मध्य प्रदेश
बड़ा प्रशासनिक फेरबदल संभव...CM मोहन यादव ने खजुराहो में लगाया डेरा! कल होगी कैबिनेट बैठक, क्या होंगे बड़े फैसले?
8 Dec, 2025 08:36 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
MP News: अगले दो दिनों तक मध्य प्रदेश सरकार छतरपुर जिले के खजुराहो से संचालित होगी. सीएम मोहन यादव समेत पूरी कैबिनेट 8 और 9 दिसंबर को खजुराहो में रहेगी. राज्य सरकार से जुड़े सभी अहम काम यही से संचालित किए जाएंगे. मुख्यमंत्री सोमवार को 6 विभागों की समीक्षा बैठक भी लेंगे. इसके साथ ही सीएम स्थानीय कार्यक्रमों में भाग लेंगे और संग्रहालय भ्रमण भी करेंगे.
कब किस-किस विभाग की मीटिंग?
खजुराहो में सबसे पहले खाद्य, नागरिक आपूर्ति विभाग के मंत्री गोविंद सिंह राजपूत और उनके विभाग की समीक्षा होगी. सुबह 11.30 बजे से 12 बजे तक वाणिज्यिक कर विभाग के मंत्री और डिप्टी सीएम जगदीश देवड़ा के कामकाज का रिव्यू किया जाएगा. दोपहर 12 से 12.30 बजे तक पशुपालन और डेयरी विकास विभाग के मंत्री लखन पटेल और उनके विभाग का रिव्यू किया जाएगा. इसके बाद दोपहर 12.45 बजे से 1.30 नगरीय विकास और आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और उनके विभाग का रिव्यू किया जाएगा.
सीएम शाम 4 से 4.45 बजे तक जनजातीय कार्य विभाग और अनुसूचित जाति विकास के मंत्री विजय शाह और नागर सिंह चौहान के कामकाज और विभागीय रिव्यू होगा. सबसे आखिरी में शाम 4.45 बजे से 5.30 बजे तक मुख्यमंत्री एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप और उनके विभाग का रिव्यू करेंगे.
खजुराहो में होगी कैबिनेट बैठक
कैबिनेट मीटिंग भी खजुराहो में ही होगी. सीएम मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार यानी 9 दिसंबर को होगी. बताया जा रहा है कि ये बैठक केन-बेतवा लिंक परियोजना और बुंदेलखंड को समर्पित होगी. इसी दौरान मंत्रियों के कार्यों की समीक्षा भी की जाएगी. इससे पहले सिंग्रामपुर, महेश्वर और इंदौर के फेमस राजबाड़ा में डेस्टिनेशन कैबिनेट बैठक हो चुकी है.
बड़ी खबर: सिंगरौली पहुंची पटवारी की टीम...6 लाख पेड़ों की कटाई पर क्या होगा अगला कदम? जानें हर अपडेट
8 Dec, 2025 08:29 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
MP News: मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में पेड़ों की कटाई के मामले में कांग्रेस ने कमेटी बनाई है. अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने हरीश चौधरी को निर्देश देते हुए जीतू पटवारी की अध्यक्षता में 12 नेताओं को शामिल किया है. सिंगरौली जिले में अदानी को कोल ब्लॉक आवंटन करने के मामले में पेड़ों की कटाई का मुद्दा कांग्रेस ने काफी जोरों शोरों से उठाया था.
सदन से लेकर जनता के बीच मुद्दे को ले जाने की तैयारी
सिंगरौली में पेड़ काटने के मामले को कांग्रेस सदन से लेकर जनता के बीच ले जाना चाहती है. इसको लेकर कांग्रेस बड़ी तैयारी कर रही है. कांग्रेस की इस कमेटी में अधिकतर विधायक शामिल हैं. इफेक्ट फाइंडिंग कमेटी में जीतू पटवारी, उमंग सिंगार, मीनाक्षी नटराजन, अजय सिंह, कमलेश्वर पटेल, हेमंत कटारे, राजेंद्र कुमार सिंह, हिना कांवरे, विक्रांत भूरिया, ओमकार मरकाम, जयवर्धन सिंह और बाला बच्चन को शामिल किया गया है.
कमेटी के सदस्य लोगों से करेंगे मुलाकात
कांग्रेस की फैक्ट फाइंडिंग कमेटी के सभी सदस्य सिंगरौली जिले में जाएंगे. 11 दिसंबर को वहां लोगों से मुलाकात करेंगे. फैक्ट फाइंडिंग कमेटी के सदस्य पेड़ों की कटाई के मामले में वहां की स्थिति को लेकर स्थानीय लोगों से बातचीत करेंगे.
शीतकालीन सत्र में उठा था 6 लाख पेड़ों को काटने का मुद्दा
विधानसभा के शीतकालीन सत्र के अंतिम दिन कांग्रेस ने सदन में सिंगरौली में करीब 6 लाख पेड़ों के काटने का मुद्दा उठाया. कांग्रेस विधायक विक्रांत भूरिया ने सिंगरौली में पेड़ कटाई को अवैध बताया.
वहीं राघौगढ़ से कांग्रेस विधायक जयवर्धन सिंह ने कहा कि अडाणी समूह को खदानें दी गई हैं, इसके लिए पेड़ काटे जा रहे हैं. पेसा एक्ट से बाहर बताया गया. यहां पर वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 का उल्लंघन हुआ है.
