पंजाब
गर्मी से राहत के आसार, पंजाब में तेज हवा और बारिश की संभावना
7 May, 2026 09:31 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: पंजाब के मौसम में एक बार फिर बड़े बदलाव की आहट सुनाई दे रही है। मौसम विज्ञान विभाग के ताजा अनुमानों के मुताबिक, 10 मई से राज्य में एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने वाला है, जिससे आने वाले दिनों में सुनहरे आसमान की जगह धूल भरी आंधी और बादलों की गर्जना ले सकती है। इस प्रणाली के प्रभाव से पंजाब के विभिन्न हिस्सों में तीन दिनों तक मौसम का मिजाज काफी बिगड़ा हुआ रहने की संभावना है, जिसके दौरान तेज हवाओं के साथ बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
आगामी विक्षोभ और संभावित मौसमी बदलाव
पंजाब में सक्रिय होने जा रहा नया पश्चिमी विक्षोभ अपने साथ करीब 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की गति वाली तूफानी हवाएं लेकर आ सकता है। हालांकि, इस विक्षोभ के आने से पहले अगले तीन दिनों तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क ही बना रहेगा, लेकिन कुछ चुनिंदा जिलों जैसे बठिंडा, मुक्तसर और मानसा में स्थानीय स्तर पर हल्की बूंदाबांदी की संभावना बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिकों का यह भी कहना है कि विक्षोभ के असर से पहले दिन के तापमान में 4 से 5 डिग्री तक का उछाल आ सकता है, जिससे लोगों को गर्मी का तीखा अहसास होगा।
तापमान के मौजूदा आंकड़े और क्षेत्रीय स्थिति
बीते बुधवार को राज्य के अधिकांश क्षेत्रों में खिली धूप के कारण अधिकतम तापमान में मामूली वृद्धि दर्ज की गई, जो अब भी सामान्य से कुछ डिग्री नीचे बनी हुई है। बठिंडा जिला 37.1 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे गर्म स्थान रहा, जबकि पठानकोट में न्यूनतम तापमान 17.5 डिग्री दर्ज किया गया, जो इसे सबसे ठंडा क्षेत्र बनाता है। अमृतसर, लुधियाना और पटियाला जैसे प्रमुख शहरों में भी तापमान धीरे-धीरे ऊपर की ओर जा रहा है, जिससे रातों की ठंडक कम हो रही है और दिन के समय शुष्क गर्मी का प्रभाव बढ़ रहा है।
प्रमुख शहरों का पारा और भविष्य की चेतावनी
पंजाब के विभिन्न जिलों में तापमान का वितरण फिलहाल काफी विविधतापूर्ण है, जहां होशियारपुर में पारा 32.1 डिग्री के आसपास है, वहीं पटियाला में यह 36 डिग्री के पार पहुंच चुका है। न्यूनतम तापमान के मामले में भी फिरोजपुर और फरीदकोट जैसे शहर 21 डिग्री से ऊपर बने हुए हैं, जो बदलते मौसम के शुरुआती संकेत दे रहे हैं। प्रशासन ने किसानों और आम जनता को सलाह दी है कि वे 10 मई के बाद होने वाली संभावित तेज हवाओं और बारिश को ध्यान में रखकर अपनी योजनाएं बनाएं, क्योंकि अचानक आने वाले इस बदलाव से सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
जंग का दर्द: ‘ऑपरेशन सिन्दूर’ में आम लोगों की जिंदगी तबाह
6 May, 2026 09:36 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
फिरोजपुर: 'ऑपरेशन सिन्दूर' की त्रासदी ने उजाड़ दी जसवंत की दुनिया, अपनों को खोने के बाद अब सरकारी मदद का इंतजार
सीमावर्ती गांव खाईफेमीकी में आज भी उस भयावह रात के निशान मौजूद हैं, जिसने जसवंत सिंह के हंसते-खेलते परिवार को तहस-नहस कर दिया। जसवंत का पैतृक निवास अब एक वीरान खंडहर में तब्दील हो चुका है, जहां धमाके से दरकी हुई दीवारें और जलकर राख हो चुकी कार उस खौफनाक मंजर की गवाही देती हैं। यादों के इस बोझ और अकेलेपन के डर के कारण जसवंत ने उस घर की चौखट को हमेशा के लिए पीछे छोड़ दिया है और अब वह अपने रिश्तेदारों के पास गांव वरियाम वाला में पनाह लिए हुए है। अपनों को खोने का दर्द आज भी जसवंत की आंखों में साफ झलकता है, जब वह उस काली रात को याद करता है जिसने उसे जीवन भर का गहरा जख्म दे दिया है।
मिसाइल हमले ने छीना माता-पिता का साया और झुलस गया जसवंत का शरीर
जसवंत ने नम आंखों से उस मंजर को बयां किया जब वह घर पर अपने मवेशियों की देखरेख कर रहा था और अचानक आसमान से बरसी मिसाइल ने सब कुछ राख कर दिया। पाकिस्तानी ड्रोन द्वारा किए गए इस हमले में जसवंत के सिर से माता-पिता का साया हमेशा के लिए उठ गया और वह खुद भी आग की लपटों में बुरी तरह झुलस गया था। करीब एक महीने तक अस्पताल के बिस्तर पर मौत से जंग जीतने के बाद वह शारीरिक रूप से तो ठीक हो गया, लेकिन मानसिक रूप से वह आज भी उस नुकसान से उबर नहीं पाया है। पंजाब सरकार ने उसके उपचार का खर्च तो उठाया, परंतु उसके जीवन के जो स्तंभ ढह गए, उनकी भरपाई कोई भी व्यवस्था नहीं कर पाई।
परिवार का भावनात्मक संबल और पुरानी यादों का असहनीय दर्द
