देश
परेशान यात्रियों को 5,000 से 10,000 रुपये का मुआवजा.....10,000 रुपये तक के अतिरिक्त ट्रैवल वाउचर
12 Dec, 2025 11:52 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। बीते कई दिनों से इंडिगो की फ्लाइट्स कैंसिल होने की वजह से यात्रियों को भारी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। दिसंबर के पहले हफ्ते में सबसे ज्यादा यात्रियों को परेशानी हुईं, क्योंकि इस दौरान सैकड़ों इंडिगो की फ्लाइट्स रद्द हुई। जिससे यात्रियों को आर्थिक तौर पर भारी नुकसान उठना पड़ा है।
इसके बाद एयरलाइन के खिलाफ डीजीसीए ने सख्त कदम उठाया है। अब इंडिगो ने 3, 4 और 5 दिसंबर को बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द होने की वजह से यात्रियों को राहत देने का ऐलान किया है। कंपनी ने कहा है कि प्रभावित यात्रियों को सरकार के नियमों के अनुसार 5,000 से 10,000 रुपये तक का मुआवजा मिलेगा।
इसके साथ ही एयरलाइन ने सबसे ज्यादा प्रभावित यात्रियों के लिए 10,000 रुपये तक के अतिरिक्त ट्रैवल वाउचर जारी करने की घोषणा की है। यह फैसला उन यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण होगा, जिनकी यात्रा योजनाएं अचानक बदल गईं और जिन्हें भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। इस ट्रैवल वाउचर की खास बात यह है कि इस वाउचर को अगले 12 महीनों तक कभी भी इस्तेमाल कर सकते है। यात्री भारत में इंडिगो की किसी भी घरेलू उड़ान या फिर अंतरराष्ट्रीय रूट के लिए इन वाउचर का उपयोग कर सकते हैं। इंडिगो ने बताया कि 10 हजार रुपये का ट्रैवल वाउचर उन यात्रियों दी जाएगी, जिनकी यात्राएं एक से ज्यादा बार बदलनी पड़ीं, यानी जिनकी उड़ानें बार-बार रीशेड्यूल हुईं, या जिन्हें एयरपोर्ट पर लंबा इंतजार करना पड़ा। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपने रजिस्टर्ड ईमेल और मोबाइल नंबर पर भेजे गए मैसेज को चेक करें, ताकि उन्हें मुआवजा और वाउचर क्लेम करने की प्रक्रिया में आसानी हो।
कंपनी के अनुसार, मुआवजा राशि डीजीसीए द्वारा निर्धारित दिशानिर्देशों के तहत मिलेगी। जिन यात्रियों की उड़ानें एयरलाइन की वजह से रद्द हुईं, वे नियमों के मुताबिक इस मुआवजे के हकदार हैं। इंडिगो ने स्पष्ट किया कि मुआवजा राशि फ्लाइट की दूरी, टिकट श्रेणी और यात्री को हुई असुविधा के आधार पर होगी।
डीजीसीए ने निगरानी से जुड़े नियम तत्काल प्रभाव से बदले
12 Dec, 2025 10:51 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। देश के विमानन सेक्टर में पहली बार तकनीकी खामियों की निगरानी का पूरा ढांचा तत्काल प्रभाव से बदल दिया गया है। उड़ानों में लगातार देरी, कैंसिलेशन और हालिया सुरक्षा घटनाओं ने डीजीसीए को डिफेक्ट रिपोर्टिंग सिस्टम को जड़ से सख्त करने के लिए मजबूर किया है।
12 पेज के नए आदेश के मुताबिक अब किसी भी निर्धारित उड़ान में तकनीकी कारण से 15 मिनट या उससे ज्यादा की देरी होती है तो उसकी जांच अनिवार्य होगी। कंपनी को बताना होगा कि देरी क्यों हुई? उसे कैसे ठीक किया गया? दोबारा न होने के लिए क्या उपाय किए? ये ऐसे प्रावधान हैं, जो पहले लागू नहीं थे।
कंपनी को किसी भी ‘मेजर डिफेक्ट’ की तुरंत सूचना डीजीसीए को फोन पर देनी होगी। 72 घंटे में विस्तार से रिपोर्ट भेजनी होगी। डिफेक्ट तीन बार दोहराए जाने पर उसे ‘रिपीटेटिव डिफेक्ट’ माना जाएगा और उस पर अलग से विशेष जांच शुरू होगी। डीजीसीए ने यह सख्ती इसलिए की क्योंकि अब तक डिफेक्ट रिपोर्टिंग व्यवस्था कमजोर थी। अभी तक 15 मिनट की देरी की जांच जैसी व्यवस्था नहीं थी और रिपीट डिफेक्ट की परिभाषा भी नहीं थी।
लूथरा ब्रदर्स थाईलैंड में हिरासत में लिए गए
12 Dec, 2025 09:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली। गोवा के बिर्च नाइट क्लब में अग्निकांड के पांचवें दिन, गुरुवार को क्लब के मालिक सौरभ लूथरा और गौरव लूथरा को थाईलैंड में हिरासत में लिया गया है। थाइलैंड पुलिस ने दोनों भाइयों की तस्वीरें भी जारी की हैं, जिनमें उनके हाथों में हथकड़ी लगी है। वे अपने पासपोर्ट पकड़े हुए हैं। सूत्रों के अनुसार, भारतीय अधिकारियों की एक टीम थाईलैंड के लिए रवाना हो चुकी है और 24 घंटे के भीतर लूथरा ब्रदर्स को वापस लेकर आएगी। संभावना है कि भारत लाने के बाद गोवा पुलिस दोनों को अपनी हिरासत में लेगी। बिर्च नाइट क्लब में 6 दिसंबर को आग लगने से 25 लोगों की मौत हो गई थी। घटना के बाद दोनों भाई भारत छोडक़र थाईलैंड फरार हो गए थे। दोनों पर गैर इरादतन हत्या और लापरवाही का मामला दर्ज किया गया है।
इंडिगो संकट: एयरलाइन कंपनी प्रभावित यात्रियों के लिए की घोषणा, 3-5 दिसंबर के बीच ज्यादा परेशान पैसेंजर्स को मिलेगा
12 Dec, 2025 08:00 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
