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रक्षा मंत्री का सलाम: रेज़ांग ला के हीरो मेजर शैतान सिंह की वीरता को याद किया
22 Nov, 2025 07:10 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। 120 बहादुर की रिलीज से ठीक पहले रेज़ांग ला बलिदान दिवस पर मेजर शैतान सिंह को याद करते हुए भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वीरता को दिया सम्मान एक्सेल एंटरटेनमेंट और ट्रिगर हैप्पी स्टूडियोज़ की 120 बहादुर को लेकर चर्चा अब अपने सबसे ऊँचे स्तर पर पहुँच चुकी है। फिल्म ट्रेलर ने पूरी तरह से रोमांच और प्रेरणा का सही मिश्रण पेश किया है। दर्शकों को भारत के सबसे बड़े युद्ध का एक ताकतवर और अब तक न बताई गई कहानी दिखाई है, जिसमें 120 बहादुर भारतीय सैनिकों ने रेज़ांग ला की लड़ाई में 3,000 चीनी सैनिकों के खिलाफ अपने पोस्ट की रक्षा की थी। जैसे-जैसे फिल्म की रिलीज़ नज़दीक आ रही है, भारत के रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने बलिदान दिवस पर मेजर शैतान सिंह को याद किया, जो रेज़ांग ला की लड़ाई में शहीद हुए थे। यह सच में हमारे देश के नायक की सही श्रद्धांजलि है, जो 120 बहादुर उनकी कहानी को दुनिया तक पहुँचाएगी। अपने सोशल मीडिया पर भारत के माननीय रक्षा मंत्री, श्री राजनाथ सिंह, ने मेजर शैतान सिंह के बलिदान और 1962 की लड़ाई के दौरान रेज़ांग ला में उनके कमांड की बहादुरी को याद करते हुए एक भावपूर्ण संदेश लिखा, जिन्होंने मातृभूमि के प्रति कर्तव्य और समर्पण की सर्वोच्च भावना को दिखाया। मेजर शैतान सिंह की तस्वीर साझा करते हुए,
माननीय रक्षा मंत्री ने लिखा
“बलिदान दिवस पर मेजर शैतान सिंह की बहादुरी और सर्वोच्च बलिदान को याद कर रहे हैं। 1962 की रेज़ांग ला युद्ध में उनकी कंपनी का वीरतापूर्ण संघर्ष मातृभूमि के प्रति कर्तव्य और समर्पण की सर्वोच्च भावना को दर्शाता है। उनका साहस, नेतृत्व और अंतिम बलिदान हमारे सशस्त्र बलों को प्रेरित करता रहता है और हर भारतीय के दिल में तिरंगे के प्रति गर्व और भावना को और मजबूत करता है।” फिल्म 120 बहादुर 1962 के युद्ध में लड़ी गई मशहूर रेजांग ला की लड़ाई में भारतीय सेना की 13 कुमाऊं रेजिमेंट के 120 जवानों की अद्भुत वीरता को दिखाती है। फिल्म में फरहान अख्तर मेजर शैतान सिंह भाटी (पीवीसी) की भूमिका निभा रहे हैं, जिन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर हर मुश्किल का सामना किया और भारतीय सेना के इतिहास की सबसे यादगार लड़ाइयों में से एक में बहादुरी की मिसाल पेश की। ऐसे बता दें कि इस फिल्म के दिल में एक दमदार पंक्ति गूंजती है: "हम पीछे नहीं हटेंगे।" यह पंक्ति अडिग संकल्प और अटूट देशभक्ति को दर्शाती है। 120 बहादुर का निर्देशन रजनीश 'रेज़ी' घई ने किया है और इसे रितेश सिधवानी, फरहान अख्तर (एक्सेल एंटरटेनमेंट) और अमित चंद्रा (ट्रिगर हैप्पी स्टूडियोज़) ने प्रोड्यूस किया है। यह फिल्म 21 नवंबर 2025 को सिनेमाघरों में रिलीज़ ।
फ्लाइट के दौरान मेडिकल इमरजेंसी, कोलकाता में उतरते ही पैसेंजर की हुई मौत
22 Nov, 2025 04:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
वैंकूवर से कोलकाता होते हुए दिल्ली जा रही एयर इंडिया की उड़ान में शुक्रवार (21 नवंबर) को दिल्ली के 70 वर्षीय एक यात्री दलबीर सिंह ने सीने में दर्द और बेचैनी की शिकायत की। मेडिकल इमरजेंसी के कारण, दलबीर सिंह को रात करीब 9:15 बजे कोलकाता एयरपोर्ट पर उतार दिया गया। इसके बाद, विमान रात 10:10 बजे बाकी 176 यात्रियों के साथ दिल्ली के लिए रवाना हो गया। वहीं दलबीर सिंह को विमान से उतारने के बाद तुरंत चारनोक अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सा कर्मचारियों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मृतक के परिवार को सूचित किया, जो वर्तमान में कोलकाता के लिए रवाना हो रहे हैं। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए आरजी कर मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया है।
भारत चीन के बीच एयर इंडिया की फ्लाइट
बता दें कि एयर इंडिया 1 फरवरी, 2026 से दिल्ली और शंघाई पुडोंग (PVG) के बीच अपनी नॉन-स्टॉप उड़ानें फिर से शुरू करेगी, जो लगभग छह साल के निलंबन के बाद एयरलाइन की चीन में वापसी का प्रतीक है। ये उड़ानें बोइंग 787-8 विमानों का उपयोग करके सप्ताह में चार बार संचालित होंगी, जिनमें 18 बिज़नेस क्लास और 238 इकोनॉमी क्लास सीटें होंगी। यह बहाली भारत और चीन के बीच नए राजनयिक संबंधों और अक्टूबर 2000 में एयर इंडिया द्वारा पहली बार शुरू किए गए सीधे हवाई संपर्क की बहाली के बाद हुई है।
2026 में नए मुंबई-शंघाई मार्ग की योजना
वहीं दिल्ली-शंघाई सेवा के साथ, एयर इंडिया 2026 के अंत में एक नॉन-स्टॉप मुंबई-शंघाई मार्ग शुरू करने की योजना भी बना रही है, जो नियामक और द्विपक्षीय अनुमोदन के अधीन होगा। इस कदम का उद्देश्य भारत के वाणिज्यिक केंद्रों और चीन के वित्तीय केंद्र के बीच संपर्क को मजबूत करना है। बता दें कि भारत और चीन के बीच सीधी उड़ानें 2020 की शुरुआत में COVID-19 महामारी के कारण समाप्त हो गईं और पूर्वी लद्दाख सीमा विवाद के बाद भू-राजनीतिक तनाव के कारण और विलंबित हो गई थीं।
नई श्रम संहिता लागू: 40 साल से ऊपर के कर्मचारियों को मुफ्त हेल्थ चेकअप, गिग वर्कर्स को PF और ग्रेच्युटी का लाभ
22 Nov, 2025 03:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
New gratuity law 2025: केंद्र सरकार ने श्रम सुधारों से जुड़ी चारों श्रम संहिताएं लागू कर दी हैं, जिसके साथ ही देशभर में कर्मचारियों, फिक्स्ड टर्म एम्प्लॉईज और गिग वर्कर्स के लिए कई महत्वपूर्ण बदलाव प्रभावी हो गए हैं. नए प्रावधानों के तहत 40 वर्ष से अधिक आयु के सभी कर्मचारियों को अब साल में एक बार मुफ्त स्वास्थ्य परीक्षण उपलब्ध कराया जाएगा. यह सुविधा पहली बार पूरे देश में अनिवार्य रूप से लागू की गई है. माना जा रहा है कि नई श्रम संहिता से पारदर्शिता बढ़ेगी, कर्मचारियों की सुरक्षा मजबूत होगी और गिग व असंगठित क्षेत्र के लाखों कामगारों को औपचारिक मान्यता मिलेगी. अनुमान है कि इन प्रावधानों से देश के 5 करोड़ से अधिक श्रमिकों को सीधा लाभ पहुंचेगा.
