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India–US Relations पर संकट के बादल: 500% टैरिफ वाला बिल लाएगा तनाव?
8 Jan, 2026 09:25 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
India US Relations : के लिए आने वाला सप्ताह बेहद अहम माना जा रहा है। अमेरिका की संसद में अगले सप्ताह एक ऐसा बिल पेश किया जाने वाला है, जिसके पारित होने की स्थिति में भारत और अमेरिका के रिश्तों में कड़वाहट बढ़ सकती है। इस प्रस्तावित बिल में रूस से तेल, यूरेनियम या अन्य ऊर्जा उत्पाद खरीदने वाले देशों के अमेरिकी आयात पर 500 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का प्रावधान शामिल है। यदि यह बिल पास होता है, तो भारत भी इसकी जद में आ सकता है।
इस बिल को लाने के पीछे अमेरिका का तर्क है कि रूस–यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के लिए रूस पर आर्थिक दबाव बढ़ाया जाए। अमेरिका चाहता है कि रूस से ऊर्जा उत्पाद खरीदने वाले देशों पर सख्त व्यापारिक प्रतिबंध लगाए जाएं, ताकि रूस की आर्थिक क्षमता कमजोर हो। हालांकि, India US Relations के लिहाज से यह कदम संवेदनशील माना जा रहा है, क्योंकि भारत लंबे समय से रूस से कच्चे तेल की खरीद करता रहा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पहले भी कई मौकों पर भारत को लेकर सख्त बयान दे चुके हैं। ट्रंप यह कह चुके हैं कि यदि भारत रूस से तेल खरीदना जारी रखता है, तो अमेरिका टैरिफ बढ़ाने जैसे कदम उठा सकता है। टैरिफ को लेकर वे कई बार सार्वजनिक रूप से चेतावनी भी दे चुके हैं। ऐसे में अब संसद में प्रस्तावित यह बिल उन चेतावनियों को औपचारिक रूप देने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह बिल पास होता है, तो India US Relations पर इसका सीधा असर पड़ सकता है। 500 प्रतिशत टैरिफ से भारत के अमेरिकी बाजार में निर्यात पर गंभीर प्रभाव पड़ने की आशंका है। साथ ही यह फैसला रणनीतिक साझेदारी, व्यापार और कूटनीतिक संतुलन को भी प्रभावित कर सकता है।
फिलहाल सभी की नजरें अमेरिकी संसद पर टिकी हैं। आने वाले दिनों में यह साफ होगा कि यह बिल केवल दबाव की रणनीति है या वास्तव में भारत–अमेरिका संबंधों के लिए एक नई चुनौती बनने वाला है।
वैष्णो देवी मेडिकल कॉलेज की एमबीबीएस की मान्यता रद्द
8 Jan, 2026 09:15 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जम्मू। नेशनल मेडिकल कमिशन (एनएमसी) ने जम्मू स्थित वैष्णो देवी मेडिकल कॉलेज की एमबीबीएस की मान्यता रद्द कर दी है। कमिशन के मेडिकल असेसमेंट एंड रेटिंग बोर्ड ने यह कार्रवाई की। कॉलेज को पिछले साल ही एमबीबीएस कोर्स चलाने की मान्यता मिली थी। कमिशन ने 6 जनवरी को एनएमसी के मानकों में उल्लंघन पाए जाने पर यह फैसला लिया। मौजूदा एमबीबीएस के छात्रों का अन्य कॉलेजों में शिफ्ट किया जाएगा।
कुछ महीने पहले कॉलेज पर आरोप लगा था कि 2025-26 के पहले बैच में इसने 42 मुस्लिम, 7 हिंदू और एक सिख छात्र का नाम सीट अलॉटमेंट लिस्ट में रखा। जिसके बाद कई हिंदू संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया था। उन्होंने कहा था कि सीट बंटवारे में भेदभाव किया गया। हिंदू छात्रों की अनदेखी की गई, इसलिए एडमिशन लिस्ट तुरंत रद्द होनी चाहिए। साथ ही हिंदू संगठनों ने मांग की थी कि यह कॉलेज माता वैष्णो देवी के भक्तों के चढ़ावे से चलता है, इसलिए हिंदू छात्रों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
मॉल में बनाई जा रही थी मेफेड्रोन ड्रग्स
8 Jan, 2026 08:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सूरत।गुजरात में सूरत पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने एक मॉल के अंदर चल रही ड्रग्स फैक्ट्री का खुलासा किया है। फैक्ट्री में क्रिस्टल मेफेड्रोन नाम की ड्रग्स तैयार की जा रही थी। टीम ने तीन युवकों को अरेस्ट किया है। जांच में पता चला है कि तीनों लंदन में बैठे आरोपियों के संपर्क में थे और उन्हीं के इशारे में ड्रग्स तैयार कर रहे थे। टीम ने 2.92 लाख रुपए कीमत की तैयार ड्रग्स के साथ भारी मात्रा में केमिकल जब्त किया है। फिलहाल मामले में जांच जारी है।
'नौकरीपेशा पत्नी अगर खाना न बनाए तो इस आधार पर तलाक नहीं दिया जा सकता': तेलंगाना हाई कोर्ट
7 Jan, 2026 07:02 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हैदराबाद: जब पति और पत्नी दोनों नौकरीपेशा हों, तो महिला के द्वारा खाना न बनाना या अपनी सास (पति की मां) की मदद न करना क्रूरता नहीं माना जा सकता, और इस आधार पर तलाक नहीं दिया जा सकता. तेलंगाना हाईकोर्ट ने एक मामले की सुनवाई करते हुए यह फैसला दिया.