यात्रियों को रिफंड के अलावा मिलेगा मुआवजे में 10 हजार का ट्रैवल वाउचर
नई दिल्ली। इंडिगो की फ्लाइट्स कैंसिल होने की वजह से यात्रियों को भारी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। दिसंबर के पहले हफ्ते में सबसे ज्यादा यात्रियों को परेशानी हुईं, क्योंकि इस दौरान सैकड़ों इंडिगो की फ्लाइट्स रद्द कर दी गईं। जिससे यात्रियों को आर्थिक तौर पर भी भारी नुकसान हुआ। जिसके बाद एयरलाइन के खिलाफ डीजीसीए ने सख्त कदम उठाया है। अब इंडिगो ने 3, 4 और 5 दिसंबर को बड़ी संख्या में उड़ानें रद्द होने की वजह से यात्रियों को राहत देने की घोषणा की है। कंपनी ने कहा है कि प्रभावित यात्रियों को सरकार के नियमों के अनुसार 5,000 रुपये से 10,000 रुपये तक का मुआवजा दिया जाएगा।
इसके साथ ही एयरलाइन ने सबसे ज्यादा प्रभावित यात्रियों के लिए 10,000 रुपये तक के अतिरिक्त ट्रैवल वाउचर जारी करने की भी घोषणा की है। यह फैसला उन यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण राहत माना जा रहा है, जिनकी यात्रा योजनाएं अचानक बदल गईं और जिन्हें भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। इस ट्रैवल वाउचर की खास बात यह है कि इसे अगले 12 महीनों तक कभी भी इस्तेमाल किया जा सकता है। यात्री भारत में इंडिगो की किसी भी घरेलू उड़ान या फिर अंतरराष्ट्रीय रूट के लिए इन वाउचर का उपयोग कर सकते हैं। इंडिगो ने बताया कि 10 हजार रुपये का ट्रैवल वाउचर उन यात्रियों दी जाएंगी, जिनकी यात्राएं एक से ज्यादा बार बदलनी पड़ीं, यानी जिनकी उड़ानें बार-बार रीशेड्यूल हुईं, या जिन्हें एयरपोर्ट पर लंबा इंतजार करना पड़ा। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपने रजिस्टर्ड ईमेल और मोबाइल नंबर पर भेजे गए मैसेज को चेक करें, ताकि उन्हें मुआवजा और वाउचर क्लेम करने की प्रक्रिया में आसानी हो।
इंडिगो ने यात्रियों से मांगी माफी
कंपनी के अनुसार, मुआवजा राशि नागरिक उड्डयन महानिदेशालय द्वारा निर्धारित दिशानिर्देशों के तहत दी जाएगी। जिन यात्रियों की उड़ानें एयरलाइन की वजह से रद्द हुईं, वे नियमों के मुताबिक इस मुआवजे के हकदार हैं। इंडिगो ने स्पष्ट किया कि मुआवजा राशि फ्लाइट की दूरी, टिकट श्रेणी और यात्री को हुई असुविधा के आधार पर दी जाएगी। इसका उद्देश्य यात्रियों को हुए आर्थिक नुकसान और अनावश्यक परेशानी को कम करना है। इंडिगो ने बयान जारी कर कहा कि रद्द उड़ानों के कारण जिन यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ी, उनके लिए कंपनी खेद व्यक्त करती है और यह सुनिश्चित कर रही है कि भविष्य में ऐसे हालात दोबारा न हो।
फ्लाइट उडऩे में 15 मिनट की देरी की जांच होगी
इंडिगो के फ्लाइट ऑपरेशंस में आई दिक्कतों के बाद तकनीकी खामियों की निगरानी का पूरा ढांचा तत्काल प्रभाव से बदल दिया गया है। उड़ानों में लगातार देरी, कैंसिलेशन और हालिया सुरक्षा घटनाओं ने डीजीसीए को डिफेक्ट रिपोर्टिंग सिस्टम को जड़ से सख्त करने के लिए मजबूर किया है। 12 पेज के नए आदेश के मुताबिक अब किसी भी निर्धारित उड़ान में तकनीकी कारण से 15 मिनट या उससे ज्यादा की देरी होती है तो उसकी जांच अनिवार्य होगी। कंपनी को बताना होगा कि देरी क्यों हुई? उसे कैसे ठीक किया गया? दोबारा न होने के लिए क्या उपाय किए? ये ऐसे प्रावधान हैं, जो पहले लागू नहीं थे। कंपनी को किसी भी ‘मेजर डिफेक्ट’ की तुरंत सूचना डीजीसीए को फोन पर देनी होगी। 72 घंटे में विस्तार से रिपोर्ट भेजनी होगी। डिफेक्ट तीन बार दोहराए जाने पर उसे ‘रिपीटेटिव डिफेक्ट’ माना जाएगा और उस पर अलग से विशेष जांच शुरू होगी। डीजीसीए ने यह सख्ती इसलिए की क्योंकि अब तक डिफेक्ट रिपोर्टिंग व्यवस्था कमजोर थी। अभी तक 15 मिनट की देरी की जांच जैसी व्यवस्था नहीं थी और रिपीट डिफेक्ट की परिभाषा भी नहीं थी।
इंडिगो संकट सामने आने के बाद नियम सख्त बने
डीजीसीए की तरफ से नए प्रावधान इंडिगो संकट के सामने आने के बाद आए हैं। दरअसल इंडिगो में क्रू मेंबर्स की कर्मी के चलते पिछले 8 दिनों में 5000 से ज्यादा फ्लाइट कैंसिल हुईं थीं। इंडिगो चेयरमैन विक्रम सिंह मेहता संकट के 9 दिन बाद बुधवार को लोगों के सामने आए। उन्होंने वीडियो संदेश जारी कर यात्रियों से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि हम हर पहलू की जांच करेंगे। इसमें बाहरी तकनीकी विशेषज्ञ भी रहेंगे, जो गड़बड़ी की असली वजह पता करेंगे।
11 एयरपोर्ट पर इंडिगो के ऑपरेशन का ऑन-साइट इंस्पेक्शन भी होगा
डीजीसीए ने बताया कि 2-3 दिन में सीनियर अधिकारी 11 घरेलू एयरपोर्ट पर ऑन-साइट इंस्पेक्शन करेंगे। अधिकारी इंडिगो के ऑपरेशन के अलग-अलग पहलुओं की जांच करेंगे। इन 11 एयरपोर्ट में नागपुर, जयपुर, भोपाल, सूरत, तिरुपति, विजयवाड़ा, शिरडी, कोचीन, लखनऊ, अमृतसर और देहरादून शामिल हैं। ये अधिकारियों दौरे के 24 घंटे के अंदर नई दिल्ली में डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन में फ्लाइट सेफ्टी डिपार्टमेंट के ऑपरेशंस डायरेक्टर को रिपोर्ट देंगे।
