राजस्थान
कांग्रेस पर अनिल विज का वार: खाते भारत का हैं, सोचते पाकिस्तान जैसा
29 May, 2025 05:29 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा के कैबिनेट मंत्री अनिल विज अक्सर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में बने रहते हैं. एक बार फिर से उन्होंने कांग्रेस नेताओं दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर तीखा प्रहार किया है. उनका कहना है कि कांग्रेस के नेता खाते पीते तो भारत का है लेकिन इनके दिमाग में चिप पाकिस्तान की है. उन्होंने का कि यह लोग हमेशा पाकिस्तान की बातें करते हैं, पाकिस्तान केअखबार और वहां के चैनलों पर जो कहते है वही बातें ये लोग बोलते हैं.
दरअसल जब पत्रकारों ने उनसे कांग्रेस नेता के उस बयान के बारे में पूछा जिसमें नेता ने कहा था कि पूंछ और पहलगाम आतंकवादी हमले को लेकर संघर्ष हुआ और विराम भी हुआ लेकिन कोई नतीजा नहीं निकला, इसके जवाब में उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता भारत का खाते हैं लेकिन इनके दिमाग में पाकिस्तान की चिप लगी है इसीलिए ये लोग इस तरह की बातें करते हैं.
‘जुमलेबाज हैं केजरीवाल’
वहीं आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए विज ने कहा कि केजरीवाल बिना सोचे समझे घोषणाएं कर देते है फिर उन्हें पूरा नहीं कर पाते. उन्होंने केजरीवाल को जुमलेबाज करार दिया. मंत्री ने केजरीवाल के बयान कि बनिया का बेटा हूं, पैसे कहीं से भी लाऊंगा, हमने पंजाब में बिजली फ्री की, स्कूल और अस्पताल सुधारे, इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कैबिनेट मंत्री ने कहा कि केजरीवाल जुमलेबाज हैं.
‘घोषणाएं कर देते हैं उन्हें पूरी नहीं कर पाते’
मंत्री ने कहा कि पिछले कई दिनों से केजरीवाल शांत थे. देश का इतना बड़ा युद्ध था, वो फिर भी शांत रहे. ऐसे में भी यह कह रहे हैं कि पैसे कहीं से भी ले आऊंगा. उन्होंने कहा कि पैसे तो सरकार देगी वह बिना सोचे समझे कोई भी घोषणाएं कर देते हैं और फिर उन्हें पूरी नहीं कर पाते.
‘पर्यटकों की सुरक्षा राज्य सरकार की जिम्मेदारी’
वहीं पहलगाम में सुरक्षा को लेकर जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के बयान कि टूरिज्म मेरी जिम्मेदारी है, लेकिन सुरक्षा मेरी जिम्मेदारी नहीं है, के बारे में विज ने कहा कि सुरक्षा भी उन्हीं (मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला) की जिम्मेवारी है. उनकी सरकार है और वो जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री है, वहां पर काम करने वालों की पहचान करना भी उनकी जिम्मेवारी है. कौन-कौन किस प्रकार की काम कर रहे हैं वह देखने की जिम्मेदारी भी सीएम की है. उन्होंने कहा कि हर सरकार का काम है कि वह अपने देश के नागरिकों की सुरक्षा करे.
‘जैसे आए हैं वैसे ही जाएंगे मोहम्मद यूनुस’
साथ ही बांग्लादेश में मचे बवाल को लेकर मंत्री अनिल विज ने कहा कि बांग्लादेश में जिस प्रकार से मोहम्मद यूनुस सरकार में आए थे जनता उन्हें उसी प्रकार वापस भेज देगी. ये बात विज ने यूनुस के उस बयान पर कही जिसमें उन्होंने कहा था कि “बांग्लादेश में जो स्थिति है, उसके लिए भारत जिम्मेदार है”, विज ने इसे पुरानी बात करार दिया. उन्होंने कहा कि कोई भी अपनी गलती नहीं मानता अपनी कमियों का आरोप वह दूसरे पड़ोसी देशों पर लगा देते हैं. विज ने कहा कि मोहम्मद यूनुस जिस तरह से आए थे, अब उसी प्रकार से जनता उन्हें वापस भेज देगी.
बिजनेस में डूबे, जिंदगी भी गंवाई — प्रवीण मित्तल ने परिवार सहित दी जान
29 May, 2025 05:20 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
कर्ज अगर नहीं चुका पाए तो सबकुछ लुटना तय है. घर-बार, जमीन-जायदाद और इज्जत… अक्सर यह देखने को मिलता है कि लोग किन्हीं कारणों से कर्ज तो ले लेते हैं, लेकिन ब्याज लगने के बाद उसे चुकाना उनके लिए भारी पड़ जाता है. कर्ज की मोटी रकम भरते-भरते उनकी जिंदगी इसी में गुजर जाती है. कुछ तो किसी तरह चुका देते हैं, लेकिन कुछ ऐसे भी होते हैं, जो नहीं भर पाते. ऐसे में कई लोग आत्मघाती कदम जैसे खुदकुशी तक कर लेते हैं. एक दिन पहले यही हरियाणा के पंचकुला में देखने को मिला, जहां प्रवीण मित्तल नाम के शख्स ने अपने माता-पिता, पत्नी और तीन बच्चों के साथ जहर खाकर जान दे दी.
सामूहिक आत्महत्या को लेकर शुरुआत में जो जानकारी मिली, वह यह मिली कि प्रवीण मित्तल के ऊपर 20 करोड़ कर्ज था. पंचकुला में उनके दो फ्लैट और फैक्ट्री को बैंक ने ले लिया था, क्योंकि वह किस्त नहीं भर पा रहे थे. वह पंचकुला में दो कमरों के एक किराए के घर में रहते थे. साथ में उनके माता-पिता, पत्नी और तीन बच्चे भी रहते थे, लेकिन क्या आपको पता है कि अपने ऊपर लदे इस कर्ज को उतारने के लिए उन्होंने चार शहर बदल डाले, लेकिन उनका नसीब था कि रूठा ही रहा. हरियाणा से हिमाचल गए, फिर उत्तराखंड और बंगाल गए, लेकिन नसीब डूबता चला गया.
हिमाचल के बद्दी से रूठ गई प्रवीण मित्तल की किस्मत
मृतक प्रवीण मित्तल के मामा के लड़के संदीप अग्रवाल ने बताया कि प्रवीण मूल रूप से हरियाणा के हिसार जिले के बरवाला का रहने वाले थे. उन्होंने पंचकूला में स्क्रैप का काम शुरू किया. बिजनेस चल पड़ा तो अच्छी कमाई होने लगी. फिर उन्होंने हिमाचल के बद्दी में स्क्रैप की फैक्ट्री डाल दी, लेकिन यहीं से प्रवीण का नसीब ऐसा रूठा कि फिर वह कभी उभर नहीं पाए. धीरे-धीरे फैक्ट्री घाटे में चली गई और प्रवीण पर कर्ज बढ़ता चला गया. इस दौरान प्रवीण पर करीब 20 करोड़ से ज्यादा का कर्ज हो चुका था.
