मध्य प्रदेश
मध्यप्रदेश के दरवाजे सभी निवेशकों के लिए खुले: सीएम मोहन यादव
19 Jul, 2025 07:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
‘मैंने ऐसा कभी नहीं देखा कि किसी नेता ने 30 मिनट की चर्चा के बाद एमओयू साइन कर लिया हो, मध्यप्रदेश आपको बुला रहा है, बेहिचक निवेश करें, हम भी आपको रिटर्न गिफ्ट देने में कोई कमी नहीं रखेंगे. एमपी के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं, हर सेक्टर में निवेशकों का स्वागत है., कुछ बात है कि हस्ती मिटती नहीं हमारी, जोत से जोत जले, एमपी और बार्सिलोना जुड़वा भाई हैं.’ये चंद भाषणों की लाइनें हैं जो मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के दुबई-स्पेन की यात्रा से निकलकर आई हैं. इन लाइनों से यह पता चलता है कि सीएम डॉ. मोहन यादव एक प्रभावी लीडर के रूप में उभर रहे हैं. पहले यूके-जर्मनी-जापान यात्रा और फिर दुबई-स्पेन यात्रा ने इस बात के संकेत दिए हैं कि वैश्विक उद्योगपतियों पर उनका सकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है. उनकी ताजा यात्रा को मास्टर स्ट्रोक के रूप में देखा जा रहा है. गौरतलब है कि सीएम डॉ. यादव स्पेन पहुंचे तो उनका भारतीयों ने जोरदार स्वागत किया. उन्होंने मैड्रिड और बार्सिलोना में यहां विश्व की अग्रणी कंपनियों के शीर्ष पदाधिकारियों से वन-टू-वन मुलाकात की. इस मुलाकात के दौरान सीएम डॉ. यादव का अंदाज उद्योगपतियों को बेहद पसंद आया. निवेशक मध्यप्रदेश सरकार की नीतियों से संतुष्ट दिखाई दिए. स्पेन की नामी सेनेटरीवेयर कंपनी रॉका ग्रुप के कॉर्पोरेट संचालन निदेशक पाउ अबेलो ने सीएम डॉ. यादव को देवास स्थित कंपनी की इकाई रॉका बाथरूम प्रॉडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड की जानकारी की. कंपनी ने देवास में 164.03 करोड़ का निवेश किया है, साथ ही 400 से ज्यादा लोगों को रोजगार भी दिया है. इस जानकारी के बीच कंपनी ने प्रदेश के मुखिया को यूनिट के विस्तार और आगामी योजनाओं की जानकारी भी दी.
लालीगा के मैचों में हो सकता है चमत्कार
सीएम डॉ. यादव ने स्पोर्ट्सफन टीवी एसएल के सह-संस्थापक सिद्धार्थ तिवारी के साथ भी बैठक की. इसमें तिवारी ने उन्हें सहयोग का भरोसा दिया. उन्होंने कहा कि आपसी सहयोग से मध्यप्रदेश में फुटबॉल की प्रतिभाओं को खोजा जा सकता है. इसी तरह अमेक (Association Multisectorial de AMEC) के निदेशक एलेजांद्रो गैलेगो अल्काइडे ने सीएम डॉ. यादव से कहा कि उनकी कंपनी राज्य की वैश्विक ब्रांडिंग, मीडिया एनालिटिक्स, एआई आधारित संचार रणनीतियों औरै अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर मध्यप्रदेश की पहचान को सशक्त करने की दिशा में सहयोग कर सकती है.
इस यात्रा के दौरान सबसे खास रहा उनका लालीगा लीग का दौरा, हो सकता है कि आगामी लालीगा के मैचों में दुनियाभर के करोड़ों दर्शकों को मध्यप्रदेश के सांची और भीमबैठका जैसे टूरिज्म स्पॉट देखने को मिलें. अगर वाकई ऐसा होता है तो प्रदेश में टूरिज्म सेक्टर में न केवल टूरिस्टों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि भारी रोजगार भी मिलेगा.
दुबई के निवेशक भी हुए प्रभावित
स्पेन की ही तरह सीएम डॉ. मोहन यादव की दुबई यात्रा भी सफल रही है. वे यहां भी 13 से 15 जुलाई के बीच विभिन्न व्यापारिक बैठकों और निवेश संवाद कार्यक्रमों में शामिल हुए. उनकी यह यात्रा मध्यप्रदेश के विकास यात्रा की एक मजबूत नींव साबित होगी. राज्य की मोहन सरकार ने इस विकास यात्रा को इस भावना के साथ डिजाइन किया था कि यह राज्य के आर्थिक विकास और वैश्विक साझेदारियों के लिए एक मजबूत आधार बने.
दुबई में सीएम डॉ.यादव ने डीपी वर्ल्ड, जाएफजा (जेबेल अली फ्री ज़ोन), भारतीय उद्यमियों और निवेशकों के साथ कई रणनीतिक बैठकें की. एक बैठक में भारत मार्ट जैसे महत्वाकांक्षी वैश्विक व्यापार केंद्र को लेकर सहमति भी बनी. अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि ने भी मध्यप्रदेश में निवेश के लिए हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया.
11 पॉइंट्स में जानें दुबई यात्रा की सफलता
इंदौर प्रवासी उद्यमियों ने सस्टेनेबल सिटी के लिए 1000 करोड़ का निवेश प्रस्ताव दिया.
सीएम डॉ. मोहन यादव की अरब संसद के अध्यक्ष मोहम्मद अल यामाहि से मुलाकात.
अरब संसद के अध्यक्ष यामाहि ने एमपी को निवेश के लिए हर संभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया.
निवेशकों को यह यकीन हो गया कि राज्य में बेहिचक निवेश करना चाहिए। सरकार रिटर्न गिफ्ट देगी.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की लुलु समूह के निदेशक सलीम से वन-टू-वन चर्चा और सहयोग पर सहमति.
दुबई की टेक्सटाइटल सिटी में उद्योगपतियों को समझ आया कि श्रेष्ण कॉटन एमपी से मिल सकती है.
दुबई के टेक्सटाइल व्यवसायियों ने मध्यप्रदेश से जुड़ने में रूचि जताई.
दुबई में सीएम डॉ. मोहन यादव ने अंतरराष्ट्रीय स्तर के निवेशकों और औद्योगिक समूहों से वन-टू-वन चर्चा की.
इन्वेस्ट इन मध्यप्रदेश बिजनेस फोरम में उद्योगपतियों को पता चला कि एमपी के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने डीपी वर्ल्ड और जेबेल अली फ्री ज़ोन (JAFZA) के वरिष्ठ अधिकारियों से भेंट की.
11 पॉइंट्स में जानें स्पेन यात्रा की सफलता
सीएम डॉ. यादव ने मैड्रिड में लालीगा लीग मुख्यालय का दौरा किया. यहां स्पोर्ट्स एक्सीलेंस-युवा सशक्तिकरण पर सहमति बनी.
मप्र में पीपीपी मोड पर फुटबॉल इंफ्रास्ट्रक्चर और स्पेनिश कोचिंग आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ किए जाएंगे.