अरुणाचल प्रदेश में दर्दनाक सड़क हादसा, मजदूरों को ले जा रहा ट्रक खाई में गिरा.......17 मजदूरों की मौत
11 Dec, 2025 06:02 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ईटानगर। अरुणाचल प्रदेश के अंजाव जिले में गुरुवार को दर्दनाक हादसा हुआ। हैयूलियांग-चगलागाम इंडो-चीन बॉर्डर रोड पर मजदूरों को ले जा रहा एक ट्रक अचानक संतुलन खोकर गहरी खाई में गिरा। ट्रक में 21 मजदूर सवार थे और शुरुआती जानकारी के अनुसार 17 मजदूरों की मौत हो चुकी है। जिला प्रशासन ने हादसे की गंभीरता को देखकर तुरंत राहत और बचाव टीमें भेज दी हैं। यह घटना 8 दिसंबर की है।
अंजाव डिप्टी कमिश्नर मिलो कोजिन ने पुष्टि की कि हादसा बेहद खतरनाक पहाड़ी मोड़ पर हुआ। उन्होंने बताया कि सड़क बहुत संकरी है और कई हिस्सों में ढलान काफी तेज है। ट्रक में सवार मजदूर इस इलाके में चल रहे बॉर्डर रोड निर्माण कार्य के लिए जा रहे थे।
हादसे के बाद आसपास के ग्रामीणों ने सबसे पहले मौके पर पहुंचकर मदद शुरु कर दी। इसके बाद में पुलिस, जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन और सेना की टीमों ने रेस्क्यू शुरू किया। खाई बहुत गहरी होने के कारण बचाव मुश्किल हो रहा है। कई मजदूरों को खाई में नीचे फंसे देखा गया है जिन तक पहुंचने में समय लग रहा है। स्थानीय अधिकारियों ने बताया कि ट्रक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है और कई मजदूरों के शरीर खाई में अलग-अलग हिस्सों में मिले हैं।
यह इलाका अपनी मुश्किल भौगोलिक परिस्थितियों के लिए जाना जाता है। इंडो-चीन बॉर्डर से जुड़े सड़क प्रोजेक्ट पर काम करने वाले मजदूरों को रोजाना बेहद खतरनाक रास्तों से गुजरना पड़ता है। कई बार खराब मौसम, भूस्खलन और संकरी सड़कें हादसों का कारण बनती है। अधिकारियों ने कहा कि घटना की जांच की जाएगी ताकि यह पता चले कि ट्रक तेज रफ्तार में था या सड़क की हालत वजह बनी।
IndiGo ने रद्द उड़ानों के प्रभावित यात्रियों के लिए किया बड़ा ऐलान
11 Dec, 2025 04:41 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: दिसंबर के पहले हफ्ते में IndiGo की फ्लाइट्स कैंसिल होने से यात्रियों को गंभीर असुविधा और आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। सैकड़ों उड़ानों के रद्द होने के बाद DGCA (नागरिक उड्डयन महानिदेशालय) ने एयरलाइन के खिलाफ सख्त कदम उठाए। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए IndiGo ने प्रभावित यात्रियों को राहत देने का बड़ा ऐलान किया है।
एयरलाइन ने कहा कि 3, 4 और 5 दिसंबर को रद्द हुई उड़ानों के लिए यात्रियों को सरकार के नियमों के अनुसार 5,000 से 10,000 रुपये तक का मुआवजा मिलेगा। इसके अलावा, सबसे अधिक प्रभावित यात्रियों के लिए अतिरिक्त 10,000 रुपये तक का ट्रैवल वाउचर जारी किया जाएगा। यह वाउचर अगले 12 महीनों में किसी भी घरेलू या अंतरराष्ट्रीय IndiGo फ्लाइट पर उपयोग किया जा सकता है।
IndiGo ने स्पष्ट किया कि मुआवजा राशि उड़ान की दूरी, टिकट श्रेणी और यात्री को हुई असुविधा के आधार पर निर्धारित की जाएगी। ट्रैवल वाउचर विशेष रूप से उन यात्रियों को मिलेगा, जिनकी उड़ानें बार-बार रद्द या रीशेड्यूल हुईं, या जिन्हें एयरपोर्ट पर लंबा इंतजार करना पड़ा।
यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपने रजिस्टर्ड ईमेल और मोबाइल नंबर की जांच करें, ताकि मुआवजा और वाउचर क्लेम की प्रक्रिया आसानी से पूरी हो सके। यह कदम यात्रियों को हुए आर्थिक नुकसान और यात्रा असुविधा को कम करने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बड़ी खबर! चुनाव आयोग का बड़ा फैसला, छह राज्यों में अब इस तारीख तक जमा होंगे SIR फॉर्म? तुरंत जानें नई डेट और कारण
11 Dec, 2025 04:35 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: चुनाव आयोग ऑफ इंडिया (ECI) ने विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान (SIR) 2026 के लिए डॉक्यूमेंट जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। यह राहत उन छह राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को दी गई है, जहां अब तक अपेक्षित संख्या में दावे और आपत्तियां प्राप्त नहीं हुई थीं।
तमिलनाडु और गुजरात में अब SIR जमा करने की नई अंतिम तिथि 14 दिसंबर 2025 (रविवार) होगी। इससे पहले यह तारीख 19 दिसंबर 2025 थी। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और अंडमान-निकोबार के लिए अंतिम तिथि 18 दिसंबर से बढ़ाकर 23 दिसंबर 2025 (मंगलवार) कर दी गई है। वहीं, उत्तर प्रदेश में यह 26 दिसंबर से बढ़कर 31 दिसंबर 2025 (बुधवार) कर दी गई है।
