मध्य प्रदेश
बच्चों में एक भारत-श्रेष्ठ भारत की भावना को मजबूत करें : मंत्री सिंह
1 Sep, 2025 09:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा है कि देश में राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने के लिये बच्चों में "एक भारत-श्रेष्ठ भारत'' की भावना को मजबूत किया जाना जरूरी है। हमारी विविधता भरी सांस्कृतिक विरासत पूरी दुनिया में भारत को अलग पहचान दिलाती है। मंत्री सिंह सोमवार को भोपाल में सांदीपनि उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, गोविंदपुरा, भेल की वार्षिक पत्रिका "वीथिका'' का विमोचन करने के बाद समारोह को संबोधित कर रहे थे।
मंत्री सिंह ने कहा कि प्रदेश में संचालित हो रहे सांदीपनि विद्यालयों में बच्चों की बहुमुखी प्रतिभा को तराशने का कार्य बेहतर तरीके से किया जा रहा है। स्कूल शिक्षा विभाग ने इन विद्यालयों में सभी आधुनिक सुविधाएँ उपलब्ध कराने का प्रयास किया है। सांदीपनि विद्यालय में बच्चों की सुविधा के लिये नि:शुल्क बस सेवा भी उपलब्ध करायी जा रही है।
वार्षिक पत्रिका वीथिका
विद्यालय की प्राचार्य डॉ. पूनम अवस्थी ने बताया कि वार्षिक पत्रिका वीथिका में संविधान के 75वें वर्ष के मौके पर संविधान से जुड़ी सभी आवश्यक जानकारियों का समावेश किया गया है। उन्होंने बताया कि भेल सांदीपनि विद्यालय का स्वयं का भवन लगभग 34 करोड़ रुपये की लागत से जल्द बनकर तैयार हो जायेगा। विद्यालय में के.जी. से 12वीं तक करीब 1080 बच्चे अध्ययनरत हैं। इन बच्चों को हिन्दी और इंगलिश मीडियम में अध्ययन की सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है। विद्यालय में पिछले वर्ष विभिन्न राज्यों की संस्कृति के आदान-प्रदान के लिये नागालैण्ड राज्य के बच्चों ने दौरा किया था। भेल विद्यालय के बच्चों ने मंत्री सिंह को ट्रायबल पेंटिंग भी भेंट की।
प्रदेश में रीवाइल्डिंग से संतुलित होगी वाइल्डलाइफ इकोलॉजी
1 Sep, 2025 09:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मध्यप्रदेश में स्वैम्प डियर (बारहसिंगा) सहित कई प्रजातियों के संरक्षण और संवर्द्धन के लिए पुनर्वास एवं पुनर्प्रवेश कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। वैज्ञानिक पद्धति से इन प्रजातियों को उनके प्राकृतिक आवास में पुनः स्थापित करने का प्रयास हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा इन प्रयासों को आगे बढ़ाने के लिये 'रीवाइल्डिंग'की अभिनव पहल की गई है। रीवाइल्डिंग का उद्देश्य वाइल्डलाइफ इकोलॉजी को संतुलित कर लुप्त होती प्रजातियों को पुनर्जीवित करना, संकटग्रस्त प्रजातियों का संरक्षण करना और जैव विविधता को बढ़ावा देना है। प्रदेश में की गई यह पहल अन्य राज्यों के लिए वन संरक्षण का मॉडल बनेगी।
रीवाइल्डिंग का अर्थ है प्रकृति को उसकी मूल अवस्था में लौटाना। इसके लिये जंगलों में उन प्रजातियों को पुनः बसाया जाता है, जिनके बिना पारिस्थितिकी तंत्र अधूरा है। इसमें शिकारी प्रजातियों और शिकार प्रजातियों को शामिल किया जाता है। माना जाता है कि इन प्रजातियों के बिना जंगल का आहार-संतुलन बिगड़ता है और नेचुरल लाइफ साइकिल टूट जाती है।
‘टाइगर स्टेट’ कहलाने वाला मध्यप्रदेश जैव विविधता से समृद्ध है। इसके बावजूद कई प्रजातियाँ विलुप्ति की कगार पर हैं। प्रदेश के वनों में स्वैम्प डियर (बारहसिंगा) की संख्या लगातार घट रही है। साथ ही बाघ और तेंदुए का संतुलन भी प्रभावित हुआ है। विलुप्त होती प्रजातियों को समय रहते पुनर्स्थापित कर जंगलों के साथ प्राकृतिक संतुलन को बनाये रखा जा सकता है।
वन विभाग ने रीवाइल्डिंग को चरणबद्ध तरीके से लागू करने की योजना बनाई है। स्वैम्प डियर और अन्य प्रजातियों को पुनः प्राकृतिक आवास में बसाया जाएगा। केवल किसी एक जानवर पर नहीं, बल्कि पूरे जंगल में घास-भूमि और नदी के परिदृश्य पर ध्यान देकर जानवरों को बसाया जाएगा। राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA), वन अनुसंधान संस्थान और अंतर्राष्ट्रीय विशेषज्ञ भी रीवाइल्डिंग के इस मिशन में सहयोग कर रहे हैं। जनजातीय और ग्रामीण समुदायों को भी इस कार्यक्रम से जोड़ा जा रहा है, जिससे उन्हें वन्यजीव पर्यटन के साथ ही आजीविका के नए अवसर मिल सकें। वन्यजीव वैज्ञानिकों का कहना है कि रीवाइल्डिंग केवल जानवरों को बचाने का कार्यक्रम नहीं है। यह जलवायु परिवर्तन से निपटने का सशक्त उपाय भीहै, क्योंकि जंगल कार्बन भंडारण बढ़ाने और कार्बन फुटप्रिंट कम करने में मदद करते हैं। इससे जंगलों के साथ ही जल एवं मृदा संरक्षणभी होता है, क्योंकि इकोलॉजी के संतुलन से प्राकृतिक संसाधन भी सुरक्षित रहते हैं। रीवाइल्डिंग वन्य पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्थाको सशक्त बनाने का भी माध्यम है। इससे जंगल में बिना मानवीय हस्तक्षेप के प्राकृतिक चक्र सक्रिय बना रहेगा।
राज्य सरकार की यह पहल राष्ट्रीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। अब तक वन संरक्षण की नीतियाँ एक प्रजाति तक सीमित रहती थीं, किंतु रीवाइल्डिंग का फोकस पूरी तरह वाइल्डलाइफ इकोलॉजी पर है। यह प्रक्रिया देश के अन्य राज्यों में भी इकोलॉजी संतुलन के लिए मॉडल बन सकती है।
प्रदेश में रीवाइल्डिंग का प्रयास इस बात का संकेत है कि सरकार और समाज के प्रयास अब वन और वन्यजीव संरक्षण से आगे जा कर प्रकृति को उसकी मूल अवस्था में लौटाने की ओर अग्रसर हैं। इस पहल से मध्यप्रदेश वन्य जीवन संरक्षण में अग्रणी राज्य बनेगा।
MP क्रिकेट एसोसिएशन को मिला नया अध्यक्ष, महाआर्यन सिंधिया बने निर्विरोध विजेता
1 Sep, 2025 09:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के पुत्र महाआर्यमन सिंधिया कल एमपीसीए के निर्विरोध अध्यक्ष चुन लिए गए हैं। इस पद के लिए कोई और नामांकन नहीं भरा गया, एसोसिएशन के अन्य पदों पर भी चुनाव निर्विरोध ही हो गए है। एमपीसी की कल होने वाली एजीएम में भाग लेने और बेटे को अध्यक्ष बनता देखने के लिए ज्योतिरादित्य सिंधिया भी इंदौर पहुंच जाएंगे। बड़ी बात यह है कि महाआर्यमन सिंधिया परिवार की तीसरी पीढ़ी है जो एमपीसीए की कमान संभालने वाले है।
संजय जगदाले ने निभाई अहम भूमिका
