सांस की बीमारी बनी जानलेवा, जिला जेल में हवालाती की मौत
करनाल। जिला जेल में बंद एक हवालाती की तबीयत बिगड़ने के बाद अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। बताया जा रहा है कि देर रात उसे सांस लेने में दिक्कत हुई थी। जिसके बाद तुरंत उसे अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने इलाज शुरू किया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। मामले की सूचना के बाद पुलिस जांच में जुट गई है और पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया जाएगा।
66 वर्षीय सुखचैन सिंह की हुई मौत
मृतक की पहचान 66 वर्षीय सुखचैन सिंह पुत्र हजूर सिंह के रूप में हुई है। वह निसिंग थाना क्षेत्र के गांव डाचर का रहने वाला था। वह 8 अप्रैल 2025 से करनाल जेल में बंद था। जानकारी के अनुसार बीती रात करीब 2 बजे सुखचैन सिंह को अचानक सांस लेने में दिक्कत हुई। जेल प्रशासन ने तुरंत उसे करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया। जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
दो मामलों में आरोपी, 10 अप्रैल को थी पेशी
सुखचैन सिंह पर नशा तस्करी से जुड़े दो मामले दर्ज थे। पहला मामला 2 जनवरी 2017 को निसिंग थाना में दर्ज हुआ था, जिसमें वह 6 फरवरी 2017 से जमानत पर था। वहीं दूसरा मामला 6 अप्रैल 2025 को दर्ज किया गया था। इस केस में उसकी अगली पेशी 10 अप्रैल को तय थी।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट की निगरानी में होगा पोस्टमॉर्टम
रामनगर थाना के एसएचओ महावीर सिंह ने बताया कि हवालाती की मौत के बाद नियमानुसार ड्यूटी मजिस्ट्रेट की निगरानी में पोस्टमार्टम कराया जाएगा। इसके बाद शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और मौत के असली कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होंगे।
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