चुनाव आयोग ने इन राज्यों और UT के नागरिकों से अपील की है कि वे बढ़ी हुई तारीख का लाभ उठाते हुए शीघ्र अपना काम पूरा करें। विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान के तहत लोग अपने मतदाता विवरण में सुधार, नाम जोड़ना या हटाना, और अन्य आवश्यक बदलाव कर सकते हैं।
ECI का यह कदम सुनिश्चित करता है कि अधिक से अधिक नागरिक अपनी जानकारी अपडेट कर सकें और आगामी चुनाव में वोट देने का अधिकार सुरक्षित रख सकें। आयोग ने कहा है कि समय पर दस्तावेज जमा करना बेहद जरूरी है, ताकि कोई भी पात्र मतदाता अपने अधिकार से वंचित न रहे।
इस प्रकार, SIR 2026 अंतिम तिथि बढ़ाने से मतदाताओं को पर्याप्त समय मिलेगा और सभी आवश्यक सुधार आसानी से किए जा सकेंगे। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे जल्द से जल्द ऑनलाइन या ऑफलाइन माध्यम से अपनी जानकारी अपडेट कर लें।
बड़ी खबर : चुनाव आयोग का बड़ा फैसला, छह राज्यों में अब इस तारीख तक जमा होंगे SIR फॉर्म? तुरंत जानें नई डेट और कारण
11 Dec, 2025 04:33 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: चुनाव आयोग ऑफ इंडिया (ECI) ने विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान (SIR) 2026 के लिए डॉक्यूमेंट जमा करने की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। यह राहत उन छह राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को दी गई है, जहां अब तक अपेक्षित संख्या में दावे और आपत्तियां प्राप्त नहीं हुई थीं।
तमिलनाडु और गुजरात में अब SIR जमा करने की नई अंतिम तिथि 14 दिसंबर 2025 (रविवार) होगी। इससे पहले यह तारीख 19 दिसंबर 2025 थी। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और अंडमान-निकोबार के लिए अंतिम तिथि 18 दिसंबर से बढ़ाकर 23 दिसंबर 2025 (मंगलवार) कर दी गई है। वहीं, उत्तर प्रदेश में यह 26 दिसंबर से बढ़कर 31 दिसंबर 2025 (बुधवार) कर दी गई है।
चुनाव आयोग ने इन राज्यों और UT के नागरिकों से अपील की है कि वे बढ़ी हुई तारीख का लाभ उठाते हुए शीघ्र अपना काम पूरा करें। विशेष मतदाता सूची संशोधन अभियान के तहत लोग अपने मतदाता विवरण में सुधार, नाम जोड़ना या हटाना, और अन्य आवश्यक बदलाव कर सकते हैं।
ECI का यह कदम सुनिश्चित करता है कि अधिक से अधिक नागरिक अपनी जानकारी अपडेट कर सकें और आगामी चुनाव में वोट देने का अधिकार सुरक्षित रख सकें। आयोग ने कहा है कि समय पर दस्तावेज जमा करना बेहद जरूरी है, ताकि कोई भी पात्र मतदाता अपने अधिकार से वंचित न रहे।
इस प्रकार, SIR 2026 अंतिम तिथि बढ़ाने से मतदाताओं को पर्याप्त समय मिलेगा और सभी आवश्यक सुधार आसानी से किए जा सकेंगे। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे जल्द से जल्द ऑनलाइन या ऑफलाइन माध्यम से अपनी जानकारी अपडेट कर लें।
Amazon का भारत में बड़ा दांव: 3 लाख करोड़ का निवेश पक्का! 10 लाख नई नौकरियां, देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा ये असर, पढ़ें पूरी रिपोर्ट
11 Dec, 2025 01:35 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Amazon Investment: ग्लोबल ई-कॉमर्स जाइंट अमेज़न ने भारत के लिए एक बड़ा ऐलान किया है. कंपनी ने 2030 तक भारत में 35 बिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹3.15 लाख करोड़) से अधिक का इन्वेस्टमेंट करने का ऐलान किया है. भारत में अमेजम का यह इन्वेस्टमेंट 2010 से अब तक किए गए लगभग $40 बिलियन से अलग होगा.
अमेज़न आने वाले पाँच वर्षों में ही भारत में 5 अरब डॉलर से अधिक का इन्वेस्टमेंट करने जा रही है. इस इन्वेस्टमेंट के जरिए कंपनी भारत में एआई आधारित डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन को तेज करना, एक्सपोर्ट को बढ़ावा देना और रोज़गार के लिए नए अवसर तैयार करना चाहेगी.
2030 तक 10 लाख नए रोजगार
अमेज़न का कहना है कि यह इन्वेस्टमेंट भारत की उस राष्ट्रीय रणनीति से जुड़ा है, जिसके तहत सरकार स्थानीय एआई को मजबूत करने की कोशिश बना रही है. कंपनी का अनुमान है कि इसकी नई योजना से 2030 तक 10 लाख नए रोजगार तैयार होंगे. भारत का एक्सपोर्ट चार गुना बढ़कर 80 अरब डॉलर तक पहुंच जाएगा. इसके साथ 1.5 करोड़ छोटे व्यापारियों को एआई तकनीक का सीधा लाभ मिलेगा. छोटे व्यापारियों को मजबूत बनाने के साथ ग्लोबल मार्केट में भी भारतीय प्रोडक्टस को मजबूती मिलेगी.
भारत के विकास लगातार योगदान- अमित अग्रवाल
अमेजन के इस बड़े ऐलान के बाद कंपनी के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट अमित अग्रवाल ने कहा कि कंपनी पिछले 15 सालों से भारत की डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन जर्नी का एक अहम हिस्सा रही है. अमेजन भारत के विकास में आगे भी योगदान देता रहेगा और करोड़ों भारतीयों के लिए एआई को आसान और सुलभ बनाएगा.