लालीगा मैचों के दौरान को-ब्रांडिंग से मध्यप्रदेश के पर्यटन, संस्कृति और विरासत स्थलों का वैश्विक प्रचार पर अहम चर्चा.
स्पेन सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों ने निवेश और आपसी सहयोग पर गहन संवाद किया और सहमति दी.
मध्यप्रदेश को विश्वस्तरीय औद्योगिक, अधोसंरचना और पर्यटन गंतव्य बनाने की दिशा में निवेशकों से सकारात्मक चर्चाएं.
फिल्म को-प्रोडक्शन एमओयू स्पेनिश सिनेमा को मध्यप्रदेश से जोड़ेगा.
मध्यप्रदेश की विरासत और प्राकृतिक लोकेशन्स वैश्विक फिल्मकारों को आकर्षित कर रही हैं.
गैलिसिया में इंडिटेक्स के पदाधिकारियों ने हर संभव सहयोग देने पर सहमति जताई.
कैटलोनिया सरकार के विदेश मंत्री को सीएम डॉ. यादव ने की नीतियों ने प्रभावित किया.
सबमर टेक्नोलॉजी के साथ 24 घंटे के भीतर एमओयू.
वर्ष 2026 को भारत-स्पेन सांस्कृतिक सहयोग वर्ष के रूप में मनाने की घोषणा हुई.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारत मार्ट को वैश्विक व्यापार का प्रवेशद्वार बताया.
ग्वालियर में पुलिस पर फिर सवाल, SI ने युवकों को कार से घसीटा, वायरल वीडियो से बढ़ी फजीहत
19 Jul, 2025 06:49 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ग्वालियरः शहर के यूनिवर्सिटी थाना क्षेत्र में दारोगा द्वारा 2 व्यक्तियों को गाड़ी के बोनट पर घसीटने के मामले में नया मोड आया है। दरोगा प्रशांत शर्मा को लाइन अटैच किया गया है। वहीं, मामले में जांच के आदेश सीएसपी को दिए गए हैं। इस मामले का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें दारोगा ने ना सिर्फ एक बल्कि दो लोगों को कार के बोनट पर लटकाकर लगभग 100 मीटर तक घसीटा।
जानकारी के अनुसार, घटना की शुरुआत वीआईपी मूवमेंट के चलते ट्रैफिक क्लियर करवाने के लिए फील्ड पर थे। इस दौरान होटल संचालक शिवम भदौरिया की कार सड़क पर खड़ी थी। इसको हटाने को लेकर कहासुनी हुई। इस दौरान विवाद को यह कहकर रोका गया कि दरोगा ने गाड़ियों के कांच तोड़े। इसके बाद दोनों ने कार को रोकने का प्रयास किया। तब कार के अंदर बैठे एसआई ने जो किया उसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी।
बोनट पर लटकाकर 100 मीटर तक घसीटा
होटल संचालक ने एसआई पर कार के कांच तोड़ने के आरोप लगाए। हालांकि इसके बाद एसआई वहां से जाने लगे तो दोनों ने रोकने का प्रयास किया। प्रशांत शर्मा ने अपनी कार के ब्रेक नहीं लगाए और दोनों को बोनट पर लटकते हुए ही गाड़ी चलाते रहे। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पहले शिवम और फिर अंकित जादौन बोनट पर लटके हुए हैं, जबकि पीछे लोगों की भीड़ दौड़ती नजर आ रही है।
घटना का वायरल हुआ वीडियो
करीब 100 मीटर तक दोनों को घसीटने के बाद एसआई ने अचानक से अपनी कार का ब्रेक लगा दिया। बोनट में लटके लोग नीचे गिर गए। इस दौरान अंकित को हाथ में चोट लग गई। पूरी घटना होटल के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। इसमें लोग बोनट पर लटके नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद एसआई ने बयान जारी किया।
एसआई ने दी सफाई
दरोगा प्रशांत शर्मा ने इस मामले में सोशल मीडिया पर अपना पक्ष रखा। उन्होंने कहा कि वह अपनी ड्यूटी कर रहे थे और उन पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। उनका कहना है कि होटल संचालक और उसके साथी ने उनसे अभद्रता की। साथ ही गाड़ी के कांच तोड़े, जिससे उन्हें जान का खतरा महसूस हुआ। उधर, होटल संचालक शिवम भदौरिया ने एसएसपी धर्मवीर सिंह को आवेदन देकर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
7 दिन में रिपोर्ट पेश करने के निर्देश
एसएसपी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएसपी हिना खान को जांच सौंपी है। उन्होंने सात दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, होटल संचालक की भी गलती नजर आ रही है।
धरती के नीचे छिपा रहस्य! सावन में मिलते हैं शिव-पार्वती के ध्वज, नहीं मिला शिवलिंग का छोर
19 Jul, 2025 05:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
दमोह। श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र दमोह जिले के बांदकपुर गांव स्थित जागेश्वर धाम हर दिन हजारों भक्तों को आकर्षित करता है। बीना कटनी रेल मार्ग पर स्थित यह प्राचीन स्थल दमोह मुख्यालय से लगभग 16 किलोमीटर दूर है और विंध्य पर्वत की तलहटी में बसा है। यहां स्थित मंदिर में भगवान शिव का स्वयंभू शिवलिंग विराजमान है, जिसे श्रद्धालु ‘सिद्धपीठ’ के रूप में पूजते हैं।
30 फीट तक खुदाई में भी नहीं मिला शिवलिंग का अंत
किंवदंती के अनुसार, 17वीं शताब्दी में मराठा राज्य के दीवान बालाजी राव चांदोरकर एक बार रथ यात्रा करते हुए बांदकपुर पहुंचे थे। वर्तमान इमरती कुंड में स्नान कर वे पूजन में लीन हुए और उसी दौरान उन्हें भगवान शिव के दर्शन हुए। शिव ने संकेत दिया कि वटवृक्ष के पास जहां घोड़ा बंधा है, वहां खुदाई कर उन्हें भूमि से ऊपर लाया जाए। बालाजी राव द्वारा कराई गई खुदाई में काले भूरे पत्थर का शिवलिंग मिला, जिसकी गहराई जानने के लिए जब 30 फीट तक खुदाई की गई, तब भी उसका अंत नहीं मिला। इसके बाद उस स्थल पर मंदिर का निर्माण कराया गया। मंदिर का गर्भगृह आज भी मूल नींव से नीचे स्थित है।
अद्भुत शिवलिंग, दर्शन में नहीं समाता हाथों में
भगवान जागेश्वर का शिवलिंग जमीन की सतह से नीचे स्थित है और इतना विशाल है कि श्रद्धालुओं के दोनों हाथों में समाता नहीं। मंदिर का मुख्य द्वार पूर्व दिशा की ओर है, जबकि पश्चिम की ओर करीब 100 फीट की दूरी पर माता पार्वती की प्रतिमा विराजमान है, जिनकी दृष्टि सीधी भगवान शिव पर पड़ती है। इनके मध्य में विशाल नंदी मठ स्थित है, जहां से दोनों प्रतिमाओं के दर्शन स्पष्ट रूप से होते हैं। नंदी मठ के पास स्थित इमरती बावली (अमृत कुंड) में विभिन्न तीर्थस्थलों से लाया गया पवित्र जल एकत्र किया जाता है। यही जल भक्त भगवान जागेश्वर के शिवलिंग पर अर्पित कर 'गंगाजल' के रूप में घर ले जाते हैं। कांवड़ चढ़ाने की परंपरा भी यहां विशेष रूप से प्रचलित है।
