देश
भारतीय वायुसेना के Su-30MKI होंगे हाईटेक, सुपर सुखोई प्रोजेक्ट मंजूरी के करीब
9 Feb, 2026 09:10 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: भारतीय वायुसेना के प्रमुख लड़ाकू विमान Su-30MKI के बड़े अपग्रेड प्रोग्राम पर फैसला अब जल्द होने वाला है. HAL सूत्रों के मुताबिक इस योजना को कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) की मंजूरी अगले एक-दो महीनों में मिल सकती है. इसकी तकनीकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं.
HAL, वायुसेना और DRDO के बीच बातचीत के बाद अपग्रेड से जुड़ी सभी अहम बातें तय कर ली गई हैं. अब सिर्फ कुछ औपचारिक और कागजी प्रक्रियाएं बाकी हैं. इस योजना के तहत 84 Su-30MKI विमानों को आधुनिक बनाया जाएगा. यह प्रोग्राम सुपर सुखोई नाम से जाना जाता है.
प्रोग्राम में उत्तम AESA रडार (करीब 400 किमी रेंज), नया और आधुनिक कॉकपिट डिजाइन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित मल्टी-फंक्शन डिस्प्ले सिस्टम, वॉयस कमांड सिस्टम, नया IRST सिस्टम (BEL), उन्नत सेल्फ प्रोटेक्शन जैमर पॉड, अस्त्र Mk-1 और अस्त्र Mk-2 जैसी आधुनिक मिसाइलों की क्षमता. साथ ही बेहतर डेटा-लिंक और इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सिस्टम शामिल है.
भारतीय वायुसेना के लिए Su-30MKI आज भी सबसे ज्यादा संख्या में मौजूद और सबसे ताकतवर लड़ाकू विमान है. यह एयर डिफेंस, डीप स्ट्राइक और समुद्री मिशनों में अहम भूमिका निभाता है. हालांकि, कई विमान अब सेवा के दूसरे दशक में पहुंच चुके हैं, इसलिए अपग्रेड बेहद जरूरी माना जा रहा है.
HAL की नासिक डिवीजन, जिसे Su-30MKI के निर्माण और ओवरहॉल का लंबा अनुभव है, इस अपग्रेड का बड़ा हिस्सा संभालेगी. CCS से मंजूरी मिलते ही काम तेजी से शुरू होने की उम्मीद है. इस अपग्रेड का मकसद साफ है Su-30MKI को 2040 के बाद तक पूरी तरह सक्षम बनाए रखना, जब तक कि भविष्य के लड़ाकू विमान जैसे AMCA वायुसेना में शामिल नहीं हो जाते हैं.
सरकारी खर्च की रफ्तार धीमी, किसानों से जुड़ी योजना सबसे पीछे
9 Feb, 2026 08:06 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। केन्द्र सरकार (Central Government) ने इस वित्त वर्ष में अपनी सबसे बड़ी योजनाओं (Biggest Plans) पर 40 फीसदी बजट ही खर्च किया है। ये वे योजनाएं हैं जिनके लिए लगभग 500 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया था। इन योजनाओं में केंद्र और राज्यों को मिलकर खर्च करना है। इन योजनाओं में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के तहत इन्फ्रास्ट्रक्चर सुधार, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेशन योजना (Widow Pension Scheme.) और अनुसूचित जाति के छात्रों के लिए प्री मैट्रिक वजीफा योजना (Pre Matric Scholarship Scheme) शामिल है। इसके अलावा मनरेगा, अनुसूचित जनजाति के छात्रों के लिए पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप योजना पर भी 40 फीसदी ही खर्च हो पाया है।
कुल 53 योजनाओं में से 6 योजनाओं पर 40 फीसदी से कम खर्च किया गया है। चार पर 40 से 50 फीसदी, 15 योनजाओं पर 51 से 75 फीसदी, 10 पर 90 से 100 पर्सेंट और 6 योजनाों पर 100 प्रतिशत खर्च हुआ है। बाकी 47 योजनाओं पर रिवाइज्ड एस्टिमेट बजट एस्टिमेट से कम है। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना में 850 करोड़ के बजट काआवंटन किया गया था जिसमें से केवल 150 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं।
अगर कुल 53 योजनाओं पर कुल खर्च की बात करें तो यह 3.8 करोड़ रुपये है। इन योजनाओं पर 5 लाख करोड़ के बजट का ऐलान हुआ था। 31 दिसंबर तक दो लाख करोड़ का बजट रिलीज किया गया था। यह कुल बजट का 41.2 फीसदी था। प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना, वॉटर मैनेजमेंट, पीएम ईबस सेवा, धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान, जल जीवन मिशन, कंप्यूटराइजेशन ऑफ प्राइमरी ऐग्रीकस्च्र क्रेडिट सोसाइटी और अन्य कई योजाओं पर बजट का 40 फीसदी ही खर्च हुआ है। इनमें से 6 योजनाएं ऐसी भी हैं जिनके लिए केवल 10 फीसदी ही बजट रिलीज हुआ है।
इस बजट सत्र के दौरान केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी आर पाटील ने शनिवार को यहां बताया कि देश में जल जीवन मिशन (जेजेएम) के तहत अब तक 16 करोड़ घरों में नल से जल पहुंचाया जा चुका है।पाटिल ने यहां केन्द्रीय बजट को लेकर प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अमृत सरोवर योजना और जेजेएम ऐतिहासिक साबित हो रहे हैं और अमृत सरोवर योजना के तहहत देशभर में 69 हजार से अधिक सरोवरों का निर्माण किया गया है, जिससे भूजल स्तर में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