देनदार देने लगे धमकी, फ्लैट-फैक्ट्री सब चला गया
बैंक की तरफ से और जिन लोगों से उन्होंने लोन लिया था, उनकी तरफ से उन्हें कॉल आने लगे. देनदार उन्हें धमकी भी देने लगे थे. इन सभी से पीछा छुड़ाने के लिए प्रवीण पंचकुला छोड़कर परिवार सहित उत्तराखंड के देहरादून में शिफ्ट हो गए. इस दौरान बैंक ने उनके पंचकूला में स्थित दो फ्लैट और फैक्ट्री को कब्जे में लिया, क्योंकि प्रवीण ने बैंक का लोन नहीं चुकाया था. कुछ समय के लिए प्रवीण पश्चिम बंगाल के कोलकाता भी गए, पर वहां भी काम नहीं जम पाया तो वापस देहरादून आ गए.
बोल-चाल में काफी शरीफ थे प्रवीण- मकान मालिक
देहरादून में रह कर वह टूर एंड ट्रैवल का काम कर रहे थे. पांच साल तक उनका किसी से कुछ संपर्क नहीं रहा. अभी हाल में वह देहरादून छोड़कर वापस पंचकुला आ गए. यहां किराए का कमरा लेकर रह रहे थे और टैक्सी चलाते थे. पंचकुला में जिस घर में इस समय प्रवीण रह रहे थे, उसके मकान मालिक ने बताया कि प्रवीण तीन दिन बाहर जाने का बोलकर गए थे. मुझे उनका फोन आया था कि बच्चों को नानी के घर लेकर जा रहे हैं. पानी भर रखिएगा, लेकिन आश्चर्य है कि उन्होंने आत्महत्या कर ली. बोल-चाल में काफी शरीफ थे. सुबह मॉर्निंग वॉक एक साथ करते थे. पिछले 25 दिनों से सात जन परिवार के दो कमरों में रह रहे थे.
भतीजे ने सुसाइड पर उठाए सवाल
वहीं प्रवीण मित्तल के भतीज ने इस सुसाइड पर सवाल उठाया. भतीजे अंकित मित्तल ने बताया कि साल 2007 में उन्हें नुकसान हुआ था, जिसके बाद वो पंचकूला छोड़कर पहले कोलकाता गए और फिर वहां तीन महीने बाद देहरादून शिफ्ट हो गए. वहां वो कैब चलाकर परिवार का गुजर-बसर कर रहे थे. हाल ही में वो और उनकी फैमली शादी में शामिल हुई थी. तब भी उन्होंने ऐसा कुछ नहीं बताया था. अंकित ने कहा कि अगर उन्हें आत्महत्या करनी ही थी तो तब करते, जब कर्ज में डूब गए थे. अब तो उनके ऊपर कर्ज नहीं था, क्योंकि बैंक ने उनकी प्रॉपर्टी, कार और फैक्ट्री जब्त कर ली थी.
ज्योति मल्होत्रा का दावा- "मैंने कोई गैरकानूनी काम नहीं किया"
28 May, 2025 08:07 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सोमवार को 14 दिन की न्यायिक हिरासत ज्योति मल्होत्रा को जेल भेज दिया गया । उसके पिता सुबह करीब 10 बजे जेल परिसर पहुंचे और बेटी से मिलवाने का अनुरोध किया। जेल रजिस्टर में एंट्री के बाद जेल नियमों के अनुसार उन्हें अंदर मिलने भेजा गया। पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में गिरफ्तार ज्योति मल्होत्रा से मिलने के लिए उसके पिता हरीश मल्होत्रा मंगलवार को हिसार सेंट्रल जेल-2 में पहुंचे। उन्होंने करीब 20 मिनट तक बेटी से बातचीत की। इस दौरान ज्योति को कुछ कपड़े दिए। बेटी को जेल की सलाखों के पीछे देखकर हरीश मल्होत्रा भावुक हो गए। ज्योति ने उनसे कहा कि आप चिंता न करें, मैं जल्द बाहर आ जाऊंगी। मैंने कोई गैर कानूनी काम नहीं किया है। पिता-पुत्री की मुलाकात सामान्य कैदियों की तरह ही करवाई गई।
जींद पुलिस की बड़ी कार्रवाई, निवेश घोटाले में मुख्य आरोपी गिरफ्तार
28 May, 2025 03:51 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
जींद: गांव थुआ के एक व्यक्ति सहित 25 से ज्यादा जानकारों, रिश्तेदारों को कंपनी में राशि निवेश करवा मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर एक करोड़ रुपये हड़पने के एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपित की पहचान राजस्थान के लाल कोठी जयपुर निवासी प्रकाशचंद जैन के रूप में हुई है।
गांव थुआ निवासी सतीश ने 28 नवंबर 2024 को अलेवा थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि मध्य प्रदेश निवासी कमल गोस्वामी पानीपत में काम करता था और उसके साथ उसकी जान-पहचान थी। उसने काम धंधे के बारे में पूछा तो उसने कहा कि वह बेरोजगार है। कमल गोस्वामी ने कहा कि उसके रिश्तेदार हैं, जो डीजी मुद्रा के नाम से बिजनेस कर रहे हैं।
इसमें निवेश करने पर एक साल में ही तीन गुणा मुनाफा होता है। वह उसकी बातों में आ गया। कमल गोस्वामी ने उसे राजस्थान के जयपुर में भेज दिया, जहां अजमेर रोड पर जीवी टोल प्लाजा के पास कंपनी का मुख्य कार्यालय था और वहां किस्टल माल में डायरेक्टर रवि जैन तथा प्रकाश जैन से मिला। इस दौरान वहां अमित, विवेक, शशि जैन, कैलाश मालाकार भी मौजूद थे। सभी ने उसे कंपनी के बारे में बताते हुए कहा कि यह भारत सरकार से मान्यता प्राप्त है।
डायरेक्टर प्रकाश चंद जैन, रवि जैन के साथ मुलाकात के बाद कैलाश, कमल ने उसे कंपनी का प्लान बताया। आरोपितों के कहे अनुसार उसने 15 अगस्त 2022 को 13 हजार 540 रुपये लगा दिए। इसके बाद उसके मोबाइल फोन पर एप बनवाई गई और इसमें साफ्टवेयर में उसकी राशि दिखने लगी। सतीश ने अपने रिश्तेदारों, दोस्तों के साथ कमल गोस्वामी और कैलाश के साथ बैठक करवाई।
उन्हें बहुत ज्यादा रुपया कमाने के सपने दिखाए गए। उनसे प्रभावित होकर सतीश ने अपने भाई सुरेंद्र, बहन गीता, भतीजी अनुष्का, मां रामरती के नाम से आईडी बनाकर 29 लाख 58 हजार 573 रुपये निवेश कर दिए। एप में यह राशि दिखने लगी। कुछ समय के बाद रुपये बढ़कर दिखने लगे लेकिन ये निकल नहीं रहे थे तो उसने आरोपितों से बात की। वह जयपुर भी मुख्य आफिस पर गए। इसके बाद उन्हें तीन महीने का समय दिया गया।
तीन महीने बाद भी रुपये नहीं निकले तो सभी परेशान हो गए। उन्होंने अपने स्तर पर छानबीन की तो पता चला कि आरोपित रवि जैन दो हजार करोड़ रुपये की ठगी कर दुबई में भाग गया है।
पुलिस ने सतीश की शिकायत पर जयपुर के टोंक रोड निवासी प्रकाश चंद जैन, डायरेक्टर रवि जैन, मध्य प्रदेश के रूटियाइ निवासी कमल गोस्वामी, अजमेर निवाासी कैलाश मालाकार, विवेक, शशि जैन, नागौर निवासी ओमपुरी गोस्वामी, अजमेर निवासी रामस्वरूप, इला जैन, ओजस इन्फोटेक जयपुर का मालिक आकाश जैन व 20-25 अन्य के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपित प्रकाशचंद्र जैन को गिरफ्तार कर लिया।
हरियाणा के पानीपत में शादी के बाद दुल्हन ने दूल्हे को धोखा दिया
28 May, 2025 03:42 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा के पानीपत में दूल्हे को लव मैरिज का ऐसा चूना लगा, जिसे वो ताउम्र याद रखेगा. उसने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि उसकी दुल्हनिया ऐसा कुछ कर जाएगी. दरअसल, शादी के बाद दुल्हन अपने दूल्हे को छोड़कर भाग गई. साथ में घर में रखा कैश और गहने भी ले गए. दूल्हे की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है. अब लुटेरी दुल्हन की तलाश की जा रही है.