गिग वर्कर्स को PF और ग्रेच्युटी
पहली बार गिग वर्कर्स, जैसे जोमैटो, उबर, स्विगी आदि के डिलीवरी/कॉन्ट्रैक्ट वर्कर के लिए सर्विस वाले प्रावधान किए गए हैं. ताकि, उनकी आर्थिक सुरक्षा तय हो सके और साथ ही सात मानसिक रूप से भी इस सपोर्ट से वह सुरक्षित महसूस कर सकें. रंग वर्कर्स को मिलने वाली सुविधाओं नीचे लिखे कुछ सुविधाएं अनिवार्य की गई हैं.
PF (Provident Fund)
ग्रेच्युटी
हेल्थ और सोशल सिक्योरिटी लाभ
मिलने की व्यवस्था की गई है.
फिक्स्ड टर्म एम्प्लॉई (FTE) को स्थायी कर्मचारियों जैसा वेतन
फिक्स्ड टर्म वाले कर्मचारियों को स्थायी कर्मचारियों के बराबर वेतन मिलेगा।
उन्हें PF, हेल्थ, लीव और अन्य लाभ भी मिलेंगे।
ओवरटाइम पर दोगुना वेतन
नए नियम के अनुसार ओवरटाइम करने पर डबल पे मिलेगा.
एक साल नौकरी करने पर ग्रेच्युटी अधिकार
1 साल की सेवा पूरी करने पर कर्मचारी ग्रेच्युटी के हकदार होंगे
(पहले 5 साल जरूरी थे).
महिला कर्मचारियों को विशेष सुरक्षा और सुविधा मिलेगी.
पूरे देश में समान ईएसआईसी (ESIC)
ESIC की सुविधा पूरे देश में समान रूप से लागू होगी:
मातृत्व लाभ (Maternity Benefit)
बीमारी, कार्यस्थल दुर्घटना लाभ
मेडिकल सुविधाएं
अन्य महत्वपूर्ण बातें
समय पर वेतन—1st से 10th के बीच तय रूप से सैलरी देना अनिवार्य.
26 हफ्तों की paid maternity leave.
5% श्रमिकों को बढ़े हुए लाभ (रिटायरमेंट व अन्य सुरक्षा).
महिलाओं के लिए रात की शिफ्ट में सुरक्षा प्रावधान.
मणिपुर में संघ प्रमुख मोहन भागवत का बड़ा बयान: 'हिंदू नहीं तो दुनिया का अस्तित्व नहीं...' जानिए क्या कहा
22 Nov, 2025 03:05 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Mohan Bhagwat statement Manipur: आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत ने शुक्रवार को मणिपुर दौरे के दौरान अपने संबोधन में भारत की सभ्यता, समाज और राष्ट्र की शक्ति पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि भारत केवल एक देश नहीं बल्कि एक प्राचीन सभ्यता है जिसकी जड़ें इतनी मजबूत हैं कि अनेक उतार-चढ़ावों और आक्रमणों के बावजूद उसका अस्तित्व कभी खत्म नहीं हुआ. भागवत के अनुसार भारतीय समाज की संरचना ऐसी है कि हिंदू समुदाय हमेशा जीवित रहेगा और अगर हिंदू नहीं रहेगा तो दुनिया का अस्तित्व भी संभव नहीं होगा.
दूसरे आए और समाप्त हो गए भारत आज भी जीवंत है – भागवत
संघ प्रमुख भागवत ने कहा कि परिस्थितियां समय के साथ बदलती रहती हैं, कई देशों और साम्राज्यों ने इतिहास में उत्थान और पतन देखा है. यूनान, मिस्र और रोम जैसी सभ्यताएं इतिहास में खो गईं, लेकिन भारत आज भी मजबूती के साथ खड़ा है क्योंकि यहाँ समाज का एक ऐसा मूल नेटवर्क बना जो हमें जीवित रखता रहा. उनके शब्दों में, भारत एक अमर सिविलाइजेशन है यहां दूसरे आए, चमके और समाप्त हो गए, लेकिन भारत आज भी जीवंत है और आगे भी रहेगा.
भागवत ने महाभारत और रामायण का किया जिक्र
महाभारत, रामायण और कालिदास के साहित्य का उल्लेख करते हुए भागवत ने कहा कि भारतवर्ष हमेशा से एक सांस्कृतिक और ऐतिहासिक रूप से एकीकृत राष्ट्र रहा है. सीमाएं और शासक भले बदलते रहे हों, लेकिन भारत का मूल स्वरूप और सामूहिक चेतना कभी नहीं टूटी. स्वतंत्रता संग्राम का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि ब्रिटिश साम्राज्य का सूर्य भले दुनिया में कभी अस्त नहीं होता था, लेकिन भारत ने एक लंबी लड़ाई के बाद उसे खत्म कर दिखाया. 1857 से 1947 तक 90 साल संघर्ष करने के बाद आजादी मिली और आवाज कभी दबने नहीं दी गई.