उन्होंने बताया कि जेजेएम के लिए 67 हजार 300 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं और अब तक 16 करोड़ घरों में नल से जल पहुंचाया जा चुका है और चार-पांच करोड़ घरों को और पानी देना है तथा इस योजना को वर्ष 2028 तक विस्तारित किया गया है। इससे देश की लगभग नौ करोड़ माताओं-बहनों का करीब 4.5 करोड़ घंटे का समय बचा है। साथ ही जल गुणवत्ता जांच के लिए 24 लाख 80 हजार महिलाओं को प्रशिक्षित भी किया गया है और आठ लाख महिलाओं ने परीक्षण पोर्टल पर अपनी रिपोर्ट को रखा है।
एनएसजी कैंपस में सनसनी: ग्रुप कमांडर की गाड़ी में आग, जांच शुरू
9 Feb, 2026 06:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (एनएसजी) के चेन्नई स्थित स्पेशल कंपोजिट ग्रुप, रीजनल हब में 'ग्रुप कमांडर' की कार को आग लगाए जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। विदित रहे कि एनएसजी के रीजनल हब में कोई बाहरी व्यक्ति प्रवेश नहीं कर सकता। वे कौन लोग हैं, जिन्होंने ग्रुप कमांडर के आवास में घुसकर कार में आग लगा दी, इसकी जांच की जा रही है। हालांकि कार के निकट एक बोतल मिली थी, जिसमें कुछ देर पहले तक पेट्रोल भरा हुआ था। इस मामले में एनएसजी में प्रतिनियुक्ति पर तैनात आर्मी अफसरों ने डीजी बी. श्रीनिवासन 'आईपीएस' को पत्र लिखा है। इससे कहा गया है कि उक्त घटना से एनएसजी जैसे विशेष बल में माहौल खराब हो रहा है। डीजी एनएसजी से मांग की गई है कि इस मामले में निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की टीम गठित की जाए। दूसरी तरफ एनएसजी के एक जिम्मेदार अधिकारी का कहना है कि इस केस की जांच चल रही है। एनएसजी की तरफ से कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। घटना को जानबूझकर तूल देने का प्रयास किया जा रहा है।बता दें कि इस मामले में एफआईआर भी दर्ज की गई है। एफआईआर के मुताबिक, ग्रुप कमांडर के आवास संख्या 27, स्पेशल कंपोजिट ग्रुप, एसयूएनएल रीजनल हब, चेन्नई पर कार जलने की शिकायत मिली थी। अजय खरवार ने 8 नवंबर 2025 को दो बजे आग लगने की सूचना दी थी। पुलिस ने बीएनएस की धारा 324 (4), 326 (बी), 351 (4), 329 (4) के तहत केस दर्ज किया है। सबसे पहले इस मामले में ग्रुप 1 के सूबेदार एडजुटेंट को सूचित किया गया। इसके बाद वे ग्रुप कमांडर के आवास पर पहुंचे। रेंजर 1 लालजी यादव, रेजिमेंट पुलिस नॉन कमीशन ऑफिसर को कॉल किया गया। उनसे फायर ब्रिगेड का इंतजाम करने के लिए कहा गया। इसके बाद लालजी यादव और दूसरे कमांडो भी घटनास्थल पर पहुंच गए। प्रारंभ में कमांडो ने खुद ही आग बुझाने का प्रयास किया गया, लेकिन कुछ देर बाद वहां क्यूआरटी और पानी का टैंकर भी आ गया। सूबेदार मेजर और दूसरे कर्मियों ने देखा कि कार संख्या जेएच 10एजेड 1284 जल रही है। जली हुई कार से दस फीट की दूरी पर प्लास्टिक की एक खाली बोतल पड़ी हुई थी। बोतन के ढक्कन में एक छेद था। उसमें से पेट्रोल की गंध आ रही थी। मेजर आदित्य प्रकाश वीपी और रेंजर 2 निकेश ने सर्च अभियान शुरु किया। पता चला कि ग्रुप कमांडर के आवास का पिछला गेट खुला हुआ था। गार्डन एरिया में कागज के टुकड़े पड़े हुए थे। कागज पर ग्रुप कमांडर को लेकर अभद्र शब्द लिखे हुए थे। इससे यह मालूम पड़ा कि आग लगने की घटना, महज एक हादसा नहीं था। वह सुनियोजित तरीके से अंजाम दी गई एक वारदात थी। कुछ लोग गैर कानूनी रूप से ग्रुप कमांडर के घर में घुसे और उन्होंने कार में आग लगा दी। एक जनवरी 2026 को 27 'एससीजी' (स्पेशल कंपोजिट ग्रुप), चेन्नई रीजनल हब, एनएसजी के अधिकारियों ने डीजी को पत्र लिखा था। इसमें अधिकारियों ने ग्रुप कमांडर के लिए अपना समर्थन और एकजुटता का प्रदर्शन किया है। इस मामले में कोई सटीक कार्रवाई नहीं हो पा रही। उक्त मामले में कई अधिकारी पहले भी मौखिक और लिखित प्रतिवेदन के तौर पर अपनी बात कह चुके हैं। इससे एनएसजी जैसे बल में माहौल खराब हो रहा है। उन्होंने डीजी एनएसजी से मांग की है कि इस मामले में निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की टीम गठित की जाए। यह टीम, घटना की तह तक पहुंच सकती है। जांच का नतीजा और उसके अनुरुप कार्रवाई, इसके द्वारा फोर्स में माहौल खराब होने से रोका जा सकता है। एनएसजी जैसे बल में ये सब होना और शीर्ष नेतृत्व का समय रहते मामला न सुलझा पाना, कई सवाल खड़े करता है।कुछ अधिकारियों के मुताबिक, एनएसजी हब, चेन्नई में एक गंभीर समस्या खड़ी हो रही है। हमेशा की तरह, चाहे वह आर्म्ड फोर्सेज हो या एनएसजी, सीनियर लेवल पर समझ की कमी के कारण फैसले लेने में पूरी तरह से रुकावट आ गई है। ऐसा लगता है कि डीजी एनएसजी अभी भी उस लेटर पर चुप बैठे हैं, जो उन्हें भेजा गया था। इस हब के अफसर की कार को कथित तौर पर वहीं के लोगों द्वारा जलाए जाने के वीडियो भी हैं। पुलिस स्टेशन में एफआईआर भी दर्ज की गई है। इस मामले में अन्य रैंक 'ओआर' से जुड़े कार्मिकों द्वारा कोर्ट का रुख किया गया है। ये एनएसजी के लिए ठीक नहीं है। अगर जल्द ही इस समस्या को नहीं सुलझाया गया तो ये फोर्स के लिए ठीक नहीं होगा।