मुख्यमंत्री डॉ. यादव सहित पूरा मंत्रिमंडल खजुराहो में करेगा मंथन
7 Dec, 2025 11:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपने मंत्रिमंडल के साथ दो दिन खजुराहो में रह कर कैबिनेट बैठक के साथ विभिन्न विभागों की समीक्षा करेंगे। सोमवार 8 दिसम्बर को खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की समीक्षा के साथ शुरूआत होगी। इसी क्रम में औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम, राजस्व, नगरीय विकास एवं आवास, तकनीकि शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार, जनजातीय कार्य, अनुसूचित जाति कल्याण और खनिज विभाग की समीक्षा की जाएगी।
मंगलवार 9 दिसम्बर को मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में कैबिनेट बैठक होगी, जिसमें महत्वपूर्ण निर्णय लिए जायेंगे। इसी दिन सीसीआईपी की बैठक और लोक निर्माण एवं लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के दो वर्षों में हुए कार्यों की मुख्यमंत्री द्वारा समीक्षा की जाएगी।
राजनगर में लाड़ली बहना सम्मेलन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव 9 दिसम्बर को छतरपुर जिले के राजनगर के सती की मढ़िया में लाड़ली बहना सम्मेलन में भी शामिल होंगे। सम्मेलन में मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा प्रदेश की 1.26 करोड़ से अधिक लाड़ली बहनों के खाते में माह दिसम्बर की राशि अंतरित की जायेगी। मुख्यमंत्री लाड़ली बहनों से संवाद भी करेंगे।
अन्य गतिविधियां
खजुराहों में आदिवर्त संग्रहालय का भ्रमण एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम।
महाराजा छत्रसाल और सरदार वल्लभ भाई पटेल की मूर्ति का अनावरण।
पन्ना टाइगर रिजर्व कुटनी रिसॉर्ट डैम एवं रनेह फॉल का भ्रमण।
27055 लाख के 9 विकास कार्यों का भूमि-पूजन।
24010 लाख के 20 विकास कार्यों का लोकार्पण।
राजनगर के सती की मढ़िया में लाड़ली बहना सम्मेलन में विकास पर केन्द्रित प्रदर्शनी।
लाड़ली बहनों के खातों में राशि अंतरण और हितलाभ वितरण।
सतत निगरानी, सघन जांच और कार्रवाई से तेज़ी से घटा है नक्सली दायरा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
7 Dec, 2025 10:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में नक्सलवाद के सफ़ाये की दिशा में एक बड़ी सफलता मिली है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के समक्ष बालाघाट में रविवार को 10 नक्सलियों ने आत्म समर्पण किया, जिनमें 4 महिला नक्सली भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उन्हें संविधान की प्रति प्रदान कर मुख्यधारा से जोड़ा। आत्म समर्पण करने वाले नक्सलियों ने अपने हथियार मुख्यमंत्री को सौंपे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप सरकार जनवरी 2026 तक मध्यप्रदेश को नक्सल मुक्त करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि एक भी व्यक्ति को हथियार उठाने की अनुमति नहीं है। मुख्यमंत्री ने नक्सलियों से आह्वान किया कि वे सरकार की पुनर्वास नीति अपनाएं। सरकार उनके जीवन को सुरक्षित करने, विकास सुनिश्चित करने और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए हर संभव प्रयास करेगी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अधिकारियों और जवानों की हौसला अफजाई करते हुए कहा कि एंटी नक्सल अभियान को लगातार सशक्त और सुदृढ़ किया जा रहा है। प्रदेश में 15 नवीन अस्थायी कैंप और विशेष सहयोगी दस्ता के 882 पद स्वीकृत किए गए हैं। सतत निगरानी, सघन जांच और कार्रवाइयों से प्रदेश में नक्सली दायरा तेज़ी से घटा है। उन्होंने कहा कि पुनर्वास के लिए नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पिछले वर्ष 46 एकल सुविधा केंद्र खोले गए। इन केंद्रों के माध्यम से रोजगार, वन अधिकार पत्र और अन्य आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शहीद आशीष शर्मा की वीरता को नमन करते हुए कहा कि कर्तव्यपथ में उत्कृष्टता से कार्य करने वाले 328 हॉक फोर्स सहित पुलिस अधिकारियों को आउट ऑफ टर्न प्रमोशन दिया गया है। उन्होंने कहा कि जो कानून की राह अपनाते हैं, उनकी पुनर्वास की चिंता सरकार की है।
डीजीपी कैलाश मकवाना ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में एंटी नक्सल अभियान को सशक्त किया गया है। नए कैंप स्थापित किए गए हैं, हॉक फोर्स और पुलिस बल में वृद्धि की गई है। साथ ही अधिकारियों और जवानों को सतत प्रोत्साहन दिया जा रहा है। इन कार्रवाइयों के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। मध्यप्रदेश सहित अन्य राज्यों में भी नक्सल समर्पण लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि रोजगार और स्किल डेवलपमेंट के प्रयासों से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के युवाओं और नागरिकों को मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। मध्यप्रदेश पुलिस निर्धारित समय-सीमा में नक्सल मुक्ति के लिए प्रतिबद्ध है। कार्यक्रम में परिवहन एवं स्कूल शिक्षा और बालाघाट के प्रभारी मंत्री उदय प्रताप सिंह, पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और जवान उपस्थित रहे।
इन नक्सलियों ने किया आत्म समर्पण
सुरेंद्र उर्फ कबीर उर्फ सोमा सोढी पिता उंग्गा सोढी जाति गोंड उम्र 50 निवासी पुलमपाढ थाना गुल्लापल्ली जिला सुकमा छग।
राकेश ओडी उर्फ मनीष पिता समरत ओडी जाति गोंड उम्र 42 निवासी ग्राम झंडेपार (बोट्टेकसा) थाना कोरची जिला गडचिरौली महाराष्ट्र।
लालसिंह मरावी उर्फ सींगा उर्फ प्रवीण पिता भीमा माता ऊंगी जाति गोंड उम्र 30 निवासी छोटे गुडरा थाना कटेकल्याण जिला दंतेवाड़ा छग।
शिल्पा नुप्पो पिता जोगा माता ..बीमे..जाति गोंड उम्र 26 निवासी बुडिया बट्टुम थाना बासीगुडा तहसील हवापल्ली जिला बीजापुर छग।
सलीता उर्फ सावित्री अलावा पिता लकमु माता चिको जाति गोंड उम्र 26 निवासी सीनागेलोर थाना बासागुडा तहसील हवापल्ली जिला बीजापुर छग।
नवीन नुप्पो उर्फ हिडमा पिता नंगा माता बीमे जाति गोंड उम्र 30 निवासी बोडकेल तहसील कोंटा (जगरगुंडा) जिला सुकमा छग।
जयशीला उर्फ ललीता ओयम पिता समलु माता देवे जाति गोंड उम्र 26 निवासी तरैम थाना बासागुडा तहसील हवापल्ली जिला बीजापुर छग।
विक्रम उर्फ हिडमा वट्टी पिता तकमा माता पीसे जाति गोंड उम्र 30 निवासी मडपे दुल्लोड थाना 4 थाना चिंता गुफा जिला सुकमा छग।