पुराने घर की ओर कदम बढ़ाते ही जसवंत का हौसला जवाब दे जाता है और वहां बिखरा सामान उसे अपने माता-पिता की याद में फूट-फूटकर रोने पर मजबूर कर देता है। इस कठिन समय में उसके दादा दर्शन सिंह और चाचा गुरबच्चन सिंह उसके लिए ढाल बनकर खड़े हैं और उसे कभी अकेलेपन का अहसास नहीं होने देते। परिवार का यही निस्वार्थ प्रेम और स्नेह जसवंत के टूटे हुए मन को जोड़ने का एकमात्र सहारा बना हुआ है। हालांकि माता-पिता की कमी उसे हर पल खलती है, लेकिन अपनों का साथ उसे इस असहनीय पीड़ा के बीच भी जीवन में आगे बढ़ने की एक धुंधली सी किरण दिखाता है।
मुआवजे की अधूरी आस और सरकारों की बेरुखी पर छलका परिजनों का दर्द
जसवंत के दादा दर्शन सिंह का मानना है कि दो देशों के बीच की जंग में सबसे बड़ी आहुति एक मासूम और आम परिवार ने दी है, जिसकी कीमत की भरपाई संभव नहीं है। परिवार का कहना है कि दो सदस्यों की जान जाने के बावजूद उन्हें अब तक कोई उचित मुआवजा नहीं मिला है, जो कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। भारी आर्थिक और मानसिक क्षति झेलने के बाद भी जसवंत ने अपने स्वाभिमान और साहस को जीवित रखा है और वह अपने दर्द को दबाकर नई शुरुआत करने की कोशिश कर रहा है। यह उसका अदम्य साहस ही है जो उसे इस विपरीत परिस्थिति में भी टूटने से बचाए हुए है।
नौकरी के झूठे आश्वासन और राजनेताओं के वादों की जमीनी हकीकत
हादसे के बाद गांव पहुंचे तमाम राजनीतिक दिग्गजों ने जसवंत को सहारा देने के बड़े-बड़े दावे किए थे, जो अब तक केवल कागजी ही साबित हुए हैं। परिजनों के अनुसार भाजपा नेता राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी सहित कई अन्य नेताओं ने जसवंत को सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा दिलाया था, लेकिन एक साल का लंबा वक्त गुजर जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। परिवार अब केंद्र और राज्य सरकार से पुरजोर मांग कर रहा है कि जसवंत को उसकी योग्यता के अनुसार सरकारी सेवा में लिया जाए ताकि उसका भविष्य सुरक्षित हो सके। वादों और हकीकत के बीच लटका यह मामला जसवंत के सब्र का इम्तिहान ले रहा है।
चार दिवसीय दौरे पर निकलेंगे भगवंत मान, संगत से करेंगे मुलाकात
6 May, 2026 08:43 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: 'शुकराना यात्रा' के जरिए आभार जताएंगे मुख्यमंत्री भगवंत मान, तीन दिवसीय भक्ति मार्ग का श्री आनंदपुर साहिब से होगा आगाज
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान 'जागत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार एक्ट संशोधन 2026' के ऐतिहासिक रूप से लागू होने के उपलक्ष्य में आज से एक विशेष 'शुकराना यात्रा' का शुभारंभ करने जा रहे हैं। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य पावन ग्रंथ के सम्मान में किए गए विधायी सुधारों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करना है। मुख्यमंत्री अपनी इस धार्मिक यात्रा की शुरुआत सिखों के पवित्र स्थान तख्त श्री केसगढ़ साहिब, श्री आनंदपुर साहिब में माथा टेककर करेंगे। यह पूरी यात्रा पंजाब के विभिन्न धार्मिक और ऐतिहासिक पड़ावों से होकर गुजरेगी और आगामी 9 मई को इसका विधिपूर्वक समापन होगा।
श्री आनंदपुर साहिब से फतेहगढ़ साहिब तक का विस्तृत यात्रा मार्ग
मुख्यमंत्री की यह शुकराना यात्रा प्रदेश के कई महत्वपूर्ण शहरों और धार्मिक केंद्रों को आपस में जोड़ेगी। पहले दिन की यात्रा का मार्ग श्री आनंदपुर साहिब से शुरू होकर रोपड़, बलाचौर, बंगा और फगवाड़ा जैसे क्षेत्रों को कवर करेगा। दूसरे दिन मुख्यमंत्री जालंधर से प्रस्थान करेंगे और बाबा बकाला, अमृतसर, तरनतारन, जीरा, फरीदकोट तथा कोटकपूरा जैसे शहरों में श्रद्धालुओं के बीच पहुँचेंगे। यात्रा के अंतिम और तीसरे दिन का मार्ग बठिंडा से शुरू होकर तख्त श्री दमदमा साहिब तलवंडी साबो, मानसा, बरनाला, सुनाम, संगरूर और पटियाला से होते हुए अंततः श्री फतेहगढ़ साहिब की पावन धरती पर संपन्न होगा।
धार्मिक भावनाओं और गुरु ग्रंथ साहिब के सत्कार को समर्पित पहल
इस यात्रा के माध्यम से मुख्यमंत्री भगवंत मान यह संदेश देना चाहते हैं कि सरकार गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी रोकने और उनके सत्कार को बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। एक्ट में किए गए हालिया संशोधनों को सिख समुदाय के लिए एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है, यही कारण है कि मुख्यमंत्री स्वयं गुरु चरणों में नतमस्तक होकर इस कार्य की सफलता के लिए धन्यवाद अर्पित कर रहे हैं। यात्रा के दौरान जगह-जगह संगत द्वारा स्वागत की तैयारियां की गई हैं और प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि धार्मिक मर्यादाओं का पालन करते हुए यात्रा सुचारू रूप से आगे बढ़ सके।