समाज की एकता पर भागवत ने दिया विशेष जोर
भागवत ने समाज की एकता पर विशेष जोर दिया और कहा कि आरएसएस राजनीति नहीं करता और न ही किसी संगठन को नियंत्रित करता है. इंफाल में आदिवासी नेताओं से मुलाकात के दौरान उन्होंने साझा चेतना और आपसी सहयोग की अपील की. उनके अनुसार एकता बनाए रखने के लिए एकरूपता आवश्यक नहीं, लेकिन समाज के भीतर जुड़ाव जरूरी है.
आर्थिक स्वावलंबन पर बात करते हुए भागवत ने कहा कि राष्ट्र को इतना सक्षम होना चाहिए कि अर्थव्यवस्था, सैन्य बल और ज्ञान—तीनों के आधार पर भारत किसी पर निर्भर न रहे. उन्होंने लक्ष्य बताया कि एक ऐसा देश बने जहां कोई नागरिक दुखी, बेरोजगार या वंचित न रहे और हर व्यक्ति समृद्ध भारत के निर्माण में योगदान देकर सम्मान और आनंद से जीवन जी सके.
Basti Murder Case: शादी के 7 दिन बाद दुल्हे की हत्या, प्रेमी संग दुल्हन की खौफनाक साजिश
22 Nov, 2025 02:43 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Basti Murder Case ने पूरे उत्तर प्रदेश को हिलाकर रख दिया है। शादी के सिर्फ सात दिन बाद दुल्हे अनीस की हत्या कर दी गई और जब पुलिस ने जांच की, तो सामने आया कि इस साजिश के पीछे उसकी नई-नवेली दुल्हन रुखसाना और उसका प्रेमी रिंकू ही थे। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पूरे जिले में दहशत फैल गई है।
13 नवंबर को अनीस और रुखसाना की शादी गोंडा में बड़े धूमधाम से हुई थी। अनीस मुंबई में रहता था और निकाह के लिए गांव आया था। शादी के बाद जब रुखसाना बस्ती पहुंची, तो उसने अपने पति को रास्ते से हटाने की योजना बनानी शुरू कर दी। दरअसल, Basti Murder Case की जांच में सामने आया कि रुखसाना पिछले चार साल से रिंकू के साथ रिश्ते में थी और वह इस शादी के खिलाफ थी। घरवालों के दबाव में शादी तो हो गई, लेकिन उसने जल्द ही प्रेमी से संपर्क किया।
रिंकू और उसके दोस्त शिव ने मिलकर हत्या की पूरी योजना बनाई। दोनों रात में रुखसाना के ससुराल पहुंचे और रास्ता पूछने के बहाने अनीस को बाहर बुलाकर गोली मार दी। परिजनों ने तुरंत उसे अयोध्या के जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
सर्विलांस और फॉरेंसिक टीम की मदद से पुलिस ने साजिश का पर्दाफाश किया। रिंकू, शिव और रुखसाना को गिरफ्तार कर लिया गया है, हालांकि रुखसाना आरोपों से इनकार कर रही है।
दुबई एयर शो में शहीद विंग कमांडर नमांश स्याल: एक बहादुर पायलट की कहानी
22 Nov, 2025 11:39 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Wing Commander Namansh Syal: दुबई एयर शो 2025 में शुक्रवार (21 नवंबर) को एक दर्दनाक हादसे में भारत के विंग कमांडर नमांश स्याल शहीद हो गए. एयर शो में तेजस फाइटर प्लेन क्रैश हो जाने की वजह से हादसा हुआ. स्याल हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के नगरोटा बगवां इलाके के पटियालाकड़ गांव के रहने वाले थे. जैसे ही ये खबर गांव तक पहुंची, वैसे ही पूरे इलाके में मातम का माहौल छा गया.
पिता आर्मी से रिटायर्ड, पत्नी एयरफोर्स में अफसर
विंग कमांडर नमांश स्याल हैदराबाद एयरबेस पर तैनात थे. स्याल ने हमीरपुर के सैनिक स्कूल से पढ़ाई की थी. वे अपने अनुशासन और बेहतर काम के लिए जाने जाते थे. उनकी पत्नी अफसान भी वायु सेना में अफसर हैं. दोनों की एक पांच साल की बेटी है. शहीद विंग कमांडर के पिता रिटायर्ड आर्मी अफसर हैं. सेना में अपनी सेवा देने के बाद स्याल के पिता हिमाचल प्रदेश शिक्षा विभाग में प्रिंसिपल बने. जिस समय ये हादसा हुआ, उस समय स्याल की मां बीना देवी हैदराबाद में थीं.
हिमाचल प्रदेश के सीएम ने जताया दुख
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने घटना पर दुख जताया है. सोशल मीडिया साइट एक्स पर पोस्ट करके सीएम ने लिखा कि दुबई एयर शो में हुए तेजस विमान हादसे में हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिला के वीर सपूत नमन स्याल जी के निधन का समाचार अत्यंत दुखद और हृदयविदारक है.
उन्होंने आगे लिखा कि देश ने एक बहादुर, कर्तव्यनिष्ठ और साहसी पायलट खो दिया है. शोकाकुल परिवारजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं प्रकट करता हूं. वीर सपूत नमन स्याल जी की अदम्य वीरता, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण को हृदय से नमन.
जमीन पर गिरते ही आग के गोले में बदला प्लेन
दुबई में एयर शो 2025 के अंतिम दिन मकतूम इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर तेजस लड़ाकू विमान में विंग कमांडर नमांश स्याल ने उड़ान भरी. लो-लेवल एरोबेटिक युद्ध अभ्यास के दौरान प्लेन गोता लगाते हुए सीधा जमीन से टकरा गया और आग के गोले में तब्दील हो गया.