जरिना उर्फ जोगी मुसाक पिता अंदल माता कोशी जाति गोंड (मुडिया) उम्र निवासी मुरंगा थाना गंगलुर जिला बिजापुर छग।
समर उर्फ समारू उर्फ राजु अतरम पिता सन्नु माता सुमरी जाति गोंड उम्र 32 निवासी इंड्री तहसील बैरमगढ जिला बीजापुर छग।
बच्चों में सीखने की ललक बढ़ाने के लिये शिक्षक प्राप्त करते रहें नई-नई जानकारी: केन्द्रीय शिक्षा मंत्री प्रधान
7 Dec, 2025 09:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : केन्द्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने कहा है कि बच्चों के व्यक्तित्व का बहुआयामी विकास हो, इसके लिये जरूरी है कि उन्हें मातृभाषा में पढ़ने के लिये प्रेरित किया जाएं। उन्होंने कहा कि बच्चों को पढ़ाई गई बातें समझने में मातृभाषा ज्यादा कारगर होती है। नई शिक्षा नीति में मातृभाषा में अध्ययन को प्राथमिकता दी गई है। केन्द्रीय शिक्षा मंत्री प्रधान रविवार को भोपाल के शासकीय कमला नेहरू सांदीपनि विद्यालय टी.टी. नगर के निरीक्षण के बाद शिक्षकों से चर्चा कर रहे थे। इस मौके पर उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार और विधायक भगवानदास सबनानी भी उनके साथ थे।
केन्द्रीय शिक्षा मंत्री प्रधान ने सांदीपनि विद्यालय की कक्षाओं में जाकर बच्चों से संवाद किया। उन्होंने बच्चों की पाठ्यपुस्तकों को देखा और बच्चों से पढ़ाई के संबंध में बात की। मंत्री प्रधान के विद्यालय पहुँचने पर छात्राओं ने बैंड की धुनों पर उनका स्वागत किया। उन्होंने आर्ट गैलरी, पुस्तकालय, बच्चों की मार्शल आर्ट 'वुशु' के अभ्यास को देखा और विद्यालय के म्यूजिक रूम का भ्रमण किया। उन्होंने बच्चों द्वारा देशभक्ति गीत पर प्रस्तुत धुनों को सुना और उसकी प्रशंसा की। मंत्री प्रधान विद्यालय की अटल टिकरिंग लैब में भी गए। वहां उन्होंने बच्चों द्वारा बनाए गए साइंस मॉडल के बारे में जानकारी प्राप्त की। साइंस मॉडल और रोबोटिक्स लैब के उपकरणों के बारे में भी जानकारी प्राप्त की। मंत्री प्रधान ने विद्यालय के ऑडिटोरियम को भी देखा और उन्होंने शिक्षकों से कहा कि वे बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ विभिन्न खेलकूद, संगीत और साहित्यिक गतिविधियों के प्रति भी प्रेरित करें। केन्द्रीय शिक्षा मंत्री प्रधान ने कहा कि बच्चों को पोषण आहार मिले, इसके लिये जन-भागीदारी के प्रयास किये जायें।
पालकों से संवाद
मंत्री प्रधान ने पालकों से भी संवाद किया। उन्होंने कहा कि पालक निरंतर स्कूल पहुँचकर बच्चों के बारे में जानकारी प्राप्त करते रहें। पालकों और शिक्षकों के समन्वय से ही बच्चों का सम्पूर्ण विकास हो सकेगा। उन्होंने शिक्षकों को प्रारंभिक कक्षाओं में पढ़ने वाले बच्चों के शैक्षणिक अध्ययन पर गहन निगरानी रखने की समझाइश दी। मंत्री प्रधान ने विद्यालय की विजिटर्स बुक पर लिखा कि अगले सत्र में इस विद्यालय की छात्राएं जेईई एवं नीट परीक्षा में चयनित हों इसके लिये शिक्षक सामूहिक रूप से प्रयास करें।
ई-अटेंडेंस के मिल रहे हैं बेहतर परिणाम
आयुक्त लोक शिक्षण शिल्पा गुप्ता ने बताया कि शिक्षा की गुणवत्ता के लिये प्रदेश में हमारे शिक्षक ऐप के माध्यम से ऑनलाइन ई-अटेंडेंस प्रारंभ की गई है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप 799 स्कूलों को मॉडल स्कूलों में बदला जा रहा है। उन्होंने पीएमस्कूल और सांदीपनि विद्यलाय के बारे में भी जानकारी दी। आयुक्त गुप्ता ने बताया कि सांदीपनि विद्यालय के बच्चों को विद्यालय तक लाने के लिये नि:शुल्क परिवहन सेवा उपलब्ध कराई गई है। स्कूलों में बच्चों को डिजिटल शिक्षा दिये जाने की व्यवस्था की गई है। प्राचार्य कमला नेहरू संगीता सक्सेना ने बताया किविद्यालय की स्थापना 1958 में हुई थी। वर्तमान में इस विद्यालय में कक्षा अरूण (के.जी.-1) से लेकर कक्षा 12 तक करीब 1500 छात्राओं को उच्च स्तर की शिक्षा दी जा रही है। निरीक्षण के दौरान राहुल कोठारी, पार्षद आरती अनेजा भी साथ थी।
ओरछा को विश्वस्तरीय पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित किया जाये : मुख्य सचिव जैन
7 Dec, 2025 09:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्य सचिव अनुराग जैन ने ओरछा में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सभी परियोजनाएँ समय पर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण की जाएँ जिससे ओरछा को विश्वस्तरीय पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित किया जा सके। उन्होंने ओरछा शहर के आर्थिक, सामाजिक विकास को देखते हुए इंटीग्रेटेड मास्टर प्लान तैयार करने के भी निर्देश दिए।
मुख्य सचिव जैन रविवार को पर्यटन नगरी ओरछा में विभिन्न निर्माण कार्यों का निरीक्षण कर रहे थे। उन्होंने निर्माण एजेंसियों के अधिकारियों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव जैन ने ओरछा में मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीराम राजा सरकार के दर्शन किए। उन्होंने जुझार महल एवं हरदौल वाटिका का निरीक्षण किया। जैन ने कहा कि वेंडर जोन का निर्माण इस तरह करें जिससे पर्यटकों को आवागमन में सुविधा हो।उन्होंने कहा कि खजुराहो महोत्सव को ध्यान में रखते हुए बुंदेलखंड सांस्कृतिक महोत्सव आयोजित करने की कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने ओरछा का मास्टर प्लान तैयार करने, पीपीपी मोड पर चल रहे कार्यों में स्थानीय नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करने जिससे उन्हें रोजगार उपलब्ध कराया जा सके, के निर्देश दिये। मुख्य सचिव जैन कंचना घाट भी पहुंचकर बेतवा नदी पर स्थित नवीन ब्रिज निर्माण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कंचना घाट पर संचालित पिंक टॉयलेट संचालन कार्य सेल्फ हेल्प ग्रुप को देने के निर्देश दिए।