क्या है मामला
हैदराबाद के एलबी नगर के एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी पर क्रूरता का आरोप लगाते हुए शादी रद्द करने की याचिका दायर की थी. निचली अदालत ने उसकी याचिका खारिज कर दी थी, जिसके बाद उसने हाई कोर्ट में अपील की. जस्टिस मौशमी भट्टाचार्य और जस्टिस नागेश भीमापका की खंडपीठ ने इस मामले की सुनवाई की और अपील को खारिज करते हुए अपना फैसला सुनाया.
खाना नहीं बनाना 'क्रूरता' क्यों नहीं
अदालत ने कहा कि पति दोपहर 1 बजे से रात 10 बजे तक काम करता है, जबकि पत्नी सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक काम करती है. ऐसे में सुबह के समय खाना न बनाना क्रूरता नहीं माना जा सकता.
पति के इस दावे पर कि उसकी पत्नी अक्सर अपने मायके चली जाती है और उसके साथ नहीं रहती, अदालत ने गौर किया कि पति ने विरोधाभासी बयान दिए हैं. उसने एक जगह कहा कि वह 5 महीने साथ रही और दूसरी जगह कहा कि वह उनकी एक साल नौ महीने की शादी के दौरान केवल 3 महीने साथ रही. अदालत ने यह भी कहा कि गर्भपात (miscarriage) के बाद पत्नी का अपने माता-पिता के साथ रहना क्रूरता नहीं माना जा सकता.
अलग घर पर कोर्ट ने क्या कहा
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अलग घर की मांग करना क्रूरता के दायरे में आता है, लेकिन हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह हर मामले के तथ्यों पर निर्भर करता है. वर्तमान मामले में, अदालत ने कहा कि पत्नी ने खुद अलग होने का प्रस्ताव नहीं दिया था, बल्कि उसके वकील ने उसे ऐसा करने की सलाह दी थी, इसलिए इसे क्रूरता नहीं माना जा सकता. अदालत ने पति के आरोपों को क्रूरता मानने से इनकार कर दिया और उसकी अपील खारिज करते हुए तलाक देने से मना कर दिया.
'सुबह कौन सा कुत्ता किस मूड में, यह किसी को पता नहीं होता', आवारा कुत्तों पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी
7 Jan, 2026 06:01 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने आवारा कुत्तों के मामले में सुनवाई के दौरान कहा कि, किसी को कुत्तों को भी यह सलाह देनी चाहिए कि वे लोगों को न काटें. अदालत ने कहा कि, कोई भी जानवर का मन नहीं पढ़ सकता कि कुत्ता काटने के मूड में है या नहीं.
यह मामला जस्टिस विक्रम नाथ, संदीप मेहता और एन वी अंजारिया की बेंच के सामने आया. जस्टिस नाथ ने कहा कि कुत्ते किसी को तब काट सकते हैं या उसका पीछा कर सकते हैं जब वह व्यक्ति टू-व्हीलर या साइकिल पर हो, और वह व्यक्ति गिर सकता है या एक्सीडेंट हो सकता है.
जस्टिस नाथ ने सीनियर वकील कपिल सिब्बल से पूछा, "जबकि वे सड़क पर दौड़ते हैं, यह अपने आप में गुजरने वाली गाड़ियों, खासकर टू-व्हीलर और साइकिल सवारों के लिए खतरनाक है... क्या आप टू-व्हीलर पर रहे हैं या नहीं", सिब्बल ने जवाब दिया कि वह अपने करियर के शुरुआती दिनों में रहे थे.
जस्टिस नाथ ने कहा कि काटना ही अकेला मुद्दा नहीं है. कुत्ते साइकिल पर लोगों का पीछा करते हैं. इस पर सिब्बल, जो इस मामले में एक पार्टी की तरफ से पेश हुए थे, ने कहा कि हर कुत्ता ऐसा नहीं करता और इसकी पहचान करना जरूरी है.
जस्टिस नाथ ने कहा कि, आप कैसे पहचानेंगे कि सुबह कौन सा कुत्ता किस मूड में है, आपको नहीं पता. सिब्बल ने सवाल करते हुए कहा कि क्या इसका हल यह है कि सभी कुत्तों को शेल्टर दिया जाए. इस पर बेंच ने कहा कि यह पक्का करने के लिए एक एक्सरसाइज होनी चाहिए कि सड़कें या गलियां कुत्तों से फ्री हों.
सिब्बल ने कहा कि कुत्ते कंपाउंड में रहते हैं और वे यूनिवर्सिटी में रहते हैं. जब वे यूनिवर्सिटी में थे तो वहां कुत्ते थे और किसी ने उन्हें नहीं काटा. सिब्बल ने कहा कि, JNU में कई कुत्ते हैं. इस पर जस्टिस मेहता ने पूछा कि क्या वे गंभीर हैं. जस्टिस मेहता ने कहा सिब्बल से कहा कि, उनकी जानकारी पुरानी हो चुकी है. एनएलएस बैंगलोर ने कई हमलों की रिपोर्ट की है.
