छत्तीसगढ़
महिलाओं के हुनर को मिल रही नई पहचान : आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम
7 Apr, 2025 10:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : महिलाओं को आत्मनिर्भर एवं आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में लखपति दीदी योजना मील का पत्थर साबित हो रही है। इस योजना के तहत महिलाओं को पारंपरिक हुनर जैसे बुनाई, कढ़ाई और वस्त्र निर्माण में प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगारोन्मुख बनाया जा रहा है। राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ विकासखण्ड के ग्राम सेंदरी एवं नारायणगढ़ की 20-20 महिलाओं को ग्रामोद्योग हाथकरघा विभाग द्वारा ट्यूनिक वस्त्र गणवेश, चादर, टॉवेल, बेडशीट सहित अन्य वस्त्र निर्माण का प्रशिक्षण मिला है, जिससे उन्हें प्रतिमाह 10-12 हजार रूपए तक की आय हो रही है।
प्रशिक्षित महिलाएं अब जय गढ़माता बुनकर सहकारी समिति मर्यादित ठाकुरटोला के माध्यम से छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विकास एवं विपणन संघ मर्यादित रायपुर की शासकीय वस्त्र प्रदाय योजना के अंतर्गत वस्त्र उत्पादन एवं विपणन कर रही हैं। हाथकरघा उद्योग में इन महिलाओं को बारहों महीने सतत रोजगार प्राप्त हो रहा है, जिससे सालाना एक लाख रुपए से अधिक की आमदनी हो रही है।
बुनकरी कार्य में जुटी महिलाएं अब लखपति दीदी बनने के लक्ष्य की ओर बढ़ रही हैं। हथकरघा से बने वस्त्रों की गुणवत्ता, रंग संयोजन और पारंपरिक सौंदर्य को देखते हुए बाजार में इनकी अच्छी मांग है। इस योजना ने न सिर्फ महिलाओं की आर्थिक स्थिति को सुधारा है, बल्कि उन्हें समाज में सम्मानजनक स्थान भी दिलाया है। यह पहल ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं के लिए न केवल आजीविका का साधन बनी है, बल्कि उनके आत्मविश्वास को भी नया आयाम दे रही है।
छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के नवनियुक्त अध्यक्ष सुरेन्द्र कुमार बेसरा ने कार्य भार ग्रहण किया
7 Apr, 2025 10:19 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम के नवनियुक्त अध्यक्ष सुरेन्द्र कुमार बेसरा ने आज निगम के कार्यालय पहुंचकर कार्यभार किया गया। इस मौके पर विभागीय मंत्री जी रामविचार नेताम द्वारा उन्हें पुच्छ गुच्छ देकर शुभकामनाएं दी गईं। उन्होंने कहा कि राज्य गठन के समय संसाधनों की कमी होने के कारण वंचित वर्ग के कल्याण में अनेकों समस्याएं आ रही थी, परन्तु अब राज्य में अधोसंरचनात्मक रूप से बहुत विकास हो चुका है। अतः अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम की योजनाओं का पूरा लाभ वंचित वर्ग तक पहुंचाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि नवनियुक्त अध्यक्ष के नेतृत्व में अंत्यावसायी निगम अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने में सफल होगा।
इस अवसर पर अध्यक्ष बेसरा ने अपने संक्षिप्त संबोधन में सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अंत्यावसायी निगम के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सभी का सामूहिक प्रयास अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों से इस संबंध में शीघ्र एक कार्ययोजना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए, ताकि उसके आधार पर निर्धारित लक्ष्यों को पूरा किया जा सके। उन्होंने अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम की योजनाओं का पूरा लाभ हितग्राहियों तक पहुंचाने के निर्देश भी दिए। इस मौके पर उपसचिव लविना पाण्डेय, निगम की सचिव गायत्री नेताम, सहायक महाप्रबंधक जय कपिल शाह, नवीन शर्मा, आदर्श साव सहित निगम के सभी अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम द्वारा अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक एवं सफाई कामगार वर्गों को विभिन्न व्यवसायों के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने के साथ तकनीकी व्यावसायिक प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है, ताकि वे स्वरोजगार प्राप्त कर आत्मनिर्भर हो सकें। अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम द्वारा अनेक योजनाएं जैसे - ट्रैक्टर ट्रॉली योजना, गुड्स कैरियर योजना, पैसंजर व्हीकल योजना, स्मॉल बिजनेस योजना, आदिवासी महिला सश्क्तीकरण योजन, टर्म लोन योजना, स्वच्छता से संबंधित वाहन योजना, सेनेटरी मार्ट योजना, शिक्षा ऋण योजना, ऑटो गुड्स कैरियर, कम्प्यूटर रिपेयरिंग इत्यादि योजनाएं संचालित की जाती हैं।
जल जीवन मिशन से सिंघपुरी गांव में आई खुशहाली