सद्भावना और सामाजिक एकता को मजबूत करने का प्रयास
राजनीतिक पंडितों का मानना है कि यह यात्रा केवल धार्मिक आभार तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रदेश में सांप्रदायिक सौहार्द और सामाजिक एकता को भी नया बल प्रदान करेगी। विभिन्न जिलों से गुजरते समय मुख्यमंत्री स्थानीय लोगों से भी संवाद करेंगे और आध्यात्मिक केंद्रों पर आशीर्वाद प्राप्त करेंगे। श्री फतेहगढ़ साहिब में होने वाला समापन समारोह काफी भव्य होने की उम्मीद है, जहाँ मुख्यमंत्री राज्य की सुख-शांति और समृद्धि की कामना करेंगे। इस पूरे कार्यक्रम को लेकर पंजाब के लोगों में काफी उत्साह देखा जा रहा है क्योंकि यह सीधे तौर पर उनकी धार्मिक आस्था और गौरव से जुड़ा हुआ विषय है।
राघव चड्ढा ने केंद्र पर लगाए गंभीर उत्पीड़न के आरोप
5 May, 2026 01:58 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़। पंजाब की सियासत में छिड़ी वर्चस्व की जंग अब देश की राजधानी तक फैल गई है, जहाँ आम आदमी पार्टी और उससे अलग हुए नेताओं ने राष्ट्रपति भवन में अपनी दस्तक दी है। मुख्यमंत्री भगवंत मान अपने विधायकों के दल के साथ राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलने पहुँचे, तो दूसरी ओर पार्टी का साथ छोड़ चुके राज्यसभा सांसदों ने भी राष्ट्रपति से मिलकर अपनी बात रखी। इस पूरे प्रकरण ने पंजाब की राजनीति में एक नया उबाल ला दिया है, जहाँ आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला अब सीधे संवैधानिक प्रमुख के दरवाजे तक जा पहुँचा है।
सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग और बदले की राजनीति के आरोप
राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने पंजाब सरकार पर बेहद गंभीर और तीखे प्रहार किए। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार उन नेताओं को निशाना बनाने के लिए सरकारी मशीनरी का इस्तेमाल कर रही है, जिन्होंने आम आदमी पार्टी का साथ छोड़कर भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया है। चड्ढा ने हरभजन सिंह के घर के बाहर हुई नारेबाजी, राजेंद्र गुप्ता की फैक्ट्री का कनेक्शन काटे जाने और संदीप पाठक के विरुद्ध दर्ज कराई गई प्राथमिकियों का हवाला देते हुए इसे बदले की भावना से प्रेरित राजनीति करार दिया। उन्होंने अंदेशा जताया कि अगला निशाना उन्हें बनाया जा सकता है और इसके लिए सोशल मीडिया पर बकायदा एजेंसियां तैनात की गई हैं।
लोकतंत्र की रक्षा और 'ऑपरेशन लोटस' के विरुद्ध मुख्यमंत्री की हुंकार
दूसरी तरफ, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राष्ट्रपति के समक्ष अपनी बात रखते हुए इसे लोकतंत्र की हत्या के विरुद्ध एक बड़ी लड़ाई बताया। उन्होंने केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का मुद्दा उठाते हुए भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि पार्टियों को असंवैधानिक तरीके से तोड़ना हमारे लोकतांत्रिक ढांचे के लिए एक बड़ा खतरा है। मान ने स्पष्ट किया कि पंजाब में किसी भी प्रकार की अनैतिक राजनीतिक चालें सफल नहीं होंगी क्योंकि उनके विधायक जनता के जनादेश के प्रति वफादार हैं। उन्होंने पंजाबियों के स्वाभिमान का हवाला देते हुए विश्वास दिलाया कि वे संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए अंत तक संघर्ष करते रहेंगे।
भाजपा का तंज और आम आदमी पार्टी के भीतर वैचारिक टकराव
इस पूरे मामले पर भारतीय जनता पार्टी ने भी चुटकी लेने में कसर नहीं छोड़ी और प्रदेशाध्यक्ष सुनील जाखड़ ने मुख्यमंत्री के दिल्ली दौरे पर तंज कसा। जाखड़ ने मजाकिया लहजे में कहा कि मुख्यमंत्री को अपने विधायकों को लेकर बहुत सतर्क रहना चाहिए, क्योंकि कहीं ऐसा न हो कि उनकी बसें भाजपा कार्यालय की दिशा में मुड़ जाएं। इस बीच, अरविंद केजरीवाल ने भी अपनी पार्टी के रुख को स्पष्ट करते हुए कहा कि वे तानाशाही ताकतों के खिलाफ पूरी तरह से एकजुट हैं। यह घटनाक्रम दर्शाता है कि पंजाब में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच चल रही यह रार अब एक बड़े कानूनी और संवैधानिक टकराव का रूप ले चुकी है।
हमने इस समाचार को एक औपचारिक और विस्तृत रूप दिया है। अब इस विषय की बारीकियों को समझने के लिए हम आगे बढ़ सकते हैं।
आप इनमें से किस पहलू पर चर्चा करना चाहेंगे?
संवैधानिक प्रावधान: जब कोई दल टूटता है या विधायक पाला बदलते हैं, तो राष्ट्रपति या राज्यपाल की क्या भूमिका होती है?
राजनीतिक शब्दावली: समाचार में इस्तेमाल हुए 'ऑपरेशन लोटस' या 'बदले की राजनीति' जैसे शब्दों का असल राजनीतिक अर्थ क्या है?
मीडिया और धारणा: इस तरह की खबरों को लिखने के लिए शब्दों का चयन कैसे किया जाता है ताकि वह निष्पक्ष लगे?