दिल्ली में ड्रोन से लाई गई हथियारों की बड़ी खेप बरामद, तस्करी गिरोह का पर्दाफाश
22 Nov, 2025 11:29 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Delhi Arms Seizure मामले में दिल्ली पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। क्राइम ब्रांच ने अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी करने वाले एक सक्रिय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की कार्रवाई उस समय और अहम हो जाती है जब यह खुलासा हुआ कि ये हथियार पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए भारत भेजे जा रहे थे। शुरुआती जांच में पता चला है कि यह गिरोह लंबे समय से गैंगस्टरों तक हथियार पहुंचाने का काम कर रहा था।
पुलिस के अनुसार, ड्रोन के माध्यम से भेजे गए हथियार पहले सीमावर्ती क्षेत्रों में गिराए जाते थे, जिसके बाद स्थानीय नेटवर्क उन्हें इकट्ठा कर दिल्ली और आसपास के राज्यों में भेजता था। जांच टीम को इस तस्करी चैनल से जुड़े कई डिजिटल सबूत भी मिले हैं, जो गिरोह के काम करने के तरीके की पुष्टि करते हैं। यह Delhi Arms Seizure न सिर्फ एक बड़े अपराधी नेटवर्क का खुलासा है बल्कि भविष्य में होने वाली संभावित आपराधिक घटनाओं पर भी बड़ी रोक लगाएगा।
पकड़े गए चारों आरोपी दिल्ली-एनसीआर में गैंगस्टरों को हथियार सप्लाई करने की तैयारी में थे। पुलिस को शक है कि इनके संपर्क कई कुख्यात अपराधियों और बाहरी मददगारों से भी जुड़े हुए हैं। फिलहाल क्राइम ब्रांच इन आरोपियों से पूछताछ कर रही है, ताकि नेटवर्क के बाकी सदस्यों और ड्रोन ऑपरेटरों की जानकारी जुटाई जा सके।
जगदीप धनखड़ ने 4 महीने बाद तोड़ी चुप्पी, स्पीच में RSS की भूमिका का किया सम्मान
22 Nov, 2025 11:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
उप-राष्ट्रपति पद से इस्तीफा देने के 4 महीने बाद जगदीप धनखड़ ने पहली पब्लिक स्पीच दी, जिसमें उन्होंने अपने इस्तीफे को लेकर भी दोटूक शब्दों में ही सही, लेकिन इशारों-इशारों में बहुत कुछ कह दिया. अपनी स्पीच में उन्होंने RSS की तारीफ भी की. जगदीप धनखड़ मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में RSS के जॉइंट सेक्रेटरी मनमोहन वैद्य की किताब ‘हम और यह विश्व’ का विमोचन करने आए थे, जहां उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित भी किया.
गोल-मोल बातों में वे कह गए बड़ी बात
पूर्व उप-राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने कहा कि समय की कमी थी, इसलिए मेरा गला पूरी तरह से खुल नहीं पाया, लेकिन फ्लाइट छूटने की चिंता में मैं अपना कर्तव्य नहीं भूल सकता और इसका सबसे बड़ा उदाहरण मेरा अतीत है, लेकिन मैं अपने मन की बात पूरी नहीं बोल सकता. मुस्कुराते हुए यह बातें कहकर जगदीप धनखड़ ने अपने इस्तीफे पर इशारों-इशारों में बहुत कुछ कह दिया. जगदीप धनखड़ ने 4 महीने मानसून सत्र से ठीक पहले अचानक उप-राष्ट्रपति पद से इस्तीफा देकर चौंकाया था.
RSS के बारे में ये बोले जगदीप धनखड़
पूर्व उप-राष्ट्रपति जगदीन धनखड़ ने अपने भाषण में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की विचारधारा पर भी खुलकर बात की और तारीफों के पुल बांधे. उन्होंने कहा कि आज की उथल-पुथल से भरी दुनिया का मार्गदर्शन सिर्फ भारत कर सकता है और इसके लिए भारत अपनी 6000 साल पुरानी परंपराओं और सभ्यताओं के अनुभव का फायदा उठा सकता है. RSS में भारत देश को और मजबूत करने की क्षमता है. RSS को लेकर देशवासियों के दिल-दिमाग में कई गलतफहमियां हैं. RSS पर झूठे आरोप भी लगते रहे हैं, लेकिन मनमोहन वैद्य की यह किताब मिथकों को तोड़कर असली RSS के दर्शन कराती है.
जगदीप धनखड़ ने किया नैरेटिव का जिक्र
पूर्व उप-राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने कहा कि आज की दुनिया, आज की जनरेशन नैरेटिव की जिंदगी जी रही है. सामने वाले का जज करके उसके बारे में नैरेटिव बना लिया जाता है, लेकिन नैरेटिव के चक्कर में न ही पड़े तो बेहतर होगा. एक बार इसके चक्कर में फंसेंगे तो कभी निकल नहीं पाएंगे. जहां लोग उस जिंदगी को जी रहे हैं, जिसमें वे एक बार जो सोच लेते हैं, उसे ही स्वीकार कर लेते हैं, फिर बेशक आप जितनी मर्जी सफाई दे दो, उन्हें फर्क नहीं पड़ता.
उत्तर भारत में ठंड का प्रकोप बढ़ा, कई राज्यों में घने कोहरे की चेतावनी
22 Nov, 2025 09:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
उत्तर भारत में कोहरे और हल्की ठंड की शुरुआत हो गई है। वहीं दिल्ली-एनसीआर में भी सर्दी का असर दिख रहा है, लेकिन प्रदूषण की वजह से मौसम की मार ज्यादा महसूस हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार, आज से अगले तीन दिनों तक पश्चिम और मध्य भारत में न्यूनतम तापमान 2-3 डिग्री सेल्सियस बढ़ सकता है, जिसके बाद खास बदलाव की उम्मीद नहीं है। वहीं उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के ऊंचे क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना है।
वहीं, उत्तर-पश्चिम भारत में इस हफ्ते रात के तापमान में 2-4 डिग्री की गिरावट आ सकती है। देश के बाकी हिस्सों में तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ इलाकों में 22 और 23 नवंबर को शीतलहर चल सकती है। पूरे हफ्ते उत्तर-पूर्वी भारत में हल्का से मध्यम कोहरा छाया रहेगा।
देश के इन हिस्सों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने यह भी बताया है कि तमिलनाडु में 21 से 24 नवंबर तक कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। केरल और माहे में भी 21 से 23 नवंबर तक ऐसी ही स्थिति रहने की संभावना है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 22 और 25 नवंबर को बारिश हो सकती है, जबकि 23 और 24 नवंबर को कई जगहों पर भारी बारिश की चेतावनी है।
यूपी के मौसम का हाल
आज से प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी हिस्से में मौसम शुष्क रह सकता है। इस दौरान सुबह के समय कहीं-कहीं पर छिछला से मध्यम कोहरा छाने की संभावना जताई गई है। इसी तरह 23, 24 और 25 नवंबर को भी प्रदेश में मौसम साफ रह सकता है। इस अवधि में भी सुबह के समय कोहरा छाने का अलर्ट जारी हुआ है। हालांकि इस अवधि में मौसम के बड़े बदलाव को लेकर कोई अलर्ट नहीं जारी हुआ है। 26 और 27 नवंबर को भी प्रदेश में मौसम जस का तस बना रहेगा। सुबह कोहरा का असर दिखाई पड़ सकता है।
राजस्थान और बिहार में बढ़ रही ठंड
बिहार के अधिकांश जिलों में सर्द हवाओं के कारण कड़ाके की ठंड का असर बढ़ता जा रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक, राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट होने से ठिठुरन महसूस हो रही है। अगले कुछ दिन में ग्रामीण इलाकों में कोहरे में इजाफा होगा, लेकिन अगले सप्ताह तक शीतलहर को लेकर कोई अनुमान नहीं है। वहीं, राजस्थान के कुछ इलाकों में शीतलहर बहने लगी है। मौसम विभाग की माने तो राजस्थान के कुछ हिस्सों में शीतलहर चल रही है।
बिहार में राहुल गांधी का स्ट्राइक रेट सिर्फ 8%! जानिए क्या है पूरा मामला?