7 Apr, 2025 10:19 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुऱ : रायगढ़ जिले के पुसौर विकासखण्ड के छोटे से आश्रित ग्राम सिंघपुरी में जल जीवन मिशन ने ग्रामीणों के जीवन में बड़ा बदलाव लाया है। इस गांव के लोगों के घरों में नल से शुद्ध पेयजल पहुंचने लगा है। इससे न केवल उनकी रोजमर्रा की निस्तार व पेयजल की परेशानियां दूर हुई हैं, बल्कि स्वास्थ्य, स्वच्छता और जीवनशैली में भी सकारात्मक परिवर्तन आया है।
सिंघपुरी गांव की जनसंख्या लगभग 434 है और यहां 123 परिवार निवासरत हैं। ग्रामीणों की आजीविका मुख्यतः कृषि पर आधारित है। पहले उन्हें पीने के पानी के लिए दूर-दराज के जल स्रोतों तक जाना पड़ता था, जिससे समय और श्रम दोनों की बर्बादी होती थी। वहीं, गंदे पानी के कारण स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर पड़ता था। लेकिन अब हालात पूरी तरह से बदल गए हैं। जल जीवन मिशन योजना के तहत लोगों को शुद्ध जल की उपलब्धता सुनिश्चित हुई है। गांव में घर-घर नल कनेक्शन से पानी की आपूर्ति हो रही है। इसके साथ ही अपशिष्ट जल प्रबंधन कर कई परिवार अपने घरों में लगी सब्जी-बाड़ी से आर्थिक लाभ भी ले रहे हैं।
ग्राम की निवासी शांति यादव ने बताया कि पहले उन्हें पानी लाने के लिए दूर तालाब तक जाना पड़ता था। गंदे पानी के कारण बच्चों को बीमारियां होती थीं। अब घर में ही नल से साफ और पर्याप्त पानी मिल रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को धन्यवाद देते हुए कहा कि यह योजना उनके जैसे ग्रामीण परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
कार की डिक्की में मिला बच्ची का शव, शरीर पर चोट के निशान, इलाके में मचा हड़कंप
7 Apr, 2025 02:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
दुर्ग: मोहन नगर थाना क्षेत्र के ओम नगर में कन्या भोज के लिए निकली बच्ची का शव कार की डिक्की में मिलने से हड़कंप मच गया है। परिजनों ने पुलिस में बच्ची की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बच्ची के साथ दुष्कर्म की आशंका जताई जा रही है। पुलिस इस मामले में कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। नवरात्रि के आखिरी दिन सात साल की बच्ची सुबह कन्या भोज के लिए घर से निकली थी. जब वह घर नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की. इसकी सूचना पुलिस को दी गई. जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की तो बच्ची एक कार की डिक्की में गंभीर हालत में मिली. जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया जहां उसकी मौत हो गई. गुस्साए परिजनों ने जिस कार में बच्ची मिली थी, और अन्य कारों में भी तोड़फोड़ की. बच्ची के शरीर पर चोट के निशान मिले हैं।
वहीं घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है. मोहन नगर थाना प्रभारी शिव चंद्र ने बताया कि लड़की के परिजनों ने थाने पहुंचकर गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई तो जांच शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस को लड़की एक कार की डिक्की में गंभीर हालत में मिली। जिसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया। जहां उसकी मौत हो गई। पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ कर रही है। पुलिस आसपास के लोगों से भी पूछताछ कर रही है।
रामनवमी के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया कन्याओं का पूजन एवं सम्मान
7 Apr, 2025 01:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज जशपुर जिले के बगिया गांव स्थित दुर्गा मंदिर में देवी दुर्गा की पूजा-अर्चना की। इस पावन अवसर पर उन्होंने अपनी धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय और परिवार के सदस्यों के साथ देवी की विधिवत पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और श्रीमती कौशल्या साय ने इस अवसर पर पारंपरिक श्रद्धा और स्नेह के साथ छोटी-छोटी कन्याओं को आदरपूर्वक भोजन कराया और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि रामनवमी के अवसर पर कन्याओं का पूजन और सम्मान हमारी सांस्कृतिक जड़ों को संजोने के साथ ही ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे राष्ट्रीय अभियान को भी पुनर्जीवित करता है। इससे यह संदेश मिलता है कि बालिकाएं न केवल परिवार बल्कि राष्ट्र के विकास की आधारशिला हैं। उनका सम्मान, संरक्षण और सशक्तिकरण राष्ट्र के विकास के संकल्प को पूरा करता है।
सीएम साय ने बगिया स्थित पर्यावरण उद्यान का किया लोकार्पण, पर्यावरण प्रेमियों के लिए बना आकर्षण का केन्द्र