मुख्य सचिव जैन ने अधिकारियों से संरक्षित भवनों की स्थिति, पर्यटक सुविधाओं और आवश्यक रखरखाव उपायों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि इन धरोहरों को संरक्षित रखना हमारी जिम्मेदारी है। मुख्य सचिव जैन ने राय प्रवीण महल एवं तुलसी घाट का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण पूर्ण हों। उन्होंने जहांगीर महल का अवलोकन किया। उन्होंने होटल बेतवा रिट्रीट में श्रीराम राजा लोक और ओरछा में चल रहे विभिन्न निर्माण एवं विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।वर्तमान में आ रहे पर्यटकों एवं भविष्य में आने वाले पर्यटकों की संभावनाओं के दृष्टिगत कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि शहर की सभी होटलों की स्टार रेटिंग कराई जाए। जुझार सिंह महल को बुंदेलखंड सांस्कृतिक केंद्र की तर्ज पर विकसित किया जाए। एडवेंचर स्पोर्ट्स को बढ़ावा दिया जाए। बुंदेली कला, पेंटिंग एवं टेराकोटा से बनने वाले उत्पादों की मार्केटिंग और ब्रांडिंग की जाए और उन्हें ऑनलाइन प्लेटफार्म पर लाकर विक्रय किया जाए। इस अवसर पर जिले के अधिकारी सहित कंसल्टेंट मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर दी बधाई
7 Dec, 2025 09:15 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर सभी को हार्दिक बधाई दी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि यह दिन सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि देने के साथ सेना कल्याण कोष में योगदान के लिए हम सभी को प्रेरित करता है। उन्होंने क्यूआर कोड से सैनिक कल्याण के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया से 11 हजार रुपये की राशि भेंट की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी से आह्वान किया कि शहीद सैनिकों के परिवारों और शारीरिक रूप से अक्षम सैनिकों के कल्याण के लिए अपना सहयोग दें।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव को सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर मुख्यंमत्री निवास में ब्रिगेडियर अरुण नायर सेना मेडल (से.नि) और संचालक, सैनिक कल्याण बोर्ड ने झंडा लगाकर स्मृति चिन्ह (मोमेन्टो) भेंट किया। सैनिक कल्याण बोर्ड के आर.एन. सिंह तोमर, ग्रीश चंद्र यादव, शैलेश कुमार चौकसे, संजय भील और जसवीर सिंह भी उपस्थित रहे।
भारत के भविष्य को नई दिशा देने की दूरदर्शी कार्य योजना है राष्ट्रीय शिक्षा नीति : राज्यपाल पटेल
7 Dec, 2025 09:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल : राज्यपाल मंगुभाई पटेल के मुख्य आतिथ्य और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में "राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020: क्रियान्वयन, चुनौतियां एवं संभावनाएं" विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में राष्ट्रगान की धुन के साथ आरंभ हुई। कार्यशाला में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार, स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह, अल्पसंख्यक एवं पिछड़ा वर्ग कल्याण राज्यमंत्री(स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर विशेष रूप से उपस्थित थीं।
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि मध्यप्रदेश को शिक्षा–परिवर्तन की दिशा में देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए नीति की दिशा, लक्ष्य और समन्वित कार्य–संस्कृति के द्वारा प्रयास करने होंगे। युवाओं के द्वारा प्रदेश और देश समाज को बदलने के विश्वास का प्रतीक राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 है। यह भारत के भविष्य को नई दिशा देने की दूरदर्शी कार्ययोजना है, जिसका मूल स्वभाव ‘समग्रता’ है। उन्होंने नीति के लक्ष्यों समग्र शिक्षा, समग्र विकास और समग्र राष्ट्र-निर्माण से जुड़ी चुनौतियों और मध्यप्रदेश की विशेष परिस्थितियों में उपलब्ध संभावनाओं पर प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सामूहिक विचार की पहल की सराहना की।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि नीति के एकीकृत स्नातक कार्यक्रम, बहु–प्रवेश–बहु–निर्गम व्यवस्था, शैक्षणिक बैंक ऑफ क्रेडिट और अनुसंधान-केंद्रित वातावरण आदि प्रावधान उच्च शिक्षा को अधिक लचीला, आधुनिक और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता से समृद्ध बनाने का अवसर है। इसके लिए प्रदेश के उच्च शिक्षण संस्थानों को नवाचार, गुणवत्तापूर्ण संकाय विकास, डिजिटल अवसंरचना और उद्योग–शिक्षा सहभागिता के सुदृढ़ीकरण के कार्य समयबद्ध तरीके से करने होंगे। विद्यालयीन शिक्षा में बच्चों को मातृभाषा में अनुभवात्मक शिक्षण के द्वारा मूलभूत साक्षरता और संख्यात्मक ज्ञान देने के लिए शिक्षक-प्रशिक्षण, आधुनिक तकनीक और नवाचारशील पद्धतियों के द्वारा विद्यालय तंत्र को अग्रणी बनाना होगा।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि 21वीं सदी के लिए विद्यार्थियों को तैयार करने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता के द्वारा कौशल-निर्माण, डिजिटल साक्षरता और सेल्फ-लर्निंग के नए आयामों को प्राप्त करने के लिए “आउट ऑफ द बॉक्स” सोच के साथ कार्य करना होगा। यह भी समझना होगा कि नीति का सफल क्रियान्वयन केवल प्रशासनिक कदम नहीं, बल्कि एक संयुक्त राष्ट्रीय प्रयास है।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि सोच से ही बदलाव होता है। उन्होंने गुजरात राज्य की योजना दूध संजीवनी का उल्लेख करते हुए बतायाकि विद्यालय में बच्चों को दूध वितरण की पहल से कुपोषण दूर होने के साथ ही विद्यालय में बच्चों की उपस्थिति भी नियमित हो गई। उन्होंने कहा कि बच्चों को स्कूल भेजकर उन्हें शिक्षकों की जिम्मेदारी मानना उचित नहीं है। बच्चों के विकास में पालकों का भी दायित्व महत्वपूर्ण है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के क्रियान्वयन में मध्यप्रदेश देश में अग्रणी: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के क्रियान्वयन में मध्यप्रदेश, देश में अग्रणी है। प्रदेश में राष्ट्रीय शिक्षा नीति को केवल शैक्षणिक सुधार न मानकर राज्य के कौशल, नवाचार और सांस्कृतिक पुनर्जागरण से जोड़ा है। प्रदेश के विश्वविद्यालयों में कुलपतियों को कुलगुरु संबोधन देकर हमने प्राचीन गुरुकुल आदर्श को आधुनिक व्यवस्था से जोड़ा है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विश्व में जिन भी महापुरुषों ने समय की धारा को बदला है, उन महापुरुषों के व्यक्तित्व विकास में गुरुओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। गुरु के रूप में महर्षि विश्वामित्र ने श्रीराम की दक्षता क्षमता को निखारने में योगदान दिया। जिसके बल पर पर प्रभु श्रीराम ने स्वयंवर और रावण वध पर अपने पराक्रम और पुरुषार्थ का परिचय दिया। भगवान श्रीकृष्ण के विराट स्वरूप में भी आचार्य सांदीपनि का योगदान रहा। सम्राट विक्रमादित्य द्वारा स्थापित