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FASTag यूज़र्स के लिए खुशखबरी! एनुअल टोल पास शुरू, ऐसे करें रिचार्ज और अप्लाई
15 Aug, 2025 11:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
आज 15 अगस्त के दिन से देश के अंदर एनुअल टोल पास की स्कीम शुरू होने जा रही है। अब 1 साल तक इस पास की मदद से आपको टोल में बड़ी रकम देने की जरूरत नहीं पड़ेगी। दरअसल, ऐलान के दौरान सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कहा था कि एनुअल फास्टैग के जरिए सिर्फ ₹15 में टोल प्लाजा को पार किया जा सकेगा। बता दें कि एनुअल टोल पास की कीमत ₹3000 रखी गई है। इस पास में 200 ट्रिप तक शामिल रहेंगे।
अगर यात्रा में एक बार टोल प्लाजा पार करता है तो उसे प्रति टोल खर्च सिर्फ ₹15 ही देने होंगे। चलिए जानते हैं कि अब टोल पास को कहां से बनवाया जा सकता है और यह किस तरह से काम करेगा। अगर आप भी इसे बनवाना चाह रहे हैं तो आज हम आपको इसके बारे में पूरी डिटेल दे रहे हैं।
जानिए क्या है फास्टैग एनुअल पास?
चलिए समझते हैं कि आखिर फास्टैग एनुअल पास क्या है। बता दें कि यह एक प्रकार का सालाना टोल पास होगा। यह प्रीपेड टोल स्कीम है, खासतौर पर इसे कार, जीप और वैन जैसे नॉन-कमर्शियल प्राइवेट व्हीकल के लिए तैयार किया गया है। इस पास की घोषणा करते समय नितिन गडकरी द्वारा यह जानकारी दी गई थी कि इस पास का उद्देश्य 60 किलोमीटर के दायरे में स्थित टोल प्लाजा से जुड़ी चिंताओं को दूर करना है। इसका मकसद सिंगल अफॉर्डेबल माध्यम के जरिए टोल का भुगतान करना है। इसके अलावा, टोल प्लाजा पर वेटिंग टाइम को भी कम करना और इन विवादों को खत्म करना है।
कैसे बनबाया जा सकता है?
सालाना टोल पास से प्राइवेट व्हीकल ओनर्स को फास्ट और आसान यात्रा का अनुभव मिलेगा। ऐसे में अगर आप भी यह बनवाना चाहते हैं तो बता दें कि इसके लिए लोगों को नया टैग खरीदने की भी जरूरत नहीं होगी। दरअसल, यह मौजूदा फास्टैग से जुड़ जाएगा, हालांकि कंडीशन यह है कि मौजूदा फास्टैग एक्टिव होना चाहिए और व्हीकल रजिस्ट्रेशन नंबर से जुड़ा होना चाहिए। जानकारी के मुताबिक, यह योजना केवल NHAI और सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के अंतर्गत आने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर ही लागू होगी। इसमें एक बार ₹3000 का रिचार्ज करवाना होगा, उसके बाद बार-बार ऑनलाइन रिचार्ज करने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। बता दें कि यह पास नॉन-ट्रांसफरेबल होगा और इसे सिर्फ रजिस्टर्ड व्हीकल के साथ इस्तेमाल किया जा सकेगा।
पीएम का युवाओं के लिए बड़ा ऐलान: अब मिलेंगे 15,000 रुपये, जानें कैसे
15 Aug, 2025 10:23 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देश के युवाओं के लिए एक ऐतिहासिक योजना की घोषणा की। उन्होंने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के तहत 1 लाख करोड़ रुपये के मेगा पैकेज का ऐलान किया, जिसके अंतर्गत पहली बार नौकरी शुरू करने वाले युवाओं को 15,000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
क्या है योजना कैसे करेगी काम?
प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना का शुभारंभ 15 अगस्त 2025 से प्रभावी हो गया है।
इस योजना के तहत, निजी क्षेत्र में पहली बार नौकरी शुरू करने वाले प्रत्येक युवा को 15,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
इसका उद्देश्य युवाओं में उद्यमिता, कौशल विकास और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है।
इस योजना से लगभग 3.5 करोड़ युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है।
PM मोदी का संदेश
लाल किले से अपने 12वें स्वतंत्रता दिवस संबोधन में PM मोदी ने कहा, "आज 15 अगस्त के दिन, हम देश के युवाओं के लिए 1 लाख करोड़ रुपये की योजना शुरू कर रहे हैं। यह योजना हमारे युवाओं को नौकरी चाहने वालों से नौकरी देने वालों में बदलने का माध्यम बनेगी।" उन्होंने यह भी जोड़ा कि भारत का युवा अब धीरे चलने के बजाय छलांग लगाना चाहता है और यह योजना उनके सपनों को साकार करने में मदद करेगी।
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं
कौशल विकास और स्टार्टअप्स: योजना के तहत AI, रोबोटिक्स, ग्रीन एनर्जी और सेमीकंडक्टर जैसे क्षेत्रों में कौशल विकास को बढ़ावा दिया जाएगा।
निजी क्षेत्र को प्रोत्साहन: कंपनियों को रोजगार सृजन के लिए प्रोत्साहन राशि दी जाएगी, जिससे नौकरी के अवसरों में वृद्धि होगी।
आत्मनिर्भर भारत: PM ने युवाओं से स्वदेशी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म विकसित करने का आह्वान किया और सरकार की ओर से हरसंभव सहायता का वादा किया।
देश के आर्थिक विकास के लिए जरुरी
यह योजना न केवल युवाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगी, बल्कि भारत की आर्थिक विकास की गति को भी तेज करेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में रोजगार के अवसर पैदा करेगी और भारत को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
PM मोदी का केसरिया अंदाज़ और ऑपरेशन सिंदूर का संकेत! जानिए क्या है कनेक्शन
15 Aug, 2025 09:35 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
79th Independence Day: देश आज अपना 79वां दिवस मना रहा है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने ऐतिहासिक लाल किले की प्राचीर पर तिरंगा फहराया। इस बार भी पीएम मोदी खास लुक में नजर आए। उन्होंने इस बार केसरिया रंग का साफा पहना, जो साहस और बलिदान का प्रतीक माना जाता है। इसके साथ उन्होंने सफेद कुर्ता-पायजामा और नारंगी रंग का नेहरू-कट जैकेट पहन अपने लुक को पूरा किया।
केसरिया साफा का ऑपरेशन सिंदूर से कनेक्शन
पीएम मोदी का यह पहनावा न केवल उनकी पारंपरिक शैली को दिखाता है, बल्कि हालिया घटनाओं, विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले और उसके बाद भारत की सफल सैन्य कार्रवाई 'ऑपरेशन सिंदूर' से भी जुड़ा माना जा रहा है। उन्होंने लाल किले की प्राचीर से ऑपरेशन सिंदूर का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि आतंकवाद और आतंकवाद के पनाहगारों को अलग-अलग करके नहीं देखेंगे। भारत अब न्यूक्लियर ब्लैकमेल नहीं सहेगा। उन्होंने कहा कि अगर आगे भी दुश्मनों ने अपनी हरकत जारी रखा, तो सेना अपनी शर्तों पर उसका जवाब देगी। हमने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए न्यू नॉर्मल स्थापित किया है।
एक्स पर देशवासियों को दी स्वतंत्रता दिवस की बधाई
15 अगस्त की सुबह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' के जरिए पीएम मोदी ने देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा, "सभी को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं। यह दिन हमें अपने स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों को साकार करने और एक विकसित भारत के निर्माण के लिए और भी अधिक मेहनत करने के लिए प्रेरित करे। जय हिंद!"