‘सीबीआई रिपोर्ट में मिलावट की पुष्टि’—साधु परिषद अध्यक्ष का दावा
9 Feb, 2026 06:21 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
तिरुपति लड्डू को लेकर विवाद जारी है। इसी बीच आंध्र प्रदेश साधु परिषद के अध्यक्ष श्रीनिवासानंद सरस्वती ने सोमवार को आरोप लगाया कि तिरूपति के लड्डू पर सीबीआई की रिपोर्ट में घी में मिलावट की पुष्टि हुई है। उन्होंने दावा किया कि 20 करोड़ रुपये के लड्डू में मिलावट की गई थी।
लड्डू खाने के बाद श्रद्धालु बीमार पड़ सकते हैं
उन्होंने आरोप लगाया कि एक खाद्य माफिया पवित्र लड्डू में मिलावट करने में शामिल है। इसके साथ ही कहा कि रसायन युक्त लड्डू खाने के बाद श्रद्धालु बीमार पड़ सकते हैं। उन्होंने एक विज्ञप्ति में कहा, "सीबीआई ने एक रिपोर्ट दी है, जिसमें पुष्टि की गई है कि तिरुपति के लड्डू में मिलावट थी। सीबीआई ने निष्कर्ष निकाला है कि 20 करोड़ रुपये के लड्डू में मिलावट की गई थी।" लड्डू में मिलावट के मामले में सीबीआई की रिपोर्ट के आधार पर सरकार से कार्रवाई की मांग करते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि कुकर्म करने वाले भगवान वेंकटेश्वर के दंड से बच नहीं सकते।इस से पहले आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने शुक्रवार को तिरुपति लड्डू में मिलावट को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) की पिछली सरकार के कार्यकाल में तिरुपति लड्डू बनाने के लिए उपयोग किया गया घी शौचालय को साफ करने में इस्तेमाल होने वाले रसायन से बना था। नायडू ने कहा कि रसायनों से युक्त मिलावटी घी का इस्तेमाल पांच साल तक लड्डू बनाने में किया गया। उन्होंने कहा कि दो प्रकार के रसायन होते हैं, जिनमें से कुछ वनस्पति मूल के होते हैं, जो महंगे होते हैं। उन्होंने बताया कि पशु वसा की कीमत कम होती है।
स्टारलिंक से जुड़ेगा गुजरात, दूरदराज़ क्षेत्रों तक पहुंचेगा इंटरनेट
9 Feb, 2026 06:09 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गुजरात| सरकार ने लन मस्क की स्पेस एक्स की सब्सिडियरी स्टारलिंक सैटेलाइट कम्युनिकेशन्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ आपसी सहयोग के आशय पत्र (एलओआई) का विनिमय किया है। इस समझौते के बाद राज्य के ग्रामीण और सुदूरवर्ती इलाकों को डिजिटली कनेक्ट किया जा सकेगा। इससे सुदूरवर्ती, दूरदराजी तथा कम टेलीकॉम सुविधा और नेटवर्क की समस्या वाले क्षेत्रों में हाईस्पीड सैटेलाइट आधारित इंटरनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई जाएगी।इस एलओआई अंतर्गत पायलट प्रोजेक्ट में कॉमन सर्विस सेंटर्स (सीएससी), ई-गवर्नेंस सुविधाओं, सरकारी विद्यालयों, जिला आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष, पोर्ट्स, वन्यजीव अभयारण्यों के क्षेत्रों को जोड़ने की योजना है। यह एलओआई नर्मदा तथा दाहोद जैसे जिलों सभी जिलों में डिजिटल इन्क्लूजन के लिए महत्वपूर्ण कदम बनेगा। इससे पुलिस आउटपोस्ट्स, आपदा प्रबंधन केन्द्रों, वन्यजीव मॉनिटरिंग तथा कृषि अनुसंधान केन्द्रों के लिए मजबूत कनेक्टिविटी द्वारा सिक्योरिटी तथा स्टेबिलिटी बढ़ने के साथ रिलायेबल डिजिटल सर्विस डिलीवरी भी सुनिश्चित होगी।इसके साथ ही राज्य के स्कूलों में शिक्षा के लिए स्मार्ट कनेक्टिविटी तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों (पीएचसी) में स्वास्थ्य सुख-सुविधा की सेवाएं और टेली-मेडिसीन सुविधाएं आसानी से एवं तेजी से उपलब्ध होंगी। विभिन्न सरकारी एजेंसियों, विभागों, विद्यालयों और डिजास्टर रिस्पॉन्स टीम्स की कैपिसिटी बिल्डिंग के लिए भविष्य में संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाएगा मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल तथा उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी की उपस्थिति में सोमवार को गांधीनगर में यह एलओआई विनिमय समारोह आयोजित किया गया। राज्य सरकार की ओर से उद्योग आयुक्त पी. स्वरूप तथा स्टारलिंक की ओर से स्टारलिंक इंडिया के हेड प्रभाकर जयकुमार ने इस एलओआई का परस्पर आदान-प्रदान किया।
भारत रत्न विवाद: विपक्ष ने सावरकर पर साधा निशाना, कहा—आजादी नहीं अंग्रेजों से नज़दीकी का सम्मान
9 Feb, 2026 06:02 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
डेस्क: वीर सावरकर को भारत रत्न देने पर बहस फिर से शुरू हो गई है, एक कार्यक्रम में RSS प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि सावरकर को यह सम्मान देने से भारत रत्न की प्रतिष्ठा बढ़ेगी. मुंबई में RSS के शताब्दी समारोह में की गई इस टिप्पणी से कांग्रेस और बीजेपी के बीच तीखी राजनीतिक बहस शुरू हो गई है. भागवत की इस मांग पर विपक्षी दलों ने कड़ी आपत्ति जाहिर की है.