ट्राइडेंट और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के बीच टकराव तेज
5 May, 2026 08:08 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने ट्राइडेंट लिमिटेड और पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के बीच उपजे कानूनी विवाद में तमाम दलीलों को सुनने के पश्चात अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया है। राज्यसभा सांसद राजिंदर गुप्ता के स्वामित्व वाली कंपनी ट्राइडेंट ने बोर्ड द्वारा की गई हालिया जांच को राजनीति से प्रेरित बताते हुए इसे प्रतिशोध की भावना से की गई कार्रवाई करार दिया है।
कंपनी द्वारा राजनीतिक प्रतिशोध और दबाव के आरोप
ट्राइडेंट लिमिटेड ने अदालत के समक्ष पक्ष रखते हुए कहा कि 30 अप्रैल की शाम को तीस सदस्यों वाली टीम द्वारा किया गया निरीक्षण कोई सामान्य प्रक्रिया नहीं थी, बल्कि यह कंपनी पर अनुचित दबाव बनाने का एक सुनियोजित प्रयास था। कंपनी के प्रतिनिधियों ने तर्क दिया कि अप्रैल माह की शुरुआत में हुए निरीक्षणों के दौरान उन्हें सभी आवश्यक अनुमतियां मिली हुई थीं और उनकी अनुपालन रिपोर्ट भी संतोषजनक थी। कंपनी का सीधा आरोप है कि उनके संस्थापक की राजनीतिक विचारधारा और निष्ठा में बदलाव आने के तुरंत बाद इस तरह की सख़्त कार्रवाई की गई, जो स्पष्ट रूप से व्यक्तिगत और राजनीतिक रंजिश का संकेत देती है।
निष्पक्ष जांच और स्वतंत्र प्रयोगशाला की मांग
कानूनी प्रक्रिया के दौरान ट्राइडेंट की ओर से यह मांग प्रमुखता से उठाई गई कि इस पूरे मामले की जांच केंद्रीय और राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की एक संयुक्त टीम द्वारा कराई जानी चाहिए ताकि पारदर्शिता बनी रहे। इसके अलावा कंपनी ने विशेष आग्रह किया कि उनके संयंत्र से लिए गए नमूनों का परीक्षण पंजाब की सीमाओं से बाहर किसी अन्य स्वतंत्र प्रयोगशाला में कराया जाए। याचिका में यह भी अपील की गई है कि जब तक मामले की पूरी सुनवाई पूरी न हो जाए, तब तक बोर्ड को किसी भी प्रकार की दंडात्मक कार्रवाई करने से रोका जाए, हालांकि अदालत ने स्पष्ट किया कि राहत केवल कानूनी प्रक्रियाओं के दायरे में रहकर ही दी जा सकती है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की सफाई और याचिका का विरोध
दूसरी ओर पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कंपनी के सभी आरोपों को निराधार बताते हुए स्पष्ट किया कि यह एक नियमित निरीक्षण था और इसे 'छापेमारी' का नाम देना गलत है। बोर्ड ने दलील दी कि बड़ी औद्योगिक इकाइयों की समय-समय पर जांच करना उनके कार्यक्षेत्र का हिस्सा है और पिछले कुछ समय में ऐसी सैकड़ों इकाइयों का निरीक्षण किया गया है। बोर्ड ने अदालत को यह भी जानकारी दी कि वर्तमान में कंपनी के विरुद्ध कोई भी दंडात्मक आदेश जारी नहीं किया गया है, इसलिए इस याचिका को समय से पहले दायर माना जाना चाहिए और संभावित कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग न्यायिक सीमाओं का उल्लंघन है।
बारिश से तापमान में गिरावट, मौसम हुआ सुहावना
5 May, 2026 08:05 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
चंडीगढ़: पंजाब के विभिन्न हिस्सों में बीते दो दिनों से हो रही झमाझम बारिश और गरज-चमक के चलते मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है, जिससे झुलसाने वाली गर्मी से राहत मिली है। राज्य के अधिकतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जो अब सामान्य से 6.4 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंच चुका है। सोमवार को भी पारे में एक डिग्री की कमी आई, जबकि बठिंडा 36.7 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे गर्म इलाका रहा।
मौसम विभाग का अलर्ट और तेज हवाओं का अनुमान
आगामी दो दिनों यानी मंगलवार और बुधवार के लिए विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया है, जिसके तहत कई क्षेत्रों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से धूलभरी हवाएं चलने और बारिश होने की प्रबल संभावना है। इस बदलाव के कारण आने वाले समय में तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की और कमी देखी जा सकती है, जिससे वातावरण में ठंडक और बढ़ेगी।
आगामी दिनों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 7 मई से तीन दिनों तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क बना रहेगा, लेकिन राहत का यह सिलसिला यहीं थमता नजर नहीं आ रहा है। 10 मई से एक बार फिर नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है, जिसकी वजह से राज्य के कई हिस्सों में तेज आंधी के साथ दोबारा बारिश होने के आसार बन रहे हैं।
न्यूनतम तापमान की स्थिति और शहरों का हाल
जहां एक ओर अधिकतम तापमान गिरा है, वहीं न्यूनतम तापमान में 1.2 डिग्री की मामूली बढ़ोत्तरी हुई है जो वर्तमान में सामान्य स्तर के आसपास ही बना हुआ है। एसबीएस नगर में सबसे कम 17.5 डिग्री न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया, जबकि अमृतसर, लुधियाना और पटियाला जैसे प्रमुख शहरों में दिन का पारा 31 से 33 डिग्री सेल्सियस के बीच सिमट कर रह गया है।
राष्ट्रपति से मुलाकात का समय मिला, राघव चड्ढा CM मान से आगे
4 May, 2026 12:55 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब। पंजाब की राजनीति में मची हलचल के बीच 5 मई का दिन काफी महत्वपूर्ण होने वाला है, क्योंकि इस दिन मुख्यमंत्री और विपक्षी नेता अलग-अलग समय पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करेंगे।
राष्ट्रपति भवन में पंजाब की सियासत की गूँज