महाआर्यमन सिंधिया के लिए सबसे मजबूत जमावट संजय जगदाले ने की। उन्होंने सिंधिया पुत्र महाआर्यमन सिंधिया के लिए माहौल बनाया और सभी पक्षों को राजी करने में बड़ी भूमिका निभाई। कल इंदौर के होलकर स्टेडियम स्थित एमपीसीए कार्यालय में पहले एजीएम होगी और फिर सिंधिया की ताजपोशी। चूंकि विरोध में कोई नामांकन नहीं है इसलिए मतदान की स्थिति नहीं बनेगी। सभी पदों पर निर्विरोध निर्वाचन हो जाएगा, इसी के साथ मप्र ही नहीं, देश के क्रिकेट एसोसिएशनों का एक नया इतिहास लिखा जाएगा क्योंकि देश के किसी भी राज्य के क्रिकेट एसोसिएशन में एक ही परिवार की तीसरी पीढ़ी ने कमान नहीं संभाली है। मप्र में कल ऐसा होगा जब महाआर्यमन के दिवंगत दादा माधवराव सिंधिया और पिता ज्योतिरादित्य सिंधिया भी मप्र क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष रहे हैं। पूर्व रंणजी खिलाड़ी अमरदीप पठानिया ने सहसचिव पद और क्लब सदस्य के लिए नामांकन जमा किया था। रविवार को पठानिया ने फॉर्म वापस ले लिया, वहीं राकेश भार्गव और प्रेम पटेल ने नामांकन लिया लेकिन जमा नहीं किया। एजीएम में सुधीर असनानी के सचिव, अरुंधति किरकिरे के सहसचिव, विनीत सेठिया के उपाध्यक्ष और संजीव दुआ के कोषाध्यक्ष पद की घोषणा कर दी जाएगी,मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ एम. मुदस्सर सभी निर्वाचित पदाधिकारियों की लिस्ट एमपीसीए कार्यालय पर लगा चुके हैं।
एमपीसीए का नया अध्याय शुरू होगा!
महाआर्यमन सिंधिया के युवा नेतृत्व पर एमपीसीए के सदस्यों ने भी विश्वास जताया है। उनके द्वारा आयोजित एमपीएल क्रिकेट लीग की सफलता से उनके एमपीसीए के अध्यक्ष पद से जोड़ा जा रहा है, सदस्यों को उम्मीद है कि उनके आने से एमपीसीए का नया अध्याय शुरू होगा। महाआर्यमन सिंधिया के युवा नेतृत्व पर हर कोई विश्वास जता रहा है, सदस्यों ने उन्हें और पूरी कमिटी को एक परिवार की तरह निर्विरोध चुना है। इसके पहले मंत्री कैलाश विजयवर्गीय 2 बार प्रेसिडेंट पद पर चुनाव लड़ चुके हैं, पहली बार उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा था, जबकि दूसरी बार चुनाव वाले दिन उन्होंने अपना नाम वापस ले लिए था।
भारत के गौरवपूर्ण समय को पुनर्स्थापित करेगी विक्रमादित्य वैदिक घड़ी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
1 Sep, 2025 09:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतवर्ष ने अपने ज्ञान से सम्पूर्ण ब्रह्मांड को अलौकिक किया है। कालगणना की पद्धति 300 साल पहले तक हमारे देश से दुनिया तक जाती थी। भारतीय संस्कृति का प्रत्येक पहलु प्रकृति और विज्ञान का ऐसा विलक्षण उदाहरण है, जो विश्व कल्याण का पोषक है। इन्हीं धरोहरों के आधार पर निर्मित विक्रमादित्य वैदिक घड़ी भारतीय परम्परा का गौरवपूर्ण प्रतीक है। इस घड़ी के माध्यम से भारत के गौरवपूर्ण समय को पुनर्स्थापित किया जा रहा है। विरासत-विकास-प्रकृति और तकनीक के संतुलन का प्रकटीकरण विक्रमादित्य वैदिक घड़ी से होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सोमवार को मुख्यमंत्री निवास में विक्रमादित्य वैदिक घड़ी के अनावरण और उसके ऐप लोकार्पण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
राजा भोज पर यूट्यूब सीरीज के फोल्डर और खगोल विज्ञान पर फिल्म सीडी का किया विमोचन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इससे पहले मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मुख्यमंत्री निवास के नवनिर्मित द्वार पर विक्रमादित्य वैदिक घड़ी का मंत्रोच्चार के बीच अनावरण किया। इस अवसर पर शौर्य स्मारक से आरंभ हुई 'भारत का समय-पृथ्वी का समय' रैली मुख्यमंत्री निवास पहुंची। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रैली में शामिल युवाओं का स्वागत किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में विक्रमादित्य वैदिक घड़ी के ऐप का लोकार्पण, राजा भोज पर निर्मित यू-ट्यूब सीरीज के फोल्डर का विमोचन और खगोल विज्ञान पर केन्द्रित फिल्म की सीडी का विमोचन भी किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वैदिक घड़ी के उपयोग को प्रोत्साहित करने का आहवान किया और उपस्थित युवाओं से मोबाइल में विक्रमादित्य वैदिक घड़ी ऐप भी डाउनलोड करवाया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को इस अवसर पर वैदिक घड़ी भेंट की गई।
भारतीय कालगणना में ऋतुओं के प्रभाव का विशेष महत्व
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह हमारा सौभाग्य है कि सनातन संस्कृति के व्रत, त्यौहार अंग्रेजी कैलेंडर के आधार पर नहीं आते, उनकी गणना में ऋतुओं का प्रभाव शामिल है। सावन-भादो-कार्तिक माह का प्रभाव हम सब अपने जीवन में अनुभव कर रहे हैं। पूर्णिमा और अमावस्या का समुद्र पर प्रभाव ज्वार-भाटा से आंका जा सकता है, इससे हमारी तिथियों की सत्यता भी प्रमाणित होती है। मानसिक रोगियों पर अमावस्या और पूर्णिमा का प्रभाव चिकित्सा शास्त्र भी स्वीकार करता है। मानव शरीर संरचना में 70 प्रतिशत जल का अंश है, जो अमावस्या और पूर्णिमा पर प्रभावित होता है। इसी का परिणाम है कि मानसिक चिकित्सालयों को अमावस्या और पूर्णिमा पर विशेष सतर्कता बरतने के स्थाई निर्देश हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारतीय शास्त्रों में समय की गणना सूक्ष्मतम स्तर तक की गई है। सनातन संस्कृति में सूर्योदय से सूर्योदय तक की गणना का विधान है। इस प्राचीन गणना में 30 मुहूर्त हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सनातन संस्कृति में विभिन्न सिद्धांतों पर विचार-विमर्श के लिए कोई बंधन या दंड नहीं है, जबकि कालगणना पर वैचारिक मतभेद के कारण मृत्युदंड देने का उद्धरण पश्चिम के इतिहास में मिलता है।
पंचांग भारतीय कालगणना की शुद्धता और सटीकता का हैं जीवंत उदाहरण
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि खगोलीय अध्ययन के लिए सूर्य से बनने वाली छाया के आधार पर सूर्य की गति की गणना की गई। उन्होंने बताया कि भारत का केन्द्र उज्जैन है और उज्जैन का केन्द्र वर्तमान में डोंगला में स्थित है। डोंगला का प्रसंग भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा से जुड़ता है। संभवत: डोंगला के इस महत्व से ही भगवान श्रीकृष्ण का आगमन हुआ था। पंचांग भारतीय कालगणना की शुद्धता और सटीकता का जीवंत उदाहरण हैं। पंचांग के विद्वान चंद्रग्रहण, सूर्यग्रहण, तिथि, नक्षत्र, वार, व्रत, त्यौहार और मुहूर्तों की जानकारी वर्तमान में भी त्वरित रूप से उपलब्ध कराते हैं।