RSS प्रमुख मोहन भागवत के बयान पर कांग्रेस नेता इमरान मसूद ने कहा, “सावरकर को भारत रत्न किस आधार पर दिया जाना चाहिए? यह एक बहुत बड़ा सम्मान है. सावरकर पहले व्यक्ति थे जिन्होंने दो-राष्ट्र सिद्धांत का प्रचार किया, जिसे बाद में मुस्लिम लीग ने अपनाया. उन्होंने उसी आधार पर अपनी सरकार बनाई और अखंड भारत को टुकड़ों में बांट दिया.”
कांग्रेस नेता हुसैन दलवई ने कहा, “सावरकर ने ब्रिटिश सरकार की मदद की थी, जबकि कांग्रेस भारत की आज़ादी के लिए लड़ रही थी. वह एक फासीवादी थे. ऐसे व्यक्ति को भारत रत्न कैसे दिया जा सकता है? मोहन भागवत को ब्रिटिश सरकार से कहना चाहिए कि वे सावरकर को ‘ब्रिटिश रत्न’ दें.”
महिला वोटरों पर फोकस: बंगाल में BJP ला सकती है ₹2500 योजना
9 Feb, 2026 05:01 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भाजपा पश्चिम बंगाल में महिला मतदाताओं को लुभाने के लिए लाडली योजना की तर्ज पर बड़ा वादा कर सकती है। पार्टी विधानसभा चुनाव के संकल्प पत्र में बंगाल की हर महिला मतदाता को हर महीने 2500 रूपये के नकद आर्थिक भुगतान करने की घोषणा कर सकती है। बिहार चुनाव में इसी तरह के वादे ने कमाल कर दिया था और भाजपा-जेडीयू गठबंधन बड़े बहुमत से सरकार बचाने में सफल रहा था। बंगाल में भी इसी तरह का मॉडल पेश कर पार्टी बढ़त हासिल करने की कोशिश करेगी। इसके अलावा पश्चिम बंगाल की एक लाख महिला मतदाताओं को लखपति दीदी बनाने, ड्रोन दीदी रोजगार से जोड़ने और गरीब महिलाओं को प्रधानमंत्री आवास योजना सुविधा देने की घोषणा कर सकती है। भारतीय जनता पार्टी इस समय पश्चिम बंगाल में मतदाताओं से चुनाव संकल्प पत्र (घोषणा पत्र) तैयार करने के लिए सुझाव ले रही है। फरवरी महीने के अंत में पार्टी अपना संकल्प पत्र जनता के सामने रख सकती है। इस संकल्प पत्र में ऐसी बड़े वादे किए जाने की संभावना है जो राज्य की चुनावी बिसात पर भाजपा को मजबूत बनाने का काम कर सकते हैं। महिला मतदाता भाजपा की विशेष समर्थक वर्ग के रूप में उभरी हैं। बिहार विधानसभा चुनाव में उन सीटों पर जहां महिला मतदाताओं का वोट प्रतिशत अधिक था, उनमें से सबसे ज्यादा सीटें एनडीए गठबंधन ने ही जीता है। इसी प्रकार उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, हरियाणा, राजस्थान और गुजरात के विधानसभा चुनाव में भी महिला मतदाताओं ने भाजपा को बढ़-चढ़कर वोट किया था। यह रुझान 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव में भी बना रहा। यही कारण है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार की नीतियों में महिलाओं के प्रति विशेष रुझान वाली योजनाओं का असर देखा जाता है।
ममता ने भी खेला दांव
पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी महिलाओं के बीच बहुत लोकप्रिय रही हैं। राज्य में महिला मतदाताओं का वोट तृणमूल कांग्रेस को जाता रहा है। ममता बनर्जी ने भी महिला मतदाताओं को लुभाने के लिए विशेष योजनाओं की घोषणा की है। 5 फरवरी को पेश राज्य के बजट में उन्होंने महिलाओं को दी जाने वाली आर्थिक सहायता बढ़ाई है। लक्ष्मी भंडार योजना के अंतर्गत महिलाओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता में ₹500 प्रति महीने की बढ़ोतरी की गई है। इसके अलावा सामान्य वर्ग एससी एसटी वर्ग की महिलाओं को मिलने वाली आर्थिक सहायता में भी ₹500 प्रति माह की बढ़ोतरी की गई है। सरकार ने आशा महिलाओं को मिलने वाले वेतन में भी बढ़ोतरी की है। इन योजनाओं के माध्यम से पश्चिम बंगाल सरकार लगभग 2.5 करोड़ महिलाओं को आर्थिक सहायता पहुंचाएगी। आने वाले समय में तृणमूल कांग्रेस भी अपना चुनावी घोषणा पत्र जारी करेगी। माना जा रहा है कि बिहार चुनाव से सबक लेते हुए ममता बनर्जी भी अपने इस वोट बैंक को बचाने के लिए बड़ा दांव खेलने की कोशिश कर सकती हैं।
'एनडीए जीतेगी चुनाव'
भाजपा नेता एसएन सिंह ने अमर उजाला से कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूरी दुनिया में महिलाओं का कल्याण करने के मामले में एक विश्वसनीय नेता के तौर पर लंबे समय से स्थापित हैं, जबकि पश्चिम बंगाल की जनता ने देखा है कि ममता बनर्जी सरकार केवल तुष्टिकरण करके चुनाव जीतने की कोशिश करती रही है। इस बार के बजट में भी उन्होंने विकास की बजाय तुष्टिकरण पर ध्यान दिया है। अब वे विधानसभा चुनाव में कोई भी बड़ा वादा कर लें, ममता दीदी चुनाव नहीं जीत पाएंगी क्योंकि पश्चिम बंगाल की जनता समझ गई है कि तृणमूल कांग्रेस के सत्ता में रहने का मतलब केवल घूसखोरी और भ्रष्टाचार है।उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता अब भाजपा और एनडीए की पारदर्शी स्वच्छ और जनता के लिए काम करने वाली सरकार चाहती है। उन्होंने कहा कि एनडीए इस बार पश्चिम बंगाल चुनाव भारी बहुमत से जीतेगी और जनता को ममता बनर्जी के कुशासन से मुक्ति मिलेगी।