पापा… मुझे माफ कर देना!': 21 साल की बेटी की दर्दनाक मौत, नेपाल की बहू और बेटों की प्रताड़ना से तंग आकर दी जान, सुसाइड नोट वायरल होते ही मचा बवाल!
11 Dec, 2025 01:28 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Uttar Pradesh: औरैया जिले के एरवाकटरा थाना क्षेत्र के राजाराम नगरिया गांव में एक दर्दनाक घटना से हड़कंप मच गया, जहां 21 वर्षीय युवती का शव संदिग्ध परिस्थितियों में कमरे के अंदर लटका हुआ मिला. मृतका नेहा (21) के कमरे से बरामद हुए सुसाइड नोट ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है. नोट में नेहा ने अपनी मौत का जिम्मेदार गांव में रहने वाली नेपाल मूल की बहू और उसके बेटों को बताया है.
मृतका के पिता छोटे सिंह ने बताया कि जब वे नेहा के कमरे के पास पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था. आवाज देने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. संदेह होने पर परिजनों ने दरवाजा तोड़ा, जहां युवती उन्हें संदिग्ध हालत में लटकी मिली. परिजन उसे तुरंत नीचे उतारकर सीएचसी एरवाकटरा ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
युवती का सुसाइड नोट हुआ वायरल
सूचना पर पहुंची पुलिस ने कमरे की तलाशी के दौरान एक सुसाइड नोट बरामद किया. नोट में नेहा ने लिखा था- “मैं नेहा… अपनी जिंदगी से बहुत परेशान हूं. नेपाल की बहू और उसके लड़के मुझे तरह-तरह के ताने देकर जलील करते हैं. मैं अब यह बर्दाश्त नहीं कर पा रही हूं और अपनी जिंदगी खत्म कर रही हूं. मेरे घरवालों का इसमें कोई दोष नहीं है. उन्हें परेशान न किया जाए. पापा, मुझे माफ कर देना…”
नोट की भाषा से साफ झलकता है कि युवती लंबे समय से मानसिक तनाव में थी. फिलहाल पुलिस ने सुसाइड नोट को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है.
पहले भी दिया था शिकायत पत्र
पिता छोटे सिंह ने पुलिस को बताया कि 10 जून को उन्होंने एक शिकायती पत्र देकर मुकदमा दर्ज कराया था, जिसमें नेहा ने गांव के दो युवकों कैलाश और कल्लू पर बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोप लगाया था. पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था, लेकिन कुछ समय बाद उन्हें जमानत मिल गई. परिजनों का कहना है कि जमानत के बाद से ही गांव में रहने वाली नेपाल मूल की बहू और उसके बेटे नेहा को बार-बार ताने देते थे, जिससे वह बेहद परेशान रहती थी. इसी का जिक्र नेहा ने अपने सुसाइड नोट में भी किया है.
पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने का कर रही इंतजार
थाना प्रभारी ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है. रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के कारणों की पुष्टि हो सकेगी. सुसाइड नोट की जांच भी की जा रही है. मामले की हर एंगल से पड़ताल की जा रही है.
नोटबंदी के बाद बड़ा खुलासा...दिल्ली में मिले 3.5 करोड़ के पुराने नोट, 4 गिरफ्तार, अब आयकर विभाग करेगा बड़ा एक्शन?
11 Dec, 2025 01:12 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Delhi: दिल्ली क्राइम ब्रांच की टीम ने 2016 में बंद हुई पुरानी नोटों के साथ 4 लोगों को गिरफ्तार किया है. जिनके पास से साढ़े 3 करोड़ रुपए से ज्यादा करेंसी बरामद की गई है. पुलिस ने इस कारोबार में शामिल आरोपियों के पास से 2 गाड़ियां भी जब्त की है. पुलिस का मानना है कि पूछताछ के बाद जल्द ही इस गिरोह से जुड़े और लोगों का खुलासा हो सकता है. फिलहाल, पुलिस चारों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ करने में जुटी है.
दिल्ली पुलिस ने यह कार्रवाई शालीमार बाग मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर 4 के पास की है. पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोगों के द्वारा पुराने 500 और 1 हजार के नोटों का अवैध सौदा किया जा रहा है. सूचना मिलने के बाद जांच की गई. जब इसकी पुष्टि हो गई तो टीम बनाकर छापेमारी की गई, जिसमें 3.5 करोड़ की नकदी के साथ 4 आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ लिया. आरोपी इन नोटों को बहुत की कम कीमत में खरीदकर किसी और को ज्यादा पैसे में बेचने की कोशिश कर रहे थे.
RBI से करेंसी एक्सचेंज का देते थे झांसा
पुलिस ने बताया कि आरोपियों की पहचान हर्ष, टेक चंद, लक्ष्य और विपिन कुमार के रूप में हुई है. पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि पहले लोगों को झांसा देते थे कि यह करेंसी आरबीआई से बदलवाई जा सकती है. इस दावे के साथ काफी कम दाम पर पुरानी करेंसी को खरीद लेते थे. आरोपियों ने यह भी बताया कि उन्हें पता था कि इस नोट को रखना या लेन-देन करना कानूनी अपराध है. आरोपियों के पास से कोई वैध कारण या दस्तावेज न होने के कारण पुलिस ने गिरफ्तार किया है. बरामद की गई सभी करेंसी 8 नवंबर 2016 को हुई नोटबंदी के बाद से कानूनी मान्यता खो चुकी है.
क्या है नियम?
भारतीय कानून के अनुसार, अब पुरानी 500 और 1000 की करेंसी बंद हो चुकी हैं. ऐसे में नोटबंदी के बाद स्पेसिफाइड बैंक नोट्स एक्ट के तहत ऐसे नोटों को अपने पास रखना, खरीदना या बेचना दंडनीय अपराध के अंतर्गत आता है. इसी आधार पर पुलिस ने आरोपियों के ऊपर केस दर्ज कर लिया है. दिल्ली पुलिस का कहना है कि पूछताछ जारी है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस अवैध धंधे में कौन-कौन शामिल है.