22 Nov, 2025 08:27 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Rahul Gandhi in Bihar Election: बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की प्रचंड बहुमत आने के बाद शुक्रवार को नीतीश सरकार के विभागों का बंटवारा भी हो गया. जहां एनडीए खेमा जीत के जश्न और सरकार बनने की खुशी में डूबा हुआ है, वहीं दूसरी ओर महागठबंधन की पार्टियों के नेता और कार्यकर्ताओं के चेहरों पर हताशा नजर आ रही है. विधानसभा चुनाव के दौरान राहुल गांधी ने भी महागठबंधन के प्रत्याशियों के लिए चुनाव प्रचार करके वोट मांगे थे. लेकिन उनकी रैलियों का कुछ फायदा चुनाव में महागठबंधन को नहीं मिला.
7 जिलों की 51 विधानसभा में उम्मीदवारों के लिए वोट मांगे
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बिहार विधानसभा चुनाव में महागठबंधन के प्रत्याशियों के लिए चुनाव प्रचार किया था. राहुल गांधी ने 7 जिलों 51 विधानसभा में उम्मीदवारों के लिए वोट मांगे थे. इस दौरान उन्होंने 13 सभाएं की. लेकिन इन 51 विधानसभा में से कांग्रेस के सिर्फ 4 प्रत्याशी ही जीते. कांग्रेस का स्ट्राइक रेट यहां पर 8 फीसदी ही रहा.
बेगूसराय में मछली पकड़ते नजर आए थे राहुल
चुनाव के दौरान नेताओं के अलग-अलग रंग और रूप देखने को मिलते हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान राहुल गांधी का भी अलग अंदाज देखने को मिला था. चुनाव के समय राहुल गांधी बेगूसराय में रैली करने पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने तालाब में लोगों को मछली पकड़े देखा तो वो खुद भी तालाब में कूद पड़े. ये देखकर लोग भी हैरान रह गए. राहुल गांधी के साथ कन्हैया कुमार और वीआपी चीफ मुकेश साहनी भी मौजूद थे. वहीं घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था.
नीतीश की नई सरकार के विभागों का हुआ बंटवारा
बिहार चुनाव में प्रचंड जीत वाली एनडीए में नीतीश कुमार की नई सरकार के विभागों का शुक्रवार को बंटवारा हो गया. पहली बार ऐसा देखने को मिला है कि नीतीश कुमार गृह विभाग नहीं संभालेंगे. इस बार बिहार में गृह मंत्रालय सम्राट चौधरी को दिया गया है. अब पूरी कानून व्यवस्था का जिम्मा सम्राट चौधरी के हाथों में होगा. पुलिस विभाग अब सम्राट चौधरी को रिपोर्ट करेगा.
राष्ट्रपति–राज्यपाल विवाद पर SC का फैसला, CM स्टालिन का तीखा बयान — क्या कहा?
21 Nov, 2025 07:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
तमिलनाडु : तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन ने राष्ट्रपति संदर्भ पर सुप्रीम कोर्ट की राय को लेकर शुक्रवार को कहा कि राज्य के अधिकारों और वास्तविक संघीय ढांचे के लिए उनकी लड़ाई जारी रहेगी। स्टालिन का यह बयान सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के एक दिन बाद आया है जिसमें उसने कहा था कि अदालत राज्य विधानसभाओं द्वारा पारित विधेयकों को मंजूरी देने के लिए राज्यपालों और राष्ट्रपति पर कोई समयसीमा नहीं थोप सकती, लेकिन राज्यपालों के पास विधेयकों को अनिश्चितकाल तक रोककर रखने की “असीम” शक्तियां भी नहीं हैं।
राष्ट्रपति द्वारा इस विषय पर सलाह मांगे जाने पर, सीजेआई बी. आर. गवई की अगुवाई वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने अपनी सर्वसम्मति वाली राय में कहा कि राज्यपालों द्वारा “अनिश्चितकालीन विलंब” की सीमित न्यायिक समीक्षा का विकल्प खुला रहेगा। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ने एक बयान में कहा कि राज्यपालों के पास लंबित विधेयकों की मंजूरी के लिए समयसीमा तय करने के वास्ते संविधान में संशोधन होने तक उनका प्रयास जारी रहेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि अदालत की यह राय तमिलनाडु बनाम राज्यपाल मामले में अप्रैल 2025 में दिए गए फैसले को प्रभावित नहीं करेगी। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट की राय इस बात की पुष्टि करती है कि राज्य में निर्वाचित सरकार ही मुख्य भूमिका में होनी चाहिए और सत्ता के दो केंद्र नहीं हो सकते। उन्होंने कहा कि न्यायालय की राय स्पष्ट करती है कि राज्यपाल किसी विधेयक पर फैसला लेने में अनिश्चितकाल तक देरी नहीं कर सकते और संवैधानिक पदों पर बैठे लोगों को संविधान की मर्यादाओं में रहकर ही काम करना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अदालत ने यह भी साफ कर दिया है कि राज्यपाल के पास किसी विधेयक को रद्द करने या ‘पॉकेट वीटो’ लगाने जैसा कोई चौथा विकल्प नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकारें अदालत का रुख कर सकती हैं और राज्यपाल की जानबूझकर की गई देरी या निर्णय न लेने के लिए उन्हें जवाबदेह ठहरा सकती हैं। स्टालिन ने 1974 के सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए कहा कि यह परामर्श उतना ही प्रभावी है जितनी कानून अधिकारियों की राय होती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कानूनी लड़ाई के जरिए “हमने उन राज्यपालों को भी सरकार के अनुरूप काम करने पर मजबूर किया, जो निर्वााचित सरकारों से अलग कार्य कर रहे थे। उन्होंने कहा, “कोई भी संवैधानिक अधिकारी संविधान से ऊपर नहीं हो सकता।” स्टालिन ने कहा, “जब कोई उच्च पद धारी संविधान का उल्लंघन करता है, तो संवैधानिक न्यायालय ही एकमात्र उपाय होते हैं। अदालतों के दरवाजे बंद नहीं होने चाहिए।”
मुख्यमंत्री ने कहा, “हम सुनिश्चित करेंगे कि हर संवैधानिक संस्थान संविधान के अनुसार ही काम करे।” उन्होंने यह भी कहा कि उच्चतम न्यायालय ने एक बार फिर राज्यपाल के ‘पॉकेट वीटो’ के सिद्धांत और यह दावा खारिज कर दिया है कि राजभवन किसी विधेयक को रोककर रद्द कर सकता है
बिहार के बाद बंगाल पर BJP की नज़र, ममता दीदी को टक्कर देने की रणनीति तैयार, जानिए क्या है पूरा प्लान?