7 Apr, 2025 11:26 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बगिया में पर्यावरण उद्यान का किया उद्घाटन। अगर आप अपने परिवार के साथ प्रकृति के बीच स्वच्छ वातावरण में समय बिताना चाहते हैं तो बगिया में बना पर्यावरण उद्यान आपका इंतजार कर रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज जशपुर जिले में स्थित अपने पैतृक गांव बगिया में पर्यावरण उद्यान का उद्घाटन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उद्यान परिसर में नारियल, सुपारी और सीता अशोक का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। मनोरम प्राकृतिक वातावरण में 53 लाख रुपए की लागत से 28 हेक्टेयर में बने पर्यावरण उद्यान में एडवेंचर जोन, औषधीय गुणों से भरपूर पौधे, चिल्ड्रन पार्क, वाटरफॉल, मेडिटेशन हट, तितलियों के जीवन चक्र को प्रदर्शित करने वाला बटरफ्लाई जोन और कई अन्य निर्माण किए गए हैं, जो लोगों को प्रकृति के करीब ले जाते हैं और उन्हें आनंददायी अनुभव देते हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने वहां मौजूद ग्रामीणों से कहा कि इसके बनने से यहां रोजगार के अवसर पैदा होंगे। उद्यान में औषधीय गुणों से भरपूर पौधे लगाए गए हैं। पर्यावरण उद्यान में जंगल ट्रेल का निर्माण किया गया है। जहां योग जोन, आरोग्य वन पथ, जंगल जिम, बटरफ्लाई जोन, मोगली एडवेंचर जोन, ऑक्सीजन बूथ, पगोडा, गजराज जोन, तालाब, प्राकृतिक झूले, किड्स प्ले जोन बनाए गए हैं। औषधीय गुणों से भरपूर हर्रा, गिलोय, बेली बांस, सर्पगंधा, अश्वगंधा, बारबाडोस लिली, पुदीना, लेमन ग्रास, पत्थरचट्टा, आंवला आदि कई प्रजातियों के पौधे यहां लगाए गए हैं। उद्यान में बनाए गए बटरफ्लाई जोन में पर्यावरण में तितली के योगदान को प्रदर्शित करते हुए तितली के पूरे जीवन चक्र को दर्शाया गया है। जशपुर में पाई जाने वाली तितलियों की सभी प्रजातियों को भी यहां प्रदर्शित किया गया है। इस प्रदर्शन का उद्देश्य लोगों को तितलियों के बारे में जानकारी देने के साथ ही उनके संरक्षण के महत्व के बारे में बताना है।
मोगली एडवेंचर जोन में बच्चों के लिए कई तरह के एडवेंचर गेम
उद्यान में बनाए गए किड्स प्ले जोन में बच्चों के लिए आकर्षक झूले लगाए गए हैं। जिसमें प्राकृतिक झूले भी बनाए गए हैं। इसके अलावा बच्चों के मनोरंजन के लिए मोगली एडवेंचर जोन बनाया गया है। जहां कमांडो नेट, टायर वॉक, बैलेंस ब्रिज, टायर क्लाइंबिंग, रोप वॉक, इनक्लाइंड लॉग, कार्गो नेट, सिंगल लाइन ब्रिज, बर्मा ब्रिज आदि बनाए गए हैं। उद्यान में सराय चाव प्राकृतिक पैगोडा का निर्माण किया गया है। जहां परिवार के साथ प्रकृति का आनंद लिया जा सकता है। आदिम कलाकारों द्वारा आदिम संस्कृति को दर्शाती कास्ट मूर्तियां भी यहां स्थापित की गई हैं। पर्यावरण के प्रति जागरूकता दिखाते हुए इस उद्यान में बांस से बने आकर्षक डस्टबिन भी लगाए गए हैं।
मुख्यमंत्री बच्चों से पूरे स्नेह से मिले, फल और ड्राई फ्रूट्स दिए
मुख्यमंत्री जब भी बच्चों से मिलते हैं, तो पूरे स्नेह से मिलते हैं। आज जब मुख्यमंत्री पर्यावरण वाटिका का अवलोकन कर रहे थे, तो उन्होंने वहां खेल रहे बच्चों को अपने पास बुलाया और उनसे प्यार से बात की। मुख्यमंत्री ने उन्हें फल और ड्राई फ्रूट्स भेंट किए। प्राथमिक विद्यालय में पढ़ने वाले दीपांशु यादव, नीतू देवार, भीम विश्वकर्मा, रितेश राम और अन्य बच्चे मुख्यमंत्री से मिलकर काफी खुश दिखे। इस अवसर पर विधायक एवं सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष श्रीमती गोमती साय, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, पीसीसीएफ अरूण पाण्डेय, कमिश्नर नरेन्द्र दुग्गा, आईजी अंकित गर्ग, कलेक्टर रोहित व्यास, पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह, वनमण्डलाधिकारी जितेन्द्र उपाध्याय, आईएफएस निखिल अग्रवाल, सर्वराम प्रताप सिंह, भरत सिंह, सुनील गुप्ता सहित अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
कांसे की टोकरिया बनी आजीविका का साधन, अन्य महिलाओं को भी मिली आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा
7 Apr, 2025 11:20 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर: जशपुर जिले के कांसाबेल विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम टाटीडांड निवासी रिंकी यादव आज सफलता की मिसाल बन गई हैं। पारंपरिक छिंद कांसे से बनी खूबसूरत टोकरियों को अपनी आजीविका का साधन बनाकर उन्होंने गांव की अन्य महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया है। रिंकी यादव पिछले 6 वर्षों से राज्य शासन की महत्वाकांक्षी 'बिहान' योजना के अंतर्गत संचालित राखी स्व-सहायता समूह से जुड़ी हैं। वर्ष 2019 में उन्होंने पारंपरिक टोकरी बनाने के काम को केवल घरेलू उपयोग से आगे बढ़ाकर आर्थिक सशक्तिकरण का जरिया बनाया। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें इस काम को व्यवसायिक रूप देने का अवसर मिला।