हर साल पीएम मोदी के साफे और लुक की होती है चर्चा
हर वर्ष स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी का साफा चर्चा का विषय रहता है। पिछले साल 2024 में देश के 78वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर उन्होंने केसरी, हरे और पीले रंग की पगड़ी पहनी थी, जबकि उससे पहले 2023 में पीले और लाल रंग का साफा पहना था। पीएम मोदी द्वारा पहने गए साफे के रंग और डिजाइन हमेशा से देश की परंपराओं और भावनाओं को दर्शाते रहे हैं।
स्वतंत्रता दिवस पर पीएम मोदी का गरजता बयान, पाकिस्तान को चेतावनी
15 Aug, 2025 08:31 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भारत को आजाद हुए 79 साल हो गए हैं। 15 अगस्त 1947 को ब्रिटिश शासन से देश को आजादी मिली थी। पीएम मोदी ने लाल किले पर तिरंगा फहरा दिया है। उन्होंने लगातार 12वीं बार तिरंगा फहराया है। वह अब देश को संबोधित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत का संविधान प्रकाश स्तंभ बनकर मार्ग दिखाता रहा है।
ऑपरेशन सिंदूर का किया जिक्र
पीएम मोदी ने लाल की प्राचीर से ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र किया। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर पाकिस्तान को कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि आतंकवाद और आतंकवाद के पनाहगारों को अलग-अलग करके नहीं देखेंगे। भारत अब न्यूक्लियर ब्लैकमेल नहीं सहेगा। उन्होंने कहा कि अगर आगे भी दुश्मनों ने अपनी हरकत जारी रखा, तो सेना अपनी शर्तों पर उसका जवाब देगी। हमने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए न्यू नॉर्मल स्थापित किया।
खून और पानी एक साथ नहीं बहेंगे
पीएम मोदी ने कहा कि अब खून और पानी साथ-साथ नहीं बहेंगे। सिंधु जल समझौता में भारत के साथ अन्याय हुआ। अब भारत अपने किसानों के हितों के साथ समझौता नहीं करेगा।
एक राष्ट्र के लिए आत्मसम्मान की सबसे बड़ी कसौटी आत्मनिर्भरता
उन्होंने कहा कि हमारे देश के किसानों ने देश के अन्न के भंडार भर दिया। एक राष्ट्र के लिए आत्मसम्मान की सबसे बड़ी कसौटी आत्मनिर्भरता है। उन्होंने कहा कि हमें आत्मनिर्भर होना है। पीएम मोदी ने कहा कि आत्मनिर्भर होने के लिए प्रति पल जागरुक रहना होता है। उन्होंने कहा आत्मनिर्भर होने के लिए आयात और निर्यात तक सीमित नहीं है। आत्मनिर्भरता का नाताम हमारे सामर्थ्य से जुड़ी है। जब आत्मनिर्भरता कम होने लगती है तो देश पर संकट आने लगता है।
उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर में आत्मनिर्भरता की झलक दिखाई दी है। हम आत्मनिर्भरत थे, इसलिए मेड इन इंडिया निर्मित हथियारों से दुश्मन को धूल चटा दी। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सेना अपना पराक्रम करती रही है। उन्होंने कहा कि बीते 10 साल से रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ती जा रही है।
टेक्नोलॉजी पर दिया जोर
50-60 साल पहले भारत में सेमीकंडक्टर निर्माण के विचार शुरू हुए थे, फाइलें भी बनीं, लेकिन वे अटक गईं, लटक गईं। सेमीकंडक्टर के विचार की ही भ्रूण हत्या हो गई। इस दौरान कई देश सेमीकंडक्टर में महारत हासिल कर वैश्विक ताकत बन गए। उन्होंने बताया कि अब भारत मिशन मोड में इस दिशा में आगे बढ़ रहा है। छह सेमीकंडक्टर यूनिट्स की नींव रखी जा चुकी है। इस साल के अंत तक 'मेड इन इंडिया' चिप्स यानी भारत में बनी हुई, भारत के लोगों द्वारा बनी हुई चिप्स बाजार में आ जाएंगी।
ऊर्जा में आत्मनिर्भरता का लक्ष्य
पीएम मोदी ने कहा कि भारत को अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए अभी भी कई देशों पर निर्भर रहना पड़ता है, जिसके लिए पेट्रोल, डीजल और गैस पर लाखों-करोड़ों रुपए खर्च होते हैं। उन्होंने कहा कि अगर हम ऊर्जा में आत्मनिर्भर होते, तो ये धन देश के युवाओं और गरीबी दूर करने में लगाया जा सकता था।
उन्होंने बताया कि पिछले 11 वर्षों में सौर ऊर्जा उत्पादन में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है, नए बांधों के जरिए हाइड्रो पावर का विस्तार हो रहा है और मिशन ग्रीन हाइड्रोजन के तहत हजारों करोड़ रुपए का निवेश हो रहा है। इसके साथ ही, 10 नए परमाणु रिएक्टर कार्यरत हैं और 2047 तक परमाणु ऊर्जा क्षमता को 10 गुना से अधिक बढ़ाने का लक्ष्य है। इसके लिए प्राइवेट सेक्टर के लिए भी परमाणु ऊर्जा के द्वार खोल दिए गए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि हमने यह तय किया कि हम 2030 तक हम क्लीन एनर्जी लाएंगे। हम अपने संकल्प को 50 प्रतिशत पूरा कर चुके हैं। बजट का एक बड़ा हिस्सा पेट्रोल, गैस लाने में खर्च होता है। अगर हम ऊर्जा में निर्भर न होते तो वो धन देश के युवाओं, गरीबी दूर करने के लिए काम आता। अब हम आत्मनिर्भर बनने की दिशा में बढ़ रहे हैं। हम अब समुद्र मंथन की ओर जा रहे हैं। हम समुद्र के भीतर तेल और गैस भंडार खोजने की दिशा में काम कर रहे हैं। भारत नया मिशन शुरू करने जा रहा है।
भारत ने नहीं मानी ट्रंप की शर्तें, दबाव की नीति असफल होने के आसार
14 Aug, 2025 06:55 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के मन में आखिर चल क्या रहा है? क्या उन्हें भारत से कोई निजी नाराजगी हो गई है? कभी तो भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना दोस्त कहते थे। हालांकि, अब जिस तरह से वो भारत पर लगातार दबाव बढ़ाने की कोशिश कर रहे, सवाल उठना लाजमी है कि आखिर वो चाहते क्या हैं। इस सबकी शुरुआत उस समय हुई जब ऑपरेशन सिंदूर पर ट्रंप ने क्रेडिट लेने की कोशिश की। भारत ने इसे सिरे नकार दिया। फिर नाराज ट्रंप ने टैरिफ का दांव चला। भारत पर पहले 25 फीसदी और फिर 25 फीसदी का और टैरिफ बढ़ा दिया। इसके साथ ही अमेरिका ने भारत पर रूस से व्यापारिक संबंध खत्म करने का भी दबाव बनाया।