प्रदेशवासियों द्वारा दिया गया अधिकार और लोगों का भरोसा ही हमारी सरकार का आधार
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री निवास के द्वार पर विक्रमादित्य वैदिक घड़ी स्थापित की गई है। मुख्यमंत्री निवास केवल मुख्यमंत्री का नहीं, अपितु सभी प्रदेशवासियों की धरोहर है। प्रदेशवासियों द्वारा दिया गया अधिकार और लोगों का भरोसा ही हमारी सरकार का आधार है। भारतीय संस्कृति के अतीत के गौरवशाली पृष्ठों का प्रकटीकरण हमारा दायित्व है। इसी का परिणाम है कि हमारी कालगणना का केन्द्र उज्जैन है, परंतु कालगणना की पद्धति की जानकारी प्रदेश की राजधानी में हो, इसके लिए प्रयास करते हुए विक्रमादित्य वैदिक घड़ी की स्थापना भोपाल में की गई। भारतीय कालगणना की पद्धति की जानकारी का वैश्विक रूप से भी प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वैदिक घड़ी के ऐप के माध्यम से हम अपने मोबाइल में वैदिक घड़ी का संचालन कर सकते हैं। उन्होंने उच्च शिक्षा और संस्कृति विभाग के इस आयोजन में योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि हम आजादी के अमृतकाल में चल रहे हैं। पूरी दुनिया का समय बदल रहा है, पश्चिम के बाद अब पूर्व का समय आया है।
प्रधानमंत्री मोदी विश्व में भारत का मान-सम्मान बढ़ाने के लिए हैं प्रतिबद्ध
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अपने दृष्टिकोण को लेकर आगे बढ़ रहे हैं। भारत का मान-सम्मान बढ़ाने के लिए वे प्रतिबद्ध हैं। उन्हीं के प्रयासों से वर्ष 2014 में दुनिया के अंदर यूनेस्को के माध्यम से योग को पुनर्स्थापित किया गया। भारत का ज्ञान, कौशल और विशेषता केवल भारत के लिए नहीं है, यह समूची मानवता के लिए है। भारत का मान-सम्मान बढ़ाने के लिए इस भाव से प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हम निरंतर सक्रिय और अग्रसर हैं।
सुशासन के उच्चतम मापदंडों के आधार पर वर्तमान व्यवस्थाओं का हो रहा है संचालन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सुशासन के आधार पर ही विक्रमादित्य काल वर्तमान समय तक याद किया जाता है। सुशासन के इन्हीं उच्चतम मापदंडों के आधार पर प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में वर्तमान में व्यवस्थाओं का संचालन हो रहा है। उनके प्रत्येक निर्णय से देश गौरवान्वित होता है। प्रधानमंत्री मोदी हर परिस्थिति में हमारे वैज्ञानिकों, सैनिकों, किसानों सहित देश के लिए समर्पित प्रत्येक व्यक्ति के साथ हैं।
सनातन संस्कृति को सहेजने की पहल सराहनीय और वंदनीय
खेल एवं युवा कल्याण तथा सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा कि उस राष्ट्र का भविष्य ही सुरक्षित रहता है, जो अपने अतीत और संस्कृति को प्रतिबद्धता के साथ आत्मसात करता है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में सनातन की ध्वजा चहुंओर लहरा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पिछले लगभग दो वर्षों में विकास और जनकल्याण के साथ सनातन संस्कृति को सहेजने की जो पहल की है, वह सराहनीय और वंदनीय है। कार्यक्रम को पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर, सांसद आलोक शर्मा, वैदिक घड़ी के अन्वेषणकर्ता आरोह श्रीवास्तव, रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति संतोष चौबे और महर्षि सांदीपनि विश्वविद्यालय के कुलगुरू पंडित शिवशंकर मिश्र ने भी संबोधित किया।
कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक विष्णु खत्री, भोपाल महापौर मालती राय, अध्यक्ष नगर निगम किशन सूर्यवंशी, मुख्यमंत्री के संस्कृति सलाहकार श्रीराम तिवारी, अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन सहित विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलगुरू और बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे।
वैदिक घड़ी और ऐप की विशेषताएं
विक्रमादित्य वैदिक घड़ी भारतीय काल गणना पर आधारित विश्व की पहली घड़ी है, जो भारतीय परंपरा, वैदिक गणना और वैज्ञानिक दृष्टि का अद्भुत संगम है। यह भारत की सांस्कृतिक धुरी बनकर वैश्विक भाषाओं, पंरपराओं, आस्था और धार्मिक कार्यों को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण कड़ी बनेगी। साथ ही विक्रमादित्य वैदिक घड़ी के तैयार किये गये मोबाइल ऐप में 3179 विक्रम पूर्व, महाभारतकाल से लेकर 7 हजार से अधिक वर्षों के पंचांग, तिथि, नक्षत्र, योग, करण, वार, मास, व्रत एवं त्यौहारों की दुर्लभ जानकारियां समाहित की गई हैं। धार्मिक कार्यों, व्रत और साधना के लिए 30 अलग-अलग शुभ मुहूर्तों की जानकारी एवं अलार्म की सुविधा भी है। प्रचलित समय में वैदिक समय (30 घंटे), वर्तमान मुहूर्त स्थान, GMT और IST समय, तापमान, हवा की गति, आर्द्रता एवं मौसम संबंधी सूचनाएं भी लोगों को उपलब्ध करायी गई है। यह ऐप 189 से अधिक वैश्विक भाषाओं में उपलब्ध है। इसमें दैनिक सूर्योदय और सूर्यास्त की गणना तथा इसी आधार पर हर दिन के 30 मुहूर्तों का सटीक विवरण शामिल है।
कांग्रेस ने कहा – भाजपा ने करवाया जानलेवा हमला
1 Sep, 2025 07:19 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के वाहन पर रविवार (31 अगस्त) को रतलाम के मांगरोल में हमला हुआ. इस दौरान धाकड़ समाज के लोगों ने उन्हें काले झंडे दिखाए साथ ही पथराव भी किया, हालांकि जीतू पटवारी बाल-बाल बच गए और उन्हें कोई चोट नहीं लगी, लेकिन उनकी गाड़ी का पिछला शीशा टूट गया. इस घटना से राजनीतिक तनाव बढ़ गया है. मध्य कांग्रेस ने इस हमले की निंदा करते हुए बीजेपी पर हमला करवाने का आरोप लगाया है. सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए पार्टी ने कहा आखिरकार, लोकतंत्र विरोधी भाजपा ने फिर से अपना असली रंग दिखा ही दिया. लगातार सच बोलने और सरकार को आईना दिखाने से बौखलाई भाजपा ने आज प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष श्री जीतू पटवारी जी पर जानलेवा हमला करवाया. इसके आगे कांग्रेस ने कहा भाजपा के मंडल अध्यक्ष स्वयं घटनास्थल पर मौजूद थे. सच तो यह है कि कांग्रेस को मिल रहे अपार जनसमर्थन से मोहन सरकार घबरा गई है! इसलिए वह ऐसे हथकंडे अपना रही है. भाजपा और मोहन सरकार लगातार जीतू पटवारी की सुरक्षा से समझौता कर रही है. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की जान जानबूझकर खतरे में डाली जा रही है. प्रदेश कांग्रेस इस हमले की कड़ी निंदा करती है.