जस्टिस नाथ ने कहा कि कुत्तों के काटने की घटनाओं को रोकने के लिए एक एक्सरसाइज होनी चाहिए. उन्होंने कहा कि, कोई यह नहीं कह रहा है कि कुत्तों को हटाकर गोली मार दो, नहीं…सड़कों को कुत्तों से खाली करना होगा. सिब्बल ने इस मुद्दे को सुलझाने के लिए साइंटिफिक तरीका अपनाने पर जोर दिया. उन्होंने जोर देकर कहा कि सभी कुत्तों को शेल्टर में रखना इसका हल नहीं है.
सिब्बल ने कुत्तों के काटने और बेकाबू कुत्तों के रिहैबिलिटेशन से निपटने के लिए सुझाव दिए. जस्टिस मेहता ने कहा, "बस एक चीज जो छूट गई है, वह है कुत्ते को काउंसलिंग देना कि एक बार वापस छोड़े जाने के बाद कुत्ता काटे नहीं…" सिब्बल ने कहा कि यह शायद हल्के-फुल्के अंदाज में कहा गया होगा और मुझे यकीन है कि आपका मतलब यह नहीं है.
जस्टिस मेहता ने सवाल करते हुए कहा कि जहां तक इंस्टीट्यूशन की बात है, वे सड़कें नहीं हैं और पूछा, आपको कोर्ट परिसर, यूनिवर्सिटी में कुत्तों की जरूरत क्यों है. बेंच ने कहा कि नियम कहते हैं कि उन्हें (कुत्तों) उसी एरिया में वापस छोड़ा जाना चाहिए. उन्होंने पूछा कि फिर इंस्टीट्यूशन कुत्तों से कैसे मुक्त होंगे. क्या उन्हें सड़कों पर छोड़ देना चाहिए. मामले पर सुनवाई जारी है.
पिछले साल 7 नवंबर को, सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन, हॉस्पिटल, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन जैसे इंस्टीट्यूशनल एरिया में कुत्तों के काटने की घटनाओं में खतरनाक बढ़ोतरी को देखते हुए, पब्लिक सेफ्टी, हेल्थ और आवारा कुत्तों के मैनेजमेंट के हित में निर्देश जारी करना जरूरी है. कोर्ट ने निर्देश दिया कि ऐसे कुत्तों को तय शेल्टर में ले जाया जाना चाहिए.
सुप्रीम कोर्ट एक स्वतः संज्ञान केस की सुनवाई कर रहा था, जो 28 जुलाई को दिल्ली में, खासकर बच्चों में आवारा कुत्तों के काटने से रेबीज होने की एक मीडिया रिपोर्ट पर शुरू किया गया था.
सुप्रीम कोर्ट ने आवारा कुत्तों के मामले का दायरा दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी की सीमाओं से बाहर बढ़ा दिया था और निर्देश दिया था कि सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को इस मामले में पार्टी बनाया जाए.
केदारनाथ में तापमान माइनस 23 डिग्री; हिमाचल-कश्मीर में साल की सबसे ठंडी रात
7 Jan, 2026 12:48 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली/भोपाल। देशभर में सर्दी लगातार बढ़ रही है। पहाड़ी राज्यों से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण मैदानी राज्यों में घना कोहरा और शीतलहर का प्रभाव है। सर्दी के कारण मध्य प्रदेश के 24, राजस्थान के 20 जिलों के स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी गई है। मध्य प्रदेश के ज्यादातर शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे है। सोमवार को छतरपुर का नौगांव सबसे ठंडा रहा। यहां पारा 1 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। राजस्थान के 7 शहरों में रात का तापमान 5 डिग्री से नीचे आ गया। हिल स्टेशन माउंट आबू (सिरोही) में लगातार तीसरे दिन तापमान शून्य पर दर्ज हुआ।
इधर, उत्तराखंड का मुनस्यारी सोमवार को सबसे ठंडा इलाका रिकॉर्ड किया गया, जहां न्यूनतम तापमान माइनस 25 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। केदारनाथ में भारी बर्फबारी के बीच तापमान माइनस 23 डिग्री पहुंच गया। उत्तरकाशी स्थित गंगोत्री में माइनस 21 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। यहां पानी की पाइपलाइन में बर्फ जम गई। हिमाचल प्रदेश के लाहौल-स्पीति जिले के ताबो और जम्मू-कश्मीर के गुलमर्ग में सोमवार रात साल की अब तक की सबसे ठंडी रात रही। दोनों जगहों पर न्यूनतम तापमान शून्य से करीब 10 डिग्री नीचे पहुंच गया। इससे झीलों, झरनों और नदियों की छोटी धाराओं में पानी जम गया।
स्कूल में थिनर से आग, 4 छात्र झुलसे