हालांकि, ट्रंप प्रशासन का ये दांव भी नहीं चला तो अब वो फिर भारत पर प्रेशर बढ़ाने के लिए और टैरिफ बढ़ाने का दावा कर रहे। अमेरिका ने अपने ताजा बयान में कहा कि अगर यूक्रेन में युद्धविराम पर डोनाल्ड ट्रंप और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच सहमति नहीं बनती है तो हम भारत पर शुल्क बढ़ा देंगे। बावजूद इसके भारत दबाव में आता नहीं दिख रहा। यही वजह है कि केंद्र सरकार ने चीन से करीबी बढ़ाना शुरू कर दिया है। दोनों ही देशों के अधिकारियों, मंत्रियों के बीच वार्ता का दौर जारी है।
उधर अमेरिका ने भारत पर रूस से व्यापारिक संबंधों को खत्म करने की धमकी दी। लेकिन दिल्ली की सरकार ने इसे खास तवज्जो नहीं दी। रूस के साथ दोस्ती पर भारत लगातार अडिग है। भारत ने दो टूक कहा कि रूस के साथ हमारे संबंध ऐतिहासिक रूप से मजबूत और मैत्रीपूर्ण रहे हैं। ऐसे में रूस से किसी भी डील को तोड़ने से इनकार कर दिया। कुल मिलाकर भारत ने अपने कूटनीतिक दांव के जरिए ट्रंप की हर बाजी को फेल कर दिया है। यही वजह है कि वो फिर भारत पर टैरिफ की धमकी दे रहे।
अमेरिका के टैरिफ बढ़ाने वाले दांव का मतलब है कि भारत से आने वाले सामान पर टैक्स में इजाफा करना। अमेरिका ने अभी 27 अगस्त से टैरिफ यानी टैक्स को 50 फीसदी तक बढ़ाने का फैसला किया है। वहीं वो इसे और बढ़ाने की धमकी दे रहा। ऐसे में भारत ने अलग रणनीति पर काम शुरू कर दिया है। दिल्ली ने दूसरे देशों के साथ व्यापारिक रिश्ते मजबूत करने का फैसला लिया है। इनमें यूरोपीय संघ और लैटिन अमेरिका के कई देशों के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) यानी मुक्त व्यापार समझौते को तेजी से आगे बढ़ा रहा है।
भारत ने हाल ही में ब्रिटेन के साथ अहम समझौता किया। इस व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (CETA) का लक्ष्य 2030 तक दोनों देशों के बीच व्यापार को दोगुना करके 100 अरब डॉलर तक पहुंचाना है। ये डील एक अप्रैल 2026 तक लागू होने की उम्मीद है। भारत यूरोपीय संघ के साथ भी इसी तरह के टैरिफ पर बातचीत कर रहा। चार देशों वाले EFT समूह यानी आइसलैंड, लिकटेंस्टीन, नॉर्वे और स्विट्जरलैंड के साथ भी भारत वार्ता कर रहा। यहां फ्री ट्रेड एग्रीमेंट 1 अक्टूबर, 2025 से लागू होगा।
इन देशों के साथ 15 सालों में 100 अरब डॉलर के निवेश की बात हुई है। इससे मशीनरी, डेयरी उत्पाद, दूध से बने सामान, घड़ियां और चॉकलेट जैसे क्षेत्रों को फायदा होगा। इसके अलावा, चिली और पेरू के साथ बातचीत में भी तेजी आई है। भारत ये कवायद इसलिए कर रहा, जिससे अमेरिका की ओर से टैरिफ में और बढ़ोतरी के असर को कम किया जा सके। अगर हमें नए बाजार मिलेंगे तो अमेरिका पर निर्भरता कम होगी। वहीं ट्रंप के टैरिफ दांव का झटका अमेरिकी लोगों को झेलना पड़ेगा।
आवारा कुत्तों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में तीखी बहस, फैसला सुरक्षित
14 Aug, 2025 06:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में आवारा कुत्तों को पकड़ कर आश्रय गृहों में भेजने संबंधी शीर्ष अदालत के 11 अगस्त के आदेश पर रोक की मांग वाली याचिकाओं पर गुरुवार को यहां फिर जमकर बहस हुई और संबंधित पक्षों की दलीलें सुनने के बाद तीन सदस्यीय पीठ ने अपना फैसला सुरक्षित रखा लिया। मुख्य न्यायाधीश बी आर गवई ने दो सदस्य पीठ के 11 अगस्त के आदेश के मद्देनजर स्वत: संज्ञान इस मामले में बुधवार को न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की अध्यक्षता वाली तीन न्यायाधीशों की एक नयी पीठ गठित की थी।
न्यायमूर्ति नाथ, न्यायमूर्ति संदीप मेहता और न्यायमूर्ति एन वी अंजारिया की पीठ ने आज सुनवाई की और दो सदस्यीय पीठ के आदेश की वैधता पर सवाल उठाने वाले सभी हस्तक्षेपकर्ताओं से हलफनामा दाखिल करने को कहा। तीन सदस्यीय पीठ ने टिप्पणी करते हुए कहा कि एक तरफ मानवीय पीड़ा है और दूसरी तरफ पशु प्रेमी हैं। इस पीठ ने गुरुवार 14 अगस्त को सुनवाई के दौरान दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) की ओर से पेश हुए वकील से कहा कि यह सब उनकी (नगर निगम) की निष्क्रियता के कारण हो रहा है।
राजधानी में बारिश का कहर: 10 से ज्यादा पेड़ गिरे, 8 गाड़ियां मलबे में दबीं
14 Aug, 2025 05:06 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
राजधानी शिमला में भारी बारिश से जगह-जगह भूस्खलन व पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। इससे व्यापक नुकसान हुआ है। भारी बारिश से रात को खलीनी में मिस्ट चैंबर के पास सडक़ पर पेड़ गिर गया, जिससे वाहनों की आवाजाही ठप रही। शहर में जगह-जगह भारी बारिश से मलबा सडक़ों पर आ गया। नाले भी उफान पर हैं, वहीं झंझीड़ी में हरि नंद कॉलोनी में सुखराम शर्मा के घर पर देवदार का सूखा पेड़ गिर गया। 1 वर्ष पहले पेड़ काटने के लिए आवेदन किया था, लेकिन आज तक मंजूरी नहीं मिली। इससे पेड़ गिर गया। यहां दो से तीन सूख पेड़ और गिरने की कगार पर है। लोगों ने इन पेड़ों को हटाने की मांग उठाई है। चाबा पेयजल योजना में बड़ी मात्रा में गाद आ गई है। शहर के अपर ढली में भी भूस्खलन हुआ है। इसके साथ ही कनलोग में भी खलीनी-टुटीकंडी बाइपास पर भूस्खलन हुआ है। मुख्यमंत्री आवास ओकओवर के पास भी देवदार का पेड़ गिरा है। मज्याठ में भी भूस्खलन हुआ है। पेट्रोल पंप विकासनगर में भूस्खलन से रास्ता बंद हो गया। यहां पेड़ भी गिरा है। आईजीएमसी के पास सर्कुलर रोड पर नाले का पानी और मलबा भर गया है। इससे कुछ गाडिय़ां भी यहां मलबे में दब गई हैं। सडक़ पर आवाजाही ठप हो गई है। उपमंडल जुब्बल में लगातार जारी बारिश व भूस्खलन को देखते हुए उपमंडल जुब्बल के सभी शैक्षणिक संस्थान आज बंद रखने का फैसला लिया गया है। शहर के ढली में भूस्खलन से सडक़ किनारे खड़ी गाडिय़ां चपेट में आ गईं। एक गाड़ी मलबे के साथ पहाड़ी से नीचे चली गईं। रामपुर के गानवी में कई भवनों को नुकसान पहुंचा है। रोड़ टूट गए हैं। वही पेयजल लाइन के साथ क्षेत्र में बिजली भी गुल है। यहां पर सभी विभागों के कर्मचारियों ने हालातों को सुधारने का काम शुरू कर दिया है।