जानकारी के मुताबिक कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी पर ये हमला उस समय हुआ जब वो वोट चोर गद्दी छोड़ आंदोलन में शामिल होने रतलाम आ रहे थे. इसी दौरान जिले के मांगरोल में धाकड़ समाज जीतू पटवारी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहा था. बताया जा रहा है कि, धाकड़ समाज द्वारा किए गए प्रदर्शन का कारण पिछले दिनों पटवारी के एक बयान के चलते किया गया है. धाकड़ समाज के लोग टिप्पणी को लेकर नाराज हैं. दरअसल, मंदसौर वाली घटना को लेकर जीतू पटवारी ने धाकड़ समाज पर कोई टिप्पणी की थी. इसी बात को लेकर रतलाम में धाकड़ समाज के लोगों में नाराजगी थी. काफिला आने से पहले ही बड़ी संख्या में धाकड़ समाज के लोग सड़क पर जमा हो गए थे. इस दौरान लोगों ने काफिले को काले झंडे दिखाए हैं. साथ ही जीतू पटवारी के खिलाफ नारेबाजी की है. इसी दौरान पथराव भी किया गया.घटना से जुड़े कुछ वीडियो भी सामने आए हैं. जीतू पटवारी का कहना है कि बीजेपी के मंडल अध्यक्ष ने उन पर हमला किया और उनकी गाड़ी के कांच तोड़ दिए. उन्होंने कहा कि वो 30,40 लोगों को साथ लेकर आए थे. उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश लोकतंत्र का एक मंदिर है. इसमें सत्ता और विपक्ष दोनों का सम्मान है. इसके साथ ही उन्होंने सूबे की सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए जमकर निशाना साधा.
रानी कमलापति स्टेशन से चलेगी भारत गौरव ट्रेन, नेपालियों को मिलेगा रेल सफर का नया अनुभव
1 Sep, 2025 07:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल 01 सितम्बर। मध्यप्रदेश के तीर्थ यात्रियों के लिए इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कारपोरेशन लिमिटेड (आईआरसीटीसी) द्वारा भारत गौरव डीलक्स एसी ट्रेन का संचालन किया जा रहा है। जो दिनांक 04.10.2025 को नागपुर शहर से “पशुपतिनाथ (नेपाल) दर्शन यात्रा” के लिए रवाना होगी। यह ट्रैन इंदौर, उज्जैन, शुजालपुर, सीहोर, रानी कमलापति, इटारसी, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी एवं सतना रेलवे स्टेशनों से होते हुए जाएगी, जहाँ से यात्री इस ट्रेन पर सवार हो सकेंगे। 09 रातें/10 दिनों की इस यात्रा में चितवन राष्ट्रीय उद्यान, पोखरा एवं काठमांडू के दर्शनीय एवं धार्मिक स्थलों का भ्रमण कराया जायेगा।
इसके लिए यात्रियों को महज रु. 63,850/-* प्रति व्यक्ति (3AC - कम्फर्ट श्रेणी), रु. 75,230/-* प्रति व्यक्ति (2AC – डीलक्स श्रेणी), रु. 91,160/- प्रति व्यक्ति (1AC – सुपीरियर श्रेणी – केबिन) एवं 99,125/- प्रति व्यक्ति (1AC – सुपीरियर श्रेणी – कूपे) का खर्च उठाना होगा। (*डबल ऑक्यूपेंसी) आईआरसीटीसी, इस सर्व समावेशी टूर की पेशकश कर रहा है, जिसमें भारत गौरव डीलक्स एसी ट्रेन के विशेष रेक में आरामदायक रेल यात्रा, ऑन-बोर्ड और ऑफ-बोर्ड भोजन, (एसी I और एसी II के यात्रियों को भोजन ट्रेन के रेस्टोरेंट में परोसा जाएगा एवं एसी III श्रेणी के यात्रियों को भोजन संबंधित बर्थ पर ही परोसा जाएगा) सड़क परिवहन हेतु गुणवत्तायुक्त एसी बसों में दर्शनीय स्थलों की यात्रा, यात्रा कार्यक्रम के अनुसार आवास की व्यवस्था, यात्रा में टूर एस्कॉर्ट्स, यात्रा बीमा, ऑन-बोर्ड सुरक्षा और हाउसकीपिंग की सेवा शामिल है। इक्छुक पर्यटक इसकी बुकिंग आई.आर.सी.टी.सी. की वेबसाइट www.irctctourism.com पर ऑनलाइन व अधिकृत एजेंट से भी करा सकते है। इस सम्बन्ध में अधिक जानकारी व बुकिंग के लिए निम्नलिखित नंबरों पर संपर्क कर सकते है: 9321901862, 8287931711, 9321901832, 7021092912
श्रद्धालुओं को बना रहे निशाना: जगन्नाथ मंदिर दर्शन के लिए फर्जी वेबसाइटों का जाल
1 Sep, 2025 06:03 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भुवनेश्वर। भगवान श्रीजगन्नाथ के मंदिर पुरी में निशुल्क दर्शन की परंपरा को निशाना बनाकर श्रद्धालुओं को ठगने की एक और बड़ी साजिश का पर्दाफाश हुआ है। एक फर्जी वेबसाइट श्रद्धालुओं को विशेष दर्शन का झांसा देकर पैसे ऐंठ रही थी। इस वेबसाइट पर साधारण दर्शन के लिए 50 रुपए, त्वरित दर्शन के लिए 100 रुपए और वीआईपी दर्शन के लिए 500 रुपए की राशि तय की गई थीं। इतना ही नहीं वेबसाइट पर मंदिर का इतिहास, पूजा-पद्धति और दर्शन व्यवस्था की विस्तृत जानकारी भी डाल दी गई थी, ताकि लोग इसे असली समझकर आसानी से उनके झांसे में आ जाएं।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पुरी श्रीजगन्नाथ मंदिर में प्रवेश व दर्शन पूरी तरह निःशुल्क है। मंदिर प्रशासन ने बार-बार श्रद्धालुओं को सचेत किया है कि किसी भी प्रकार का शुल्क या टिकट दर्शन के नाम पर नहीं लिया जाता है। संचार विभाग ने भी साफ कहा है कि इस तरह की वेबसाइटें पूरी तरह भ्रामक और अवैध हैं।
इस मामले पर पुरी के एसपी ने कहा कि श्रद्धालुओं को ऑनलाइन ठगी का शिकार बनाया जा रहा है। पुलिस इस मामले की जांच में जुट गई है। साइबर विशेषज्ञों की मदद से ठगों के गिरोह की पहचान और ठिकानों का पता लगाया जा रहा है। दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। पुलिस और मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे किसी भी अनधिकृत वेबसाइट या एजेंसी पर भरोसा न करें। आधिकारिक जानकारी के लिए केवल पुरी श्रीजगन्नाथ मंदिर प्रशासन और ओडिशा सरकार की आधिकारिक वेबसाइट एवं सूचना स्रोतों का ही इस्तेमाल करें।