आज समूह के माध्यम से उनकी सालाना आमदनी लगभग एक लाख रूपए तक पहुंच गई है। इसके अलावा वे छिंद कांसे की टोकरियां बनाकर व्यक्तिगत स्तर पर भी 20 से 30 हजार रूपए की अतिरिक्त आमदनी अर्जित कर रही हैं। यह आमदनी उनके परिवार के भरण-पोषण, बच्चों की पढ़ाई और घरेलू जरूरतों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। यह उसकी मेहनत और लगन का ही नतीजा है कि वह अब अपने सपनों का पक्का मकान बना रही है, जिसका निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है।
अपनी इस सफलता के लिए रिंकी यादव ने छत्तीसगढ़ सरकार और खासकर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है। रिंकी यादव कहती हैं कि स्व-सहायता समूह से जुड़ने के बाद उन्हें सरकार की योजनाओं, प्रशिक्षण और अवसरों की जानकारी मिली। इससे न सिर्फ उनके जीवन में आत्मविश्वास आया बल्कि सामाजिक स्तर पर भागीदारी भी बढ़ी। बिहान योजना से जुड़ने के बाद मेरे जीवन की दिशा ही बदल गई। आज मैं खुद को आत्मनिर्भर महसूस कर रही हूं और अपने बच्चों को बेहतर भविष्य देने का सपना भी साकार होता देख रही हूं। सरकार की योजनाओं ने मुझे हिम्मत और सम्मान दिया है।
विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर CM विष्णु देव साय ने की स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील
7 Apr, 2025 11:16 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस की शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि विश्व स्वास्थ्य दिवस वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण मुद्दों और स्वास्थ्य अधिकारों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से मनाया जाता है। यह हमें याद दिलाता है कि स्वास्थ्य सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने कहा कि स्वस्थ जीवन जीने के लिए हमें संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हम अपनी जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव लाकर स्वास्थ्य को बेहतर बना सकते हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि हर व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकें। उन्होंने हम सभी से स्वस्थ जीवन जीने के बारे में जागरूकता फैलाने और स्वस्थ भारत की ओर बढ़ने का आह्वान किया।
बस्तर में बारिश के आसार, रायपुर में 41 डिग्री के पार तापमान जाने का अनुमान
7 Apr, 2025 09:05 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर: छत्तीसगढ़ में कहीं बारिश तो कहीं भीषण गर्मी का असर दिख रहा है। बस्तर संभाग में आज बारिश के आसार हैं तो वहीं रायपुर में आज 7 अप्रैल को दिन का तापमान 41 डिग्री सेल्सियस से अधिक रह सकता है। इसके साथ ही प्रदेश के अन्य इलाकों में भी मौसम शुष्क बना हुआ है। वहीं कुछ इलाकों में गर्म हवाएं चलने के आसार हैं। मौसम विभाग रायपुर ने जानकारी दी कि आने वाले दिनों में प्रदेश में फिर से मौसम बदलेगा और कुछ जगहों पर बारिश के आसार हैं। इसके चलते कई जिलों में दिन और रात के तापमान में गिरावट भी देखने को मिल सकती है। हालांकि यह ज्यादा देर तक नहीं रहेगी। प्रदेश में फिर से तापमान में तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिलेगी और पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी महसूस की जाएगी।
छत्तीसगढ़ में भी ट्रफ लाइन का असर
रायपुर मौसम विभाग ने जानकारी दी कि प्रदेश में अचानक मौसम में आए बदलाव का मुख्य कारण पूर्वी भारत और बंगाल की खाड़ी में सक्रिय सिस्टम है। पूर्वी बिहार से छत्तीसगढ़ तक एक चक्रवाती वायुदाब और एक द्रोणिका बनी हुई है, जिससे मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। इसके अलावा दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में एक नया कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है, जिससे आने वाले दिनों में मौसम और अस्थिर हो सकता है।
तापमान में भी बार-बार बदलाव होगा
छत्तीसगढ़ में 7 अप्रैल को मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन 8 अप्रैल से दक्षिणी छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में हल्की बारिश और गरज के साथ छींटे पड़ने की संभावना है। 7 अप्रैल को रायपुर में अधिकतम तापमान 41 डिग्री और न्यूनतम 25 डिग्री रहने की संभावना है। पिछले 24 घंटों में बिलासपुर में सबसे अधिक 41 डिग्री तापमान दर्ज किया गया, जबकि अंबिकापुर में न्यूनतम 19 डिग्री रहा।
पश्चिमी विक्षोभ का असर
8 अप्रैल से पश्चिमी हिमालय में एक नया पश्चिमी विक्षोभ प्रभावित हो सकता है, जिसका अप्रत्यक्ष असर छत्तीसगढ़ के मौसम पर भी पड़ सकता है। हालांकि, तापमान में अभी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। हालांकि, राज्य में कुछ स्थानों पर बारिश और अन्य स्थानों पर भीषण गर्मी पड़ने की संभावना है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रामनवमी पर श्रीराम मंदिर में की पूजा-अर्चना