मणिमहेश यात्रा में दुखद घटना, गूईंनाला में श्रद्धालु की पत्थर लगने से मौत
14 Aug, 2025 03:40 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मणिमहेश यात्रा पर निकले एक श्रृद्धालु की पत्थर लगने से मौत हो गई है। हादसा गूईंनाला नाला के पास हुआ है। मृतक की पहचान दविंद्र सिंह पुत्र गोपी चंद निवासी मतोता जिला डोडा जम्मू कश्मीर के तौर पर हुई है। बताया जा रहा है कि दविंद्र सिंह डल झील की ओर जा रहा था कि साढ़े ग्यारह बजे के आसपास गूईंनाला नामक स्थान पर पहाड़ी से पत्थर गिरने के कारण गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी मौके पर मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाने हेतू सिविल अस्पताल लाया जा रहा है। उधर, डीसी चंबा ने चंबा में हो रही बारिश के कारण श्री मणिमहेश यात्रा के श्रद्धालुओं तथा आमजन से चंबा-भरमौर मार्ग पर गुरुवार को यात्रा न करने की अपील की है।
उपायुक्त मुकेश रेप्सवाल ने बताया कि बारिश के कारण चंबा-भरमौर मार्ग के विभिन्न स्थानों पर भूस्खलन एवं पत्थर गिरने की संभावनाओं के चलते श्रद्धालु तथा आमजन सुरक्षा के लिहाज से आज चंबा मुख्यालय से आगे यात्रा न करें। किसी भी आपात स्थिति में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के टोल फ्री नंबर 9816698166 तथा 1077 पर संपर्क करें।
किश्तवाड़ आपदा: बादल फटने से मचा कहर, दर्जनों की मौत, कई अब भी लापता
14 Aug, 2025 02:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
किश्तवाड़। जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के पड्डर सब डिवीजन में बादल फटने की घटना पेश आई है। यहां चिशोती गांव में मचैल माता मंदिर के पास बादल फटा है। बादल फटने से इलाके में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। बादल फटने की इस घटना में भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है, क्योंकि जिस जगह यह बादल फटा है वह तीर्थयात्रा मार्ग है और अभी यात्रा चालू है। बादल फटने की घटना के बाद से अब तक 33 लोगों के शव बरामद कर लिए गए हैं, मृतकों में CISF के दो जवान भी शामिल हैं। वहीं, 120 लोग इस हादसे में घायल हुए हैं। 50 लोगों को रेस्क्यू कर लिया गया है।
ये सभी लोग धार्मिक यात्रा के लिए मौके पर जुटे हुए थे, मौके पर टेंट लगे हुए थे और श्रद्धालुओं के रुकने की व्यवस्था की गई थी, तभी अचानक बादल फटने की घटना पेश आई। बताया जा रहा है कि जिस इलाके में यह आपदा आई है, वहां रेस्क्यू ऑपरेशन चलाना कठिन है। इस गांव में आबादी संख्या काफी अधिक है और बादल फटने की घटना के बाद आधे से ज्यादा गांव बह गया है। रास्ते तबाह हो गए हैं, जिससे रेस्क्यू टीमों को मौके पर पहुंचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। हजारों की संख्या में यात्रियों के फंसे होने की आशंका है।
इस बीच केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट में लिखा, “जम्मू-कश्मीर में विपक्ष के नेता और स्थानीय विधायक सुनील कुमार शर्मा से एक अति आवश्यक संदेश मिलने के बाद अभी-अभी उपायुक्त किश्तवाड़ पंकज कुमार शर्मा से बात की।’’ उन्होंने लिखा, “चोसिती क्षेत्र में बड़े पैमाने पर बादल फटने से भारी जनहानि होने का अनुमान है। प्रशासन तुरंत कार्रवाई में जुट गया है और बचाव दल घटनास्थल के लिए रवाना हो चुके हैं।’’ उन्होंने पोस्ट किया, “नुकसान का आकलन और आवश्यक बचाव एवं चिकित्सा प्रबंधन की व्यवस्था की जा रही है। मेरे कार्यालय को नियमित अपडेट प्राप्त हो रही है और पीड़ितो को हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी।’’
इस बीच जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “किश्तवाड़ के चोसिती में बादल फटने की घटना से दुखी हूं। शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।’’ सिन्हा ने कहा कि सामान्य, पुलिस, सेना, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल और राज्य आपदा मोचन बल अधिकारियों को राहत-बचाव अभियान में तेजी लाने एवं प्रभावितों को हरसंभव सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया गया है।
इस बीच केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किश्तवाड में बादल फटने की घटना पर एक्स पर लिखा, “किश्तवाड़ जिले में बादल फटने के बारे में जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल और मुख्यमंत्री से बात की। स्थानीय प्रशासन राहत और बचाव कार्य कर रहा है। एनडीआरएफ की टीमें तुरंत घटनास्थल पर भेजी गई हैं। हम स्थिति पर नज़दीकी से नज़र रख रहे हैं और हर स्थिति में जम्मू-कश्मीर के लोगों के साथ दृढ़ता से खड़े हैं। जरूरतमंद लोगों को हर संभव सहायता प्रदान किया जाएगा।‘’
दीपशिखा को मिला लाल किले पर स्वतंत्रता दिवस समारोह में खास अतिथि का सम्मान
14 Aug, 2025 09:43 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गया: कल पूरे देश में 79वां स्वतंत्रता दिवस बड़े हर्ष और उल्लास के साथ मनाया जाएगा. इसी बीच बिहार के गयाजी की दीपशिखा को स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है. इस आमंत्रण के बाद दीपशिखा के गांव लक्खीबाग मानपुर कॉलोनी में खुशी का माहौल है.