PM मोदी बोले— आतंकवाद पर कोई समझौता नहीं, इस देश ने दिया भारत का साथ
9 Feb, 2026 05:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने रविवार को कहा कि आतंकवाद (Terrorism) के मुद्दे पर भारत (Indore) का संदेश बिल्कुल स्पष्ट है। भारत इस मुद्दे पर न तो दोहरे मापदंड अपनाता है और न ही किसी तरह का समझौता करता है। मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम (Malaysian Prime Minister Anwar Ibrahim) के साथ बैठक के बाद उन्होंने यह बात कही। मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के साथ वार्ता के बाद जारी संयुक्त बयान में दोनों नेताओं ने सीमापार आतंकवाद की कड़ी निंदा की।
दोनों ने आतंकवाद के प्रति ‘जीरो टॉलरेंस’ अपनाने और इससे निपटने के लिए वैश्विक स्तर पर प्रयासों पर जोर दिया। दोनों ने आतंक के वित्तपोषण पर अंकुश लगाने और नई तकनीकों के दुरुपयोग को रोकने के लिए मिलकर काम करने पर सहमति जताई।
मलेशिया दौरे के आखिरी दिन विभिन्न क्षेत्रों के दिग्गजों से मुलाकात के बाद PM मोदी ने कहा, भारत और मलेशिया के बीच विशेष संबंध हैं और दोनों देश विभिन्न क्षेत्रों में साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि दोनों पक्ष आतंकवाद और खुफिया क्षेत्र में सहयोग एवं समुद्री सुरक्षा के क्षेत्र में तालमेल मजबूत करेंगे। साथ ही रक्षा सहयोग को भी और व्यापक बनाया जाएगा। PM मोदी ने कहा कि AI और डिजिटल तकनीक के साथ सेमीकंडक्टर, स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा के क्षेत्रों में साझेदारी को आगे बढ़ाया जाएगा।
PM मोदी ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र का जिक्र करते हुए कहा कि यह क्षेत्र दुनिया की विकास धुरी के रूप में उभर रहा है और भारत आसियान देशों के साथ मिलकर इस क्षेत्र में शांति, स्थिरता और विकास के लिए प्रतिबद्ध है। मलेशियाई प्रधानमंत्री इब्राहिम ने कहा कि भारत और मलेशिया व्यापार, निवेश, कनेक्टिविटी और रक्षा सहयोग को लगातार विस्तार दे रहे हैं। उन्होंने वैश्विक व्यापार और अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में भारत की तेज प्रगति की सराहना की।
उद्योगपतियों से मुलाकात की
PM मोदी ने मलेशिया के चार प्रमुख उद्योगपतियों से मुलाकात कर भारतीय अर्थव्यवस्था में उनकी बढ़ती दिलचस्पी की सराहना की। प्रधानमंत्री ने भारत और मलेशिया के बीच बढ़ते कारोबारी रिश्तों को सकारात्मक बताया और कहा कि भारतीय विकास यात्रा में मलेशियाई कंपनियों की भागीदारी महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री ने पेट्रोनास के प्रमुख तेंगकु मोहम्मद तौफिक, बरजाया कॉरपोरेशन के संस्थापक विंसेंट टैन, खजानाह नेशनल के प्रबंध निदेशक अमीरुल फैसल वान जाहिर और फिसन इलेक्ट्रॉनिक्स के संस्थापक पुआ खेन सेंग से अलग-अलग मुलाकात की।
भारतीय मूल के नेताओं से मिले
PM मोदी ने भारतीय मूल के मंत्रियों, सांसदों, सीनेटरों से मुलाकात की और भारत-मलेशिया संबंध मजबूत करने में उनकी भूमिका की सराहना की। PM मोदी ने कहा कि इन नेताओं का भारत से भावनात्मक जुड़ाव स्पष्ट दिखता है और सार्वजनिक जीवन में उनकी उपलब्धियां गर्व की बात हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं की भागीदारी भारत-मलेशिया मित्रता के समर्थन को दर्शाती है।
भारत-मलेशिया को जोड़ती है तमिल
PM मोदी ने कहा, भारत और मलेशिया तमिल भाषा के प्रति साझा लगाव से जुड़े हुए हैं। मलेशिया में तमिल की मजबूत मौजूदगी शिक्षा, मीडिया और सांस्कृतिक जीवन में साफ दिखाई देती है। मलेशिया में भारतीय मूल के करीब 30 लाख लोग रहते हैं, जो दुनिया में दूसरी सबसे बड़ी भारतीय प्रवासी आबादी है। इनमें बड़ी संख्या तमिल मूल के लोगों की है।
आजाद हिंद फौज के पूर्व सैनिक से मिले
PM मोदी आजाद हिंद फौज के पूर्व सैनिक जयराज राजा राव से भी मिले। उन्होंने उनके साहस, विरासत और बलिदान के लिए देशवासियों की ओर से आभार व्यक्त किया। प्रधानमंत्री ने एक्स पर लिखा, नेताजी सुभाष चंद्र बोस और आजाद हिंद फौज के वीरों का साहस भारत की नियति को आकार देने में अहम रहा। राव से मिलना बहुत विशेष रहा और उनके अनुभव बेहद प्रेरणादायक हैं।
‘इब्राहिम भी एमजीआर के बड़े प्रशंसक’
PM मोदी ने कहा कि उनके मलेशियाई समकक्ष अनवर इब्राहिम भी तमिल अभिनेता और पूर्व मुख्यमंत्री एमजीआर के बड़े प्रशंसक हैं। उन्होंने यह टिप्पणी तब की जब इब्राहिम द्वारा आयोजित लंच के दौरान एमजीआर की फिल्म नालै नमथे का गीत प्रस्तुत किया गया। एमजीआर यानी मरुथुर गोपालन रामचंद्रन प्रसिद्ध अभिनेता, निर्देशक और निर्माता रहे हैं। उन्होंने तमिलनाडु में एआईएडीएमके की स्थापना की और बाद में राज्य के मुख्यमंत्री बने। 1975 में रिलीज हुई नालै नमथे उनकी लोकप्रिय फिल्मों में शामिल है।
चैतन्य बघेल की जमानत के खिलाफ याचिका पर SC में सुनवाई तय