हल्दी के हाथ लगाने की विशेष परंपरा
मंदिर में श्रद्धालु अपनी मनोकामना पूर्ति के लिए दीवार पर हल्दी के हाथ लगाते हैं। मान्यता है कि जब इच्छा पूरी हो जाती है, तो श्रद्धालु दोबारा आकर सीधा हाथ लगाते हैं। यह परंपरा इस स्थान की विशेष मान्यताओं में से एक है। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर यहां विशेष भीड़ उमड़ती है। इस दिन जब सवा लाख कांवड़ भगवान शिव को चढ़ती है, तब मंदिर पर स्थित शिव और पार्वती मंदिरों के ध्वज आपस में मिल जाते हैं, जिसे देखने हजारों श्रद्धालु उमड़ते हैं। इसे भक्त भगवान भोले का चमत्कार मानते हैं।
अन्य मंदिर और स्थायी यज्ञ मंडप
परिसर में शिव पार्वती मंदिर के अलावा भैरवनाथ मंदिर, राम लक्ष्मण जानकी मंदिर, हनुमान मंदिर व सत्यनारायण मंदिर भी स्थित हैं। यहां नियमित यज्ञ होता है, जिसके लिए 1955 में ट्रस्ट के तत्कालीन सचिव डॉ. शंकरराव मोझरकर द्वारा जयपुर से कारीगर बुलाकर स्थायी यज्ञ मंडप बनवाया गया था। मंदिर की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए 1 फरवरी 1932 को जबलपुर न्यायालय द्वारा 21 सदस्यीय ट्रस्ट का गठन किया गया। 6 नवंबर 1933 को इस संस्था को सांगठित स्वामित्व प्रदान कर इसका संचालन ट्रस्ट को सौंपा गया। मंदिर में स्थानीय पुजारी वर्ग का पैतृक अधिकार है। ट्रस्ट द्वारा सत्यनारायण कथा, कांवड़ पूजन, मुंडन आदि व्यवस्थाएं कराई जाती हैं। ट्रस्ट का चुनाव हर तीन वर्ष में होता है। इसमें दमोह बांदकपुर क्षेत्र, हिंदू महासभा जबलपुर व सागर, और चांदोरकर परिवार के सदस्य शामिल होते हैं।
मास्क से चेहरा छिपाया, GPS से नहीं बच पाया! भिंड में ड्यूटी दिखाकर राजस्थान में निकला कर्मचारी
19 Jul, 2025 04:44 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भिंड: अटेर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में सार्थक ऐप के माध्यम से हाजिरी लगाने में फर्जीवाड़ा सामने आया है, जिसमें कर्मचारी अनुपस्थित रहकर राजस्थान और उत्तर प्रदेश में बैठकर हाजिरी लगा रहे थे या फिर मास्क पहनकर दूसरे कर्मचारियों द्वारा हाजिरी लगवाई जा रही थी। जिला स्तरीय स्वास्थ्य समीक्षा बैठक में मामला पकड़ में आने के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने संबंधित कर्मचारियों का वेतन काटने के निर्देश दिए हैं।
क्या है पूरा मामला
भिंड में नौकरी से अनुपस्थित रहकर सार्थक एप पर हाजिरी लगाने का फर्जीवाड़ा सामने आया है। यह मामला अटेर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का है। यहां कुछ कर्मचारी ऐसे पकड़ में आए, जिनकी हाजिरी स्थानीय स्तर पर तैनात कर्मचारी मास्क पहनकर लगा देते थे। वहीं कुछ कर्मचारी यूपी और राजस्थान में रहकर एप पर हाजिरी लगा रहे थे। जिला स्तरीय स्वास्थ्य समीक्षा बैठक में मामले पकड़ में आने के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ जेएस यादव ने संबंधित कर्मचारियों का वेतन काटने के निर्देश दिए हैं।
समीक्षा बैठक में पकड़ा गया गड़बड़झाला
बैठक में अटेर ब्लॉक के समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, एएनएम, एमपीडब्ल्यू और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की जा रही थी। इस दौरान कुछ कर्मचारियों के द्वारा किए गए काम आठ से 10 दिन के ही दिखाई दिए, जबकि ऐप पर उनकी उपस्थिति पूरे माह की दिख रही थी। अटेर ब्लॉक के इंचार्ज ऑफिसर डॉ देवेश शर्मा ने ऐप चेक किया तो उनकी नजर ऐप पर मास्क व मुंह पर साफी बांधकर हाजिरी लगाने वाले कर्मचारियों पर पड़ी।
महीने के 20 दिन मुंह ढ़क कर हाजिरी
माह के करीब 20 दिन इन कर्मचारियों के फोटो पर मास्क व साफी थी। जब संबंधित कर्मचारियों से सवाल-जवाब किए तो फर्जीवाड़ा सामने आ गया। सीएचओ (सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी) सुनील कुमार, रिठौली की ऐप पर लोकेशन राजस्थान के शहर थी। सीएचओ रितु नागर, खिपोना एवं राजीव दीखतानपुरा द्वारा कभी मास्क तो कभी साफी से मुंह बांधकर ऐप पर हाजिरी लगाई गई।
ऐसे पकड़ी गई लोकेशन
सार्थक ऐप में लॉगइन कर हाजिरी लगाई जाती है। आईडी के आधार पर इसमें लोकेशन भी दर्ज हो जाती है। ऐसे में नौकरी से अनुपस्थित रहकर जिन लोगों ने हाजिरी लगाई। उनकी हाजिरी तो लग गई पर लोकेशन वह आई जहां वे वर्तमान में मौजूद थे। ऐसे में उन्हें ये मालूम ही नहीं चला कि ऐप में उनका फर्जीवाड़ पकड़ में आ रहा है।
दूसरों से लगवाते रहे हाजिरी
कुछ कर्मचारी ऐसे रहे, जिन्होंने अपनी नियुक्ति स्थल पर किसी कर्मचारी से ऐप में अपना लॉगइन करवाया और उससे हाजिरी लगवा दी। चूंकि इसमें लाइव दिखने के लिए पलक झपकाना जरूरी है, इसलिए हाजिरी लगाने वाले ने मुंह पर साफी बांधी या मास्क लगाया। ऐसे लगातार करने से मामला पकड़ में आ गया।
ई-रिक्शा पर सवारी नहीं करेंगे बच्चे, भोपाल में स्कूलों के बाहर बदलेगा ट्रांसपोर्ट सिस्टम
19 Jul, 2025 12:58 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल: शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए शुक्रवार को कंट्रोल रूम में एक मीटिंग हुई। सांसद आलोक शर्मा ने जिला प्रशासन, पुलिस, नगर निगम और पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारियों के साथ मिलकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए। मीटिंग में लेफ्ट-टर्न को सुधारने, ई-रिक्शा पर नियंत्रण रखने, ट्रांसफार्मर हटाने और पार्किंग व्यवस्था को ठीक करने जैसे मुद्दों पर बात हुई पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को उनके अधूरे प्लान के लिए फटकार लगाई गई और उन्हें एक हफ्ते में ट्रैफिक एक्सपर्ट्स के साथ मिलकर लेफ्ट टर्न सुधार का प्लान पेश करने का निर्देश दिया गया। शहर के 42 चौराहों पर लेफ्ट टर्न की समस्या को दूर करने के लिए 3 करोड़ रुपए का बजट रखा गया है।