100 लोगों का हुआ चयन: पीएम युवा लेखक योजना के तहत चयनित 100 लोगों को राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है. जिसमें से एक गया जी की रहने वाली दीपशिखा हैं.
PM युवा लेखक योजना के तहत बुलावा: बता दें कि दीपशिखा की पुस्तक 'भारतीय लोकतंत्र में आधी आबादी' को प्रधानमंत्री युवा लेखक मार्गदर्शन योजना के तहत चयनित किया गया था. उनकी ये पुस्तक महिलाओं पर केन्द्रित है. इसी साल फरवरी में दिल्ली में आयोजित वर्ल्ड बुक फेयर में दीपशिखा की चयनित पुस्तक का विमोचन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा किया गया था.
आमंत्रित मिलने पर परिजनों में खुशी: दीपशिखा के पिता एक निजी संस्था में कार्यरत हैं. अपनी बेटी की उपलब्धि पर माता-पिता ने खुशी व्यक्त की है और इसे गौरव का पल बताया है. मां वंदना शर्मा दया प्रकाश सरस्वती विद्या मंदिर गयाजी में शिक्षिका हैं.
''हमारे जीवन का यह महत्वपूर्ण और गौरव वाला क्षण है, क्योंकि हमारी बेटी को राष्ट्रपति भवन में स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है''. -वंदना शर्मा, दीपशिखा की मां
पत्रकारिता में दीपशिखा ने की है पढ़ाई: दीपशिखा को प्रधानमंत्री युवा लेखक मार्गदर्शन योजना के तहत 3 लाख की राष्ट्रीय छात्रवृत्ति भी प्रदान की गई थी. दीपशिखा की प्रारंभिक शिक्षा गया शहर में हुई थी. इसके बाद दिल्ली विश्वविद्यालय के रामलाल आनंद कॉलेज दिल्ली से उन्होंने पत्रकारिता और जनसंचार से पढ़ाई की. इसके बाद उन्होंने आकाशवाणी और दूरदर्शन के साथ बतौर स्वतंत्र कलाकार के तौर पर काम किया.
''भारतीय लोकतंत्र में आधी आबादी पुस्तक लिखी थी. इस पुस्तक में काफी कुछ बातें थी, जो अहम थी. महिलाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर हमेशा से रुचि रही है. मुझे अब राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में बुलावा आया है, जो सिर्फ मेरे लिए ही नहीं, बल्कि पूरे गयाजी और बिहार के लिए सम्मान और गौरव का विषय है. -दीपशिखा
पीएम मोदी का ऐतिहासिक संबोधन आज, लाल किले पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की होगी खास झलक
14 Aug, 2025 08:40 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: भारत 15 अगस्त 2025 को अपना 79वां स्वतंत्रता दिवस मनाएगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस दिन दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले से जश्न-ए-आजादी का नेतृत्व करेंगे. इस साल का आयोजन 'नया भारत' थीम पर आधारित होगा, जो राष्ट्र की प्रगति आत्मनिर्भरता और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को दर्शाएगा.
रक्षा मंत्रालय के एक बयान में कहा गया है कि प्रधानमंत्री राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और प्रतिष्ठित स्मारक की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करेंगे. स्वतंत्रता दिवस का यह समारोह एक समृद्ध, सुरक्षित और साहसिक नए भारत के निरंतर उत्थान का स्मरण करने के लिए एक मंच के रूप में कार्य करेगा और प्रगति के पथ पर आगे बढ़ने के लिए एक नई ऊर्जा का संचार करेगा.
पीएम मोदी का स्वागत करेंगे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह
15 अगस्त को लाल किले पर पीएम मोदी का स्वागत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ और रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह करेंगे. रक्षा सचिव, दिल्ली क्षेत्र के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी), लेफ्टिनेंट जनरल भवनीश कुमार का प्रधानमंत्री से परिचय कराएंगे. इसके बाद, दिल्ली क्षेत्र के जीओसी, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सलामी मंच तक ले जाएंगे, जहां अंतर-सेवा और दिल्ली पुलिस गार्ड की संयुक्त टुकड़ी प्रधानमंत्री को सलामी देगी. इसके बाद, प्रधानमंत्री सलामी गारद का निरीक्षण करेंगे.
गार्ड ऑफ ऑनर
प्रधानमंत्री के लिए सलामी गारद दल में 96 कर्मी (एक अधिकारी और थलसेना, नौसेना, वायुसेना और दिल्ली पुलिस प्रत्येक से 24 कर्मी) शामिल होंगे. इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए भारतीय वायुसेना समन्वय सेवा है. सलामी गारद (गार्ड ऑफ ऑनर) की कमान विंग कमांडर एएस सेखों संभालेंगे. प्रधानमंत्री की सलामी गारद में सेना की टुकड़ी की कमान मेजर अर्जुन सिंह, नौसेना की टुकड़ी की कमान लेफ्टिनेंट कमांडर कोमलदीप सिंह और वायु सेना की टुकड़ी की कमान स्क्वाड्रन लीडर राजन अरोड़ा संभालेंगे. दिल्ली पुलिस की टुकड़ी की कमान एडिशनल डीसीपी रोहित राजबीर सिंह संभालेंगे.