6 Apr, 2025 11:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रामनवमी के पावन अवसर पर राजधानी रायपुर में वीआईपी रोड स्थित श्रीराम मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की। उन्होंने मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के चरणों में प्रदेशवासियों के लिए सुख, समृद्धि, और निरंतर प्रगति की प्रार्थना की। मुख्यमंत्री साय ने मंदिर परिसर स्थित अंजनी माता और बाल हनुमान मंदिर में भी पूजा अर्चना कर आशीर्वाद लिया।
भगवान राम के आदर्शों से प्रेरित हो छत्तीसगढ़ के विकास के लिए करेंगे कार्य
मुख्यमंत्री साय ने इस अवसर पर कहा कि रामनवमी पर्व से हम सभी को भगवान श्रीराम के आदर्श, उनके संयम, मर्यादा और न्यायप्रियता को अपने जीवन में आत्मसात करने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने आह्वान किया कि हम सभी मिलकर राज्य के विकास के लिए समर्पण, एकता और सौहार्द के साथ कार्य करें—यही भगवान राम के प्रति हमारी सच्ची श्रद्धा होगी।
शुभकामनाओं के साथ दिया एकजुटता का संदेश
रामनवमी की शुभकामनाएँ देते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक समृद्धि और सामाजिक सौहार्द इसकी सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम के आशीर्वाद और अपने परिश्रम से हम सब मिलकर समृद्ध छत्तीसगढ़ का निर्माण करेंगे। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुगण उपस्थित थे
छिंद कांसा की सुंदर टोकरियों से संवरी जिंदगी
6 Apr, 2025 11:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : जशपुर जिले के कांसाबेल विकासखंड अंतर्गत ग्राम टाटीडांड की रहने वाली रिंकी यादव आज सफलता की मिसाल बन चुकी हैं। पारंपरिक छिंद कांसे से बनी सुंदर टोकरियों को अपनी आजीविका का साधन बनाकर उन्होंने गांव की अन्य महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा दी है।
रिंकी यादव पिछले 6 वर्षों से राज्य शासन की महत्वाकांक्षी ‘बिहान’ योजना के तहत संचालित राखी स्व-सहायता समूह से जुड़ी हैं। वर्ष 2019 में उन्होंने पारंपरिक टोकरी निर्माण के कार्य को केवल घरेलू उपयोग से आगे बढ़ाकर इसे आर्थिक सशक्तिकरण का माध्यम बना लिया। समूह से जुड़ने के बाद उन्हें इस कार्य को व्यावसायिक रूप देने का अवसर मिला। आज उनकी वार्षिक आमदनी समूह के माध्यम से लगभग एक लाख रुपये तक पहुँच चुकी है। इसके अतिरिक्त, वे व्यक्तिगत स्तर पर भी छिंद कांसे की टोकरियाँ बनाकर 20 से 30 हजार रुपये तक की अतिरिक्त आमदनी अर्जित कर रही हैं। यह आमदनी उनके परिवार के भरण-पोषण, बच्चों की पढ़ाई और घरेलू आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उनकी मेहनत और लगन का ही परिणाम है कि अब वे अपने सपनों का पक्का घर भी बना रही हैं, जिसका निर्माण कार्य तेजी से जारी है। इस सफलता के लिए रिंकी यादव ने छत्तीसगढ़ शासन और विशेष रूप से मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार जताया है।
रिंकी यादव का कहना है कि स्व-सहायता समूह में जुड़ने के बाद उन्हें शासन की योजनाओं, प्रशिक्षणों और अवसरों की जानकारी मिली। इससे उनके जीवन में न केवल आत्मविश्वास का संचार हुआ बल्कि सामाजिक स्तर पर भी सहभागिता बढ़ी। बिहान योजना से जुड़ने के बाद मेरे जीवन की दिशा ही बदल गई। आज मैं खुद को आत्मनिर्भर महसूस करती हूं और अपने बच्चों को बेहतर भविष्य देने का सपना भी साकार होते देख रही हूं। शासन की योजनाओं ने मुझे हौसला और सम्मान दिया है।
शासकीय योजनाओं से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिल रही मजबूती
6 Apr, 2025 11:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त हो रहे हैं। शासन की योजनाओं ने शिक्षित बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के नए अवसर प्रदान किए हैं। इन योजनाओं का लाभ उठाकर युवा न केवल अपना व्यवसाय शुरू कर रहे हैं, बल्कि दूसरों को भी रोजगार दे रहे हैं। ऐसी ही एक कहानी है सीतापुर विकास खंड के ग्राम पंचायत उडुमकेला के निवासी दिनेश सिंह की, जिन्होंने मत्स्य पालन को अपनी आजीविका का साधन बनाकर सफलता की नई मिसाल पेश की है।
मत्स्य पालन बना रोजगार का जरिया
दिनेश सिंह ने एमए (राजनीति विज्ञान) तक पढ़ाई की है। पढ़ाई उपरांत उन्होंने स्वयं का व्यवसाय शुरू कर दूसरों को भी रोजगार देने की सोची। इसी दौरान उन्हें प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना की जानकारी मिली, जिसमें मत्स्य पालन के हेतु शासन की ओर से 40 प्रतिशत सब्सिडी मिलती है। तो उन्होंने साल 2022 में उन्होंने अपनी एक हेक्टेयर जमीन पर तालाब निर्माण के लिए आवेदन किया। शासन की सहायता से उन्हें तालाब निर्माण के लिए 4.5 लाख रुपये मिले, जिसमें से उन्हें 2.80 लाख रुपये सब्सिडी के रूप में प्राप्त हुए।
सालाना 9 लाख रुपये की आमदनी