ई-रिक्शा पर रोक
ई-रिक्शा के गलत इस्तेमाल को लेकर चिंता जताई गई और कलेक्टर ने कहा कि बच्चों को ई-रिक्शा में स्कूल भेजना सुरक्षित नहीं है। इसलिए स्कूलों में ई-रिक्शा को प्रतिबंधित करने का फैसला लिया गया, क्योंकि यह बच्चों की सुरक्षा के लिए जरूरी था। मीटिंग में सड़कों से अतिक्रमण हटाने और कंडम वाहनों को हटाने पर भी बात हुई। सांसद शर्मा ने ट्रांसफार्मर और खंभों को हटाने की बात कही और पार्किंग व्यवस्था को आम लोगों के लिए आसान बनाने के निर्देश दिए।
पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को फटकार
सांसद आलोक शर्मा ने पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को फटकार भी लगाई। दरअसल, पीडब्ल्यूडी अधिकारी बिना किसी वर्किंग प्लान के मीटिंग में पहुंच गए थे। इस पर सांसद ने नाराजगी जताई। मीटिंग में संबंधित विभागों को कुछ निर्देश दिए गए। उन्हें मैनिट के ट्रैफिक विशेषज्ञों की मदद से सभी 42 चौराहों की समीक्षा रिपोर्ट और एस्टीमेट तैयार करने को कहा गया। इससे जल्द से जल्द काम शुरू किया जा सके। ऐसा करने से ट्रैफिक जाम में कमी आएगी और लोगों का आना-जाना आसान हो जाएगा। साथ ही, चौराहों की सुरक्षा और दृश्यता भी बेहतर हो जाएगी।
भोपाल में हादसे की तस्वीरें आई सामने, सिटी बस जमीन में धंसी, रेस्क्यू में घंटों लगे
19 Jul, 2025 12:17 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। राजधानी की सड़कों की जर्जर हालत एक बार फिर उजागर हो गई है। एमपी नगर के बाद रायसेन रोड स्थित पटेल नगर में पीडब्ल्यूडी की सड़क में सिटी बस के पहिए धंस गए। करीब 3 फीट तक बस के पहिए सड़क के अंदर समा गए। इससे करीब एक घंटे तक जाम की स्थिति बनी रही। काफी प्रयास के बाद भी जब के पहिए बाहर नहीं निकले तो क्रेन बुलाना पड़ी। बस के हटते ही ट्रैफिक पुलिस ने खराब हिस्से को कवर करते हुए बैरीकेट्स लगा दिए है।
एमपी नगर में भी धंसी थी सड़क
दरअसल दो दिन पहले बोर्ड ऑफिस चौराहा से ज्योति सिनेमा की तरफ जाने वाली सड़क अचानक धंस गई थी। यह हादसा प्रदेशभर में सुर्खियों में बना रहा। हालांकि पीडब्ल्यूडी देर रात ही इसकी मरम्मत कर दी, लेकिन अगले दिन रायसेन रोड स्थित पटेल नगर में पीडब्ल्यूडी की सड़क में सिटी बस के पहिए धंस गए। लोगों ने इसके बीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिए, जो वायरल हो रहा है।
पीडब्ल्यूडी की सड़क
मौके पर पहुंची ट्रैफिक पुलिस ने बस को बाहर निकलवाने में मदद की, फिर सड़क के खराब हिस्से पर बेरीकेट्स रख दिए, ताकि दोबारा कोई वाहन इसमें न फंसे। बताया जाता है कि यह पीडब्ल्यूडी की सड़क है। वहीं पीडब्ल्यूडी अधिकारियों का दावा है कि मुख्य सड़क जरूर पीडब्ल्यूडी की है, लेकिन जिस हिस्से में बस के पहिए फंसे, वह दूरी पर है।
स्पेन के बार्सिलोना में मध्यप्रदेश का डंका, सीएम ने पेश किया विकास मॉडल
19 Jul, 2025 12:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को 'मध्य प्रदेश ग्लोबल डायलॉग 2025' के तहत स्पेन में बसे प्रवासी भारतीयों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि यह गर्व की बात है कि मध्य प्रदेश निवेशकों की पहली पसंद बन चुका है और देश की प्रगति में अहम भूमिका निभा रहा है।
सीएम यादव ने X पर पोस्ट करते हुए लिखा, "आज स्पेन में बसे प्रवासी भारतीय भाइयों-बहनों के साथ 'एमपी ग्लोबल डायलॉग 2025' के अंतर्गत हुआ संवाद सदैव स्मरणीय रहेगा। हम गर्व से कह सकते हैं कि मध्य प्रदेश देश की प्रगति में अग्रणी भूमिका निभा रहा है।" इस दौरे के दौरान सीएम यादव ने यूरोप की प्रमुख टैक्सटाइल मशीनरी कंपनियों और विशेषज्ञों के साथ राउंडटेबल बैठक भी की। बैठक में 'मेक इन इंडिया' और 'मेक इन मध्य प्रदेश' के तहत उन्नत उत्पादन इकाइयों की स्थापना पर सकारात्मक चर्चा हुई।
सीएम ने मध्य प्रदेश की निवेश अनुकूल नीतियों, विशेष टैक्सटाइल पार्क, SEZs और प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने तकनीक हस्तांतरण और सतत उत्पादन को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता जताई और यूरोपीय कंपनियों को प्रदेश में निवेश का आमंत्रण दिया। बैठक में अमेरिका, इटली और स्पेन की प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मध्य प्रदेश की अग्रणी कंपनियों जैसे बेस्ट कॉर्प, प्रतिभा सिंटेक्स, श्रीजी पॉलीमर्स और डीबी ग्रुप ने भी भागीदारी की।
24 घंटे में 14 जिलों में हो सकती है भारी वर्षा, मौसम विभाग की चेतावनी
19 Jul, 2025 08:30 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मध्यप्रदेश में बारिश का स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव होने से बारिश का दौर चल रहा है। शनिवार को 14 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है। इनमें ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, आगर-मालवा, राजगढ़, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, डिंडौरी और अनूपपुर शामिल हैं। अगले 24 घंटे में यहां साढ़े 4 इंच तक पानी गिर सकता है।
आज इन जिलों बाढ़ का खतरा
शनिवार को सिस्टम कमजोर होगा, लेकिन ग्वालियर समेत 16 जिलों में बाढ़ का खतरा है। शिवपुरी में आज भी स्कूलों की छुट्टी रहेगी। जिन जिलों में बाढ़ का खतरा है, उनमें ग्वालियर, छतरपुर, दमोह, कटनी, पन्ना, सागर, सतना, टीकमगढ़, अशोकनगर, दतिया, गुना, मुरैना, राजगढ़, श्योपुर, शिवपुरी और विदिशा जिले शामिल हैं। यहां शुक्रवार को भारी बारिश का दौर चला।