7 Jan, 2026 11:47 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायगड़ा। ओडिशा के रायगड़ा जिले के एक स्कूल में सोमवार को पेंट थिनर से आग लगने की घटना में चार छात्र गंभीर रूप से झुलस गए। सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। पुलिस के अनुसार, मुनिगुड़ा ब्लॉक स्थित पैका डाकुलागुड़ा हाई स्कूल के चपरासी का बेटा बिनोद चार छोटे छात्रों को स्कूल की छत पर ले गया था। जहां बिनोद सभी को पेंट थिनर से आग लगा कर दिखाने लगा, जो बाद में बेकाबू हो गया और छात्र झुलस गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद स्कूल प्रबंधन ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। रायगड़ा की पुलिस अधीक्षक स्वाथी एस कुमार ने बताया कि बिनोद उन्हें यह दिखाना चाहता था कि थिनर कैसे आग पकड़ता है। पहले उसने थोड़ा थिनर डाला और आग लगाई। इसके बाद सभी बारी-बारी थिनर डालकर आग लगाने लगे। इसी दौरान आग तेजी से फैल गई, जिससे छात्र झुलस गए।
मणिपुर में 3 घंटे में दो आईईडी ब्लास्ट
7 Jan, 2026 10:39 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
इंफाल। मणिपुर सरकार ने बिष्णुपुर जिले में लगातार दो धमाकों की घटना की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को सौंप दी है। सोमवार को हुए इन ब्लास्ट में एक महिला समेत दो लोग घायल हो गए थे। ये धमाके स्थानीय स्तर पर बनाए गए इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) से किए गए थे। पुलिस महानिरीक्षक (आईजीपी) और बिष्णुपुर जिले के पुलिस अधीक्षक सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लेने के लिए धमाके वाली जगहों का दौरा किया। घटना में शामिल दोषियों को पकडऩे के लिए मंगलवार को लगातार दूसरे दिन भी आस-पास के इलाकों में तलाशी अभियान जारी रहा। मई 2023 में मणिपुर में जातीय हिंसा शुरू होने के बाद से इस घर का परिवार फिलहाल केइबुल लामजाओ के एक रिलीफ कैंप में रह रहा है। पहला धमाका होने के बाद जब गांव वाले मौके पर जमा हुए, तो करीब 200 मीटर दूर पर 8:45 बजे दूसरा ब्लास्ट हुआ। इस ब्लास्ट में दो लोग घायल हो गए।
दिल्ली में आधी रात में फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास बुलडोजर एक्शन, विरोध में पुलिस पर पथराव, इलाके में तनाव
7 Jan, 2026 09:35 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: रामलीला मैदान के समीप तुर्कमान गेट इलाके में आज तड़के दिल्ली नगर निगम ने एक बड़ा अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया. दिल्ली हाई कोर्ट के कड़े निर्देशों के बाद की गई इस कार्रवाई में 17 बुलडोजरों और भारी पुलिस बल का इस्तेमाल किया गया.
बता दें कि आमतौर पर ऐसी कार्रवाई सुबह 8 बजे के बाद शुरू होती हैं, लेकिन सुरक्षा कारणों और संभावित विरोध को देखते हुए प्रशासन ने इसे तड़के 1:30 बजे ही शुरू कर दिया. अभियान का मुख्य लक्ष्य फैज-ए-इलाही मस्जिद के समीप और रामलीला मैदान की भूमि पर अवैध रूप से बने एक सामुदायिक भवन (बारात घर), डिस्पेंसरी और कुछ व्यावसायिक ढांचों को गिराना था.
पुलिस पर पथराव, स्थिति तनावपूर्ण
जैसे ही बुलडोजरों ने अवैध ढांचों को गिराना शुरू किया, स्थानीय निवासियों ने इसका कड़ा विरोध किया. स्थिति तब तनावपूर्ण हो गई जब कुछ शरारती तत्वों ने पुलिस और निगम कर्मियों पर पथराव शुरू कर दिया. इस झड़प में 5 पुलिसकर्मियों के घायल होने की खबर है. भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को हल्के बल का प्रयोग और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े
मौके पर भारी मात्रा में पुलिस बल
रामलीला मैदान के फैज इलाही मस्जिद के पास अवैध कब्जे को हटाने के लिए दिल्ली के 9 जिले के डीसीपी रैंक के अफसरों को लगाया गया था. 15 से ज्यादा जेसीबी मशीनों को डेमोलेशन में लगाया गया था. 70 से ज्यादा डंपरों को मलबा हटाने में लगया गया. इस दौरान करीब 150 से ज्यादा एमसीडी कर्मचारी तैनात रहे. तुर्कमान गेट की तरफ़ बैरिकेडिंग के खिलाफ़ लोग नारेबाजी कर रहे थे और बैरकिंग को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे. जिसके बाद पुलिस ने हल्का पुलिसबल का उपयोग कर उपद्रव कर रहे लोगो को दूर किया.
मौके पर भारी मात्रा में पुलिस बल
रामलीला मैदान के फैज इलाही मस्जिद के पास अवैध कब्जे को हटाने के लिए दिल्ली के 9 जिले के डीसीपी रैंक के अफसरों को लगाया गया था. 15 से ज्यादा जेसीबी मशीनों को डेमोलेशन में लगाया गया था. 70 से ज्यादा डंपरों को मलबा हटाने में लगया गया. इस दौरान करीब 150 से ज्यादा एमसीडी कर्मचारी तैनात रहे. तुर्कमान गेट की तरफ़ बैरिकेडिंग के खिलाफ़ लोग नारेबाजी कर रहे थे और बैरकिंग को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे. जिसके बाद पुलिस ने हल्का पुलिसबल का उपयोग कर उपद्रव कर रहे लोगो को दूर किया.