सुशासन व्यवस्था में उनके द्वारा देशभर से जोड़े गए विद्वानों और नव रत्नों का सहयोग रहा। राजा भोज द्वारा निर्मित भोपाल का बड़ा तालाब आज भी अभियांत्रिकी के विद्यार्थियों के लिए सीखने का विषय है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में राष्ट्रीय शिक्षा नीति ने युवाओं के लिए अपनी क्षमताओं को निखारने और उन्हें विस्तार देने के व्यापक आयाम दिए हैं। राज्य शासन द्वारा प्रदेश में 370 सांदीपनि स्कूल स्थापित किए गए हैं। सांदीपनि विद्यालय 21वीं सदी के कौशल, नई शिक्षा नीति और शिक्षा में नवाचार का मार्गदर्शन कर रहे हैं। यहां विद्यार्थियों के लिए गुरुकुल की गरिमा और डिजिटल युग की दक्षता उपलब्ध है। इसी क्रम में राज्य शासन ने प्रत्येक जिले में प्रधानमंत्री एक्सीलेंस कॉलेज का संचालन आरंभ किया है। प्रदेश में उच्च शिक्षा संस्थान प्रदेश के महापुरुषों के नाम पर स्थापित किए जा रहें हैं। यह राज्य सरकार के लिए गर्व का विषय है कि प्रदेश के इंदौर और रतलाम के सांदीपनि विद्यालयों को वैश्विक स्तर पर सराहा गया है। शालाओं में शिक्षा की गुणवत्ता और बेहतर परिणाम के लिए विभिन्न नवाचारों से प्रदेश में शिक्षा का बेहतर वातावरण निर्मित हुआ है। प्रदेश के विश्वविद्यालयों में सभी विधाओं के अध्ययन की सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से समेकित विश्वविद्यालय की अवधारणा का विस्तार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन चुनौतियों और संभावनाओं पर आयोजित यह कार्यशाला भविष्य की आवश्यकताओं के अनुसार शिक्षा व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
रोजगारपरक और नवाचार उन्मुख शिक्षा को दें जनांदोलन: केंद्रीय मंत्री प्रधान
केन्द्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान ने शिक्षा को प्राथमिकता का विषय बनाने के लिए राज्य शासन का आभार मानते हुए कहा कि मध्यप्रदेश ने संस्कृति धर्म और ज्ञान परंपरा की निरंतरता को बनाए रखने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। वैज्ञानिकता, दार्शनिक स्पष्टता और अध्यात्मिकता का पुट भारतीय शिक्षा व्यवस्था का आधार रहा है। मैकाले द्वारा स्थापित शिक्षा व्यवस्था में भारतीयता को स्थापित करना राष्ट्रीय शिक्षा नीति का उद्देश्य है। केन्द्रीय मंत्री प्रधान ने प्रदेश की शैक्षणिक संस्थानों में न्यू ऐज स्किल जैसे क्वान्टम कम्प्यूटिंग और एआई के विस्तार की आवश्यकता बताई। उन्होंने शाला स्तर में विद्यार्थियों के कक्षा 12 तक निरंतर अध्ययनरत रहने, शोध को स्थानीय आवश्यकताओं से जोड़ने, शैक्षणिक संस्थाओं के प्रबंधन में समाज की भागीदारी बढ़ाने और शैक्षणिक संस्थाओं के प्रबंधन को समाज के प्रति उत्तरदायी बनाने की आवश्यकता बताई। केन्द्रीय मंत्री प्रधान ने बच्चों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने के अभियान में समाज को जोड़ने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि आयोजनों में महंगे पुष्प-गुच्छ से स्वागत की परंपरा के स्थान पर फलों की टोकरी देकर स्वागत करने का नवाचार अपनाने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि रोजगारपरक और नवाचार उन्मुख शिक्षा को जनांदोलन का रूप देना होगा।
प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि प्रदेश में स्कूल शिक्षा में पालकों का भरोसा जीतने के लिए मुख्यमंत्री यादव के नेतृत्व में विद्यार्थियों को बेहतर संसाधन, शिक्षा और प्रोत्साहन उपलब्ध कराने के लिए विशिष्ठ प्रयास जारी हैं। मध्यप्रदेश दोहरी परीक्षा पद्धति लागू करने वाला देश का दूसरा राज्य बन गया है। प्रदेश में 10वीं और 12वीं कक्षा के परीक्षा परिणामों में 10 वर्षों में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। प्रदेश की शालाओं में एनसीईआरटी का पाठ्यक्रम लागू करने के लिए गतिविधियां जारी हैं। निजी स्कूलों को भी किफायती दर पर पाठ्य पुस्तकें उपलब्ध कराने के लिए विकासखंड स्तर पर कैंप लगाए गए हैं।
उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परिमार ने कहा कि प्रदेश में राष्ट्रीय शिक्षा नीति का क्रियान्वयन भारतीय ज्ञान परंपरा को समाहित करते हुए किया जा रहा है। रोजगारोन्मुखी शिक्षा के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालयों में अंकसूची और उपाधियों को डिजी लॉकर में अपलोड करने की सुविधा दी गई है। शैक्षणिक संस्थाओं में प्रदेश की कृषि विरासत और जनजातीय ज्ञान के अध्ययन के लिए भी पहल की जा रही है।
केंद्रीय सचिव स्कूल शिक्षा संजय कुमार ने राजा भोज की सृजनशीलता का उल्लेख करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश में शिक्षा, ज्ञानार्जन और बौद्धिक गतिविधियों का लंबा इतिहास रहा है। नई शिक्षा नीति-विद्यार्थियों के लर्निंग आउटकम को बेहतर बनाने, जिज्ञासा और नवाचार को प्रोत्साहित करने तथा नई तकनीक में व्यावहारिक उपलब्धियां अर्जित करने के उद्देश्य से क्रियान्वित की जा रही हैं। कार्यशाला के प्रारंभ में प्रदेश में संचालित सांदीपनि विद्यालयों पर लघु फिल्म का प्रदर्शन किया गया। नगरपालिका निगम भोपाल की महापौर मालती राय, विधायक रामेश्वर शर्मा, भगवान दास सबनानी, संचालक मध्य प्रदेश हिंदी ग्रंथ अकादमी अशोक कड़ेल विशेष रूप से उपस्थित थे। कार्यशाला में आयुक्त उच्च शिक्षा प्रबल सिपाहा, आयुक्त स्कूल शिक्षा शिल्पा गुप्ता, शासकीय और निजि विश्वविद्यालय के कुलगुरू, महाविद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षाविद, और विद्यार्थी उपस्थित थे।
बेहद दुखद : कस्तूरबा गांधी छात्रावास में छात्रा ने क्यों लगाई फांसी...प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप, जांच के आदेश, पढ़ें पूरी खबर
7 Dec, 2025 01:00 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
MP News: धार जिले के कुक्षी तहसील के बाग स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका छात्रावास में शनिवार शाम एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई. यहां 11वीं में पढ़ने वाली एक नाबालिग छात्रा ने संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. घटना के बाद छात्रावास परिसर में अफरा-तफरी मच गई और पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई. मृतका की पहचान ग्राम गेटा निवासी छात्रा के रूप में हुई है, जो छात्रावास में रहकर अध्ययन कर रही थी.