9 घंटे में डेढ़ इंच बारिश
प्रदेश में शुक्रवार को तेज बारिश का दौर जारी रहा। 20 से ज्यादा जिलों में बारिश हुई। शिवपुरी में 9 घंटे में डेढ़ इंच बारिश हो गई। वहीं, गुना-ग्वालियर में सवा इंच पानी गिरा। रतलाम में 1.2 इंच, छतरपुर के नौगांव में 1 इंच और दतिया में आधा इंच बारिश दर्ज की गई। भोपाल, नर्मदापुरम, उज्जैन, जबलपुर, छतरपुर के खजुराहो, मंडला, सागर, सिवनी, टीकमगढ़, बालाघाट, मऊगंज, रीवा, सतना, डिंडौरी, मंदसौर, श्योपुर समेत कई जिलों में भी कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश का दौर जारी रहा।
शिवपुरी में बारिश के चलते स्कूलों की छुट्टी
शिवपुरी में बारिश के चलते आज नर्सरी से लेकर 12वीं तक के स्कूलों की छुट्टी घोषित की गई है। छतरपुर में रनगुवां डैम के 12, कुटनी के 7 और लहचूरा डैम के 13 गेट खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है। शिवपुरी में मड़ीखेड़ा अटल सागर बांध के 2 गेट खोले गए। टीकमगढ़ में पूनौल नाला उफान पर रहा। पुल के ऊपर से 3 फीट तक पानी बहा। इस वजह से झांसी हाईवे पर ट्रैफिक बंद करा दिया गया। छतरपुर, टीकमगढ़, रीवा, सतना, डिंडौरी और मऊगंज में शुक्रवार को स्कूलों में छुट्टी रही।
सिस्टम के कमजोर होने की संभावना
मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा ने बताया कि प्रदेश से एक मानसून टर्फ गुजर रही है। वहीं, एक डिप्रेशन भी एक्टिव है। इस वजह से शुक्रवार को कई जिलों में अति भारी और भारी बारिश का दौर रहा। शनिवार को कई जिलों में भारी बारिश होगी, लेकिन इसके बाद सिस्टम के कमजोर होने की संभावना है। बता दें कि इस सीजन में प्रदेश में औसत 20.1 इंच बारिश हो चुकी है, जबकि अब तक 11.8 इंच पानी गिरना था। इस हिसाब से 8.3 इंच बारिश ज्यादा हो चुकी है। अबकी बार पूर्वी हिस्से में मानसून मेहरबान रहा है।
संत रविदास ग्लोबल स्किल्स पार्क से निकले ग्लोबल प्रोफेशनल्स
18 Jul, 2025 11:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : भोपाल स्थित संत शिरोमणि रविदास ग्लोबल स्किल्स पार्क (एसएसआरजीएसपी) में शुक्रवार को संस्थान के 104 युवाओं को देश और विदेश की प्रतिष्ठित कंपनियों से नियुक्ति-पत्र प्राप्त हुए।
इस वर्ष एसएसआरजीएसपी ने विदेशी प्लेसमेंट के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि दर्ज की है। संस्थान से अब तक 18 विद्यार्थियों का चयन जापान, दुबई, अबू धाबी और हंगरी की अग्रणी कंपनियों में हो चुका है। इस बार 5 छात्रों को विदेश में करियर की शुरुआत का अवसर मिला है। यह इस बात का प्रमाण है कि एसएसआरजीएसपी अब एक सशक्त ग्लोबल स्किलिंग सेंटर बन चुका है। इस प्लेसमेंट ड्राइव की खासियत यह रही कि चयनित युवाओं में से कुछ को 9 लाख रुपये तक का वार्षिक पैकेज मिला। यह संस्थान की गुणवत्ता, प्रशिक्षण प्रणाली और छात्रों की मेहनत का प्रमाण है।
प्लेसमेंट ड्राइव बना अभिभावकों के लिए भावुक क्षण
कई प्रशिक्षणार्थी इस अवसर पर अपने माता-पिता के साथ उपस्थित थे। जैसे ही उन्हें मंच पर नियुक्ति पत्र दिये गए, परिवारजन भावुक हो गए। यह आयोजन समारोह के साथ सपनों के साकार होने का मंच भी साबित हुआ, जिसके पीछे वर्षों की मेहनत, विश्वास और संघर्ष था।
नेतृत्व से मिली दिशा
कार्यक्रम में कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. गौतम टेटवाल ने वीडियो संदेश के माध्यम से कहा कि एसएसआरजीएसपी अब मध्यप्रदेश के युवाओं के लिए वैश्विक अवसरों का प्रवेश द्वार बन चुका है। उन्होंने सभी चयनित छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि यह शुरुआत है, आप लगातार सीखते रहें, आगे बढ़ते रहें और अपने मूल्यों से जुड़े रहें। उन्होंने संस्थान की पहल को कौशल और उद्योग के बीच एक मजबूत कड़ी बताया।
तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार विभाग के प्रमुख सचिव श्री विवेक पोरवाल ने भी छात्रों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि एसएसआरजीएसपी जैसी संस्थाएं प्रदेश के युवाओं को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार कर रही हैं। यह केवल मध्यप्रदेश नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है।
वर्ल्ड क्लास स्किलिंग का प्रतीक बना एसएसआरजीएसपी
भारत सरकार और मध्यप्रदेश शासन के सहयोग से स्थापित एसएसआरजीएसपी देश का एकमात्र ऐसा संस्थान है जो इंटरनेशनल क्वालिटी ट्रेनिंग, आधुनिक लैब्स, इंडस्ट्री कनेक्शन और प्लेसमेंट सपोर्ट जैसी सुविधाएं एक साथ उपलब्ध कराता है। यहां केवल तकनीकी जानकारी ही नहीं, बल्कि उद्योग के हिसाब से युवाओं को प्रशिक्षित किया जाता है।
संस्थान के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री गिरीश शर्मा और अन्य अधिकारियों ने भी छात्रों को शुभकामनाएं देकर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अवसर देने के लिये 365 दिन टैलेंट सर्च : मंत्री सारंग
18 Jul, 2025 10:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा है कि खेल प्रतिभाओं को अवसर देने के लिये प्रत्येक दिन टैलेंट सर्च के संकल्प के साथ कार्य किया जाए, जिससे प्रदेश की लगभग 9 करोड़ जनसंख्या में से कम से कम 50 लाख युवाओं की खेल प्रतिभा को चिन्हित कर उन्हें प्रोत्साहित किया जा सके। सारंग शुक्रवार को समन्वय भवन में आयोजित जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारियों तथा युवा समन्वयकों की कार्यशाला में संवाद कर रहे थे। कार्यशाला में विभागीय नवाचारों पर विस्तृत चर्चा हुई। मंत्री सारंग ने कहा कि युवा समन्वयक खेल एवं युवा कल्याण विभाग की योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचायें।