दिनेश सिंह ने तालाब में कुल 10000 नग फिंगरलिंग रोहू, कतला, मृगल, कॉमन कार्प, रुपचंदा का मत्स्य बीज संचयन किया। आज उनका व्यवसाय फल-फूल रहा है और प्रति वर्ष 5-6 टन मछली का उत्पादन करते है। जिसे थोक भाव में 150 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बिक्री करने पर उन्हें सालाना लगभग 8 से 9 लाख रुपये की आय होती है। खर्च निकालने के बाद भी उन्हें 4 से 4.5 लाख रुपये की शुद्ध बचत हो रही है। इसके अलावा, उनके इस काम में 2-3 लोगों को स्थायी रोजगार भी मिला है। जिससे उनका परिवार चल रहा है। दिनेश सिंह की सफलता साबित करती है कि सरकारी योजनाओं का सही उपयोग करके युवा स्वावलंबी बन सकते हैं। उनकी मेहनत और लगन ने न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारी, बल्कि गांव के अन्य युवाओं को भी स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया है। शासन की ऐसी योजनाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और बेरोजगारी दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
शासकीय योजना से मिली रोजगार की राह, दिनेश सिंह ने मत्स्य पालन से बनाई अपनी पहचान, अन्य लोगों को दे रहे हैं रोजगार
6 Apr, 2025 11:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
अम्बिकापुर : शासन की योजनाओं ने शिक्षित बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के नए अवसर प्रदान किए हैं। इन योजनाओं का लाभ उठाकर युवा न केवल अपना व्यवसाय शुरू कर रहे हैं, बल्कि दूसरों को भी रोजगार दे रहे हैं। ऐसी ही एक कहानी है सीतापुर विकास खंड के ग्राम पंचायत उडुमकेला के निवासी दिनेश सिंह की, जिन्होंने मत्स्य पालन को अपनी आजीविका का साधन बनाकर सफलता की नई मिसाल पेश की है।
मत्स्य पालन बना रोजगार का जरिया
श्री दिनेश सिंह ने एमए (राजनीति विज्ञान) तक पढ़ाई की, लेकिन नौकरी के सीमित अवसरों को देखते हुए उन्होंने स्वरोजगार स्थापित करने का फैसला किया। इसी दौरान उन्हें प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना की जानकारी मिली, जिसमें मत्स्य पालन के हेतु शासन की ओर से 40 प्रतिशत सब्सिडी मिलती है। तो उन्होंने साल 2022 में उन्होंने अपनी एक हेक्टेयर जमीन पर तालाब निर्माण के लिए आवेदन किया। शासन की सहायता से उन्हें तालाब निर्माण के लिए 4.5 लाख रुपये मिले, जिसमें से उन्हें 2.80 लाख रुपये सब्सिडी के रूप में प्राप्त हुए।
सालाना 9 लाख रुपये की आमदनी
दिनेश सिंह ने तालाब में कुल 10000 नग फिंगरलिंग रोहू, कतला, मृगल, कॉमन कार्प, रुपचंदा का मत्स्य बीज संचयन किया। आज उनका व्यवसाय फल-फूल रहा है और प्रति वर्ष 5-6 टन मछली का उत्पादन करते है। जिसे थोक भाव में 150 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बिक्री करने पर उन्हें सालाना लगभग 8 से 9 लाख रुपये की आय होती है। खर्च निकालने के बाद भी उन्हें 4 से 4.5 लाख रुपये की शुद्ध बचत हो रही है। इसके अलावा, उनके इस काम में 2-3 लोगों को स्थायी रोजगार भी मिला है। जिससे उनका परिवार चल रहा है। दिनेश सिंह की सफलता साबित करती है कि सरकारी योजनाओं का सही उपयोग करके युवा स्वावलंबी बन सकते हैं। उनकी मेहनत और लगन ने न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारी, बल्कि गांव के अन्य युवाओं को भी स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया है। शासन की ऐसी योजनाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और बेरोजगारी दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बगिया में पर्यावरण वाटिका का किया लोकार्पण
6 Apr, 2025 08:42 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : अगर आप प्रकृति के बीच स्वच्छ वातावरण में अपने परिवार के साथ समय बिताने आना चाहें तो बगिया में बनी पर्यावरण वाटिका आपका इंतजार कर रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज जशपुर जिले में स्थित अपने गृहग्राम बगिया में पर्यावरण वाटिका का लोकार्पण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने वाटिका परिसर में नारियल, सुपाड़ी और सीता अशोक का पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया।
सुरम्य प्राकृतिक परिवेश में 53 लाख रुपए की लागत से 28 हेक्टेयर में निर्मित पर्यावरण वाटिका में एडवेंचर जोन, औषधीय गुणों से भरपूर पौधे, चिल्ड्रन पार्क, वाटर फॉल, मेडिटेशन हट, तितलियों के जीवन चक्र को प्रदर्शित करता तितली जोन और कई निर्माण कराए गए हैं, जो लोगों को प्रकृति के और भी करीब ले जाकर आनंदमय अनुभव कराती है। इस दौरान मुख्यमंत्री ने वहां मौजूद ग्रामीणों से कहा कि इसके बन जाने से यहां पर रोजगार के अवसर निर्मित होंगे।
वाटिका में लगाये गए हैं औषधीय गुणों से भरपूर पौधे