बता दें इससे पहले भी कई फर्जी वेबसाइटों और एजेंटों द्वारा श्रद्धालुओं से पैसे वसूलने के मामले सामने आ चुके हैं। हर बार प्रशासन चेतावनी जारी करता है, लेकिन ठग नए-नए तरीकों से भक्तों को निशाना बना रहे हैं। मंदिर दर्शन पूरी तरह निःशुल्क है: किसी भी प्रकार का टिकट शुल्क असली नहीं होता। वेबसाइट का डोमेन देखें या आधिकारिक लिंक के अलावा अन्य वेबसाइटों से सावधान रहें। संपर्क विवरण की जांच करें मोबाइल नंबर या निजी ईमेल आईडी देने वाली साइटें संदिग्ध होती हैं। भुगतान मांगने पर सावधान रहें दर्शन, प्रसाद या टिकट के नाम पर ऑनलाइन भुगतान की मांग अवैध है। संदेह होने पर तुरंत पुलिस या मंदिर प्रशासन को सूचित करें।
मोहन यादव ने दी वैदिक घड़ी को ऐतिहासिक पहचान
1 Sep, 2025 01:14 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को सीएम हाउस के बाहर विक्रमादित्य वैदिक घड़ी का लोकार्पण किया। ये भारतीय काल पर आधारित दुनिया की पहली घड़ी है। इस मौके पर बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग, राज्य मंत्री कृष्णा गौर और बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा समेत कई लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा कि ये प्रकृति सिद्ध कर रही कि तिथियों की गणना सही है।इससे पहले शौर्य स्मारक से सीएम हाउस तक युवाओं ने मार्च निकाला।
रात के 12 बजे दिन बदलने का कोई मतलब नहीं
विक्रमादित्य वैदिक घड़ी के लोकार्पण के बाद सीएम ने युवाओं से संवाद किया। उन्होंने कहा कि हमारे कोई भी त्योहार और पर्व अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार नहीं आते हैं। पूरे वर्ष की गणना तिथियों और ऋतुओं के आधार पर होती है, यही कारण है कि समय की गणना सूर्योदय से सूर्यास्त तक होना चाहिए। रात के 12 बजे दिन बदलने का कोई मतलब नहीं, उन्होंने आगे कहा कि भारत की प्राचीन गणना पद्धति में 60 सेकंड नहीं, बल्कि 30 घंटे में 30 मुहूर्त माने जाते हैं।
सूर्य की छाया से होती है गणना
सीएम ने कहा कि हमारे खगोल विज्ञान में पहले समय और काल की गणना में सूर्य की छाया के आधार पर किया जाता था। उज्जैन को भारत का केंद्र बिंदु माना गया है, उज्जैन से 32 किमी दूर डोंगला गांव स्थित है जहां खलोग से जुड़े कार्य होते हैं। उन्होंने आगे कहा कि 10 हजार साल पहले सूर्यग्रहण और चंद्रग्रहण कब हुआ था, इसकी गणना आज का कंप्यूटर भी नहीं कर पाएगा, लेकिन हमारी वैदिक काल गणना तुरंत सटीक जवाब देती है।
विक्रमादित्य वैदिक घड़ी की विशेषताएं
विक्रमादित्य वैदिक घड़ी भारतीय काल गणना पर आधारित पहली घड़ी है. इसमें 30 घंटे में 30 मुहूर्त की जानकारी दी जाती है। वैदिक समय पर आधारित सूर्योदय और सूर्यास्त की जानकारी मिलती है, इसके साथ ही ग्लोबल टाइम और इंडियन स्टैंडर्ड टाइम जान सकते हैं। मोबाइल ऐप में 7 हजार से ज्यादा पंचांग हैं, तिथि, नक्षत्र, योग, व्रत और त्योहार की जानकारी मिलती है।
परिवहन विभाग की सख्ती: नियम तोड़ने वालों पर अब होगी तगड़ी वसूली
1 Sep, 2025 01:13 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने परिवहन नियमों को और कड़ा करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब परमिट शर्तों का उल्लंघन करने वाले यात्री, शैक्षणिक और मालवाहक कमर्शियल वाहनों पर भारी जुर्माना वसूला जाएगा। इसके लिए एमपी मोटरयान कराधान अधिनियम-1991 की धारा-13 में संशोधन किया गया है। कैबिनेट और विधानसभा दोनों से इसे मंजूरी मिल चुकी है और जल्द ही नोटिफिकेशन जारी कर नियम लागू कर दिए जाएंगे।
धारा-13(1) में संशोधन
पहले एमपी में पंजीकृत वाहन नियम तोड़ते थे तो टैक्स के साथ 4% जुर्माना देना होता था, जो अधिकतम देय कर की दोगुनी राशि तक सीमित था। अब नए प्रावधानों के तहत – एमपी में पंजीकृत वाहनों पर 4% जुर्माना पहले जैसा ही रहेगा। बाहरी राज्यों के वाहनों से अब देय कर का चार गुना जुर्माना वसूला जाएगा।
धारा-13(2) में बदलाव
इस उपधारा में पहले पेनाल्टी की रकम स्पष्ट नहीं थी और सिर्फ ₹200 प्रति सीट मासिक वसूली जाती थी। अब नए नियमों के अनुसार – यात्री और शैक्षणिक वाहनों से टैक्स के अलावा ₹1000 प्रति सीट पेनाल्टी। मालवाहक वाहनों से टैक्स के साथ ₹1000 प्रति टन जुर्माना।
सड़क सुरक्षा और राजस्व पर असर
परिवहन विभाग का कहना है कि इस बदलाव से नियम तोड़ने वालों पर लगाम कसी जाएगी और वाहन मालिकों पर नियम पालन का दबाव बनेगा। नई पेनाल्टी दरें सड़क सुरक्षा बढ़ाने और अवैध संचालन पर रोक लगाने में मददगार साबित होंगी। साथ ही, बाहरी राज्यों के वाहनों पर सख्ती से राज्य की राजस्व आमदनी भी बढ़ेगी।
कुत्ते का आधार कार्ड जारी, नाम रखा गया टॉमी जैसवाल
1 Sep, 2025 12:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ग्वालियर। अक्सर आपने देखा होगा कि लोग सरकारी योजना का लाभ उठाने के लिए, पहचान पत्र के रूप में और अन्य सुविधाओं के लिए आधार कार्ड बनवाते हैं। कई बार इसे बनवाने में कड़ी मशक्कत भी करनी होती है, जहां लोगों को लाइन में लगकर आधार कार्ड बनवाना पड़ता है। मध्य प्रदेश के ग्वालियर से अजब-गजब मामला सामने आया है, जहां एक डॉग का ही आधार कार्ड बना दिया गया।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा आधार कार्ड
दरअसल, सोशल मीडिया पर एक आधार कार्ड वायरल हो रहा है, जिसमें डॉग का फोटो लगा हुआ है। नाम की जगह टॉमी जैसवाल लिखा हुआ है, जन्मतिथि 25 दिसंबर 2010 लिखा हुआ है। इन सबसे अलग बात जेंडर पहचान के रूप में हिंदी में कुत्ता और इंग्लिश में डॉग लिखा हुआ है, बाकायदा, आधार नंबर – 070001051580 भी लिखा हुआ है।वहीं आधार कार्ड के पिछले हिस्से में पता भी लिखा हुआ है। इसमें लिखा है कि पालनकर्ता कैलाश जैसवाल, वार्ड नंबर 01, सिमरिया ताल, डबरा, ग्वालियर, मध्य प्रदेश (475110)।