शाम में देर रात छात्रा ने लगाई फांसी
जानकारी के अनुसार, शनिवार देर शाम छात्रा ने अपने कमरे के बजाय दूसरे कमरे में फांसी लगाई. साथी छात्राओं ने जब उसे इस हालत में देखा तो चीख-पुकार मच गई. हादसे के बाद साथी छात्राओं का रो-रोकर बुरा हाल है. सूचना मिलते ही परिजन ग्रामीणों के साथ बड़ी संख्या में छात्रावास पहुंचे और प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए. परिजनों का सवाल है कि छात्रा दूसरे कमरे में क्यों गई और क्या उस पर किसी तरह का मानसिक दबाव या प्रताड़ना थी. उनका आरोप है कि मामले में कई तथ्य छुपाए जा रहे हैं.
जानकारी के बाद छात्रावास पहुंचे अधिकारी
घटना की जानकारी लगते ही प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे. कुक्षी SDM विशाल धाकड़, SDOP सुनील गुप्ता, बाग TI कैलाश चौहान, BEO डीएस बघेल और जिला शिक्षा अधिकारी केशव वर्मा ने स्थल निरीक्षण किया. इस दौरान भिलिस्थान लायन सेना और जयस संगठन के पदाधिकारियों ने भी पहुंचकर जानकारी ली. सरकारी छात्रावास में हुई इस घटना ने सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं.
पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है. आत्महत्या का कारण अभी स्पष्ट नहीं है और सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है. अधिकारियों का कहना है कि डॉक्टरों की पैनल द्वारा रविवार सुबह 9 बजे पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसके बाद पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी और आधिकारिक बयान जारी किया जाएगा.
SDM ने दिलाया निष्पक्ष जांच का भारोसा
SDM विशाल धाकड़ ने बताया कि छात्रावास के चपरासी द्वारा छात्रा की तबीयत खराब होने की सूचना वार्डन को समय पर नहीं दी गई. उन्होंने निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कठोर कार्रवाई का भरोसा दिलाया. वहीं, सहायक आयुक्त नरोत्तम वर कड़े ने छात्रावास वार्डन अनीता चौहान को निलंबित कर दिया है और फिलहाल अस्थायी वार्डन की नियुक्ति की जाएगी. पुलिस और प्रशासन इस पूरे मामले पर कड़ी निगरानी बनाए हुए है.
बड़ा विवाद: IAS नियाज खान की बाबरी मस्जिद विवाद में एंट्री! बोले- "मस्जिद का यह नाम हिंदू धर्म का अपमान," सियासी हलकों में हड़कंप
7 Dec, 2025 12:22 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
Niyaz Khan: पश्चिम बंगाल में बाबरी मस्जिद विवाद मामले में IAS नियाज खान का बयान सामने आया है. नियाज खान अपने बायनों को लेकर सुर्खियों में बने रहते हैं. उन्होंने मस्जिद का नाम बाबरी रखने पर इसे हिंदू धर्म का अपमान बताया है. सोशल मीडिया साइट एक्स पर पोस्ट करके IAS नियाज खान ने लिखा कि यह एक न्यूसेंस है. बाबर आक्रमणकारी था उसके नाम की मस्जिद बनाना हिंदुओं का अपमान है.
सोशल मीडिया पोस्ट में आईएएस ने आगे लिखा कि यह देश के फिजा को खराब करेगा. मेरे मजहब के लोगों को कोई ऐसा काम नहीं करना चाहिए, जिससे हिन्दुओं की भावना आहत हो. मस्जिद का कोई और नाम रख लिया जाए. विदेशी का महिमामंडन न हो.
क्या बाबरी मस्जिद विवाद मामला?
टीएमसी से निलंबित विधायक हुमायूं कबीर ने पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में एक मस्जिद की नींव रखी. इस मस्जिद का नाम बाबरी रखा गया. इस नाम पर ही विवाद शुरू हो गया. मस्जिद के निर्माण के लिए लोग ईंट लेकर आए. चंदा भी इकट्ठा किया गया. शनिवार (6 दिसंबर) को मुस्लिम धर्मगुरुओं और अन्य लोगों ने इस मस्जिद के लिए प्रार्थना भी की.
दरअसल, 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद का विवादित ढांचा ढहा दिया गया था. जिसके बाद हिंदू-मुस्लिम पक्षकारों के बीच लंबे समय तक इलाहाबाद हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में दलीलें जारी रहीं. उच्चतम न्यायालय ने 9 नवंबर 2019 को विवादित भूमि पर रामलला जन्मभूमि के पक्ष में फैसला सुनाया और बाद में 2.77 एकड़ जमीन पर राम मंदिर बनाया गया. वहीं बाबरी मस्जिद के निर्माण के लिए अयोध्या से 25 किमी दूर 5 एकड़ की जमीन आवंटित कर दी. इस पर अभी तक कोई काम नहीं हो सका है.
कौन हैं IAS नियाज खान?