मौके पर भारी मात्रा में पुलिस बल
रामलीला मैदान के फैज इलाही मस्जिद के पास अवैध कब्जे को हटाने के लिए दिल्ली के 9 जिले के डीसीपी रैंक के अफसरों को लगाया गया था. 15 से ज्यादा जेसीबी मशीनों को डेमोलेशन में लगाया गया था. 70 से ज्यादा डंपरों को मलबा हटाने में लगया गया. इस दौरान करीब 150 से ज्यादा एमसीडी कर्मचारी तैनात रहे. तुर्कमान गेट की तरफ़ बैरिकेडिंग के खिलाफ़ लोग नारेबाजी कर रहे थे और बैरकिंग को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे. जिसके बाद पुलिस ने हल्का पुलिसबल का उपयोग कर उपद्रव कर रहे लोगो को दूर किया.
मौके पर भारी मात्रा में पुलिस बल
रामलीला मैदान के फैज इलाही मस्जिद के पास अवैध कब्जे को हटाने के लिए दिल्ली के 9 जिले के डीसीपी रैंक के अफसरों को लगाया गया था. 15 से ज्यादा जेसीबी मशीनों को डेमोलेशन में लगाया गया था. 70 से ज्यादा डंपरों को मलबा हटाने में लगया गया. इस दौरान करीब 150 से ज्यादा एमसीडी कर्मचारी तैनात रहे. तुर्कमान गेट की तरफ़ बैरिकेडिंग के खिलाफ़ लोग नारेबाजी कर रहे थे और बैरकिंग को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे. जिसके बाद पुलिस ने हल्का पुलिसबल का उपयोग कर उपद्रव कर रहे लोगो को दूर किया.
अतिक्रमण हटाने के अभियान से पहले, शांति बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के उद्देश्य से अमन कमेटी के सदस्यों और अन्य स्थानीय हितधारकों के साथ कई समन्वय बैठकें की गईं. सभी संभावित निवारक और विश्वास-निर्माण के उपाय किए गए.अतिक्रमण हटाने के दौरान, कुछ शरारती तत्वों ने पत्थरबाज़ी करके गड़बड़ी पैदा करने की कोशिश की. स्थिति को तुरंत नियंत्रित किया गया, जिसमें बल का सीमित और न्यूनतम इस्तेमाल किया गया, यह सुनिश्चित करते हुए कि स्थिति बिगड़े बिना सामान्य स्थिति बहाल हो जाए. दिल्ली पुलिस कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है, साथ ही यह भी सुनिश्चित करती है कि सभी न्यायिक निर्देशों को कानूनी, पेशेवर और संवेदनशील तरीके से लागू किया जाए.- मधुर वर्मा संयुक्त पुलिस आयुक्त सेंट्रल रेंज, दिल्ली
जम्मू-कश्मीर में ठंड के कहर के बीच श्रीनगर में न्यूनतम तापमान माइनस 4 डिग्री सेल्सियस रहा
7 Jan, 2026 08:33 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
श्रीनगर । जम्मू-कश्मीर में ठंड के कहर के बीच (Amid cold wave gripped Jammu-Kashmir) श्रीनगर में न्यूनतम तापमान माइनस 4 डिग्री सेल्सियस रहा (Srinagar recorded minimum temperature of Minus 4 Degrees Celsius) ।
मौसम विभाग के अनुसार, 20 जनवरी तक जम्मू और कश्मीर में किसी बड़े वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर होने की संभावना नहीं है, जिसका मतलब है कि कम से कम 20 जनवरी तक भारी बर्फबारी की उम्मीद कम है। श्रीनगर में न्यूनतम तापमान माइनस 4 डिग्री सेल्सियस, गुलमर्ग में माइनस 8.6 डिग्री सेल्सियस और पहलगाम में माइनस 6.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। जम्मू शहर में न्यूनतम तापमान 5.2 डिग्री सेल्सियस रहा, इसके बाद कटरा में 4.8 डिग्री सेल्सियस, बटोटे में 1.7 डिग्री सेल्सियस, बनिहाल में 1.5 डिग्री सेल्सियस और भद्रवाह में माइनस 2.2 डिग्री सेल्सियस रहा।
कड़ाके की ठंड का 40 दिन का समय, जो 21 दिसंबर को शुरू हुआ था, 30 जनवरी को खत्म होगा। जब तक मौसम का मिजाज नहीं बदलता, तब तक घाटी के मैदानी इलाकों में इस सर्दी की पहली बर्फबारी कम से कम 20 जनवरी तक नहीं होगी। अगर चिल्लई कलां बिना किसी बड़ी बर्फबारी के गुजर जाता है, तो गर्मियों के महीनों में जम्मू-कश्मीर की नदियों, झरनों, तालाबों, झीलों और कुओं में पानी का स्तर बहुत कम हो जाएगा। गर्मियों के महीनों में इन जल स्रोतों को पहाड़ों में मौजूद बारहमासी पानी के भंडारों से पानी मिलता है।
घाटी में लोग ‘फेरहन’ नाम का पारंपरिक ऊनी कपड़ा पहनकर कड़ाके की ठंड का सामना कर रहे हैं। ‘फेरहन’ से खुद को बचाने के अलावा, कश्मीरी लोग गर्मी बनाए रखने के लिए ऊनी कपड़ों की कई परतें भी पहनते हैं। मध्यम और ज्यादा उम्र के सभी कश्मीरी ऊनी टोपी और मफलर पहनते हैं, जबकि युवा मानते हैं कि वे शारीरिक गतिविधियों के जरिए ठंड का सामना कर सकते हैं। डॉक्टरों ने लोगों, खासकर युवाओं को चेतावनी दी है कि वे ज्यादा ठंड में ज्यादा शारीरिक गतिविधि न करें, क्योंकि इससे शरीर के तापमान में अचानक बदलाव जानलेवा हो सकता है। बुजुर्गों को सलाह दी गई है कि वे सुबह 10 बजे तक अपने घरों से बाहर न निकलें, क्योंकि सर्दियों के महीनों में सुबह का समय सबसे ठंडा होता है।