21 Nov, 2025 06:52 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
BJP: बीजेपी कैडर की जीत की भूख और हार से लड़ने का माद्दा देखना हो तो कोई दल इस पार्टी की पुरानी फ़ितरतों को सलीके से पढ़ ले, सारा डाउट क्लियर हो जाएगा. इससे पहले की बंगाल फ़तह करने की बीजेपी की जीत की रणनीति और टार्गेट का ज़िक्र किया जाए, आप असम को याद कर लीजिए. जनसंघ से लेकर बीजेपी तक के संपूर्ण अस्तित्व में पहली बार 2016 में आकर असम में कमल खिला. यानी दशकों के संघर्ष के बाद 2016 के विधानसभा चुनाव में पहली बार बीजेपी ने असम में पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई. जबकि, इसके पीछे कई पीढ़ियां जीत का ख़्वाब लिए मर-खप गईं. बीजेपी के संघर्ष और संघर्ष को अगली पीढ़ी में पास-ऑन करने के जज़्बे से अन्य दलों को भी सीख लेनी चाहिए.
नए दौर की बीजेपी नरेंद्र मोदी और अमित शाह के नेतृत्व में अपनी राजनीतिक हैसियत का विस्तार कर रही है. लेकिन, दो बार से लगातार पश्चिम बंगाल के क़िले को ढहाने का पुरज़ोर प्रयास बीजेपी का विफल रहा है. लेकिन, सवाल फिर से आ खड़ा है, कि क्या बीजेपी पश्चिम बंगाल में दीदी का किला इस बार के विधानसभा चुनाव में ध्वस्त कर पाएगी? जीत की ज़िद लिए बीजेपी के महारथी लगातार पश्चिम बंगाल को टार्गेट पर लिए हुए हैं। बिहार के “जंगलराज” के बाद अब अगली रणनीति पश्चिम बंगाल के “जंगलराज” पर फ़ोकस करने का है.
बिहार विधानसभा चुनावों में अपनी शानदार जीत के बाद बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व का मानना है कि बिहार की सफलता बंगाल में ‘जंगल राज’ को खत्म करने का रास्ता साफ कर रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली स्थित पार्टी के मुख्यालय से 14 नवंबर को अपनी विजय संबोधन में स्पष्ट कहा था, “बिहार की जीत ने बंगाल में भाजपा की सफलता का मार्ग प्रशस्त किया है. मैं बंगाल की जनता को आश्वस्त करता हूं कि आपके समर्थन से हम राज्य में जंगल राज का अंत करेंगे.”
बिहार में भाजपा को मिली भारी सफलता ने न सिर्फ़ उसके गठबंधन सहयोगी नीतीश कुमार की जनता दल (यूनाइटेड) को मजबूत किया, बल्कि पूर्वी भारत में पार्टी की पकड़ को और गहरा किया। लेकिन अब फोकस 2026 के बंगाल विधानसभा चुनावों पर है, जो भाजपा की ‘इच्छा सूची’ में सबसे ऊपर है. 2021 के चुनावों में तृणमूल कांग्रेस (TMC) की ‘बंगाली अस्मिता’ की राजनीति ने बीजेपी को ‘बाहरी’ का ठप्पा देकर करारी शिकस्त दी थी. तब टीएमसी का नारा था- ‘बंगला निजेर मेये के चाहे’, यानी बंगाल अपनी बेटी (ममता बनर्जी) चाहता है. भाजपा के आंतरिक सूत्रों के अनुसार पार्टी की तरफ़ से यह गंभीर गलती थी कि उसने उस समय इस टैगलाइन को आक्रामक तरीके से काउंटर नहीं किया.
रणनीति: बीजेपी के डीएनए में बंगाल!
अब भाजपा अपनी जड़ों को याद दिलाने की रणनीति पर काम कर रही है. पार्टी का दावा है कि वह पश्चिम बंगाल की ही संतान है, क्योंकि उसके संस्थापक श्यामा प्रसाद मुखर्जी इसी राज्य से थे. भाजपा को भारतीय जन संघ का प्रत्यक्ष उत्तराधिकारी बताते हुए, अभियान में बंगाली संस्कृति से विचारधारा को जोड़ने का प्रयास किया जाएगा. राज्य इकाई के फैसलों में बाहरी नेताओं पर कम निर्भरता रहेगी. उम्मीदवार चयन में युवा, स्वच्छ छवि वाले और शिक्षित चेहरों को प्राथमिकता मिलेगी, ताकि पार्टी की इमेज मजबूत हो. चुनाव से ठीक पहले अन्य दलों से बड़े स्तर पर नेताओं को शामिल करने से भी परहेज होगा, जैसी पिछली गलतियां हुईं.
बंगाल अभियान के 10 पॉइंट तय
अभियान के 10 प्रमुख बिंदु तय हो चुके हैं. इनमें खराब कानून-व्यवस्था, भ्रष्टाचार, अवैध घुसपैठ, राष्ट्रीय सुरक्षा और लोकतंत्र का ‘उपहास’ शामिल हैं. केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव, जो बंगाल चुनाव प्रभारी हैं, वे लगातार मीडिया के लाइम-लाइट से दूर रहकर कोलकाता में साप्ताहिक बैठकें कर रहे हैं. 80,000 बूथों पर कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं. बंगाली पहचान को मजबूत करने के लिए ‘जय मां काली’ और ‘जय मां दुर्गा’ जैसे नारे इस्तेमाल हो रहे हैं. नए राज्य अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य की नियुक्ति ऊपरी जाति और बंगाली भद्रलोक वर्ग तक पहुंच का संकेत है.