नियाज खान मूल रूप से छत्तीसगढ़ के रहने वाले हैं. वे मध्य प्रदेश राज्य सेवा (MPPSC) के प्रशासनिक अधिकारी थे. साल 2015 में प्रमोट होकर IAS बने. वह अब तक 10 उपन्यास लिख चुके हैं. उनका 10वां उपन्यास ब्राह्मण द ग्रेट पार्ट-2 था. उनके एक उपन्प्यास पर वेब सीरीज भी बन चुकी है. नियाज खान अपने बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहते हैं. वर्तमान में वे मध्य प्रदेश के लोक निर्माण विभाग में तैनात हैं.
बेटी किसी विशेष जाति की नहीं होती…IAS सतोष वर्मा के खिलाफ कोर्ट जाएंगे भाजपा विधायक
7 Dec, 2025 11:21 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। ब्राह्मण की बेटी को लेकर विवादित बयान देने वाले आईएएस संतोष वर्मा के खिलाफ लोगों का गुस्सा कम होने का नाम नहीं ले रहा है। इस बीच भाजपा विधायक उमाकांत शर्मा ने उनके खिलाफ कोर्ट जाने की बात कही है। साथ ही उनकी पुरानी फाइल खोलने की भी मांग की है।
बीजेपी विधायक उमाकांत शर्मा ने कहा, ‘मैंने पहले दिन से कहा है कि बेटी किसी जाति विशेष की नहीं होती। पूरे समाज की की बेटी होती है। उसका सम्मान करना, महिलाओं को इज्जत देना, उनको बचाना हम सबका कर्तव्य है। लेकिन ऐसे अधिकारी जो वरिष्ठतम पद पर बैठे हैं, भारत सरकार के आईएएस-आईपीएस ही अधिकारी होते हैं। मध्य प्रदेश सरकार के हो चाहे किसी के भी, मेरा निवेदन है कि इनके कारनामे 2002 से लेकर 2003 में जब यह सिरोंज एसडीएम रहे हैं, इनके ऊपर भ्रष्टाचार की कई शिकायत थी। उस फाइल को खोला जाए और उस पर कार्रवाई की जाए।
उन्होंने आगे कहा कि पहले भी इन पर जो-जो फैसले आए हैं, कदाचरण के खिलाफ जो राहत मिली है, उनकी भी फाइल खोलकर दोबारा जांच की जाए। ऐसे पढ़े-लिखे व्यक्ति जो समाज में सांप्रदायिक हिंसा को बढ़ाने की दृष्टि से अपना बयान देते हैं, उन पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। मुझे लगता है कि मध्य प्रदेश और देश की सरकार करेगी, नहीं तो मैं मैं जनप्रतिनिधि हूं, खुद आम जनता की ओर से उनके खिलाफ न्यायालय में जाऊंगा।
MP में लव जिहाद, हिंदू युवती को फंसाकर किया दुष्कर्म, पति-पत्नी मिलकर करते थे ब्लैकमेल
7 Dec, 2025 10:20 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
खंडवा: मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के खंडवा (Khandva) जिले के पीपलोद थाना क्षेत्र से लव जिहाद और शारीरिक शोषण का गंभीर मामला सामने आया है. एक हिंदू यूवती ने आरोप लगाया है कि मेहरबान नाम के युवक के प्रेम संबंध का झांसा देकर उसे अपने जाल में फंसा लिया. कई दिनों तक उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया और इस दौरान उसका आपत्तिजनक वीडियो और फोटो भी रिकॉर्ड कर लिए. बाद में इन्हीं वीडियो को वायरल करने की धमकी देकर आरोपी उसे ब्लैकमेल करता रहा और जबरन धर्म परिवर्तन का दबाव बनाता रहा.
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि इस पूरी साजिश में आरोपी की पत्नी शबनम भी शामिल थी. दंपति मिलकर युवती को धमकाते, प्रताड़ित करते और उस पर अवैध संबंध बनाए रखने और धर्म बदलने का दबाव डालते थे. जब युवती ने स्पष्ट रूप से धर्म परिवर्तन से इनकार कर दिया, तो आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की और धमकी दी कि उसका वीडियो पूरे गांव और सोशल मीडिया पर वायरल कर देंगे.
मामले की जानकारी बजरंग दल को लगते ही बड़ी संख्या में संगठन के कार्यकर्ता पीपलोद थाने पहुंचे और कड़ी कार्रवाई की मांग की. पीड़िता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी मेहरबान और उसकी पत्नी शबनम के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है. बजरंग दल के आदित्य मेहता ने कहा कि यह बेहद गंभीर अपराध है और आरोपियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए.
मामले को लेकर एडिशनल एसपी महेंद्र तारणेकर ने बताया कि युवती की मुलाकत कुछ महीनों पहले मेहरबान से हुई थी. धीरे-धीरे बातचीत बढ़ी और आरोपी ने उसे प्रेम का भ्रम देकर फंसा लिया. युवती के आरोप गंभीर हैं और प्रारंभिक जांच में कई तथ्य सामने आए हैं. पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. उन्होंने बताया कि आरोपी पर धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम सहित कई अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया है और जांच आगे बढ़ाई जा रही है.
MP में बदला राज भवन का नाम, अब इस नाम से जाना जाएगा राज्यपाल का मुख्यालय
7 Dec, 2025 09:17 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
भोपाल। मध्यप्रदेश में राजभवन (Raj Bhavan) का नाम बदलकर अब लोक भवन कर दिया गया है। राज्यपाल का आधिकारिक आवास (official residence of the Governor) और कार्यस्थल इसी नए नाम से जाना जाएगा। यह परिवर्तन केंद्र सरकार के उस निर्णय के बाद लागू हुआ है, जिसके अनुसार देशभर के सभी राजभवन अब लोक भवन के रूप में पहचाने जाएंगे।
पिछले वर्ष राज्यपालों के राष्ट्रीय सम्मेलन में यह प्रस्ताव सामने आया था कि “राजभवन” जैसी उपाधियां औपनिवेशिक मानसिकता की प्रतीक हैं। इस वजह से सुझाव दिया गया कि इन्हें लोकतांत्रिक भाव को दर्शाने वाले नामों से बदलना चाहिए। इसी विचार के अनुरूप अब देशभर में राजभवनों का नाम “लोक भवन” किया जा रहा है।
मध्यप्रदेश सरकार पहले भी प्रशासनिक उपाधियों में बदलाव कर चुकी है। विश्वविद्यालयों में कुलपति के स्थान पर कुलगुरू शब्द का प्रयोग अब नियमित रूप से किया जा रहा है। वहीं, सीएम राइज स्कूल का नाम बदलकर सांदीपनि स्कूल किया गया है। यह नाम भगवान कृष्ण के गुरु सांदीपनि ऋषि के सम्मान में किया गया था। ‘CM Rise’ जैसे नाम को ‘अंग्रेजी मानसिकता’ से जुड़ा बताते हुए इसे बदलकर ऋषि-मुनियों के नाम पर रखने का निर्णय लिया।
BIG BREAKING: बालाघाट में 10 नक्सलियों का सरेंडर! 77 लाख का इनामी कबीर भी शामिल, एमपी में अब तक का सबसे बड़ा सरेंडर।
7 Dec, 2025 08:40 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
MP Naxali Surrender: मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में 10 नक्सलियों ने सरेंडर किया है, ये इतिहास का सबसे बड़ा नक्सली सरेंडर माना जा रहा है. इसे सुरक्षाबलों की बड़ी कामयाबी मानी जा रही है. छत्तीसगढ़ में नक्सल विरोधी अभियान के तेज होने के बाद नक्सली सीमा पार करके पड़ोसी राज्यों में भाग रहे हैं. बालाघाट, एमपी का एकमात्र नक्सल प्रभावित जिला है. ये छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के साथ सीमा साझा करता है.