परिजनों की मानें तो दुल्हन घर से बिन बताए कहीं चली गई. न तो उसका फोन लग रहा है और न ही कुछ अता-पता है. मामला सदर थाना क्षेत्र के एक गांव का है. यहा रहने वाले रोहित (काल्पनिक नाम) की शादी नेहा (बदला हुआ नाम) से बरेली के एक मंदिर में 14 मई को हुई थी. दूल्हा अपनी शादी को लेकर काफी खुश था. दोनों हनीमून पर भी गए. फिर वापस आने पर 27 मई की दोपहर तीन बजे नेता कहीं गायब हो गई.
ये पीड़ित परिवार ने बताया- हमने नेहा को तलाशने की काफी कोशिश की. लेकिन उसका कुछ भी पता न चल सका. फोन भी स्विच ऑफ आ रहा था. हमने तब उसके परिवार को फोन किया. लेकिन उनसे भी कोई संतोषजनक जबाब नहीं मिला. यहां तक कि सभी रिश्तेदारों से भी पूछा. किसी को भी नई नवेली दुल्हन के बारे में पता नहीं था. तभी हमने पाया कि घर से सारा कैश और गहने गायब हैं. हमें यह समझते देर न लगी कि दुल्हन चूना लगाकर हमें भागी है.
‘दुल्हन के इरादों से अंजान थे’
जानकारी के मुताबिक, दूल्हे ने यह लव मैरिज की थी. दूल्हे की मानें तो शादी के बाद से ही दुल्हन उन लोगों के साथ काफी अच्छे तरीके से रह रही थी. ऐसे में किसी को भी शक नहीं हो सकता था कि उसके इरादे क्या हैं? वो हम सभी का ख्याल रख रही थी. हनीमून पर भी वो काफी खुश थी. पता नहीं वो क्यों ऐसा कर गई.
लुटेरी दुल्हन की तलाश जारी
पुलिस ने कहा- दूल्हे की तहरीर पर हमने मामला दर्ज कर लिया है. दुल्हन की तलाश की जा रही है. साथ ही उसके परिजनों से भी मामले में पूछताछ की जाएगी. मामले में फिलहाल आगामी जांच जारी है.
नगर योजनाकार की सख्ती जारी, सीकरी में अवैध कॉलोनियों पर गिरा बुलडोजर
27 May, 2025 04:36 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा के फरीदाबाद में लगातार अवैध प्लाटिंग और अवैध कॉलोनियों पर तोड़फोड़ की कार्रवाई जारी है. फरीदाबाद नगर योजनाकार (डीटीपी विभाग) सख्त कार्रवाई करके अवैध प्लाटिंग करने वाले बिल्डरों की कमर तोड़ रखी है. विभाग की सख्ती के चलते आए दिन फरीदाबाद में अवैध प्लाटिंग पर डीटीपी विभाग का बुलडोजर चलता हुआ नजर आ रहा है. इसी कड़ी में सोमवार को डीटीपी विभाग ने फरीदाबाद के सीकरी में बड़ी कार्रवाई की.
सीकरी में कार्रवाई करते हुए डीटीपी विभाग ने यहां पांच एकड़ जमीन पर अवैध इंडस्ट्रियल प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया. ध्वस्त कर दिया. इस कार्रवाई के समय मौके पर भारी पुलिस बल और डीटीपी विभाग टीम उपस्थित रही. प्लॉटिंग की गई सड़कों और अन्य निर्माणों को हटाने के लिए विभाग ने बुलडोजर की मदद ली. कार्रवाई के दौरान किसी भी प्रकार का विरोध नहीं हुआ. सारी कार्रवाई शांति-पुर्वक कर ली गई.
तीन-चार जगहों पर और हो सकती है कार्रवाई
एटीपी सचिन ने बताया कि सीकरी में पांच से छह एकड़ में अनऑथराइज इंडस्ट्रीज प्लाटिंग काटी गई थी. उन्होंने बताया कि इस तरह के प्लाटिंग करने वाले डीलरों के खिलाफ एफआईआर की जाएगी, जो भोली वाली जनता को बहकाने का काम करते हैं. उन्होंने आगे बताया कि फिलहाल विभाग तीन-चार जगहों पर निगरानी रखे हुए है, जहां अवैध प्लाटिंग की जा रही है. इन सभी जगहों पर भी जल्द ही तोड़फोड़ की कार्रवाई की जाएगी.
शहरवासियों से की गई ये अपील
इसके साथ-साथ एटीपी सचिन ने शहरवासियों से ये अपील भी की है कि वो अवैध प्लाटिंग करने वाले लोगों के झांसे में न आए. क्योंकि यह अवैध प्लॉट होते हैं. यहां पर भविष्य में कभी भी तोड़फोड़ की कार्रवाई हो सकती है. ऐसे में अपने खून-पसीने की कमाई अवैध प्लाटिंग में ना लगाएं, जहां आपको नुकसान की संभावना हो.
शहर को अवैध निर्माणों से मुक्त कराना मकसद- DTP विभाग
वहीं डीटीपी विभाग का कहना है कि जो भी व्यक्ति बिना अनुमोदन के कॉलोनी विकसित करता पाया जाएगा. उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी. उद्देश्य शहर को अवैध निर्माणों से मुक्त करना डीटीपी विभाग का मकसद है.