गोवा नाइट क्लब आग हादसे के आरोपी लूथरा बंधुओं का पासपोर्ट रद्द करेगा विदेश मंत्रालय
11 Dec, 2025 12:35 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: विदेश मंत्रालय को गोवा नाइट क्लब आग हादसे से जुड़े मामले में आरोपियों गौरव लूथरा और सौरभ लूथरा के बारे में गोवा सरकार से एक सूचना मिली है. सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी. सूत्रों ने बताया कि विदेश मंत्रालय मौजूदा नियमों के अनुसार भारत के पासपोर्ट एक्ट के तहत पासपोर्ट रद्द करने के अनुरोध की जांच कर रहा है.
दिल्ली पुलिस ने रोहिणी कोर्ट को बताया है कि आरोपी गौरव और भाई सौरव लूथरा गोवा क्लब में आग लगने की घटना के तुरंत बाद देश छोड़कर चले गए और गोवा की एक कोर्ट ने उनके खिलाफ पहले ही गैर जमानती वारंट (NBW) जारी कर दिया था. उनकी सुरक्षा की अर्जी का विरोध करते हुए राज्य ने कहा कि भाई जानबूझकर जांच से बच रहे हैं और उन्हें कोई अंतरिम राहत नहीं दी जानी चाहिए.
हालांकि, आरोपियों ने अपने वकील के जरिए कोर्ट को बताया कि उन्हें भारत आने पर पकड़ लिया गया जाएगा. उन्होंने कहा कि वे काम से जुड़े कारणों से थाईलैंड गए थे और अब वापस लौटना चाहते थे, लेकिन उन्हें कस्टडी एक्शन का डर है. उनके वकीलों ने इस बात पर जोर दिया कि उनके मुवक्किल ने गोवा में सही कोर्ट में जाने के लिए सिर्फ थोड़ी देर के लिए ट्रांजिट प्रोटेक्शन मांगा था.
दिल्ली की कोर्ट ने बुधवार को ट्रांजिट एंटीसिपेटरी बेल एप्लीकेशन पर सुनवाई की और उनके मेंटेनेंस पर सवाल उठाया यह देखते हुए कि आवेदक अभी क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र में नहीं है. सीनियर वकील सिद्धार्थ लूथरा और तनवीर अहमद मीर ने दलील दी कि आरोपी दिल्ली के परमानेंट निवासी हैं और उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर की अदालतें अंतरिम अग्रिम जमानत से जुड़े अर्जेंट मामलों में नोटिस जारी कर सकती हैं.
राज्य के वकील ने दोहराया कि आरोपी दोनों भाई फरार हैं और उनके भारत से जाने और गोवा पुलिस की कार्रवाई पर डिटेल्ड स्टेटस रिपोर्ट फाइल करने के लिए समय मांगा. कोर्ट ने रिक्वेस्ट मान ली और राज्य को अगली सुनवाई से पहले सभी जरूरी चीजें रिकॉर्ड पर रखने का निर्देश दिया.
बचाव पक्ष ने गुरुवार तक टेम्पररी प्रोटेक्शन की मांग करते हुए कहा कि भाई वापस लौटना चाहते हैं और अपने कानूनी उपायों का इस्तेमाल करना चाहते हैं, लेकिन उन्हें जबरदस्ती की कार्रवाई का डर है. राज्य ने गैर जमानती वारंट और बचने के हालात का हवाला देते हुए इस अपील का विरोध किया.
कोर्ट ने कोई अंतरिम प्रोटेक्शन दिए बिना मामले की अगली सुनवाई आज के लिए तय की. गौरव और सौरव लूथरा की ट्रांजिट एंटीसिपेटरी बेल अर्जी पर गुरुवार को दोपहर 12 बजे सुनवाई होगी, जब कोर्ट राज्य की स्टेटस रिपोर्ट पर विचार करेगा और पुलिस के ऑब्जेक्शन को देखते हुए ट्रांजिट रिलीफ की रिक्वेस्ट पर फैसला करेगा.
आरोपियों के वकील ने कहा कि अधिकारियों का इरादा आरोपियों के पासपोर्ट जब्त करके उन्हें एयरपोर्ट पर गिरफ्तार करना था, जबकि वे सिर्फ बिजनेस शुरू करने के लिए विदेश गए थे. उन्होंने दोहराया कि आरोपियों को गिरफ्तारी का डर है और वे अपने कानूनी उपायों का इस्तेमाल करने के लिए सुरक्षा मांग रहे हैं.
गोवा में नाइटक्लब में आग लगने के बाद दोनों भाई थाईलैंड भाग गए थे. इस हादसे में 25 लोगों की मौत हो गई थी, और अब इंटरनेशनल अथॉरिटीज उन्हें ट्रैक कर रही हैं. इस बीच दिल्ली की साकेत कोर्ट ने अजय गुप्ता की गोवा पुलिस को 36 घंटे की ट्रांजिट रिमांड दे दी है. उसे गोवा क्लब में आग लगने के मामले में दिल्ली में गिरफ्तार किया गया.
सुरक्षा और व्यापार पर जोर: भारत और अमेरिका ने रणनीतिक साझेदारी मजबूत करने पर चर्चा की
11 Dec, 2025 11:50 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नई दिल्ली: अमेरिका के राजनीतिक मामलों के अवर सचिव एलिसन हुकर ने विदेश सचिव विक्रम मिसरी के साथ बातचीत की. दोनों पक्षों ने फरवरी में हुई मीटिंग के दौरान राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बताए विजन को ठोस नतीजों में बदलने पर फोकस किया. हूकर रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को मजबूत करने के लिए पांच दिन के भारत दौरे पर हैं.
अमेरिकी दूतावास के मुताबिक हुकर ने रक्षा, ऊर्जा, तकनीकी, अंतरिक्ष और सप्लाई चेन में लचीलापन जैसे सेक्टर में सहयोग को आगे बढ़ाने के प्रशासन के इरादे से अवगत कराया. इसमें कहा गया, ' यह बैठक राष्ट्रपति ट्रंप और पीएम मोदी की फरवरी की मीटिंग के विजन को ठोस प्रगति में बदलने का एक मौका है जो अमेरिकी सुरक्षा, नौकरियां और प्रतिस्पर्धा को बढ़ाता है, साथ ही भारत के लंबे समय के लक्ष्यों का समर्थन भी करेंगे.