सलामी गारद (गार्ड ऑफ ऑनर) का निरीक्षण करने के बाद, प्रधानमंत्री लाल किले की प्राचीर की ओर बढ़ेंगे, जहां रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ, प्रमुख रक्षा अध्यक्ष जनरल अनिल चौहान, थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी, नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी और वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह उनका स्वागत करेंगे. दिल्ली क्षेत्र के जीओसी, प्रधानमंत्री को राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए प्राचीर पर स्थित मंच तक ले जाएंगे.
फ्लाइंग ऑफिसर रशिका शर्मा ध्वज फहराने में पीएम की मदद करेंगी
फ्लाइंग ऑफिसर रशिका शर्मा राष्ट्रीय ध्वज फहराने में प्रधानमंत्री की सहायता करेंगी. इसके साथ ही 1721 फील्ड बैटरी (सेरेमोनियल) द्वारा स्वदेशी 105 मिमी लाइट फील्ड गन से 21 तोपों की सलामी दी जाएगी, जिसका नेतृत्व मेजर पवन सिंह शेखावत करेंगे. वहीं, गन पोजिशन ऑफिसर नायब सूबेदार (तोपखाने में सहायक प्रशिक्षक) अनुतोष सरकार होंगे. राष्ट्रीय ध्वज रक्षक दल, जिसमें थलसेना, नौसेना, वायुसेना और दिल्ली पुलिस के एक-एक अधिकारी और 32 अन्य रैंक के कर्मी शामिल होंगे. कुल 128 कर्मी, प्रधानमंत्री द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराए जाने के समय राष्ट्रीय सलामी देंगे. विंग कमांडर तरुण डागर इस अंतर-सेवा गार्ड और पुलिस गार्ड की कमान संभालेंगे.
पहली बार, 11 अग्निवीर वायु संगीतकार उस बैंड का हिस्सा होंगे जो राष्ट्रगान बजाएगा
राष्ट्रीय ध्वज रक्षक दल में थलसेना की टुकड़ी की कमान मेजर प्रकाश सिंह, नौसेना की टुकड़ी की कमान लेफ्टिनेंट कमांडर मोहम्मद परवेज और वायुसेना की टुकड़ी की कमान स्क्वाड्रन लीडर वी.वी. शरवन संभालेंगे. दिल्ली पुलिस की टुकड़ी की कमान अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त अभिमन्यु पोसवाल संभालेंगे. तिरंगे को फहराए जाने के बाद, उसे 'राष्ट्रीय सलामी' दी जाएगी. वायुसेना का बैंड, जिसमें एक जेसीओ और 25 अन्य रैंक के कर्मी शामिल होंगे, जो राष्ट्रीय ध्वज फहराने और 'राष्ट्रीय सलामी' देने के दौरान राष्ट्रगान बजाएगा. जूनियर वारंट ऑफिसर एम. डेका बैंड का संचालन करेंगे. पहली बार, 11 अग्निवीर वायु संगीतकार उस बैंड का हिस्सा होंगे जो राष्ट्रगान बजाएगा.
निमंत्रण पत्रों पर ऑपरेशन सिंदूर का लोगो
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराते ही, वायुसेना के दो Mi-17 हेलिकॉप्टर फूलों की वर्षा करेंगे. एक राष्ट्रीय ध्वज और दूसरा ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का झंडा प्रदर्शित करेगा. वहीं ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता इस वर्ष के समारोह की विशेष झलक होगी. इन हेलीकॉप्टरों के कैप्टन विंग कमांडर विनय पूनिया और विंग कमांडर आदित्य जायसवाल होंगे. इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का जश्न मनाया जाएगा. ज्ञानपथ पर व्यू कटर पर ऑपरेशन सिंदूर का लोगो होगा. इस ऑपरेशन पर आधारित फूलों की सजावट भी की जाएगी. निमंत्रण पत्रों पर ऑपरेशन सिंदूर का लोगो भी अंकित होगा.
निमंत्रण पत्रों पर चिनाब पुल का वॉटरमार्क भी अंकित
निमंत्रण पत्रों पर चिनाब पुल का वॉटरमार्क भी अंकित होगा, जो 'नया भारत' के उदय को दर्शाता है. फूलों की वर्षा के बाद, प्रधानमंत्री मोदी लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करेंगे. उनके भाषण के समापन पर, राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के कैडेट और 'मेरा भारत' के स्वयंसेवक राष्ट्रगान गाएंगे. इस समारोह में कुल 2,500 बालक एवं बालिका कैडेट (थल सेना, नौसेना और वायु सेना) और 'मेरा भारत' स्वयंसेवक भाग लेंगे. ये कैडेट और 'मेरा भारत' स्वयंसेवक प्राचीर के सामने, ज्ञानपथ पर बैठेंगे. वे 'नया भारत' का प्रतीक चिन्ह बनाएंगे.
ऑपरेशन सिंदूर की जीत का जश्न
इस साल लाल किले पर होने वाले स्वतंत्रता दिवस समारोह में शामिल होने के लिए विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 5,000 विशिष्ट अतिथियों को आमंत्रित किया गया है. विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से पारंपरिक वेशभूषा में 1,500 से अधिक लोगों को भी इस भव्य समारोह में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया है. नागरिकों में देशभक्ति की भावना को बढ़ावा देने और ऑपरेशन सिंदूर की जीत का जश्न मनाने के लिए, स्वतंत्रता दिवस समारोह की शाम को पहली बार पूरे भारत में कई बैंड प्रस्तुतियां दी जाएंगी.ये प्रस्तुतियां सेना, नौसेना, वायु सेना, भारतीय तटरक्षक बल, एनसीसी, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, सीआईएसएफ, एसएसबी, बीएसएफ, आईडीएस, आरपीएफ और असम राइफल्स के बैंड द्वारा देश भर में 140 से अधिक प्रमुख स्थानों पर दी जाएंगी.