पंचकुला में कारोबारी परिवार की सामूहिक खुदकुशी, कर्ज के बोझ ने छीनी उम्मीद
27 May, 2025 04:32 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा के पंचकुला में सामूहिक सुसाइड केस की बड़ी वजह सामने आई है. मृत कारोबारी प्रवीण मित्तल के ममेरे भाई संदीप अग्रवाल ने यह वजह पुलिस को बताई है. कहा कि मूल रूप से हरियाणा में हिसार के रहने वाले प्रवीण मित्तल बड़े कारोबारी थी. पंचकुला में 12 साल पहले उन्होंने स्क्रैप की फैक्ट्री थी. बाद में उन्हें इस कारोबार में घाटा हो गया और 20 करोड़ से भी अधिक का कर्ज हो गया था.
स्थिति ऐसी बनी कि कर्ज ना लौटाने पर उन्हें जान से मारने की धमकी मिलने लगी थी. ऐसे में वह परिवार सहित चुपचाप देहरादून शिफ्ट हो गए.संदीप अग्रवाल के मुताबिक 5 साल देहरादून रहने के दौरान उन्होंने किसी से भी संपर्क नहीं किया. फिर तीन साल पहले अचानक लौट आए और मोहाली के खरड़ में रहने लगे. उनके लौटने के बाद एक बार फिर से लोग कर्ज वापसी के लिए दबाव बनाने लगे थे.
मिला सुसाइड नोट
इसी बीच प्रवीण के परिवार समेत सुसाइड की खबर मिली है. संदीप ने बताया कि अभी पांच दिन पहले ही उनकी प्रवीण से बात हुई थी. इसमें उन्होंने बताया था कि वह पंचकुला के सकेतड़ी के पास ही कहीं रह रहे थे. पंचकुला पुलिस के मुताबिक प्रवीण मित्तल की कार से एक सुसाइड नोट भी मिला है. इसमें प्रवीण ने सभी शवों के अंतिम संस्कार के लिए संदीप को जिम्मेदारी दी है.
टैक्सी चलाकर भर रहे थे परिवार का पेट
संदीप अग्रवाल के मुताबिक लोन चुकता नहीं कर पाने की वजह से बैंक पहले ही उनके दो फ्लैट, गाड़ियां और फैक्ट्री जब्त कर लिया था. इसलिए उनके पास संपत्ति के नाम पर कुछ नहीं बचा था. ऐसे हालात में प्रवीण अपने परिवार का पेट भरने के लिए चंडीगढ़ में टैक्सी चलाते थे. हालांकि इससे होने वाली कमाई उनके परिवार के लिए पर्याप्त नहीं हो पा रही थी. उधर, प्रवीण के सामूहिक सुसाइड की खबर से देहरादून में उनके पड़ोसी रहे लोग भी हैरान हैं.
देहरादून में किराए पर रहते थे मित्तल
पड़ोसियों ने बताया कि प्रवीण यहां कौलगढ़ के राघव विहार में नौटियाल निवास मकान नंबर 274 में किराए पर रहते थे. मकान मालिक नौटियाल ने अपना मकान बेच तो वह भी यहां से चले गए थे. पड़ोसियों के मुताबिक यहां पर प्रवीण मित्तल एनजीओ चलाते थे. पड़ोसियों के मुताबिक देहरादून में वह अपने तीन बच्चों के साथ रहते थे. पड़ोसी राजकुमारी नौटियाल के मुताबिक उनका साधारण परिवार था. उनकी मां बीमार रहती थीं, प्रवीण मित्तल का प्रेम विवाह हुआ था और यह दंपति आपस में कभी लड़ाई झगड़ा भी नहीं करते थे. उनके बच्चे हार्दिक,दुर्विका और डलिसा देहरादून के ब्लूमिंग बर्ड स्कूल में पढ़ते थे. उन्होंने अपने ससुर की एक दुकान टपकेश्वर मंदिर के पास खुलवाई थी.
देहरादून के गंभीर के नाम पर है गाड़ी
जिस गाड़ी में प्रवीण मित्तल और उनके परिवार वालों के शव मिले हैं, वह गाड़ी मालदेवता देहरादून के रहने वाले गंभीर सिंह नेगी के नाम पर पंजीकृत है. उन्होंने बताया कि प्रवीण मित्तल से उनका संपर्क एनजीओ की वजह से हुआ था. चूंकि प्रवीण का बैंक रिकार्ड खराब था और उन्हें लोन नहीं मिल सकता था. इसलिए मित्रता के नाते उन्होंने प्रवीण के लिए अपने नाम पर गाड़ी फाइनेंस कराई थी. इस गाड़ी को प्रवीण ही चला रहे थे.
लग्जरी जीवन के लिए चोरी! नौकरानी ने उड़ाए लाखों के जेवरात
26 May, 2025 04:56 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा के पानीपत जिले के थाना सेक्टर 13/17 के अंसल सुशांत सीटी में घर में काम करने वाली नौकरानी ने ही घर से लाखों रुपये कीमत के सोने के गहने चोरी किए थे। थाना सेक्टर 13/17 पुलिस टीम ने शनिवार को आरोपित नौकरानी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से चोरी के गहने बरामद किए हैं।
पुलिस पूछताछ में आरोपित नौकरानी लक्ष्मी ने बताया उसने लग्जरी लाइफ जीने के लिए मालिक के घर चोरी की थी। घर के सदस्य गहने उतारकर दराज इत्यादी में ऐसे ही रख देते थे। उसने करीब दो महीने पहले एक दिन सोने की एक चेन व दूसरे दिन सोने की एक अंगूठी व एक जोड़ी टाप्स चोरी किए थे।
नौकरानी लक्ष्मी से चोरी किए गहने सोने की एक चेन, एक अंगूठी व एक जोड़ी टाप्स बरामद कर शनिवार को जेल भेज दिया है। थाना सेक्टर 13/17 प्रभारी इंस्पेक्टर राकेश ने बताया कि अंसल सुशांत सिटी निवासी मनुज बुद्धिराजा पुत्र भारत भूषण बुद्धिराजा ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उन्होंने करीब दो साल से लक्ष्मी नाम की महिला को घर पर घरेलू काम के लिए रखा है।
22 मई को उन्होंने देखा कि घर से सोने की एक अंगूठी व अन्य सामान गायब था। उन्होंने लक्ष्मी से जानकारी ली तो उसने सही से जवाब नहीं दिया। उन्हें नौकरानी लक्ष्मी पर ही चोरी करने का शक है।
नूंह में साइबर ठगी का भंडाफोड़, 10 आरोपी गिरफ्तार
26 May, 2025 04:52 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
नूंह पुलिस ने जिल में अलग-अलग थाना क्षेत्र से विशेष अभियान चलाकर 10 साइबरों ठगों पर शिकंजा कसा है। आरोपितों के विरुद्ध आठ प्राथमिक दर्ज की गई है। पता चला है कि साइबर ठगों ने कई राज्यों के अलग-अलग शहरों में सोशल मीडिया पर ठगी की 17 वारदातें की है।
आरोप है कि साइबर ठग सोशल मीडिया पर पहचान छुपाकर सस्ते सुट , होटल बुकिंग, नटराज पैंसिल के नाम पर जाब देने, गाय-भैस बेचने के नाम पर, नकली क्रैडिट का मैसिज भेजकर एवं सस्ते टायर इत्यादि का विज्ञापन डाल झांसा देकर आमजन को चूना लगाते थे। आरोपितों की कब्जे से पुलिस ने 15 मोबाइल , 19 फर्जी सिम कार्ड के अतिरिक्त एक डेबिट कार्ड बरामद किया है ।
पुलिस आरोपितों की मोबाइल की डिटेल खंगालकर वारदातों का पता लगाने में जुट गई है। नूंह पुलिस ने बीते शनिवार को जिले में विशेष अभियान के तहत अलग-अलग टीमों का गठन करे साइबर ठगी के आरोपितों को पकड़ने के लिए सूचनाओं के आधार पर कारवाई की।
कैसे बनाते थे शिकार?