आगामी मंगलवार को राष्ट्रपति कार्यालय में पंजाब से जुड़ी दो बड़ी बैठकें होने वाली हैं। सबसे पहले राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के नेतृत्व में तीन अन्य सांसद सुबह 10:40 बजे राष्ट्रपति से भेंट करेंगे। गौरतलब है कि ये तीनों सांसद हाल ही में आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल हुए हैं।
सांसदों का एजेंडा: सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग
भाजपा में शामिल हुए ये नेता राष्ट्रपति के समक्ष पंजाब सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाएंगे। उनका आरोप है कि राज्य में सरकारी तंत्र का इस्तेमाल राजनीतिक बदले की भावना से किया जा रहा है और उन्हें व्यक्तिगत रूप से निशाना बनाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान की मुलाकात
उसी दिन दोपहर 12 बजे मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात करेंगे। मुख्यमंत्री का यह दौरा पार्टी के आंतरिक और कानूनी रणनीति से जुड़ा माना जा रहा है।
मुख्य मुद्दा: मुख्यमंत्री मान आम आदमी पार्टी के उन छह सांसदों को 'रिकॉल' (वापस बुलाने) करने के विषय पर चर्चा करेंगे, जिन्होंने दल बदला है।
शक्ति प्रदर्शन: इस दौरे के लिए 'आप' के 80 विधायकों को दिल्ली भेजने की तैयारी की गई है। हालांकि, प्रोटोकॉल और तय समय के अनुसार राष्ट्रपति से केवल मुख्यमंत्री ही आमने-सामने संवाद करेंगे।
बहला-फुसलाकर ले गए, नाबालिग के साथ गैंगरेप; वीडियो से खुली पोल
4 May, 2026 09:18 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमृतसर। पंजाब के अमृतसर और पठानकोट जिलों से किशोरियों के खिलाफ अपराध के दो हृदयविदारक मामले सामने आए हैं। पुलिस ने दोनों घटनाओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
1. अमृतसर: 15 साल की किशोरी से दरिंदगी और वीडियो वायरल
अमृतसर के थाना राजासांसी क्षेत्र में एक 15 वर्षीय लड़की के साथ तीन युवकों द्वारा कुकर्म करने और उसका वीडियो बनाकर सार्वजनिक करने का सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है।
घटना का खुलासा: पीड़ित लड़की की माँ के अनुसार, कुछ दिन पहले उनके पति ने एक वीडियो देखा जिसमें उनकी बेटी के साथ गलत काम किया जा रहा था। जब बेटी से पूछताछ की गई, तो उसने आपबीती सुनाई।
वारदात का तरीका: पीड़िता ने बताया कि बीती 25 अप्रैल को गुरुनूर सिंह उसे खेलने के बहाने अपने घर ले गया था। वहां पहले से ही दिलप्रीत सिंह और गुरु मेहर सिंह मौजूद थे। तीनों ने मिलकर उसके साथ अप्राकृतिक दुष्कर्म किया और इस घिनौनी हरकत का वीडियो बना लिया।
धमकी और ब्लैकमेल: आरोपियों ने लड़की को डराया कि यदि उसने किसी को बताया तो वे वीडियो वायरल कर देंगे। फिलहाल पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
2. पठानकोट: नशीला पदार्थ पिलाकर नाबालिग से दुष्कर्म
पठानकोट पुलिस ने भी एक नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म और ब्लैकमेलिंग के आरोप में एक युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
लंबे समय से प्रताड़ना: पीड़िता की माँ ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गुरप्रीत सिंह नाम का युवक पिछले एक साल से उनकी बेटी का पीछा कर उसे परेशान कर रहा था।
नशीला पेय देकर वारदात: आरोप है कि 6 मार्च को गुरप्रीत उसे दोस्ती के बहाने अपने घर ले गया और कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया। लड़की के बेहोश होने के बाद उसने दुष्कर्म किया और उसकी अश्लील तस्वीरें खींच लीं।
तस्वीरों से ब्लैकमेलिंग: आरोपी इन तस्वीरों के जरिए पीड़िता को डरा-धमकाकर कई बार अपनी हवस का शिकार बनाता रहा। 30 अप्रैल को जब पीड़िता घर में डरी-सहमी दिखी, तब इस पूरी घटना का खुलासा हुआ। पुलिस ने आरोपी गुरप्रीत सिंह के विरुद्ध मामला दर्ज कर लिया है।
श्री हरमंदिर साहिब की AI तस्वीर से बवाल, जांच के आदेश
4 May, 2026 08:55 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अमृतसर। अमृतसर के श्री हरमंदिर साहब (स्वर्ण मंदिर) की मर्यादा के साथ खिलवाड़ का एक नया मामला सामने आया है, जहाँ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का दुरुपयोग कर बनाई गई एक आपत्तिजनक तस्वीर सोशल मीडिया पर प्रसारित की जा रही है। इस तस्वीर में सिख मर्यादाओं का उल्लंघन होते देख संगत और धार्मिक संगठनों में भारी रोष है।
AI से तैयार तस्वीर पर विवाद
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर साझा की गई इस डिजिटल तस्वीर में तीन युवकों को श्री दरबार साहिब के परिक्रमा क्षेत्र में दिखाया गया है। तस्वीर की सबसे आपत्तिजनक बात यह है कि इसमें व्यक्तियों ने पैरों में चप्पलें पहन रखी हैं और उनके सिर भी ढके हुए नहीं हैं, जो कि गुरुद्वारा साहिब की स्थापित मर्यादा के पूर्णतः विपरीत है।
तस्वीर का दृश्य: इसमें एक युवक नई स्कूटी की चाबी हाथ में लिए खड़ा है, जबकि दो अन्य उसके पास खड़े हैं।
आरोपी की सफाई: सिख संगठनों के विरोध के बाद संबंधित व्यक्ति ने इस पोस्ट को हटा लिया है। उसने इसे 'अनजाने में हुई गलती' बताते हुए सार्वजनिक रूप से माफी की मांग की है।
पहले भी आ चुके हैं ऐसे मामले
यह पहली बार नहीं है जब तकनीक का इस्तेमाल धार्मिक भावनाओं को आहत करने के लिए किया गया हो। पूर्व में भी ऐसी कई घटनाएं दर्ज की गई हैं:
कंकाल का वीडियो: एक एआई वीडियो में पगड़ी पहने कंकाल को परिक्रमा में दिखाया गया था, जिसमें लंगर हॉल में जूते पहनकर भोजन करने के दृश्य भी थे।
परिक्रमा में वाहन: एक अन्य वीडियो में युवक को वाहन के साथ परिक्रमा क्षेत्र में दिखाया गया था।