मंत्री सारंग ने कहा कि युवा समन्वयकों से 3 माह बाद पुनः संवाद होगा। उन्होंने कहा कि जिस ब्लॉक में जनसंख्या कम है वहां खिलाड़ियों की खोज के लिए ब्लॉक का क्लस्टर बनाकर टैलेंट सर्च आयोजित किया जाये। उन्होंने यह भी कहा कि युवा समन्वयक स्कूल गेम्स और अन्य विभागों से भी समन्वय करें।
समन्वयक युवाओं से सतत सम्पर्क करें
मंत्री सारंग ने निर्देश दिए कि समन्वयक प्रत्येक ब्लॉक में सक्रिय भूमिका निभाते हुए युवाओं के संपर्क में रहें और उन्हें विभागीय गतिविधियों से जोड़ें। उन्होंने कहा कि युवा समन्वयकों की तीन माह बाद कार्यों की पुनः समीक्षा की जाएगी। कम जनसंख्या वाले किन्तु खेल प्रतिभा वाले ब्लॉकों को जोड़कर ब्लॉक क्लस्टर बनाकर टैलेंट सर्च कार्यक्रम चलाने का सुझाव भी उन्होंने दिया। कार्यशाला के दौरान 'खेलो बढ़ो अभियान', 'पार्थ योजना', 'फिट इंडिया क्लब', 'एक जिला-एक खेल', 'खेलो एमपी यूथ गेम्स' के नए स्वरूप, टैलेंट सर्च कार्यक्रम और जिलों में किये गए नवाचारों पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ।
नशा मुक्ति अभियान में युवाओं की भागीदारी जरूरी
मंत्री सारंग ने युवाओं से नशा मुक्ति अभियान को जन आंदोलन का रूप देने का आह्वान करते हुए कहा कि खेलों के माध्यम से समाज में सकारात्मकता और जागरूकता लाई जा सकती है। उन्होंने कहा, "हम केवल अच्छे खिलाड़ी नहीं बल्कि अच्छे नागरिक और समाज के कर्णधार बना रहे हैं।"
जिलों से आए सुझावों पर तुरंत निर्णय
कार्यशाला में शहडोल के युवा समन्वयकों द्वारा प्रस्तुत सुझावों के आधार पर मंत्री सारंग ने विचारपुर (मिनी ब्राज़ील) में शीघ्र ही फुटबॉल फीडर सेंटर की स्थापना की घोषणा की। धार जिले के सरदारपुर में फुटबॉल को लेकर बढ़ते उत्साह और प्रदेश की अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी ज्योति चौहान की उपलब्धि का उल्लेख करते हुए उन्होंने ब्लॉक स्तर पर खेल एक्सचेंज प्रोग्राम शुरू करने को भी कहा। उन्होंने उत्साहवर्द्धन के लिये विचारपुर और सरदारपुर के बीच भोपाल में फुटबाल प्रतियोगिता आयोजित करने के लिये भी निर्देशित किया।
मंत्री सारंग ने नरसिंहपुर में स्थापित प्रदेश के एकमात्र व्हाली-बॉल हॉस्टल को अकादमी में विस्तारित करने की कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। वहीं सांची क्षेत्र से वॉटर स्पोर्ट्स में प्रतिभाएं उभरने की जानकारी पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने क्षेत्रीय खेलों के विकास पर जोर दिया।
नीमच, उज्जैन, शहडोल सहित कई जिलों के प्रयासों की सराहना
नीमच में सक्रिय 27 फुटबॉल क्लब, उज्जैन में सिंथेटिक ट्रैक, इंडोर हॉल, लघु मल्लखंभ केंद्र और कबड्डी की संभावनाएं और शहडोल की फुटबॉल परंपरा की विशेष सराहना की गई। मंत्री सारंग ने कहा कि खेल विभाग अन्य खेलों की तरह सबसे ज्यादा खेले जाने वाले क्रिकेट को भी बढ़ावा देगा, जिससे क्रिकेट की भी उत्कृष्ट प्रतिभाएं निखरकर सामने आयें और मध्यप्रदेश का नाम रोशन करें।
तकनीकी और समन्वय पर विशेष बल
मंत्री सारंग ने कहा कि खेल विभाग की गतिविधियों की मॉनिटरिंग के लिए डिजिटल एप्लीकेशन विकसित किया जाए। साथ ही प्रत्येक माह जिला स्तर पर समन्वय बैठकें आयोजित कर उसकी रिपोर्ट भोपाल मुख्यालय भेजी जाए। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और अन्य विभागों से समन्वय स्थापित कर खेल गतिविधियों को जन-जन से जोड़ा जाए। उन्होंने सभी अधिकारियों एवं समन्वयकों से कहा कि वे रचनात्मक सुझाव मुख्यालय को पत्र के माध्यम से प्रेषित करें, जिससे योजनाओं में निरंतर सुधार हो सके।
उत्कृष्ट कार्य करने वालों का सम्मान
कार्यशाला में मंत्री सारंग ने सभी से परिचय प्राप्त किया और उत्कृष्ट कार्य करने वाले 6 युवा समन्वयक ज्योति तिवारी, सुज्योति अहिरवार, दिनेश लोधी, विशाल दामके, वसीम राजा और राजेश बम्हुरे को भी सम्मानित किया। कार्यशाला में अपर मुख्य सचिव मनु श्रीवास्तव, संचालक राकेश गुप्ता, संयुक्त संचालक बी.एस. यादव सहित प्रदेश के सभी संभागीय एवं जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी तथा युवा समन्वयक उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्पेन में की निवेश, शिक्षा और सांस्कृतिक सहयोग की नई पहल
18 Jul, 2025 10:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन यात्रा के तीसरे दिन बार्सिलोना में कैटलोनिया सरकार के विदेश मंत्री श्री जैम डच गुइलोट से भेंट की। इस दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश के प्रमुख उच्च शिक्षा संस्थान आईआईटी इंदौर और IISER भोपाल को बार्सिलोना के विश्वविद्यालयों से जोड़ते हुए अकादमिक और शोध सहयोग को बढ़ाने की बात कही। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश विश्वस्तरीय अनुसंधान और नवाचार केंद्र बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
निवेश और औद्योगिक सहयोग के लिए आमंत्रण
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने फूड प्रोसेसिंग, टेक्सटाइल और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में कैटलोनिया की अग्रणी कंपनियों को मध्यप्रदेश में निवेश और तकनीकी सहयोग के लिए आमंत्रण दिया। उन्होंने प्रदेश की नई औद्योगिक नीति, मजबूत लॉजिस्टिक्स नेटवर्क और युवा शक्ति का उल्लेख करते हुए कहा कि यह सही समय है जब यूरोपीय कंपनियाँ मध्यप्रदेश को अपने निवेश गंतव्य के रूप में देखें।
खेल, पर्यटन और संस्कृति में साझेदारी के नए आयाम
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एफसी बार्सिलोना फाउंडेशन जैसे संगठनों के साथ मिलकर खेल, नेतृत्व और जीवन कौशल पर आधारित कार्यक्रमों की साझेदारी की संभावनाएं साझा कीं। साथ ही मध्यप्रदेश के विश्व धरोहर स्थलों साँची, खजुराहो और भीमबेटका को यूरोप में प्रमोट करने के लिए संयुक्त पर्यटन अभियान पर भी सहमति बनी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह भी सुझाव दिया कि दोनों सरकारें प्रदर्शन कला, सिनेमा, साहित्य और संग्रहालयों के माध्यम से सांस्कृतिक संवाद को और सशक्त बनाएं।