9 Feb, 2026 04:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
छत्तीसगढ़ सरकार की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट एक हफ्ते बाद सुनवाई करेगा। छत्तीसगढ़ सरकार ने कथित शराब घोटाला मामले मे चैतन्य बघेल को दी गई जमानत को चुनौती दी है। चैतन्य, पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेश बघेल के बेटे हैं। मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची तथा न्यायमूर्ति एनवी अंजारिया की बेंच के सामने छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से वरिष्ठ वकील महेश जेठमलानी पेश हुए। उन्होंने बेंच को बताया कि चैतन्य बघेल को जमानत मिलने के बाद मामले का एक भी अहम गवाह सामने नहीं आ रहा है।प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी इससे जुड़े धनशोधन मामले में चैतन्य बघेल की जमानत को अलग से चुनौती दी है। बेंच ने कहा कि इस मामले की सुनवाई एक हफ्ते बाद की जाएगी। सुप्रीम कोर्ट ने छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उप सचिव रहीं सौम्या चौरसिया की एक अलग याचिका पर भी सुनवाई की। सौम्या चौरसिया को कथित शराब घोटाले के मामले में ईडी ने पिछले साल दिसंबर में गिरफ्तार किया था।सौम्या चौरसिया की ओर से पेश वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट पहले ही अन्य मामलों में उन्हें जमानत दे चुका है। अब उन्होंने फिर से नई प्राथमिकी दर्ज की और दिसंबर में उन्हें गिरफ्तार कर लिया। यह छठी बार है जब उन्हें गिरफ्तार किया गया है। इस पर बेंच ने सौम्या चौरसिया से कहा कि वह जमानत के लिए छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट का रुख करें।
परीक्षा पे चर्चा 2026: पीएम मोदी ने चखा छत्तीसगढ़ की ठेठरी-खुरमी का स्वाद, खुश होकर छात्रों से पूछ ली रेसिपी
9 Feb, 2026 02:16 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Pariksha Pe Charcha: आज PM नरेंद्र मोदी ने ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम में एक बार फिर छात्रों के साथ बातचीत की. इस दौरान उन्होंने बोर्ड परीक्षाओं के तनावपूर्ण माहौल के बीच छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों के लिए कुछ ‘मंत्र’ दिए, जो उनके लिए ‘मेंटल बूस्टर’ की तरह साबित हो सकते हैं. इस बीच बच्चे अपने घरों से खास पकवान लेकर पहुंचे, जिन्हें पीएम मोदी ने चखा. यही नहीं, उन्होंने स्पेशल डिश की रेसिपी तक पूछ ली.
परीक्षा पे चर्चा में PM मोदी ने चखा ठेठरी-खुरमी का स्वाद
दरअसल, चर्चा के दौरान बच्चों ने प्रधानमंत्री को मजेदार चीजें भी खिलाई, जिसमें ठेठरी-खुरमी आदि शामिल रहीं. बता दें कि तमिलनाडु के कोयंबटूर की यात्रा के बाद पीएम मोदी अगले हफ्ते रायपुर पहुंचे थे. यहां परीक्षा पे चर्चा संवाद की शुरुआत जय जोहार के साथ हुई. एक बच्ची ने प्रधानमंत्री से कहा कि आप मीटिंग से आए होंगे, थक गए होंगे. फिर बच्चों ने उन्हें खाने के लिए अलग-अलग स्नैक परोसे, जो वाकई उन्हें खूब पसंद आए. एक बच्चे ने पीएम मोदी को ठेठरी खिलाई, जिसे वो टिफिन में पैक करके लाया था.
छात्रों से पूछ ली रेसिपी
पीएम मोदी ने बड़ी ही प्रसन्नता के साथ बच्चे से उसकी रेसिपी पूछी. बच्चे ने बताया कि बेसन को गोल आकार देकर इसे तला जाता है और ये नमकीन होता है. इसे अधिकतर दिवाली के समय बनाया जाता है.
Pariksha Pe Charcha: क्या AI से लोगों को डरना चाहिए? स्टूडेंट्स ने पूछे सवाल, जानिए PM मोदी ने क्या जवाब दिया
9 Feb, 2026 02:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Pariksha Pe Charcha: बोर्ड परीक्षा से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम के तहत छात्रों से बात की है. इस दौरान कई प्रदेशों के छात्र बातचीत में शामिल हुए. पीएम मोदी का यह ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम का दूसरा एपिसोड है. पीएम मोदी से छात्रों ने कई सवाल पूछें, जिसका उन्होंने जवाब दिया. पीएम मोदी से बच्चों ने एआई के खतरों से जुड़े सवाल किए, तो पीएम मोदी ने ताया कि एआई के खतरे से हमें कैसे बचना है.
जब छात्र ने पीएम मोदी से सवाल करते हुए पूछा कि एआई का प्रभाव बढ़ता ही जा रहा है. कई कंपनियों ने इंसानों की जगह पर एआई कर्मचारी रखना शुरू कर दिए हैं. क्या इससे डरना चाहिए? पीएम मोदी ने इस पर जवाब देते हुए कहा, हर युग में टेक्नोलॉजी आती है तो उसकी तरह-तरह की चर्चा होती है. पहले भी कई बार ऐसा हुआ है. जब कम्प्यूटर आया तो भी लोगों ने इसकी चर्चा की. हमें किसी चीज से डरना नहीं है बल्कि हमें यह तय करना है कि हम उसके गुलाम नहीं बनेंगे. वो मेरा मालिक नहीं होगा, मैं ही निर्णायक रहूंगा. उदाहरण देते हुए कहा कि कई बच्चों का मोबाइल मालिक बन जाता है. अगर कोई एक बार मन बना ले कि मैं किसी का गुलाम नहीं बनूंगा, तो कुछ नहीं होगा. एआई से आप कुछ अच्छी चीजें मांगें.