इससे पहले सोमवार को गुलमर्ग के स्की रिज़ॉर्ट में न्यूनतम तापमान माइनस 8.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जबकि श्रीनगर में न्यूनतम तापमान माइनस 3.6 डिग्री सेल्सियस रहा, वहीं जम्मू शहर में रात का सबसे कम तापमान 8.7 डिग्री सेल्सियस, कटरा शहर में 5.6, बटोटे में 2.1, बनिहाल में माइनस 1.3 और भद्रवाह में माइनस 2.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। हालांकि गुलमर्ग और सोनमर्ग में ताजा बर्फबारी हुई, लेकिन घाटी में अभी तक भारी बर्फबारी नहीं हुई है।
इस रेलवे स्टेशन पर बम की सूचना से मचा हड़कंप, खाली कराई गई ट्रेन; हर बोगी की हो रही चेकिंग
6 Jan, 2026 09:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
मऊ। उत्तर प्रदेश के मऊ (Mau) से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आई है। मऊ रेलवे स्टेशन (Railway Station) पर बम (Bomb) की सूचना से हड़कंप मच गया है। खबर मिलते ही सुरक्षा एजेंसियां (Security Agencies) अलर्ट हो गईं और 15018 डाउन ट्रेन खाली कराई गई। इसके बाद हर बोगी (Bogie) को गहन चेकिंग (Intensive Checking) हो रही है।
मऊ जिले के रेलवे स्टेशन पर उस समय अफरा-तफरी मच गई जब गोरखपुर से लोकमान्य तिलक टर्मिनल (मुंबई) जा रही डाउन 15018 ट्रेन में बम होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गईं और पूरे स्टेशन परिसर में हड़कंप की स्थिति बन गई। यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल सख्त कदम उठाए गए।
बम की सूचना मिलते ही एसपी इलामारन, अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। कोतवाल अनिल कुमार सिंह, जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने तत्परता दिखाते हुए ट्रेन को खाली कराया और यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया।
इसके बाद बम स्क्वायड टीम की मदद से सघन जांच अभियान शुरू किया गया। जानकारी के अनुसार, गोरखपुर से लोकमान्य तिलक टर्मिनल जा रही 15018 ट्रेन की हर बोगी की बारीकी से तलाशी ली जा रही है। प्लेटफॉर्म और आसपास के इलाके को भी घेराबंदी कर सुरक्षित किया गया है। अचानक हुई इस कार्रवाई से यात्रियों में दहशत का माहौल रहा, हालांकि प्रशासन द्वारा लगातार अनाउंसमेंट कर लोगों को शांत और सुरक्षित रहने की अपील की जा रही है।
बड़ी खुशखबरी: गोड्डा बनेगा शिक्षा का नया हब! झारखंड के दूसरे सैनिक स्कूल को राज्यपाल की हरी झंडी, जानें कब से शुरू होंगे एडमिशन
6 Jan, 2026 08:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
गोड्डा : राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार की अध्यक्षता में लोक भवन में सैनिक कल्याण निदेशालय की 17वीं प्रबंध समिति की बैठक आयोजित की गई. बैठक में पूर्व सैनिकों और शहीदों के परिजनों के कल्याण से जुड़े कई अहम निर्णयों और प्रस्तावों पर चर्चा हुई. राज्यपाल ने स्पष्ट कहा कि पूर्व सैनिकों और शहीदों के आश्रितों के हितों की रक्षा राज्य की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है और इससे जुड़े सभी मामलों में संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई की जानी चाहिए.
बैठक के दौरान राज्यपाल ने दीपाटोली स्थित झारखंड युद्ध स्मारक को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का निर्देश दिया. इसके साथ ही उन्होंने परमवीर चक्र से सम्मानित शहीद लांस नायक अल्बर्ट एक्का के पैतृक गांव को आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किए जाने पर जोर दिया और जल्द ही वहां भ्रमण करने की इच्छा भी जताई.
राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि वे राज्यहित से जुड़े किसी भी सुझाव के लिए हमेशा उपलब्ध हैं. उन्होंने यह भी कहा कि झारखंड की एक विशिष्ट और प्रेरणादायी पहचान स्थापित करने की दिशा में निरंतर प्रयास होने चाहिए. बैठक में यह भी उल्लेख किया गया कि इसी क्षेत्र से केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री आते हैं, ऐसे में रक्षा और सैनिक कल्याण से जुड़ी योजनाओं को उनके समक्ष भी रखा जा सकता है.