अभियान के दौरान 10 आरोपितों को क्षेत्र के अलग-अलग गांवों के ठिकानों से दबोचा गया । बताया गया है कि मुख्य रूप से सभी आरोपित सोशल मीडिया के पर अपनी पहचान छिपाकर सस्ते सूट बेचने, होटल बुकिंग, नटराज पेंसिल के नाम पर जॉब देने, गाय-भैस बेचने के नाम पर, नकली क्रेडिट का मैसिज भेजकर एवं सस्ते टायर इत्यादि का विज्ञापन डाल झांसा देकर आमजन से ऑनलाइन पैसे लेकर धोखाधड़ी कर साइबर ठगी करते थे।
इसके अलावा असल पहचान छुपाकर फर्जी सिम व मोबाईल के प्रयोग से फर्जी खातों में पैसे डलवाकर भी लोगों से ठगी करते थे। पकड़े गए आरोपित की पहचान जुनैद नई गांव का रहने वाला है। तौफीक बूबलहेड़ी गांव का रहने वाला है। पकड़ा गया एक आरोपित आसिफ राजस्थान के गुलपाड़ा गांव का था। वह अपने रिश्श्तेदार के यहां आकर साइबर ठगी करता था।
फजन नाम का आरोपित दिहाना गांव का रहने वाला है। शाहिद हुसैन जैतलाका गांव के बताया गया है। रोबिन निवासी लुहिंगाकला, साजिद उर्फ मुरली नई गांव का रहने वाला है। इसके अलावा मुस्तकीम पिनगवों खंड के गंगवानी गांव का रहने वाला है। मुस्ताक राजस्थान के जुरेहरा के रहने वाला है। मजलिस बूबलहेड़ी पिनगवां के रहने वाला बताया गया है।
प्रारंभिक जांच में इन सभी के विरुद्ध केरल, तमिलनाडु, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ में 17 शिकायतें मिली हैं । पुलिस का कहना है कि अलग-अलग राज्यों में की गई ठगी के बारे में पुलिस इनके नंबरों की जांच करके पूरी जानकारी जुटाएगी। इसके लिए पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
हिसार: बिना डिग्री चल रहा था अस्पताल, CM फ्लाइंग ने मारा छापा
24 May, 2025 04:47 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हिसार: गांव बालसमंद में बिना डिग्री के अवैध अस्पताल चलाया जा रहा था। यह बात तब सामने आई जब शुक्रवार को सीएम फ्लाइंग ने बालसमंद गांव में जांगड़ा अस्पताल पर गुप्त सूचना के आधार पर छापा मारा। यहां जांच की तो अस्पताल संचालक की कोई वैध डिग्री नहीं मिली। इसके अलावा यहां पर एलोपैथिक दवाओं का उपयोग किया जा रहा था।
सुबह करीब 11 बजे सीएम फ्लाइंग इंचार्ज सुनैना के नेतृत्व में एएसआई सुरेंद्र, मेडिकल ऑफिसर डॉ नवीन बेनीवाल, ड्रग कंट्रोल आफिसर अजय बिश्नोई ने छापामारी की। यह कार्रवाई रात 11 बजे तक चलती रही। करीब 12 घंटे टीम ने जांच की। छापामारी के दौरान अस्पताल का मालिक व संचालक धर्मपाल मौजूदा मिला।
धर्मपाल से मेडिकल डिग्री मांगी गई तो उसने दावा किया कि वह पिछले 25 वर्षों से यह अस्पताल चला रहा है और उसके पास इलाहाबाद विश्वविद्यालय की आयुर्वेद रत्न की डिग्री है। लेकिन टीम ने जांच की तो पता लगा कि धर्मपाल बिना वैध मेडिकल डिग्री के ही अस्पताल च चला रहा था। साथ ही एलोपैथिक दवाओं का उपयोग कर रहा था।
धर्मपाल ने बताया कि डॉ कृष्ण कुमार मोहन, नियमित रूप से अस्पताल में विजिटिंग डॉक्टर के तौर पर आते हैं। छापे के करीब एक घंटे बाद डॉ मोहन को सूचना दी गई। करीब दो घंटे बाद वे मौके पर पहुंचे।
डॉ मोहन ने स्वीकार किया कि वह 2013 से यहां पर विजिटिंग डॉक्टर हैं, लेकिन उसका कोई वेतन नहीं लेते। उन्होंने बताया कि वे केवल आयुर्वेदिक चिकित्सा में पारंगत हैं, उन्हें एलोपैथिक दवाओं का ज्ञान नहीं है। टीम ने जांच की तो अस्पताल में चार बेड, एक ऑक्सीजन सिलेंडर, एक बीपी मशीन मिली।
टीम ने यहां पर सुखदा मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल व जांगड़ा अस्पताल के लेटरहेड्स बरामद किए। अस्पताल परिसर में अजय मेडिसिन सेंटर नामक दवा की दुकान भी चलाई जा रही थी।
टीम ने पुलिस के साथ मिलकर सीसीटीवी फुटेज खंगाली तो पता लगा कि डॉ मोहन 20 मई को अस्पताल में आए थे। धर्मपाल ने बायोमेडिकल वेस्ट प्रबंधन का करार, डॉ मोहन का एफिडेविट, उनकी डिग्री की कॉपी, अपनी आयुर्वेद रत्न डिग्री और मरीजों के बयान व आधार कार्ड की फोटोकॉपी आदि टीम को सौंपे।
धर्मपाल ने बताया कि डॉ निधि मेहता प्रत्येक वीरवार को अस्पताल में मरीज देखने आती हैं। सीएम फ्लाइंग ने अस्पताल में मिले दस्तावेजों को जब्त कर लिया है। मामले में सदर थाना में केस दर्ज करवाया है।
प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0: सिरसा में 22 हजार आवेदनों की जियो टैगिंग प्रक्रिया शुरू
24 May, 2025 04:40 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
सिरसा: मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना के लाभार्थियों के जियो टैगिंग का काम शुरू हो गया है। नगर परिषद की एमआइएस शाखा ने पिछले तीन दिनों से लाभार्थियों को फोन कॉल करके सेक्टर 20 के पार्ट थ्री में मौके पर बुलाना शुरू कर दिया।
साथ ही प्लॉट की मार्किंग भी की जा रही है। वहीं, दूसरी ओर प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 में अब तक 22 हजार आवेदन आ चुके हैं। ये आवेदन तीन कैटेगिरी के लिए है। इसमें पहली कैटेगिरी अफोर्डेबल हाउसिंग पाटर्नरशिप है। जिसके तहत फ्लैट मिलेंगे। जबकि दूसरी कैटेगिरी बेनीफिशरी लैंड है।
ढाई लाख रुपये की मिलेगी मदद
जिसके तहत आवेदक के पास अपना प्लॉट होना चाहिए। उसे सरकार मकान बनाने के लिए ढाई लाख रुपये देगी। शर्त यह है कि प्लॉट खाली हो और यदि पहले मकान बना है तो छत कच्ची होनी चाहिए। जबकि तीसरी स्कीम में इंटरस्ट सबसिडी स्कीम है। इसमें होम लोन लिया हुआ है तो ढाई लाख रुपये की सबसिडी माफ हो जाएगी।