भीषण सड़क दुर्घटना में 11 लोगों की जान गई, 14 घायल – इलाके में शोक का माहौल
13 Aug, 2025 10:36 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
दौसा| बुधवार एक दर्दनाक सडक़ हादसे में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि 14 लोग घायल हो गए हैं, जिनका उपचार अस्पताल में चल रहा है। राजस्थान के दौसा जिले के सैंथल थाना क्षेत्र में पिकअप के ट्रेलर से टकराने पर बुधवार तडक़े सात बच्चों सहित 11 लोगों की मौत गई जबकि 14 अन्य घायल हो गए।
दौसा कलक्टर देवेंद्र कुमार के अनुसार क्षेत्र में दौसा-मनोहरपुर हाईवे पर बुधवार तडक़े एक पिकअप गाड़ी सडक़ के किनारे खड़े ट्रेलर से टकरा गई। उन्होंने बताया कि हादसे में दस लोगों की मौके पर मृत्यु हो गई और कई घायल हो गए। उन्होंने बताया कि नौ घायलों को जयपुर के एसएमएस अस्पताल भेजा गया है और तीन घायलों को दौसा अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
उन्होंने बताया कि उत्तरप्रदेश में फिरोजाबाद के रहने वाले ये लोग राजस्थान से अपने घर लौट रहे थे। उधर इस हादसे में गंभीर रुप से घायल एक महिला ने एसएमएस अस्पताल में दम तोड़ दिया। सैंथल थानाधिकारी सुरेंद्र सिंह ने बताया कि 25 लोग हादसे की चपेट में आये थे उनमें 11 लोगों की मृत्यु हो गई। बताया जा रहा है कि ये लोग राजस्थान में सालासर बालाजी एवं खाटूश्याम मंदिर के दर्शन कर लौट रहे थे कि यह हादसा हो गया। हादसे पर राज्यपाल हरिभाऊ किसनराव बागडे, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत एवं वसुंधरा राजे, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा सहित कई नेताओं ने गहरा दुख जताया है। श्री बागडे ने शोक व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिजनों को यह दु:ख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की। उन्होंने हादसे में घायलों के जल्द स्वस्थ होने की भी कामना की। श्री शर्मा ने हादसे पर गहरा दुख प्रकट करते हुए कहा कि इसमें जनहानि का समाचार अत्यंत दु:खद है। जिला प्रशासन को घायलों का त्वरित एवं समुचित उपचार सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया है।
उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं को अपने श्री चरणों में स्थान देने एवं घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करने की प्रार्थना की। श्री बिरला ने हादसे पर शोक जताते हुए कहा कि दौसा में हुए भीषण सडक़ हादसे में कई लोगों की मृत्यु और घायल होना अत्यंत दुखद है। उन्होंने कहा कि इस दुर्घटना में बच्चों और महिलाओं की मृत्यु का समाचार जानकार मन व्यथित है। उन्होंने शोकाकुल परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान की प्रार्थना की। इसी तरह श्री देवनानी, श्री गहलोत, श्रीमती राजे, श्री डोटासरा, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं भाजपा हरियाणा प्रभारी डा सतीश पूनियां, पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट सहित कई नेताओं ने हादसे पर गहरा दुख प्रकट करते हुए दिवंगत आत्माओं को शांति एवं घायल को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की ईश्वर से प्रार्थना की।
KBC 17 में सोफिया कुरैशी और व्योमिंका सिंह की एंट्री से मचा बवाल, यूजर्स ने सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
13 Aug, 2025 06:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Kaun Banega Crorepati: कौन बनेगा करोड़पति के 17वें सीजन (KBC 17) के स्वतंत्रता दिवस एपिसोड में देश की तीन महिला सैन्य अधिकारी (कर्नल सोफिया कुरैशी, विंग कमांडर व्योमिका सिंह और कमांडर प्रेरणा देवस्थली) हॉट सीट पर नजर आएंगी। इस एपिसोड का टीजर रिलीज हो चुका है, जिसमें अमिताभ बच्चन तीनों महिला सैन्य अधिकारियों का स्वागत करते हुए नजर आ रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर के बाद केबीसी 17 के मंच पर कर्नल सौफिया कुरैशी और व्योमिका सिंह को देखने पर विवाद खड़ा हो गया है।
ऑपरेशन सिंदूर की होगी बात
बता दें कि इस एपिसोड में 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत द्वारा ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान के आतंकवादी शिविरों और पीओके पर की गई कार्रवाई के महत्वपूर्ण क्षणों को याद करेंगे।
टीजर हुआ लांच
टीज़र में कर्नल सोफिया कुरैशी कहती हुई नजर आ रही है- पाकिस्तान ये करता चला आ रहा है। तो जवाब देना बनता था सर। इसीलिए ऑपरेशन सिंदूर की योजना बनाई गई।
विवाद हुआ खड़ा
अमिताभ बच्चन के शो कौन बनेगा करोड़पति में कर्नल सौफिया कुरैशी और व्योमिका सिंह के मंच पर दिखने पर विवाद खड़ा हो गया है। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने इसे पीआर स्टंट और राजनीतिक लाभ का प्रयास बताया है। वहीं इस पर कांग्रेस ने भी पीएम मोदी पर निशाना साधा है।
केरल कांग्रेस ने किया पोस्ट
केरल कांग्रेस ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा- सशस्त्र बलों के तीन अधिकारी पूरी वर्दी में एक निजी मनोरंजन शो, कौन बनेगा करोड़पति, में एक बॉलीवुड अभिनेता को सैन्य अभियान की योजना समझाते हुए दिखाई देंगे। किसी भी गंभीर राष्ट्र में, जहां पेशेवर सेना हो, यह अकल्पनीय होगा। लेकिन यह नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नए भारत का तमाशा है। यह एक बेहद शर्मनाक बात है।
प्रियंका चतुर्वेदी ने शो पर की टिप्पणी
शिवसेना (यूबीटी) की नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने भी शो पर टिप्पणी की। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा- हमारी वीर वर्दीधारी महिलाएं, जो ऑपरेशन सिंदूर का चेहरा बनीं, को एक निजी मनोरंजन चैनल ने अपने शो में आमंत्रित किया है। इस निजी मनोरंजन चैनल की मूल कंपनी सोनी पिक्चर्स नेटवर्क्स इंडिया (SPNI) ने 2031 तक एशिया कप के प्रसारण अधिकार भी हासिल कर लिए हैं। जी हाँ, वही चैनल जो भारत बनाम पाकिस्तान क्रिकेट मैचों के ज़रिए कमाई करना चाहता है। अब इन दोनों को जोड़िए।
सोशल मीडिया पर भड़के यूजर्स
एक्स पर एक यूजर ने वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा- राजनीति अपने आखिरी पड़ाव पर पहुच चुकी हैं। ऑपरेशन सिंदूर में मुख्य भूमिका निभाने वाली देश की बेटियाँ कर्नल सोफिया कुरैशी और व्योमिका सिंह कौन बनेगा करोड़पति पर इस हफ्ते दिखाईं देंगी। अब आप लोग समझ सकते हैं ज्यादा कुछ लिख दूँगा तो एक विशेष पार्टी के अंध भक्त लोगों को मिर्ची लग जायगी।
एक अन्य यूजर ने एक्स पर लिखा- "यह अविश्वसनीय है। ऑपरेशन सिंदूर के हीरो राष्ट्रीय टीवी शो केबीसी में सिर्फ़ इसलिए दिखाई दे रहे हैं क्योंकि एक 'राष्ट्रवादी' पार्टी कुछ वोट बटोरना चाहती है?"