बैठक में राज्य में एक और सैनिक स्कूल खोलने के प्रस्ताव पर गंभीर मंथन किया गया. सैनिक कल्याण निदेशालय ने गोड्डा में सैनिक स्कूल स्थापित करने का प्रस्ताव रखा, जिस पर सकारात्मक विचार किया गया. इसके अलावा देश की रक्षा में सर्वोच्च बलिदान देने वाले शहीदों के आश्रितों को दी जाने वाली सहायता राशि बढ़ाने को लेकर भी विमर्श हुआ.
राज्यपाल ने यह भी निर्देश दिया कि राज्य से सेवा समाप्त कर लौटे अग्निवीरों की संख्या का आकलन किया जाए और उन्हें राज्य पुलिस बल समेत अन्य सुरक्षा और सेवा क्षेत्रों में अवसर उपलब्ध कराने की संभावनाओं पर विचार किया जाए. उन्होंने यह भी कहा कि जब सैनिक अवकाश पर राज्य में हों, तो उनके लंबित निजी या प्रशासनिक कार्यों का शीघ्र निपटारा सुनिश्चित किया जाए.
बैठक में जनजातीय समुदायों में सैन्य सेवा के प्रति बढ़ती रुचि का उल्लेख करते हुए उनके लिए समर्पित प्रशिक्षण केंद्र खोलने के सुझाव पर भी चर्चा की गई. साथ ही, दशकों पुराने सैनिक मार्केट और सैनिक थिएटर के पुनर्निर्माण के लिए जुडको के सहयोग से कार्य कराने और झारखंड में ईएसएम कॉर्पोरेशन फंड को अधिक प्रभावी बनाने पर भी विचार किया गया.
आपके नाम पर चल रहे हैं 9 सिम कार्ड! क्या आपको पता है? तुरंत ऐसे करें चेक और अनचाहे नंबर को करें ब्लॉक
6 Jan, 2026 07:17 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Aadhaar Linked SIM: आज के इस डिजिटल दौर में मोबाइल नंबर हमारी पहचान का अहम हिस्सा बन चुका है. बैंकिंग, सोशल मीडिया और सरकारी सेवाओं में इसका इस्तेमाल आम है. लेकिन फर्जी सिम और साइबर फ्रॉड के बढ़ते मामलों के कारण यह जानना जरूरी हो गया है कि कहीं आपके आधार कार्ड पर कोई अनजान सिम तो एक्टिव नहीं है.
एक आधार कार्ड से कितने सिम खरीद सकते हैं ?
नए टेलीकॉम नियमों के अनुसार, एक व्यक्ति के आधार कार्ड पर अधिकतम 9 सिम ही एक्टिव हो सकती हैं. वहीं जम्मू-कश्मीर, असम और नॉर्थ-ईस्ट राज्यों में यह सीमा 6 सिम तय की गई है. अगर इस तय संख्या से ज्यादा सिम पाई जाती हैं, तो उस व्यक्ति पर जुर्माना भी लग सकता है. साथ ही यदि आपकी आईडी पर कोई ऐसी सिम एक्टिव है जिसका आप इस्तेमाल नहीं कर रहे, तो उसके गलत उपयोग की कानूनी जिम्मेदारी भी आपकी बन सकती है. वहीं फ्रॉड या किसी गैरकानूनी काम में उस सिम के इस्तेमाल से आपको परेशानी भी हो सकती है.
कैसे चेक करें ?
आपके आधार कार्ड पर कितनी सिम एक्टिव हैं, यह जानने के लिए टेलीकॉम डिपार्टमेंट ने ‘संचार साथी’ और ‘TAFCOP’ पोर्टल की सुविधा दी है.
इन पोर्टल्स की मदद से आप घर बैठे कुछ ही मिनटों में पूरी जानकारी पा सकते हैं.
इसके लिए सबसे पहले tafcop.dgtelecom.gov.in या sancharsaathi.gov.in वेबसाइट पर जाएं.
होम पेज पर अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें और कैप्चा भरें.
अब आपके मोबाइल नंबर पर एक OTP आएगा, उसे डालकर लॉगिन करें.
लॉगिन करते ही आपकी आईडी से जुड़े सभी एक्टिव मोबाइल नंबरों की लिस्ट स्क्रीन पर दिखाई दे जाएगी.
लिस्ट में फर्जी या अनजान नंबर दिखे तो क्या करें?
अगर लिस्ट में कोई ऐसा मोबाइल नंबर दिखाई दे, जिसे आप नहीं पहचानते या इस्तेमाल नहीं करते हैं, तो उसके सामने दिए गए ‘Not My Number’ या ‘Not Required’ ऑप्शन पर क्लिक करके शिकायत दर्ज कर सकते हैं. शिकायत करने के बाद आपको एक टिकट आईडी या रेफरेंस नंबर मिलेगा. जांच पूरी होने पर वह फर्जी सिम या तो बंद कर दी जाएगी या आपकी आईडी से हटा दी जाएगी. इस प्रोसेस के लिए कोई पैसा नहीं लिया जाता, हालांकि सिम को पूरी तरह डिएक्टिवेट होने में कुछ दिन का समय लग सकता है.
