चंडीगढ़। पंजाब में फिलहाल चिलचिलाती धूप और भीषण लू (हीटवेव) का प्रकोप बदस्तूर जारी है। मौसम विज्ञान केंद्र ने राज्य के अधिकांश इलाकों में गर्म हवाओं के चलने को लेकर कड़ा अलर्ट जारी किया है। मंगलवार को प्रदेश के दिन के पारे में 0.9 डिग्री सेल्सियस का और उछाल देखा गया, जो सामान्य तापमान से करीब 3.8 डिग्री सेल्सियस ज्यादा रहा। इस दौरान बठिंडा जिला पूरे सूबे में सबसे अधिक तपता हुआ इलाका रहा, जहां अधिकतम तापमान 46.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। इसके अलावा फरीदकोट में पारा 44 डिग्री, लुधियाना में 43.6 डिग्री, अमृतसर में 43.5 डिग्री और फिरोजपुर में 43.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। राज्य के तकरीबन सभी हिस्सों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस की सीमा को पार कर चुका है, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है।

बृहस्पतिवार से अंधड़ और ओलावृष्टि की चेतावनी

भीषण गर्मी की इस मार के बीच राहत की खबर यह है कि बृहस्पतिवार से मौसम करवट ले सकता है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में तेज रफ्तार आंधी चलने और पंजाब के कई हिस्सों में ओले गिरने की आशंका व्यक्त की है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आगामी 14 जून तक राज्य के ज्यादातर हिस्सों में मौसमी हलचल बनी रहेगी, जिससे तापमान में गिरावट आने और लोगों को तपिश से निजात मिलने की पूरी उम्मीद है।

न्यूनतम तापमान का हाल और होशियारपुर में सबसे कम पारा

दिन के साथ-साथ रात के पारे में भी मामूली बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जहां न्यूनतम तापमान औसतन 0.1 डिग्री सेल्सियस तक चढ़ गया। हालांकि, इस दौरान होशियारपुर जिला सबसे ठंडा रिकॉर्ड किया गया, जहां न्यूनतम तापमान 22.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। उमस और गर्मी के इस मिले-जुले असर के कारण रात के समय भी लोगों को खासी बेचैनी का सामना करना पड़ रहा है।

दोपहर के समय बाहर न निकलने की प्रशासनिक सलाह

लगातार बढ़ रहे पारे और लू के जानलेवा थपेड़ों को देखते हुए मौसम विभाग ने आम नागरिकों के लिए विशेष गाइडलाइन जारी की है। प्रशासन ने लोगों को हिदायत दी है कि वे दोपहर के वक्त बहुत जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर कदम रखें। लू से बचाव के लिए पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थों का सेवन करने, धूप में निकलते समय सिर ढकने और विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है।