सरोवर की मर्यादा: कुछ समय पहले पवित्र सरोवर में कुल्ला करते हुए रील बनाने का मामला भी चर्चा में रहा था।
SGPC ने शुरू की जांच
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) ने इस मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया है।
तकनीकी जांच: एसजीपीसी के कानूनी सलाहकार अमन बीर सिंह के अनुसार, इस तस्वीर की जांच के लिए एक विशेष एआई कमेटी का गठन किया गया है।
कानूनी कार्रवाई: कमेटी इस बात की पड़ताल करेगी कि यह तस्वीर जानबूझकर माहौल बिगाड़ने के लिए बनाई गई थी या नहीं। जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे।
महिला ट्रेनर से बदसलूकी, रिसॉर्ट मालिक पुलिस गिरफ्त में
2 May, 2026 12:59 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जालंधर: रिसॉर्ट मालिक हनी रंधावा गिरफ्तार, जिम की महिला ट्रेनर से छेड़छाड़ का आरोप
जालंधर। शहर के पॉश इलाके 66 फुटी रोड पर स्थित एक रिसॉर्ट के संचालक हनी रंधावा पर महिला सुरक्षा से खिलवाड़ करने के गंभीर आरोप लगे हैं। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया है।
जिम के भीतर हुई अभद्रता
मिली जानकारी के अनुसार, घटना रात करीब 8 बजे की है जब आरोपी हनी रंधावा जिम पहुंचा था।
आरोप: पीड़िता, जो जिम में ट्रेनर के तौर पर कार्यरत है, उसने बताया कि आरोपी ने अचानक उसके साथ अश्लील हरकतें शुरू कर दीं और उसे पीछे से पकड़ लिया।
विरोध: जब युवती ने इसका कड़ा विरोध किया, तो आरोपी ने मर्यादा लांघते हुए उसके साथ बदसलूकी की। जिम में मौजूद अन्य लोग भी इस अचानक हुई घटना से सन्न रह गए।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
मामले की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची और आरोपी को जिम से ही धर दबोचा।
केस दर्ज: पुलिस ने पीड़िता के बयानों के आधार पर छेड़छाड़ और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
औपचारिक गिरफ्तारी: आरोपी को हिरासत में लेने के बाद कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
जांच और सुरक्षा पर सवाल
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून अपना काम कर रहा है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है। इस घटना के बाद शहर के सार्वजनिक और निजी कार्यस्थलों पर महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। लोगों ने आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त सजा की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
Bail पर बाहर आया था दीपू अकालगढ़, घर में मृत मिला
2 May, 2026 08:54 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अकालगढ़ कलां में युवक ने की आत्महत्या: जेल से जमानत पर आने के बाद तनाव में था दीपू, घर में लगाया फंदा
लुधियाना। थाना सुधार के अंतर्गत आने वाले गांव अकालगढ़ कलां में एक 35 वर्षीय युवक अमरजीत सिंह उर्फ दीपू ने अपने घर के भीतर फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। फिलहाल पुलिस ने मृतक की पत्नी के बयानों के आधार पर कार्रवाई की है।
तनाव में था युवक
परिजनों के अनुसार, अमरजीत सिंह पिछले कुछ समय से मानसिक रूप से काफी परेशान चल रहा था।
हाल ही में हुई थी रिहाई: मृतक कुछ दिन पहले ही लुधियाना सेंट्रल जेल से जमानत पर बाहर आया था। उसके खिलाफ जबरन वसूली की कोशिश का एक मामला दर्ज था।
मानसिक स्थिति: पत्नी ने पुलिस को बताया कि जेल से आने के बाद से ही वह बहुत चुप रहने लगा था और तनाव में दिखाई देता था।
कैसे हुई वारदात?
शुक्रवार की रात भीषण गर्मी के कारण परिवार के सभी सदस्य आंगन में कूलर लगाकर सो रहे थे। रात के किसी पहर अमरजीत चुपचाप घर के अंदर गया और कमरे की छत से फंदा लगा लिया। शनिवार सुबह जब उसकी पत्नी अंदर गई, तब घटना का पता चला। शोर मचने पर गांव की पंचायत और पुलिस को सूचना दी गई।
चर्चाओं में रहा है दीपू का अतीत
मृतक अमरजीत सिंह उर्फ दीपू का अतीत काफी सुर्खियों में रहा है।
नशा तस्करों के खिलाफ अभियान: कुछ समय पहले दीपू के भाई की 'चिट्टे' (ड्रग्स) की ओवरडोज से मौत हो गई थी। इसके बाद दीपू ने कई नशा तस्करों को पकड़वाने में पुलिस की मदद की थी।
थाने-कचहरी में सक्रियता: वह अक्सर पुलिस थानों में लोगों के विवादों को सुलझाने और फैसले करवाने के काम में सक्रिय रहता था।
दर्ज हुआ था मुकदमा: इसी दौरान दीपू और दो अन्य पत्रकारों पर रंगदारी वसूलने का आरोप लगा, जिसके चलते उसे जेल जाना पड़ा था।
पुलिस की कार्रवाई
थाना सुधार के प्रभारी इंस्पेक्टर गुरदीप सिंह ने बताया कि:
फिलहाल धारा 174 के तहत मामला दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई है।
शव को पोस्टमार्टम के लिए लुधियाना के सिविल अस्पताल भेज दिया गया है।
यदि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कोई संदिग्ध तथ्य सामने आता है, तो पुलिस आगे की जांच के आधार पर नया मुकदमा दर्ज करेगी।
PPCB एक्शन पर रोक, ट्राईडेंट को हाईकोर्ट से बड़ी राहत
2 May, 2026 08:02 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ट्राईडेंट ग्रुप बनाम पंजाब सरकार: राजनीतिक पाला बदलते ही प्रदूषण बोर्ड की दबिश, हाईकोर्ट पहुंचा मामला
चंडीगढ़। देश के बड़े औद्योगिक समूहों में शुमार ट्राईडेंट ग्रुप और पंजाब सरकार के बीच कानूनी जंग छिड़ गई है। कंपनी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर आरोप लगाया है कि राजिंदर गुप्ता के राजनीतिक दल बदलने के ठीक बाद सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर उन्हें परेशान किया जा रहा है।
क्या है पूरा मामला?