पर्यावरण वाटिका में जंगल ट्रेल का निर्माण किया गया है। जहां योग जोन, आरोग्य वन पथ, जंगल जिम, तितली जोन, मोगली एडवेंचर जोन, ऑक्सीजन बूथ, पैगोडा, गजराज जोन, तालाब, नेचुरल झूले, किड्स प्ले जोन बनाया गया है। यहां पर औषधीय गुणों से भरपूर हर्रा, गिलोय, बेली बांस, सर्पगंधा, अश्वगंधा, बारबाडोस लिली, पुदीना, लेमन ग्रास, पत्थरचट्टा, आंवला आदि अनेक प्रजातियों के पौधे लगाए गए हैं।
वाटिका में निर्मित तितली जोन में तितली के पर्यावरण में योगदान को प्रदर्शित करते हुए तितली के सम्पूर्ण जीवन चक्र को दर्शाया गया है। यहां पर जशपुर में पाई जाने वाली सभी तितलियों की प्रजातियों को भी प्रदर्शित किया गया है। इस प्रदर्शन का उद्देश्य तितलियों के बारे में लोगों को जानकारी देने के साथ उनके संरक्षण के महत्व के बारे में भी बताना है।
मोगली एडवेंचर जोन में बच्चों के लिए हैं विभिन्न साहसिक खेल
वाटिका में बने किड्स प्ले जोन में बच्चों के लिए आकर्षक झूले लगाए गए हैं। जिसमें प्राकृतिक झूले भी बनाए गए हैं। इसके अतिरिक्त बच्चों के मनोरंजन के लिए मोगली एडवेंचर जोन बनाया गया है। जहां कमांडो नेट, टायर वॉक, बैलेंस ब्रिज, टायर क्लाइम्बिंग, रोप वॉक, इंक्लाइंड लॉग, कार्गाे नेट, सिंगल लाइन ब्रिज, बर्मा ब्रिज आदि बनाये गए हैं।
वाटिका में सरई छांव प्राकृतिक पैगोडा का निर्माण किया गया है। जहां परिवार के साथ प्रकृति का आनंद लिया जा सकता है। यहां पर आदिम कलाकारों द्वारा आदिम संस्कृति को प्रदर्शित करती कास्ट मूर्तियां भी लगाई गई हैं। इस वाटिका में पर्यावरण के प्रति जागृति दिखाते हुए बांस के बने आकर्षक डस्टबिन भी लगाए गए हैं।
मुख्यमंत्री बच्चों से पूरी आत्मीयता से मिले, दिए फल और ड्राई फ्रूट्स
मुख्यमंत्री जब भी बच्चों से मिलते है पूरे वात्सल्य भाव से मिलते हैं। आज जब मुख्यमंत्री पर्यावरण वाटिका का अवलोकन कर रहे थे, तब उन्होंने वहां खेल रहे बच्चों को अपने पास बुलाया और उनसे प्रेम भाव से बात की। मुख्यमंत्री ने उन्हें फल और ड्राय फ्रूट्स भेंट किए। प्राथमिक स्कूल में पढ़ने वाले दीपांशु यादव, नीतू देवार, भीम विश्वकर्मा, रितेश राम सहित अन्य बच्चे मुख्यमंत्री से मिलने के बाद काफी खुश नजर आए।
इस अवसर पर विधायक और सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष गोमती साय, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, पीसीसीएफ अरुण पांडेय, कमिश्नर नरेंद्र दुग्गा, आईजी अंकित गर्ग, कलेक्टर रोहित व्यास, पुलिस अधीक्षक शशिमोहन सिंह, वनमंडलाधिकारी जितेन्द्र उपाध्याय, आईएफएस निखिल अग्रवाल, सर्वरामप्रताप सिंह, भरत सिंह, सुनील गुप्ता सहित अधिकारीगण और जनप्रतिनिधिगण मौजूद थे।
'नवीकरणीय ऊर्जा से बदलेगा प्रदेश का भविष्य' — मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
6 Apr, 2025 08:41 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
रायपुर : अक्षय ऊर्जा का अधिक से अधिक उपयोग स्वच्छ, सुरक्षित भविष्य की ओर ले जाएगा। बिजली आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में नवीकरणीय ऊर्जा के क्षेत्र में नए लक्ष्य तय किए गए हैं और इसे पूरा करने की दिशा में तेजी से काम हो रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के क्रेडा कार्यालय परिसर में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में 50 करोड़ रुपए से अधिक के विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण व भूमिपूजन कर कार्यक्रम को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने सौर ऊर्जा संचालित बैटरी स्वैपिंग स्टेशन और सामान्य से सौर ऊर्जा में परिवर्तित ई रिक्शा का लोकार्पण भी किया।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सभी को रामनवमी के पावन पर्व की शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि आज के इस शुभ घड़ी में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में बड़े कामों की शुरुआत हुई है। परंपरागत ईंधन के स्रोतों से पर्यावरण को हो रही क्षति को देखते हुए सौर और नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग बड़ा परिवर्तन ला सकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सौर ऊर्जा से जुड़ी अनेक योजनाएं संचालित है और इसके प्रभावी क्रियान्वयन से प्रदेश के आमजनों और किसानों को बड़ा लाभ मिल रहा है। साथ ही नक्सल प्रभावित इलाकों में भी नियद नेल्ला नार योजना के माध्यम से बिजली पहुंचाने का काम पूरा हो रहा है और सुदूर अंचल के गांव इससे रोशन हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सौर ऊर्जा से संचालित ई रिक्शा का आज लोकार्पण किया गया है और इस पहल से ई रिक्शा का संचालन किफायती हो जाएगा और ई रिक्शा चालकों के आय में वृद्धि होगी।