शहर के एचएसवीपी सेक्टर में 853 लाभार्थियों की 30 गज के प्लॉट आबंटित किए जाने हैं। जिन लाभार्थियों के वेरीफिकेशन का काम पूरा हो चुका है, उनके कागजात और उनको आधार से लिंक किए जा चुके हैं।
जियो टैगिंग में यह पता चलता रहेगा कि उसका मकान किस स्टेज पर पहुंच गया है और उसकी स्थिति कैसी दिख सी है। साथ ही फर्जीवाड़ा नहीं हो पाएगा।
जिस 854 लाभार्थियों ने आवेदन किया था। उसने से 122 लोगों के पता नहीं मिले। आवेदक इस पते पर नहीं मिले। टीम ने जब मकान मालिकों से इनके बारे में जानकारी चाही ती वे भी उपलब्ध नहीं करवा सके।
ढाई लाख रुपये की आर्थिक सहायता देगी सरकार
30 गज के प्लॉट धारकों को मकान बनाने के लिए सरकार की ओर से ढाई लाख रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी। पहली और दूसरी किश्त के तौर पर इन्हें 10-10 हजार रुपये उपलब्ध करवाए जाएंगे। उसके बाद लाभार्थियों ने सरकार से मांग की थी कि उन्हें दस हजार रुपये किश्तें अदा करने में दिक्कतें आ रही है।
पाकिस्तानी लिंक्स वाले यूट्यूबरों की बढ़ेगी मुश्किल: ज्योति मल्होत्रा के बाद CM सैनी ने दिए जांच के निर्देश
23 May, 2025 10:11 AM IST | GRAMINBHARATTV.IN
यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा का पाकिस्तान कनेक्शन सामने आने के बाद हरियाणा सरकार एक्शन में आ गई है। सीएम नायब सिंह सैनी ने अब सभी यूट्यूबरों की जांच का आदेश दिया है। इसके तहत हरियाणा सरकार उन यूट्यूबर्स पर कार्रवाई करेगी। जिनके पाकिस्तान से किसी भी प्रकार के संबंध मिलेंगे। हरियाणा सरकार ने आदेश में स्पष्ट कहा है कि अगर किसी यूट्यूबर के चैनल पर पाकिस्तान से लाइक और कमेंट मिल रहे हैं तो उसे बैन किया जाएगा। इसके बाद हरियाणा के नूंह में साइबर टीम ने पड़ताल भी शुरू कर दी है। यह टीम उन सभी यूट्यूबर्स की पहचान उजागर करेगी। जो किसी भी रूप में पाकिस्तान से संबंध रखते हैं। दूसरी ओर पाकिस्तान को खुफिया जानकारी मुहैया कराने के आरोप में गिरफ्तार अरमान और तारीफ से राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियां कड़ी पूछताछ में जुटी हैं।
हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी ने जारी किया आदेश
दरअसल, हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी ने बीते मंगलवार को एक आदेश जारी किया। इसमें कहा गया कि हरियाणा से संचालित सभी यूट्यूब चैनलों की पड़ताल की जाए। इसके बाद ऐसे यूट्यूब चैनलों पर प्रतिबंध लगाया जाए। जिनका कनेक्शन पाकिस्तान से निकलता है। साथ ही सभी यूट्यूबरों के लिए एक एसओपी यानी स्टैंडर्ड ऑपरेटिव प्रोसीजर बनाया जाए।
हरियाणा की एसीएस यानी एडिशनल चीफ सेक्रेटरी डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि प्रउदेश में जो भी यूट्यूब चैनल चल रहे हैं। उनका रिकॉर्ड खंगाला जाएगा। साथ ही उन्होंने सोशल मीडिया पर पैनी नजर रखने के लिए स्पेशल बनाने की बात कहते हुए स्पष्ट किया कि जो भी यूट्यूब चैनल किसी भी तरह से पाकिस्तान के साथ जुड़े हैं और भारत में स्लीपर सेल के रूप में काम कर रहे हैं। अब हरियाणा सरकार उनपर सख्त कार्रवाई करेगी।
पाकिस्तान का गुणगान नहीं सहन करेगी हरियाणा सरकार
हरियाणा सरकार की एसीएस डॉ. सुमिता मिश्रा का कहना है कि हरियाणा सरकार प्रदेश के किसी भी यूट्यूबर का पाकिस्तानी गुणगान सहन नहीं करेगी। इसके लिए सरकार की ओर से गृह विभाग और पुलिस को स्पष्ट आदेश दिया गया है कि देश में आतंकी हमले कराने वाले देश की तारीफ करने वाले यूट्यूब चैनलों की अलग-अलग लिस्ट तैयार की जाए। जो लोग पाकिस्तान का गुणगान करते हैं। उनपर सख्त एक्शन लिया जाए।
सरकार के आदेश में ये भी कहा गया है कि जो यूट्यूबर पाकिस्तान जाकर वहां की तारीफ करते हैं और देश में पाकिस्तान के प्रति माहौल बनाते हैं। उन्हें किसी भी हाल में छोड़ा न जाए। इसके साथ ही जो यूट्यूबर सिर्फ भारत सरकार की आलोचना करते हैं और भारत सरकार का पॉजिटिव पक्ष नहीं बताते। उनपर भी सख्त एक्शन लिया जाए। इसके अलावा सीमा पार पाकिस्तान से लाइक कमेंट मिलने वाले यूट्यूबरों पर एक्शन लिया जाए।
नूंह हिंसा के वीडियो को पाकिस्तान से मिले लाइक्स और भड़काऊ कमेंट्स
हरियाणा सरकार के सूत्रों की मानें तो दो साल पहले हुई नूंह में हिंसा के वीडियो को पाकिस्तान से जमकर लाइक और भड़काऊ कमेंट्स मिले थे। यह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म यूट्यूब पर अपलोड किए गए थे। इन वीडियो और तस्वीरों को पाकिस्तान के नागरिकों की ओर से न सिर्फ शेयर किया गया, बल्कि इसमें की गई टिप्पणियों में भी भड़काऊ बातें लिखी गईं थी। अब पुलिस ऐसे यूट्यूब चैनलों और उन्हें संचालित करने वालों की गहन जांच करने की तैयारी में है।
जासूसी में पकड़े गए व्यक्तियों के बैंक खातों की जांच
पुलिस सूत्रों के अनुसार, पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किए गए अरमान और तारीफ से बुधवार को पुलिस और राष्ट्रीय सुरक्षा जांच एजेंसी (NIA) ने पूछताछ की। इस दौरान दोनों के बैंक खातों की जानकारी भी जुटाई गई। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि उनके खातों में विदेशों से संदिग्ध स्रोतों से धनराशि भेजी गई हो सकती है। संदेह है कि देश की सुरक्षा संबंधी गोपनीय जानकारी के बदले उन्हें दुबई या अन्य देशों से पैसे मिले होंगे।
