रोहतक। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के प्रभाव वाले क्षेत्र सांपला में भारतीय जनता पार्टी ने बड़ी जीत दर्ज करते हुए नगर पालिका की सत्ता पर कब्जा कर लिया है। भाजपा प्रत्याशी प्रवीण कोच ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी निर्दलीय अंकित ओहल्याण को 687 मतों के अंतर से शिकस्त देकर चेयरमैन का पद अपने नाम किया। इस मुकाबले में मुख्य रूप से भाजपा विरोधी वोटों के बंटवारे ने प्रवीण कोच की राह आसान कर दी। जीत की औपचारिक घोषणा के साथ ही भाजपा खेमे में उत्साह की लहर दौड़ गई और कार्यकर्ताओं ने विजय जुलूस निकालकर जश्न मनाया।

सांपला के चुनावी रण में भाजपा की रणनीति सफल

सांपला नगर पालिका चुनाव में भाजपा ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी, जिसके परिणामस्वरूप उसे यह बड़ी कामयाबी मिली है:

  • पार्टी ने पूर्व कांग्रेसी नेता प्रवीण कोच पर दांव खेला, जो रणनीतिक रूप से सही साबित हुआ।

  • चुनाव प्रचार के दौरान मुख्यमंत्री नायब सैनी सहित प्रदेश सरकार के तीन मंत्रियों और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने व्यक्तिगत रूप से मोर्चा संभाला।

  • विपक्ष की अनुपस्थिति और कांग्रेस के चुनाव से दूर रहने का सीधा फायदा भाजपा को मिला।

  • प्रवीण कोच की जीत ने यह साबित कर दिया कि भाजपा अब विरोधियों के गढ़ में भी सेंध लगाने में सक्षम है।

निर्दलीय प्रत्याशियों ने दी कड़ी टक्कर पर बिखराव पड़ा भारी

चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवारों ने व्यक्तिगत स्तर पर काफी पसीना बहाया, लेकिन अंततः वोटों का बिखराव उनकी हार का कारण बना:

  • दूसरे स्थान पर रहे अंकित ओहल्याण ने निर्दलीय होने के बावजूद 3704 वोट हासिल कर भाजपा को कड़ी चुनौती दी।

  • सुधीर ओहल्याण 1984 वोटों के साथ तीसरे और टिकट न मिलने से नाराज होकर मैदान में उतरे पत्रकार अनिल शर्मा 1081 वोटों के साथ चौथे स्थान पर रहे।

  • राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि निर्दलीय उम्मीदवारों के बीच यह मत विभाजन न होता, तो चुनावी परिणाम बदल सकते थे।

  • प्रत्याशियों ने बिना किसी बड़े दलीय समर्थन के अपने दम पर प्रचार कर मतदाताओं को अपनी ओर खींचने का प्रयास किया।

मतदान के आंकड़े और चेयरमैन पद का विस्तृत परिणाम

10 मई को कड़ी सुरक्षा के बीच हुए मतदान में जनता ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिसके आंकड़े इस प्रकार रहे:

  • सांपला में कुल 15624 मतदाताओं में से 12372 लोगों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया।

  • विजेता प्रवीण कोच को सर्वाधिक 4391 मत प्राप्त हुए, जिससे उनकी जीत का मार्ग प्रशस्त हुआ।

  • अन्य उम्मीदवारों में विकास को 482, राकेश कुमार को 335 और मंजीत को 222 वोट मिले।

  • चुनाव में नोटा (NOTA) का विकल्प चुनने वाले मतदाताओं की संख्या 35 रही, जबकि सबसे कम 17 वोट सुनील कुमार को मिले।

सांपला नगर पालिका का नया राजनीतिक समीकरण

इस जीत के बाद सांपला की स्थानीय राजनीति में नए समीकरण बनते दिखाई दे रहे हैं:

  • चेयरमैन बने प्रवीण कोच के सामने अब कस्बे के विकास कार्यों को गति देने की बड़ी जिम्मेदारी होगी।

  • हुड्डा के गढ़ में भाजपा की इस सेंधमारी ने आने वाले विधानसभा चुनावों के लिए भी भाजपा कार्यकर्ताओं में नया जोश भर दिया है।

  • निर्दलीय उम्मीदवारों के प्रदर्शन ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि स्थानीय स्तर पर चेहरे की अपनी अहमियत होती है।

  • प्रशासन ने मतगणना के बाद शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं।