देश
नए नियम लागू, गंदगी फैलाने वालों के लिए कड़ी सजा
3 Mar, 2026 11:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
बलूरघाट: अक्सर लोग कुछ भी खाने पीने की चीजों लेकर खाते हैं और उनके रैपर या बॉक्स को सड़क पर ही फेंक देते हैं. लेकिन अब ऐसा करने पर एक लाख रुपए तक जुर्माना देना पड़ सकता है. दरअसल पश्चिम बंगाल के बलूरघाट में नगर निगम ने स्वच्छता बनाए रखने के लिए सख्त नियम बनाए है. नगर निगम ने सड़क पर कचरा फेंकने वालों के खिलाफ एक हजार से एक लाख रुपए तक का जुर्माना वसूले जान की बात कही है.
बलूरघाट निगग निगम की टीम के अनुसार, सड़क पर कचरा फेंकने की वजह से लोगों को परेशानी होती है. फेंका गया कचरा धीरे-धीरे बड़े ढेर में तब्दील हो जाता है. बहुत लोगों को सड़क पर चलते-चलते खाने-पीने की आदत होती है और कचरा सड़क पर फेंकने की आदत होती है. ये जमा होते-होते कचरे का पहाड़ बन जाता है. बदबू आने लगती है. इस दौरान वहां से गुजरने वाले लोगों को सांस लेने में परेशानी होती है.
कचड़े के ढेर और बदबू से परेशान लोग लगातार नगर निगम के अधिकारियों से शिकायत कर रहे थे. वहीं अब नगर निगम के फैसले पर खुशी जाहिर की है. बलूरघाट नगरपालिका इस कचरे को साफ करने के लिए एक बड़ा कदम उठा रही है. नगरपालिका निगरानी के लिए बलूरघाट शहर की विभिन्न सड़कों पर कैमरे लगाने की योजना बना रही है. इस कदम का उद्देश्य गैर-जिम्मेदार नागरिकों को पकड़ना है. निगरानी के साथ-साथ जुर्माना भी लगाया जाएगा. कचरा फेंकने पर आप कैमरों में कैद हो जाएंगे. जिसके बाद पहचान कर नगर निगम की टीम आपके घर पर पहुंचेगी और भारी भरकम जुर्माना वसूलेगा.
नगरपालिका ने जानकारी दी है कि 1000 से 1 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा. लंबे समय से फैली बदबू के कारण सड़क पर चलते समय नाक ढकनी पड़ती थी. स्थानीय निवासी भी इस पहल से खुश हैं. उनका मानना है कि अब से कोई भी कचरा फेंकने से पहले दो बार सोचेगा.
तेल आपूर्ति पर भारत का निर्भरता कम, संकट में राहत की खबर
3 Mar, 2026 09:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: ईरान संकट के बीच होर्मुज स्ट्रेड के रास्ते कच्चे तेल की आपूर्ति बाधित हो गई है. ट्रंप की ओर से साफ कर दिया गया है कि ये वॉर करीब 1 महीने तक चल सकती है. इसका मतलब है कि कच्चे तेल की ग्लोबल सप्लाई चेन में काफी बड़ी बाधा आ सकती है. जिसकी वजह से ग्लोबल इकोनॉमी की टेंशन में इजाफा देखने को मिल सकता है. लेकिन भारत को ऐसी टेंशन बिल्कुल भी नहीं है. भारत के पास कच्चे तेल का इतना स्टॉक है कि 45 दिनों तक उसका कोई बाल भी बांका नहीं कर सकता. इसका मतलब है कि कच्चे तेल की बाधित सप्लाई देश की रफ्तार को नहीं रोक सकती है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर कच्चे तेल को लेकर किस तरह के आंकड़े सामने आई है.
ऊर्जा बाजार विश्लेषण फर्म केप्लर के आकलन के अनुसार ईरान संकट के बीच होर्मुज स्ट्रेड के रास्ते कच्चे तेल की आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में भारत के पास लगभग 40-45 दिन की जरूरत पूरी करने लायक कच्चे तेल का भंडार मौजूद है. केप्लर के मुताबिक, भारत के पास करीब 10 करोड़ बैरल कमर्शियल कच्चे तेल का स्टॉक है. इसमें रिफाइनरीज के पास मौजूद स्टॉक, भूमिगत रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार और देश की ओर आ रहे जहाजों पर लदा तेल शामिल है. भारत अपनी जरूरत का लगभग 88 फीसदी कच्चा तेल आयात करता है. कुल आयात का आधे से अधिक हिस्सा पश्चिम एशिया से आता है और इसका बड़ा भाग होर्मुज स्ट्रेट से होकर गुजरता है. भारत प्रतिदिन औसतन करीब 50 लाख बैरल कच्चा तेल आयात करता है, जिसमें से लगभग 25 लाख बैरल तेल प्रतिदिन होर्मुज रूट से आता है.
केप्लर के प्रमुख रिसर्च ऐनालिस्ट सुमित रितोलिया ने कहा कि यदि पश्चिम एशिया से तेल सप्लाई अस्थायी रूप से रुकती है, तो तत्काल असर सप्लाई व्यवस्था और कीमतों पर पड़ेगा. हालांकि, रिफाइनरीज सामान्यतः वाणिज्यिक भंडार बनाए रखती हैं और पहले से रवाना हो चुके तेलवाहक जहाजों के आते रहने से अल्पकालिक राहत मिलेगी. हालांकि, रितोलिया ने कहा कि लंबे समय तक व्यवधान बने रहने पर तेल आयात की लागत, ढुलाई खर्च और वैकल्पिक मार्गों के कारण दबाव बढ़ेगा. वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड का दाम 80 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है, जो ईरान संकट शुरू होने के पहले के स्तर से करीब 10 प्रतिशत अधिक है. भारत ने पिछले वित्त वर्ष में कच्चे तेल के आयात पर 137 अरब डॉलर खर्च किए थे. चालू वित्त वर्ष की अप्रैल-जनवरी अवधि में भी 20.63 करोड़ टन कच्चे तेल के आयात पर 100.4 अरब डॉलर खर्च हो चुके हैं.
मीडिया खबरों के मुताबिक, पश्चिम एशिया में संघर्ष छिड़ने के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य से आवाजाही प्रभावित हुई है. यह 33 किलोमीटर चौड़ा समुद्री मार्ग फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है और दुनिया के समुद्री मार्ग से होने वाले कच्चे तेल निर्यात का लगभग एक-तिहाई तथा गैस आपूर्ति का करीब 20 प्रतिशत इसी रास्ते से गुजरता है. विश्लेषकों का कहना है कि भारत पश्चिम अफ्रीका, लातिनी अमेरिका, अमेरिका और रूस से अतिरिक्त आपूर्ति लेकर इस कमी की भरपाई कर सकता है. इसके अलावा जरूरत पड़ने पर रूसी तेल की ओर भी रुख किया जा सकता है. विशेषज्ञों के मुताबिक, तात्कालिक जोखिम भौतिक कमी से अधिक कीमतों में उतार-चढ़ाव और आयात बिल बढ़ने का है. हालांकि, व्यवधान लंबा और गंभीर होने की स्थिति में तेल आयात बिल में उल्लेखनीय वृद्धि और व्यापक आर्थिक दबाव की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है.
समुद्री सुरक्षा संकट: तेल बाजार में तेजी, कीमतों में भारी उछाल
3 Mar, 2026 07:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। ओमान के समुद्री क्षेत्र(Oman waters,) में ईरानी हमलों के बीच(Amid Iranian attacks) भारतीय शिप एमकेडी वीओएम(Indian ship MKD VOM) पर भयंकर हादसा (horrific accident)हुआ, जिसमें कम से कम तीन भारतीयों की मौत हुई और 20 से अधिक लोग घायल हुए। हादसा मार्शैल आइलैंड्स के झंडे वाले जहाज पर मस्कट(Muscat on the Marshall) से 52 नॉटिकल माइलेज दूर हुआ। चालक दल(crew members) के अन्य सदस्यों को पनामा झंडे वाले(Panama flagged) वाणिज्यिक पोत एमवी सैंड की (commercial vessel MV Sand)मदद से सुरक्षित निकाल लिया गया।
इस हमले के पीछे ईरान का ओमान की समुद्री सीमा पर हमला करना और अमेरिका–इजरायल के हालिया हमलों के जवाब में उठाया गया कदम माना जा रहा है। ओमान की रॉयल नेवी ने प्रभावित टैंकर की निगरानी शुरू कर दी है और समुद्री क्षेत्रों से गुजरने वाले जहाजों को सतर्क किया गया है।
इस हमले से वैश्विक तेल बाजार में हड़कंप मच गया। अमेरिकी क्रूड की कीमत 7.6 प्रतिशत बढ़कर 72.12 डॉलर प्रति बैरल और ब्रेंट क्रूड 8.6 प्रतिशत बढ़कर 79.11 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। यूरोप में प्राकृतिक गैस वायदा कीमतों में 40 प्रतिशत से अधिक की उछाल आई।
ओमान में भारतीय मिशन लगातार स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और सभी लापता चालक दल के सदस्यों को खोजने के प्रयास जारी हैं। इस हमले ने न केवल भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को चुनौती दी है बल्कि मध्यपूर्व और वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा पर भी गंभीर प्रभाव डाला है।
खामेनेई मामले पर पूर्व IAS नियाज़ खान का बयान, सऊदी अरब पर लगाया आरोप
3 Mar, 2026 07:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल|पूर्व IAS नियाज खान अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में बने रहते हैं. अब यूएस-इजरायल-ईरान युद्ध को लेकर उनका बयान सामने आया है. सोशल मीडिया पर पोस्ट करके कहा है कि ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को मरवाने में सऊदी अरब का हाथ है|
सोशल मीडिया पोस्ट में क्या लिखा?
रिटायर्ड IAS अधिकारी नियाज खान ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर मिडिल ईस्ट में हो रहे संघर्ष को लेकर कई पोस्ट किए. उन्होंने लिखा कि खामेनेई को मरवाने में सऊदी अरब का हाथ निकला है. सऊदी खुद को 57 मुस्लिम देशों का राजा मानता है पर वह मुस्लिम देशों की रानी है. तभी सभी मुस्लिम देश चुप हैं. अपनी रानी के खिलाफ कुछ नहीं सुनना चाहते हैं. इस्लाम का एक ही शेर राजा ईरान है|
‘जो रूस और चीन के साथ रहा, वो मरा’
नियाज खान ने चीन और रूस को भी निशाना बनाया. उन्होंने कहा कि जो देश रूस और चीन के साथ रहा वो मरा. ईरान के साथ आज न रूस है और न चीन. जो देश अमेरिका के साथ चिपका रहा वह बचा रहा जैसे ईरान को छोड़कर सभी अरब के देश. पोस्ट के उन्होंने आगे लिखा कि शायद ईरान ने रूस और चीन पर बहुत ज्यादा भरोसा कर लिया. आज दुष्ट अमेरिका किसी को भी अपना ग़ुलाम बना सकता है, रूस भी भीगी बिल्ली है|
मुस्लिम देशों पर भी साधा निशाना
पूर्व IAS नियाज खान ने एक अन्य सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा कि जूते चाटने से बेहतर है, मर्द बनकर मरना. अरब के धनी मुस्लिम देश इजरायल और अमेरिका की जूतियां साफ कर रहे हैं, जबकि ईरान शेरों जैसे दहाड़ रहा है. इस्लाम नामर्दों को पसंद नहीं करता है|
विदेश नीति पर घमासान, सोनिया-राहुल के सवालों पर भाजपा का जवाब
3 Mar, 2026 06:01 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले में ईरान के सुप्रीम नेता खामेनेई की मौत हो गई थी. मिडिल ईस्ट लगातार 4 दिनों से जंग जारी है. अयातुल्ला अली खामेनेई की टारगेट किलिंग पर काग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मोदी सरकार की चुप्पी पर निशाना साधते हुए सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने कहा है कि केंद्र का ये रुख भारत की विदेश नीति की दिशा और विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल पैदा कर सकता है. सोनिया गांधी ने एक अंग्रेजी अखबार में अपने लेख में लिखा कि ‘आगामी 9 मार्च से जब संसद के बजट सत्र का जब दूसरा चरण शुरू होगा तो इस मामले में सरकार की इस चुप्पी पर स्पष्ट चर्चा होनी चाहिए|’
भाजपा ने किया पलटवार
सोनिया गांधी के इस लेख पर भाजपा ने पटलवार करते हुए जवाब दिया है.बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने सोनिया गांधी के लेख पर जवाब देते हुए खामेनेई की एक पुरानी पोस्ट शेयर की है और कहा कि ‘लिखना तो बनता है.’ खामेनेई की इस पोस्ट में उन्होंने लिखा कि नेहरू की ओर लिखी गई ‘ग्लिम्प्स ऑफ वर्ल्ड हिस्ट्री’ का अध्ययन करने से पहले मुझे यह नहीं पता था कि उपनिवेशीकरण से पहले भारत ने इतनी महत्वपूर्ण प्रगति की थी, खामेनेई ने ये पोस्ट 6 अगस्त 2013 में किया था. इसी पोस्ट का स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए निशिकांत दुबे ने बस इतना ही कहा कि ‘लिखना तो बनता है?’
सोनिया गांधी के पोस्ट पर राहुल गांधी ने भी क्या रिएक्ट
बता दें कि सोनिया गांधी के लेख पर राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट किया था कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा कि जब किसी विदेशी नेता की टारगेट किलिंग पर हमारा देश संप्रभुता या अंतरराष्ट्रीय कानून का कोई स्पष्ट बचाव नहीं करता और निष्पक्षता का त्याग कर देता है, तो इससे हमारी विदेश नीति की दिशा और विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल उठते हैं. इस स्थिति में चुप्पी तटस्थता नहीं है|’
राहुल गांधी की पोस्ट का जवाब
राहुल गांधी के इस पोस्ट पर भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने जवाब दिया. उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि ‘आपकी जानकारी के लिए 1984 में जब तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी जी की हत्या हुई थी तो ईरान के तत्कालीन सर्वोच्च धार्मिक नेता खुमेनी साहब ने भी किसी प्रकार का बयान नहीं जारी किया था. क्या करें आपको भूलने की बीमारी है|’
चुनावी तालमेल पर चर्चा, कांग्रेस-डीएमके में सीटों को लेकर खींचतान
3 Mar, 2026 04:08 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चेन्नई|तमिलनाडु में चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। राज्य में सत्ताधारी डीएमके और कांग्रेस के बीच गठबंधन को लेकर लगातार चर्चा चल रही है। हालांकि, सीटों की संख्या पर दोनों दलों में सहमति नहीं बन पा रही है। इस गतिरोध को खत्म करने के लिए अब कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने मोर्चा संभाला है।कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने मंगलवार को मुख्यमंत्री एम के स्टालिन से मुलाकात की। उनके साथ टीएनसीसी प्रमुख के सेल्वापेरुन्थगई भी थे। यह बैठक चेन्नई में मुख्यमंत्री के कैंप कार्यालय में हुई। डीएमके अध्यक्ष स्टालिन के साथ कांग्रेस नेताओं की यह बातचीत करीब एक घंटे तक चली। इस दौरान दोनों दलों से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई।
सीटों की संख्या को लेकर फंसा है मामला
कांग्रेस के एक सूत्र ने बताया कि दोनों पार्टियां गठबंधन जारी रखना चाहती हैं। लेकिन सीटों की संख्या को लेकर कुछ असहमति है। शुरुआत में कांग्रेस ने 39 सीटों की मांग की थी। वहीं, डीएमके ने कांग्रेस को एक राज्यसभा सीट का भी प्रस्ताव दिया था। बातचीत इस बात पर अटकी है कि कांग्रेस को कुल कितनी सीटें दी जाएंगी। सूत्र ने यह भी बताया कि अब इस मामले में जल्द ही कोई अंतिम फैसला लिया जाएगा। ऐसी संभावना है कि कांग्रेस 28 सीटों और दो राज्यसभा सीटों के फार्मूले पर मान सकती है।
जल्द निकलेगा समाधान: डीएमके
इस बीच, डीएमके प्रवक्ता टी के एस एलंगोवन ने वेल्लोर में पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा, "डीएमके चाहती है कि गठबंधन जारी रहे। बातचीत चल रही है और हमारे नेता एक अच्छा फैसला लेंगे।" एलंगोवन ने यह भी कहा कि हमारे नेता इस मुद्दे को सौहार्दपूर्ण ढंग से सुलझाना चाहते हैं। शाम तक हमें इस बारे में पता चल जाएगा।यह एक दिलचस्प मोड़ है कि पार्टी आलाकमान ने अब पी चिदंबरम को सीधे डीएमके नेतृत्व से बात करने के लिए कहा है। उन्हें इस मामले का सौहार्दपूर्ण समाधान निकालने की जिम्मेदारी दी गई है। इससे पहले, चिदंबरम और सेल्वापेरुन्थगई ने आपस में चर्चा की और फिर दोनों सीएम आवास गए।पिछले हफ्ते तमिलनाडु के प्रभारी गिरीश चोडणकर के नेतृत्व में कांग्रेस की समिति ने शुरुआती बातचीत की थी। उन्होंने डीएमके की समिति को अपनी इच्छा सूची सौंपी थी, जिसके प्रमुख डीएमके के कोषाध्यक्ष टी आर बालू हैं। शुरुआती चर्चा के बाद चोडणकर ने कहा था कि डीएमके का 25 सीटों का प्रस्ताव स्वीकार्य नहीं है और पार्टी को और सीटों की उम्मीद है।
होली के रंग और ठंडी हवाएँ: उत्तराखंड में अगले दिनों भारी बारिश और बर्फबारी का अनुमान
3 Mar, 2026 11:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
उत्तराखंड में होली के बाद बारिश और बर्फबारी हो सकती है। मौसम विभाग की मानें तो 7 मार्च को 5 जिलों में बारिश और बर्फबारी होने की संभावना है। इनमें उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के ऊंचाई वाले इलाके शामिल हैं।
मध्य प्रदेश में मार्च के पहले दिन रविवार को प्रदेश में मौसम साफ रहा। तेज धूप निकलने की वजह से तापमान में बढ़ोतरी हुई। धार, गुना, ग्वालियर, खंडवा, खरगोन, श्योपुर, खजुराहो, मंडला, नरसिंहपुर, सतना, सिवनी में तापमान 33°C से ज्यादा दर्ज किया गया।
राजस्थान में तापमान चढ़ने से दिन के साथ-साथ अब रात में भी गर्मी बढ़ने लगी है। अधिकांश शहरों का न्यूनतम तापमान सामान्य से 2°C से 7°C सेल्सियस ऊपर दर्ज हो रहा है। बाड़मेर में न्यूनतम तापमान 23°C सेल्सियस दर्ज हुआ।
अगले दो दिन कैसा रहेगा मौसम…
4 मार्च: मैदानी क्षेत्रों में शुष्क और गर्माहट वाली स्थिति बनी रहेगी, तापमान दिन में 23-28°C के आसपास रहेगा।
5 मार्च: बारिश-बर्फबारी के आसार नहीं हैं, सूखे जैसे हालात बने रहेंगे, सुबह हल्का ठंडक लेकिन दिन में गर्माहट भरी स्थिति रहेगी।
होली के रंग, अलग अंदाज: मुंबई में लव-जिहाद थीम पर होलिका दहन, उज्जैन और भोपाल में भी उल्लास
3 Mar, 2026 10:41 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
दिल्ली, मुंबई, कई शहरों में पूजा के बाद होलिका दहन किया गया। भोपाल में सीएम मोहन यादव ने अपनी पत्नी के साथ और अहमदाबाद में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने होली जलाई।
वहीं मुंबई के वर्ली में लव जिहाद की थीम पर होलिका दहन किया गया। मध्य प्रदेश में उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर में शाम को विशेष आरती की गई। ओडिशा के जगन्नाथ मंदिर में होली पर्व डोला पूर्णिमा के रूप में मनाया जा रहा है।
भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा ‘सुना भेषा’ (स्वर्ण वेश) में दर्शन देंगे। भगवान श्री भुज, श्री पयर, रत्न कीरट, रत्न मुकुट, कंठी, बाहुटी जैसे 138 प्रकार के सोने के जेवर पहनेंगे।
इनका वजन 200 किलो से अधिक होता है। मंगलवार को ग्रहण काल दोपहर 3:20 से शाम 6:47 बजे तक है। इसके चलते सुना भेषा रात 8 से 9 बजे के बीच होगा।
डोला मंडप में बैठाकर लगाएंगे गुलाल
जगन्नाथ संस्कृति प्रचारक पंडित पद्मनाभ त्रिपाठी शर्मा ने बताया कि यह महाप्रभु की 12 बड़ी यात्राओं में से एक है। पूरे देश में डोला के दौरान राधा-कृष्ण की पूजा की जाती है, लेकिन यहां डोला गोबिंद, भूदेवी और श्रीदेवी की पूजा की जाती है। भगवान को विशेष डोला मंडप में बैठाकर गुलाल लगाया जाता है।
तिरपाल से ढकी गईं 10 मस्जिदें
3 Mar, 2026 10:03 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
संभल। उत्तर प्रदेश के संभल में होली का त्योहार शांति और भाईचारे के साथ संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है. किसी भी संभावित विवाद को रोकने के लिए संभल की ऐतिहासिक जामा मस्जिद समेत करीब 10 मस्जिदों को विशाल तिरपालों से पूरी तरह ढक दिया गया है। यह कदम विशेष रूप से उन मस्जिदों के लिए उठाया गया है, जो होली की चौपाई (जुलूस) के रास्ते में पड़ती हैं। दरअसल, जामा मस्जिद के सामने से होली के दो अलग-अलग जुलूस निकलने हैं. बीते वर्षों में एक मस्जिद पर रंग की छींटें पडऩे की वजह से इलाके में तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी। इसी कड़वे अनुभव से सीख लेते हुए पुलिस और जिला प्रशासन ने इस बार पहले ही सुरक्षात्मक कार्रवाई की है। अधिकारियों के अनुसार, मस्जिदों की दीवारों पर तिरपाल लगाने के साथ-साथ कुछ स्थानों पर विशेष कोटिंग भी की गई है ताकि रंग के दाग न लगें. शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारी पुलिस बल तैनात है और संवेदनशील इलाकों में लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि त्योहार के रंग में भंग न पड़े और आपसी सौहार्द बना रहे।
होली : घर जाते समय त्रासदी- यमुना एक्सप्रेस-वे पर उछलकर गिरी कार, 6 यात्रियों की मौत
3 Mar, 2026 09:37 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हाथरस : यूपी के हाथरस में यमुना एक्सप्रेस-वे पर मंगलवार तड़के डबल डेकर बस ने चलती ईको वैन को पीछे टक्कर मार दी। हादसे में पति-पत्नी समेत 6 लोगों की मौत हो गई, 7 लोग घायल हो गए। सभी मृतक राजस्थान के धौलपुर के रहने वाले थे। होली के लिए घर जा रहे थे।
बस दिल्ली से गोरखपुर, जबकि वैन दिल्ली से धौलपुर जा रही थी। ओवरटेक करने की कोशिश करते वक्त टक्कर हुई। टक्कर इतनी भीषण थी कि वैन उछलकर 10 फीट दूर गिरी। उसका पिछला हिस्सा चकनाचूर हो गया। गनीमत रही कि बस सवार यात्रियों को चोट नहीं आई।
हादसे के बाद चीख-पुकार मच गई। सड़क पर लाशें बिछ गईं। एक्सप्रेस-वे पर जाम लग गया। सूचना मिलते ही पुलिस अफसर पहुंचे। घायलों को तत्काल खंदौली सीएचसी भिजवाया। जहां से तीन को आगरा रेफर कर दिया। हादसा सादाबाद कोतवाली क्षेत्र में हुआ।
अब सिलसिलेवार तरीके से पूरा मामला समझ लीजिए…
ईको वैन से राजस्थान के राजाखेड़ा जा रहे थे 13 लोग हाथरस में यमुना एक्सप्रेस-वे के माइलस्टोन 141 पर निजी डबल डेकर बस गोरखपुर की तरफ जा रही थी। बस के आगे ईको वैन चल रही थी। वैन में 13 लोग सवार थे।
सभी होली के त्योहर के लिए अपने-अपने घर राजस्थान के राजाखेड़ा (धौलपुर) जा रहे थे। तड़के 4.15 बजे तेज रफ्तार बस ने वैन को ओवरटेक करने की कोशिश की और बेकाबू होकर वैन को पीछे से टक्कर मार दी।
हादसे में 6 मृतकों में से 4 मृतकों की पहचान दिनेश (50), उनकी पत्नी सुनीता (48), विजय बघेल (27), उनकी पत्नी पिंकी बघेल (26) के रूप में हुई। दो की शिनाख्त अब तक नहीं हो पाई है। सभी गंगोली, राजाखेड़ा (राजस्थान) के बताए जा रहे हैं।
घायलों में चार बच्चे भी शामिल हादसे में इको चालक वीरेंद्र पुत्र रामप्रकाश भी घायल है। इसके अलावा राजाखेड़ा के ही मनोज पुत्र सुरेश, आर्यन (8)-अंशु (6) पुत्र अजय, मृतक विजय का बेटा लक्ष्य (1), बेटी प्राची (3) और उनकी साली पूनम बघेल (15) घायल हैं।
मृतक के भाई संजू ने बताया- उनके भाई दिनेश नोएडा के सेक्टर 41 में मिठाई की दुकान चलाते थे। पत्नी सुनीता के साथ नोएडा से त्योहार मनाने के लिए अपने गांव गंगोलियापुरा, राजाखेड़ा, धौलपुर आ रहे थे। उनके दो बेटी और बेटे घायल हैं।
बस चालक से पूछताछ की जा रही घायलों को इलाज के लिए खंदौली थाना क्षेत्र के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। मृतकों के शव पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिए गए हैं। पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में हादसा तेज रफ्तार और लापरवाही से ओवरटेक करने के कारण हुआ। बस चालक से पूछताछ की जा रही है।
ओवरटेक की वजह से हादसा, बस ड्राइवर-कंडक्टर अरेस्ट
पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया-
बस का चालक इको गाड़ी को ओवरटेक कर रहा था, तभी यह घटना हुई। बस के चालक, कंडक्टर सहित तीन लोगों को पकड़ा गया है। सभी मृतकों के शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया है। घायलों को उपचार के लिए SN मेडिकल कॉलेज आगरा भिजवाया है।
ASP रामानंद कुशवाहा ने कहा-
सुबह 4:15 बजे यमुना एक्सप्रेस-वे पर 141 माइलस्टोन के पास एक सड़क दुर्घटना की कॉल आई थी। पता चला कि एक ईको वैन, जो दिल्ली से धौलपुर जा रही थी, उसे नोएडा से गोरखपुर जा रही एक डबल डेकर बस ने पीछे से टक्कर मार दी।ईको में कुल 13 लोग सवार थे। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान डॉक्टरों ने 6 लोगों को मृत घोषित कर दिया। ईको का ड्राइवर सुरक्षित है।
होली पर सुरक्षा कड़ी: सरगुजा में 500 पुलिसकर्मी अलर्ट, सहायता के लिए कॉल करें
3 Mar, 2026 08:34 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अंबिकापुर. होली पर्व को शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित ढंग से संपन्न कराने के लिए सरगुजा पुलिस (Surguja police) ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। हुड़दंगियों पर नजर रखने 500 जवानों की तैनाती की गई है। वाहन से हुड़दंग मचाने और नियम तोडऩे वालों के खिलाफ पुलिस सख्ती से निपटेगी। बता दें कि होलिका दहन 2 मार्च और रंगोत्सव 4 मार्च को मनाया जाएगा। त्योहार के मद्देनजर जिलेभर में कड़ी निगरानी रखने के निर्देश जारी किए गए हैं। किसी भी आपात स्थिति के लिए सरगुजा पुलिस ने नागरिकों के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं।
डीआईजी राजेश अग्रवाल (Surguja police) ने जानकारी दी है कि शांति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए 8 राजपत्रित पुलिस अधिकारियों के नेतृत्व में 75 निरीक्षक, उपनिरीक्षक व सहायक उपनिरीक्षक सहित 500 से अधिक पुलिस अधिकारी-कर्मचारी तैनात रहेंगे।
जिले में 67 फिक्स पिकेट, 28 पेट्रोलिंग पार्टियां, 7 बाइक पेट्रोलिंग दल और महिला गश्ती टीम लगातार सक्रिय रहेंगी। प्रमुख जलाशयों पर भी पुलिस बल (Surguja police) की तैनाती की गई है। रिजर्व बल को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है। अंबिकापुर शहर में विशेष चौकसी बरती जाएगी, जहां हर वर्ष होली बड़े स्तर पर मनाई जाती है। पुलिस द्वारा संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त की जाएगी।
हुड़दंगियों और नियम तोडऩे वालों पर सख्ती
डीआईजी के निर्देश पर ट्रिपल राइडिंग, नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने और शराब पीकर ड्राइविंग करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। चौक-चौराहों पर ब्रेथ एनालाइजर से जांच होगी। बोर्ड परीक्षाओं को ध्यान में रखते हुए बिना अनुमति डीजे बजाने और विवादित गाने चलाने पर भी कड़ी कार्रवाई (Surguja police) के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता पडऩे पर डीजे जब्त किए जाएंगे।
अधूरी होली की रीत: तंत्र पूजा के बाद ही शुरू होता होली का उत्सव
3 Mar, 2026 07:29 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Holi Celebration Kashi: शिव की नगरी काशी में होली सिर्फ रंगों का खेल नहीं, बल्कि आस्था और परंपराओं का अनोखा संगम है। यहां होली की शुरुआत किसी घर या मोहल्ले से नहीं, बल्कि तंत्र की देवी मानी जाने वाली मां चौसठ्ठी देवी के दरबार से होती है। रंगभरी एकादशी पर बाबा विश्वनाथ से अनुमति लेने के बाद काशिवासी सबसे पहले मां के चरणों में गुलाल चढ़ाते हैं। मान्यता है कि जब तक चौसठ्ठी देवी को पहला रंग न चढ़े, तब तक काशी की होली अधूरी रहती है। सदियों (500 साल) से चली आ रही यह अनोखी परंपरा आज भी शिवनगरी के लोगों की आस्था और विश्वास को उसी तरह जीवंत रखे हुए है।
दशाश्वमेध घाट पर स्थित है चौसठ्ठी योगिनी मंदिर
दशाश्वमेध घाट के पास स्थित चौसठ्ठी योगिनी मंदिर होली की शाम को अबीर-गुलाल के रंगों से खिल उठता है। पहले के समय में शहर और आसपास के गांवों से लोग पैदल यात्रा कर यहां पहुंचते थे और मां को गुलाल चढ़ाते थे। गाजे-बाजे के साथ निकलने वाली चौसठ्ठी यात्रा अब भले छोटी हो गई हो, लेकिन मां को पहला गुलाल चढ़ाने की परंपरा आज भी वैसे ही निभाई जाती है।
चौसठ्ठी देवी 64 योगिनियों का स्वरूप
मान्यता है कि चौसठ्ठी देवी 64 योगिनियों का स्वरूप हैं। स्कंद पुराण के काशीखंड में लिखा है कि इनके दर्शन और पूजा से पाप नष्ट हो जाते हैं और नवरात्र में इनकी आराधना से मनोकामनाएं पूरी होती हैं। ज्योतिषाचार्य पं. रत्नेश त्रिपाठी बताते हैं कि प्राचीन समय में काशी के राजा दिवोदास शिव की पूजा पसंद नहीं करते थे। उन्होंने देवताओं से कहा कि अगर शिव काशी छोड़ दें तो वह काशी को स्वर्ग जैसा बना देंगे। देवताओं के आग्रह पर शिव कैलाश चले गए। बाद में बाबा विश्वनाथ ने 64 योगिनियों को काशी भेजा। योगिनियों को यह शहर इतना पसंद आया कि वे यहीं बस गईं और आज चौसठ्ठी देवी के रूप में पूजा जाती हैं।
मंदिर में महिषासुर मर्दिनी और चौसठ्ठी माता की प्रतिमाएं हैं, साथ ही मां भद्रकाली का स्वरूप भी स्थापित है। माना जाता है कि यहां दर्शन करने से इच्छाएं पूरी होती हैं और पापों से मुक्ति मिलती है। नवरात्र और होली के समय मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है।
बता दें चौसठ्ठी घाट का निर्माण 16वीं शताब्दी में बंगाल के राजा प्रतापादित्य ने कराया था, और 18वीं शताब्दी में बंगाल के ही राजा दिग्पतिया ने इसका पुनर्निर्माण कराया।
त्योहार पर यात्रियों के लिए राहत की खबर, AI करेगा सीट मॉनिटरिंग
2 Mar, 2026 06:03 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली|इस बार होली पर यात्रियों की संभावित भारी भीड़ को कंट्रोल करने के लिए भारतीय रेलवे ने नई रणनीति अपनाई है। टिकट बिक्री, ट्रेनों के रूट निर्धारण और स्टेशन पर भीड़ प्रबंधन के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का सहारा लिया जा रहा है। रेलवे का दावा है कि इससे यात्रियों को लंबी कतारों और इंतजार से राहत मिलेगी।उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय ने बताया, किसी भी स्टेशन पर अव्यवस्था की स्थिति न बने। एआई के जरिए भीड़ का रियल टाइम आकलन किया जा रहा है और जरूरत पड़ने पर सिर्फ आधे घंटे में स्पेशल ट्रेन चलाने का निर्णय लिया जा रहा है, ताकि यात्रियों को तुरंत राहत मिल सके।होली के त्योहार को देखते हुए नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर इस बार विशेष होल्डिंग एरिया तैयार किया गया है। यहां हाई रिजोल्यूशन कैमरे लगाए गए हैं, जो अनारक्षित यात्रियों की संख्या का लगातार आकलन करते हैं। इन कैमरों से मिलने वाले डेटा के आधार पर एआई सिस्टम भीड़ का रियल टाइम विश्लेषण करता है। उसी के अनुसार ट्रेनों की संख्या, समय और संचालन की योजना तय की जाती है, ताकि अचानक बढ़ने वाली भीड़ को तुरंत नियंत्रित किया जा सके। रेलवे ने नई दिल्ली स्टेशन पर अनारक्षित यात्रियों के लिए अलग से होल्डिंग एरिया तैयार किया गया है, जहां टिकट बिक्री का पूरा डाटा सीधे एआई सिस्टम को भेजा जा रहा है। जिस रूट के लिए सबसे ज्यादा अनारक्षित टिकट बिक रहे हैं, उसी दिशा में ट्रेनों की संख्या और फ्रीक्वेंसी बढ़ाई जा रही है। यानी अब ट्रेनों का संचालन तय समय से नहीं, बल्कि यात्रियों की वास्तविक मांग और भीड़ के आंकड़ों के आधार पर किया जा रहा है।
होल्डिंग एरिया में यात्रियों को मिलेगी ये सुविधाएं
नई दिल्ली स्टेशन पर अजमेरी गेट के पास बने होल्डिंग एरिया को प्री-टिकटिंग, टिकटिंग और पोस्ट टिकटिंग हिस्सों में बांटा गया है। यहां 25 से अधिक टिकट काउंटर और 25 एटीवीएम मशीन लगाई गई हैं। यात्रियों की मदद के लिए रेलवे स्टाफ तैनात हैं। इस क्षेत्र में 150 से ज्यादा टॉयलेट, फूड स्टॉल और पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध है। स्टेशन पर बड़ी संख्या में आरपीएफ और जीआरपी के जवान तैनात हैं। साथ ही, प्राथमिक चिकित्सा सुविधा भी उपलब्ध है।
स्पेशल ट्रेनों और प्लेटफार्म व्यवस्था
होली स्पेशल ट्रेनें मुख्य रूप से प्लेटफार्म नंबर 16 से चलाई जा रही है। अजमेरी गेट से एंट्री होगी और यात्रियों को रेलवे स्टाफ की मदद से कतारबद्ध करे प्लेटफार्म नंबर 16 पर ले जाया जा रहा है। अनारक्षित टिकट धारक पहले होल्डिंग एरिया में रहेंगे और ट्रेन के समय प्लेटफार्म पर भेजे जाएंगे। विशेष ट्रेनों के समय में भी बदलाव किया गया है ताकि भीड़ कम हो। उत्तर रेलवे ने होली पर विशेष ट्रेनें चलाई हैं। इनमें अधिकांश उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, बंगाल और असम के लिए हैं। भीड़ बढ़ने की स्थिति में अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें भी शुरू की जाएंगी।
एंट्री-एग्जिट नियम भी बदले
— स्पेशल ट्रेन वाले यात्री केवल अजमेरी गेट से प्रवेश कर सकेंगे।
— अन्य ट्रेनों के कंफर्म टिकट वाले यात्री पहाड़गंज और अजमेरी गेट से आ सकेंगे।
— बिना टिकट यात्री या प्रतीक्षा सूची वाले यात्रियों को वेटिंग एरिया में रुकना होगा।
— यात्रियों के लिए स्टेशन पर किए गए है ये इंतजाम
— अतिरिक्त टिकट काउंटर और हेल्प डेस्क।
— खानपान और पीने के पानी की सुविधा।
— फुट ओवर ब्रिज और मेट्रो गेट के पास सुरक्षाकर्मी तैनात।
— यात्रियों के लिए बड़ी संख्या में पंडाल और मिनी कंट्रोल रूम।
— जरूरत पड़ने पर रिजर्व रैक और बैकअप ट्रेनें तैयार।
रेलवे ने यात्रियों से किया ये अनुरोध
— अपनी ट्रेन के निर्धारित समय से कम से कम एक घंटा पहले स्टेशन पहुंचें।
— सीढ़ियों और प्लेटफार्म पर सामान न रखें।
— अफवाहों पर ध्यान न दें और रेलवे स्टाफ की मदद लें।
चर्चा में उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी हिमांशु शेखर उपाध्याय ने बताया, सनातन धर्म के प्रमुख त्योहारों में से एक होली का पर्व है। घर से दूर काम या व्यवसाय करने वाले कई लोग घर पर अपनों के साथ होली का त्योहार मनाना चाहते हैं। इसके लिए उत्तर रेलवे ने यात्रियों के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। हर बड़े स्टेशन जैसे नई दिल्ली, आनंद विहार और अन्य महत्वपूर्ण स्टेशनों पर जहां बड़ी संख्या में लोग ट्रेन पकड़ने आते हैं, वहां पुख्ता व्यवस्था की गई है। यात्रियों की सुरक्षा में कर्मियों की ड्यूटी बढ़ाई गई है।उपाध्याय ने बताया, होली को देखते हुए उत्तर रेलवे की ओर से कई स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही है। इनमें से लगभग अधिकांश ट्रेनें उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, बंगाल, असम के लिए हैं। भीड़ अधिक बढ़ने की स्थिति में अन्य स्पेशल ट्रेनें भी शुरू की जाएगी। दिल्ली के सभी रेलवे स्टेशनों पर स्पेशल ट्रेनों की जानकारी के लिए घोषणाएं की जा रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से भी इसकी जानकारी दी जाएगी। यात्रियों को टिकट खरीदने में परेशानी न हो इसके लिए सभी रेलवे स्टेशनों में तैयार किए गए होल्डिंग एरिया में ही टिकट काउंटर भी बनाए गए है। ताकि यात्री वहीं से आसानी से टिकट खरीद सके।
आज जलेगी होलिका या कल होगा दहन? देखें तिथि, भद्रा का समय और पूजा का शुभ मुहूर्त
2 Mar, 2026 05:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Holika Dahan 2026 Shubh Muhurat Puja Timing Live Updates in Hindi: होली हिंदुओं का एक प्रमुख त्योहार होता है, जो हर वर्ष फाल्गुन माह की पूर्णिमा तिथि को मनाया जाता है। होली के एक दिन पहले होलिका दहन किया जाता है जिसका विशेष महत्व होता है। यह बुराई पर अच्छाई की जीत की त्योहार होता है। लेकिन इस वर्ष होलिका दहन और होली की डेट को लेकर कुछ भ्रम की स्थिति बनी हुई है। इस साल पूर्णिमा तिथि दो दिन, होलिका दहन पर भद्रा और चंद्र ग्रहण है जिसके कारण संशय है, कि आखिर होलिका दहन कब है और रंगों वाली होली कब खेली जाएगी।
इस वर्ष होलिका दहन को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है कि 2 या 3 मार्च को कब होलिका दहन करना होगा शुभ। कई ज्योतिष के जानकार 2 मार्च को होलिका दहन करना ज्यादा शुभ और लाभकारी बता रहे हैं। पंचांग के अनुसार 2 मार्च को फाल्गुन पूर्णिमा शाम 5 बजकर 55 मिनट से शुरू हो जाएगी जो अगले दिन यानी 3 मार्च को शाम 5 बजकर 08 मिनट पर खत्म होगी। लेकिन भद्रा 2 मार्च को ही शाम 5 बजकर 28 मिनट पर लगेगी और यह रात 4 बजकर 56 मिनट तक रहेगी। शास्त्रों में होलिका दहन भद्रा में करना वर्जित माना जाता है। लेकिन अगर होलिका दहन के दिन पूरी रात भद्रा रहे तो भद्रा पुच्छ काल में होलिका दहन करना उचित रहेगा। पंचांग के अनुसार 2 मार्च को भद्रा पुच्छ रात 11 बजकर 53 मिनट से लेकर रात्रि 01 बजकर 26 मिनट तक रहेगी। ऐसे में इस दौरान होलिका दहन करना शुभ रहेगा। वहीं 3 मार्च को चंद्रग्रहण लगेगा जिसमें होलिका दहन करना वर्जित रहता है।
होलिका दहन से पहले विधि-विधान से होलिका पूजन का विशेष महत्व होता है। पूजन के बाद ही होलिका दहन करना शुभ माना जाता है। अग्नि में कई चीजों को अर्पित करने का विधान होता है। होलिका दहन में विशेष सामग्रियों को अर्पित करने से जीवन में से नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। होलिका दहन पर इन चीजों के जरूर करें अर्पित।
नारियल
धूप
रोली
गुलाल
अनाज
उपलों से बनी माला
सरसों का दान
पान और सुपारी
गेहूं और चने की बालियां
भद्रा और चंद्रग्रहण के कारण कई ज्योतिष के जानकार, आज यानी 02 मार्च 2026 को होलिका दहन करना शुभ मान रहे हैं। होलिका दहन करने से पहले होलिका की पूजा करने का विशेष विधान होता है। होलिकी पूजन में सबसे पहले आपको रोली, अक्षत, गुड़, नारियल और बताशे अर्पित करें फिर होलिका को जल अर्पित करते हुए परिक्रमा करें और सुख-समृद्धि की कामना करें। इसके बाद अग्नि को प्रच्वलित करें।
होलिका दहन में भगवान विष्णु और भक्त प्रह्रलाद की पूजा करें और अग्नि में जौं और गेहूं की बालियां को अर्पित करना बहुत ही शुभ फलदायी साबित होता है। नई फसल की आहुति देने से जीवन में सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है।
इस बार होली पर भद्रा और चंद्र ग्रहण का साया रहेगा। जिसके चलते होलिका दहन और फिर होली को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है। पंचांग के अनुसार चंद्र ग्रहण 3 मार्च को पड़ रहा है। चंद्र ग्रहण के लगने से पहले ही सूतककाल शुरू हो जाता है। सूतक काल का अच्छा नहीं माना जाता है। 3 मार्च को चंद्रग्रहण शाम को 6 बजकर 47 मिनट पर खत्म होगा। ऐसे में 4 मार्च 2026 को ही रंगों वाली होली खेली जाएगी।
चुनावी साल से पहले दलित-आदिवासी समाज को साधने की कवायद
2 Mar, 2026 04:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
कोलकाता|पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव नजदीक हैं और राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने राज्य की 84 अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) वाली विधानसभा सीटों पर अपनी पकड़ मजबूत करने की तैयारी की है। इसके लिए टीएमसी 60 दिनों का एक विशेष जनसंपर्क अभियान शुरू करने जा रही है। पार्टी ने इस अभियान के साथ ही बीजेपी पर राज्य का फंड रोकने और पिछड़े समुदायों का अपमान करने का भी आरोप लगाया है।
5 मार्च से शुरू होगा 'तपशिलीर संगलाप' अभियान
टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने सोमवार को पार्टी कार्यकर्ताओं को इस अभियान की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 'तपशिलीर संगलाप' नाम का यह अभियान होली के बाद 5 मार्च से शुरू होगा। इस दो महीने के कार्यक्रम के दौरान, टीएमसी के प्रतिनिधियों की टीमें विशेष वाहनों से लक्षित विधानसभा क्षेत्रों के गांवों और बूथों तक पहुंचेंगी।अभिषेक बनर्जी ने कहा कि हर वाहन में तीन से पांच सदस्यों की टीम होगी। यह टीम जमीनी स्तर पर लोगों से बातचीत करेगी और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के बारे में बताएगी। साथ ही, वे बीजेपी द्वारा एससी और एसटी समुदायों पर किए जा रहे अत्याचार का भी खुलासा करेंगे। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा, "इन 84 विधानसभा सीटों की जिम्मेदारी आपके कंधों पर है।"
बीजेपी पर आरक्षण खत्म करने की साजिश का आरोप
अभिषेक बनर्जी ने बीजेपी पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि पार्टी ने बार-बार पिछड़े समुदायों का अपमान किया है। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर के उद्घाटन का जिक्र करते हुए दावा किया कि पवित्र जल ले जाने के बावजूद मतुआ समुदाय के सदस्यों को मंदिर परिसर में प्रवेश करने से रोका गया था।बनर्जी ने यह भी दावा किया कि बीजेपी बी आर अंबेडकर द्वारा बनाए गए संविधान में संशोधन करके एससी और एसटी के लिए आरक्षण खत्म करना चाहती है। उन्होंने कहा कि बीजेपी के केवल 240 सदस्य होने पर भी वे ऐसा करने का इरादा रखते हैं।
केंद्र पर फंड रोकने का लगाया आरोप
टीएमसी नेता ने केंद्र पर पश्चिम बंगाल की 'आर्थिक नाकेबंदी' करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चुनौती दी कि वे साबित करें कि केंद्र सरकार ने पिछले पांच साल में राज्य में ग्रामीण रोजगार कार्यक्रम जैसी योजनाओं के लिए फंड जारी किया है।उन्होंने दावा किया कि केंद्र ने राज्य से लगभग 7 लाख करोड़ रुपये टैक्स के रूप में वसूले, लेकिन बंगाल का बकाया बिहार और गुजरात जैसे अन्य राज्यों को दे दिया गया। उन्होंने कहा, "अगर वे यह साबित कर दें कि मोदी सरकार ने बंगाल के 2 करोड़ 64 लाख जॉब कार्ड धारकों को 100 दिन के काम के लिए दस पैसे भी दिए हैं, तो मैं राजनीति छोड़ दूंगा।"
'रथ यात्रा' पर भी साधा निशाना
अभिषेक बनर्जी ने बंगालियों की खाने-पीने की आदतों पर बीजेपी नेताओं की कथित टिप्पणियों को लेकर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि राज्य के लोग "दिल्ली के जमींदारों" को यह तय नहीं करने देंगे कि वे क्या खाएंगे या कैसे रहेंगे। उन्होंने बीजेपी की 'रथ यात्रा' पर तंज कसते हुए पार्टी नेताओं को 'धोखेबाज' कहा।बनर्जी ने कार्यकर्ताओं से कहा, "जब उनका रथ आपके इलाके से गुजरे, तो बंगाल के आतिथ्य से उनका स्वागत करें। उन्हें मछली और मांस भेंट करें।" उन्होंने बीजेपी के 'बंगाल विरोधी' रुख की याद दिलाने के लिए उन्हें मिठाई खिलाने को भी कहा। उन्होंने यह भी कहा कि इन रथों को संरक्षित किया जाना चाहिए ताकि 'उल्टो रथ' के दौरान इन नेताओं को वापस भेजा जा सके।
कार्यकर्ताओं को दिया 250 से ज्यादा सीटें जीतने का लक्ष्य
अभिषेक बनर्जी ने पार्टी कार्यकर्ताओं से यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि राज्य में बीजेपी की सीटों की संख्या शून्य हो जाए। उन्होंने टीएमसी सरकार के लिए लगातार चौथी बार 250 से अधिक सीटों के साथ जीत हासिल करने का आह्वान किया। बता दें कि पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यीय विधानसभा के लिए चुनाव अप्रैल में होने की संभावना है।
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