परीक्षा के दौरान मन को कैसे रखें शांत?
‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी से छात्रों ने सवाल किया, एग्जाम के दौरान खुद को कैसे शांत रखें. पीएम मोदी ने छात्रों को बड़े आराम से उदाहरण के साथ समझाया. उन्होंने कहा, आप यह मानकर चलिए कि आपने जो पढ़ा है, सुना है, वो बेकार नहीं गया है. आप शांत मन से परीक्षा दीजिए. अगर आपको अच्छा विद्यार्थी बनना है तो ग्रिप होना जरूरी है.
PM मोदी ने छात्रों से कहा, परीक्षा जीवन का अंत नहीं है, बल्कि यह सीखने की प्रक्रिया का एक हिस्सा है. अपनी तुलना आप किसी दूसरे से न करें, अपनी क्षमताओं पर भरोसा रखें. उन्होंने यह भी कहा कि दवाब में रहकर पढ़ाई करने से परिणाम बेहतर नहीं आते. अच्छे परिणाम के लिए संतुलित दिनचर्या और सकारात्मक सोच ज्यादा जरूरी है. सही रणनीति, अनुशासन और आत्मविश्वास के साथ की गई तैयारी सफलता की कुंजी है.
पप्पू यादव की मुश्किलें बढ़ीं: समर्थकों सहित एक और मामला दर्ज
9 Feb, 2026 12:49 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गिरफ्तारी के समय सांसद के समर्थकों और पुलिस के बीच हुई थी तीखी नोकझोंक
पटना। बिहार के पूर्णिया सांसद पप्पू यादव और उनके समर्थकों के खिलाफ बुद्धा कॉलोनी थाना में एक और एफआईआर दर्ज की गई। यह मामला सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस कार्रवाई में रुकावट को लेकर दर्ज किया गया है। बताया जा रहा है कि शुक्रवार देर रात पुलिस सांसद पप्पू यादव को गिरफ्तार करने उनके घर पहुंची थी, लेकिन उस दौरान उन्होंने गिरफ्तारी देने से इनकार कर दिया। इस दौरान सांसद के समर्थकों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई थी। हालात बिगड़ते देख सिटी एसपी भानु प्रताप सिंह मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभालते हुए बाद में पप्पू यादव को गिरफ्तार किया गया, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। उन्हें अस्पताल ले जाया गया था। जहां से पीएमसीएच शिफ्ट किया गया था। जमानत याचिका पर सोमवार को सुनवाई होना है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पप्पू यादव की पटना में आधी रात को हुई गिरफ्तारी के विरोध में शनिवार को पूर्णिया में जन अधिकार पार्टी के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इस मौके पर जाप कार्यकर्ताओं ने शहर में मशाल जुलूस निकाला और पप्पू यादव को अविलम्ब रिहा करने की मांग की। जन अधिकार पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष बबलू भगत ने कहा कि सरकर विपक्ष की आवाज को दबाना चाहती है। सांसद पप्पू यादव लगातार सदन में आम जनता की आवाज उठाते हैं। पीड़ितों को न्याय दिलाते हैं, लेकिन सरकार को यह हजम नहीं होता। सांसद पप्पू यादव पूर्णिया के 25 लाख लोगों का प्रतिनिधित्व करते हैं। यहां की जनता इससे बर्दाश्त नहीं करेगी।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने पूर्णिया सांसद पप्पू यादव के मामले में कहा कि हर चीज को इतना बड़ा चढ़ा कर पेश करना कि हर चीज में साजिश हो रही है जान से मारने यह नॉर्मल एक प्रक्रिया का हिस्सा है। क्या कोई किसी सांसद को ऐसे ही नहीं गिरफ्तार कर सकता है। यकीनन कहीं ना कहीं कुछ तथ्य सामने आए होंगे। कुछ ऐसे प्रमाण मिले होंगे जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई है। पप्पू यादव के मामले में राहुल गांधी के समर्थन करने पर एनडीए की सरकार में एक बात स्पष्ट है अगर कोई दोषी है तो वह बक्शा नहीं जाएगा। अगर कोई बेगुनाह है तो उसके ऊपर कोई आंच नहीं आएगी।
बता दें पप्पू यादव को 31 साल पुराने केस में बेल टूटने पर गिरफ्तार किया गया। दरअसल, पटना के शास्त्री नगर थाने में साल 1995 केस दर्ज किया गया था। यह केस विनोद बिहारी लाल ने दर्ज कराया था। बार-बार बुलाने के बाद भी पप्पू यादव और दो अन्य अभियुक्त कोर्ट नहीं आ रहे थे। आरोप था कि पप्पू यादव 1994 में जब पहली बार सांसद बने थे। तब इन्होंने पटना में ऑफिस बनाने के लिए एक मकान किराए के लिए लिया था। रहने के नाम पर और उसमें ऑफ़िस बनाया। मकान मालिक का आरोप था कि रोज सैकड़ों लोगों के आने जाने से वह परेशान थे। उन्होंने खाली करने को कहा, लेकिन मकान खाली नहीं किया गया।
केंद्र सरकार ने 11 साल बाद बढ़ाई सरकारी वकीलों की फीस, मंत्रालय जारी कर चुका है अधिसूचना
9 Feb, 2026 12:27 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने अदालतों में सरकार की ओर से पैरवी करने वाले वकीलों को बड़ी राहत देते हुए उनकी फीस में बढ़ोतरी कर दी है। लगभग 11 साल बाद यह संशोधन किया गया है। केंद्रीय कानून मंत्रालय ने 5 फरवरी को इस संबंध में अधिसूचना भी जारी कर दी है, जिसके तहत विभिन्न श्रेणियों के सरकारी वकीलों को अब पहले की तुलना में काफी अधिक पारिश्रमिक मिलेगा।