पीएम मोदी के चेहरे पर लड़ेगी पार्टी
टीएमसी के पास ममता जैसी जननेत्री है, लेकिन भाजपा मुख्यमंत्री पद का चेहरा उतारने की बजाय सामूहिक नेतृत्व और मोदी पर दांव लगाएगी. महिलाओं की सुरक्षा और ‘मां-माटी-मानुष’ नारे पर टीएमसी की नाकामी उजागर होगी. अभी से स्थानीय कार्यकर्ता और नेता चुनाव आयोग के विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) में जनता की मदद कर रहे हैं. हेल्पडेस्क खोले गए हैं. भाजपा की यह तैयारी बंगाल में लंबे संघर्ष और राजनीतिक ज़िद की ओर इशारा करती है. बिहार की जीत ने आत्मविश्वास दिया, लेकिन ममता की मशीनरी को तोड़ना आसान नहीं. पार्टी का लक्ष्य साफ है कि अस्मिता की राजनीति को तोड़कर शासन की कमजोरियों पर हमला किया जाए.
दुबई एयर शो में बड़ा हादसा...भारत का तेजस फाइटर जेट क्रैश, पायलट की मौत, जानिए क्या है पूरा मामला?
21 Nov, 2025 06:40 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Tejas Fighter Jet Crashes: दुबई में एयर शो के दौरान शुक्रवार को बड़ा विमान हादसा हो गया. डेमो फ्लाइट के दौरान भारतीय फाइटर जेट क्रैश हो गया. तेजस के क्रैश होने का वीडियो भी सामने आया है. जिसमें साफ देखा जा सकता है कि विमान के गिरते ही आग लग गई और काले धुंए का गुबार दिखाई दिया. हादसे में पायलट की मौत हो गई.
भीड़ के सामने क्रैश हुआ तेजस
दुबई में शुक्रवार को भारतीय फाइटर जेट तेजस डेमोंस्ट्रेशन फ्लाइट के दौरान क्रैश हो गया. जानकारी के मुताबिक जब तेजस एयर शो में परफॉर्म कर रहा था, तभी दोपहर 2 बजकर 10 मिनट पर क्रैश हुआ. विमान हादसे के वक्त बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे. एयर शो को देखने वालों में बच्चे भी शामिल थे. जिन्हें हादसे के तुरंत बाद पीछे किया गया.
इंडियन एयरफोर्स ने गहरा दुख व्यक्त किया
भारतीय वायुसेना ने तेजस क्रैश हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है. भारतीय वायुसेना ने जानकारी देते हुए बताया, ‘आज आज दुबई एयर शो में हवाई प्रदर्शन के दौरान भारतीय वायुसेना का एक तेजस विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया. भारतीय वायुसेना इस दुर्घटना में हुई जानमाल की हानि पर गहरा दुःख व्यक्त करती है और इस दुःख की घड़ी में शोकाकुल परिवार के साथ खड़ी है. दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए एक कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी गठित की जा रही है.’
कई खास वजहों के कारण जाना जाता है तेजस
तेजस अपनी कई खास वजहों के कारण जाना जाता है. तेजस एक लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट है, और 4.5 पीढ़ी का विमान है. इसकी कीमत लगभग 600 करोड़ रुपये है. ये फाइटर जेट लगभग 3000 किलोमीटर की उड़ान एक बार में भर सकता है. 1983 में तेजस लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट की शुरुआत हुई थी और 2001 में तेजस ने पहली उड़ान भरी थी.
बता दें तेजस क्रैश की ये दूसरी घटना है. इसके पहले 2024 में भी घटना सामने आई थी. राजस्थान के पोकरण में युद्धाभ्यास के दौरान इंजन फेल होने के कारण तेजस क्रैश हो गया था.
केशव प्रसाद मौर्य को मिलेगी बड़ी जिम्मेदारी? बिहार फतह के बाद क्या होगा अगला कदम?
21 Nov, 2025 03:19 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Keshav Prasad Maurya: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव समय-समय पर टलता रहा है. पहले अलग-अलग प्रदेशों में प्रदेश अध्यक्षों की घोषणा हुई, तो खबरें आने लगी थीं कि जल्दी ही अगले राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की प्रक्रिया भी शुरू हो जाएगी. हालांकि, बिहार चुनावों तक ये प्रक्रिया टल गई. अब जबकि, बिहार चुनाव समाप्त हो गया है और एनडीए की सरकार भी बन गई है, ऐसे में बीजेपी के अगले राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव को लेकर हलचल बढ़ने लगी है. इस रेस में एक चेहरा तेजी से उभर रहा है जो हाल में ही खत्म हुए बिहार चुनाव में बार-बार नजर आता रहा है.
यूपी के डिप्टी सीएम और बिहार में सह-प्रभारी की भूमिका में रहे केशव प्रसाद मौर्य को भाजपा ने विधानमंडल का नेता चुनने के लिए पर्यवेक्षक भी नियुक्त किया था. बिहार चुनाव में ऐतिहासिक जीत के बाद जिस तरह से केशव प्रसाद मौर्य ने सभी चीजों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराया, उसके बाद हलचल बढ़ी हुई है. दरअसल, चुनाव बाद ऐसी खबरें आने लगी थीं कि बीजेपी अपना सीएम बना सकती है. उधर जेडीयू और अन्य सहयोगी दल नीतीश कुमार के नाम पर अड़े थे. ऐसे में बिना किसी टकराव के, बिना किसी हो-हल्ला के मौर्य ने जिस तरह से सारी चीजों को मैनेज किया, उसके बाद उनके कद में इजाफा होना लाजिमी था.
शाह के बेहद करीबी हैं मौर्य
केशव प्रसाद मौर्य ओबीसी वर्ग के कद्दावर नेता हैं और गृह मंत्री अमित शाह के बेहद करीबी माने जाते हैं. एक कार्यक्रम में अमित शाह ने केशव प्रसाद मौर्य को अपना दोस्त भी बताया था. ऐसे में अब इस ‘दोस्त’ के राजनीतिक कद को लेकर कानाफुसी तेज हो गई है. सियासी गलियारों में तो इस बात की भी चर्चा होने लगी है कि क्या केशव प्रसाद को राष्ट्रीय अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है? हालांकि, अभी ये बहुत शुरुआती चरण है लेकिन ऐसी चर्चाएं पहले भी हो चुकी हैं.