खो गया है UAN नंबर तो न हों परेशान! 2 मिनट में अपने मोबाइल से ऐसे करें रिकवर, पीएफ का पैसा रहेगा सुरक्षित
6 Jan, 2026 07:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
How to Recover UAN: हर महीने PF कटने वाले कर्मचारियों के लिए UAN नंबर जानना बेहद जरूरी होता है. यह 12 अंकों का यूनिवर्सल अकाउंट नंबर EPFO हर PF अकाउंट धारक को देता है, जो कई सेवाओं के लिए जरूरी होता है. चाहे आप अपना EPF बैलेंस चेक करना चाहें या अकाउंट से जुड़ा मोबाइल नंबर बदलना चाहें, UAN होना बहुत जरूरी है. अगर आपका UAN भूल गया है, तो चिंता की कोई बात नहीं है. इसे आसानी से फिर से रिकवर किया जा सकता है.
क्या UAN के बिना PF अकाउंट कर पाएंगे एक्सेस ?
12 अंकों का UAN हर EPFO मेंबर के लिए बहुत जरूरी है, क्योंकि इसके बिना आप अपना PF अकाउंट नहीं खोल या इस्तेमाल कर सकते हैं. मान लीजिए आपको अपने PF अकाउंट से जुड़ा कोई काम करना है, लेकिन आपको अपना UAN याद नहीं है या आप भूल गए हैं, तो बिना UAN के यह काम पूरा नहीं हो पाएगा.
कैसे करें UAN नंबर रिकवर ?
सबसे पहले UAN की ऑफिशियल वेबसाइट https://unifiedportal mem.epfindia.gov.in/memberinterface पर जाएं.
वेबसाइट के राइट हैंड साइड दिखाई दे रहे Important Links सेक्शन में जाकर ‘Know your UAN’ पर क्लिक करें.
अब अपने रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर और स्क्रीन पर दिख रहे कैप्चा कोड को भरें, फिर Request OTP बटन पर क्लिक करें.
इसके बाद आपके मोबाइल नंबर पर OTP भेजा जाएगा. OTP डालकर Validate OTP बटन दवाएं.
अब आपको कुछ जानकारी भरनी होगी. जैसे आपका पूरा नाम, जन्म तिथि और आधार या पैन नंबर.
सभी जानकारी भरने के बाद ‘Show My UAN’ बटन पर क्लिक करें. क्लिक करते ही आपकी स्क्रीन पर UAN नंबर दिखाई देगा.
अब आप यहां से UAN नंबर को कॉपी करके किसी दूसरी जगह सेव कर रख सकते हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर आपको आसानी से मिल जाए.
क्या SMS से भी प्राप्त कर सकते हैं UAN नंबर?
इसके अलावा, आप एसएमएस (SMS) के जरिए भी आसानी से UAN नंबर पता कर सकते हैं. इसके लिए आपको ‘EPFOHO UAN ENG’ लिखकर EPFO की ओर से जारी मोबाइल नंबर ‘7738299899’ पर एसएमएस send कर करना होगा. कुछ ही समय बाद आपके फोन में एक SMS रिसीव होगा, जिसमें आपका UAN नंबर दिया होगा.
भाई ने किया ‘भाई’ को किडनैप, 3 महीने बाद सुलझे साजिश के तार
6 Jan, 2026 05:35 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
दौसा: दौसा जिले (Dausa District) में तीन महीने पहले हुए युवक (Young Men) के अपहरण (Kidnapping) और फिरौती (Ransom) के मामले का पुलिस (Police) ने खुलासा कर दिया है. पुलिस की जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. इस पूरे अपहरण कांड की साजिश पीड़ित युवक के चचेरे भाई (Cousins) ने ही रची थी. पुलिस ने इस मामले में मुख्य साजिशकर्ता सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार (Arrest) किया है. इस मामले में अब तक कुल चार आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं. पूरी वारदात का खुलासा हो जाने के बाद पीड़ित युवक और उसके परिजन हैरान हैं. वहीं वारदात के तार सुलझ जाने से पुलिस ने राहत की सांस ली है.
पुलिस के अनुसार 3 अक्टूबर, 2025 को कोलवा थाना इलाके के कालोता के समीप सुनील सैनी नामक युवक का अपहरण कर लिया गया था. अपहरण के बाद परिजनों से फिरौती की मांग की गई. इससे परिजनों में हड़कंप मच गया था. घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीमों का गठन कर जांच शुरू की. घटना के कुछ घंटों के भीतर ही पुलिस ने पीड़ित युवक को ढूंढ निकाला और उसे सुरक्षित रूप से बरामद कर लिया. पुलिस ने आरोपियों की गाड़ी भी जब्त कर ली थी.
जांच के दौरान पुलिस ने पहले इस मामले में राहुल मीणा निवासी कालाखेता और राजाराम गुर्जर निवासी सिंगपुरा को गिरफ्तार किया था. पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कड़ियां जुड़ती चली गईं. इसके बाद पुलिस ने पीड़ित युवक के चचेरे भाई विष्णु सैनी को हिरासत में लिया. पूछताछ में सामने आया कि पैसे के लेनदेन को लेकर विष्णु सैनी ने ही अपने ही चचेरे भाई सुनील का अपहरण कराने की योजना बनाई थी.
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