर सोरी और जुगसाय गोड को मिला जीवन का नया सहारा
‘बिहान’ योजना से बदल रही ग्रामीण महिलाओं की तस्वीर, बिलासो बाई बनीं ‘लखपति दीदी’
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्रद्धेय बृजमोहन मिश्रा की जयंती पर पुष्पांजलि अर्पित की
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कृषि मंत्री के निवास पर पहुंचकर वर-वधू को दिया आशीर्वाद