वैधानिक कार्रवाई की जाएगी
देश में आधार कार्ड भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण के तहत बनाया जाता है। ये पहचान का मुख्य डॉक्यूमेंट की तरह है, अब सवाल आता है कि एक डॉग का आधार कार्ड कैसे बनाया गया। डबरा तहसीलदार दिव्य दर्शन शर्मा का कहना है कि आधार कार्ड को लेकर किसी ने मजाक किया है तो उसकी जांच कराई जाएगी और वैधानिक कार्रवाई होगी।
आधार कार्ड बनवाने के लिए क्या है प्रोसेस?
आधार कार्ड भारत सरकार द्वारा जारी किया जाने वाला पहचान पत्र होता है, इसमें 12 अंकों का यूनिक नंबर होता है। हर व्यक्ति का नंबर अलग होता है, इसे बनवाने के लिए जन्म तिथि और पते का प्रूफ देना होता है। नजदीकी आधार कार्ड सेंटर पर जाना होता है, एक फॉर्म भरना होता है जिसमें निजी जानकारी भरनी होती है। इसके साथ ही दस्तावेज जमा करने होते हैं जिसमें जन्म प्रमाण पत्र, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस आदि हो सकते हैं।आधार कार्ड के लिए फिंगरप्रिंट और आयरिस को स्कैन किया जाता है, क्योंकि आधार कार्ड एक बायोमैट्रिक कार्ड है। सारी प्रोसेस पूरी होने के बाद इसे ऑनलाइन डाउनलोड कर सकते हैं, हार्ड कॉपी डाक द्वारा आपके पते पर भेजी जाती है।
मध्यप्रदेश में मूसलाधार बारिश का कहर, नदी-नाले उफान पर
1 Sep, 2025 10:49 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल-इंदौर में जमकर बरसे बदरा...उज्जैन में पुलिया से कार बही, बाढ़ में फंसे लोग, रायसेन में राहतगढ़ झरना फूटा
तवा डैम के तीन और गंभीर डैम का एक गेट खोला गया
भोपाल। मप्र में भारी बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। लोग जान जोखिम में डालकर उफनती नदियां पार कर रहे हैं। उज्जैन में कार सवार पुलिया से बह गए। कार झाडिय़ों में फंस गई। वहां मौजूद लोगों ने कार सवारों को कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला। उज्जैन में गंभीर डैम का एक गेट खोलकर पानी छोड़ा जा रहा है। नर्मदापुरम में तवा डैम के तीन गेट आज भी खुले हुए हैं। रायसेन में भारी बारिश के बाद राहतगढ़ वाटरफॉल 80 फीट ऊंचाई से गिर रहा है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, चंबल और सागर संभाग में भी तेज बारिश हुई है।सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया- मध्यप्रदेश के बीचोंबीच से एक मानसून टर्फ गुजर रही है। वहीं, साइक्लोनिक सर्कुलेशन (चक्रवात) की एक्टिविटी भी है। इस वजह से शनिवार को इंदौर समेत कई जिलों में तेज बारिश का दौर बना रहा।
इंदौर में 3 इंच से ज्यादा बारिश, खरगोन भी तरबतर
प्रदेश के निमाड़ में शनिवार को बादल जमकर बरसे। इंदौर में 3.1 इंच पानी गिर गया। वहीं, खरगोन में डेढ़ इंच बारिश हुई। गुना में आधा इंच से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। ग्वालियर, पचमढ़ी, रतलाम, बालाघाट, हरदा, श्योपुर, मंदसौर, धार में भी हल्की बारिश का दौर जारी रहा। रात में भी कई जिले भीगे।
पुल पर से बह रही शिप्रा नदी
उज्जैन के आस-पास हुई बारिश के कारण शिप्रा नदी का जलस्तर बढ़ गया है। रविवार सुबह बडऩगर मार्ग को जोडऩे वाले छोटे पुल के ऊपर से करीब तीन फीट पानी बह रहा है। सुरक्षा की दृष्टि से पुल के दोनों ओर बैरिकेड्स लगाए गए हैं। पुल पर पुलिस और होमगार्ड के जवान तैनात है। इंदौर और बांध के कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही बारिश के कारण उज्जैन के गंभीर डैम में पानी बढ़ रहा है। इंदौर के यशवंत सागर डेम के गेट खुलने के बाद गंभीर डैम का एक डेढ़ मीटर तक खोला गया। डैम की कुल क्षमता 2250 एमसीएफटी है।
तवा डैम के तीन गेट आज भी खुले
नर्मदापुरम के इटारसी और आसपास के क्षेत्रों में रविवार सुबह से तेज बारिश जारी है। तवा डैम के 13 गेटों में से 3 गेट दो-दो फीट खोले गए हैं। इनसे लगभग 10,542 क्यूसेक पानी नर्मदा नदी में छोड़ा जा रहा है। जल स्तर की स्थिति के अनुसार, सेठानी घाट पर 941.90 फीट, तवा डैम पर 1164.40 फीट, बरगी डैम पर 422.76 मीटर और बारना डैम पर 348.23 मीटर जलस्तर दर्ज किया गया है।
भाजपा की संगठनात्मक तैयारी तेज, 5 सितंबर तक आएगी पहली पदाधिकारी सूची
1 Sep, 2025 10:48 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल । भाजपा की नगर कार्यकारिणी अब एक सप्ताह के अंदर घोषित होगी। भोपाल में खुले लिफाफों के बाद उनकी सूची बनाई गई, लेकिन उसमें जातिगत और क्षेत्र के समीकरणों में सामंजस्य का लेकर प्रदेश संगठन को संशय था। अब एक बार फिर सूची जिलाध्यक्षों को सौंप दी गई है। कहा जा रहा है कि 5 सितम्बर तक नगर कार्यकारिणी की पहली सूची घोषित कर दी जाएगी। सूची होल्ड रखी जाने की खबर दैनिक अग्निबाण ने पहले ही प्रकाशित कर दी थी।