पाकिस्तान दूतावास से नकद राशि मिलने की भी जांच
सूत्रों का कहना है कि आरोपी समय-समय पर दिल्ली स्थित पाकिस्तान दूतावास भी जाया करते थे, जहां उनकी मुलाकात पाकिस्तानी अधिकारियों – दानिस, आसिफ बलौच और जाफर से होती थी। आशंका जताई जा रही है कि वे भारत से लोगों को वीजा दिलाने का झांसा देकर लाते थे और बदले में पाकिस्तान की खुफिया जानकारी साझा करते थे। संभव है कि इसके एवज में उन्हें नकद धनराशि भी दूतावास से मिली हो। पुलिस इस पहलू को भी जांच के दायरे में रख रही है।
ज्योति मल्होत्रा से पूछताछ में अहम खुलासे
दरअसल, हरियाणा के हिसार की रहने वाली यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा को पाकिस्तान के लिए जासूसी करने के आरोप में पुलिस ने रिमांड पर लिया है। सुरक्षा एजेंसियां लगातार उससे पूछताछ कर रही हैं और अब तक उसके सभी विदेश दौरों की जानकारी जुटाई जा चुकी है। जांच एजेंसियों ने ज्योति से पाकिस्तान हाई कमीशन में कार्यरत कर्मचारी एहसान-उर-रहीम उर्फ दानिश से संपर्क को लेकर भी पूछताछ की है। जानकारी के अनुसार, वीजा आवेदन के दौरान ज्योति की मुलाकात दानिश से हुई थी। जो बाद में आतंकी गतिविधियों में संलिप्त पाया गया।
हिसार एसपी शशांक कुमार सावन ने बताया कि पाकिस्तानी एजेंसियां ज्योति को एक एसेट की तरह इस्तेमाल कर रही थीं। ताकि वह पाकिस्तान की छवि को अंतरराष्ट्रीय मंच पर बेहतर दिखा सके। उन्होंने यह भी बताया कि ज्योति पाकिस्तान की खुफिया एजेंसियों के संपर्क में थी और वह कई बार पाकिस्तान व चीन की यात्राएं कर चुकी है। उन्होंने बताया कि सिर्फ ज्योति ही नहीं, बल्कि कुछ अन्य सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स भी पाक एजेंसियों के संपर्क में थे। इस संबंध में भी जांच जारी है। फिलहाल आज ज्योति की रिमांड का अंतिम दिन है।
हरियाणा-पंजाब हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, दोपहर 2 बजे तक बंद
22 May, 2025 04:45 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
हरियाणा एवं पंजाब हाईकोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिली है. इस धमकी के बाद हाईकोर्ट को दोपहर बाद दो बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है. पुलिस ने हाईकोर्ट की ओर जाने वाले सभी मार्गों को सील कर दिा है. चूंकि पास में पंजाब विधानसभा और सेक्रेटिएट भी है, इसलिए सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई है. हालात को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियों ने हाईकोर्ट को खाली करा लिया है. सघन तलाशी अभियान जारी है.
इस बीच हाईकोर्ट बार एसोसिएशन ने वकीलों और फरियादियों को सतर्क रहने की अपील की है. बार की ओर से सभी वकीलों और फरियादियों से आग्रह किया गया है कि पूरे कैंपस में कहीं भी कोई लावारिश चीज या संदिग्ध आदमी दिखे तो तत्काल बार आफिस को सूचित करें. उधर, हाईकोर्ट ने हालात को देखते हुए लंच तक के लिए अदालती काम काज को स्थगित कर दिया है. जांच और सर्च अभियान पूरा होने के बाद अदालती कार्रवाई लंच के बाद दोपहर दो बजे से दोबारा से शुरू की जाएगी.
विधानसभा और सचिवालय में भी अलर्ट
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में बम की धमकी के बाद पंजाब विधानसभा और सचिवालय की भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है. ये दोनों इमारतें भी हाईकोर्ट के पास ही हैं. वहीं मामले की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट हो गई हैं. इसी क्रम में चंडीगढ़ स्थित इलांते मॉल को भी खाली कराया गया है. सुरक्षा एजेंसियां यहां भी चप्पे चप्पे को स्कैन करने की कोशिश कर रही है. इसी के साथ पुलिस की साइबर शाखा धमकी देने वाली की पहचान में जुटी है.
बार सचिव ने की सहयोग की अपील
इसके लिए संबंधित डायवर्जन और डंप खंगालने की कोशिश कर रही है. बार सेक्रेट्री गगनदीप जम्मू के मुताबिक कैंपस में सुरक्षा के लिए हर जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं. पुलिस एवं अन्य सुरक्षा एजेंसियां पूरे कैंपस में सर्च ऑपरेशन चला रहीं है. उन्होंने इस काम में सुरक्षा एजेंसियों का सहयोग करने की अपील की है. फिलहाल हाईकोर्ट परिसर में मौजूद हरेक व्यक्ति की सुरक्षा पहली प्राथमिकता है. इसलिए कैंपस को खाली कराया गया है.
हरियाणा पुलिस को NHRC का अल्टीमेटम, प्रोफेसर की गिरफ्तारी पर मांगी विस्तृत रिपोर्ट
21 May, 2025 05:04 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
ऑपरेशन सिंदूर को लेकर सोशल मीडिया पर पोस्ट करने को लेकर गिरफ्तार हुए अशोका यूनिवर्सिटी के राजनीति विज्ञान विभाग के HoD और प्रोफेसर अली खान महमूदाबाद के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने प्रोफेसर की गिरफ्तारी और हिरासत में रिमांड के संबंध में एक मीडिया रिपोर्ट पर स्वत: संज्ञान लिया है. उन्हें 18 मई को गिरफ्तार किया गया था और तब से वो हिरासत में हैं. हालांकि, बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें अंतरिम जमानत दे दी.