विदेश मंत्रालय ने कहा कि विदेश कार्यालय परामर्श तंत्र के तहत आयोजित वार्ता में भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी की बड़े पैमाने पर समीक्षा की अनुमति दी गई. एजेंडा में ट्रेड, इन्वेस्टमेंट, डिफेंस संबंध, सिविल न्यूक्लियर सहयोग, जरूरी मिनरल, नई टेक्नोलॉजी और भरोसेमंद सप्लाई चेन के साथ-साथ चल रही रणनीतिक तकनीकी का इस्तेमाल करके रिश्तों को बदलना पहल शामिल थी.
दोनों पक्षों ने क्षेत्रीय और वैश्विक विकास पर भी विचार साझा किए और एक स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफिक के लिए अपने साझा समर्थन को दोहराया. फरवरी में पीएम मोदी के वाशिंगटन दौरे से कई बड़े नतीजे सामने आए, जिसमें भारत ने अमेरिकी तेल, गैस और मिलिट्री प्लेटफॉर्म की खरीद बढ़ाने का वादा किया. नई दिल्ली और वाशिंगटन एक बड़े ट्रेड एग्रीमेंट को आगे बढ़ाने और 2030 तक सालाना बाइलेटरल ट्रेड में 500 बिलियन अमेरिकी डॉलर का टारगेट तय करने पर भी सहमत हुए.
अमेरिकी दूतावास ने आगे कहा कि अवर सचिव ने 'रक्षा, ऊर्जा, प्रौद्योगिकी, अंतरिक्ष और भरोसेमंद सप्लाई चेन में सहयोग को गहरा करने के वाशिंगटन के मकसद और अमेरिका -इंडिया सहयोग के मूल्यों पर जोर दिया जो अमेरिकी नवाचार को बढ़ावा देता है और इंडिया को वैश्विक प्रौद्योगिकी नेता के तौर पर उभरने में मदद करता है.'
इसमें कहा गया कि उन्होंने विदेश सचिव की लगातार साझेदारी के लिए तारीफ की, क्योंकि अमेरिका और भारत दोनों ही ऐसी साझा प्राथमिकताएँ को आगे बढ़ा रहे हैं जो अमेरिकन लोगों को ठोस फायदे देती हैं और इंडिया के राष्ट्रीय मकसद को पूरा करती हैं. विदेश मंत्रालय ने कहा कि दोनों पक्षों ने मौजूदा बातचीत के तरीकों के तहत लगातार हो रही तरक्की का स्वागत किया और रिश्ते के खास हिस्सों में सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए सैन्य साझेदारी, तकनीकी और व्यापार को लेकर अवसरों को बढ़ाने पर सहमति जताई.
फरवरी में शुरू हुई रणनीतिक प्रौद्योगिकी का उपयोग करके संबंधों को बदलने के पहल का मकसद सुरक्षित सप्लाई चेन बनाना, नवाचार को बढ़ावा देना और एआई और सेमीकंडक्टर जैसी जरूरी और नई तकनीकी पर सहयोग बढ़ाना है. दोनों सरकारों ने ट्रेड संबंधों को बढ़ाने और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने पर बातचीत जारी रखने के अपने समर्पण की फिर से पुष्टि की.
सोशल मीडिया से जीवनसाथी तक: बंगाल के बौने जोड़े ने की विवाह की नई शुरुआत
11 Dec, 2025 10:48 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
बालुरघाट (पश्चिम बंगाल) : फेसबुक पर मिले इस बौने जोड़े ने पिछले महीने पश्चिम बंगाल के दक्षिण दिनाजपुर जिले के बालुरघाट में शादी की और तब से उनके घर पर रेगुलर मेहमान आते रहते हैं.
दीपांकर बर्मन (21) ढाई फीट लंबा, और नंदिनी (20) तीन फीट लंबी, अब खुशी से विवाहित हैं, हालांकि आर्थिक रूप से संघर्ष कर रहे हैं.
दोनों के परिवार सही जोड़ा ढूंढने को लेकर परेशान थे, जब तक कि कुछ महीने पहले दोनों फेसबुक के ज़रिए एक-दूसरे से नहीं जुड़ गए. जब वे पहली बार मैसेंजर पर वीडियो कॉल के जरिए मिले, तो उन्हें पता चल गया कि यह जोड़ी स्वर्ग में बनी है. जल्द ही, परिवार एक साथ आए और शादी तय हो गई.
इस बारे में दीपांकर की मां कल्पना रॉय बर्मन ने कहा, "मेरे बेटे का कद छोटा था और वह अपनी उम्र के सभी बच्चों से अलग था. हमने कभी नहीं सोचा था कि उसकी शादी होगी." उन्होंने कहा, "हम बहुत खुश हैं कि उसे अपनी दुल्हन मिल गई है और अब उसकी शादी हो गई है."
दीपांकर उर्फ छोटन बालुरघाट ब्लॉक के भाटपारा इलाके के अमताली गांव के सबसे छोटे आदमी हैं और उन्हें म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट बजाना बहुत पसंद है. उनका परिवार टिन और तिरपाल से बने एक छोटे से घर में रहता है.
वहीं इस संबंध में दीपांकर ने कहा, "मैंने पहले एक मैचमेकर से संपर्क किया था, लेकिन वह लंबे समय तक मेरी हाइट की लड़की नहीं ढूंढ पाया. फिर मैं नंदिनी से फेसबुक मैसेंजर पर मिला और उससे फोन पर कॉन्टैक्ट किया. वह दक्षिण दिनाजपुर के बाउल इलाके में अपने चाचा के घर एक शादी में शामिल होने आई थी और मैं उससे मिलने वहां गया."
दीपांकर ने कहा, "यह पहली नजर का प्यार था. इसके बाद, हमने अपने परिवारों को बताया और उनके आशीर्वाद से शादी कर ली."