भाजपा संगठन द्वारा इस बार नगर कार्यकारिणी को लेकर नया प्रयोग किया जा रहा है, जिसमें रायशुमारी के आधार पर नियुक्तियां की जाना हैं। इसको लेकर पिछले एक महीने से कवायद चल रही है। पहले विधायकों और वरिष्ठ नेताओं द्वारा दिए गए नामों को लेकर संगठन ने मना कर दिया था और अपने पर्यवेक्षक भेजकर रायशुमारी करवाई थी। रायशुमारी के लिफाफे भोपाल पहुंचने के बाद सूची बनाने का काम चल रहा है और संगठन द्वारा हर संभाग के जिलाध्यक्षों को बुलाकर उनसे सूची पर मंथन किया जा रहा है। इन सूचियों को देखने पर पता चल रहा है कि इसमें विधायकों और वरिष्ठ नेताओं ने अपने समर्थकों को उपकृत करने में कोई कसर नहीं छोड़ी, जबकि संगठन ने कहा था कि क्षेत्र में जातिगत, क्षेत्रीय और प्रभावशाली कार्यकर्ताओं को ध्यान में रखकर नियुक्ति की जाए, ताकि उनका समाज में प्रभाव रहे। सभी जिलाध्यक्षों को उनके जिलों की सूची देकर कहा गया है कि जो नाम रायशुमारी में आए हैं, उन नामों पर एक बार विधायक और वरिष्ठ नेताओं से मंथन करें और उनकी वर्तमान स्थिति क्षेत्र में कैसी है, उस पर भी जानकारी जुटाएं। संगठन चाहता है कि जिस क्षेत्र में जिस जाति के लोग ज्यादा है, वहां उन्हीं में से प्रतिनिधित्व मिले, न कि किसी नेता के समर्थक को उपकृत किया जाए। अब जिलाध्यक्ष अपने-अपने जिलों के विधायकों से अलग-अलग बैठक करने जा रहे हैं। आज से बैठक की शुरुआत हो रही है। 5 सितम्बर तक पहली सूची आने की संभावना है, उसमें भी इंदौर के शहर और ग्रामीण की सूची घेाषित होगी या नहीं, उसमें भी संदेह हैं। कुछ विधानसभाओं में पदाधिकारी बनाने को लेकर वरिष्ठ नताओं की आम राय नहीं पाने के कारण यह सूची अटक सकती है।
सरकारी फैसला: समर्थन मूल्य खरीदी अब सीधे गोडाउन में
1 Sep, 2025 10:45 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। प्रदेश में गेहूं, धान, चना, उड़द की समर्थन मूल्य पर खरीदी के लिए राज्य सरकार अब गोडाउन को प्राथमिकता देगी। ऐसा इसलिए होगा ताकि गोडाउन पर समर्थन मूल्य खरीदी केंद्र बनाए जाने पर खरीदे गए अनाज को ढोने में लगने वाला खर्च रोका जा सके। यह निर्णय खरीदी प्रक्रिया को और आसान बनाने के चलते लिया गया है। अपर मुख्य सचिव खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण रश्मि अरुण शमी ने यह बात प्रोक्योरमेंट रिफार्म पर हुई स्टेट लेवल वर्कशॉप में कही। कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर में हुई वर्कशॉप में भारत सरकार के अपर मुख्य सचिव एवं वित्तीय सलाहकार खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति संजीव शंकर, भारत सरकार में संयुक्त सचिव सी. शिखा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। अपर मुख्य सचिव शमी ने कहा कि गत रबी सीजन में लगभग 9 लाख किसानों से 77 लाख मीट्रिक टन से अधिक गेहूं खरीदा गया और लगभग 20 हजार करोड़ रुपए किसानों के खाते में ट्रांसफर किए गए। गेहूं खरीदी में राज्य सरकार द्वारा 175 रुपए प्रति क्विंटल का बोनस दिया है। इसी तरह लगभग 6 लाख 50 हजार किसानों से 43.5 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई है। खरीदी के लिए किसानों के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया में आधार नम्बर को भी जोड़ा गया है। खरीदी केन्द्रों से ही मिलर्स को धान देने का प्रावधान किया है। खरीदी केन्द्रों पर किसानों को जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं।
पीडीएस को जन पोषण केंद्र बनाएंगे
शमी ने कहा कि पीडीएस दुकानों में अनाज ले जाने वाले वाहनों की सघन मॉनिटरिंग की जाती है। प्रदेश में उचित मूल्य की दुकानों को जन पोषण केन्द्र के रूप में विकसित करने की भी योजना है। वर्तमान में इंदौर में यह कार्य शुरू कर दिया गया है। उचित मूल्य की दुकानों से खाद्यान्न लेने वाले उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी कराई जा रही है। ई-केवाईसी के बाद अपात्र लोगों को बाहर किया गया है और लगभग 5 लाख 70 हजार नए उपभोक्ताओं को सूची में जोड़ा गया है। भारत सरकार के अपर सचिव एवं वित्तीय सलाहकार खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति संजीव शंकर ने कहा कि वर्कशॉप में उपस्थित अधिकारी अपने सुझाव जरूर दें। शंकर ने कहा कि खरीदी की प्रक्रिया को और बेहतर कैसे बनाया जा सकता है, इस संबंध में विमर्श किया जायेगा। भारत सरकार की संयुक्त सचिव पॉलिसी एण्ड एफसीआई सी. शिखा ने बिलिंग प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सब्सिडी की जानकारी प्रतिमाह भेजें। उन्होंने मध्यप्रदेश की गुड प्रैक्टिसेस के बारे में भी जानकारी दी और विभाग की कार्यप्रणाली की सराहना की।
गढ़पाले ने दी पीसीएसएपी की जानकारी
जनरल मैनेजर एफसीआई विशेष गढ़पाले ने प्रोक्योरमेंट सेंटर सेल्फ असेसमेंट प्रोग्राम (पीसीएसएपी) के बारे में जानकारी दी। आयुक्त खाद्य कर्मवीर शर्मा ने गेहूं और धान के खरीदी के संबंध में बनाये गये एक्शन प्लान की जानकारी दी। उन्होंने खरीदी प्रक्रिया के सरलीकरण के संबंध में महत्वपूर्ण सुझाव भी दिये। एमडी नागरिक आपूर्ति निगम अनुराग वर्मा ने उपार्जन और भंडारण की प्रक्रिया में आने वाली समस्याओं से अवगत कराया। अश्विनी गुप्ता ने फिजिकल वेरिफिकेशन की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी।
मुख्यमंत्री मोहन यादव का विवादास्पद बयान, राहुल गांधी को लेकर कही आपत्तिजनक बात
1 Sep, 2025 09:24 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मुरैना: मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव रविवार को मुरैना के दौरे पर थे. जहां उन्होंने भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की एक भव्य प्रतिमा का अनावरण किया. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा. सीएम ने नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारियों का जिक्र करते हुए राहुल गांधी पर जमकर निशाना साधा और राहुल को डूब मरने की बात कह दी. सीएम ने रजौधा में 27 करोड़ की लागत से तैयार सांदीपनी स्कूल का भी उद्घाटन भी किया.