याचिका में कहा गया है कि समूह के संस्थापक राजिंदर गुप्ता ने 24 अप्रैल को अपना राजनीतिक पाला बदला था। इसके तुरंत बाद से ही कंपनी प्रबंधन और अधिकारियों को कथित तौर पर धमकियां मिलने लगीं।
दबिश की शैली: कंपनी का आरोप है कि गुरुवार रात करीब 7:30 बजे प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की 30 सदस्यीय टीम ने 'छापेमारी' के अंदाज में फैक्टरी परिसर में प्रवेश किया।
नियमों की अनदेखी: याचिका के अनुसार, टीम ने नमूने लेते समय वैधानिक प्रक्रिया का पालन नहीं किया और नियमों के मुताबिक नमूनों की एक प्रति उद्योग को नहीं सौंपी।
हाईकोर्ट का रुख और बोर्ड की सफाई
सुनवाई के दौरान अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं:
बोर्ड का आश्वासन: PPCB ने अदालत को भरोसा दिलाया है कि 4 मई तक कंपनी के खिलाफ कोई दंडात्मक या कठोर कार्रवाई नहीं की जाएगी। बोर्ड ने यह भी स्पष्ट किया कि यह केवल एक नियमित निरीक्षण था और याचिका में जताई गई आशंकाएं निराधार हैं।
केंद्रीय जांच की मांग: कंपनी ने अदालत से आग्रह किया है कि लिए गए नमूनों की जांच पंजाब से बाहर किसी केंद्रीय एजेंसी से कराई जाए, क्योंकि उन्हें राज्य के प्रशासनिक तंत्र पर भरोसा नहीं है।
15 हजार कर्मचारियों का भविष्य दांव पर
अदालत को बताया गया कि 1990 में स्थापित यह समूह पूरी तरह सूचीबद्ध (Listed) है और यहाँ लगभग 15,000 कर्मचारी कार्यरत हैं। कंपनी का दावा है कि वे हमेशा से सभी पर्यावरणीय मानकों का पालन करते आए हैं और वर्तमान कार्रवाई केवल राजनीतिक द्वेष से प्रेरित है।
अदालत की टिप्पणी
हाईकोर्ट ने संकेत दिया है कि यदि उद्योग द्वारा जताई गई आशंकाएं तथ्यों के आधार पर सही पाई जाती हैं, तो प्रशासनिक निष्पक्षता और जांच की प्रक्रिया दोनों की न्यायिक समीक्षा की जाएगी।
Punjab में सियासी टकराव, विशेष सत्र को लेकर बाजवा बनाम मान
1 May, 2026 12:27 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र: मजदूर दिवस पर 'शक्ति प्रदर्शन' की तैयारी, विपक्ष ने घेरा
चंडीगढ़: मजदूर दिवस के अवसर पर पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने श्रमिकों को समर्पित विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया है। इस सत्र में सरकार जहां एक ओर बागी सांसदों के खिलाफ निंदा प्रस्ताव ला सकती है, वहीं दूसरी ओर विश्वास प्रस्ताव पेश कर अपना बहुमत और राजनीतिक ताकत दिखाने की तैयारी में है। सत्ता पक्ष ने अपने सभी विधायकों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए व्हिप जारी किया है।
मजदूरों के लिए खास पहल और मनरेगा पर चर्चा
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बताया कि यह सत्र देश के विकास में योगदान देने वाले कामगारों और कारीगरों को समर्पित है। इस ऐतिहासिक पहल के तहत मजदूर संघों के प्रतिनिधियों को विशेष अतिथि के रूप में सदन में आमंत्रित किया गया है। सत्र के दौरान मनरेगा योजना में किए गए संशोधनों और कामगारों पर उनके प्रभाव को लेकर विस्तृत चर्चा की जाएगी। सत्र से पहले मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक भी आयोजित की गई।
विपक्ष का तीखा हमला: 'सिर्फ ध्यान भटकाने की कवायद'
विपक्ष ने इस विशेष सत्र को लेकर सरकार पर कड़ा प्रहार किया है:
प्रताप सिंह बाजवा: नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि बार-बार विशेष सत्र बुलाकर सरकार जिम्मेदारी से भाग रही है। सत्र में न तो प्रश्नकाल है और न ही शून्यकाल, जिससे विधायकों को जनता के मुद्दे उठाने का मौका नहीं मिल रहा है।
अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग: पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि 7 राज्यसभा सांसदों के दल-बदल के बाद पैदा हुए संकट से ध्यान हटाने के लिए यह नाटक किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मनरेगा के क्रियान्वयन में पंजाब का प्रदर्शन बेहद खराब रहा है।
सदन में मोबाइल को लेकर हंगामा
सदन की कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री ने कांग्रेस विधायक सुखपाल खैरा द्वारा मोबाइल इस्तेमाल करने पर आपत्ति जताई। सीएम ने कहा कि एक तरफ मजदूरों के सम्मान में प्रस्ताव आ रहा है और दूसरी तरफ विपक्षी सदस्य फोन में व्यस्त हैं। इस मुद्दे पर सदन में काफी शोर-शराबा हुआ और सत्ता पक्ष ने खैरा के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
भाजपा की 'जनता दी विधानसभा'
सरकार के इस सत्र के जवाब में भाजपा ने समानांतर सत्र चलाने का निर्णय लिया है। सेक्टर-37 में आयोजित होने वाले इस 'जनता दी विधानसभा' कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष सुनील जाखड़, रवनीत बिट्टू और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। भाजपा का उद्देश्य राज्य की कानून-व्यवस्था, कर्मचारियों के लंबित डीए और अन्य जनहित के मुद्दों पर सरकार को घेरना है।
खास बातें:
सदन में आज कोई प्रश्नकाल नहीं होगा।
मजदूरों के लिए बड़ी घोषणाओं की संभावना।
सरकार ला सकती है निंदा और विश्वास प्रस्ताव।
विपक्ष ने नियमित मानसून सत्र की मांग की।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद बढ़ी जासूसी, कैमरों से की जा रही थी निगरानी
1 May, 2026 08:16 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ISI की 'डिजिटल जासूसी' का भंडाफोड़: सैन्य ठिकानों पर चीन निर्मित कैमरों से निगरानी की साजिश नाकाम
नई दिल्ली/जालंधर: 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद बौखलाई पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) और वहां की सेना ने भारतीय सेना की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए एक खतरनाक जाल बिछाया था। इस नापाक साजिश के तहत दिल्ली से लेकर कश्मीर तक संवेदनशील सैन्य इलाकों, मुख्य राजमार्गों और रेलवे स्टेशनों के पास चीन निर्मित हाई-टेक सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे, जिनकी लाइव फुटेज सीधे पाकिस्तान पहुंच रही थी।
कैसे काम कर रहा था यह नेटवर्क?