साय ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश में हॉफ बिजली नहीं बल्कि मुफ्त बिजली मिले और इस दिशा में सरकार प्रयासरत है। उन्होंने पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली को केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना बताया और कहा कि प्रदेश में अधिक से अधिक गरीब परिवारों को इससे लाभान्वित करने के उद्देश्य से राज्य सरकार द्वारा भी सब्सिडी दिए जाने का प्रावधान बजट में किया गया है। मुख्यमंत्री ने ऊर्जा के क्षेत्र में 3 लाख करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त होने की जानकारी दी और कहा कि इससे ऊर्जा के क्षेत्र में क्रांतिकारी परिवर्तन आएगा और हम भविष्य की जरूरतों को आसानी से पूरा कर पाएंगे।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि पूरी दुनिया स्वच्छ पर्यावरण के लिए अक्षय ऊर्जा को अपना रही है। उन्होंने कहा कि अब फॉसिल फ्यूल का उपयोग धीरे धीरे कम होगा और आने वाले समय में नवीकरणीय ऊर्जा से यह रिप्लेस हो जाएगा। डॉ. सिंह ने अक्षय ऊर्जा से जुड़े 50 करोड़ रुपए से अधिक के कार्यों के लोकार्पण और भूमिपूजन के लिए अपनी शुभकामनाएं दी और इसे स्वच्छ ऊर्जा की दिशा में बड़ी पहल बताया।
अक्षय ऊर्जा से जुड़े 50 करोड़ रुपए से अधिक के कार्यों का हुआ भूमिपूजन और लोकार्पण
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर में अक्षय ऊर्जा से जुड़े 50 करोड़ रुपए से अधिक के कार्यों का लोकार्पण और शिलान्य किया। लोकार्पण किए गए कार्यों में रायपुर में 29 लाख की लागत से सौर ऊर्जा संचालित बैटरी स्वैपिंग स्टेशन, सामान्य ई रिक्शा को सोलर ई रिक्शा में परिवर्तित करने तथा नियद नेल्लानार योजना अंतर्गत स्थापित 54 नग सोलर हाई मास्ट, 152 नग सोलर ड्यूल पंप एवं दो नग सोलर पावर प्लांट स्थापना कार्य शामिल है।
इसी तरह भूमिपूजन किए गए कार्यों में बिलासपुर, राजनांदगांव एवं जगदलपुर के ऊर्जा शिक्षा उद्यानों में सौर ऊर्जा से संचालित बैटरी स्वैपिंग स्टेशन स्थापना कार्य, प्रदेश के समस्त ऊर्जा शिक्षा उद्यानों को नेट जीरो करने, ऊर्जा शिक्षा उद्यान राजनांदगांव का जीणोद्धार का कार्य शामिल है।
साथ ही जिला बालोद में मुख्यमंत्री की घोषणा अनुरूप दो नग सोलर हाई मास्ट एवं एक नग सामुदायिक बायोगैस संयंत्र की स्थापना कार्य, जिला बलौदा बाजार में मुख्यमंत्री के घोषणा अनुरूप 23 ग्रामों के पर्यटन स्थलों में 50 नग सोलर हाई मास्ट संयंत्र का स्थापना कार्य, जिला कोरबा अंतर्गत उप स्वास्थ्य केंद्रों का सौर ऊर्जीकरण का कार्य, हिर्री डोलोमाइट खदान जिला बिलासपुर में 500 किलो वाट क्षमता के ऑन ग्रिड सोलर पावर प्लांट का स्थापना कार्य, जिला कोरबा अंतर्गत आश्रम/ छात्रावासों का सौर ऊर्जीकरण कार्य, ग्राम कुंजारा जिला जशपुर में 280 किलो वाट क्षमता के ऑन ग्रिड एवं 2.4 किलो वाट क्षमता के ऑफ ग्रिड सोलर पावर प्लांट की स्थापना कार्य का भूमिपूजन किया गया।
क्रेडा के नवाचारी पहल से बैटरी ऑपरेटेड ई रिक्शा चालकों की बढ़ेगी आय
सौर ऊर्जा से मूलभूत सुविधाओं को बढ़ाने पर हो रहा है काम
क्रेडा सीईओ राजेश सिंह राणा ने बताया कि सौर संचालित बैटरी स्वैपिंग स्टेशन क्रेडा द्वारा पायलट प्रोजेक्ट के रूप में बैटरी ऑपरेटेड इलेक्ट्रिक रिक्शा के लिए विकसित किया गया है। बैटरी स्वैपिंग के मदद से ई-रिक्शा चालक कम समय में सस्ते दर पर डिस्चार्ज बैटरी को चार्ज बैटरी से बदल सकते हैं। इससे ई-रिक्शा चालक प्रतिदिन अधिक दूरी तय कर पाएंगे तथा इससे उनकी आमदनी भी बढ़ेगी। इसी तरह सोलर पैनल आधारित ई-रिक्शा साधारण ई-रिक्शा के मुकाबले एक ऊर्जा दक्ष ई-रिक्शा के रूप में क्रेडा द्वारा विकसित किया गया है। इससे रिक्शा चालक को बार-बार बैटरी चार्ज करने की समस्या से राहत मिलती है। साधारणतः रिक्शा चालक प्रतिदिन बैटरी चार्जिंग समस्या से अधिक दूरी तय नहीं कर पाते हैं। ई-रिक्शा में सौर पैनल स्थापित कर इस समस्या को क्रेडा द्वारा काफी हद तक दूर किया गया है। राणा ने बताया कि ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में सौर ऊर्जा से मूलभूत सुविधाओं को मुहैया कराने में क्रेडा द्वारा अनेकों प्रयास किये जा रहे हैं, जिसमें आश्रम-छात्रावासों, स्वास्थ्य केन्द्रों, ऊर्जा शिक्षा उद्यान में सौर संयत्रों की स्थापना, पथ प्रकाश व्यवस्था हेतु सौर संयंत्रों से सामुदायिक स्ट्रीट लाईट का संचालन, सोलर हाई मास्ट लाईट की स्थापना एवं सामुदायिक बायोगैस संयंत्रों की स्थापना जैसे कार्य सम्मिलित है।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, वन मंत्री केदार कश्यप, कृषि मंत्री रामविचार नेताम, विधायक मोतीलाल साहू, विधायक अनुज शर्मा, विधायक संपत अग्रवाल, विधायक सुनील सोनी, क्रेडा के नवनियुक्त अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी, नव नियुक्त निगम मंडलों के अध्यक्षगण, ऊर्जा विभाग के सचिव डॉ. रोहित यादव सहित बड़ी संख्या में आमजन मौजूद थे।
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