'राहुल गांधी विपक्ष में बैठकर सिर्फ बुराई करते हैं'
मुरैना की अंबाह तहसील के कस्बे में उसेत रोड स्थित टेकचंद स्कूल के सामने मोहन यादव ने अटल बिहारी वाजपेयी की 21 फीट ऊंची प्रतिमा का अनावरण किया. इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा, "अटल बिहारी की यह प्रतिमा उनके व्यक्तित्व की तरह इतनी विराट है कि ऐसा लग रहा है, वे स्वयं ही अपने लघु रूप में हमारे बीच खड़े हैं.
अटल जी ने पूरा जीवन भारतीय समाज के लिए जिया और लोकतंत्र की पुनर्स्थापना की. यही नहीं उन्होंने विपक्ष की भूमिका निभाते हुए भारत-बांग्लादेश युद्ध के समय इंदिरा गांधी की तारीफ की थी. राहुल गांधी को डूब मरना चाहिए जो विपक्ष में बैठकर अपने सिर्फ बुराई करते रहते हैं."
'हम दुश्मन के घर में बम फोड़ देते हैं'
मोहन यादव ने आतंकवाद की बात करते हुए कहा, "वह जमाना गया, जब पाकिस्तानी आतंकवादी दिल्ली-बम्बई में बम फोड़कर चले जाते थे. आज अगर उन्होंने कश्मीर में भी बम फोड़ा तो हम उनको घर में ही फोड़ देते है. प्रधानमंत्री मोदी गांव-गांव पक्की सड़क बनवाकर अटल जी के सपनों को साकार कर रहे हैं. पीएम मोदी के मजबूत इरादों से देश तेजी से आगे बढ़ रहा है, लेकिन दुर्भाग्य की बात है कि जब हमारा देश विकास के पथ पर आगे बढ़ रहा है, तो विदेशी ताकते दीवार बनकर हमारे सामने खड़ी हो गई हैं."
अटल स्मारक का लोकार्ण किया
सीएम मोहन ने कृषि की बात करते हुए कहा, "कांग्रेस के शासन काल मे मध्य प्रदेश में सिर्फ साढ़े 7 लाख हेक्टेयर भूमि पर सिंचाई होती थी. हमारी सरकार बनते ही सिंचाई का रकबा 44 लाख हेक्टेयर तक पहुंच गया है. आने वाले समय में हमारा संकल्प सिंचाई का रकबा 1 लाख हेक्टेयर करना है."
प्रतिमा अनावरण के अलावा सीएम ने मुरैना के रजौधा में 27 करोड़ की लागत से तैयार सांदीपनी स्कूल का उद्घाटन किया. अंबाह में 40 लाख की लागत से जयस्वर महादेव अटल पार्क का सौंदर्यीकरण और 31 लाख की लागत से अटल स्मारक का लोकार्पण किया.
सिंधिया परिवार की तीसरी पीढ़ी को मिली एमपीसीए की कमान -
31 Aug, 2025 11:15 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
:: महाआर्यमन निर्विरोध अध्यक्ष चुने गए ::
इंदौर। मध्यप्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (एमपीसीए) की कमान अब सिंधिया परिवार की तीसरी पीढ़ी के हाथों में आ गई है। शनिवार को नामांकन की अंतिम तिथि तक, महाआर्यमन सिंधिया के अलावा किसी और ने अध्यक्ष पद के लिए पर्चा नहीं भरा, जिससे उनका निर्विरोध अध्यक्ष बनना तय हो गया है। इस तरह, उन्होंने अपने दादा माधवराव सिंधिया और पिता ज्योतिरादित्य सिंधिया की विरासत को आगे बढ़ाया है और वह एमपीसीए के इतिहास में सबसे युवा अध्यक्ष भी बन गए हैं।
सिंधिया परिवार और मध्यप्रदेश क्रिकेट का रिश्ता दशकों पुराना है। माधवराव सिंधिया और उसके बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने इस एसोसिएशन का नेतृत्व किया। महाआर्यमन, जिनका जन्म 17 नवंबर 1995 को हुआ था, ने अपनी शिक्षा दून इंटरनेशनल स्कूल और लंदन की येल यूनिवर्सिटी से पूरी की। वे वर्तमान में ग्वालियर क्रिकेट एसोसिएशन के उपाध्यक्ष हैं और उन्होंने ही प्रदेश में एमपीएल की शुरुआत की थी। उनका यह कदम राजनीतिक गलियारों में उनके संभावित प्रवेश का संकेत भी माना जा रहा है।
:: अधिकांश पदाधिकारी निर्विरोध ::
2 सितंबर को होने वाले एमपीसीए चुनाव से पहले, कई प्रमुख पदों पर निर्विरोध चयन तय हो गया है। सचिव पद पर सुधीर असनानी, उपाध्यक्ष पद पर विनीत सेठिया और कोषाध्यक्ष पद पर संजीव दुआ का निर्विरोध चुना जाना तय है। वहीं, संध्या अग्रवाल, राजीव रिसोडकर, प्रसून कनमड़ीकर और विजेश राणा कमेटी सदस्य के रूप में चुने गए हैं।
:: संयुक्त सचिव पद पर रोचक मुकाबला ::
हालांकि, संयुक्त सचिव पद पर मुकाबला रोचक होने की उम्मीद है। इस पद के लिए सिंधिया गुट से अरुंधती किरकिरे और स्वतंत्र उम्मीदवार अमरदीप पठानिया के बीच सीधी टक्कर होगी। चुनाव अधिकारी 31 अगस्त को नामांकन पत्रों की जांच करेंगे, जबकि 1 सितंबर को नाम वापसी का आखिरी दिन होगा। इसके बाद, 2 सितंबर को एजीएम में मतदान, मतगणना और परिणाम घोषित किए जाएंगे। इस बार के चुनाव में अधिकांश पदों पर निर्विरोध चयन के कारण प्रक्रिया काफी सुगम रही है, जो संगठन में सहमति और एकजुटता का संकेत है।
मतदान से पहले चुनावी प्रचार का शोर खत्म, नेताओं ने झोंकी पूरी ताकत
बिलासपुर हाईकोर्ट का ऐतिहासिक फैसला: बहू पर भी लागू होगी पति वाली कानूनी और नैतिक जिम्मेदारी।
बयानबाजी पर सियासी-धार्मिक तकरार, धीरेंद्र शास्त्री ने दिया करारा जवाब
किसानों के हित में फैसला, कैबिनेट ने 4 गुना मुआवजा किया मंजूर
जहां गूंजीं थीं चीखें, आज कैसा है बैसरन घाटी का हाल
छत्तीसगढ़ को मिलेगी नई पहचान; भोरमदेव अभयारण्य में 27 अप्रैल से शुरू होगी जंगल सफारी।