अधिसूचना के अनुसार, नियमित अपील और अंतिम सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से पेश होने वाले ‘ए’ श्रेणी के वकीलों को अब प्रति मामले में प्रति दिन 21,600 रुपये का भुगतान किया जाएगा। वहीं ‘बी’ और ‘सी’ श्रेणी के वकीलों को 14,400 रुपये प्रति दिन मिलेंगे। इससे पहले ‘ए’ श्रेणी के वकीलों को 13,500 रुपये और ‘बी’ व ‘सी’ श्रेणी के वकीलों को 9,000 रुपये प्रति दिन फीस मिलती थी। सरकारी वकीलों की फीस में यह संशोधन अक्टूबर 2015 के बाद पहली बार किया गया है। कानून मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि यह बढ़ोतरी केवल नियमित अपील और अंतिम सुनवाई तक सीमित नहीं है, बल्कि अन्य प्रकार के मामलों, विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों के साथ बैठकों (कॉन्फ्रेंस) और सलाह-मशविरा करने की फीस में भी संशोधन किया गया है। इसके अलावा, दिल्ली और राज्यों की राजधानियों में पेश होने वाले वकीलों की फीस में भी बढ़ोतरी की गई है।
कानून मंत्रालय से जुड़े एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में बताया गया है, कि महंगाई, कानूनी पेशे से जुड़े बढ़ते खर्च और योग्य पेशेवरों को बनाए रखने की जरूरत को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। अधिकारी के अनुसार, लंबे समय से सरकारी वकीलों की ओर से फीस बढ़ाने की मांग की जा रही थी, जिसे अब पूरा किया गया है।
पूर्व केंद्रीय विधि सचिव और वर्तमान में विधि आयोग की सदस्य सचिव अंजू राठी राणा ने इस फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट करते हुए कहा, कि केंद्र सरकार के वकीलों के लिए फीस संशोधन की अधिसूचना अब लागू हो गई है। उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल के दौरान इस संबंध में निर्णय लिया गया था और यह एक दशक से अधिक समय से लंबित मामला था। उन्होंने कहा कि अदालतों में केंद्र सरकार का प्रभावी प्रतिनिधित्व करने के लिए योग्य और प्रतिभाशाली वकीलों को बनाए रखना जरूरी है, और यह फीस वृद्धि उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस फैसले से देशभर में सरकारी वकीलों में संतोष और उत्साह का माहौल है।
180 करोड़ रुपए की हेरोइन पकड़ी
9 Feb, 2026 11:15 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमृतसर। पंजाब के 2 जिलों (अमृतसर और गुरदासपुर) में 180 करोड़ रुपए की हेरोइन पकड़ी गई है। इसके साथ ही 5.75 लाख रुपए की ड्रग मनी और 2 पिस्टल, 4 मैगजीन और 60 कारतूस भी मिले हैं। पुलिस को शक है कि यह हेरोइन पाकिस्तान से भेजी गई है।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि पुलिस ने गुरदासपुर में दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच से पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी भारत में अपने हैंडलरों के माध्यम से पाकिस्तान स्थित हैंडलरों के संपर्क में थे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस घर का मालिक कौन है और इस तस्करी नेटवर्क से और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में अंतरराष्ट्रीय नशा तस्कर गिरोह की संलिप्तता से इनकार नहीं किया जा सकता।
घर में मिली 25 किलो हेरोइन
अमृतसर में भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा के नजदीक स्थित गांव घोगा में अमृतसर देहात पुलिस और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने संयुक्त ऑपरेशन के तहत एक घर से पाकिस्तान से आई 25 किलोग्राम हेरोइन बरामद की। जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 125 करोड़ रुपय आंकी गई। इतना ही नहीं, इस ऑपरेशन के दौरान पुलिस को 2 पिस्टल, 4 मैगजीन और 60 जिंदा कारतूस भी मिले हैं। आशंका जताई जा रही है कि यह पूरा जखीरा पाकिस्तान से ड्रोन या अन्य माध्यमों के जरिए सीमा पार से भेजा गया था, जिसे आगे पंजाब और देश के अन्य हिस्सों में सप्लाई किया जाना था।
होली पर रेलवे चलाएगा लगभग 1500 ट्रेनें
9 Feb, 2026 10:25 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। होली का त्योहार नजदीक है और इस त्योहार पर घर लौटने वाले यात्रियों की संख्या हर साल बढ़ जाती है। इसे देखते हुए भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा और भीड़ नियंत्रण को ध्यान में रखते हुए मार्च महीने में 1,410 से अधिक स्पेशल ट्रेनें चलाने का ऐलान किया है। ये संख्या मांग बढऩे पर 1,500 तक बढ़ाई जा सकती है।
आपको बता दें कि पिछले साल 2025 में 1,144 स्पेशल ट्रेनें चलाई गई थीं। रेलवे का यह कदम सुनिश्चित करता है कि त्योहार के दौरान यात्रियों को सुगम और सुरक्षित यात्रा मिल सके। स्पेशल ट्रेनों का संचालन न केवल भीड़ को नियंत्रित करेगा, बल्कि प्रमुख शहरों और ग्रामीण इलाकों के बीच कनेक्टिविटी भी मजबूत करेगा। इस बार के अभियान में हर जोन ने यात्रियों की बढ़ती मांग के अनुसार ट्रेन परिचालन में वृद्धि की है। आइए जानते हैं कि किस रूट पर कितनी ट्रेनें चलेंगी।
मोहन यादव ने नमक्कल और अविनाशी में किया रोड शो, NDA के लिए मांगे वोट
अन्नाद्रमुक गठबंधन को लेकर गरजे खरगे, PM मोदी पर लगाया गंभीर आरोप
केदारनाथ धाम में अनुशासन सख्त, मोबाइल उपयोग पूरी तरह बंद
जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान के निर्देश
यात्रियों को झटका, कुछ ट्रेनें रद्द तो कुछ का बदला शेड्यूल
नियमों को ठेंगा दिखाकर निजी कंपनी का प्रमोशन, सरगुजा के दो स्वास्थ्य कर्मियों को नोटिस