जांच एजेंसियों के अनुसार, पाकिस्तान में बैठा 'फौजी' नाम का एक हैंडलर इस पूरे नेटवर्क को संचालित कर रहा था। वह स्थानीय गुर्गों को चंद हजार रुपयों का लालच देकर इन रणनीतिक स्थानों पर सिम कार्ड और वाई-फाई से लैस कैमरे इंस्टॉल करवाता था। इन कैमरों का उद्देश्य भारतीय सेना की 'वेस्टर्न' और 'नार्दर्न' कमांड की मूवमेंट, विशेषकर सड़क और रेल मार्ग से होने वाले सैन्य विस्थापन की सटीक जानकारी जुटाना था।
इन इलाकों में पकड़े गए जासूसी कैमरे:
सुरक्षा एजेंसियों और विभिन्न राज्यों की पुलिस ने मिलकर इस नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है:
पंजाब: जालंधर और कपूरथला से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से 4G कनेक्टिविटी वाले चीनी कैमरे, सोलर प्लेट और विदेशी हैंडलरों से जुड़े मोबाइल फोन बरामद हुए हैं।
अंबाला: नेशनल हाईवे 152 के ओवरब्रिज पर दो जासूसी कैमरे मिले थे, जिनमें सिम कार्ड लगे हुए थे। इनका एक्सेस सीधे पाकिस्तान में था।
दिल्ली व गाजियाबाद: दिल्ली रेलवे स्टेशन और गाजियाबाद में जासूसी नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए 11 आरोपियों को दबोचा गया।
राजस्थान: अलवर और बीकानेर छावनी क्षेत्र में भी सोलर कैमरों के जरिए जासूसी करने वाले मॉड्यूल को ध्वस्त किया गया।
सुरक्षा एजेंसियों की मुस्तैदी
पंजाब पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि केंद्रीय एजेंसियां और राज्य पुलिस मिलकर इस साजिश की गहराई से जांच कर रही हैं। 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान मिली करारी हार के बाद पाकिस्तान अब इस 'डिजिटल जासूसी' के जरिए भारतीय सेना को नुकसान पहुंचाने की फिराक में है, लेकिन सतर्क सुरक्षा बल लगातार इस मॉड्यूल को तबाह कर रहे हैं।
सीमा पार साजिश बेनकाब, Pakistan Ordnance Factories से तैयार हथियारों का इस्तेमाल
1 May, 2026 06:34 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
पंजाब में बड़ी साजिश नाकाम: ISI और पाकिस्तानी सेना ने ड्रोन से भेजे थे RPG व विस्फोटक, जांच में बड़ा खुलासा
चंडीगढ़/तरनतारन: पंजाब की शांति भंग करने और राज्य को एक बार फिर दहशत की आग में झोंकने के लिए पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) और वहां की सेना की एक और नापाक साजिश का पर्दाफाश हुआ है। जांच एजेंसियों के खुलासे के अनुसार, सीमा पार से आतंकियों को न केवल हथियार बल्कि सीधे पाकिस्तानी सेना द्वारा उपयोग किए जाने वाले गोला-बारूद की आपूर्ति की जा रही है।
शंभू धमाके की जांच में मिले सुराग
शंभू रेलवे ट्रैक पर हुए विस्फोट की गहराई से जांच के दौरान कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई हैं। पुलिस ने आतंकी जगरूप सिंह (जूपा) के भाई सतनाम सिंह की निशानदेही पर तरनतारन के पंजवाड़ गांव से भारी मात्रा में हथियारों का जखीरा बरामद किया है। जब्त किए गए सामान में रॉकेट प्रोपेल्ड ग्रेनेड (RPG), हैंड ग्रेनेड, आईईडी (IED), आरडीएक्स (RDX), पिस्तौलें और पाकिस्तानी ऑर्डिनेंस फैक्टरी में बने कारतूस शामिल हैं।
ड्रोन के जरिए तबेले तक पहुँच रहा था बारूद
सूत्रों के मुताबिक, ये घातक हथियार ड्रोन के माध्यम से सीमा पार से भारतीय गांवों में गिराए जा रहे थे। जूपा और उसके भाई ने इन विस्फोटकों को अपने पशुओं के तबेले और निजी वाहन में छिपाकर रखा था। इस पूरे नेटवर्क को पाकिस्तान में मौजूद आतंकी रंजीत सिंह नीटा का संरक्षण प्राप्त था।
विदेशी हैंडलर्स और फंडिंग का जाल
आईएसआई द्वारा हथियार उपलब्ध कराने के बाद, स्थानीय स्तर पर नेटवर्क खड़ा करने और फंड जुटाने की जिम्मेदारी विदेशों में बैठे हैंडलर्स को सौंपी गई थी:
मलेशिया: यहां बैठा मुख्य हैंडलर जुझार सिंह आतंकियों को टास्क देने और ट्रेनिंग की रूपरेखा तैयार करने में शामिल था।
अमेरिका: अमेरिका में सक्रिय आतंकी सुरिंदर सिंह ठीकरीवाल ने इस मॉड्यूल के लिए वित्तीय संसाधनों (फंड) का इंतजाम किया।
गैंगस्टरों के बजाय कट्टरपंथियों का नया मॉड्यूल
सुरक्षा एजेंसियों ने पाया है कि इस बार साजिशकर्ताओं ने गैंगस्टरों के बजाय धर्म के नाम पर गुमराह किए गए कट्टरपंथी युवाओं का एक अलग मॉड्यूल तैयार किया है। इस मॉड्यूल का नेतृत्व प्रदीप सिंह खालसा कर रहा था, जो एक संगठन की आड़ में युवाओं को भर्ती कर उन्हें आतंकी वारदातों के लिए तैयार करता था।
मुख्य बिंदु:
पाकिस्तानी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले RPG की पहली बार इस तरह बरामदगी।
हथियारों की डिलीवरी के लिए ड्रोन तकनीक का बड़े पैमाने पर इस्तेमाल।
जांच में मलेशिया और अमेरिका के आतंकी लिंक आए सामने।
पंजाब पुलिस और केंद्रीय एजेंसियां राज्य में सक्रिय अन्य स्लीपर सेल्स की तलाश में जुटीं।
निर्वाचन तैयारियां एवं स्वीप गतिविधियां तेज
मुख्यमंत्री डॉ. यादव से मिले पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीस कम्पनी के पदाधिकारी
सिक्किम टनल हादसा: मृतक मजदूरों के परिजनों को मुआवजे का ऐलान
विपक्ष के प्रदर्शन के बीच पुलिस की कार्रवाई, राहुल-अखिलेश हिरासत में
मणिपुर में शांति अभियान को मिली सफलता, प्रतिबंधित संगठन KCP के 46 सदस्य सरेंडर
डॉ. मोहन सरकार की बड़ी उपलब्धि, UCC विधेयक पारित; क्या अब आसान होगा आम लोगों का जीवन?
मां योजना का विस्तार: 6 महीने में 30 हजार से ज्यादा लोगों ने लिया दूसरे राज्यों में मुफ्त उपचार का लाभ
जेडीए का बड़ा कदम: नागरिक सेवा केन्द्र में फॉलोअप शिविर, लोगों को मिलेगी त्वरित राहत
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