NHRC ने पाया कि रिपोर्ट में प्रोफेसर के मानवाधिकारों और स्वतंत्रता का उल्लंघन हुआ है. हरियाणा के पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी कर एक हफ्ते के अंदर मामले में विस्तृत रिपोर्ट तलब की है. राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी), भारत को हरियाणा में अशोक विश्वविद्यालय (एक डीम्ड विश्वविद्यालय) के एक प्रोफेसर की गिरफ्तारी और हिरासत में रिमांड के संबंध में 20 मई, 2025 की एक समाचार रिपोर्ट मिली है.
NHRC ने क्या कहा?
आयोग ने कहा है कि रिपोर्ट, जिसमें उन आरोपों को बताया गया है जिनके आधार पर उन्हें गिरफ्तार किया गया है, वो खुलासा करती है कि प्रोफेसर के मानवाधिकारों और स्वतंत्रता का उल्लंघन किया गया है. इसलिए, इसने रिपोर्ट की गई घटना का स्वत: संज्ञान लेने के लिए इसे उपयुक्त मामला माना है. इसी के चलते NHRC ने हरियाणा के पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी कर एक हफ्ते के अंदर मामले में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है.
सुप्रीम कोर्ट ने दी अंतरिम जमानत
अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर को सुप्रीम कोर्ट से बुधवार को अंतरिम जमानत मिल गई है. प्रोफेसर की ओर से गिरफ्तारी के खिलाफ दाखिल याचिका पर कोर्ट ने उन्हें अंतरिम जमानत दे दी. साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा सरकार को नोटिस भी जारी किया है. इस के साथ ही बयान की जांच के लिए SIT टीम का गठन करने का निर्देश भी दिया गया है.
प्रोफेसर ने क्या टिप्प्णी की थी?
ऑपरेशन सिंदूर को लेकर प्रोफेसर ने टिप्पणी की थी. उन पर कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह के योगदान को कमतर आंकने और सोशल मीडिया पर टिप्पणी करके ऑपरेशन सिंदूर को सांप्रदायिक मकसद से जोड़ने का आरोप है. बीजेपी के युवा मोर्चा के महासचिव योगेश जठेरी की शिकायत पर FIR दर्ज हुई थी. सोनीपत पुलिस ने FIR दर्ज की थी और प्रोफेसर को गिरफ्तार कर लिया गया था.
8 मई को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट करते हुए अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर ने कर्नल सोफिया कुरैशी की तारीफ करने वाले हिंदुत्ववादियों के अंतर्विरोध पर टिप्पणी की थी. प्रोफेसर ने कहा था कि कर्नल कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह ने जो प्रेस ब्रीफिंग की थी उसका प्रतीकात्मक चेहरा तो महत्वपूर्ण था, लेकिन इसे जमीनी हकीकत में बदलना होगा, वरना ये सिर्फ पाखंड है.
कासगंज में मगरमच्छों को शव खिलाने वाला हत्यारा राजस्थान से गिरफ्तार
21 May, 2025 04:59 PM IST | GRAMINBHARATTV.IN
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से लेकर हरियाणा-राजस्थान तक 50 से अधिक लोगों की हत्या करने और इनके शवों को यूपी के कासगंज में मगरमच्छों को खिलाने वाले दुर्दांत राक्षस ‘डॉक्टर डेथ’ को गिरफ्तार कर लिया गया है. सात मामले में उम्र कैद के बाद एक मामले में फांसी का इंतजार कर रहा यह सीरियल किलर अगस्त 2024 में तिहाड़ जेल से पैरोल पर बाहर आया. इसके बाद से ही फरार चल रहा था. हालांकि दिल्ली पुलिस ने करीब छह महीने बाद राजस्थान के दौसा स्थित एक आश्रम से अरेस्ट कर लिया है. इस आश्रम में वह पुजारी बनकर रह रहा था.
आइए, जानते हैं कि आखिर कौन है ये डॉक्टर डेथ, जिसकी गिरफ्तारी पर दिल्ली पुलिस ने राहत की बड़ी सांस ली है? जी हां, हम बात कर रहे हैं दिल्ली के कुख्यात आयुर्वेदिक डॉक्टर देवेंद्र शर्मा की. 1998 से 2004 के बीच देवेंद्र शर्मा का नाम किडनी ट्रांसप्लांट रैकेट में आया था. इस मामले में उसकी गिरफ्तारी हुई और उसने 125 से अधिक अवैध ट्रांसप्लांट के केस कबूल किए थे. इससे पहले देवेंद्र शर्मा ने 1994 में गैस एजेंसी की डीलरशिप ली थी. हालांकि इसमें घाटा हुआ तो इसने मानव अंगों की तस्करी शुरू कर दी थी. इस प्रकार हत्या की ताबड़तोड़ वारदातों को अंजाम देते हुए यह कब खूंखार सीरियल किलर बन गया, इसे खुद पता नहीं चला.
50 से अधिक मर्डर का आरोप
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक डॉक्टर डेथ के रूप में कुख्यात देवेंद्र शर्मा पर 50 से अधिक मर्डर का आरोप है. इनमें से अब तक 8 मामलों में यह दोषी भी साबित हो चुका है. इनमें भी 7 मामलों में इसे उम्रकैद हुई है, जबकि हरियाणा के गुरुग्राम में हुए मर्डर के एक मामले में इसे फांसी की सजा हुई है. इन्हीं मामलों में यह दिल्ली के तिहाड़ जेल में बंद था. अगस्त 2023 में यह पैरोल पर तिहाड़ जेल से बाहर आया था और फरार हो गया था. इससे पहले वह साल 2020 में भी पैरोल पर बाहर आकर फरार हुआ था और सात महीने बाद पकड़ा गया.
ऐसे करता था अपराध
पुलिस सूत्रों के मुताबिक इस बदमाश को हत्या की सनक सवार थी. इसके लिए वह खासतौर पर टैक्सी चालकों को निशाना बनाता था. वह टैक्सी बुक करता और फिर ड्राइवर की हत्या करने के बाद उसके शव को उत्तर प्रदेश के कासगंज में मगरमच्छों के लिए मशहूर हजारा नहर में डाल देता था. वहां पलक झपकते मगरमच्छ शवों को खा जाते थे, इसलिए आरोपी के खिलाफ पुलिस को सुराग नहीं मिल पाता. वहीं टैक्सियों को ब्लैक मार्केट में बेच देता था.
पुजारी बनकर काट रहा था फरारी
अगस्त 2024 में पैरोल जंप करने के बाद देवेंद्र शर्मा ने धर्म का चोला ओढ़ लिया था. वह दौसा के एक आश्रम में पुजारी बनकर फरारी काटने लगा. इधर, दिल्ली पुलिस ने उसकी लोकेशन ट्रैस करने और उसे पकड़ने के लिए आधा दर्जन से अधिक टीमें बना दीं. इन टीमों ने बड़ी मुश्किल से उसकी लोकेशन को ट्रैक किया और उसे पकड़ने के लिए दौसा के आश्रम में पहुंची. इस दौरान आरोपी आश्रम में धार्मिक प्रवचन करता मिला. पुलिस ने उसी हाल में उसे दबोच लिया है.
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