वहीं दुर्गापुर की रहने वाली नंदिनी ने कहा, "जब हम फेसबुक पर मिले थे, तब मुझे दीपांकर पसंद आया था. बाद में वह मुझसे मिलने मेरे चाचा के घर आया. मुझे एहसास हुआ कि हम एक-दूसरे के लिए सही हैं और मैंने शादी करने का फैसला किया. आज, हम एक खुशहाल शादीशुदा ज़िंदगी जी रहे हैं.” नंदिनी की मां चंडी करमोदक ने कहा कि वह अपनी बेटी के भविष्य के बारे में सोचते हुए रातों की नींद हराम कर देती थीं और अब उन्हें राहत मिली है कि उसे अपना जीवन साथी मिल गया है.
तेलंगाना राइजिंग ग्लोबल समिट : 3,000 ड्रोन का खास डिस्प्ले आयोजित, गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में नाम दर्ज
11 Dec, 2025 09:46 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हैदराबाद: दो दिन के तेलंगाना राइजिंग ग्लोबल समिट के आखिरी सेशन में इतिहास बना, 3,000 ड्रोन के साथ एक खास डिस्प्ले आयोजित किया गया, इसके साथ ही गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बन गया. इससे पहले, यह रिकॉर्ड अबू धाबी के नाम था, जिसमें 2,131 ड्रोन दिखाए गए थे. बता दें कि तेलंगाना राइजिंग समिट बड़े टारगेट विजन, 5.75 लाख करोड़ रुपये के बड़े एमओयूएस के साथ खत्म हुआ.
ड्रोन की लाइन ने दुनिया का सबसे लंबा हवाई नारा बनाया: 'तेलंगाना बढ़ रहा है. आओ और इस बढ़त में शामिल हों.' इस दौरान आसमान में एक शानदार नजारा दिखा, जिसमें राज्य का विजन 2047 दिखाया गया.
ड्रोन शो मंगलवार रात को भारत फ्यूचर सिटी में हुआ, जिसके तुरंत बाद मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने इस शानदार इवेंट में डॉक्यूमेंट का अनावरण किया.
इससे पहले, एक रोबोट आकर्षण का केंद्र था, जिसने रेड्डी को विज़न 2047 डॉक्यूमेंट सौंपा. यह डॉक्यूमेंट आरबीआई के पूर्व गवर्नर दुव्वुरी सुब्बा राव, पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यम, नीति आयोग के वीसी सुमन बेरी, महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनंद महिंद्रा, तेलुगु अभिनेता के चिरंजीवी और अन्य लोगों की मौजूदगी में जारी किया गया.
ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री टोनी ब्लेयर ने इस इवेंट को वर्चुअली संबोधित किया. उन्होंने कहा, "2014 में तेलंगाना के बनने से लेकर आज जैसे ऐतिहासिक दिन तक की तरक्की अपने आप में भविष्य के लिए एक मज़बूत वादा है."
उन्होंने कहा, "शुरुआती मुश्किलों से, राज्य ने खुद को टेक्नोलॉजी, खेती और सबको साथ लेकर चलने वाले विकास के पावरहाउस के तौर पर फिर से सोचा है. कई मायनों में, तेलंगाना दुनिया के दूसरे हिस्सों के लिए एक मॉडल बन गया है."
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए आरबीआई के पूर्व गवर्नर रघुराम राजन ने कहा कि विजन डॉक्यूमेंट में नई टेक्नोलॉजी पर जोर दिया गया है, जिससे गवर्नेंस ज्यादा ट्रांसपेरेंट सहित और असरदार बनेगी.
उन्होंने कहा, "इस विज़न को लागू करने के लिए अगले कदम हैं कार्यान्वयन, लगातार फीडबैक और समय पर कोर्स करेक्शन. मैं इस बदलाव लाने वाले सफर का हिस्सा बनने के लिए उत्सुक हूं."
सुब्रमण्यम ने कहा कि तेलंगाना सिर्फ भारत के मैप पर ही नहीं, बल्कि देश की आईटी क्रांति के केंद्र के तौर पर ग्लोबल मैप पर भी है. उन्होंने कहा, "विज़न डॉक्यूमेंट अगले संरचनात्मक बदलाव को दिखाता है: एक डायनामिक आईटी-ड्रिवन इकॉनामी से लोगों पर केंद्रित टेक्नोलॉजिकल इकोसिस्टम की ओर बढ़ना. यह राज्य के विकास की राह में एक बड़ा बदलाव दिखाता है."
सुब्बा राव ने कहा, "तेलंगाना भारत का नंबर एक ग्रोथ स्टेट बन रहा है. हैदराबाद फार्मा, बायो और सर्विसेज़ सेक्टर के हब के तौर पर मज़बूती से खड़ा है. ज़बरदस्त तरक्की, स्किल्ड युवाओं और विकसित तेलंगाना विज़न के साथ, यह राज्य सच में अजेय और बेजोड़ है." वेरी ने देखा कि वर्ल्ड बैंक क्लासिफिकेशन के अनुसार तेलंगाना पहले ही अपर-मिडिल-इनकम इकॉनामी का स्टेटस पा चुका है — यह एक ऐसी उम्मीद है जिसे भारत अगले पांच सालों में हासिल करना चाहता है.
उन्होंने कहा, "इस संदर्भ में, तेलंगाना की खुद को दुनिया भर में जगह बनाने की इच्छा सही समय पर और सही है. नीति आयोग को इस विज़न को बताने में राज्य का साथ देने का मौका मिला है, और हम तेलंगाना के विकास के हर कदम पर उसके साथ काम करने के लिए तैयार हैं."
धार्मिक पहचान पर विवाद, BJP ने कांग्रेस सरकार को घेरा
UP में जयंती पर कार्यक्रम, बहुगुणा को दी गई श्रद्धांजलि
मिडिल ईस्ट में हलचल: खामेनेई के बेटे को लेकर फैली खबरों का सच
पुलिस भर्ती पर सवाल: क्यों नहीं टिक पा रहे युवा ट्रेनिंग में?
Instagram फॉलोइंग पर विवादित बयान, फिल्म इंडस्ट्री में चर्चा तेज
‘आशिकी 2’ का जादू बरकरार, श्रद्धा का पुराना बयान बना हेडलाइन