तकनीकी सहयोग और नीति-स्तरीय समन्वय
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्मार्ट सिटी, ग्रीन बिल्डिंग्स और शहरी परिवहन में कैटलोनिया की विशेषज्ञता का लाभ लेने के लिए तकनीकी सहयोग प्रस्तावित किया। उन्होंने दोनों सरकारों के बीच एक संयुक्त कार्य समूह गठित करने की बात कही, जो प्रमुख परियोजनाओं की पहचान कर उन्हें लागू करने में सक्रिय भूमिका निभाएगा।
वैश्विक मंच पर मध्यप्रदेश की सशक्त उपस्थिति
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस मुलाकात को प्रदेश की वैश्विक रणनीति का महत्वपूर्ण पड़ाव बताया। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश अब निवेश, शिक्षा, खेल और संस्कृति के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों के लिए तैयार है, और स्पेन यात्रा प्रदेश के विकास में नए अध्याय जोड़ेगी।
मर्काबार्ना का समग्र मॉडल मध्यप्रदेश के लिये प्रेरणादायक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
18 Jul, 2025 10:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि बार्सिलोना स्थित मर्काबार्ना का समग्र मॉडल मध्यप्रदेश के लिए उपयोगी हो सकता है। मध्यप्रदेश में बढ़ते कृषि उत्पादन को देखते हुए बेहतर ‘पोस्ट-हार्वेस्ट मैनेजमेंट’ और निर्यात प्रणाली की आवश्यकता है।स्पेन प्रवास के तीसरे दिन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मर्काबार्ना के भ्रमण के दौरान यह बात कही। यह संस्थान 250 एकड़ में फैला हुआ यूरोप का प्रमुख फूड लॉजिस्टिक्स हब है, जहाँ उत्पादन, भंडारण, प्रोसेसिंग और वितरण की व्यवस्थाएं एकीकृत रूप से संचालित होती हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज मध्यप्रदेश को सिर्फ उत्पादन की नहीं, बल्कि कटाई के बाद मूल्य संवर्धन, प्रसंस्करण, भंडारण, और वैश्विक बाज़ारों तक पहुँच की भी चुनौती है। इस दिशा में मर्काबार्ना का अनुभव एक मॉडल के रूप में सामने आता है, जिससे प्रेरणा लेकर प्रदेश के खाद्य उत्पादकों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार किया जा सकता है।
मर्काबार्ना के सीईओ ने मध्यप्रदेश के प्रति रूचि जताई। मर्काबार्ना के सीईओ पाब्लो विल्लानोवा ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का अभिवादन करते हुए कहा कि भारत और स्पेन के बीच कृषि लॉजिस्टिक्स, फूड प्रोसेसिंग और मार्केट इन्फ्रास्ट्रक्चर जैसे क्षेत्रों में मजबूत सहयोग की संभावनाएं हैं। उन्होंने मध्यप्रदेश के प्रति विशेष रुचि और भविष्य में द्विपक्षीय ज्ञान साझेदारी पर सहमति जताई।
फार्म-टू-फोर्क जैसे मॉडल होंगे लागू
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘फार्म-टू-फोर्क’ मॉडल, कोल्ड चेन प्रणाली, गुणवत्ता नियंत्रण, ट्रेसेबिलिटी और खाद्य सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में मर्काबार्ना द्वारा अपनाई गई सर्वोत्तम प्रक्रियाओं की सराहना की। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में विकसित किए जा रहे मेगा फूड पार्क, एग्रीबिजनेस क्लस्टर और ग्रामीण उद्योग केंद्रों में इन नवाचारों को समाहित किया जाएगा।
खाद्य अपशिष्ट नियंत्रण और नवाचार के क्षेत्र में भी प्रेरणा
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मर्काबार्ना में संचालित फूड बैंक, जीरो वेस्ट मैनेजमेंट प्रणाली और फूड-टेक स्टार्टअप्स के लिए तैयार किए गए इनक्यूबेशन मॉडल का भी अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्थाएं मध्यप्रदेश में नवाचार-आधारित कृषि नीति को मजबूती देंगी।
निर्यात और वैश्विक पहुंच के लिए ठोस रणनीति
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि प्रदेश में गेहूं, चावल, फल, सब्जियों और प्रोसेस्ड फूड के निर्यात की असीम संभावनाएं हैं। मर्काबार्ना जैसे केंद्रों से प्रेरणा लेकर मध्यप्रदेश में पोस्ट-हार्वेस्ट लॉस को कम करते हुए अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता के अनुरूप उत्पादों का निर्माण किया जाएगा।
निवेश और साझेदारी के लिए खुला निमंत्रण
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मर्काबार्ना प्रबंधन को मध्यप्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के ‘वसुधैव कुटुंबकम’ के मंत्र को आत्मसात करते हुए मध्यप्रदेश वैश्विक साझेदारियों के लिए तैयार है। राज्य सरकार कृषि क्षेत्र में प्राइवेट सेक्टर की भागीदारी और तकनीकी निवेश को बढ़ावा भी दे रही है।
कृषि आधारित औद्योगिक प्रगति का नया चरण
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह यात्रा कृषि आधारित विकास के एक नए चरण की भूमिका तय कर रही है। अब मध्यप्रदेश केवल उत्पादन आधारित राज्य नहीं, बल्कि वैश्विक खाद्य आपूर्ति श्रृंखला में एक मजबूत भागीदार के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का नेतृत्व कृषि, नवाचार और निर्यात के समन्वय से ‘एडवांटेज एमपी’ के विजन को साकार कर रहा है।
मध्यप्रदेश-सबमर साझेदारी टिकाऊ डिजिटल विकास की दिशा में ऐतिहासिक कदम : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
18 Jul, 2025 09:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की स्पेन यात्रा के दौरान मध्यप्रदेश सरकार और वैश्विक टेक्नोलॉजी कंपनी सबमर टेक्नोलॉजीस एस.एल. के बीच डिजिटल और तकनीकी क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक समझौता हुआ। बार्सिलोना में मध्यप्रदेश राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम और सबमर के बीच एमओयू संपन्न हुआ। इस समझौते में निवेश, तकनीकी सहयोग और सतत डिजिटल अवसंरचना के विकास पर फोकस किया गया है।