77 लाख का इनामी नक्सली कबीर भी शामिल
बताया जा रहा है कि बालाघाट में केबी (कान्हा-भोरमदेव) डिवीजन के 10 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है. इस डिवीजन का लीडर सेक्रेट्री सुरेन्द्र उर्फ कबीर ने भी सरेंडर कर दिया है. कबीर पर सरकार ने 77 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था. सरेंडर करने वाले नक्सलियों में 4 महिला और 6 पुरुष नक्सली शामिल हैं. आत्मसमर्पित नक्सली रविवार (7 दिसंबर) को सीएम मोहन यादव को हथियार सौंप सकते हैं.
बालाघाट में बढ़ीं नक्सली गतिविधियां
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने 30 मार्च 2026 तक नक्सलमुक्त छत्तीसगढ़ की बात कही है. इसे ध्यान में रखते हुए सुरक्षाबल लगातार नक्सली विरोधी अभियान चला रहे हैं. MMC (मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़) डिवीजन में नक्सलियों के बीच भगदड़ सी मच गई है. नक्सली या तो मुठभेड़ में मारे जा रहे हैं या नक्सली सरेंडर कर कर रहे हैं.
यही कारण है कि एमपी के दक्षिण पूर्व में स्थित बालाघाट जिले में नक्सलियों की गतिविधियां तेज हुई हैं. इसके साथ ही हॉक फोर्स के जवानों के साथ मुठभेड़ की खबर आती रही है. शनिवार को भी सर्चिंग के दौरान नक्सलियों और हॉक फोर्स के जवानों के बीच फायरिंग हुई. बाद में माओवादी जान बचाकर घने जंगल में छिप गए.
इंडिगो की लगातार गड़बड़ियों पर MP सरकार की सख्ती, कैलाश बोले—कमियां तुरंत दूर करें
6 Dec, 2025 07:30 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
इंडिगो संकट के बीच यात्रियों की परेशानियों को देखते हुए सरकार ने एक्शन लिया है. सरकार ने फेयर कैप लगा दिया है. अब हर अधिकतम दूरी के लिए अधिकतम किराया तय कर दिया है. एयरलाइंस अब 18 हजार रुपये से ज्यादा किराया नहीं वसूल पाएगी. वहीं मामले पर मध्य प्रदेश के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय का भी बयान आया है. उन्होंने कहा कि इंडिगो एयरलाइंस की लगातार गड़बड़ियों के कारण सरकार ने फैसला लिया है |
‘इंडिगो को समय दिया गया है, अपनी कमियों को तुरंत दूर करें’
कैलाश विजयवर्गीय ने कहा, ‘सरकार ने मामले को पूरी गंभीरता से लिया है. इंडिगो एयरलाइंस को समय दिया है. उस समय के अंदर, जो इंडिगो की जो कमिया हैं, उसे पूरी कर लें. सरकार ने साफ निर्देश दिए हैं कि निर्धारित समय में सभी व्यवस्थाएं सुधार ली जाएं |
यात्रियों की परेशानी को देखते हुए सरकार ने फेयर कैप लागू किया
इंडिगो संकट के बीच उड्डयन मंत्रालय ने निर्देश जारी किए हैं. इसमें निर्देश दिया गया है कि किसी भी परिस्थिति में यात्रियों से मनमानी या अवसरवादी तरीके से किराए की वसूली को स्वीकार नहीं किया जाएगा. मंत्रालय ने इसको लेकर सभी प्रभावित रूटों पर फेयर कैप लागू कर दिया है. अब निर्धारित सीमा से ज्यादा एयरलाइंस किराया नहीं वसूल पाएगी |
सरकार ने 500 किलोमीटर तक साढ़े 7 रुपये, 500 से 1000 किलोमीटर तक 12 हजार रुपये, 1000 से 1500 किलमोटर तक 15 हजार रुपये और 1500 किलोमीटर से ज्यादा दूरी के लिए अधिकतम किराया 18 हजार रुपये निर्धारित किया है. जिससे अब एयरलाइंस कंपनियां आपदा के समय मनमानी वसूली नहीं कर पाएंगी |
DRDO ने बनाया AI से लैस ‘प्रज्ञा’, गृह मंत्रालय को सौंपा सिस्टम
200 का लक्ष्य और गलत शॉट: "पिच 175 वाली थी, पर हमारी खराब रणनीति ने डुबोई लुटिया"— हेडन।
चेन्नई मैच की इनसाइड स्टोरी: 5वें ओवर में दी गई नो-बॉल और वाइड ने खोले फिक्सिंग के गहरे राज।
फर्जी खातों से खेला गया 2500 करोड़ का खेल, गुजरात में बड़ा खुलासा
दिल दहला देने वाला वारदात: बच्चे की हत्या कर ड्रम में छिपाया शव
ड्रेस कोड पर बवाल: भोपाल में लेंसकार्ट के खिलाफ अनोखा विरोध
टीकमगढ़ बस दुर्घटना: मौके पर मची अफरा-तफरी, 15 घायल
पेट्रोल-डीजल की स्थिति सामान्य: छत्तीसगढ़ के पेट्रोल पंपों पर नहीं है कोई किल्लत, सुचारु है आपूर्ति।