संघ से जुड़ाव और दिल्ली से नजदीकी
इस चर्चा के पीछे बड़ी वजह एक और है कि संघ से उनका लंबे समय से जुड़ाव रहा है और वीएसपी से भी करीबी रही है. मौर्य का अक्सर-दिल्ली आना-जाना लगा रहता है. यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ से टकराव की खबरों के बीच भी वे अक्सर दिल्ली में दिखाई देते थे और शीर्ष नेतृत्व के संपर्क में बने हुए थे. उस वक्त भी खबरें थीं कि क्या शीर्ष नेतृत्व टकराव रोकने के लिए केशव प्रसाद मौर्य को दिल्ली बुला सकता है. हालांकि, टकराव की बातें केशव प्रसाद मौर्य ने कभी स्वीकार नहीं की हैं लेकिन, अलग-अलग समय पर उनका स्टैंड सीएम योगी से अलग रहा है.
बिहार चुनाव में निभाई बड़ी भूमिका
केशव प्रसाद मौर्य का नाम तेजी से उभरने के पीछे कुछ वजहें और भी हैं. बिहार के चुनावों में मिली प्रचंड में जीत में OBC-EBC वोटर्स की बड़ी भागीदारी रही. इस वर्ग के वोटर्स को एकजुट करने में केशव प्रसाद मौर्य ने बड़ी भूमिका निभाई. कुर्मी वोटर्स सहित ओबीसी-ईबीसी वोट को एकजुट करने के लिए रणनीति बनाना, बिहार में दर्जनों चुनावी रैलियां करना और आखिर में पर्यवेक्षक की जिम्मेदारी बखूरी निभाना…ये ऐसे कुछ कारण हैं जिनके बाद कयास लगाए जाने लगे हैं कि केशव प्रसाद मौर्य के कद को बढ़ाया जा सकता है. हालांकि, अब ये कद राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर होगा, या फिर कोई और बड़ी जिम्मेदारी दी जाएगी…या अभी जस की तस स्थिति बनी रहेगी, इसको लेकर आने वाले दिनों में तस्वीर कुछ और साफ हो सकती है.
दिल्ली ब्लास्ट में बड़ा खुलासा: विदेशी हैंडलर हंजुल्लाह ने मुजम्मिल को भेजे थे बम बनाने के 42 वीडियो, जानिए क्या है पूरा मामला?
21 Nov, 2025 02:57 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Muzammil Foreign Handler Videos: दिल्ली लाल किला कार ब्लास्ट मामले में रोज नए खुलासे हो रहे हैं. जांच एजेंसियों के अनुसार, विदेशी हैंडलर आतंकी डॉक्टर मुजम्मिल को बम बनाने के वीडियो भेजते थे. आतंकी मुजम्मिल वह शख्स है, जिसे विदेशी हैंडलर से एक-दो नहीं बल्कि पूरे 42 वीडियो मिले थे. मुजम्मिल पर आरोप है कि उसने आतंकी मॉड्यूल में इस्तेमाल होने वाले एक्सप्लोसिव के स्टोरेज का इंतजाम किया था. फिलहाल, मुजम्मिल NIA की हिरासत में है, जिससे पूछताछ जारी है.
NIA अधिकारियों के अनुसार, विदेशी हैंडलर ने फरीदाबाद के अल फलाह यूनिवर्सिटी से अरेस्ट किए गए आतंकी डॉक्टर मुजम्मिल अहमद गनई को बम बनाने की वीडियो भेजने के लिए एनक्रिप्टेड ऐप का इस्तेमाल किया था. जिसके जरिए कुल 42 वीडियो भेजे थे. मुजम्मिल, कार ब्लास्ट के मुख्य आरोपी आतंकी उमर का सहयोगी था. उमर ने अमोनियम नाइट्रेट विस्फोटक के साथ कार में खुद को उड़ा लिया था. वहीं, मुजम्मिल को NIA ने ब्लास्ट से पहले ही गिरफ्तार कर लिया था, जिसके पास से करीब 2900 किग्रा विस्फोटक सामग्री पकड़ी गई थी.
10 दिन की NIA हिरासत में सभी आतंकी
सूत्रों के अनुसार, तीन विदेशी हैंडलर के नाम सामने आए हैं, जिसकी पहचान ‘हंजुल्लाह’, ‘निसार’ और ‘उकासा’ के रूप में हुई है. जांच एजेंसियों को शक है कि ये उनके सही नाम नहीं है. हैंडलरों की भूमिका और पहचान के लिए जांच की जा रही है. हैंडलरों के भेजे गए वीडियो में बम बनाना सिखाया जाता था. वीडियो भेजने वाले विदेशी हैंडलर में सबसे ज्यादा नाम हंजुल्लाह का आ रहा है. हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है कि वीडियो हंजुल्लाह ही भेज रहा था. दिल्ली की एक अदालत ने गुरुवार को आतंकी उमर नबी के सभी सहयोगियों को 10 दिन की NIA हिरासत में भेज दिया है. जिसमें डॉक्टर मुजम्मिल अहमद गनई, अदील अहमद राथर, शाहीन अंसारी और मुफ्ती इरफान शामिल है.
कमरा नंबर 13 पर रची गई थी साजिश
जांच एजेंसियों के अनुसार, फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी की बिल्डिंग नंबर 17 में दिल्ली धमाके की साजिश रची गई थी. यूनिवर्सिटी का कमरा नंबर 13 पुलवामा के डॉक्टर मुजम्मिल अहमद गनई के नाम पर था. इसी कमरे में आतंकी डॉक्टर्स की मीटिंग हुआ करती थी. जबकि आतंकी उमर का अल-फलाह यूनिवर्सिटी के कैंपस के अंदर कमरा नंबर 4 था.
साडा अध्यक्ष पद के लिए अशोक शर्मा का नाम चर्चा में
श्री विश्वकर्मा महापंचायत संगठन की प्रदेश स्तरीय बैठक 30 को बैठक में होंगे कई महत्वपूर्ण निर्णय
बंगाल में कानून-व्यवस्था पर घमासान, नेताओं के बीच आरोप-प्रत्यारोप
विधानसभा-1 के वार्ड 9 से अभियान का शुभारंभ, जनभागीदारी पर जोर