यह समझौता केवल एक सरकारी प्रक्रिया नहीं, बल्कि नेतृत्व, नीति और परिणाम की मिसाल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा 17 जुलाई की रात को बार्सिलोना स्थित सबमर मुख्यालय के भ्रमण के अगले कुछ ही घंटों बाद यह एमओयू साइन होना निवेश के प्रति मध्यप्रदेश सरकार प्रतिबद्धता का सुदृढ़ कदम है। मजबूत नेतृत्व और स्पष्ट विजन से वैश्विक निवेशकों का विश्वास तेज़ी से हासिल करने का भी उदाहरण है।
इस समझौते के अंतर्गत मध्यप्रदेश में नेक्स्ट जनरेशन के एआई-रेडी डाटा सेंटर की क्षमता को संयुक्त रूप से 1 गीगावॉट तक विकसित करने के लिए एक रणनीतिक सहयोग स्थापित किया गया है। यह समझौता उन्नत लिक्विड-कूलिंग तकनीकों जैसे इमर्शन कूलिंग और डायरेक्ट-टू-चिप समाधानों पर केंद्रित है। इसका उद्देश्य ऊर्जा खपत, जल उपयोग और पर्यावरणीय प्रभाव को काफी हद तक कम करना है। यह सहयोग डाटा सेंटर संचालन के लिए वैश्विक दक्षता मानकों के अनुरूप है। यह तकनीक पारंपरिक तरीकों की तुलना में 45 प्रतिशत तक ऊर्जा की बचत और 90 प्रतिशत तक जल संरक्षण करती है। सबमर कंपनी निर्माण, अनुसंधान एवं विकास (R&D) और तकनीकी क्षेत्र में प्रदेश में निवेश करेगी। वहीं मध्यप्रदेश राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम इस परियोजना के लिए उपयुक्त भूमि, आधारभूत संरचना, नीति सहयोग एवं शासकीय औपचारिकताओं का अंतिम रूप देगा।
इस साझेदारी का उद्देश्य न केवल डिजिटल क्षेत्र में राज्य की तकनीकी क्षमता को बढ़ाना है, बल्कि कौशल विकास, नवाचार और स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन को भी प्रोत्साहित करना है। प्रदेश के युवाओं को अत्याधुनिक डिजिटल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। सबमर, मध्यप्रदेश में डाटा सेंटर्स के डिज़ाइन और स्थापना में नई पीढ़ी के मानकों को स्थापित करने में सहायता करेगा। सबमर तकनीकी सलाहकार के रूप में काम करते हुए लिक्विड कूलिंग, ऊर्जा अनुकूलन और एआई आधारित अवसंरचना विकास के लिए वैश्विक विशेषज्ञता प्रदान करेगा। यह सहयोग मध्यप्रदेश को टिकाऊ, एआई-रेडी डिजिटल केंद्र के रूप में स्थापित करेगा और राज्य को दीर्घकालिक आर्थिक लाभ देगा।
इस समझौते के अवसर पर सांस्कृतिक सौहार्द्र का सुंदर दृश्य देखने को भी मिला, जब सबमर के फाउंडर पोल वाल्स सोलर मध्यप्रदेश हैंडलूम से बनी विशेष टाई पहनकर एमओयू कार्यक्रम में शामिल हुए। यह समझौता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ‘डिजिटल इंडिया’ और ‘मेक इन इंडिया’ अभियानों की भावना के अनुरूप है और मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश सरकार की तकनीकी उन्नयन तथा वैश्विक निवेश प्रोत्साहन की प्रतिबद्धता को सशक्त रूप से दर्शाता है।
सबमर टेक्नोलॉजीस की स्थापना वर्ष 2015 में बार्सिलोना में हुई थी। यह कंपनी डेटा सेंटर्स, एआई इंफ्रास्ट्रक्चर और एज कंप्यूटिंग के लिए सिंगल फेज इमर्शन कूलिंग प्रणालियों में वैश्विक विशेषज्ञता रखती है। इसके उत्पादों में स्मार्टपॉड, स्मार्टपॉडएक्स, ईएक्सओ और माइक्रोपॉड शामिल हैं। कंपनी ने विश्वभर में वित्तीय संस्थानों, सरकारी क्लस्टर्स और एआई प्रयोगशालाओं में सफलतापूर्वक सिस्टम स्थापित किए हैं। मई 2022 में कंपनी ने भारत में इंग्राम माइक्रो इंडिया के साथ साझेदारी कर देश में स्मार्ट और सस्टेनेबल डाटा सेंटर की स्थापना की।
राज्यपाल पटेल ने राजभवन में रोपा तुलसी का पौधा
18 Jul, 2025 09:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने शुक्रवार को राजभवन उद्यान में तुलसी का पौधा लगाया। उन्होंने गमले में तुलसी के बीज बोकर पर्यावरण-संरक्षण का संदेश भी दिया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘फीरा दे, बार्सिलोना मेले में देखा स्पेन के स्मार्ट नगर का माडल
18 Jul, 2025 09:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्पेन प्रवास के तीसरे दिन बार्सिलोना स्थित ‘फीरा दे बार्सिलोना – मोंटजुइक’ मेला परिसर का भ्रमण किया। यह मेला यूरोप के प्रमुख प्रदर्शनी एवं व्यापार मेलों में से एक है। वर्ष 1932 में स्थापित यह केंद्र बार्सिलोना के ऐतिहासिक मोंटजुइक क्षेत्र में स्थित है, जो सांस्कृतिक और स्थापत्य कला की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव के इस भ्रमण का मुख्य उद्देश्य स्पेन के स्मार्ट नगर मॉडल, पर्यावरणीय प्रबंधन, शहरी गतिशीलता एवं नवाचार प्रणाली का प्रत्यक्ष अवलोकन करना था, जिससे मध्यप्रदेश में भी इन क्षेत्रों में विकास को गति दी जा सके। ‘फीरा दे बार्सिलोना’ जैसे संस्थानों के सहयोग से मध्यप्रदेश में अंतर्राष्ट्रीय स्तर के निवेश सम्मेलनों तथा स्थायी प्रदर्शनी केंद्र की स्थापना की संभावनाओं पर भी विचार-विमर्श किया गया। मेला भ्रमण के दौरान मेले के प्रतिनिधि एवं मध्यप्रदेश के अधिकारियों की टीम भी मौजूद रही।
फीरा दे बार्सिलोना परिसर अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है तथा प्रति वर्ष 150 से अधिक अंतर्राष्ट्रीय आयोजनों की मेज़बानी करता है, जिनमें औद्योगिक, तकनीकी, नवाचार, पर्यटन तथा शहरी विकास जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं। लगभग एक लाख 65 हजार वर्ग मीटर क्षेत्रफल में फैला यह प्रदर्शनी परिसर ‘स्मार्ट नगर प्रदर्शनी विश्व अधिवेशन’, ‘चलित दूरसंचार विश्व अधिवेशन’, ‘एलिमेंटेरिया खाद्य एवं पेय व्यापार मेला’ तथा ‘इंटरनेट ऑफ थिंग्स समाधान विश्व अधिवेशन’ जैसे वैश्विक आयोजनों का सफल संचालन करता है।
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