एक्स पर यूजर ने लिखा- क्या आपने कभी किसी गंभीर देश में सैन्य अभियान के बाद ऐसा कुछ देखा है? सेवा में किसी व्यक्ति को इसकी अनुमति कैसे दी जा सकती है? वर्तमान शासन बेशर्मी से हमारी सेनाओं का उपयोग अपनी तुच्छ राजनीति और अति-राष्ट्रवाद के लिए कर रहा है।
एक यूजर ने लिखा- हमारी सेना पवित्र थी, राजनीति से ऊपर और पीआर से परे। आज मोदी सरकार छवि निर्माण के लिए केबीसी जैसे शो में सेवारत सैनिकों की परेड कराती है। यहाँ तक कि हमारी सेना को भी मोदी के पीआर का राजनीतिक हथियार बना दिया गया है। हमारी सेनाएँ देश की रक्षा के लिए हैं, किसी राजनेता के ब्रांड के लिए नहीं।
आवारा कुत्तों के मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट का हस्तक्षेप, CJI ने जताई गंभीरता
13 Aug, 2025 03:24 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर के लावारिस कुत्तों को आठ सप्ताह के भीतर शेल्टर में भेजने के आदेश पर अब सुप्रीम कोर्ट में दोबारा विचार होने की संभावना है। चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) बीआर गवई ने बुधवार को इस मामले को खुद देखने की बात कही।
दरअसल, 11 अगस्त को जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस आर महादेवन की बेंच ने एमसीडी, एनडीएमसी, दिल्ली सरकार और एनसीआर के शहर गुरुग्राम, गाजियाबाद और नोएडा की नगरपालिकाओं को निर्देश दिया था कि सभी लावारिस कुत्तों को पकड़कर डॉग शेल्टर में शिफ्ट किया जाए। अदालत ने कहा था कि सभी क्षेत्रों को आवारा कुत्तों से मुक्त किया जाए और जो भी इस अभियान में बाधा डालेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इस आदेश के बाद पशु प्रेमियों, पशु अधिकार कार्यकर्ताओं और कई राजनीतिक नेताओं ने विरोध जताया। उनका कहना है कि यह आदेश व्यावहारिक नहीं है और इससे जानवरों के साथ क्रूरता बढ़ सकती है। प्रदर्शनकारियों ने सुप्रीम कोर्ट से इस पर पुनर्विचार की मांग की है।
दरसल बुधवार को एक वकील ने सीजेआई के सामने यह मामला उठाते हुए कहा कि यह सामुदायिक कुत्तों से जुड़ा मुद्दा है और कोर्ट का पुराना आदेश है कि कुत्तों को भेदभावपूर्ण तरीके से मारा नहीं जा सकता। इसमें सभी जीवों के प्रति दया की भावना रखने की बात कही गई थी। इस पर सीजेआई बीआर गवई ने कहा, दूसरे बेंच ने आदेश दिया है, लेकिन मैं इसे देखूंगा। अब उम्मीद है कि लावारिस कुत्तों को लेकर जारी विवाद पर सुप्रीम कोर्ट में फिर से सुनवाई होगी, जिससे दिल्ली-एनसीआर के हजारों कुत्तों के भविष्य पर बड़ा असर पड़ सकता है।
दक्षिण मुंबई का सफर होगा और आसान, अगले महीने से मिलेगी राहत
13 Aug, 2025 11:08 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मुंबई। मुंबई उपनगरों से रोजाना काम के सिलसिले में दक्षिण मुंबई आने वाले नागरिकों का सफर अगले महीने से आसान हो जाएगा। दरअसल मुंबई मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (एमएमआरसीएल) ने मेट्रो-3 कॉरिडोर के अंतिम चरण के काम का परिक्षण अगस्त में करने का फैसला किया है। अगस्त में मेट्रो परीक्षण के लिए सभी मंजूरी मिलने के बाद, एमएमआरसीएल अगले महीने पूरे मेट्रो रूट पर सेवाएं शुरू करने की योजना पर काम करना शुरू कर देगा। इसके लिए, अगले कुछ दिनों में साइंस म्यूजियम से कफ परेड मेट्रो रूट के अंतिम परीक्षणों के लिए मेट्रो रेल सुरक्षा बोर्ड को आमंत्रित किया जाएगा। एमएमआरसीएल के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, मेट्रो के अंतिम चरण में रोलिंग स्टॉक का परीक्षण पूरा हो चुका है। वर्तमान में अग्नि सुरक्षा परीक्षण चल रहे हैं और कई स्टेशनों पर अग्नि सुरक्षा निरीक्षण पूरा हो चुका है। अब केवल मुंबई महानगरपालिका के अधिकारियों को कुछ स्थानों का निरीक्षण करने की आवश्यकता है। बताया गया है कि अगले कुछ दिनों में अग्नि सुरक्षा निरीक्षण पूरा हो जाएगा। इस बीच, सिस्टम परीक्षण का काम भी पूरा हो जाएगा। अगस्त के अंत तक सीएमआरएस निरीक्षण किया जाएगा। सीएमआरएस प्रमाण पत्र मिलते ही यात्री सितंबर में मेट्रो से यात्रा कर सकेंगे। सितंबर से मेट्रो सेवाएँ शुरू करने के लिए एमएमआरसीएल ने 27 जुलाई से पूरे रूट पर 25 हज़ार वोल्ट बिजली की आपूर्ति शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि आरे और कोलाबा के बीच मेट्रो 3 कॉरिडोर का निर्माण किया जाएगा। मेट्रो के पहले चरण के तहत, आरे और बीकेसी के बीच 12.69 किलोमीटर लंबे रूट पर 7 अक्टूबर 2024 को मेट्रो सेवा शुरू की गई थी। फरवरी 2025 में, बीकेसी से आचार्य अत्रे चौक तक 9.77 किलोमीटर लंबे रूट पर मेट्रो सेवा शुरू की गई थी। वर्तमान में, आचार्य अत्रे चौक से कफ परेड मेट्रो स्टेशन तक 10.99 किलोमीटर लंबे रूट पर काम चल रहा है।
- मेट्रो 3 पर होंगे ये स्टेशन
कफ परेड, विधान भवन, चर्चगेट मेट्रो, हुतात्मा चौक, सीएसएमटी मेट्रो, कालबादेवी, गिरगांव, ग्रांट रोड, मुंबई सेंट्रल, महालक्ष्मी, नेहरू विज्ञान केंद्र, आचार्य अत्रे चौक, वर्ली, सिद्धिविनायक, दादर, शीतला देवी मंदिर, धारावी, बीकेसी, विद्यानगरी, सांताक्रूज, हवाई अड्डा, अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा, मरोल नाका, एमआईडीसी, सीप्ज तथा आरे होंगे। आरे को छोड़कर ये सभी स्टेशन भूमिगत होंगे।
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